Category: Breaking News

  • तेज रफ्तार बस ने मर्सिडीज को मारी टक्कर, उड़े परखच्चे, देखें वीडियो

    तेज रफ्तार बस ने मर्सिडीज को मारी टक्कर, उड़े परखच्चे, देखें वीडियो

    नोएडाः ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे पर गलगोटिया अंडरपास के समीप तेज रफ्तार रोडवेज बस ने पीछे से मर्सिडीज कार में टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि मर्सिडीज अंडरपास से नीचे गिर गई। गनीमत रही कि जहां पर कार गिरी वहां मिट्टी थी इस वजह से चालक को कोई गंभीर चोट नहीं आई। हादसे के बाद बस में सवार करीब 15 यात्रियों को भी चोट लगी है। सभी को हल्की चोट लगने की वजह से प्राथमिक उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया है। एडिशनल डीसीपी ग्रेटर नोएडा अशोक कुमार ने बताया कि रोडवेज बस बृहस्पतिवार दोपहर 1:15 बजे के करीब नोएडा की तरफ से ग्रेटर नोएडा परीचौक की तरफ आ रही थी। 

    जैसे ही बस गलगोटिया अंडरपास के समीप पहुंची तभी चालक बस का नियंत्रण खो बैठा और बस ने पीछे से मर्सिडीज कार में टक्कर मार दी। बता दें कि मर्सिडीज कार चला रहे चालक का नाम राघव गुप्ता है जो कि ग्रेटर नोएडा के बीटा दो सेक्टर में रहते हैं। घटना के बाद मर्सिडीज कार में आग भी लग गई थी। सूचना मिलने पर दमकल की गाड़ी ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया। हादसे के बाद लोगों की भीड़ मौके पर एकत्र हो गई। कुछ समय के लिए यातायात बाधित रहा। हालांकि, 10 से 15 मिनट के अंदर ही यातायात को सुचारू रूप से चालू करवा दिया गया। घायलों को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। रोडवेज चालक को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।

  • इस केस में Rahul Gandhi दोषी करार, कोर्ट ने सुनाई 2 साल की सजा

    इस केस में Rahul Gandhi दोषी करार, कोर्ट ने सुनाई 2 साल की सजा

    नई दिल्लीः कांग्रेस नेता राहुल गांधी को सूरत कोर्ट ने मानहानि के मामले में दोषी करार देकर 2 साल की सजा सुनाई है। 2019 में राहुल गांधी ने मोदी सरनेम को लेकर टिप्पणी की थी, उसी मामले में कोर्ट ने राहुल गांधी को सजा दी है। सूरत कोर्ट ने राहुल गांधी के खिलाफ दर्ज आपराधिक मानहानि के मामले में फैसला सुनाया है। जानकारी के मुताबिक, सजा के तुरंत बाद राहुल गांधी को जमानत भी मिल गई है। हालांकि, अगर सूरत कोर्ट से जमानत नहीं मिलती तो राहुल गांधी फैसले के खिलाफ हाईकोर्ट जा सकते थे। इस केस में दो साल की अधिकतम सजा का प्रावधान है। शिकायतकर्ता ने कोर्ट के फैसले का स्वागत किया है।

    केंद्रीय मंत्री का रिएक्शन

    राहुल गांधी को मानहानि केस में कोर्ट से दो साल की सजा के बाद सूरत से सांसद और केंद्रीय राज्यमंत्री दर्शना जरदोश ने कहा कि राहुल गांधी के बयान को लेकर सूरत में ही नहीं पूरे गुजरात के ओबीसी समाज में गुस्सा था और वह कोर्ट के फैसले का स्वागत करती है।

    किन धाराओं में दर्ज है केस?

    इससे पहले राहुल गांधी के एडवोकेट किरीट पानवाला ने बताया कि चीफ जुडिशियल मजिस्ट्रेट एचएच वर्मा की कोर्ट ने पिछले हफ्ते दोनों पक्षों की दलीलों की अंतिम सुनवाई की और निर्णय सुनाने के लिए 23 मार्च की तारीख तय की थी। राहुल गांधी के खिलाफ आईपीसी की धारा 499 और 500 (मानहानि) के तहत केस दर्ज है। इससे पहले अक्टूबर, 2021 में राहुल गांधी अपना बयान दर्ज कराने के लिए सूरत कोर्ट में पेश हुए थे।

    राहुल के खिलाफ किसने दर्ज कराई शिकायत?

    बता दें कि राहुल गांधी के कथित विवादित बयान के खिलाफ बीजेपी नेता और विधायक व गुजरात के पूर्व मंत्री पूर्णेश मोदी ने शिकायत दर्ज करवाई थी। राहुल गांधी ने ये कथित बयान 2019 के लोकसभा चुनाव से पहले कर्नाटक के कोलार में हुई एक जनसभा में दिया था।

  • अमृतपाल सिंह की ऑडियो हुई वायरल, लड़कियों को ऐसे करता था ब्लैकमेल!

    अमृतपाल सिंह की ऑडियो हुई वायरल, लड़कियों को ऐसे करता था ब्लैकमेल!

    नई दिल्लीः ‘वारिस पंजाब दे’ का मुखिया अमृतपाल सिंह सिख धर्म को लेकर बड़ी-बड़ी बातें करता सुनाई देता था। अमृतपाल का कहना था कि वो पंजाब को खालिस्तान बना कर क्रांति लाना चाहता है। लेकिन उसका कड़वा सच ये है कि वो लड़कियों के अश्लील वीडियो बना कर उन्हें ब्लैकमेल करता है। उन्हें प्यार के जाल में फंसाकर उन्हें धमकियां देता है और ऐसा उसने सिर्फ एक दो लड़कियों के साथ नहीं किया, बल्कि वो अब तक कई लड़कियों को अपना शिकार बना चुका है। यानी ना तो इस खालिस्तानी की कोई विचारधारा है और ना ही ये कोई संत है। बल्कि ये एक ऐसा व्यक्ति है, जो महिलाओं के वीडियो बनाकर उन्हें ब्लैकमेल करता है। हालांकि एनकाउंटर न्यूज इस ऑडियों की पुष्टि नहीं करता, लेकिन यह ऑडियो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रही है। अमृतपाल सिंह के कई ऑडियो क्लिप्स मिले हैं, जिनमें उसे एक व्यक्ति को ये कहते हुए सुना जा सकता है कि उसके पास एक लड़की का आपत्तिजनक वीडियो है, जिसे वो वायरल कर सकता है।

    एक ऑडियो क्लिप में वो ये बताता है कि, कनाडा की एक लड़की के साथ भी उसका रिलेशन है और ये लड़की उससे शादी करना चाहती है। इसके अलावा अमृतपाल सिंह इन लड़कियों से चैट में जो बातें करता था, उसके कुछ स्क्रीनशॉट भी आजतक के पास मौजूद हैं। एक ऑडियो रिकॉर्डिंग में अमृतपाल सिंह कह रहा है, ‘महिलाएं बड़ी जल्दी रिश्ते को लेकर गंभीर हो जाती हैं, मुझे इसमें नहीं पड़ना, अपने तो छोटे-छोटे रिलेशनशिप ही ठीक हैं।’ इसके अलावा एक अन्य में अमृतपाल कह रहा है, ‘एक लड़की बड़े दिनों से मेरे पीछे पड़ी है, कनाडा की पर्मानेंट रेजिडेंट है कोई। कह रही है मुझसे शादी कर ले।’ 

    एक अन्य ऑडियो रिकॉर्डिंग में अमृतपाल एक लड़की के बारे में बात कर रहा है। वह कह रहा है कि, किसी लड़की के साथ उसका पुराना अफेयर है। लड़की ने अमृतपाल को चेक करने के लिए अपनी किसी सहेली से कहा है कि वह कैसा लड़का है, इसके बारे में चेक करके बता। लेकिन वही लड़की जो उसे चेक करने आई थी वो भी अमृतपाल के चक्कर में पड़ गई। इस वॉइस नोट में अमृतपाल किसी लड़की की वीडियो कॉल का जिक्र कर रहा है। 

    पंजाब को दो टुकड़ों में बांटने वाले अमृतपाल की इंस्टा चैट भी वायरल हो रही है। इसे देखकर अंदाजा लगाया जा सकता है कि यह शख्स जो समाज में संत बनकर घूमता है वो वास्तविक जीवन में कैसा व्यक्ति है। बता दें कि पुलिस उसकी कई तस्वीरें शेयर कर लोगों से मदद की अपील कर चुकी है। लेकिन कोई बड़ी लीड अभी तक नहीं मिली है। 18 मार्च की कार्रवाई के सिलसिले में 154 लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि अमृतपाल सिंह अभी भी फरार है। पंजाब पुलिस के महानिरीक्षक सुखचैन सिंह गिल ने मंगलवार को कहा कि वह एक गुरुद्वारे में कपड़े बदलकर बाइक से भाग गया था।

  • ACB ने थानेदार को घर से दबोचा, जानें मामला

    ACB ने थानेदार को घर से दबोचा, जानें मामला

    जोधपुर: राजस्थान में एसीबी की टीम की घूस लेने वालों के खिलाफ ताबड़तोड़ कार्रवाई लगातार जारी है जहां देर रात को जोधपुर एसीबी की टीम ने सदर बाजार थाने के एएसआई को घूस लेते हुए रंगे हाथों दबोच लिया। मिली जानकारी के मुताबिक एएसआई नंदकिशोर को सोजती गेट चौकी में साढ़े तीन लाख रुपए लेते हुए एसीबी ने पकड़ा जिसके बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। वहीं थानाधिकारी सुरेश पोटलिया को घर जाकर एसीबी की टीम ने दबोचा। बताया जा रहा है कि एएसआई ने थाना अधिकारी के लिए पीड़ित से 5 लाख रुपए की रिश्वत की डिमांड की थी। वहीं एसीबी ने जाल बिछाते हुए देर रात को जब पीड़ित पैसे लेकर पहुंचा तो एसीबी ने उसे रंगे हाथों पकड़ लिया।

    एसीबी की कार्रवाई को अंजाम देने वाले एएसपी दुर्गसिंह राजपुरोहित ने जानकारी दी कि एक ज्वेलर ने शिकायत देकर बताया था कि किसी लेन-देन को लेकर उसका कुछ सटोरियों से विवाद चल रहा था, जहां वह उसे परेशान कर रहे थे। शिकायत के मुताबिक ज्वेलर ने दो आरोपियों के खिलाफ 13 मार्च को पुलिस कमिश्नर में परिवाद दिया था। वहीं पुलिस कमिश्नर ने सदर बाजार थाना पुलिस को परिवाद भेजा था। जिसके बाद थाना अधिकारी सुरेश पोटलिया को जांच दी गई। इस मामले के मुताबिक सदर थाने के थानाधिकारी ने जांच एएसआई नंदकिशोर को सौंपी और थानाधिकारी और एएसआई ने मिलकर उससे 5 लाख रुपए की रिश्वत की डिमांड की।

    परिवादी ने शिकायत में बताया है कि वह थाने से ही रिश्वत मांगे जाने के बाद से परेशान चल रहा था। जिसके बाद उसने एसीबी को शिकायत की। एसीबी की टीम को पता चला कि एएसआई ने केस दर्ज करने के नाम पर 5 लाख की घूस की मांग की थी और एएसआई ने इसकी जानकारी थानाधिकारी को वॉट्सऐप कॉल के जरिए दी थी। वहीं एएसआई ने पीड़ित को पैसे देने के लिए सोजती गेट चौकी बुलाया जहां ऑफिस में एएसआई नंदकिशोर ने रिश्वत ली और इसी दौरान एसीबी की टीम ने दबिश देकर रंगे हाथों पकड़ लिया। वहीं इस दौरान एसएचओ चौकी में नहीं थे जिसके बाद रात को उन्हें घर से चौकी लाया गया और पूछताछ के बाद एएसआई और एसएचओ दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया।

    वहीं इस मामले में सदर बाजार थानाधिकारी सुरेश पोटलिया को गिरफ्तार किए जाने के बाद एसीबी टीम उन्हें घर से सोजती गेट चौकी लेकर आई जिस समय वह पुलिस की वर्दी में थे। जिसके बाद एसीबी ने पोटलिया की वर्दी उतरवाकर सिविल ड्रेस में उनसे पूछताछ की। वहीं अपने अंडर आने वाली चौकी में एसीबी के सामने आरोपी बनकर पूछताछ में शामिल पोटलिया कुछ देर में रोने भी लगे। एसीबी का कहना है कि एएसआई और एसएचओ के बीच लेनदेन को लेकर एक वॉट्सऐप कॉल की रिकॉर्डिंग उनके पास है जिसमें घूस के पैसे की बात की जा रही है।

  • फिर भूकंप के झटकों से हिल्ली धरती

    फिर भूकंप के झटकों से हिल्ली धरती

    नई दिल्ली: नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी के मुताबिक बुधवार दोपहर नई दिल्ली के निकट रिक्टर पैमाने पर 2.7 तीव्रता वाले भूकंप के झटके महसूस किए गए। एजेंसी के अनुसार, भूकंप का केंद्र नई दिल्ली से 17 किलोमीटर पश्चिम-उत्तरपश्चिम (WNW) में था। भूकंप भारतीय समयानुसार 4:42 PM बजे सतह से 5 किलोमीटर की गहराई में आया। बता दें कि भूकंप के ये झटके मंगलवार को आए झटके के मुकाबले काफी कमजोर थे।

  • नीतिन गडकरी को मारने की धमकी में बड़ा खुलासा, इस जेल से जुड़े तार!

    नीतिन गडकरी को मारने की धमकी में बड़ा खुलासा, इस जेल से जुड़े तार!

    नागपुर: केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी के नागपुर स्थित ऑरेंज सिटी के पास स्थित जनसंपर्क कार्यालय में मंगलवार (21 मार्च) को 3 बार कॉल करके जान से मारने की धमकी दी गई और 10 करोड़ रुपए की फिरौती मांगी गई। कॉल करने वाले ने अपना नाम जयेश पुजारी बताया था। कॉलर इस वक्त बेलगाम जेल में है। अब इस बेलगाम जेल से आए धमकी भरे कॉल का मंगलुरु कनेक्शन सामने आया है। फोन नंबर एक लड़की का है। नाम उसका रजिया है। कर्नाटक पुलिस ने उसे हिरासत में लिया है। नागपुर पुलिस उससे पूछताछ के लिए कर्नाटक रवाना हो चुकी है।

    रजिया को भी बेलगाम जेल से किया गया था फोन 

    धमकी देने से पहले रजिया को एक फोन आया था। इसमें उससे कहा गया कि मैं तुम्हारा नंबर एक काम के लिए दे रहा हूं। रजिया को फोन करने वाले शख्स ने भी अपना नाम जयेश पुजारी बताया था। पुलिस की जांच में यह भी साफ हो चुका है कि नितिन गडकरी के ऑफिस में धमकी देने के लिए बेलगाम की जेल से ही कॉल आया था और रजिया को किया गया फोन भी बेलगाम की जेल से किया गया था।

    फिलहाल रजिया नाम की महिला मंगलुरु के अस्पताल में एडमिट

    रजिया नाम की इस महिला का ऐंगल बीच में जुड़ जाने की वजह से यह केस उलझ गया है। इसे सुलझाने के लिए रजिया से पूछताछ जरूरी है। इस पूछताछ के लिए नागपुर पुलिस कर्नाटक के लिए निकल चुकी है। रजिया इस वक्त मंगलुरु के एक अस्पताल में एडमिट है। स्थानीय पुलिस उससे पूछताछ कर रही है।

    अनजान शख्स के खिलाफ नागपुर के धंतोली पुलिस स्टेशन में केस दर्ज

    इस दौरान अनजान शख्स के खिलाफ नागपुर पुलिस ने धंतोली पुलिस स्टेशन में फिरौती मांगने और धमकी देने का मामला दर्ज कर लिया है। बता दें कि गडकरी के कार्यालय में मंगलवार को सुबह 10.55, 11 और 11.55 बजे कॉल आया था। कॉलर का नाम जयेश पुजारी उर्फ जयेश कांथा है। उसने यह चेताया था कि इस कॉल का जिक्र पुलिस से ना किया जाए। उसने गूगल पे के जरिए 10 करोड़ की फिरौती की रकम जमा करने को कहा था। इससे पहले भी 14 जनवरी को गडकरी के कार्यालय में तीन बार इसी तरह की धमकियों वाले कॉल आए थे। उस वक्त भी उसने अपना नाम जयेश पुजारी ही बताया था और खुद को डी कंपनी का बताते हुए 100 करोड़ की फिरौती मांगी थी।

    बेलगाम और मंगलुरु का कनेक्शन पैदा कर रहा है कंफ्यूजन

    केस इस वजह से उलझा हुआ नजर आ रहा है कि धमकी भरा कॉल बेलगाम जेल से आया था। नंबर रजिया नाम की लड़की का इस्तेमाल किया गया। यह लड़की पहले से ही अपना इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती है। पुलिस को यह पता लगाना है कि बेलगाम और मंगलुरु का यह कनेक्शन क्या है?

    ऐसे जुड़ा रजिया का जयेश पुजारी से कनेक्शन

    रजिया एक मध्यमवर्ग के परिवार की लड़की है। वह इवेंट मैनेजमेंट का कोर्स कर रही है। रजिया का बॉय फ्रेंड बेलगाम जेल में बंद है। रजिया के बॉय फ्रेंड की जयेश पुजारी से दोस्ती हो गई। रजिया के बॉय फ्रेंड ने जयेश के मोबाइल से उसे कॉन्टैक्ट किया। इस तरह रजिया का मोबाइल नंबर बेलगाम जेल में बंद जयेश पुजारी के पास आ गया।

  • पटाखा फैक्ट्री में भीषण आग लगने से 8 की मौत, कई झुलसे

    कांचीपुरमः तमिलनाडु के कांचीपुरम जिले में बुधवार को एक पटाखा फैक्ट्री में भीषण आग लग गई। पटाखा फैक्ट्री में आग लगने से 8 लोगों की मौत हो गई है और कम से कम 15 लोग झुलस गए। घायलों को नजदीकी अस्पताल ले जाया गया है। सूचना मिलने के बाद आग पर काबू पाने के लिए फायर ब्रिगेड की गाडिय़ां पहुंच चुकी हैं। फिलहाल, आग पर काबू पाने की कोशिश जारी है। आग लगने के सही कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है।

    फायर ब्रिगेड और पुलिस राहत बचाव कार्य में जुटी

    मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, पटाखा फैक्ट्री कांचीपुरम से लगभग 10 किलोमीटर दूर वझाथोत्तम में स्थित है। दमकल अधिकारियों ने कहा कि पटाखा बनाने वाली इकाई के पास वैध लाइसेंस था। उधर, फायर ब्रिगेड के साथ कांचीपुरम जिला पुलिस घटनास्थल पर स्थानीय निवासियों के साथ घायल व्यक्तियों के बचाव में लगी हुई है।

  • सैलरी मांगने पर शख्स ने महिला को जड़े घूंसे, वीडियो हुआ वायरल

    सैलरी मांगने पर शख्स ने महिला को जड़े घूंसे, वीडियो हुआ वायरल

    पुणेः शहर में एक शख्स ने महिला सफाईकर्मी की बेरहमी से पिटाई कर दी। महिला ने शख्स से अपने तीन महीने के वेतन के लिए की मांग की थी जिसे आदमी ने मना कर दिया और इसके बाद उसके चेहरे पर कई बार मुक्के मारे। सीसीटीवी फुटेज में यह पूरी घटना कैद हो गई। पुलिस ने शिकायत दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

  • अमृतपाल सिंह को पकड़ने के लिए इस राज्य के गुरुद्वारों और होटलों में सर्च अभियान जारी

    अमृतपाल सिंह को पकड़ने के लिए इस राज्य के गुरुद्वारों और होटलों में सर्च अभियान जारी

    नई दिल्लीः खालिस्तान समर्थक अमृतपाल सिंह को पंजाब पुलिस अबतक गिरफ्तार नहीं कर पाई है। उसे पकड़ने के  लिए पुलिस ने 15 दिन पहले ही प्लान तैयार कर लिया था। इसके बावजूद पुलिस उसे पकड़ने में नाकामयाब रही। इस बीच अमृतपाल और उसके समर्थकों की तलाश में उत्तराखंड पुलिस ने भारत-नेपाल सीमा पर तलाशी अभियान तेज कर दिया है। अमृतपाल सिंह को पकड़ने के लिए पंजाब पुलिस की कई टीमें लगी हुई हैं।

    कहीं अमृतपाल और उसके समर्थक उत्तराखंड के रास्ते नेपाल सीमा में न घुस जाएं, इसको लेकर उत्तराखंड पुलिस इंडो-नेपाल बॉर्डर पर सर्च ऑपरेशन चला रही है। बीते मंगलवार को उधम सिंह नगर जिले में पुलिस ने गुरुद्वारों, होटलों और भारत-नेपाल सीमा पर इलाकों में अभियान चलाया। शहर के पुलिस अधीक्षक (SP) मनोज कत्याल ने एजेंसी को बताया कि पुलिस जिलेभर में इन अपराधियों की तलाश करती रही।

    उन्होंने बताया कि पंजाब के पुलिस अधिकारियों ने सूचना दी कि अमृतपाल सिंह और सहयोगी देश से भागने की कोशिश कर रहे हैं। इसको लेकर पुलिस ने उत्तराखंड में तलाशी अभियान शुरू किया। खुफिया एजेंसियां ​​भी स्थिति पर नजर रख रही हैं। पुलिस ने कहा कि भारत-नेपाल सीमा पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है ताकि वह यहां से नेपाल भाग न जाए। पुलिस ने स्थानीय निवासियों को सूचित करने के लिए अमृतपाल और उसके साथियों के पोस्टर भी लगाए हैं।

  • बड़ी ख़बरः इन्फ्लुएंजा वायरस के मामलों में 82 % बढ़ौतरी

    बड़ी ख़बरः इन्फ्लुएंजा वायरस के मामलों में 82 % बढ़ौतरी

    मुंबई: महाराष्ट्र में पिछले पांच दिनों में एच3एन2 (H3N2) के मामलों में 82 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है। सार्वजनिक स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों से पता चलता है कि 1 जनवरी से 15 मार्च तक, राज्य ने 119 एच3एन2 के मामले देखे। जबकि 19 मार्च तक मामलों की संख्या बढ़कर 217 हो गई। राज्य के सार्वजनिक स्वास्थ्य विभाग ने डेटा जारी किया जिसमें कहा गया है कि 1 जनवरी से महाराष्ट्र में 19 मार्च को एच3एन2 के 200 से अधिक मामले दर्ज किए। इस साल, राज्य में एच3एन2 के कारण एक संदिग्ध मौत भी हुई। 

    डॉक्टरों के मुताबिक, एक हफ्ते में मामलों की संख्या में काफी इजाफा हुआ है। मुंबई में एच3एन2 मामलों में वृद्धि के बारे में बात करते हुए भाटिया अस्पताल में आंतरिक चिकित्सा के सलाहकार डॉ. अभिषेक सुभाष ने कहा, “एच3एन2 मामलों में वृद्धि एक सप्ताह के लिए महत्वपूर्ण है, हालांकि यह एक महीने से चल रही है। डॉक्टर ने बताया कि इसमें योगदान कारक तापमान में उतार-चढ़ाव है जो फरवरी में असामान्य रूप से गर्म था और मार्च में बारिश थी। इससे इन्फ्लूएंजा वायरस अधिक पनपता है। 10 में से छह से सात मरीजों में फ्लू के लक्षण हैं। यह लगभग 60 प्रतिशत मामलों में होता है। डॉ सुभाष ने कहा कि पिछले 2-3 हफ्तों में कई गर्भवती महिलाएं फ्लू के लक्षणों के साथ आ रही हैं।

    एहतियाती उपायों के बारे में बात करते हुए, उन्होंने कहा, “जिन लोगों में फ्लू के लक्षण हैं, उन्हें दूसरों को फैलने से बचाने के लिए मास्क पहनना चाहिए। लोग विशेष रूप से जिन्हें ऑटोइम्यून विकार, मधुमेह, हृदय की समस्या, अंतर्निहित फेफड़ों की समस्याएं विशेष रूप से दमा, सीओपीडी, क्रोनिक किडनी रोग और कीमोथेरेपी से गुजरने वाले लोग, प्रत्यारोपण के रोगी और गर्भवती महिलाओं को मास्क पहनना चाहिए। बुजुर्ग लोगों और कॉमोरबिड स्थितियों वाले लोगों को इन्फ्लुएंजा टीकाकरण लेना चाहिए और अपने चिकित्सकों के साथ नियमित जांच के माध्यम से अपनी बीमारी को नियंत्रण में रखना चाहिए।

    आंकड़ों से यह भी पता चला कि इस साल 19 मार्च तक राज्य में एच1एन1 (स्वाइन फ्लू) के 407 मामले और तीन मौतें दर्ज की गईं। दिलचस्प बात यह है कि नेशनल सेंटर फॉर कम्युनिकेबल डिजीज (एनसीडीसी) के आंकड़ों से पता चलता है कि महाराष्ट्र में 28 फरवरी तक एच1एन1 के 170 मामले सामने आए और दो मौतें हुईं। महाराष्ट्र में स्वाइन फ्लू के मामले मार्च के महीने में बढ़े हैं।