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Punjab News: श्री मंजी साहिब गुरुद्वारे पहुंचे ज्ञानी कुलदीप गड़गज, सिखी को लेकर दिया ये संदेश, देखें वीडियो

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Punjab News: श्री मंजी साहिब गुरुद्वारे पहुंचे ज्ञानी कुलदीप गड़गज, सिखी को लेकर दिया ये संदेश, देखें वीडियो

अमृतसरः श्री अकाल तख्त साहिब के कार्यवाहक जत्थेदार ज्ञानी कुलदीप सिंह गड़गज ने आज गुरुद्वारा श्री मंजी साहिब दीवान हॉल में पाठ करते हुए संगत के साथ गुरमत विचार साझा किए। सिख इतिहास के महत्वपूर्ण पन्नों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि आज का दिन सिख समुदाय के महान शहीद भाई सुबेग सिंह और उनके पुत्र भाई शाहबाज सिंह की अद्वितीय शहादत को समर्पित है, जिन्होंने 1746 में लाहौर की धरती पर चरखियों पर चढ़कर शहादत प्राप्त की थी।

जत्थेदार गड़गज ने कहा कि मुगल सरकार ने उन्हें सिख धर्म छोड़ने के लिए बड़े-बड़े प्रलोभन दिए और डराया-धमकाया, लेकिन उन्होंने गुरु के सिख धर्म को अपने परिवार से भी अधिक प्रिय माना, जैसा कि महान वाक्य है: “हम कारण गुर कुलै गवाई, हम कुल राखै कवन वड़ाई” (हमने गुरु की सिखो को अपने कुल-परिवार से ज्यादा समझा है)। उन्होंने खेद व्यक्त किया कि आज के समय में कुछ लोग छोटे-मोटे प्रलोभनों के लिए इधर-उधर भटक रहे हैं, जबकि गुरु का एक सिख चरखी पर चढ़ सकता है, लेकिन सिख धर्म को नहीं छोड़ सकता। उन्होंने बच्चों को गुरबाणी और इतिहास से जोड़ने की अपील की। ​

इस दौरान उन्होंने अमृतसर शहर की साफ-सफाई को लेकर भी गंभीर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि अमृतसर स्वयं गुरु साहिब द्वारा बसाया गया शहर है और इसकी सुंदरता तथा स्वच्छता को बनाए रखना हम सभी की जिम्मेदारी है। श्री दरबार साहिब के पास कूड़े के ढेरों की बात करते हुए उन्होंने कहा कि उनकी दुर्गंध पूरे शहर में फैल जाती है, जो कि अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है। ये ढेर प्रदूषण फैला रहे हैं और इन्हें तत्काल शहर से हटा दिया जाना चाहिए। उन्होंने शहरवासियों को प्लास्टिक और थर्मोकोल का उपयोग छोड़ने की सलाह दी और कहा कि अमृतसर के ऐतिहासिक द्वारों के भीतर केवल गुरु की महिमा ही गूंजनी चाहिए। अमृतसर के स्थापना दिवस के अवसर पर शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी बड़े कार्यक्रमों का आयोजन करेगी, लेकिन हर निवासी को वास्तव में एक “अमृतसर का निवासी” बनना चाहिए और शहर को स्वच्छ तथा पवित्र रखने के लिए स्वयं को गुरु के प्रति समर्पित कर देना चाहिए।

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