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  • STF  ने कुख्यात गैंगस्टर अनिल दुजाना को एनकाउंटर में किया ढेर 

    STF ने कुख्यात गैंगस्टर अनिल दुजाना को एनकाउंटर में किया ढेर 

    नोएडाः गौतमबुद्ध नगर के कुख्यात गैंगस्टर अनिल दुजाना को उत्तर प्रदेश स्पेशल टास्क फोर्स ने मेरठ में मार गिराया है। शुरुआती जानकारी के मुताबिक मेरठ में यूपी एसटीएफ और अनिल दुजाना गैंग के बीच सीधी मुठभेड़ हुई। जिसमें अनिल दुजाना ढेर हो गया है। आपको बता दें कि अनिल दुजाना गौतमबुद्ध नगर, गाजियाबाद, दिल्ली-एनसीआर और हरियाणा में आतंक का पर्याय माना जाता था। करीब एक सप्ताह पहले वह जेल से रिहा हुआ था। जेल से रिहा होते ही उसने गौतमबुद्ध नगर में अपने खिलाफ गवाही दे रहे लोगों को धमकियां दी थीं।

    अनिल दुजाना गौतमबुद्ध नगर में दादरी क्षेत्र के दुजाना गांव का रहने वाला था। वह पिछले करीब 3 दशकों से जरायम की दुनिया में सक्रिय था। अनिल दुजाना पर गौतमबुद्ध नगर, गाजियाबाद और दिल्ली-एनसीआर के अलग-अलग जिलों में करीब 50 मुकदमे चल रहे हैं। जिनमें हत्या, हत्या का प्रयास, डकैती, लूटपाट, रंगदारी, जान से मारने की धमकी देने, बलवा, गुंडा एक्ट, गैंगस्टर अधिनियम और एनएसए के तहत मुक़दमे चल रहे हैं। मिली जानकारी के मुताबिक मेरठ में यूपी एसटीएफ और अनिल दुजाना बैंक के बीच सीधी मुठभेड़ हुई। जिसमें दोनों ओर से क्रॉस फायरिंग की गई। इसी दौरान कुख्यात अनिल दुजाना मारा गया है।

  • मौसम हुआ अतरंगी: मई में सावन-भादो जैसी बारिश के बाद छाया घना कोहरा, देखें वीडियो

    मौसम हुआ अतरंगी: मई में सावन-भादो जैसी बारिश के बाद छाया घना कोहरा, देखें वीडियो

    नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली का मौसम अतरंगी बना हुआ है। मई के महीने में सुबह जनवरी जैसा कोहरा देखने को मिल रहा है, तो दूसरी ओर हल्की धूप और फिर सावन की तरह खूब बारिश हो रही है। ठंडी हवाएं चल रही हैं। बारिश और ठंडी हवाओं से तापमान भी कम हो गया है। जिन दिनों में भीषण गर्मी पड़ती है, अब ठंड का अहसास हो रहा है। लोगों के घरों के एसी कूलत तो छोड़िए पंखे तक बंद हो गए हैं। मौसम विभाग का कहना है इस हफ्ते मौसम ऐसा ही बना रहेगा। दिल्ली में मई के शुरुआती तीन दिनों में पूरे महीने की औसत बारिश हो चुकी है। तेज बारिश से कई सड़कों पर पानी भर गया।

    सुबह धूप फिर दिनभर बारिश

    बुधवार की सुबह हल्की धूप खुली। लेकिन दोपहर होते होते एक बार फिर से पूरे आसमान में बादल छा गए। इसके बाद तेज बारिश हुई जो शाम तक जारी रही। शाम 5.30 बजे तक शहर के बेस स्टेशन सफदरजंग में नौ घंटों में 20.9 मिमी बारिश दर्ज की गई थी, जो इस साल की एक दिन में सबसे अधिक बारिश थी, जो 30 जनवरी को दर्ज की गई 20.4 मिमी बारिश को पार कर गई थी।

    कई जगहों पर जलभराव और जाम

    सफदरजंग में अब तक मई के पहले तीन दिनों में 36.9 मिमी बारिश हुई है, जो महीने की सामान्य बारिश 30.7 मिमी से अधिक है। शहर के कई अन्य हिस्सों में अधिक बारिश दर्ज की गई, जबकि कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि की भी खबर है। उत्तर पश्चिमी दिल्ली के पीतमपुरा में 55.5 मिमी, जबकि मुंगेशपुर में 31.5 मिमी और लोधी रोड में 24.6 मिमी बारिश दर्ज की गई। अधिकतम तापमान सामान्य से नौ डिग्री कम 30.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान सामान्य से पांच डिग्री कम 20.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। शहर के कुछ इलाकों में ट्रैफिक जाम और जलभराव की वजह से बारिश से यात्रियों को परेशानी हुई।

    आज से कम हो सकती है बारिश

    मौसम विभाग ने कहा कि दिल्ली में आज बारिश का सिलसिला थम सकता है। हालांकि शहर के कई हिस्सों में हल्की बारिश हो सकती है। मौसम विभाग के अधिकारियों ने कहा कि बारिश तेज पश्चिमी विक्षोभ के कारण हुई। पश्चिमी हिमालय पर एक मजबूत पश्चिमी विक्षोभ है और उत्तर-पूर्वी राजस्थान और इससे सटे दक्षिणी हरियाणा पर पर बादल बना रहा है। ये पूरे दिल्ली एनसीआर के मौसम को कवर करता है इसलिए इस क्षेत्र में लगातार तेज बारिश हो रही है। लेकिन आज बारिश से थोड़ी राहत मिलने के आसार हैं।

    7 मई को फिर होगी बारिश

    आईएमडी के मौसम वैज्ञानिक कुलदीप श्रीवास्तव ने कहा, एक या दो स्थानों पर बूंदाबांदी या बहुत हल्की बारिश हो सकता है, हालांकि आसमान साफ रहेगा। साथ ही अधिकतम तापमान में वृद्धि होगी। उन्होंने कहा कि तापमान धीरे-धीरे बढ़ेगा और अगले तीन-चार दिनों में अधिकतम तापमान में 4-5 डिग्री की वृद्धि हो सकती है। श्रीवास्तव ने कहा कि 7 मई के आसपास एक और पश्चिमी विक्षोभ संभव है, जो फिर से अधिकतम तापमान में 1-2 डिग्री की कमी ला सकता है।

  • बड़ी खबर: सेना का ध्रुव हेलीकॉप्टर हुआ दुर्घटनाग्रस्त, 3 लोग थे सवार

    बड़ी खबर: सेना का ध्रुव हेलीकॉप्टर हुआ दुर्घटनाग्रस्त, 3 लोग थे सवार

    किश्तवाड़ः जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले में मारवाह तहसील के मछना गांव के पास वीरवार को सेना का एक हेलिकॉप्टर दुर्घटनाग्रस्त हो गया। हादसे के वक्त हेलिकॉप्टर में तीन लोग सवार थे। सेना के अधिकारी की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक सेना का ALH ध्रुव हेलीकॉप्टर किश्तवाड़, जम्मू-कश्मीर के पास दुर्घटनाग्रस्त हो गया। पायलटों को चोटें आई हैं लेकिन वे सुरक्षित हैं। 

  • 8 जिलों में कर्फ्यू, 5 दिनों के लिए इंटरनेट सेवाएं बंद

    8 जिलों में कर्फ्यू, 5 दिनों के लिए इंटरनेट सेवाएं बंद

    इम्फाल: मणिपुर में हिंसक घटनाओं के बीच बुधवार को 5 दिनों के लिए इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी गईं हैं। हालांकि, ब्रॉडबैंड सेवाएं चालू हैं। दरअसल, मैतेई/मीतेई समुदाय को एससी श्रेणी में शामिल कराने की मांग के विरोध रैली का आयोजन हुआ था। इसके अतिरिक्त 8 जिलों में कर्फ्यू लगाया गया है। अधिकारी ने बुधवार को यह जानकारी दी। बकौल एजेंसी मणिपुर सरकार के मुताबिक, युवाओं और विभिन्न समुदायों के स्वयंसेवकों के बीच मारपीट की घटनाओं के बाद राज्य में 5 दिनों के लिए इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी गई हैं, क्योंकि ऑल ट्राइबल स्टूडेंट्स यूनियन मणिपुर (ATSUM) द्वारा मैतेई/मीतेई को एसटी श्रेणी में शामिल करने की मांग के विरोध में एक रैली का आयोजन किया गया था।

    एटीएसयूएम ने कहा कि मैतेई समुदाय को एसटी श्रेणी में शामिल करने की मांग जोर पकड़ रही है, जिसके खिलाफ उसने मार्च आहूत किया। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा कि रैली में हजारों आंदोलनकारियों ने हिस्सा लिया और इस दौरान तोरबंग इलाके में आदिवासियों और गैर-आदिवासियों के बीच हिंसा की खबरें आईं। अधिकारी ने बताया कि भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के गोले दागे।

    उन्होंने कहा कि स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है लेकिन कई आंदोलनकारी पहाड़ियों के विभिन्न हिस्सों में अपने घरों को लौटने लगे हैं। उन्होंने कहा कि स्थिति को देखते हुए गैर-आदिवासी बहुल इंफाल पश्चिम, काकचिंग, थौबल, जिरिबाम और बिष्णुपुर जिलों और आदिवासी बहुल चुराचांदपुर, कांगपोकपी और तेंगनौपाल जिलों में कर्फ्यू लगा दिया गया

    है।

  • जंतर मंतर पर धरना लगाए बैठे पहलवानों और पुलिस के बीच हुई झड़प, देखें विडियो

    जंतर मंतर पर धरना लगाए बैठे पहलवानों और पुलिस के बीच हुई झड़प, देखें विडियो

    नई दिल्ली : दिल्ली के जंतर-मंतर पर बैठे देश के लिए पदक जीत चुके पहलवानों की बुधवार रात दिल्ली पुलिस के साथ झड़प होने की खबर है। अब तक मिली जानकारी के मुताबिक, पहलवानों ने आरोप लगाया है कि दिल्ली पुलिस के कुछ जवानों ने नशे की हालत में धरनास्थल पर पहुंचकर महिला पहलवानों पर अभद्र टिप्पणी की है। खासतौर पर राष्ट्रमंडल खेल विजेता विनेश फोगाट को गाली देने का आरोप है। पहलवानों और उनके समर्थकों ने इसका विरोध किया तो दोनों तरफ से झड़प हो गई। जंतर-मंतर पर हुए इस हंगामे की कुछ वीडियो भी सोशल मीडिया पर सामने आई है।

    महिला पहलवान संगीता फोगाट ने पूरा हंगामा अपने सोशल मीडिया पेज से लाइव सभी लोगों के साथ शेयर किया। इस दौरान कुछ पहलवानों ने मीडिया को भी ऑडियो मैसेज भेजे, जिनमें हंगामे की आवाज जोरदार तरीके से आ रही है। इसके बाद सोशल मीडिया पर दिल्ली वासियों को जंतर-मंतर पहुंचकर पहलवानों की मदद करने के मैसेज तेजी से सर्कुलेट होने लगे. देर रात तक हंगामा जारी था।

  • 12 वर्षीय बच्चे पर आवारा कुत्तों के झुंड ने किया हमला, मौत

    12 वर्षीय बच्चे पर आवारा कुत्तों के झुंड ने किया हमला, मौत

    बरेली: यूपी के बरेली जनपद में गर्मी बढ़ने के साथ ही आवारा हिंसक कुत्तों का आतंक देखने को मिल रहा है। ताजा मामले में कुत्तों के झुंड ने एक 12 साल के बच्चे को नोच नोच कर मार डाला, दूसरा बच्चा गंभीर रूप से घायल है। कुत्तों ने उसे कई जगहों से नोचा है, जिसकी वजह से उसकी हालत गंभीर बनी हुई है। जनपद बरेली में पिछले 2 महीनों में इस तरीके की कई घटनाएं सामने आ चुकी हैं। बावजूद इसके नगर निगम के अधिकारी लापरवाह बने हुए हैं।

    बरेली जनपद के सीबीगंज थाना क्षेत्र के खना गौटिया में 12 साल के अयान पर आवारा कुत्तों ने हमला कर दिया। हमले में घायल हुए बच्चे की मौत हो गई। मृतक बच्चा ईदगाह के पास 5 अन्य बच्चों के साथ खेल रहे था। अचानक कई कुत्तों के झुंड ने बच्चों पर हमला कर दिया। कुछ बच्चे तो भाग गए, लेकिन अयान को कुत्तों ने नोच नोच कर मौत में घाट उतार दिया। वहीं बच्चे रोते हुए आम के पेड़ पर चढ़ गए। उनकी चीख-पुकार सुनकर आसपास के ग्रामीण मदद को दौड़े।

    तब तक कुत्ते अयान के शरीर से कई जगह मांस नोच चुके थे। वहीं आवारा कुत्तों के झुंड ने 5 साल के अर्श पर हमला कर दिया। अर्श जब घर के बाहर खेल रहा था, उस समय कुत्तों ने हमला किया। अर्श के रोने की आवाज सुनकर पिता मुस्तकीम लाठी से उन्हें भगाया। कुत्तों ने अर्श के सिर, सीने, हाथ-पैर से कई जगह मांस नोच लिया था। अर्श फिलहाल अस्पताल में भर्ती है। गांव में दो घटनाएं होने से ग्रामीणों ने बच्चों को घर से निकलना बंद कर दिया।

    लाठियां लेकर गलियों में पहरेदारी की जा रही। बरेली आईवीआरआई के वैज्ञानिक वैज्ञानिक डॉ अभिजीत पावड़े बताते है कि भूखे कुत्ते इस तरह हमला करते हैं। जो प्रतिदिन मांस के आदी होते है वो इस तरह से हमला करते है। नगर आयुक्त निधि गुप्ता वत्स ने बताया कि कुत्तों को पकड़ने का अभियान चलाकर उनका बधियाकरण कराया जाए।

  • 80 रुपए ना देने पर महिला ने चाकू से काट दिया व्यक्ति का प्राइवेट पार्ट, चौकाने वाला हुआ खुलासा 

    80 रुपए ना देने पर महिला ने चाकू से काट दिया व्यक्ति का प्राइवेट पार्ट, चौकाने वाला हुआ खुलासा 

    नई दिल्लीः आज के समय में पैसों के लिए लोग कुछ भी कर देते हैं। बाप बड़ा ना भैया, सबसे बड़ा रुपैया का कांसेप्ट आज के समय में काफी ज्यादा देखने को मिलता है। जिसे जहां मौका मिलता है वहां पैसों के लिए क्राइम करने से पीछे नहीं हटता। ऐसे में जरा उस महिला के बारे में सोचिये, जो इतनी गरीब है कि पैसों के लिए उसे जिस्म बेचना पड़ रहा है। जिस्म बेचने के बाद जब कस्टमर उसके पैसे देने से इंकार कर दे तो गुस्सा आना जायज है। इसी गुस्से में एक महिला ने शख्स का प्राइवेट पार्ट ही काट दिया।

    मामला अफ्रीका के मलावी का है। यहां एक शख्स ने महिला को अस्सी रुपये देने से इंकार कर दिया था। इसके बाद प्रॉस्टिट्यूट को गुस्सा आ गया और उसने चाकू से शख्स पर अटैक कर उसका प्राइवेट पार्ट ही काट दिया। पुलिस ने बताया कि महिला को अरेस्ट कर लिया गया है और उसपर गंभीर चार्जेस लगाए गए हैं। मामले के बारे में न्यूज साइट मलावी ने जानकारी दी। बताया जा रहा है कि महिला का नाम पैट्रिसिया विसन है।

    मामला मलावी के मंकी बे का है। मंकी बे पुलिस के प्रवक्ता ऐलिस सिचाली ने बताया कि ये घटना 28 अप्रैल की है। पैट्रिसिया इस शख्स से रात को मिली और दोनों के बीच पैसों के लिए संबंध बनाने का एग्रीमेंट हुआ। ये डील अस्सी रुपए में फ़ाइनल हुई। इसके बाद दोनों शख्स के घर आ गए। यहां एक घंटे के बाद जब पैट्रिशिया ने अपने हक़ के पैसे मांगे तो शख्स ने देने से इंकार कर दिया। इस बात से गुस्साई पैट्रिसिया ने चाकू उठाकर शख्स का प्राइवेट पार्ट ही काट डाला।

    पहुंचा अस्पताल

    शख्स की चीख सुनकर पड़ोसी मौके पर आ गए। इसके बाद शख्स को तुरंत मंकी बे कम्युनिटी अस्पताल में ले जाया गया। यहां डॉक्टर्स ने उसे आईसीयू में एडमिट कर लिया। मलावी २४ की रिपोर्ट के मुताबिक़, महिला को भी अरेस्ट कर लिया गया है और उसपर सीरियस चार्जेस लगाए गए हैं। महिला का कहना है कि उसने ये हमला अपने हक़ के पैसों के लिए किया था, जिसे उसके कस्टमर ने देने से इंकार कर दिया था।

  • साल के पहले Cyclone Mocha को लेकर IMD ने जारी किया अलर्ट 

    साल के पहले Cyclone Mocha को लेकर IMD ने जारी किया अलर्ट 

    नई दिल्ली: देश के विभिन्न हिस्सों में जारी बेमौसम बारिश के बीच अब साल 2023 के पहले चक्रवात को लेकर मौसम विभाग (IMD) ने अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के मुताबिक, 6 मई के आसपास दक्षिण-पूर्व बंगाल की खाड़ी के ऊपर एक चक्रवात बनने की आशंका है। चक्रवात को मोका नाम दिया गया है। मौसम विभाग के मुताबिक, चक्रवात के कारण कम वायु दबाव का क्षेत्र विकसित होने की संभावना है। इसका सबसे ज्यादा असर ओडिशा में होने की आशंका है। मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने अधिकारियों से किसी भी घटना के लिए तैयार रहने को कहा है।

    इस चक्रवाती तूफान का असर पूर्वी भारत से लेकर बांग्लादेश और म्यांमार तक रहने के आसार हैं। पूर्वी भारत के राज्यों में भी चेतावनी जारी की गई है। इस बीच, मई महीने में जहां भीषण गर्मी से धरती तप रही होती है और लू कहर ढाती है, सोमवार को बरसात जैसा मौसम रहा। राजधानी दिल्ली, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, राजस्थान, गुजरात, हरियाणा व पंजाब समेत उत्तर भारत के ज्यादातर हिस्सों में कहीं तेज तो कहीं हल्की बारिश हुई। इस वजह से दिल्ली और आसपास के इलाकों में शाम के समय तापमान काफी गिर गया।

    मौसम विभाग के अनुसार, अगले तीन दिन कमोबेश ऐसी ही स्थिति रहेगी। बेमौसम की बरसात ने फसलों को काफी नुकसान पहुंचाया है। कृषि विज्ञानियों का कहना है कि इसका खेतीबाड़ी पर असर पड़ेगा। स्काईमेट वेदर के उपाध्यक्ष (मौसम विज्ञान व जलवायु परिवर्तन) महेश पलावत ने बताया कि देश के ज्यादातर हिस्सों में हो रही वर्षा के तीन प्रमुख कारण हैं। पहला, पहाड़ों पर पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय है। दूसरा, हरियाणा के ऊपर साइक्लोनिक सर्कुलेशन बना हुआ है। तीसरा कारण, एक अक्षीय रेखा का दक्षिण पूर्वी उत्तर प्रदेश से होते हुए दक्षिण भारत की ओर बढ़ना है। इन तीनों स्थितियों के कारण बरसात का कारण बन गया है।

  • वरिष्ठ पत्रकार रवीश कुमार के घर छाया मातम

    वरिष्ठ पत्रकार रवीश कुमार के घर छाया मातम

    नई दिल्लीः वरिष्ठ पत्रकार रवीश कुमार की मां यशोदा पाण्डेय का मंगलवार को निधन हो गया है। वह लंबे समय से बीमार चल रही थीं। रवीश कुमार की मां के निधन का समाचार फैलते ही तमाम लोग उन्हें अपनी श्रद्धांजलि दे रहे हैं। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने भी एक ट्वीट कर रवीश कुमार की मां के निधन पर शोक जताया है।

    अपने ट्वीट में नीतीश कुमार ने लिखा है, ‘वरिष्ठ पत्रकार श्री रवीश कुमार जी की माता जी यशोदा पाण्डेय जी का निधन दुःखद। वे एक सामाजिक और धर्मपरायण महिला थीं। दिवंगत आत्मा की चिर शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना है।’ छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने भी रवीश कुमार की मां के निधन पर दुख जताते हुए उन्हें अपनी श्रद्धांजलि दी है।

    अपने ट्वीट में भूपेश बघेल ने लिखा है, ‘ वरिष्ठ पत्रकार श्री रवीश कुमार जी की पूज्य माता जी के निधन का दुखद समाचार मिला। ईश्वर उनकी आत्मा को शांति एवं समस्त परिवार को दुःख सहने की शक्ति दे। ॐ शांति:’ बता दें कि मूल रूप से मोतिहारी (बिहार) के रहने वाले रवीश कुमार इन दिनों विदेश दौरे पर हैं। कल ही उन्होंने यूट्यूब पर एक वीडियो डाली थी, जिसमें बताया था कि वह बेल्जियम की राजधानी ब्रसल्स में हैं।

    वहीं, मां के निधन का समाचार सुनने के बाद रवीश कुमार ने सोशल मीडिया पर एक भावुक पोस्ट शेयर की है।

  • अनिश्चितकाल हड़ताल पर गए 10 हजार डॉक्टर, दी ये चेतावनी

    अनिश्चितकाल हड़ताल पर गए 10 हजार डॉक्टर, दी ये चेतावनी

    भोपाल: मध्‍य प्रदेश के सरकारी अस्पतालों के 10 हजार से ज्यादा डाक्टर आज से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए हैं। उन्होंने इमरजेंसी सेवा, पोस्टमार्टम भी नहीं करने की चेतावनी दी है। इससे अस्पतालों में स्‍वास्‍थ्‍य सेवाएं प्रभावित हुई हैं। हालांकि प्रशासन मरीजों की सहूलियत के लिए वैकल्‍पिक इंतजाम करने में जुटा है। राजधानी भोपाल के हमीदिया अस्‍पताल की ओपीडी में रोज की अपेक्षा कम मरीज पहुंचे हैं। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की मंगलवार देर रात बैठक के दौरान दिए गए निर्देशों के बाद भोपाल संभागायुक्‍त माल सिंह और कलेक्टर आशीष सिंह स्वास्थ्य व्यवस्था को बेहतर ढंग से सुचारू बनाए रखने के लिए बुधवार सुबह से ही मोर्चा संभाल लिया है। बुधवार सुबह हमीदिया अस्पताल, कमला नेहरू चिकित्सालय पहुंचे और ओपीडी सेवाओं, सोनोग्राफी सेवाओं की व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। मरीजों से मिलकर उनका हालचाल भी जाना। कलेक्‍टर ने कहा कि सभी सेवाएं सुचारू रूप से अस्पतालों में संचालित हो रही है।

    मरीजों के इलाज के लिए मुख्यमंत्री के निर्देशाअनुसार हमीदिया अस्पताल में 150 निजी डॉक्टर की व्यवस्था कर ली गई है। इसके अतिरिक्त चिरायु, आरकेडीएफ, जेके अस्पताल आदि में अतिरिक्त 1500 बेड की व्यवस्था की गई है। आपात स्थिति में मरीजों को आवश्यकता होने पर निजी अस्पतालों में शिफ्ट किया जा सकेगा और उनका इलाज मध्यप्रदेश शासन निश्‍शुल्क करवाएगा। वहीं मिसरोद के प्राथमिक स्‍वास्‍थ्‍य केंद्र पर डाक्‍टरों की हड़ताल का नोटिस लगा है, लेकिन दवाएं मिल रही हैं। यहां पर डॉक्टर अक्षय जैन और डॉक्टर कामयानी मिश्रा मिले। प्रभारी डॉक्टर जैन बोले, हड़ताल तो है पर आमजन क्यों परेशान हो इसलिए मरीजों को दवाएं दे रहे हैं। पर्चे भी बन रहे हैं 120 की ओपीडी है, सामान्य कुछ कम मरीज आ रहे हैं, पर सबको इलाज मिल रहा है।

    यहां इलाज कराने आईं मरीज कुमुदनी बाई बोली दवाएं लिखी हैं, मिल गई। एक ट्यूब नहीं मिला है। विदिशा में भी डाक्‍टरों की हड़ताल का असर देखने को मिला है। अटल बिहारी वाजपेई मेडिकल कालेज और स्व श्रीमंत माधवराव सिंधिया जिला अस्पताल के डाक्टरों की हड़ताल से जिला अस्पताल खाली हो गया है। मंगलवार तक जहां जिला अस्पताल में 300 से अधिक मरीज भर्ती थे, बुधवार की सुबह 250 से अधिक मरीजों की छुट्टी कर दी गई है तो कुछ हड़ताल की जानकारी मिलते ही स्वयं चलते बने।

    गौरतलब है कि चिकित्सक महासंघ के पदाधिकारियों की मंगलवार को गृह मंत्री डा.नरोत्तम मिश्रा, चिकित्सा शिक्षा मंत्री विश्वास सारंग और स्वास्थ्य मंत्री डा. प्रभुराम चौधरी सहित अधिकारियों के साथ बैठक हुई, पर कोई हल नहीं निकला। आंदोलन को देखते हुए स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग ने वैकल्पिक व्यवस्था की है। इस दौरान निजी मेडिकल कालेज और नर्सिंग होम्स की मदद ली जा रही है । जरूरत पर सरकारी मेडिकल कालेजों से संबद्ध अस्पतालों के गंभीर रोगियों को निजी मेडिकल कालेजों में भेजा जाएगा। बता दें कि चिकित्सक महासंघ की सबसे प्रमुख मांग डायनमिक एश्योर्ड करियर प्रोग्रेसिव स्कीम (डीएसीपी) है। इसके अंतर्गत डाक्टरों को तय समय पर एक वेतनमान देने की मांग है। प्रदेश में पहली बार स्वास्थ्य, चिकित्सा शिक्षा विभाग के डाक्टरों के अलावा जूनियर डाक्टर भी हड़ताल में शामिल हो रहे हैं। इससे सबसे ज्यादा दिक्कत गंभीर रोगियों को होगी।

    यह हैं प्रमुख मांगें

    • केंद्र, बिहार एवं अन्य राज्यों की तरह प्रदेश के चिकित्सकों हेतु डीएसीपी का प्रविधान। इससे राज्य सरकार पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ भी नहीं आएगा।
    • स्वास्थ्य विभाग, चिकित्सा शिक्षा विभाग एवं बीमा अस्पताल (ईएसआइ) की विसंगतियां दूर हों।
    • चिकित्सकीय विभागों में तकनीकी विषयों पर प्रशासनिक अधिकारियों का हस्तक्षेप खत्म किया जाए। -राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत कार्यरत संविदा चिकित्सकों (एमबीबीएस) की मप्र लोक सेवा आयोग के माध्यम से की जाने चयन प्रक्रिया में प्राथमिकता दी जाए।
    • एमबीबीएस के बाद ग्रामीण सेवा बांड राशि व शिक्षण शुल्क जो कि देश में सर्वाधिक है को कम किया जाए।
    • विभाग में कार्यरत समस्त बंधपत्र चिकित्सकों का वेतन समकक्ष संविदा चिकित्सकों के समतुल्य करना।

    इनका कहना है

    आयुक्त चिकित्सा शिक्षा जान किंग्सले का कहना है कि सरकारी सेवा में रहते हुए पीजी के लिए आने वाले जूनियर डाक्टर, इंटर्न डाक्टर काम करेंगे। निजी मेडिकल कालेज के डाक्टरों को बुलाया जाएगा। आवश्यकता के अनुसार रोगियों को निजी मेडिकल कालेजों में भी भेजेंगे। नर्सिंग होम्स की सेवाएं ली जाएंगी। बंधपत्र वाले चिकित्सकों ने आंदोलन किया तो उनकी बंधपत्र की अवधि अधूरी मानी जाएगी।