Blog
-

डंगोली में सट्टा लगाते युवक गिरफ्तार, 1520 रुपये व पर्चियां बरामद
ऊना सुशील पंडित : पुलिस थाना सदर ऊना की टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर डंगोली में छापेमारी करते हुए गगनदीप शर्मा निवासी टक्का को सट्टा लगाते हुए रंगे हाथों पकड़ा। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से 1520 रुपये की नकदी और दड़ा सट्टा से संबंधित पर्चियां बरामद की हैं। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ सार्वजनिक जुआ अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया है और आगे की जांच जारी है। -

मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों से जनगणना कार्य में बढ़-चढ़ कर भाग लेने का किया आग्रह
शिमला : मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने निदेशालय जनगणना द्वारा दिए गए ‘स्वगणना’ विकल्प का अधिक से अधिक उपयोग करने का आह्वान किया है। उन्होंने कहा कि आम नागरिक 1 जून से 15 जून, 2026 तक स्वगणना पोर्टल se.census.gov.in पर जाकर अपनी जानकारी दर्ज करवा सकते हैं। उन्होंने कहा कि जनगणना हमारे लोकतंत्र और विकास की रीढ़ है तथा यह एक ऐसा महत्वपूर्ण माध्यम है, जिसके द्वारा हमें जनसंख्या, परिवारों की स्थिति, आवास, संसाधनों और नागरिकों को उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी प्राप्त होती है।
ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने कहा कि हिमाचल प्रदेश में जनगणना दो चरणों में की जाएगी, जिसमें प्रथम चरण में 16 जून से 15 जुलाई के बीच मकान सूचीकरण एवं मकान गणना तथा द्वितीय चरण में जनसंख्या की गणना की जाएगी। उन्होंने कहा कि इस बार जनगणना डिजिटल मोड में की जाएगी, जिसमें प्रगणक और पर्यवेक्षक अपने मोबाइल का उपयोग कर मकानों एवं परिवारों की जानकारी को एकत्रित करेंगे। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश के हिमाच्छादित क्षेत्रों में द्वितीय चरण का कार्य 11 सितम्बर से 30 सितम्बर, 2026 के मध्य तथा शेष क्षेत्रों में 9 फरवरी, 2027 से 28 फरवरी, 2027 तक किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों से आग्रह किया कि वे इस राष्ट्रीय महत्व के कार्य में बढ़-चढ़कर भाग लें तथा प्रगणक, पर्यवेक्षक और जनगणना से जुड़े कर्मचारियों को सही एवं पूरी जानकारी दें। उन्होंने कहा कि यह आंकड़े सरकार को भविष्य की योजनाओं एवं नीतियों को बनाने में अहम भूमिका निभाते हैं।
-

दिमाग को खोखला करेगी मोबाइल की लत, खुद डॉक्टरों ने बताया नींद और थकान का खौफनाक सच
नई दिल्ली: आज की जिंदगी में इंसान शायद ही कभी सच में शांत बैठ पाता है। पहले लंबा सफर खिड़की के बाहर देखते हुए कट जाता था। लाइन में इंतजार करते समय लोग आस-पास की चीजों को महसूस करते थे। रात को सोने से पहले दिमाग खुद ब खुद धीमा पड़ जाता था लेकिन अब हर खाली पल किसी न किसी स्क्रीन से भर चुका है। कभी मोबाइल, नोटिफिकेशन, कभी छोटी वीडियो, कभी पॉडकॉस्ट तो कभी लगातार आने वाले मैसेज। ऐसे में दिमाग को असली आराम मिल ही नहीं पा रहा है।क्या इससे हमारे ऊपर असर पड़ा रहा है
न्यूरोलॉजिस्ट्स का कहना है कि लगातार मिलने वाला यह बैकग्राउंड स्टिमुलेशन इंसान के दिमाग के काम करने के तरीके को बदल रहा है। बाहर से देखने पर भले कोई इंसान आराम करता दिखाई दे लेकिन दिमाग लगातार एक्टिव रहता है। यही कारण है कि आजकल लोग बिना ज्यादा शारीरिक मेहनत किए भी मानसिक रुप से थका हुआ महसूस करते हैं।ब्रेन हमेशा एक्टिव रहने के लिए बना है
मीडिया इंटरव्यू के अनुसार, इंसानी दिमाग को कभी भी इस तरह लगातार एक्टिव रहने के लिए नहीं बनाया गया था। पहले दिनभर में छोटे-छोटे ऐसे पल मिल जाते थे, जब दिमाग खुद शांत हो जाता था लेकिन अब हर खाली जगह डिजिटल चीजों से भर चुकी है। स्मार्टफोन, सोशल मीडिया लगातार आने वाली नोटिफिकेशन और हर समय जुड़े रहने का दबाव इंसानी दिमाग को लगातार एक्टिव रखता है। एक्सपर्ट्स बताते हैं कि यह समस्या थकान तुरंत महसूस नहीं होती है। लोगों को लगता है कि मोबाइल स्क्रॉल करना या देर रात तक वीडियो देखना आराम देने वाला काम होता है परंतु असल में दिमाग लगातार नई जानकारी को प्रोसेस करता रहता है। यही कारण है कि नर्वस सिस्टम हमेशा हल्की सतर्क अवस्था में बना रहता है। धीरे-धीरे यह आदत मानसिक थकान, ध्यान की कमी और इमोशनल बर्नआउट में बदल सकती है। नेशनल इंस्टीट्यूटस ऑफ हेल्थ की रिसर्च में भी सामने आया है कि जरुरत से ज्यादा स्क्रीन देखने और देर रात तक डिजिटल चीजों में लगे रहने से नींद की क्वालिटी, इमोशनल संतुलन और ध्यान लगाने की क्षमता पर असर पड़ता है। खासतौर पर देर रात की लगातार स्क्रॉलिंग दिमाग को अलर्ट मोड में बनाए रखती है। -

जल्द Launch होंगे Iphone 18 और 18 Pro, कीमत से लेकर फीचर्स तक आए सामने, जानें Details
टेक्नोलॉजी: अमेरिकी टेक कंपनी ऐपल हर साल की तरह ही इस साल भी सितंबर में अपनी फ्लैगशिप सीरिज को अनवील करेगी। इस साल कंपनी आईफोन 18 और 18 प्रो सीरीज को अनवील करेगी। न्यू सीरीज में कई नए फीचर्स, बेहतर कैमरा सेंसर और ज्यादा एफिसिएंट बैटरी मैनेजमेंट मिलेगा। लॉन्चिंग में अभी भी तीन महीने बाकी हैं। उसके बाद अभी तक कई फीचर्स सामने आ चुके हैं। फीक्स के अनुसार, इस साल कंपनी होल्ड हैंडसेट को भी अनवील कर सकती है। अभी तक कंपनी ने अपना फोल्ड हैंडसेट लॉन्च किया है।आईफोन 18 और 18 प्रो सीरीज में कई
आईफोन 18 और 18 प्रो सीरीज में कई अपग्रेड्स नजर आएंगे. परफॉर्मेंस, डिस्प्ले और बैटरी आदि में कई बड़े-बड़े अपग्रेड्स दिखाई देंगे. हालांकि डिजाइन में इस साल बहुत ज्यादा बड़ा बदलाव नहीं दिखाई देगा. वह पुराने डिजाइन को ही बरकरार रखेगा.स्मार्टफोन की वजह से दुनिया भर में कम पैदा हो रहे हैं बच्चे
डिस्प्ले में दिखाई देगा सबसे बड़ा बदलाव फ्रंट पर देखने को मिलेगा। कंपनी डाइनेमिक आईलैंड के साइज को छोटा करेगा। इसमें कैमरा, सेंसर और कई कंट्रोल्स भी मिलते हैं। टिप्स्टर आईस यूनिवर्स के अनुसार, Iphone 18 Pro में मिलने वाला डाइनेमिक आईलैंड मौजूदा मॉडल्स की तुलना में 35 परसेंट तक पतला होगा। इससे यूजर्स को बेहतर स्क्रीन एक्सपीरियंस मिलेगा। इससे पहले कई रिपोर्ट्स भी सामने आई थी। इसमें बताया गया था कि ऐपल फेस आईडी के कुछ कॉम्पोनेंट्स को डिस्प्ले के नीचे शिफ्ट करेगा लेकिन अभी तक ये टेक्नोलॉजी तैयार नहीं हो पाई है। अपकमिंग आईफोन 18 प्रो मैक्स में बड़ा बैटरी पैक का इस्तेमाल किया जा सकेगा। इसमें 5,100 mAh से 5,200mAh तक की बैटरी हो सकती है। इससे यूजर्स को बेहतर बैटरी बैकअप और देर तक मूवी या गेम्स आदि मोबाइल पर ही देख सकेंगे।कैमरा होगा अपग्रेड्स
आईफोन 18 और 18 प्रो के कैमरा को लेकर कई बड़े अपग्रेड्स देखने को मिलेंगे। प्राइमरी कैमरे में वेरिएबल अपर्चर सिस्टम और सैमसंग का तैयार किया गया। थ्री लेयर स्टेक्ड इमेज सेंसर दिया जाएगा। इस बार कंपनी अच्छे जूम भी देगी।न्यू प्रोफेसर और दमदार परफॉर्मेंस
आईफोन 18 प्रो सीरीज में नया चिपसेट का इस्तेमाल किया जाएगा। इसका नाम 420 होगा। इसको TSMC की 2nm प्रोसेस तकनीक पर तैयार किया जा सकता है। लीक्स रिपोर्ट् के अनुसार, इसमें करीबन 15 परसेंट बेहतर परफॉर्मेंस मिलेगी। -

पिता ने 6 वर्षीय बेटी को पीट-पीटकर मौत के घाट उतारा, इलाके में दहशत
चाईबासाः पश्चिमी सिंहभूम जिले के खेड़ियाटांगर गांव में पिता पर अपनी 6 वर्षीय बेटी की पीट-पीटकर हत्या करने का आरोप लगाया है। जानकारी के अनुसार घटना रात करीब 8 बजे की है, जब बच्ची घर में सो रही थी। इसी दौरान आरोपी पिता ने अचानक उस पर हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गई। घटना के बाद गांव में मातम और आक्रोश का माहौल है।
घटना की सूचना मिलते ही आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और स्थिति को संभालने की कोशिश की। गंभीर रूप से घायल बच्ची को तुरंत सदर अस्पताल चाईबासा ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, घटना के दौरान आरोपी का व्यवहार पूरी तरह असामान्य था। उसने न केवल अपनी बेटी पर हमला किया, बल्कि पत्नी पर भी जानलेवा हमला करने का प्रयास किया और आसपास मौजूद लोगों को भी नुकसान पहुंचाने की कोशिश की। ग्रामीणों ने किसी तरह उसे काबू में किया, जिससे और बड़ा हादसा टल गया। वहीं घटना के दौरान इलाके में भी दहशत का माहौल बन गया।
टांगर पोखरिया के मुखिया मंगल सिंह पूर्ति ने बताया कि आरोपी लालसिंह पिछले कुछ दिनों से बीमार था। बुखार से पीड़ित होने के साथ उसका व्यवहार भी सामान्य नहीं था। परिवार में कुल पांच बच्चे हैं, जिनमें एक बेटा और चार बेटियां शामिल हैं, और सोनिया सबसे छोटी थी। घटना के बाद पूरे गांव में शोक और स्तब्धता का माहौल है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
-

DOB के हिसाब से नहीं होंगे Toppers Select, मेधावी बच्चों को सम्मानित करने दौरान CM Mann ने लिया फैसला, देखें Live
चंडीगढ़ः मुख्यमंत्री भगवंत मान ने बोर्ड कक्षाओं के टॉपर विद्यार्थियों को सम्मानित करने के लिए एक कार्यक्रम करवाया। कार्यक्रम में शिक्षा मंत्री हरजोत बैंस, मनीष सिसोदिया और अन्य मौजूद थे।
इस दौरान सीएम मान ने बच्चों के साथ बातचीत की और उनके सवालों के जवाब भी दिए। वहीं कार्यक्रम के दौरान एक ऐतिहासिक फैसला भी लिया गया जिसके मुताबिक, अब बोर्ड परीक्षाओं में समान अंक प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को जन्म तिथि के आधार पर प्रथम, द्वितीय या तृतीय घोषित नहीं किया जाएगा। इसके बजाय, समान अंक हासिल करने वाले सभी विद्यार्थियों को बराबर स्थान दिया जाएगा। यह सवाल अमृतसर की एक छात्रा ने प्रश्नोत्तर सत्र के दौरान इस व्यवस्था पर आपत्ति जताई।
छात्रा ने बताया कि उनके जिले में 3 लड़कियों ने समान अंक प्राप्त कर टॉपर का स्थान हासिल किया है, लेकिन जन्म तिथि के आधार पर उन्हें प्रथम, द्वितीय और तृतीय घोषित कर दिया गया। इसके कारण केवल प्रथम स्थान पर रहने वाली छात्रा को ही मुख्यमंत्री से सम्मानित होने का अवसर मिल रहा है। छात्रा की बात सुनने के बाद मुख्यमंत्री ने तुरंत इस व्यवस्था में बदलाव करने के निर्देश दिए, ताकि भविष्य में समान अंक प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों के साथ किसी प्रकार का भेदभाव न हो और उन्हें समान सम्मान मिल सके।
-

हरियाणा सरकार गुरुग्राम में ‘मेक इन हरियाणा’ पॉलिसी और 9 नई सेक्टरल पॉलिसी करेगी लॉन्च
चंडीगढ़ : हरियाणा सरकार 1 जून, 2026 को गुरुग्राम में आयोजित होने वाले एक बड़े उद्योग एवं निवेश कार्यक्रम में अपनी फ्लैगशिप ‘मेक इन हरियाणा’ पॉलिसी के साथ 9 नई सेक्टरल पॉलिसियों का शुभारंभ करेगी। यह कार्यक्रम मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी और उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री राव नरबीर सिंह की गरिमामयी उपस्थिति में आयोजित होगा। इस कार्यक्रम में वरिष्ठ अधिकारी, उद्योग जगत के प्रतिनिधि, निवेशक, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (MSMEs), विदेशी प्रतिनिधिमंडल तथा विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े हितधारक भाग लेंगे। सरकारी प्रवक्ता ने जानकारी देते हुए बताया कि नई पॉलिसी रूपरेखा हरियाणा को देश के अग्रणी विनिर्माण (मैन्युफैक्चरिंग) और निवेश गंतव्य के रूप में और अधिक सशक्त बनाने की दिशा में तैयार की गई है।
इन नीतियों का उद्देश्य औद्योगिक विकास को गति देना, क्षेत्र-विशिष्ट औद्योगिक पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत करना, एमएसएमई को प्रोत्साहन देना, रोजगार के अवसर सृजित करना, कारोबार सुगमता (Ease of Doing Business) को बढ़ावा देना तथा भविष्य उन्मुख औद्योगिक विकास को प्रोत्साहित करना है। कार्यक्रम के दौरान विभिन्न क्षेत्रों की अग्रणी कंपनियों के साथ समझौता ज्ञापनों (MoUs) का आदान-प्रदान भी किया जाएगा, जो हरियाणा की औद्योगिक प्रगति और भविष्य की विकास दृष्टि में निवेशकों के मजबूत विश्वास को दर्शाता है। प्रवक्ता ने बताया कि नई नीति व्यवस्था तेज़ और प्रभावी प्रशासन, उद्योगों के साथ मजबूत साझेदारी, सुदृढ़ औद्योगिक तंत्र तथा वैश्विक प्रतिस्पर्धा के अनुरूप विकास के प्रति हरियाणा सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
मजबूत कनेक्टिविटी, राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) तक राजनीतिक पहुंच, विश्वस्तरीय अवसंरचना, परिपक्व औद्योगिक आधार तथा तेजी से विकसित हो रहे लॉजिस्टिक्स नेटवर्क के कारण हरियाणा ऑटोमोबाइल, इलेक्ट्रॉनिक्स, फूड प्रोसेसिंग, एडवांस मैन्युफैक्चरिंग, डेटा सेंटर, AVGC, फार्मास्युटिकल एवं मेडिकल डिवाइस, खिलौना एवं खेल सामग्री निर्माण, ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर (GCC) तथा सूचना प्रौद्योगिकी जैसे क्षेत्रों में निवेश के लिए पसंदीदा गंतव्य के रूप में उभर रहा है। कार्यक्रम के दौरान राज्य में औद्योगिक विकास और निवेशक सुविधा को और अधिक सुदृढ़ करने के उद्देश्य से कुछ महत्वपूर्ण नई घोषणाएं भी की जाएंगी। राज्य सरकार ने सक्रिय प्रशासन, निवेशक-केंद्रित सुविधा तंत्र और उद्योगोन्मुख सुधारों के माध्यम से भविष्य के लिए तैयार औद्योगिक पारिस्थितिकी तंत्र विकसित करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है।
-

आज का दिन चांद होगा Blue, जानें भारत में कब दिखेगा?
धर्म: आज 31 मई 2026 की शाम आस-मान में एक बहुत ही खास और दुर्लभ खगोलीय नजारा देखने को मिलेगा। इसको ब्लू मून कहते हैं। यदि आप इन अनोखी घटना को देखने को लिए उत्साहित है। यहां इससे जुड़ी पूरी जानकारी जरुरी है।ब्लू मून क्या होता है?
अक्सर लोगों को लगता है कि इस दिन चांद का रंग ब्लू दिखाई देगा लेकिन यह सिर्फ एक खगोलिय घटना है। जब एक ही कैलेंडर महीने में दो पूर्णिमा पड़ती है। दूसरी पूर्णिमा को ब्लू मून कहते हैं। चूंकि मई 2026 में 1 मई और 31 मई को दो पूर्णिमा पड़ी है इसलिए आज की पूर्णिमा को ब्लू माना जा रहा है। इसको माइक्रो मून भी कहा जा रहा है क्योंकि यह अपनी कक्षा में पृथ्वी से दूर होने के कारण आकार में सामान्य से थोड़ा छोटा प्रतीत हो सकता है।चांद लाल और विशाल क्यों दिखेगा
जब चांद क्षितिज के पास होता है तो उसकी रोशनी को हम तक पहुंचने के लिए पृथ्वी के वायुमंडल की एक मोटी परत को पार करना पड़ता है। इस सफर में नीले रंग की छोटी तरंगें बिखरे जाती हैं और सिर्फ लाल और नारंगी रंग की लंबी तरंगें ही हमारी आंखों तक पहुंच पाती है। चांद का बहुत बड़ा दिखना वास्तव में एक ऑप्टिकल इल्यूजन यानी आंखों को धोखा है। जब चांद पेड़ों, पहाड़ों या इमारतों जैसी वस्तुओं के पास होता है तो हमारा दिमाग संदर्भ के कारण उसे बहुत बड़ा समझने लगता है। इसके आकार में कोई भौतिक बदलाव नहीं होता है।भारत में कब और कैसे देखें
भारत में आज शाम सूर्यास्त के बाद लगभग 6:30 बजे से 7:30 बजे के बीच इसे दक्षिण पूर्वी आकाश में देखना सबसे अच्छा रहेगा। इस अद्भुत नजारे को देखने के लिए किसी महंगे टेलीस्कोप या विशेष उपकरण की जरुरत नहीं है। आप इसे अपनी खुली आंखों से घर की छत या किसी खुले स्थान से देख सकते हैं। ज्योतिष और लोक मान्यताओं के अनुसार, पूर्णिमा का दिन ऊर्जा से भरपूर माना जाता है। इस दिन शांति और समृद्धि के लिए कुछ उपाय किए जा सकते हैं। चंद्रमा को अर्घ्य देना और ऊं सोमाय नम: मंत्र का जाप करना शुभ माना जाता है। मन की शांति के लिए ध्यान करना, दान करना और माता लक्ष्मी की पूजा कर उन्हें खीर को भोग लगाना अत्यंत फलदायी माना जाता है। -

3 बेटियों के साथ महिला ने निगला कीटनाशक, मौत, जांच में जुटी पुलिस
शहडोलः महिला द्वारा अपनी ही 3 बेटियों को कीटनाशक खिलाकर खुद भी आत्महत्या करने का मामला सामने आया है। इससे चारों की तबीयत बिगड़ गई। बड़ी बेटी ने घर से बाहर आकर पड़ोसियों को बताया। पड़ोसी चारों को लेकर ब्यौहारी अस्पताल भागे। जहां डॉक्टरों ने महिला और छोटी 2 बेटियों को मृत घोषित कर दिया जबकि बड़ी बेटी ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। मृतकों की पहचान अनिता सिंह (32) और उसकी बेटियों- रितिका (7), कृष्णकुमारी (4) और अर्पिता (2) के रूप में हुई है।
जानकारी देते पड़ोसियों ने बताया कि अनिता का पति ड्राइवर है। रोजी-रोटी कमाने दूसरे शहर गया है। घटना के समय घर में मां-बेटियां ही थीं। सूचना मिलते ही पपौंध थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पड़ोसियों के बयान दर्ज किए। महिला के पति को फोन कर जानकारी दी। पुलिस ने कहा कि मौके से अल्मोनियम सल्फाइड का पैकेट मिला है। मामले की सभी पहलुओं की गहनता से जांच की जा रही है।
टीआई बृजेंद्र मिश्रा ने कहा कि बड़ी बेटी रितिका ने पड़ोसियों को बताया कि अनीता ने बेटियों को खांसी की दवा कहकर कीटनाशक दिया था। फिर घर में रखे सभी दस्तावेज, कपड़े, फोटो और अनाज में आग लगा दी थी। कीटनाशक की कम मात्रा गले से नीचे जाने पर रितिका बेसुध नहीं हुई। वह घर से बाहर आई और शोर मचाया। रितिका इस बात की जानकारी नहीं दे पाई कि मां ने ये कदम क्यों उठाया? घर के आर्थिक हालत बहुत अच्छे नहीं हैं। अनीता का पति करीब दो महीने पहले परिवार से मिलने आया था। पुलिस अब अनीता के मायकेवालों के बयान दर्ज करेगी, ताकि घटना का कोई सुराग मिल सके।
-

11 साल की बच्ची से रेप, बुजुर्ग पड़ोसी ने की दरिंदगी, गिरफ्तार
जयपुरः शहर से शर्मनाक मामला सामने आया है। जहां, एक 11 साल की बच्ची से रेप किया गया। बच्ची पड़ोस में खेलने जाती थी। जहां 46 साल के पड़ोसी की नीयत बिगड़ गई और उसने 11 साल की बच्ची को डरा-धमका कर उसके साथ रेप किया। पुलिस ने नाबालिग पीड़िता का मेडिकल व बयान दर्ज किए और पोक्सो एक्ट के तहत आरोपी को गिरफ्तार किया है।
जानकारी देते परिजनों ने बताया कि अप्रैल-2026 के फर्स्ट वीक में उनकी 11 साल की बच्ची घर के बाहर खेल रही थी। खेलते-खेलते वह आरोपी पड़ोसी के घर चली गई। घर में नाबालिग को अकेला पाकर पड़ोसी ने उसके साथ रेप किया। इस बारे में किसी को बताने पर गाली-गलौच कर डराया-धमकाया। काफी दिनों तक गुमशुम व डरी-सहमी रहने पर मासूम पर दबाव बनाकर पूछा गया। पड़ोसी अकंल के उसके साथ की दरिंदगी के बारे में नाबालिग ने परिजनों को बताया।
नाबालिग को लेकर थाने पहुंचे गुस्साएं परिजनों ने आरोपी पड़ोसी के खिलाफ मामला दर्ज करवाया। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई कर नाबालिग पीड़िता का मेडिकल व बयान दर्ज किए। पोक्सो एक्ट के तहत आरोपी पड़ोसी को अरेस्ट किया गया।