जानकारी के अनुसार, कैलाश अग्रवाल के 3 मंजिला मकान की दूसरी मंजिल पर लगे एयर कंडीशनर में शॉर्ट सर्किट हुआ था। इसी दौरान चिंगारी से घर में आग लग गई जो तेजी से फैलते हुए तीसरी मंजिल पर बने प्लास्टिक, हैंडीक्राफ्ट और रुई के गोदाम तक पहुंच गई। ज्वलनशील सामग्री होने के कारण आग की लपटें तेज होती चली गईं। आग इतनी तेज थी कि उसकी लपटें आसपास के मकानों को भी छूने लगीं। इससे पूरे इलाके में भय का माहौल बन गया और लोग घरों से बाहर निकल आए। सूचना मिलने पर दमकल की दो गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। संकरी गलियों और भीड़ के कारण बचाव कार्य में परेशानी आई। करीब 90 मिनट की कड़ी मेहनत के बाद आग पर काबू पाया जा सका। गोदाम में हवा से भरा एक भारी कंप्रेसर भी रखा हुआ था। यदि आग उस तक पहुंच जाती और कंप्रेसर फट जाता, तो पूरी कॉलोनी इसकी चपेट में आ सकती थी। समय रहते आग बुझने से बड़ा हादसा टल गया। आग से मकान की दीवारों में गहरी दरारें आ गई हैं। इससे भवन की मजबूती को लेकर खतरा बना हुआ है। प्रशासन की ओर से स्थिति का आकलन किया जा रहा है।रिहायशी इलाके में बने रुई के गोदाम में लगी भी*षण आ*ग, मची अफरा-तफरी #MassiveFire #CottonWarehouseFire#ResidentialArea #FireEmergency#ChaosEnsues #FireAlert#LocalNews #BreakingNews #SafetyFirst #PunjabNews #MankathaReRelease #Silver प्रभु श्री राम pic.twitter.com/MBZSkkgGbl
— Encounter India (@Encounter_India) January 22, 2026