Category: Chandigarh

  • Punjab Congress में हलचल के बीच चंडीगढ़ पहुंचे भूपेश बघेल, Partap Bajwa का आया बयान, देखें वीडियो

    Punjab Congress में हलचल के बीच चंडीगढ़ पहुंचे भूपेश बघेल, Partap Bajwa का आया बयान, देखें वीडियो

    चंडीगढ़ः पंजाब कांग्रेस के प्रभारी और छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री Bhupesh Baghel चंडीगढ़ पहुंच गए हैं। उनके दौरे को पंजाब कांग्रेस के लिए काफी अहम माना जा रहा है, क्योंकि पार्टी के भीतर चल रही गतिविधियों और आगामी चुनावों की तैयारियों को लेकर कई तरह की चर्चाएं हो रही हैं।

    भूपेश बघेल के स्वागत के लिए पंजाब कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेता एयरपोर्ट पहुंचे। इनमें पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष Amarinder Singh Raja Warring और नेता प्रतिपक्ष Partap Singh Bajwa शामिल थे।

    हालांकि पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री Charanjit Singh Channi एयरपोर्ट पर स्वागत के लिए नहीं पहुंचे। उनके अलावा उनके गुट के कई प्रमुख नेता भी वहां नजर नहीं आए। इनमें तृप्त राजिंदर सिंह बाजवा, सुखजिंदर सिंह रंधावा और सुखबिंदर सिंह सरकारिया जैसे नेता शामिल रहे। वहीं, चन्नी गुट की ओर से पूर्व उपमुख्यमंत्री Om Parkash Soni एयरपोर्ट पहुंचे और उन्होंने भूपेश बघेल का स्वागत किया।

    चुनावी तैयारियों को लेकर पंजाब आए बघेल
    चंडीगढ़ पहुंचने के बाद भूपेश बघेल ने मीडिया से बातचीत की। उन्होंने कहा कि उनका यह दौरा मुख्य रूप से आगामी चुनावों की तैयारियों को लेकर है। पार्टी को मजबूत करने और संगठन को सक्रिय करने के लिए वे पंजाब आए हैं।

    जब पत्रकारों ने उनसे चरणजीत सिंह चन्नी द्वारा अलग बैठकें किए जाने और पार्टी के भीतर चल रही चर्चाओं के बारे में सवाल पूछा तो उन्होंने इस पर सीधा जवाब देने से परहेज किया। उन्होंने कहा कि उन्हें एक-दो दिन का समय दिया जाए। पहले वे सभी नेताओं से मुलाकात करेंगे और स्थिति को समझेंगे। इसके बाद पूरी जानकारी मीडिया के साथ साझा की जाएगी।

    प्रताप बाजवा बोले- कांग्रेस में सब कुछ ठीक है
    नेता प्रतिपक्ष प्रताप सिंह बाजवा ने कहा कि कांग्रेस पार्टी पूरी तरह एकजुट है और सभी नेता पार्टी हाईकमान के साथ खड़े हैं। उन्होंने कहा कि कई बार कुछ गलतफहमियां पैदा हो जाती हैं, लेकिन उनका समाधान बातचीत से निकल आता है।

    बाजवा ने कहा कि अगर कहीं कोई नाराजगी या गलती हुई भी है तो सभी नेता पार्टी के साथ हैं। उन्होंने भूपेश बघेल का धन्यवाद करते हुए कहा कि वे एयरपोर्ट से सीधे उनसे मिलने पहुंचे। जिसके लिये मैं उनका धन्यवाद करता हूं।

    ईरान-अमेरिका का उदाहरण देकर दिया एकता का संदेश
    प्रताप बाजवा ने कहा कि अगर ईरान और अमेरिका जैसे देश बड़े विवादों के बावजूद बातचीत की मेज पर आ सकते हैं, तो कांग्रेस के नेता भी आपस में बैठकर हर मतभेद को दूर कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि पार्टी के भीतर संवाद जारी है और सभी नेता मिलकर पंजाब में कांग्रेस को मजबूत बनाने के लिए काम कर रहे हैं।

    उन्होंने यह भी कहा कि कांग्रेस एक लोकतांत्रिक पार्टी है, जहां सभी को अपनी बात रखने का अधिकार है और हर मुद्दे का समाधान बातचीत से निकाला जाता है।

    सतलुजफिल्म पर टिप्पणी से बचते नजर आए बाजवा
    मीडिया ने जब प्रताप सिंह बाजवा से हाल ही में रिलीज हुई फिल्म Satluj के बारे में सवाल पूछा तो उन्होंने कहा कि वे पहले फिल्म देखेंगे। फिल्म देखने के बाद ही इस पर कोई टिप्पणी करेंगे। फिलहाल उन्होंने दोहराया कि पंजाब कांग्रेस के अंदर सब कुछ सामान्य है और पार्टी आगामी चुनावों की तैयारियों में जुटी हुई है।

     

     

  • OTT Platform ZEE5 से फिल्म हटने के बाद Diljit का आया बयान, देखें वीडियो

    OTT Platform ZEE5 से फिल्म हटने के बाद Diljit का आया बयान, देखें वीडियो

    चंडीगढ़ः पंजाब 95 नाम बदलकर ओटीटी प्लेटफॉर्म ZEE5 पर रिलीज की गई दिलजीत दोसांझ की फिल्म सतलुज को दो दिन बाद प्लेटफॉर्म से अचानक हटा दिया गया। इस पर दिलजीत अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर लाइव हुए। फिल्म को हटाए जाने पर दिलजीत ने कहा कि मैं लोगों के मुंह की तरफ देखता हूं। एक इंसानियत होती है, लेकिन ऐसा लगता है कि इंसानियत मर गई है। फिल्म इंटरनेट से हट गई, इसलिए मैं उदास नहीं हूं।

    फिल्म तो लोगों तक पहुंच ही गई। अब वह कहीं नहीं जाने वाली। एक प्यार, इत्तेफाक और इंसानियत होती है, लेकिन लोगों का रवैया कमाल का है। बस इसी बात का थोड़ा दुख है। वहीं, ओटीटी प्लेटफॉर्म ZEE5 का कहना है कि मौजूदा परिस्थितियों को देखते हुए, अगले आदेश तक ‘सतलुज’ उपलब्ध नहीं रहेगी। कानूनी प्रक्रिया के तहत हर उचित विकल्प तलाशने के लिए प्रतिबद्ध हैं, ताकि जल्द से जल्द इस फिल्म को फिर से दर्शकों के लिए उपलब्ध कराया जा सके। इस पर राजनीति भी शुरू हो गई है। मुझे पहले से ही पता था कि ऐसा होना है।

    दिलजीत ने सोचा था कि अगर फिल्म दो-तीन दिन भी चल जाए तो हमारा काम हो जाएगा। इंटरनेट पर एक बार कोई चीज आ जाए, तो उसे पूरी तरह हटाना आसान नहीं होता। इनके सलाहकार ठीक नहीं हैं। वहीं एक प्रशंसक ने जब दिलजीत से उनके अपकमिंग प्रोजेक्ट के बारे में पूछा, तो उन्होंने जवाब दिया, ‘एक प्रोजेक्ट आया था, जो अब बैन हो गया है।’ इसके बाद अब यूरोप टूर पर जाएंगे। पहला शो बर्लिन में होगा।

    दरअसल, 3 साल के लंबे संघर्ष के बाद पंजाब 95 फिल्म को सतलुज नाम से रिलीज किया गया था। फिल्म चली, इस बीच अचानक इसे हटा दिया गया। कंपनी की तरफ से कहा गया, “सतलुज” को दर्शकों से बहुत प्यार और अच्छा रिस्पॉन्स मिला। फिल्म देखने और समर्थन करने वाले सभी लोगों का हम दिल से धन्यवाद करते हैं।

    दर्शकों का प्यार और भरोसा हमारे लिए बहुत मायने रखता है। ZEE5 को “सतलुज” और इसे बनाने वाली टीम पर पूरा भरोसा है। अच्छी कहानियां लोगों पर गहरा असर छोड़ती हैं। इसलिए आगे भी ऐसी बेहतरीन कहानियां लाते रहेंगे। फिलहाल कुछ परिस्थितियों के कारण “सतलुज” ZEE5 पर उपलब्ध नहीं होगी। इसे दोबारा जल्द से जल्द वापस लाने के लिए सभी जरूरी कानूनी और अन्य प्रयास कर रहे हैं।  अच्छी और सच्ची कहानियों के साथ हमेशा मजबूती से खड़े रहेंगे।

  • फौजी ग्राउंड में चाकू मारकर व्यक्ति का कत्ल, आखिरी कॉल में कहा- मुझे चाकू मार दिया…’

    फौजी ग्राउंड में चाकू मारकर व्यक्ति का कत्ल, आखिरी कॉल में कहा- मुझे चाकू मार दिया…’

    चंडीगढ़ः कलाग्राम लाइट प्वाइंट के साथ लगते फौजी ग्राउंड से दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई, जहां फौजी ग्राउंड में 26 वर्षीय युवक की चाकू मारकर हत्या कर दी गई। मरने से कुछ मिनट पहले घायल युवक ने अपने साले को फोन कर सिर्फ इतना कहा कि “मुझे चाकू मार दिया है”। इसके बाद परिवार के लोग मौके पर पहुंचे और उसे अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

    मृतक की पहचान रायपुर कलां निवासी आशीष के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार रात करीब 8:50 बजे आशीष ने अपने 16 वर्षीय साले अरुण को फोन कर बताया कि वह कलाग्राम लाइट प्वाइंट के पास फौजी ग्राउंड में है और किसी ने उसे चाकू मार दिया है। हालांकि उसने हमलावरों के नाम नहीं बताए। फोन मिलते ही अरुण मौके पर पहुंचा। उसने अपने भाई सोनू और दोस्तों की मदद से गंभीर रूप से घायल आशीष को ऑटो में बैठाकर मनीमाजरा के सरकारी अस्पताल पहुंचाया। परंतु अस्पताल पहुंचते ही डॉक्टरों ने उसे ‘ब्रॉट डेड’ घोषित कर दिया।

    घटना की सूचना मिलने पर मौली जागरण थाना प्रभारी इंस्पेक्टर जस्करण सिंह पुलिस टीम के साथ अस्पताल पहुंचे। इसके बाद पुलिस शिकायतकर्ता को साथ लेकर घटनास्थल पर पहुंची। जांच में पता चला कि वारदात कलाग्राम लाइट प्वाइंट के पास दीवार के अंदर करीब 60 से 70 मीटर अंदर फौजी ग्राउंड में हुई थी। मौके का निरीक्षण करने पर स्पष्ट हुआ कि घटनास्थल जीआरपी थाना क्षेत्राधिकार में आता है। इसके बाद मौली जागरण पुलिस ने तुरंत कंट्रोल रूम और जीआरपी थाना प्रभारी को सूचना दी।

    जीआरपी थाना प्रभारी अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचीं और घटनास्थल तथा शिकायतकर्ता को आगे की जांच के लिए अपने कब्जे में ले लिया। फिलहाल पुलिस हत्या के कारणों, हमलावरों की पहचान और वारदात के पीछे की वजह का पता लगाने में जुटी है। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है और मृतक के मोबाइल कॉल रिकॉर्ड व अन्य तकनीकी साक्ष्यों की भी जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया जाएगा।

  • चंडीगढ़ बिल्डिंग हादसा: मलबे में दबने से दो लोगों की मौत, देखें वीडियो

    चंडीगढ़ बिल्डिंग हादसा: मलबे में दबने से दो लोगों की मौत, देखें वीडियो

    चंडीगढ़ः चंडीगढ़ के इंडस्ट्रियल एरिया फेज-2 में शनिवार शाम एक बिल्डिंग गिर गई। होटल द फर्न के नजदीक ये बड़ा हादसा हुआ। हादसे के बाद अफरा-तफरी का माहौल बना हुआ है। वहीं पुलिस-प्रशासन और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर मौजूद है और बिल्डिंग के मलबे को हटाने का काम तेजी से जारी है। कुछ लोगों के दबे होने की आशंका भी जताई जा रही है।
     
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    रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद मेयर सौरभ जोशी के साथ खास बातचीत की गई। मेयर ने बताया कि 4 से 5 के बीच सूचना मिली थी कि इंडस्ट्री एरिया फेस टू में बिल्डिंग गिरी है। जिसके बाद तुरंत फायर ब्रिगेड की टीम और सिविल डिफेंस की टीम मौके पर पहुंच गई थी। मौके पर पहुंची टीमों ने तीन व्यक्तियों को बाहर निकाल लिया था। लेकिन दो व्यक्ति अंदर क्रिटिकल सिचुएशन में फंसे हुए थे। जिनको बाहर निकलना आसान नहीं था तो एनडीआरएफ की टीमों को तुरंत सूचित किया गया। इसके बाद एनडीआरएफ की टीमों ने कड़ी मशक्क्त के बाद दोनों व्यक्तियों को बाहर निकाल लिया गया है। लेकिन मलबे के नीचे दबने से दो लोगों की मौत हो गई, जबकि चार लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। सेना, एनडीआरएफ, पुलिस, फायर ब्रिगेड और चंडीगढ़ प्रशासन की टीमों ने करीब 6 घंटे तक लगातार रेस्क्यू ऑपरेशन चलाकर फंसे लोगों को बाहर निकाला। मृतकों की पहचान उत्तर प्रदेश के मेरठ निवासी तरुण जैन (45) और तरुण कौशिश (48) के रूप में हुई है। वहीं कुलदीप सिंह, कुलबीर सिंह, उमेश, राहुल और अजीत को मलबे से सुरक्षित निकालकर अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है। मेयर ने कहा कि मामले में कहां गलती हुई है, इसको लेकर जांच करवाई जाएगी। वहीं मानसून से पहले जो चंडीगढ़ में जर्जर बिल्डिंग है, जिसे आने वाले समय में खतरा पैदा हो सकता है, उसको लेकर भी एक्शन लिया जाएगा।      
  • इंडस्ट्रियल एरिया में गिरा इमारत का हिस्सा, लोगों के फंसे होने की आशंका, देखें वीडियो

    इंडस्ट्रियल एरिया में गिरा इमारत का हिस्सा, लोगों के फंसे होने की आशंका, देखें वीडियो

    चंडीगढ़ः इंडस्ट्रियल एरिया फेज-2 में अचानक इमारत का हिस्सा ढह गया। इस हादसे से इलाके के लोगों में हड़कंप मच गया। मिली जानकारी के मुताबिक, घटना के दौरान मलबे के नीचे 2 से 3 लोगों के फंसे होने की आशंका जताई जा रही है। स्थानीय लोगों ने तुरंत बचाव टीमों को सूचित किया, जिसके बाद पुलिस और बचाव दल मौके पर पहुंचकर राहत और बचाव कार्य शुरू कर चुके हैं। इलाके को सुरक्षा के मद्देनजर घेर लिया गया है और मलबा हटाने का काम तेजी से जारी है। हादसे के कारणों की जांच शुरू कर दी गई है और फिलहाल राहत कार्यों पर पूरा ध्यान दिया जा रहा है।
  • Jalandhar से सासंद Channi के घर हुई मीटिंग पर Raja Warring का आया बयान, देखें वीडियो

    Jalandhar से सासंद Channi के घर हुई मीटिंग पर Raja Warring का आया बयान, देखें वीडियो

    जल्द कांग्रेस सीएम के चेहरे का करेंगी ऐलान

    चंडीगढ़ः पंजाब में 2027 में होने वाले विधानसभा चुनावों को लेकर जहां सभी पार्टियों की नजर सत्ता में आने के लिए टिकी हुई है। वहीं कांग्रेस में अभी भी पार्टी के नेता नाराज चल रहे है और हाईकमान मामले को सुलझाने में लगी हुई है। दरअसल, हाल ही में हाईकमान की ओर से नई नियुक्तियां जारी की गई थी। जिसको लेकर जालंधर से सासंद चरणजीत सिंह नाराज दिखाई दिए। मोरिंडा में पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी ने घर पर कांग्रेस नेताओं की एक बैठक बुलाई। जिसके बाद जल्द हाईकमान से मामले को लेकर मुलाकात करने का फैसला लिया। वहीं सासंद चन्नी के घर हुई बैठक को लेकर पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग का पहला बयान सामने आया है। वड़िंग ने कहा कि चन्नी पार्टी के वरिष्ठ नेता हैं और उनके घर नेताओं का इकट्ठा होना कोई चिंता की बात नहीं है। हालांकि वडिंग ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस में ना तो कोई लड़ाई है और ना ही कोई गुटबंदी है। राजा वड़िंग ने कहा कि हर नेता को अपने विचार व्यक्त करने का पूरा अधिकार है, लेकिन किसी को भी पार्टी की सीमाएं पार करने की इजाजत नहीं दी जाएगी। उन्होंने कहा कि जो भी पार्टी अनुशासन का उल्लंघन करेगा, उसके खिलाफ नियमों के अनुसार कार्रवाई की जाएगी। वड़िंग ने कहा कि चरणजीत सिंह चन्नी किसी भी समय कांग्रेस हाईकमान से मिल सकते हैं और इसमें कोई गलत बात नहीं है। उन्होंने कहा कि सभी वरिष्ठ नेता उनके लिए सम्माननीय हैं और वे उन्हें अपना सिर का ताज मानते हैं। पार्टी में मतभेदों की चर्चाओं को खारिज करते हुए वड़िंग ने कहा कि आने वाले दिनों में कांग्रेस के सभी नेता एक साथ नजर आएंगे। उन्होंने दावा किया कि वे एक ही मंच और एक ही गाड़ी में साथ दिखाई देंगे, जिससे पार्टी की एकता का संदेश जाएगा। उन्होंने कहा कि मेरे खिलाफ बोलने वाले पार्टी में ही नहीं हैं। उन्होंने कहा कि सभी बड़े नेता मेरे सिर का ताज हैं। आने वाले दिनों में हम साथ दिखेंगे। 27 तारीख के लिए कांग्रेस के सीएम चेहरे को लेकर भी राजा वड़िंग ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि मैं सीएम की रेस में नहीं हूं, राहुल गांधी जिसको भी सीएम का चेहरा बनाएंगे, मैं उसके साथ खड़ा रहूंगा। फिलहाल राजा वड़िंग ने स्पष्ट कर दिया है कि कांग्रेस में सब कुछ ठीक है और पार्टी के सारे नेता एकजुट हैं। अब देखना यह होगा कि आने वाले दिनों में पार्टी की यह एकता जमीनी स्तर पर कितनी दिखती है।  
  • पेट्रोल पंप को खुलवाने को लेकर हुआ विवाद, सुरक्षा कर्मी ने चलाई गोली, 2 पर केस

    पेट्रोल पंप को खुलवाने को लेकर हुआ विवाद, सुरक्षा कर्मी ने चलाई गोली, 2 पर केस

    चंडीगढ़ः सेक्टर-38 वेस्ट स्थित एक पेट्रोल पंप पर शुक्रवार रात 10 बजे उस समय हड़कंप मच गया, जब बंद हो चुके पेट्रोल पंप को खुलवाने को लेकर हुए विवाद के दौरान सुरक्षा कर्मी ने अपनी लाइसेंसी पिस्तौल से हवा में फायर कर दिया। गोली चलने की आवाज सुनते ही आसपास के लोग भी डर गए। सूचना मिलते ही मलोया थाना पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी। पुलिस ने 2 युवकों के खिलाफ केस दर्ज किया है।

    इनमें से एक की पहचान सचिन के रूप में हुई है, जबकि दूसरे की पहचान की जा रही है। पुलिस ने घटनास्थल पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज कब्जे में ली है। पुलिस के अनुसार, शुक्रवार रात तय समय पर सेक्टर-36 वेस्ट का पेट्रोल पंप बंद हो चुका था। इसी दौरान एक बाइक पर सवार होकर दो युवक वहां पहुंचे।

    उन्होंने ड्यूटी पर तैनात सुरक्षा कर्मी से पेट्रोल भरने की मांग की। सुरक्षा कर्मी ने बताया कि पंप बंद हो चुका है और अब सुबह निर्धारित समय पर ही खुलेगा। इसके बावजूद दोनों युवक लगातार पेट्रोल भरवाने की जिद करते रहे और कथित तौर पर पंप खुलवाने का दबाव बनाने लगे।

  • Shri Kumar Medical Store में कैशियर के कत्ल मामले में आरोपी Goldy Dhillon स्पेन से गिरफ्तार

    Shri Kumar Medical Store में कैशियर के कत्ल मामले में आरोपी Goldy Dhillon स्पेन से गिरफ्तार

    चंडीगढ़ः सेक्टर 11 स्थित श्री कुमार मेडिकल हाल के कैशियर जानकी दास की हत्या के मुख्य साजिशकर्ता, गैंगस्टर गोलडी ढिल्लों को भारतीय एजेंसियों की मदद से स्पेन में गिरफ्तार कर लिया गया है। गोलडी ढिल्लों लंबे समय से विदेशों से पंजाब, चंडीगढ़ और दिल्ली-एन.सी.आर. में अपना आपराधिक नेटवर्क चला रहा था। उसकी भारत प्रत्यर्पण की प्रक्रिया जल्द ही शुरू की जाएगी।

    भारत पहुंचने पर चंडीगढ़ पुलिस उसे सेक्टर 11 हत्या केस में पूछताछ के लिए प्रोडक्शन वारंट पर पेश करेगी। गोलडी ढिल्लों पहले ही राष्ट्रीय जांच एजेंसी द्वारा वांछित आरोपी है। उसके खिलाफ 10 लाख रुपये का इनाम घोषित किया गया है। सुरक्षा एजेंसियाँ लंबे समय से उसकी तलाश कर रही थीं।

    राजपुरा का रहने वाला गोलडी ढिल्लों शुरुआत में हमले, धमकियों और शस्त्र एक्ट से जुड़े मामलों में शामिल था। बाद में उसने व्यवसायियों से रंगदारी वसूली शुरू कर दी। जैसे-जैसे पुलिस का दबाव बढ़ा, वह रूपनश (छुपा) हो गया और बड़े गिरोहों के लिए शूटर, हथियार और छुपने की जगहें मुहैया कराना शुरू कर दिया। कथित तौर पर वह 2022 में विदेश भाग गया था। उसके बाद विदेश से ही उसने पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली-एन.सी.आर. में अपना नेटवर्क मजबूत किया।

  • Suspended DIG Bhullar के भ्रष्टाचार केस को लेकर कोर्ट ने CBI को जारी किया नोटिस

    Suspended DIG Bhullar के भ्रष्टाचार केस को लेकर कोर्ट ने CBI को जारी किया नोटिस

    चंडीगढ़: पंजाब के निलंबित डीआईजी हरचरण सिंह भुल्लर को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। दरअसल, भुल्लर द्वारा पिछले साल दर्ज किए गए भ्रष्टाचार के मामले में आज विशेष सीबीआई अदालत में डिस्चार्ज (बरी) की याचिका दाखिल की है। सीबीआई अदालत ने आरोपी की याचिका पर जवाब दाखिल करने के लिए सीबीआई को नोटिस जारी किया है। भुल्लर की ओर से वकील एच.एस. धनौआ और एस.पी.एस. भुल्लर ने जो याचिका दायर की है उसमें आरोपी ने अदालत से अनुरोध किया है कि उन्हें इस मामले से बरी किया जाए। उनका कहना है कि कानून के तहत सीबीआई के पास उनके खिलाफ यह मामला दर्ज करने का कोई अधिकार क्षेत्र (जुरिस्डिक्शन) नहीं है। सीबीआई द्वारा लगाए गए आरोपों के अनुसार रिश्वत मांगने या स्वीकार करने का कोई ठोस सबूत नहीं है।

    यहां तक कि सीएफएसएल की रिपोर्ट ने भी निर्णायक तौर पर साबित नहीं किया है कि आवाज़ की रिकॉर्डिंग आरोपी की है। इस मामले में एफआईआर शिकायतकर्ता आकाश बत्ता की शिकायत पर दर्ज की गई थी, जिसमें आरोप है कि भुल्लर, जो उस समय डीआईजी, रोपड़ रेंज, पंजाब पुलिस के पद पर तैनात थे, ने थाना सरहिंद में दर्ज एफआईआर में अनुकूल कार्रवाई करवाई जाने तथा शिकायतकर्ता के व्यापार के खिलाफ कोई सख्त कदम न उठाने को सुनिश्चित करने के लिए एक निजी मध्यस्थ क्रीशनू शारदा के माध्यम से गैरकानूनी रिश्वत मांगनी थी।

    शिकायत मिलने के बाद जाल बिछाया गया और 16 अक्टूबर, 2025 को भुल्लर के कथित सहयोगी क्रीशनू शारदा को शिकायतकर्ता से मांगी गई रिश्वत के हिस्से के रूप में 5,00,000 रुपए लेते हुए कथित तौर पर गिरफ्तार किया गया था। भुल्लर को उसी दिन गिरफ्तार किया गया था और 3 दिसंबर, 2025 को BNS के तहत धारा 193 के अंतर्गत चार्जशीट दायर की गई थी। बता दें कि 6 जून की पिछली सुनवाई के दौरान चंडीगढ़ की विशेष सीबीआई अदालत ने गृह मंत्रालय द्वारा उनके खिलाफ चलाए गए मुकदमे की मंजूरी को अवैध घोषित करने के लिए भुल्लर की एक याचिका खारिज करते हुए, आरोपों पर बहस की सुनवाई 2 जुलाई, 2026 तक स्थगित कर दी थी। भुल्लर की एक याचिका भ्रष्टाचार के मामले में नियमित जमानत के लिए पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में लंबित है।

  • खंभे पर आग लगने से निकली चिंगारिया, डेढ़ घंटे तक नहीं हुई सप्लाई बंद, देखें वीडियो

    खंभे पर आग लगने से निकली चिंगारिया, डेढ़ घंटे तक नहीं हुई सप्लाई बंद, देखें वीडियो

    चंडीगढ़ः बारिश के कारण जहां लोगों को गर्मी से राहत मिली है, वहीं गांव कजहेड़ी में बारिश के दौरान इलाके में बिजली के शॉर्ट सर्किट पटाखे बजने लगे। इस घटना को लेकर लोगों में डर के माहौल के साथ प्रशासन के खिलाफ रोष भी पाया जा रहा है। लोगों का कहना है कि गांव कजहेड़ी में बिजली विभाग की लापरवाही बड़ा हादसा बन सकती थी। दरअसल, गांव की एक गली में बिजली के खंभे पर लगी तारों में अचानक आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया और चिंगारियां आसपास के घरों तक पहुंचने लगीं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि घटना की सूचना देने के बावजूद बिजली विभाग ने करीब डेढ़ घंटे तक बिजली सप्लाई बंद नहीं की।

    घटना के बाद ग्रामीणों ने बिजली विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और अधिकारियों पर लापरवाही का आरोप लगाया। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते बिजली बंद नहीं करवाई जाती तो बड़ा हादसा हो सकता था। स्थानीय निवासी शकील मोहम्मद ने बताया कि बुधवार सुबह करीब 10:30 बजे गली में लगे बिजली के खंभे की तारों से अचानक धुआं निकलना शुरू हुआ। कुछ ही देर में तारों में आग लग गई। उस समय गली से लोग लगातार आ-जा रहे थे। आग बढ़ने के कारण लोग डर गए और आसपास के घरों से परिवारों को बाहर निकालना पड़ा। उन्होंने बताया कि आग इतनी तेज हो गई थी कि चिंगारियां नीचे गिरने लगीं। गनीमत रही कि उस समय कोई राहगीर या वाहन उसकी चपेट में नहीं आया, नहीं तो बड़ा हादसा हो सकता था।

    शकील मोहम्मद ने कहा कि आग लगते ही उन्होंने बिजली विभाग के हेल्पलाइन नंबर और संबंधित अधिकारियों को फोन कर सूचना दी। अधिकारियों ने फोन तो रिसीव किया, लेकिन न तो कोई कर्मचारी मौके पर भेजा गया और न ही बिजली सप्लाई बंद की गई। उनका आरोप है कि करीब डेढ़ घंटे तक पूरे इलाके में बिजली चालू रही और लोग जान जोखिम में डालकर खड़े रहे। बाद में ग्रामीण खुद सेक्टर-52 पहुंचे, जहां बिजली विभाग की टीम किसी अन्य स्थान पर काम कर रही थी। लोगों ने कर्मचारियों को मौके पर लेकर आए, जिसके बाद बिजली सप्लाई बंद करवाई गई और आग पर काबू पाया जा सका।

    उन्होने कहा जिस खंभे पर आग लगी थी, उसके बिल्कुल साथ एक मकान है। आग लगने के दौरान उस घर में करंट दौड़ने लगा। घर के अंदर छोटे बच्चे और बुजुर्ग मौजूद थे। परिजनों ने किसी तरह उन्हें बाहर निकाला। उनका कहना है कि यदि थोड़ी भी देर हो जाती तो किसी की जान जा सकती थी। घटना के बाद गांव के लोगों ने बिजली विभाग के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कहा कि विभाग की लापरवाही ने पूरे इलाके को खतरे में डाल दिया। लोगों का कहना था कि यदि शिकायत मिलते ही बिजली सप्लाई बंद कर दी जाती तो आग इतनी नहीं फैलती और लोगों की जान जोखिम में नहीं पड़ती। ग्रामीणों ने कहा कि आपात स्थिति में यदि बिजली विभाग समय पर सहायता नहीं पहुंचा सकता तो ऐसी व्यवस्था का क्या फायदा। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि इस दौरान किसी व्यक्ति की मौत हो जाती या बड़ा हादसा हो सकता था।