Blog

  • पंजाबः NCB की बड़ी कार्रवाई, इस इलाके में रेड कर पकड़ी 20 किलो हेरोइन

    पंजाबः NCB की बड़ी कार्रवाई, इस इलाके में रेड कर पकड़ी 20 किलो हेरोइन

    लुधियानाः नेशनल क्राइम ब्यूरो ने आज सुबह डुगरी इलाके में दबिश देकर बड़ी कामयाबी हासिल की है। एनसीबी ने इलाके से 20 किलो हेरोइन बरामद की है। जिले का कोई भी अधिकारी इस संबंध में जानकारी देने से इनकार कर रहा है। इस मामले में कुछ लोगों को पुलिस ने हिरासत में लिया है।

    बताया जा रहा है कि पकड़े गए लोगों को टीम अपने साथ चंडीगढ़ ले गई है। हालांकि इस रेड की पुष्टि जिला पुलिस के किसी भी अधिकारी ने नहीं की है। गुपचुप तरीके से टीम इलाके में दाखिल हुई और हेरोइन और लोगों को पकड़कर अपने साथ ले गई। स्थानीय पुलिस को इसकी भनक तक नहीं लगी।

    सूत्र बताते हैं कि दुगरी इलाके से पूरे शहर में नशा तस्करी का काला कारोबार चलता है। रेड के बाद इलाके में अफरा-तफरी का माहौल है। बीते दिन पंजाब पुलिस के DGP गौरव यादव खुद लुधियाना में नशा तस्करों पर नकेल कसने आए थे, यहां उन्होंने सर्च ऑपरेशन चलाया था, लेकिन नशा तस्कर पहले से अलर्ट हो गए थे और पुलिस हाथ कुछ खास कामयाबी नहीं लगी थी।

  • पंजाबः पंजाबी यूनिवर्सिटी के सीनियर अधिकारियों ने दिए इस्तीफे

    पंजाबः पंजाबी यूनिवर्सिटी के सीनियर अधिकारियों ने दिए इस्तीफे

    पटियालाः पंजाबी यूनिवर्सिटी पटियाला के यूनिवर्सिटी लॉ डिपार्टमेंट के सीनियर अफसरों ने इस्तीफे दे दिए है। कानूनी मामलों के प्रमुख डॉ. गुरप्रीत पन्नू ने अतिरिक्त प्रभार से इस्तीफा दे दिया है। जिसके बाद इसी विभाग के प्लेसमेंट अधिकारी समेत एक प्रोफेसर ने भी विश्वविद्यालय के कानूनी सलाहकार के पद से इस्तीफा दे दिया है। वाइस चांसलर को भेजे इस्तीफे में डॉ. पन्नू ने महिल प्रोफेसर द्वारा अपशब्दों और धमकियों के मामले में उचित निर्णय नहीं लेने का विरोध किया है।

    डॉ. पन्नू ने अपने त्याग पत्र में लिखा है कि विभाग की एक महिला प्रोफेसर ने 30 सितंबर को उनके साथ अभद्र भाषा का प्रयोग किया और उन पर हमला करते हुए धक्का-मुक्की की। सबूतों सहित वाइस चांसलर कार्यालय को जानकार दे दी गई है। विभाग के प्रमुख का पद अकादमिक मामलों के डीन को दिया गया और घटना की जांच के लिए एक समिति बनाई गई थी। जांच समिति के आमंत्रण पर डॉ. सबूत पन्नू ने पेश किए गए थे।

    डॉ. पन्नू के मुताबिक इस मुद्दे पर कोई निष्पक्ष फैसला नहीं हुआ और महिला प्रोफेसर को विभाग का मुखी बना दिया गया है। डॉ. पन्नू ने इसी रोष के कारण कानूनी मामलों के प्रभारी प्रोफेसर के रूप में अपना इस्तीफा दे दिया है। मंगलवार को इसी मसले पर हुई बैठक में कोई हल नहीं निकला। एक के बाद एक डॉ. मोनिका आहूजा ने लॉ विभाग के प्लेसमेंट अधिकारी के पद से इस्तीफा दे दिया है। इसके साथ ही डॉ. भूपिंदर विराक ने कानूनी सलाहकार के पद से भी इस्तीफा दे दिया है। तमाम अधिकारियों ने महिला प्रोफेसर के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।

  • राष्ट्रीय प्रेस दिवस आज, जानें इसका इतिहास और महत्व

    राष्ट्रीय प्रेस दिवस आज, जानें इसका इतिहास और महत्व

    नई दिल्लीः भारतीय प्रेस परिषद (PCI) को स्वीकार करने और सम्मानित करने के लिए हर साल 16 नवंबर को राष्ट्रीय प्रेस दिवस के रूप में मनाया जाता है। यह दिन देश में एक स्वतंत्र और जिम्मेदार प्रेस की उपस्थिति का प्रतीक है। प्रेस काउंसिल ऑफ इंडिया भी भारतीय प्रेस के रिपोर्ताज की गुणवत्ता की जांच करती है और पत्रकारिता गतिविधियों पर नजर रखती है। 

    प्रेस स्वतंत्रता का महत्व

    स्वतंत्र प्रेस को अक्सर बेजुबानों की आवाज कहा जाता है, जो सर्वशक्तिशाली शासकों और दलित शासितों के बीच की कड़ी है। यह व्यवस्था की बुराइयों और अस्वस्थता को सामने लाता है और शासन की लोकतांत्रिक प्रणाली के मूल्यों को मजबूत करने की प्रक्रिया में सरकार को इनका समाधान खोजने में मदद करता है। कोई आश्चर्य नहीं कि इसे एक मजबूत लोकतंत्र के चार स्तंभों में से एक क्यों कहा जाता है, और एकमात्र ऐसा जहां आम लोग सीधे भाग लेते हैं। अन्य 3 कार्यपालिका, विधायी और न्यायपालिका हैं – कुछ चुनिंदा लोगों का गिरोह है। परिषद भारत के लिए बेहद महत्वपूर्ण है क्योंकि इसका निर्माण स्वाभाविक रूप से लोकतंत्र के चौथे स्तंभ यानी स्वतंत्र प्रेस की रक्षा के लिए किया गया था। इसलिए यह सुनिश्चित करने के लिए लगातार काम करता है कि पत्रकारिता की विश्वसनीयता से समझौता नहीं किया गया है।

    राष्ट्रीय प्रेस दिवस का इतिहास

    वर्ष 1956 में प्रथम प्रेस आयोग ने वैधानिक प्राधिकरण के साथ एक निकाय बनाने का निर्णय लिया। जिसके पास पत्रकारिता की नैतिकता को बनाए रखने की जिम्मेदारी है। आयोग ने महसूस किया कि प्रेस के लोगों से जुड़ने के लिए और उत्पन्न होने वाले किसी भी मुद्दे पर मध्यस्थता करने के लिए एक प्रबंध निकाय की आवश्यकता थी। 1966 में 16 नवंबर को पीसीआई का गठन किया गया था। भारत का राष्ट्रीय प्रेस दिवस तब से हर साल 16 नवंबर को परिषद की स्थापना के उपलक्ष्य में मनाया जाता है।

    प्रेस काउंसिल ऑफ इंडिया की आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार, परिषद की अध्यक्षता परंपरागत रूप से सुप्रीम कोर्ट के एक सेवानिवृत्त न्यायाधीश और 28 अतिरिक्त सदस्य करते हैं, जिनमें से 20 भारत में संचालित मीडिया आउटलेट्स के सदस्य हैं। पांच सदस्यों को संसद के सदनों से नामित किया जाता है और शेष तीन सांस्कृतिक, कानूनी और साहित्यिक क्षेत्रों का प्रतिनिधित्व करते हैं।

  • चुनाव से पहले ‘आप’ के प्रत्याशी गायब, BJP पर किडनैप करने का लगा आरोप

    चुनाव से पहले ‘आप’ के प्रत्याशी गायब, BJP पर किडनैप करने का लगा आरोप

    गुजरातः राज्य में होने जा रहे विधानसभा चुनाव से पहले सियासी उठापटक बेहद तेज हो गई है। आम आदमी पार्टी ने भारतीय जनता पार्टी पर बेहद संगीन आरोप लगाए हैं। आप पार्टी का दावा है कि बीजेपी के लोगों ने उनके पार्टी के एक उम्मीदवार को किडनैप कर लिया है। आम आदमी पार्टी के नेता राघव चड्ढा ने प्रेस कांफ्रेंस कॉन्फ्रेंस कर कहा, ‘सूरत ईस्ट के आप उम्मीदवार कंचन जारीवाला को भाजपा के गुंडों ने किडनैप कर लिया है। कल से आप उम्मीदवार भाजपा की कस्टडी में है। भाजपा इतना घबरा गई है कि आप उम्मीदवार का अपहरण कर रही है। ये लोकतंत्र की हत्या है।

    राघव चड्ढा ने आरोप लगाया कि भाजपा ने उनके उम्मीदवार और परिवार पर नामांकन रद्द करने का दवाब बनाया। राघव ने कहा, ‘कल नामांकन की स्क्रूटनी का अंतिम होने के कारण भाजपा ने ऐसा किया जा रहा है। लेकिन जब उन्होंने भाजपा की बात नहीं मानी तो बीजेपी के ‘गुंडों’ ने कंचन जरीवाला को किडनैप कर लिया और उन्हें आरओ ऑफिस ले गए। नामांकन के कागज रिजेक्ट करने का कोई ग्राउंड नहीं होने के कारण वे लोग सूरत ईस्ट के प्रत्याशी को अज्ञात लोकेशन पर ले गए। कल दोपहर से कंचन जरीवाला का फोन बंद है और उनकी लोकेशन किसी को पता नहीं है।’

    केजरीवाल से डरी बीजेपी: राघव चड्ढा

    राघव चड्ढा ने आगे कहा कि आम आदमी पार्टी पूरे मुद्दे पर चीफ इलेक्ट्रोल ऑफिसर को लिखित शिकायत कर रही है। चाहे कुछ भी हो जाए लेकिन आप उम्मीदवार का नामांकन रद्द नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने आगे कहा कि बीजेपी अब शारीरिक और मानसिक तौर पर आप के सूरत ईस्ट उम्मीदवार कंचन जरीवाला को नामांकन वापिस लेने का दवाब बना रही है। भाजपा अरविंद केजरीवाल से डर गयी है।

    सीएम केजरीवाल ने भी किया ट्वीट

    दिल्ली के सीएम और आप प्रमुख अरविंद केजरीवाल ने भी कंचन जरीवाला के लापता होने का दावा किया है। उन्होंने ट्वीट कर कहा, ‘सूरत (पूर्व) से हमारे प्रत्याशी कंचन जरीवाला और उनका परिवार कल से लापता है। पहले बीजेपी ने उनका नामांकन रद्द कराने की कोशिश की। लेकिन उनका नामांकन स्वीकार कर लिया गया। बाद में उन पर नामांकन वापस लेने का दबाव बनाया जा रहा था। क्या उसका अपहरण कर लिया गया है?

    182 सीटों पर 2 चरणों में होंगे चुनाव

    गुजरात की 182 विधानसभा सीटों पर 15वां चुनाव होना है। इस बार यहां दो चरणों में विधानसभा चुनाव होंगे। पहले चरण में 89 सीटों पर 1 दिसंबर, तो दूसरे चरण में 93 सीटों पर 5 दिसंबर को वोटिंग होगी, जबकि गुजरात चुनाव के नतीजे हिमाचल प्रदेश के साथ ही 8 दिसंबर को आएंगे। इस बार 51782 पोलिंग स्टेशन्स पर 4.9 करोड़ वोटर वोट डालेंगे। गुजरात में 3,24,422 नए वोटर जोड़े गए हैं। पहले चरण के लिए नामांकन प्रक्रिया का 14 नवंबर को अंतिम दिन था। 17 नवंबर तक नाम वापस लिए जा सकेंगे।

  • जालंधरः आदमपुर फ्लाईओवर और सड़क की समस्या को लेकर लोगों के साथ डीसी ऑफिस पहुंचे पूर्व विधायक, देखें वीडियो

    जालंधरः आदमपुर फ्लाईओवर और सड़क की समस्या को लेकर लोगों के साथ डीसी ऑफिस पहुंचे पूर्व विधायक, देखें वीडियो

    जालंधर/हर्ष कुमारः दोआबा क्षेत्र के आदमपुर में फ्लाईओवर और सड़क की समस्या को लेकर काफी समय से लोग परेशान हो रहे है। इस समस्या को लेकर लोग पूर्व विधायक पवन कुमार टीनू के साथ डीसी ऑफिस पहुंचे। लोगों का कहना है कि लंबे समय से फ्लाईओवर बन रहा है जिस कारण से वहां के दुकानदारों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है बारिश के मौसम में भी दुकानों के आगे पानी खड़ा हो जाता है।

    जिस कारण उन्हें दुकानदारी करनी भी काफी मुश्किल हो जाती है इसी समस्या को लेकर आज शिरोमणि अकाली दल के पूर्व विधायक पवन कुमार टीनू आदमपुर के लोगों के साथ जालंधर के डिप्टी कमिश्नर ऑफिस पहुंचे। पवन कुमार टीनू ने बताया कि उनकी सरकार के समय जो अप्लाई ओवर शुरू हुआ था। उसके बाद तक फ्लाईओवर का काम शुरू नहीं हो सका। जिस कारण सड़क की हालत भी खस्ता हो चुकी है।

    जिससे दुकानदारों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पवन कुमार टीनू का कहना है कि आदमपुर के लोगों ने कई बार आदमपुर के सड़क और फ्लाईओवर का काम शुरू करवाए जाने को लेकर पंजाब के मुख्यमंत्री को पत्र भी लिख चुके हैं। मगर अभी तक उन्हें कोई जवाब नहीं दिया गया। जिसके तहत आज जालंधर के डिप्टी कमिश्नर के साथ मुलाकात की और आपने मुश्किलें बताई है।

  • पंजाबः पराली जलाने वालों पर कार्रवाई करने पहुंचे अधिकारियों को किसानों ने बनाया बंधक

    पंजाबः पराली जलाने वालों पर कार्रवाई करने पहुंचे अधिकारियों को किसानों ने बनाया बंधक

    जलालाबादः पंजाब में सरकार द्वारा रोक के बावजूद पराली जलाने के मामले सामने आ रहे है। वहीं जिले के चक खुड़ंज (कानिया वाली) में किसानों द्वारा पंचायत सचिव को बंधक बनाने का मामला सामने आया है। बताया जा रहा है कि अधिकारी पराली जलाने वाले किसान की जमीन का तसदीक करने के लिए गए थे। जहां बीकेयू एकता उग्राहा के लोगों ने अधिकारियों को घेर लिया।

    जिलाध्यक्ष बीकेयू एकता उग्राहन गुरभेज सिंह रोही वाला के नेतृत्व में अधिकारियों को बंधक बनाया गया और कई घंटों के बाद भी रिहा नहीं किया गया। इस अवसर पर डीएसपी अतुल सोनी व तहसीलदार जसपाल सिंह बराड़ के कार्रवाई नहीं करने के आश्वासन दिया। जिसके बाद बंदी बनाकर रखे गए अधिकारियों को किसानों ने बीती रात रिहा कर दिया। इस दौरान सरकार के खिलाफ किसानों ने सड़क पर धरना भी लगाकर प्रदर्शन भी किया।

  • पंजाब सरकार का ऐलानः इस दिन से राज्य भर में खुलेंगे 500 और आम आदमी क्लीनिक

    पंजाब सरकार का ऐलानः इस दिन से राज्य भर में खुलेंगे 500 और आम आदमी क्लीनिक

    चंडीगढ़ः पंजाब सरकार ने एक और बड़ा ऐलान किया है। सरकार ने राज्य भर में 500 और आम आदमी क्लिनिक खोलने का ऐलान किया है। लेकिन इनकी शुरुआत अगले साल 26 जनवरी 2023 से की जाएगी। बता दें कि इससे पहले पंजाब सरकार ने 15 अगस्त को 75 आम आदमी क्लिनिक की शुरुआत की थी। इस आम आदमी क्लिनिक में हर तरह की बीमारी का टेस्ट बिलकुल मुफ्त किया जाता है और आम बीमारी की दवाइयां भी मरीजों को बिलकुल फ्री दी जाती है।

  • जालंधरः पैदल जा रहे चार मजदूरों को तेज रफ्तार वाहन ने कुचला, 2 की मौत

    जालंधरः पैदल जा रहे चार मजदूरों को तेज रफ्तार वाहन ने कुचला, 2 की मौत

    जालंधर/हर्ष कुमारः जिले में सड़क हादसे के मामलों में लगातार बढ़ौतरी हो रही है। बीते दिन लंबा पिंड जडू सिंघा रोड पर सुबह पैदल जा रहे व्यक्ति को ट्रक चालक ने कुचला दिया। इस हादसे में व्यक्ति की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं देर रात एक और सड़क हादसा हुआ। देर रात को कुक्कड़ गांव के हरदो फरला मार्ग पर मजदूरी कर घर जा रहे चार मजदूरों किसी अज्ञात वाहन ने रौंद दिया।

    इस हादसे में दो मजदूरों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं। मामले की सूचना मिलने पर थाना सदर की पुलिस मौके पर पहुंची और अज्ञात वाहन चालक के खिलाफ मामला दर्ज किया है। वहीं मृतक व्यक्तियों के के शव का पोस्टमार्टम करवाकर आज दोनों के शव को उनके परिजनों के हवाले कर दिया है। घटना की जानकारी देते हुए एएसआई विजय कुमार ने बताया कि चार मजदूर काम करके घर जा रहे थे। इसी दौरान किसी तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने चारों को कुचल दिया।

    हादसे में दो लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो की हालत गंभीर है जिन्हें निजी अस्पताल में ईलाज चल रहा है। वहीं मृतकों की पहचान हरजिंदर ठाकुर (50) व विकास कुमार (16) दोनों निवासी गांव हरदो फरला के रूप में हुई है। यह दोनों मूलरूप से बिहार के गांव दिग्या रामकपती के रहने वाले थे और यहां पर मजदूरी करते थे। अज्ञात वाहन के चालक की तलाश की जा रही है। 

  • पंजाबः रिसेप्शन पार्टी में व्यक्ति पर तेजधार हथियारों से हमला, मौत, देखें वीडियो

    पंजाबः रिसेप्शन पार्टी में व्यक्ति पर तेजधार हथियारों से हमला, मौत, देखें वीडियो

    फिरोजपुर: जिले में सिटी पार्क प्लाजा में चल रहे रिसेप्शन पार्टी के समारोह में मामूली तकरार इतनी बढ़ गई कि दूसरे गुट के कुछ लोगों ने एक व्यक्ति रंजीत सिंह पर तेजधार हथियारों के साथ हमला कर दिया जिसके चलते रंजीत सिंह की छाती पर तेजधार हथियार लगने पर उसकी मौत हो गई।

    घायल रंजीत सिंह को फिरोजपुर के सिविल हस्पताल में जब लाया गया तब तक रंजीत सिंह की मौत हो चुकी थी सिविल हॉस्पिटल के डॉक्टर ने बताया कि जब रंजीत सिंह को अस्पताल में लाया गया था तब उसकी मौत हो चुकी थी और उसकी छाती पर तेज वार होने के चलते उसकी मौत हुई है।

    वहीं इस घटना के बाद परिवार का रो-रो कर बुरा हाल है मृतक रणजीत सिंह के चचेरे भाई ने घटना संबंधित जानकारी देते हुए बताया के समारोह में दो गुटों का आपस में झगड़ा हो रहा था और रंजीत सिंह उनको झगड़ा करने के लिए रोक रहा था इस दौरान हमलावरों ने उनके भाई पर ही हमला कर दिया जिससे उसकी मौत हो गई है। वही घटनास्थल पर पहुंची पुलिस परिवारिक सदस्यों से उनके बयान लेकर जल्द से जल्द आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई करने की बात कह रही है। और कैमरे के सामने अभी कुछ भी बोल नही रही।

  • पंजाब: घर से निकलने से पहले पढ़े ये ख़बर, संयुक्त किसान मोर्चा ने हाईवे जाम का किया ऐलान

    पंजाब: घर से निकलने से पहले पढ़े ये ख़बर, संयुक्त किसान मोर्चा ने हाईवे जाम का किया ऐलान

    अमृतसरः अगर आप किसी काम के लिए एक जिले से दूसरे जिले में जा रहे है तो ये ख़बर आपके लिए अहम है। दरअसल, पंजाब में आज किसानों चक्का जाम करने का ऐलान किया है। चक्का जाम करने की वजह केन्द्र सरकार व राज्य सरकार द्वारा दिल्ली मोर्चा में मानी गई मांगें पूरी न करना है। किसान नेताओं ने पंजाब के लोगों से आह्वान किया कि वह उनका साथ दें। लोग हाईवे आदि का इस्तेमाल करने से गुरेज करें। ये ऐलान SKM (सम्युक्त किसान मोर्चा) गैर राजनीतिक द्वारा किया गया है।

    जानकारी देते हुए प्रधान जगजीत सिंह डल्लेवाल ने कहा कि पंजाब में 6 पॉइंट पर धरना देने की जरूरत पड़ी है। उन्होंने कहा कि हम बिल्कुल नहीं चाहते की सड़कें रोकी जाएं। फिरोदकोट, अमृतसर, तलवंडी साबो और जिला मानसा में धरना चले हुए कई महीने हो गए, लेकिन सरकार ध्यान नहीं दे रही। डल्लेवाल ने कहा कि किसान आंदोलन में जो लोग शहीद हुए हैं उनके बच्चों को सरकारी नौकरी अभी तक नहीं मिली। पिछले दिनों सरकार ने एक मांग मानी थी कि जो जुमला मुश्तरका मालकान जमीन के मालिक काम कर रहे हैं उन्हें बिल्कुल नहीं तंग किया जाएगा उन्हें मालिकान हक देंगे।

    इस मामले में सरकार और किसानों की कमेटी भी बनी है, लेकिन सरकार इस मांग को मान कर फिर पीछे हट गई। सरकार ने समस्त जिलों के डिप्टी कमिश्नरों को पत्र भेजे हैं कि जो इस तरह की जमीन पड़ी है उसे पंचायत अधिकार क्षेत्र में इंतकाल करके लाया जाए। सरकार हमारी जमीनें छीन कॉरपोरेट घरानों को देने की तैयारी में है। वहीं किसानों का गुलाबी सुंडी और सफेद मक्खी के कारण नरमा खराब हुआ, उसका भी मुआवजा नहीं दिया जा रहा। गन्ने के काश्तकारों को सहूलतें मुहैया नहीं करवाई जा रही है।

    आज राजपुरा पटियाला रोड़ पर धरेड़ी जट्‌टां, फरीदकोट टहिणा टी-पॉइंट, अमृतसर में भंडारी पुल, तीन कोनीयां पुल मानसा रोड, मुकेरियां नजदीक और तलवंडी साबो सड़क आदि जगहें मुख्य हैं जहां चक्का जाम किया जाएगा। इन जगहों पर पुलिस ने भी सुरक्षा व्यवस्था मजबूत कर दी है। किसान नेताओं में सरकार के प्रति रोष है। उनका कहना है कि सरकार अपने किए वादों से मुकर रही है। समय रहते सरकार ने यदि उनकी मांगों को पूरा न किया तो संघर्ष तेज किया जाएगा।