Category: Himachal

  • अब एक और बस हुई हादसाग्रस्त, 6 लोग घायल

    अब एक और बस हुई हादसाग्रस्त, 6 लोग घायल

    मंडीः हिमाचल में अब एक और बस हादसाग्रस्त हो गई। हालांकि बीते दिन लैंडस्लाइड होने के बाद पहाड़ो का मलबा बस गिरने से बस में कई यात्रियों की मौत हो गई थी। वहीं आज कुल्लू से शिमला जा रही एक एचआरटीसी बस हादसे का शिकार हो गई। मिली जानकारी के अनुसार औट टनल के भीतर बस हादसे का शिकार हुई है। दरअसल, जैसे ही बस टनल के बीच पहुंची चालक ने नियंत्रण खो दिया और बस सामने खड़े ट्रक से जा टकराई।

    टक्कर इतनी जोरदार थी कि बस और ट्रक दोनों को नुकसान पहुंचा। इस घटना में 6 लोग घायल हो गए। घायल में राम दयाल भड़ोल, ज्योति प्रकाश पधर, खरनु राम बालीचौकी, चालक राजीव बिलासपुर, ट्रक ड्राइवर अमर सिंह करसोग) और रमेश लाल भुंतर शामिल हैं। सभी घायलों को तुरंत सिविल अस्पताल नगवाईं पहुंचाया गया, जहां उनका उपचार चल रहा है। फिलहाल सभी की हालत स्थिर बताई जा रही है।

    एसपी मंडी साक्षी वर्मा ने बताया कि मामले को लेकर थाना औट में अभियोग दर्ज कर लिया गया है। हादसे के चलते टनल के भीतर कुछ देर तक यातायात प्रभावित रहा, जिसे बाद में बहाल कर दिया गया। सूचना मिलते ही पुलिस थाना औट की टीम मौके पर पहुंची और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। पुलिस ने घटना के संबंध में मामला दर्ज कर लिया है और आगामी जांच जारी है।

  • लैंडस्लाइड से बस की छत पर गिरा मलबा, 15 की मौत, PM मोदी , CM सुक्खू और राष्ट्रपति मुर्मू ने जताया शोक, देखें वीडियो

    लैंडस्लाइड से बस की छत पर गिरा मलबा, 15 की मौत, PM मोदी , CM सुक्खू और राष्ट्रपति मुर्मू ने जताया शोक, देखें वीडियो

    मरने वालों में 4 एक ही परिवार के लोग

    बिलासपुर: हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर जिले के भल्लू में लैंडस्लाइड के बाद बस पर मलबा गिरने से 15 लोगों की मौत हो गई। मरने वालों में एक ही परिवार के 4 सदस्य भी शामिल है। दरअसल, जिले के झंडूता के बरठीं के पास बालूघाट में भल्लू पुल के नजदीक एक निजी बस भूस्खलन (लैंडस्लाइड) की चपेट में आ गई। हादसे के समय बस में 18 यात्री सवार थे और यह मरोतन से घुमारवीं जा रही थी। जिस समय हादसा हुआ उस वक्त इस क्षेत्र में रुक-रुककर बारिश हो रही थी। जानकारी के अनुसार, अब तक मलबे से 15 शव बरामद किए गए हैं और 2 बच्चों को बचाकर अस्पताल भेजा गया है। वहीं एक बच्चा लापता बताया जा रहा है। अधिकारियों ने बताया कि पुलिस और जिला प्रशासन के अधिकारी मौके पर मौजूद हैं और बचाव कार्य जारी है। इस हादसे में जान गंवाने वालों में चार लोग एक ही परिवार से है। इनमें अंजना पत्नी विपिन कुमार, उनके दो बच्चे 7 साल का नक्श और चार साल का आरव शामिल है। इसके अलावा विपिन के भाई राजकुमार की धर्मपत्नी कमलेश कुमारी की मौत हो गई। यह सभी मंगलवार सुबह ही घर से कैंची मोड़ स्थित अपने रिश्तेदार के यहां गए थे। रिश्तेदारी में एक समारोह था। वहां समारोह में शरीक होकर वापस आ रहे थे। पुलिस और स्थानीय लोगों ने मलबे से सबसे पहले दो बच्चों आरुषि (10) और शौर्य (8) को निकालकर अस्पताल में भर्ती कराया। हादसे में इन बच्चों की मां और दो चचेरे भाई और उनकी मां की माैत हो गई है। बस में सवार ज्यादातर लोग स्थानीय थे। देर रात तक मलबे और चट्टानों को जेसीबी से हटाने का काम जारी था। एनडीआरएफ की टीम भी मौके पर पहुंच गई थी। पुलिस के अनुसार हादसे में चालक और परिचालक की भी मौत हो गई है। एसडीएम घुमारवीं गौरव चौधरी ने कहा कि बस को निकाल लिया गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर जिले में हुई दुर्घटना में जनहानि पर गहरा दुख व्यक्त किया है। प्रधानमंत्री ने शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना प्रकट की है और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की है। प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से जारी बयान के अनुसार, प्रधानमंत्री ने प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष (PMNRF) से मृतकों के परिजनों को दो-दो लाख रुपये और घायलों को 50-50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है। प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर कहा, “हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर में हुए हादसे से दुखी हूं। जिन लोगों ने अपने प्रियजनों को खोया है, उनके प्रति संवेदना व्यक्त करता हूं। ईश्वर घायलों को जल्द स्वस्थ करें।” एक्स पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने लिखा, हिमाचल प्रदेश में भूस्खलन के कारण हुई बस दुर्घटना में कई लोगों की मृत्यु का समाचार अत्यंत दुखद है। अपने प्रियजनों को खोने वाले परिवारों के प्रति मैं संवेदना व्यक्त करती हूं और घायल हुए लोगों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करती हूं। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर में भूस्खलन के कारण हुए बस हादसे से मन अत्यंत दुखी है। एनडीआरएफ की टीमें घटना स्थल पर पहुंच चुकी हैं और बचाव कार्य में लगीं हैं। इस हादसे में जिन लोगों ने अपनों को खोया है, उनके प्रति संवेदनाएं व्यक्त करता हूं। साथ ही, घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूं। दुर्घटनाग्रस्त पर मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने मृतकों के प्रति संवेदना प्रकट करते हुए दिवंगत आत्माओं की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना की है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार इस कठिन समय में प्रभावित परिवारों के साथ पूरी मज़बूती से खड़ी है और उन्हें हर संभव सहायता प्रदान की जाएगी।
  • बारिश के बाद बर्फबारी से हुई बडंक, CM ने जलवायु परिवर्तन पर ज़ाहिर की चिंता, देखें वीडियो

    बारिश के बाद बर्फबारी से हुई बडंक, CM ने जलवायु परिवर्तन पर ज़ाहिर की चिंता, देखें वीडियो

    चंबाः हिमाचल प्रदेश में बर्फबारी और बारिश से ठंड में इजाफा हो गया है। प्रदेश के निचले हिस्सो में बारिश जबकि उच्च पर्वतीय क्षेत्रों में बर्फबारी हो रही है। बर्फबारी के चलते तापमान में काफी गिरवाट दर्ज की जा रही है। जिससे ठंड में इजाफा हो गया है। प्रदेश में आगामी 2 दिन भी मौसम खराब रहेगा और कांगड़ा चंबा में भारी बारिश को लेकर मौसम विभाग ने ऑरेंज अलर्ट जारी किया है राजधानी शिमला सहित अधिकतर क्षेत्रों में आज सुबह से ही बारिश हो रही है।

    अक्टूबर महीने में शुरुआत में जहां काफी कम बारिश या बर्फबारी देखने को मिलती थी, लेकिन इस बार अक्टूबर महीने के शुरुआत के 5 दिन में ही 18 मिलीलीटर बारिश ज्यादा हुई है। मौसम वैज्ञानिक शोभित कटयाल ने कहा कि प्रदेश में पश्चिमी विकशॉप सक्रिय होने से बारिश और बर्फबारी का दौर शुरू हो गया है। बीते दिन कांगड़ा चंबा में सबसे अधिक बारिश रिकॉर्ड की गई, जबकि लाहुल स्पीति में भी बर्फबारी हुई है।

    उन्होंने कहा कि प्रदेश में बारिश और बर्फबारी होने से तापमान में 3 से 4 डिग्री तक की कमी आई है। जबकि कुछ हिस्सों में 5 से 7 डिग्री तक तापमान कम हुए है। प्रदेश में 8 अक्टूबर तक बारिश के दौरान जारी रहेगा जबकि 9 अक्टूबर से मौसम बिल्कुल साफ होने की आशंका है। उन्होंने कहा कि अक्टूबर महीने में ज्यादा बारिश नहीं होती है लेकिन एक से पांच अक्टूबर के बीच प्रदेश में 5 मिलीलीटर तक बारिश होती थी लेकिन इस दौरान 18 मिलीलीटर बारिश हुई है जोकि 244 मिलीलीटर ज्यादा है।

    दूसरी ओर हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने राज्य में जल्द सर्दी के आगमन को लेकर भी चिंता ज़ाहिर की। मुख्यमंत्री ने कहा कि जलवायु परिवर्तन का असर फ़िलहाल हिमाचल झेल रहा है। वह पहले ही इस संबंध में केंद्र सरकार से भी बात कर चुके हैं। वहीं काफी तादात में पर्यटक भी इन दोनों शिमला में घूमने पहुंचे हैं। बारिश और बर्फ़बारी होने से ठंड में इजाफा हुआ है। शिमला के रिज मैदान और माल रोड पर पर्यटक ठंडे मौसम का लुत्फ उठाते हुए नजर आ रहे हैं। पर्यटकों का कहना है कि वह शिमला घूमने आए थे और यहां पर मौसम काफी ज्यादा ठंडा हो चुका है।

  • मौसम में बड़ा बदलावः अक्टूबर में ही शुरू हुई बर्फबारी, बारिश का अलर्ट जारी, देखें वीडियो

    मौसम में बड़ा बदलावः अक्टूबर में ही शुरू हुई बर्फबारी, बारिश का अलर्ट जारी, देखें वीडियो

    शिमलाः हिमाचल प्रदेश में मौसम ने फिर से करवट ले ली। राज्य के कई इलाकों में तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। वहीं लाहौल-स्पीति, कुल्लू और चंबा के ऊंचाई वाले इलाकों में ताजा बर्फबारी हो रही है। लाहौल स्पीति के नीचले इलाकों में बर्फबारी होने लगी है, जो कि मौसम में बदलाव का बड़ा संकेत है। अक्टूबर के महीने में इस तरह की बर्फबारी आम बात बिल्कुल नहीं है। लाहौल-स्पीति में रोहतांग दर्रा, बारालाचा और धौलाधार रेंज पर इस सीजन की पहली बर्फबारी दर्ज हुई है।

    ਪੰਜਾਬੀ ਵਿੱਚ ਪੜ੍ਹੋ:

    Heavy Snowfall Paralyzes Traffic in Himachal; Rohtang Pass Closed, Apple Crops Damaged in Lahul Valley

    अटल टनल के नॉर्थ पोर्टल और त्रिलोकनाथ घाटी सुबह बर्फ से ढकी हुई बेहद खूबसूरत नजर आई। सोमवार सुबह दस बजे मंडी, शिमला सहित प्रदेश के अन्य इलाकों में बारिश हो रही है। शिमला मौसम केंद्र ने 8 जिलों में भारी बारिश और बर्फबारी को लेकर अलर्ट भी जारी कर दिया है। इससे प्रदेश में ठंड काफी बढ़ गई है और तापमान 7 से 8 डिग्री तक नीचे चला गया है। आने वाले दिनों में अचानक ठंड बढ़ने की संभावनाएं जताई जा रही है। प्रदेश के कुल्लू के ऊपरी इलाके, कांगड़ा की धौलाधार रैंज, चंबा के मणिमहेश और किन्नौर के किन्नर कैलाश सहित ऊंचाई वाले इलाकों में चोटियों पर ताजा हिमपात से शीतलहर का एहसास हो रहा है।

    मौसम विभाग के शिमला केंद्र के अनुसार, हिमाचल में सोमवार को एक-दो स्थानों पर भारी बारिश और कई इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी की संभावना जताई गई है। वहीं, कुछ स्थानों पर हल्की आंधी और बिजली गिरने का भी पूर्वानुमान है। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि कुछ क्षेत्रों में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। राजधानी शिमला में भी हल्की बारिश दर्ज की गई, जिससे ठंड में इजाफा हुआ है और लोगों ने गर्म कपड़े निकाल लिए हैं।

  • रामलीला मंच पर दशरथ का किरदार निभा रहे कलाकार की Heart Attack से मौत, वीडियो वायरल

    रामलीला मंच पर दशरथ का किरदार निभा रहे कलाकार की Heart Attack से मौत, वीडियो वायरल

    चंबा: आजकल हार्ट अटैक के मामले बढ़ते जा रहे हैं। खासतौर पर देखने पर आया है कि लोग बिल्कुल सही सलामत नजर आ रहे होते हैं और अगले ही पल दिल का दौरा पड़ने से उनकी अचानक मौत हो जाती है। ऐसा ही एक मामला चंबा जिले से भी सामने आया है।जहां जिले के ऐतिहासिक चौगान मैदान में रामलीला मंचन के दौरान ऐसा दर्दनाक हादसा हुआ, जिसने हर किसी की आंखें नम कर दीं। 73 वर्षीय वरिष्ठ कलाकार अमरेश महाजन उर्फ़ शिबू, जो पिछले चार दशकों से रामलीला में अपने अभिनय से दर्शकों का मन मोहते रहे, अचानक मंच पर गिर पड़े और हमेशा के लिए जीवन का मंच छोड़ गए। करीब रात 8:30 बजे का समय था।

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    https://encounternewspaper.com/india/artist-dies-of-heart-attack-on-stage-during-ramlila-in-chamba/

    मंच पर दशरथ दरबार का दृश्य चल रहा था। रावण के किरदार निभाने वाले अमरेश महाजन इस बार राजा दशरथ की भूमिका निभा रहे थे। दर्शकों की निगाहें उनके अभिनय पर टिकी हुई थीं। तभी अचानक वे बेसुध होकर मंच पर गिर पड़े। साथी कलाकार तुरंत हरकत में आए और उन्हें उठाकर अस्पताल पहुंचाया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। अमरेश महाजन की मृत्यु का कारण हृदय गति रुकना बताया गया। मंच पर उनकी अंतिम सांसों ने पूरे चौगान मैदान को स्तब्ध कर दिया।

    दर्शक जो कुछ क्षण पहले तक उनकी दमदार आवाज़ और अभिनय देख रहे थे, अगले ही पल उन्हें इस हालत में देखकर हैरान रह गए। अमरेश महाजन का जीवन चंबा की रामलीला से गहराई से जुड़ा रहा। वे दशकों से दशरथ और रावण जैसे महत्वपूर्ण किरदार निभाते रहे। हर साल चौगान में रामलीला उनके बिना अधूरी मानी जाती थी। इस बार उन्होंने पहले ही कह दिया था कि यह उनकी अंतिम रामलीला होगी। किसे पता था कि उनकी बात सच्ची साबित होगी और उनका अंतिम अभिनय ही उनकी विदाई बन जाएगा।

    बता दें कि चंबा में रामलीला का आयोजन वर्ष 1949 से होता आ रहा है। इसे लाला संसार चंद महाजन ने पुत्र प्राप्ति की लालसा में शुरू किया था। तब से यह परंपरा लगातार जारी है। और इसी परंपरा को चार दशकों से अमरेश महाजन जैसे समर्पित कलाकारों ने संजोकर रखा। रामलीला क्लब के अध्यक्ष स्वपन महाजन ने गहरा शोक व्यक्त करते हुए कहा कि अमरेश जी का जाना क्लब और पूरे शहर के लिए अपूरणीय क्षति है। व्यापार मंडल चंबा के अध्यक्ष वीरेंद्र महाजन और मेडिकल कॉलेज चंबा के प्राचार्य डॉ. पंकज गुप्ता ने भी श्रद्धांजलि अर्पित की।

  • नदी में 2 भाइयों समेत 3 युवक डूबे, NDRF का रेस्क्यू जारी

    नदी में 2 भाइयों समेत 3 युवक डूबे, NDRF का रेस्क्यू जारी

    सिरमौरः हिमाचल प्रदेश के सिरमौर जिला के पांवटा साहिब में बीते मंगलवार को यमुना नदी में डूबे तीन लड़कों का 24 घंटे बाद कोई सुराग नहीं लग पाया। बता दें कि, मंगलवार सुबह करीब 11.30 बजे पांवटा साहिब के यमुना घाट के पास पहले 23 वर्षीय अमित नदी में नहाने उतरा। अमित को नदी में डूबते देख उसे बचाने के लिए 2 सगे भाई 22 वर्षीय कमलेश और 20 वर्षीय रजनीश नदी में उतरे। वह, दोनों भी अमित के साथ नदी के तेज बहाव में बह गए। प्रत्यक्षदर्शियों ने काफी दूर तक तीनों को पानी में बहते हुए देखा।

    तीनों लड़के सिरमौर के शिलाई क्षेत्र के रहने वाले हैं। स्थानीय प्रशासन ने इनकी तलाश के लिए एनडीआरएफ को बुला लिया है। एनडीआरएफ की टीम और लोकल गोताखोर आज सुबह सर्च ऑपरेशन में जुट गए हैं। मगर नदी में जल स्तर अधिक होने से पता नहीं चल पा रहा है। वहीं, नदी में डूबे दो भाईयों के दादा को जैसे ही पोते के डूबने की खबर मिली, वह बेहोश हो गए। परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है। इस घटना के बाद पूरे शिलाई क्षेत्र में शोक की लहर है।

    एसएचओ पांवटा साहिब देवी सिंह नेगी ने बताया कि लापता लड़कों का अब तक सुराग नहीं लग पाया है। प्रशासन ने इनकी तलाश के लिए एनडीआएफ टीम को बुला दिया है, जो कि बीती शाम को ही पहुंच गई और सर्च ऑपरेशन में जुटी हुई है। पुलिस के अनुसार, तीनों लड़के अपने कुल देवता के स्नान के लिए हरिद्वार गए हुए थे। गांव के काफी संख्या में लोग भी देवता के साथ हरिद्वार गए थे। सोमवार शाम को ही ये लोग हरिद्वार से लौटने के बाद पांवटा साहिब पहुंचे।

     

  • Punjab से जा रहे श्रद्धालुओं से भरे ट्रक की बस से टक्कर, 2 की मौत, कई घायल

    Punjab से जा रहे श्रद्धालुओं से भरे ट्रक की बस से टक्कर, 2 की मौत, कई घायल

    कांगड़ाः हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा के ढलियारा में श्रद्धालुओं से भरा ट्रक पलट गया। दरअसल, मंगलवार सुबह बठिंडा से श्रद्धालु मां चामुंडा मंदिर जा रहे थे। इस दौरान रास्ते में ट्रक की बस से टक्कर हो गई। इस घटना में 2 लोगों की मौत हो गई, जबकि 20 से ज्यादा लोग घायल हो गए। घटना के दौरान मौके पर लोगों में चीख-पुकार मच गई। मिली जानकारी के अनुसार हादसे का शिकार श्रद्धालु लंगर सेवा के लिए जा रहे थे। ट्रक में श्रद्धालुओं के साथ-साथ लंगर का सामान भी भरा हुआ था, जिसमें दर्जन से अधिक गैस सिलेंडर रखे थे।

    ਪੰਜਾਬੀ ਵਿੱਚ ਪੜ੍ਹੋ:

    ਕਾਂਗੜਾ ‘ਚ ਭਿਆਨਕ ਹਾਦਸਾ: ਬਠਿੰਡਾ ਤੋਂ ਆ ਰਿਹਾ ਟਰੱਕ ਉਲਟਣ ਨਾਲ 2 ਮੌਤਾਂ, 20 ਤੋਂ ਜ਼ਿਆਦਾ ਜ਼ਖਮੀ!

    गनीमत रही कि हादसे के दौरान सिलेंडरों में विस्फोट नहीं हुआ, नहीं तो नुकसान और बड़ा हो सकता था। घायलों में से 6 की हालत गंभीर होने के कारण उन्हें टांडा मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है, जबकि अन्य घायलों का इलाज सिविल अस्पताल देहरा में चल रहा है। जानकारी के अनुसार, श्रद्धालुओं से भरा ट्रक (PB 03B Q 1344) बठिंडा से चामुंडा मंदिर की ओर जा रहा था। रास्ते में यह ट्रक धर्मशाला से होशियारपुर की ओर जा रही एचआरटीसी बस से टकरा गया। टक्कर के बाद चालक ने वाहन को तेज रफ्तार में भगाने की कोशिश की।

    इस दौरान कुछ श्रद्धालु डर के कारण चलते-चलते ट्रक से कूद गए। थोड़ी दूरी पर राधा स्वामी सत्संग भवन ढलियारा के पास अचानक ट्रक अनियंत्रित होकर पलट गया और खाई में जा गिरा। हादसे में एक बच्चा भी घायल हुआ है। मृतक और सभी घायल श्रद्धालु बठिंडा जिले के निवासी बताए जा रहे हैं। दुर्घटना के तुरंत बाद स्थानीय लोगों ने राहत और बचाव कार्य शुरू किया और घायलों को निजी वाहनों व एंबुलेंस 108 की मदद से अस्पताल पहुंचाया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

    एसपी देहरा मयंक चौधरी ने कहा, “ढलियारा के पास हुए हादसे में लगभग 20 श्रद्धालु ट्रक में सवार थे। इस दुर्घटना में दो लोगों की मौत हो गई है, जबकि छह गंभीर घायलों को टांडा मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है। बाकी घायलों का इलाज सिविल अस्पताल देहरा में चल रहा है।”

    उन्होंने कहा, “वह यह साफ करना चाहते हैं कि गुड्स गाड़ियों (सामान ढोने वाले वाहनों) में श्रद्धालुओं या यात्रियों को ले जाना पूरी तरह प्रतिबंधित है। इस तरह की लापरवाही से बड़ी दुर्घटनाएं घट सकती हैं। आज ही पुलिस विभाग की बैठक में सभी थाना प्रभारियों को सख्त आदेश दिए जाएंगे कि गुड्स वाहनों में श्रद्धालुओं या आम यात्रियों को किसी भी हालत में सफर न करने दिया जाए। नियमों का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।”

  • अनियंत्रित होकर नदी में गिरी Intern डॉक्टरों की Car, 1 की मौत

    अनियंत्रित होकर नदी में गिरी Intern डॉक्टरों की Car, 1 की मौत

    भरमौरः चंबा-पठानकोट राष्ट्रीय राजमार्ग पर आज सुबह 3 बजे एक बड़ा हादसा हो गया। परेल घार में एक स्विफ्ट कार रावी नदी में जा गिरी। कार में पंडित जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज चंबा के 4 इंटर्न डॉक्टर सवार थे।

    हादसे में हमीरपुर के बड़सर गांव निवासी इंटर्न डाक्टर अखिलेश की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि शिमला के रोहडू की रहने वाली इंटर्न इशिका नदी के तेज बहाव में बह गईं। शिमला के रिशांत और सोलन के दिव्यांक घायल हो गए। दोनों घायलों का मेडिकल कॉलेज चंबा में इलाज चल रहा है। चारों इंटर्न चंबा की ओर लौट रहे थे। परेल के पास कार बेकाबू होकर नदी में गिर गई। एसपी चंबा अभिषेक यादव ने घटना की पुष्टि की है। पुलिस ने मामला दर्ज कर हादसे के कारणों की जांच शुरू कर दी है।

  • BJP MP Kangana Ranaut का हुआ विरोध, लगे Go Back के नारे, देखें वीडियो

    BJP MP Kangana Ranaut का हुआ विरोध, लगे Go Back के नारे, देखें वीडियो

    मनालीः हिमाचल प्रदेश में बाढ़ से हालात काफी खराब हो गए है। वहीं मंडी में लगातार बारिश से लैंडस्लाइड होने से कई घर क्षतिग्रस्त हो गए। वहीं मंडी से लोकसभा चुनाव जीतकर राजनीति में एंट्री लेने वाली बॉलीवुड अभिनेत्री कंगना रनौत मनाली में स्थिति का जायजा लेने पहुंची, जहां भाजपा सांसद का भारी विरोध हुआ। इस घटना की वीडियो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रही है। वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि कंगना रनौत वापिस जाओ के नारे लग रहे हैं।

    बीजेपी की सांसद बारिश प्रभावित मनाली के दौरे पर गई थीं, जब वह दौरे पर थीं उसी दौरान उन्हें विरोध का सामना करना पड़ा। युवकों ने कंगना गो बैक के नारे लगाए। जानकारी में सामने आया है कि यह विरोध स्थानीय नागरिकों द्वारा किया गया। उन्होंने कंगना रनौत को काले झंडे भी दिखाए। इसके साथ उनके खिलाफ नारेबाजी भी की, पुलिस ने स्थिति को संभाला। हालांकि कंगना रनौत ने विरोध के बाद भी प्रभावित इलाकों का निरीक्षण किया और लोगों से मुलाकात करके नुकसान का जायजा लिया। कंगना रनौत मनाली का दौरा करने गई थीं।

    हिमाचल प्रदेश का विश्व प्रसिद्ध मनाली एक बड़ा टूरिस्ट स्पॉट हैं लेकिन इस साल हिमाचल को बारिश के मौसम में भारी नुकसान उठाना पड़ा है। मनाली हिमाचल के कुल्लू जिले में आता है। मनाली बीजेपी की सांसद कंगना रनौत के अपने लोकसभ क्षेत्र का ही हिस्सा है। लोकसभा चुनावों में कंगना रनौत ने हिमाचल प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह के बेटे विक्रमादित्य सिंह को शिकस्त दी थी, मंडी में कंगना रनौत के विरोध की यह पहली घटना है। कंगना रनौत का जब विरोध हुआ तब वे सुरक्षा बलों के कवर में थीं। बता दें कि 25 और 26 अगस्त को भारी बारिश के कारण कुल्लू और मनाली में कई जगहों पर भूस्खलन और अचानक बाढ़ आ गई थी। कंगना रनौत इससे पहले भी एक बार दौरे पर गई थीं।

  • 720वीं सदी का यह मंदिर है करोड़ों की आस्था का प्रतीक, देश-विदेश से आते हैं श्रद्धालु, देखें वीडियो

    720वीं सदी का यह मंदिर है करोड़ों की आस्था का प्रतीक, देश-विदेश से आते हैं श्रद्धालु, देखें वीडियो

    बिलासपुरः देश के मशहूर मंदिर माता श्री नैना देवी में देश-विदेश से श्रद्धालु माथा टेकने आते हैं। यहां कई लोग अपने परिवार की खुशहाली की कामना करते है तथा मुरादें मांगते है। जो भी श्रद्धालु माता के दरबार में आते हैं, माता रानी उनकी सभी मनोकामनाएं पूर्ण करती हैं।

    इस मौके पर पंडित ने बताया कि इस मंदिर का निर्माण 720 ई. के आसपास हुआ था। माता सती के नेत्र यहां पर गिरे थे। इसलिए इस मंदिर का नाम श्री नैना देवी पड़ा। पंडित जी ने बताया कि जो भी भक्त सच्ची श्रद्धा से माता जी के दरबार में माथा टेकने आता है, उनकी मनोकामना पूरी होती है और हर साल माता जी के दरबार में श्रद्धालुओं की संख्या लगातार बढ़ रही है। नवरात्रों में लोगों का विशेष जमावड़ा लगता है और यहां जिन लोगों ने जागरण या हवन करवाना होता है तो इसके लिए मंदिर में विशेष प्रबंध किए गए हैं जिसके लिए श्रद्धालु मंदिर ट्रस्ट से संपर्क कर सकते हैं। वहीं मंदिर में आने के लिए भी कई सुविधाएं शुरू हो चुकी है। लोग अपनी आस्था प्रकट करने दरबार में आते है और शांति प्राप्त करते हैं।

    इस मौके पर जब यहां माथा टेकने आए एक श्रद्धालु से बात की तो उन्होंने बताया कि उनके बेटे मनीष को पीलिया हो गया था और उसने सभी अस्पतालों में दिखाया। यहां तक ​​कि पीजीआई वालों ने भी उनके बेटे का इलाज करने से मना कर दिया था। उनके बेटे की आंखें तक नहीं खुल पा रही थी और फिर तीसरे दिन उसकी आंखें खुली तो इस मौके पर उनके बेटे मनीष ने उनसे कहा कि माता नैना देवी जी ने आकर उसे दर्शन दिए और कहा कि डरो नहीं तुम बिल्कुल ठीक हो जाओगे और माता की कृपा उनके बेटे पर हुई और वह अब बिल्कुल ठीक हो गया है। इस परिवार ने सभी से यह भी निवेदन किया है कि अगर आप सच्ची श्रद्धा से माता के दरबार में माथा टेकने आते हैं तो माता आपकी मनोकामना अवश्य पूरी करेंगी।