- समुद्र का पानी PM2.5 जैसे छोटे और खतरनाक कणों को अपने अंदर सोख लेता है।
- इसी वजह से समुद्र के पास एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) हमेशा इनलैंड शहरों से बेहतर होता है।
- इस प्रक्रिया को ‘सी-ब्रीज़’ कहते हैं, जो फेफड़ों के लिए बहुत हेल्दी है।
- अस्थमा और ब्रोंकाइटिस जैसी बीमारियां यहां कम होती हैं।
- शहरों में PM2.5 और NO2 की वजह से फेफड़ों की क्षमता घट जाती है।
- महासागर इंसानों द्वारा छोड़ी गई कार्बन डाइऑक्साइड का लगभग 30% हिस्सा सोख लेता है।
- यही कारण है कि महासागर हमारी धरती का सबसे बड़ा नेचुरल एयर प्यूरीफायर है।