चंडीगढ़: विजिलेंस ब्यूरो ने भ्रष्टाचार के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत सहायक रजिस्ट्रार निखिल गर्ग को पटियाला स्थित उसके आवास पर 1,00,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों काबू किया है। इस संबंध में जानकारी देते हुए राज्य विजिलेंस ब्यूरो के प्रवक्ता ने बताया कि उक्त आरोपी को एक सहकारी सभा के प्रबंधक द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत के आधार पर गिरफ्तार किया गया है।
उन्होंने बताया कि शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि आरोपी ने दोराहा में उसकी बदली के आवेदन की सिफारिश करने के बदले उससे 5 लाख रुपये की रिश्वत मांगी थी। रिश्वत की राशि प्राप्त करने के बाद आरोपी निखिल गर्ग ने शिकायतकर्ता के तबादले संबंधी सहकारी सभा दोराहा की कार्यवाही पुस्तिका में आज की प्रविष्टि में पिछली तारीख डालकर हस्ताक्षर कर दिए।
इसके अलावा आरोपी ने अपने वरिष्ठ अधिकारियों के नाम पर भी रिश्वत की मांग की थी तथा रिश्वत की राशि प्राप्त करने के बाद उसने सहकारी सभा के अपने वरिष्ठ अधिकारी को इसकी सूचना भी दे दी थी। शिकायतकर्ता ने रिश्वत की मांग से संबंधित पूरी बातचीत रिकॉर्ड कर ली थी।
रिश्वत देने के लिए तैयार न होने पर शिकायतकर्ता ने विजिलेंस ब्यूरो के आर्थिक अपराध शाखा (ई.ओ.डब्ल्यू.) लुधियाना से संपर्क किया। शिकायत पर कार्रवाई करते हुए विजिलेंस ब्यूरो की टीम ने जाल बिछाया, जिसके दौरान आरोपी सहायक रजिस्ट्रार को दो सरकारी गवाहों की मौजूदगी में शिकायतकर्ता से 1,00,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया गया।
मौके पर उसके कब्जे से रिश्वत की राशि भी बरामद कर ली गई। इस संबंध में आरोपी के विरुद्ध विजिलेंस ब्यूरो के ई.ओ.डब्ल्यू. थाना, लुधियाना में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है।


पत्र में विद्यालय में कक्षा-कक्षों की कमी तथा उचित खेल मैदान एवं खेल सुविधाओं के अभाव की ओर भी ध्यान आकृष्ट किया गया, जो राष्ट्रीय शिक्षा नीति की भावना के अनुरूप छात्रों के सर्वांगीण विकास हेतु आवश्यक हैं।
अभय झा ने बताया कि यह विषय हल्लोमाजरा के निवासियों की लंबे समय से चली आ रही मांग रहा है। इस संदर्भ में चंडीगढ़ प्रशासन द्वारा विद्यालय पर निरंतर दिए गए ध्यान की सराहना की, जिसके अंतर्गत पंजाब के राज्यपाल एवं प्रशासक, चंडीगढ़ ने वरिष्ठ अधिकारियों के साथ स्थिति का आकलन करने हेतु विद्यालय का दौरा भी किया है। इस सतत प्रयास को आगे बढ़ाते हुए पत्र के माध्यम से केंद्र सरकार से यह आग्रह किया गया है कि विद्यालय के उन्नयन एवं आधारभूत संरचना सुधार कार्य को शीघ्र पूर्ण किया जाए।
राजकीय उच्च विद्यालय, हल्लोमाजरा का सीनियर सेकेंडरी विद्यालय के रूप में उन्नयन हमारे स्थानीय समुदाय की एक वास्तविक एवं लंबे समय से प्रतीक्षित मांग है। मुझे विश्वास है कि धर्मेंद्र प्रधान के सक्षम नेतृत्व में छात्रों के व्यापक हित में इस मांग पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करते हुए शीघ्र कार्यवाही की जाएगी।
अभय झा ने अपने पत्र के माध्यम से केंद्रीय शिक्षा मंत्री के समक्ष निम्नलिखित मांगें प्रस्तुत की हैं।








