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  • बारिश के कारण बसों के 500 रूट हुए ठप्प, सरकार ने जारी की एडवाइजरी

    बारिश के कारण बसों के 500 रूट हुए ठप्प, सरकार ने जारी की एडवाइजरी

    शिमलाः हिमाचल में भारी बारिश के कारण एक बार फिर से जनजीवन अस्त व्यवस्त हो गया है। प्रदेश में दो एनएच समेत 452 से ज्यादा सडक़ें बंद हो गई है। इन सडक़ों के बंद होने से यातायात व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई है। एचआरटीसी प्रबंधन से प्राप्त जानकारी के अनुसार प्रदेश भर में एचआरटीसी के 500 से ज्यादा रूट प्रभावित हुए है। इन रूटों पर बस सेवा बंद हो गई है। प्रदेश के ज्यादातर क्षेत्रों में एचआरटीसी ही पब्लिक ट्रांसपोर्ट की भूमिका निभाती हैं, लेकिन 500 से ज्यादा रूट बंद होने से लोगों को आने जाने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। 

    एक महीने में सभी रूटों पर सेवाएं नहीं दे पा रहा एचआरटीसी 

    पिछले एक महीने में एचआरटीसी सभी रूटों पर सेवाएं नहीं दे पा रहा है। इससे जहां लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा हैं, तो वहीं दूसरी ओर से एचआरटीसी का घाटा भी दिनप्रतिदिन बढ़ता जा रहा है। प्रदेश विभिन्न क्षेत्रों में एचआरटीसी की बसें फंसने के कारण जहां आम लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा हैं, तो वहीं एचआरटीसी को भी हर दिन लाखों रुपए का नुकसान उठाना पड़ रहा है। एचआरटीसी प्रबंधन से प्राप्त जानकारी के अनुसार विभिन्न क्षेत्रों में सेवाएं बाधित होने और बारिश के कारण बस स्टैंड व वर्कशॉप को हुए नुकसान का आंकड़ा 20 से 25 करोड़ को पार कर चुका है।

    एचआरटीसी को 1355 करोड़ से अधिक का घाटा 

    कोविड काल के बाद से एचआरटीसी घाटे से उभर नहीं पाया है। वर्तमान में एचआरटीसी का कुल घाटा 1355 करोड़ से अधिक का बताया जा रहा है। एक ओर जहां सरकार व एचआरटीसी प्रबंधन एचआरटीसी को घाटे से निकालने के लिए योजनाएं बना रही हैं, तो वहीं दूसरी ओर हिमाचल में आई आपदा से एचआरटीसी की मुश्किले और अधिक बढ़ गई है।

    सरकार ने जारी की एडवाइजरी

    • उन क्षेत्रों में रात को यात्रा करने से बचे जहां सडक़ें उचित नहीं हैं, गाड़ी चलाते वक्त लो बीम (फोग) लाइट का इस्तेमाल करें
    • बारिश के दौरान जरूरी काम होने पर ही घर से बाहर निकलें
    • अनावश्यक यात्रा से बचें
    • नदियों और नालों से दूर रहें

    दिल्ली-चंडीगढ़ के लिए वैकल्पिक व्यवस्था

    शिमला-कालका हाई-वे चक्की मोड़ पर फिर से बंद हो गया है। ऐसे में दिल्ली-चंडीगढ़ के लिए एचआरटीसी ने वैकल्पिक रूट चिन्हित किए है। एचआरटीसी के प्रबंध निदेशक रोहन चंद ठाकुर ने बताया कि रविवार शाम पांच बजे के बाद दिल्ली के लिए वाया नाहन होकर बसें जाएगी। इसके अलावा शिमला से चंडीगढ़-ऊना जाने वाले बसें वाया कुनिहार रामेश्वर सिस्वान से होकर चंडीगढ़ जाएगी। चक्की मोड़ खुलने यातायात बहाल होने तक यही व्यवस्था रहेगी।

    3600 रूटों पर बसों का संचालन

    वर्तमान में हालत यह कि एचआरटीसी कर्मचारियों व पेंशनरों की पेंशन के लिए सरकार पर निर्भर है। एचआरटीसी को कर्मचारियों के वेतन व पेंशनरों की पेंशन के लिए सरकार से 69 करोड़ रुपए की राशि हर माह लेनी पड़ती है। एचआरटीसी प्रदेश भर में कुल 3600 रूटों पर बसों का संचालन करता हैं।

  • बड़ा हादसाः शिव बाड़ी मंदिर में सुबह-सुबह पूजा करने आए श्रद्धालु मलबे में दबे, देखें वीडियो

    बड़ा हादसाः शिव बाड़ी मंदिर में सुबह-सुबह पूजा करने आए श्रद्धालु मलबे में दबे, देखें वीडियो

    शिमलाः हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला में भारी बारिश से सुबह के वक्त एक मंदिर ढह गया। शिमला के उपनगर बालूगंज के साथ लगते शिव बावड़ी मंदिर में 7.30 बजे लैंडस्लाइड से मंदिर में 20 से 25 लोगों के दबे होने की आशंका है। मौके पर राहत एवं बचाव कार्य शुरू हो गया है। इन दिनों सावन का महीना है। ऐसे लोग सुबह-सुबह मंदिर में पूजा के लिए आए थे। उधर, सोलन जिले के ममलीग की जडोंण भी बादल फटने से लैंडस्लाइड के बाद दो घर क्षतिग्रस्त हो गए।

    इसमे चपेट में सात लोग आए। तीन के शव बरामद कर दिए गए है। मंडी और सिरमौर जिले में आधा दर्जन लोगों के जगह-जगह मलबे में दबे होने की सूचना है। मंडी के सात मील के पास भी बादल फटने से एक दर्जन से ज्यादा गाड़ियों व कुछ घरों को नुकसान हुआ है। प्रदेश में पिछले तीन दिन से हो रही भारी भारी बारिश जबरदस्त तबाही हुई है। मंडी, सिरमौर, शिमला, हमीरपुर, बिलासपुर और सोलन में भी जगह-जगह जलभराव, लैंडस्लाइड और पेड़ गिरने से कई घर खतरे की जद में आ गए।

    प्रदेशभर में कालका-शिमला, चंडीगढ़-मनाली, शिमला-धर्मशाला, पांवटा-शिलाई NH सहित 800 से ज्यादा सड़कें बंद हैं। इससे 2000 से ज्यादा रूटों पर बस सेवाएं ठप होने से लोगों की आवाजाही बुरी तरह प्रभावित हुई है। सड़क, बिजली, पानी के बगैर यहां के लोगों के समक्ष ‘पहाड़’ जैसी चुनौतियां खड़ी हो गई हैं। इस बीच मौसम विभाग ने अगले तीन-चार घंटे के लिए भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। खासकर ब्यास, पौंग डैम, रंजीत सागर और सतलुज नदी के कैचमेंट एरिया में बादल फटने जैसी घटनाओं से भारी तबाही की चेतावनी दी गई है। इसी तरह 9 जिले में कल तक फ्लैश फ्लड की भी चेतावनी दी गई है।

    प्रदेश में भारी बारिश से उपजे हालात के बीच सीएम सुखविंदर सुक्खू ने देर शाम सभी जिलों के डीसी के साथ वर्चुअली मीटिंग की। इसके बाद उन्होंने सभी स्कूल-कॉलेज, ITI, इंजीनियरिंग, पॉलिटेक्निक व फार्मेसी कॉलेजों में आज छुट्टियां घोषित की। इसी तरह प्रदेश विश्वविद्यालय ने भी पीजी और बीएड की परीक्षाएं रद्द कर दी हैं। मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों से उफनते हुए नदी-नालों व लैंडस्लाइड संभावित क्षेत्रों में नहीं जाने तथा सावधानी बरतने की अपील की है। आसमान से बरस रही आफत से न केवल इंसान बल्कि मवेशी भी फ्लैश फ्लड में तिनके की तरह बह रहे हैं। वहीं मौसम विभाग की भारी बारिश की चेतावनी के बीच पुलिस मुख्यालय ने आपदा को देखते हुए कंट्रोल रूम स्थापित किया है।

    राहत एवं बचाव कार्य के लिए लोग 112 नंबर पर फोन कर आपदा संबंधित सूचना दे सकेंगे। प्रदेश में सैकड़ों घर, कई कस्बे और किसानों की हजारों बीघा उपजाऊ जमीन जलमग्न हो गई है। इससे दो दिन में ही करोड़ों रुपए का नुकसान सरकारी व निजी संपत्ति को हो चुका है। कई जगह गाड़ियां पानी के तेज बहाव में तिनके की तरह बह रही है। पिछले दो दिनों में 30 से ज्यादा घर पूरी तरह और 180 घर आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हो गए है। इस दौरान लगभग 140 गौशालाएं, दुकानें व घ्राट भी क्षतिग्रस्त हुए हैं। आसमान से बरस रही आफत से पहाड़ों की जनता सहम गई है।

  • 14 अगस्त को बंद रहेंगे सभी स्कूल, आदेश जारी

    14 अगस्त को बंद रहेंगे सभी स्कूल, आदेश जारी

    शिमला: हिमाचल प्रदेश के शिमला शहरी व शिमला ग्रामीण में 14 अगस्त को सभी स्कूल बंद रहेंगे। शिमला में भारी बारिश से जगह-जगह भूस्खलन व पेड़ गिर रहे हैं। इसको देखते हुए विद्यार्थियों व स्कूल स्टाफ की सुरक्षा के दृष्टिगत स्कूलों को बंद रखने का फैसला लिया गया है। एडीएम शिमला शहरी भानु गुप्ता व ग्रामीण निशांत कुमार की ओर से इस संबंध में आदेश जारी किए गए हैं। 

    आदेशों के अनुसार शिमला शहरी ग्रामीण के हिमाचल स्कूल शिक्षा बोर्ड, सीबीएसई, आईसीएसई से संबद्ध सभी सरकारी व निजी स्कूल 14 अगस्त को बंद रहेंगे। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला की ओर से भी अगले 24 घंटों के दौरान भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। इसी तरह मंडी जिले में भी 14 अगस्त को स्कूल बंद रखने का फैसला लिया गया है। इस संबंध में डीसी मंडी की ओर से आदेश जारी किए गए हैं।

  • बारिश का कहरः बादल फटने से रिहायशी क्षेत्रों में आया मलबा, कई  पेड़ गिरे, देखें वीडियो

    बारिश का कहरः बादल फटने से रिहायशी क्षेत्रों में आया मलबा, कई पेड़ गिरे, देखें वीडियो

    शिमलाः हिमाचल प्रदेश में जारी बारिश ने कहर बरपाया है। जगह-जगह भूस्खलन व पेड़ ढहने से सड़कें ठप हो गई हैं। प्रदेश के जिला मंडी के नाचन क्षेत्र के चुनाहन में बादल फटने से तबाही हुई है। बादल फटने के बाद बड़ी मात्रा में पानी व मलबा रिहायशी क्षेत्रों में आ गया। घरों के आसपास पार्क गाड़ियां मलबे के साथ पानी में बह गईं। कई घरों के आंगन बह गए हैं। जिससे मकानों को खतरा पैदा हो गया है। वहीं, खेत मक्की-धान की फसलों सहित बह गए हैं। दर्जनों गांवों में बिजली गुल है। 1814 बिजली ट्रांसफार्मर व 59 जलापूर्ति योजनाएं बाधित हैं। मंडी जिले में सबसे अधिक 236 और शिमला में 59 सड़कें बंद हैं। इसी तरह मंडी जिले में ही 1335 व हमीरपुर में 445 बिजली ट्रांसफार्मर बाधित हैं।

    राज्य में इस मानसून सीजन के दौरान 24 जून से 12 अगस्त तक 255 लोगों की मौत हो चुकी है। 290 घायल हुए हैं। अब तक 935 घर ढह गए हैं। 7758 घरों को नुकसान पहुंचा है। 269 दुकानों व 2635 गोशालाओं को भी नुकसान हुआ है। मानसून में अभी तक 6807.22 करोड़ रुपये से अधिक का नुकसान हो चुका है। राज्य में भूस्खलन की 87 और अचानक बाढ़ की 54 घटनाएं सामने आ चुकी हैं। राजधानी शिमला में भारी बारिश ने तबाही मचाई है। जगह-जगह पेड़ गिरने व भूस्खलन से सड़कें ठप हो गई हैं। शहर मे करीब दो दर्जन पेड़ ढह गए हैं। इससे भवनों, गाड़ियों को नुकसान हुआ है। 
    शिमला-धर्मशाला-मंडी नेशनल हाईवे घणाहट्टी के पास भूस्खलन व ढांडा के पास पेड़ गिरने से बाधित है। जाखू में आरसीसी कंप्यूटर के पास भी भूस्खलन हुआ है। वहीं संजौली में भी पेड़ गिरने से सड़क बंद हो गई।  वहीं, भूस्खलन के कारण कैपिटल होटल से कैथू अनाडेल तक का सड़क बंद हो गई। 
    शिमला के टूटीकंडी में निजी बस पर पेड़ गिर गया। हादसे में एक व्यक्ति घायल हो गया है। बस को भी नुकसान हुआ है। गनीमत रही कि बड़ा हादसा नहीं हुआ। जबकि शहर के विकासनगर में दो पेड़ गिर गए हैं। एक पेड़ भवन पर गिर गया है। इससे भवन को नुकसान हुआ है। वहीं, खलीनी की फॉरेस्ट कॉलोनी के पास देवदार के करीब एक दर्जन पेड़ ढह गए हैं। गाड़ी को भी नुकसान पहुंचा है। भराड़ी में भी भूस्खलन हुआ है। मिस्ट चेंबर के पास भी पेड़ गिर गया है।

  • इस इलाके में पुजारी की बेरहमी से हत्या, मंदिर के पास झाड़ियों में शव बरामद

    इस इलाके में पुजारी की बेरहमी से हत्या, मंदिर के पास झाड़ियों में शव बरामद

    शिमलाः हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला से बड़ी खबर सामने आई है। जहां हमलावारों ने मंदिर के पुजारी की बेरहमी से हत्या कर शव को मंदिर के पास झाड़ियों में फेंक दिया। पुजारी की उम्र 59 साल थी। वह बीते दो वर्षों से अधिक समय से मंदिर में ही बने एक कमरे में रहते थे। पुजारी की पहचान महाराष्ट्र निवासी सुनील दास के रूप में हुई है। घटना से इलाके में सनसनी फैल गई। 

    शिमला पुलिस ने हत्या का केस दर्ज कर अपराधियों की तलाश शुरू कर दी है। मामला ढली थाना अंतर्गत आने वाले कांती गांव के भूतेश्वर मंदिर का है। पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, महाराष्ट्र निवासी सुनील दास मार्च 2021 से भूतेश्वर मंदिर में रह रहा था। बीते आठ अगस्त को वह संदिग्ध हालत में लापता हो गया। शनिवार को उसका शव मंदिर से 15 मीटर दूर झाड़ियों में पड़ा हुआ मिला। मृतक पुजारी के शरीर पर चोट के निशान थे। फोरेंसिक टीम ने भी मौके का मुआयना किया। अंदेशा जताया जा रहा है कि डंडों के वार से पुजारी को हत्या की गई है। 

    ये मंदिर सुनसान जगह पर है और एक किलोमीटर तक कोई भी रिहायश नहीं है, ना ही मंदिर परिसर में सीसीटीवी लगा है। शिमला के एसपी संजीव गांधी ने पुष्टि करते हुए रविवार को बताया कि अज्ञात अपराधियों ने पुजारी को मौत के घाट उतारा है। इस मामले में ढली थाने में आईपीसी की धारा 302 के तहत हत्या का मामला दर्ज किया गया है। शव को पोस्टमार्टम के उपरांत मृतक के अनुयायियों के सुपुर्द कर दिया गया है। अनुयायियों ने शव का दाह संस्कार किया। घटनास्थल से फोरेंसिक की टीम ने सैम्पल एकत्रित किये हैं। मामले में जांच जारी है और हत्यारों को जल्द गिरफ्त में लिया जाएगा।

  • Samsung के इस फोन की 28 घंटों में एक लाख प्रीबुकिंग हुई दर्ज

    Samsung के इस फोन की 28 घंटों में एक लाख प्रीबुकिंग हुई दर्ज

    नई दिल्ली : सैमसंग ने अपनी पांचवीं पीढ़ी की अल्ट्रा-प्रीमियम फोल्डेबल डिवाइस- गैलेक्सी जेड फ्लिप5 और जेड फोल्ड5 की भारत में पेशकश के 28 घंटों के अंदर ही इनकी रिकॉर्ड एक लाख प्रीबुकिंग दर्ज की है। कंपनी ने वीरु को यह जानकारी दी। सैमसंग ने बयान में कहा कि चौथी पीढ़ी के फोल्डेबल स्मार्टफोन (गैलेक्सी जेड फ्लिप4 और जेड फोल्ड4) की तुलना में पांचवीं पीढ़ी की डिवाइस को पहले 28 घंटों में 1.7 गुना ज्यादा प्रीबुकिंग मिली। कंपनी ने दोनों डिवाइस 26 जुलाई को पेश किए थे और उनकी प्रीबुकिंग 27 जुलाई को शुरू हुई थी। मेड इन इंडिया डिवाइस की भारत में बिक्री 18 अगस्त से शुरू होगी।

    सैमसंग दक्षिण-पश्चिम एशिया के अध्यक्ष और मुख्य कार्यपालक अधिकारी जे बी पार्क ने कहा कि हाल ही में पेश गैलेक्सी जेड फ्लिप5 और गैलेक्सी जेड फोल्ड5 को भारत में उत्साहजनक प्रतिक्रिया मिलने से हम बहुत खुश हैं। गैलेक्सी जेड फ्लिप5 और गैलेक्सी जेड फोल्ड5 की सफलता बताती है कि भारतीय ग्राहक नवाचारों के लिए कितने उत्साहित हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि हमारी नई डिवाइस फोल्डेबल स्मार्टफोन को मुख्यधारा में लाने में मदद करेंगी और भारत में हमारी स्थिति को और मजबूत करेंगी। गैलेक्सी फोल्ड5 की कीमत 1.54 लाख से 1.85 लाख के बीच है। सैमसंग गैलेक्सी फ्लिप5 की कीमत 99,999 रुपये से 1,09,999 रुपये तक है।

  • नामी रेस्टोरेंट के पिज्जा में कॉकरोच निकलने पर मचा हड़कंप, देखें वीडियो

    नामी रेस्टोरेंट के पिज्जा में कॉकरोच निकलने पर मचा हड़कंप, देखें वीडियो

    शिमला: राजधानी शिमला में लोगों की सेहत से खिलवाड़ का मामला सामने आया है। माल रोड पर स्थित एक नामी रेस्टोरेंट में पर्यटकों को परोसे गए पिज्जा में कॉकरोच निकला है। लुधियाना से आए पर्यटकों ने रेस्टोरेंट में पिज्जा ऑर्डर किया था जिसमें कॉकरेच निकला है। पिज्जा में कॉकरोच देख कर पर्यटकों में रोष है। उन्होंने इस बारे में प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग की है। जानकारी के अनुसार लुधियाना से सौरभ अरोड़ा परिवार के साथ शिमला घूमने आए हैं। ये लोग इस नामी रेस्टोरेंट में खाने बैठे और पिज्जा ऑर्डर किया। पिज्जा खाते हुए सौरभ अरोड़ा की पत्नी की नजर पड़ी उसमें कॉकरोच था। उसने तुरंत सौरभ को खाने से रोका। कॉकरोच को देखकर सौरभ भी गुस्से में आए गए और मैनेजर से इस बारे में शिकायत की लेकिन उन्होंने रेस्टोरेंट की बदनामी के डर से कार्रवाई न करते हुए दूसरा पिज्जा लाने की बात कही।

    उन्होंने कहा कि बात पिज्जा खाने की नहीं बल्कि लोगों के स्वास्थ्य से जुड़ी है। अगर पिज्जा खा लिया जाता तो उसे खाने से स्वास्थ्य बिगड़ भी सकता था। उन्होंने साथ लगते पुलिस कंट्रोल रूम में इसकी शिकायत की, साथ ही फूड इंस्पैक्टर से भी संपर्क साधने का प्रयास किया।  सौरभ ने कहा कि इस मामले की शिकायत के लिए फूड इंस्पेक्टर को फोन किया तो उन्होंने बताया कि उनकी ट्रांसफर हो गई है। नए फूड इंस्पेक्टर को जब उन्होंने फोन किया तो उन्होंने फोन नहीं उठाया।

    उधर, एक अन्य उपभोक्ता अनिशा नायर ने कहा कि कुछ दिन पहले उन्होंने इस रेस्तरां से बर्गर खाया था, जिसके बाद स्वास्थ्य बिगड़ गया था। दवा लेने के बाद स्वास्थ्य में सुधार हुआ है। सौरभ ने रेस्टोरेंट मालिक के खिलाफ कार्यवाही की मांग की है।  वहीं सह आयुक्त, खाद्य सुरक्षा डा. विजया ने कहा कि पिज्जा में कॉक्रोच मिलने के संबंध में अभी कोई शिकायत नहीं आई है। अगर शिकायत आती है तो जरूर कार्रवाई की जाएगी। विभागीय टीम शहर में दुकानों, ढाबों व रैस्टोरैंट में खाद्य पदार्थों की जांच करती रहती है। लोगों के स्वास्थ्य के साथ इस तरह का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

  • हिमाचल में कई क्षेत्रों में लैंडस्लाइड के बाद NH-5 बंद, देखें वीडियो

    हिमाचल में कई क्षेत्रों में लैंडस्लाइड के बाद NH-5 बंद, देखें वीडियो

    कुल्लू में बाढ़ से लोगों में मची अफरा-तफरी

    शिमलाः हिमाचल प्रदेश में बारिश का कहर नहीं थम रहा। बीती रात भी शिमला, किन्नौर और कुल्लू जिले के कई क्षेत्रों में जगह-जगह लैंडस्लाइड से तबाही हुई है। तीन दिन से बंद पड़े शिमला-किन्नौर NH-5 पर चौरा में सुबह के वक्त लैंडस्लाइड हो गया। NH-5 अब जगह-जगह बंद हो गया है। उधर, कुल्लू के आनी की देहरी खड्ड में बाढ़ के बाद रातभर क्षेत्र के लोगों में अफरा-तफरी मची रही।

    वहीं पिछले 24 घंटे के दौरान भी रामपुर और किन्नौर में चट्टानें खिसकने से खूब तबाही मची। रामपुर में कॉलेज के सामने पूरा पहाड़ सड़क पर गिर गया। रामपुर के ही ज्यूरी में भी पूरी पहाड़ी किन्नौर को शिमला से जोड़ने वाले नेशनल हाईवे-5 पर गिरी। NH-5 बंद होने से किन्नौर जिले का शिमला से पूरी तरह संपर्क कटा हुआ है। ब्रोनी खड्ड के पास हाईवे का हिस्सा नदी में निरंतर टूट कर गिर रहा है।

    वहीं वैकल्पिक सड़क लुहरी-ओट नेशनल हाईवे-305 भी कई स्थानों पर बंद पड़ा है। किन्नौर के ही नाथपा गांव की पहाड़ी से 4 दिन से चट्टानें गिर रही हैं। इससे गांव पर खतरा मंडरा रहा। इसके बाद गांव में 4 घरों को भी खाली करवाया गया। गांव में दहशत का माहौल बना हुआ है। प्रदेश के कई क्षेत्रों में आज भी तेज बारिश होने की संभावना है। इसे देखते हुए मौसम विभाग ने आज के लिए यलो अलर्ट जारी किया है। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के निदेशक डॉ. सुरेंद्र पाल ने बताया कि आज मिड और लो हिल एरिया में बारिश होगी। कल से 2 अगस्त तक मानसून कमजोर पड़ेगा। 3 अगस्त से मानसून फिर रफ्तार पकड़ेगा।

  • होटल के कमरों पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक छूट  

    होटल के कमरों पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक छूट  

    शिमला: हिमाचल प्रदेश पर्यटन विकास निगम (एचपीटीडीसी) ने शनिवार को होटल के कमरों के किराये पर 50 प्रतिशत तक छूट देने की घोषणा की। इससे पहले प्रदेश सरकार ने भारी बारिश के कारण भूस्खलन और बाढ़ में फंसे 70,000 से ज्यादा पर्यटकों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया था। निगम के एक प्रवक्ता ने बयान में कहा कि एचपीटीडीसी की ओर से संचालित होटलों पर यह छूट 15 सितंबर तक प्रभावी रहेगी। उन्होंने कहा कि इतनी भारी छूट देकर एचपीटीडीसी की कोशिश आगंतुकों के अनुभव को बेहतर बनाने की है।


    पर्यटन उद्योग हितधारक संघ के अध्यक्ष एम के सेठ ने कहा कि सात से 14 जुलाई के बीच भारी बारिश के बाद राज्य में पर्यटकों की संख्या लगभग शून्य हो गई है। स्थिति में तेजी से सुधार हो रहा है और सड़कें खोली जा रही हैं। पर्यटकों का राज्य में स्वागत है।

  • बड़ा हादसा: यात्रियों से भरी बस पलटी, ड्राइवर सहित कई घायल

    बड़ा हादसा: यात्रियों से भरी बस पलटी, ड्राइवर सहित कई घायल

    सोलन: हिमाचल प्रदेश के सोलन जिले के नालागढ़ में एक बस हादसे का शिकार हो गई। बस बैलेंस बिगड़ने से सड़क से उतरकर खेतों में पलट गई। हादसे में 3 महिला मजदूर घायल हुई हैं, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। DSP बद्दी प्रियंक गुप्ता ने हादसे की पुष्टि की और बताया कि घायलों की हालत खतरे से बाहर है। DSP ने बताया कि बस पंचकूला से बद्दी स्थित वर्धमान उद्योग में आ रही थी कि मंधाला के पास दुर्घटनाग्रस्त हुई। हादसा रविवार सुबह हुआ, जब बस कामगारों को लेकर बद्दी आ रही थी। अचानक बस अनियंत्रित हो गई और सड़क किनारे पलट गई। बस में 18 महिला कामगार थीं, जिसमें चालक समेत 3 को गंभीर चोटें लगीं।

    ग़नीमत रही कि हादसे में जान हानि नहीं हुई। सूचना मिलते ही बरोटीवाला थाना टीम मौक़े पर पहुंची और घायलों को स्थानीय लोगों की मदद से बाहर निकाला, जिन्हें प्राथमिक उपचार के लिए अस्पताल भेज दिया गया। बता दें कि पिंजौर-बद्दी नेशनल हाईवे पर पुल टूटने के कारण वाहनों की आवाजाही कालका से मंधाला के रास्ते बरोटीवाला में हो रही है।