पीड़ित के पिता करनैल सिंह ने पत्रकार पंकज मिश्रा को फोन पर जानकारी देते हुए बताया कि यह घटना 10 तारीक करीब की है। उनका बेटा मनराजप्रीत दुकान से अगले चौक की तरफ मुड़ रहा था तभी वहां से गुजर रहे कुछ युवकों ने उसे रोक कर कहा ओए गाड़ी धीरे चलाया कर। इसी मामूली बात पर उन्होंने गाली-गलौज शुरू कर दी। पिता के मुताबिक हमलावरों ने दो बार हमला करने की कोशिश की। पहली बार जब वे आए तो मौके पर भीड़ होने के कारण वे वहां से चले गए। लेकिन कुछ देर बाद जब भीड़ कम हो गई, तो करीब 8 बदमाश नशे की हालत में तेजधार हथियारों के साथ दोबारा आए और मनराजप्रीत पर ताबड़तोड़ वार कर दिए। सामने आए सीसीटीवी फुटेज में साफ नजर आ रहा है कि हमलावर पूरी तैयारी के साथ आए थे। उन्होंने अकेले युवक को घेर लिया और उस पर दात जैसे तेजधार हथियारों से हमला किया। पिता ने बताया कि मनराजप्रीत के पेट और कंधों पर गंभीर चोटें आई हैं। घायल मनराजप्रीत को तुरंत लुधियाना के सिविल अस्पताल ले जाया गया था। लेकिन चोटें इतनी गहरी थीं और हालत इतनी नाजुक थी कि डॉक्टरों ने प्राथमिक इलाज के बाद उसे चंडीगढ़ रेफर कर दिया। फिलहाल परिवार चंडीगढ़ में बच्चे के इलाज में जुटा हुआ है और लगातार उसके टेस्ट और अल्ट्रासाउंड किए जा रहे हैं। पिता करनैल सिंह ने बताया कि अस्पताल में MLR (मेडिको-लीगल रिपोर्ट) कटवा दी गई है, लेकिन बेटे की गंभीर हालत के चलते वे अभी तक थाने में औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं करवा पाए हैं। पीड़ित के पिता ने हमलावरों को आदतन अपराधी और गुंडागर्दी करने वाले बताया है। उनका आरोप है कि ये लोग अक्सर इलाके में दहशत फैलाते हैं और दुकानदारों व आम लोगों के साथ मारपीट करते हैं लेकिन राजनीतिक शह और खौफ के कारण कोई इनके खिलाफ शिकायत करने की हिम्मत नहीं जुटा पाता। फिलहाल पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर मामले की जांच कर रही है।