महंत प्यारे दास ने दीप प्रज्जवलित कर किया शुभारंभ
बिना चीर फाड़ व दवाई के होता है असाध्य रोगों का इलाज-मोहिंद्र
बददी/ सचिन बैंसल: शिव मंदिर बददी वार्ड नंबर 2 में न्यूरोथेरपी कैंप का शुभारंभ मंदिर के मंहत प्यारे दास ने किया वहीं लाज मोर्टस के निदेशक विशेष तौर उपस्थित हुए। कैंप में बददी शहर के आसपास लोग लाभ उठाने प्रथम दिन पहुंचे। पहले दिन ओपीडी बिल्कुल निशुल्क रही। आज से शुरु हुआ यह कैंप 7 दिसंबर तक चलेगा। कैंप के संचालक न्यूरोथेरेपी विशेषज्ञ मोहिंद्र पाल ने बताया कि न्यूरोथेरेपी से बिना दवा, बिना साईड इफेक्ट, बिना मशीन के इलाज इलाज नसों को दबाकर किया जाता।
उन्होने कहा कि कहा कि न्यूरोथेरेपी बहुत ही प्राचीन भारतीय चिकित्सा पद्दति है जिसमें रोगों को ध्यान में रखते हुए शरीर के अलग अलग हिस्सों पर दबाव देने से हर बीमारी का इलाज किया जाता है। उन्होंने कहा कि इसमें पेट से सम्बंधित रोग जैसे नाभि की समस्या, गैस बनना, कब्ज रहना, भूख न लगना, दस्त, एसिडिटी, जोडों के दर्द जैसे गर्दन दर्द, कमर दर्द, स्लिप डिस्क, सियाटिका, सर्वाइकल, महिलाओं की समस्या सम्बंधी रोग, त्वचा रोग, एलर्जी, एगसिमा, सोरायसिस, सफेद दाग, चेहरे व सिर के दाग, मुंहांसे, मोतिया, नींद न आना, यादाशस्त कमजोर होना, सिर दर्द, माइग्रेन, जुकाम, अस्थमा, थाइरोइड, पैरालसिस, हृदय रोग, लंबाई का न बढना, मोटापा आदि बीमारी का सफलता पूर्वक इलाज किया जाता है।
कैम्प के आयोजक सतीश कौशल व महेश कौशल ने कहा कि इस वेलनेस सेन्टर का मुख्य उद्देश्य आम जनता को छुपी हुई भारतीय चिकित्सा विज्ञान से अवगत करवाना है, जिसके सहारे हर व्यक्ति स्वयं के शरीर की प्रकृति को समझते हुए खुद का वैद्य बने और स्वयं को निरोगी रख सके। 7 दिसंबर को कैंप का विधिवत समापन होगा।