मृतक के चाचा प्रमोद शर्मा ने बताया कि वे अपनी ड्यूटी पर थे जब उनके भतीजे का फोन आया। भतीजे ने फोन पर कहा चाचा, आधे घंटे या एक घंटे में आ जाओ नहीं तो फिर मेरा मुंह नहीं देख पाओगे। प्रमोद शर्मा के मुताबिक भतीजा पहले भी शराब के नशे में इस तरह की बातें कर चुका था इसलिए उन्होंने इसे सामान्य समझा। फिर भी मन में शंका होने पर उन्होंने अपने बड़े बेटे सनी कुमार को तुरंत बाइक देकर कमरे पर देखने के लिए भेजा। पिता के कहने पर जब सनी कुमार तुरंत ग्यासपुरा स्थित कमरे पर पहुंचा, तो वहां अंधेरा था और कुंडी खटखटाने पर कोई जवाब नहीं मिला। सनी ने आसपास के लोगों से भी पूछताछ की, जिन्होंने बताया कि वह अभी 10 मिनट पहले ही बात कर रहा था। दोबारा जांच करने पर जब लाइट जलाकर अंदर देखा गया, तो दीपक कुमार फंदे से लटका हुआ था। परिजनों ने तुरंत उसे फंदे से नीचे उतारा, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। परिजनों के अनुसार मृतक ने फंदा लगाने से ठीक पहले अपने मोबाइल में एक वीडियो रिकॉर्ड किया था। वीडियो में वह कह रहा है कि फोन उठा लो, नहीं तो मेरा मरा हुआ मुंह देखोगे। हालांकि, उसने यह वीडियो किसे भेजी या वह किसे फोन करने की बात कर रहा था, इस बात का अभी खुलासा नहीं हो पाया है। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंच गई है और युवक का मोबाइल फोन अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। चाचा प्रमोद शर्मा ने बताया कि सुबह भतीजा उनके पास आया था और खाना खाकर गया था। वह थोड़ा बीमार था और उसने बताया था कि वह ग्लूकोज/पानी चढ़वा कर आया है। इस पर चाचा ने उसे फल और दवाइयों के लिए 500 रुपए भी दिए थे। परिजनों का कहना है कि उसका किसी के साथ कोई लड़ाई-झगड़ा या विवाद नहीं था और उसने ऐसा आत्मघाती कदम क्यों उठाया, इस बारे में उन्हें कुछ समझ नहीं आ रहा है। फिलहाल पुलिस मामले की गहराई से तफ्तीश कर रही है।View this post on Instagram