अनाज ढुलाई टेंडर घोटाले को लेकर वर्ष 2022 में कुछ ट्रांसपोर्ट मालिकों और ठेकेदारों ने पूर्व मंत्री भारत भूषण आशु पर कुछ चुनिंदा ठेकेदारों को लाभ पहुंचाने और करोड़ों रुपए की धोखाधड़ी करने के आरोप लगाए थे। इसकी शिकायत विजिलेंस के पास की थी। दो महीने की जांच के बाद विजिलेंस ने सबसे पहले ठेकेदार तेलू राम और दो अन्य लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया था। बाद में इस मामले में आशु का नाम भी शामिल कर लिया था। 22 अगस्त, 2022 को विजिलेंस ने लुधियाना में छापामारी कर उन्हें सैलून में बाल कटवाते समय गिरफ्तार कर लिया था।
इस मामले में आशु करीब छह माह तक पटियाला जेल में भी बंद रहे हैं। आरोप है कि अनाज ढुलाई टेंडर घोटाले में अनाज मंडियों में आरोपित वाहनों पर नकली नंबर प्लेट लगाकर माल की ढुलाई करते थे। यही नहीं टेंडर लेने से पहले विभाग में वाहनों के गलत नंबर लिखवाए गए थे। जांच के दौरान पता चला कि जो नंबर लिखवाए थे वह स्कूटर, बाइक जैसे दोपहिया वाहनों के भी थे। यह वाहन अनाज ढुलाई के लिए मान्य ही नहीं थे।