दरअसल, गेंहू का सीजन शुरू हो गया है, जहां किसान गेंहू लेकर मंडियों में पहुंचने की तैयारियों में जुटे हुए है, वहीं ओलावृष्टि के कारण गेहूं और अन्य फसलों को नुकसान पहुंच रहा है। ऐसे में किसान खेतों में खड़ी फसल को लेकर चिंता में है। किसानों का कहना है कि इस बार मौसम ने उनकी सारी मेहनत बर्बाद कर दी है। मौसम में अचानक आए बदलाव के कारण फसल की हालत खराब हो गई है। यह प्राकृतिक आपदा किसानों के लिए बहुत चिंता का विषय है और इसका पैदावार पर भी बड़ा असर पड़ेगा। इस नुकसान की भरपाई करना किसी के बस में नहीं है। किसानों का कहना है कि गेहूं के दाने काले पड़ने शुरू हो गए हैं और फसल की गुणवत्ता भी खराब हो रही है। जहां पहले प्रति एकड़ 20 क्विंटल पैदावार की उम्मीद थी, वहीं उन्हें लगता है कि अब 5 क्विंटल भी नहीं मिल पाएगा। यह स्थिति किसानों के लिए बहुत निराशाजनक है। दरअसल किसान पहले से ही बाढ़ और मंडी में हुए नुकसान से परेशान थे और अब यह बारिश एक और समस्या बन गई है। उन्होंने सरकार से मदद की गुहार लगाई और कहा कि अगर अगले 20 दिनों तक मौसम साफ रहा, तो फसल का कुछ हिस्सा बचाया जा सकता है।View this post on Instagram