Category: Haryana|Panchkula

  • घग्गर समेत उफान पर सभी नदियां-नाले, DC ने लगाया पूर्ण प्रतिबंध, धारा 163 लागू, देखें वीडियो

    घग्गर समेत उफान पर सभी नदियां-नाले, DC ने लगाया पूर्ण प्रतिबंध, धारा 163 लागू, देखें वीडियो

    पंचकूलाः हिमाचल प्रदेश के पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार हो रही भारी बारिश और पंचकूला में पिछले 48 घंटे से जारी वर्षा के कारण घग्गर नदी समेत जिले की सभी प्रमुख नदियां और बरसाती नाले उफान पर हैं। घग्गर नदी का जलस्तर लगातार बढ़ने से उसने रौद्र रूप धारण कर लिया है। संभावित बाढ़ और हादसों के खतरे को देखते हुए जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। मानसून के दौरान मौसम विभाग की भारी बारिश की चेतावनी के मद्देनजर डीसीपी पंचकूला सृष्टि गुप्ता ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस), 2023 की धारा 163 लागू कर दी है। यह आदेश 28 अगस्त 2026 तक पूरे पंचकूला जिले
    में प्रभावी रहेगा।

     

    आदेश का उद्देश्य अचानक आने वाली बाढ़, तेज बहाव और जल भंवरों से लोगों की जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। जारी आदेशों के अनुसार अब घग्गर, कौशल्या और टांगरी नदियों सहित जिले की सभी प्राकृतिक और मानव निर्मित नदी, नालों, सहायक नदियों और बांधों के किनारे किसी भी व्यक्ति के जाने पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। नदी किनारे रील बनाना, घूमना, सैर करना, नजारा देखने जाना, नदी में उतरना, नहाना, कपड़े धोना या किसी भी प्रकार के सामाजिक, धार्मिक अथवा राजनीतिक आयोजन करना पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। केवल बाढ़ राहत एवं प्रशासनिक ड्यूटी पर तैनात सरकारी कर्मचारियों को ही इस आदेश से छूट दी गई है। पुलिस प्रशासन ने जिले के 13 सबसे संवेदनशील और बाढ़ संभावित स्थानों की पहचान की है।

    इनमें सेक्टर-21 घग्गर पुल (शनि मंदिर के पास), माजरी चौक घग्गर पुल, बुर्ज कोटिया, दीवानवाला, चंडी, थापली, बालू थापली, बरुण, चामला गांव के पास घग्गर नदी, बरवाला पुल के पास टांगरी नदी, खेतपराली गांव, रायपुर रानी (मोरनी टी-पॉइंट) के पास टांगरी नदी तथा मल्लाह पुल के दोनों ओर कौशल्या नदी का क्षेत्र शामिल है। इन सभी स्थानों पर संबंधित एसीपी और थाना प्रभारियों को नियमित गश्त और कड़ी निगरानी के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस और जिला प्रशासन लगातार नदी और नालों के आसपास गश्त कर लोगों को वहां जाने से रोक रहे हैं।

    प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यदि कोई भी व्यक्ति आदेशों का उल्लंघन करता हुआ पाया गया तो उसके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 223 के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। गौरतलब है कि हर वर्ष बरसात के दौरान घग्गर नदी और बरसाती नालों में तेज बहाव के कारण कई लोग लापरवाहीवश हादसों का शिकार हो जाते हैं। ऐसे में प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान घरों में ही रहें, नदी-नालों और जलभराव वाले क्षेत्रों से पूरी तरह दूर रहें तथा प्रशासन द्वारा जारी सभी सुरक्षा निर्देशों का पालन करें।

     

     

  • बारिश का कहर, पहाड़ों से गिर रहे पत्थर, प्रशासन ने की लोगों से खास अपील, देखें वीडियो

    बारिश का कहर, पहाड़ों से गिर रहे पत्थर, प्रशासन ने की लोगों से खास अपील, देखें वीडियो

    पंचकूलाः हरियाणा में बारिश के चलते नदी में पानी बढ़ गया। वहीं मोरनी टिकर ताल, मोरनी बड़ी शेर मार्ग, मोरनी थापली वाया चडी मंदिर मोरनी, रायपुर रानी मार्ग पर पहाड़ों से गिर रहे हैं। इसी के साथ मोरनी की घग्घर नदी का जलस्तर भी बढ़ गया है। ऐसे में प्रशासन की ओर से लोगों से ध्यान से चलने की अपील की है। इस दौरान प्रशासन की ओर से कहा गया है कि पत्थर गिरने के कारण कुछ मार्ग बंद कर दिए गए है। बता दें कि बीते दिन गुमथला गांव जाने वाले बरसाती नदी के रास्ते पर को पानी का जलस्तर अचानक बढ़ जाने से स्कूली बच्चे और ग्रामीण करीब 5 घंटे तक फंसे रहे।

    पानी कम होने के बाद ही बच्चे अपने घरों के लिए रवाना हो सके। जानकारी के अनुसार, बरसात के चलते नदी में पानी बढ़ गया, जिससे गुमथला को जाने वाला संपर्क मार्ग पूरी तरह बाधित हो गया। स्कूल से लौट रहे कई बच्चे नदी के एक किनारे पर ही रुकने को मजबूर हो गए। उनके साथ कई ग्रामीण भी सुरक्षित जलस्तर का इंतजार करते रहे। इसी दौरान एक कार भी तेज बहाव में फंस गई। स्थानीय लोगों ने ट्रैक्टर की मदद से काफी मशक्कत के बाद वाहन को सुरक्षित बाहर निकाला। गनीमत रही कि इस दौरान कोई जनहानि नहीं हुई।

    करीब 5 घंटे बाद बरसाती नदी का जलस्तर घटा, जिसके बाद स्कूली बच्चों और ग्रामीणों ने नदी पार कर अपने गांव गुमथला के लिए रवाना हुए। बीते दिन हुई तेज बारिश के कारण पंचकूला के निचले इलाकों में पानी जमा हो गया। नाडा साहिब गांव के प्राथमिक स्कूल पानी से भर गया है। कमरों तक में पानी घुस गया। पंचकूला के गुमथला गांव निवासियों का कहना है कि बरसात के मौसम में हर साल यही स्थिति बनती है। कई बार प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से बरसाती नदी पर स्थायी पुल बनाने तथा सुरक्षित संपर्क मार्ग उपलब्ध कराने की मांग की जा चुकी है, लेकिन अब तक इस दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। उनका कहना है कि हर बारिश में बच्चों, बुजुर्गों और ग्रामीणों की जान जोखिम में पड़ जाती है।

     

     

     

     

  • श्री गुरु रविदास चौक के पास SHO को 200 मीटर घसीटता ले गया ऑटो चालक, कटा 32 हजार का चलान

    श्री गुरु रविदास चौक के पास SHO को 200 मीटर घसीटता ले गया ऑटो चालक, कटा 32 हजार का चलान

    पंचकूलाः सेक्टर 9 और 10 की डिवाइडिंग रोड श्री गुरु रविदास चौक के पास ट्रैफिक चालान से बचने के लिए फल विक्रेता ऑटो चालक ने ऑटो भगा लिया। इस दौरान सिटी ट्रैफिक एसएचओ वरिंद्र कुमार का हाथ ऑटो में फंस गया और चालक उन्हें 200 मीटर तक घसीटते हुए ले गया। किसी तरह एसएचओ ने खुद को सुरक्षित किया, जबकि आरोपी मौके से फरार हो गया। घटना के बाद पुलिस ने उसे सेक्टर-16 मार्केट क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया।

    पुलिस ने ऑटो को इंपाउंड कर 32 हजार रुपये का चालान भी किया। डीसीपी क्राइम एंड ट्रैफिक अमरिंदर सिंह ने बताया कि सड़क किनारे अवैध रूप से रेहड़ी लगाकर फल बेचने वालों की शिकायतों के बाद को विशेष जांच अभियान चलाया गया था। इस दौरान ट्रैफिक पुलिस की टीम वाहनों और सड़क किनारे विक्रेताओं के दस्तावेजों की जांच कर रही थी। इस दौरान एक ऑटो रिक्शा चालक को चैकिंग के लिए रोकने का इशारा किया लेकिन वह रुकने की बजाय भगाने के लिए ऑटो की रफ्तार बढ़ने लगा।

    भागने की इस गड़बड़ी में शहर के ट्रैफिक एसएचओ वरिंदर सिंह का हाथ ऑटो में फंस गया इसके बावजूद पुलिस ने ऑटो नहीं रोका और अधिकारी को 200 मीटर तक घसीटता हुआ ले गया। जिससे एसएचओ को अपनी जान का गंभीर खतरा पैदा हो गया और उसने खुद को सुरक्षित किया। डीसीपी सृष्टि गुप्ता ने बताया कि आरोपी के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने समेत संबंधित धाराओं में कार्रवाई की गई है। साथ ही ऑटो को इंपाउंड कर यातायात नियमों के उल्लंघन पर 32 हजार रुपये का चालान किया गया है। उन्होंने कहा कि पुलिस कार्रवाई में बाधा डालने और कानून तोड़ने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।

  • जमीन के दस्तावेजों पर फर्जी पहचान बनाकर आरोपी की जमानत कराने के मामले में 2 गिरफ्तार, देखें वीडियो

    जमीन के दस्तावेजों पर फर्जी पहचान बनाकर आरोपी की जमानत कराने के मामले में 2 गिरफ्तार, देखें वीडियो

    पंचकूलाः अदालत में फर्जी दस्तावेज प्रस्तुत कर गंभीर आपराधिक मामलों के आरोपियों को जमानत दिलाने वाले गिरोह के खिलाफ पंचकूला पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 2 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जांच में खुलासा हुआ है कि आरोपियों ने एक निर्दोष व्यक्ति के नाम और उसकी जमीन की जमाबंदी का दुरुपयोग करते हुए फर्जी आधार कार्ड, शपथ पत्र, फोटो व अन्य दस्तावेज तैयार किए और उनके आधार पर एनडीपीएस एक्ट के एक आरोपी की जमानत करवाई। मामले में गिरोह के अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है।

    पंचकूला के सैक्टर-1 चौकी में मिली शिकायत के आधार पर थाना सैक्टर-7 में भारतीय दंड संहिता की धाराओं 406, 420, 465, 466, 468, 471 व 120-बी के तहत मामला दर्ज किया गया। सैक्टर-7 थाना प्रभारी इंस्पेक्टर राजबीर के अनुसार शिकायत में बताया गया कि एक एनडीपीएस मामले में आरोपी बबली के लिए मोहन सिंह नामक व्यक्ति के नाम पर जमानत दाखिल की गई थी। बाद में जब अदालत में जमानतदार को तलब किया गया तो वास्तविक मोहन सिंह ने उपस्थित होकर स्पष्ट किया कि उसने कभी किसी आरोपी की जमानत नहीं दी तथा उसके नाम से लगाए गए शपथ पत्र, फोटो और अन्य दस्तावेज पूरी तरह फर्जी हैं। केवल उसकी जमीन की जमाबंदी का दुरुपयोग किया गया है।

    मामले की जांच के दौरान पुलिस ने अदालत से जमानत संबंधी अभिलेखों की प्रमाणित प्रतियां प्राप्त कीं व विभिन्न क्षेत्रों में आरोपियों की तलाश की। वास्तविक मोहन सिंह को जांच में शामिल कर उसके बयान दर्ज किए गए, जिसमें उसने बताया कि उसकी जमीन की जमाबंदी का इस्तेमाल कर फर्जी आधार कार्ड तैयार किया गया था। जांच के दौरान आरोपी की पहचान के लिए फोटो विभिन्न न्यायालयों में भी दिखाई गई, लेकिन सफलता नहीं मिली। बाद में आरोपी की पहचान बालकृष्ण निवासी अंबाला के रूप में हुई।

    लगातार जांच के आधार पर सैक्टर-1 चौकी इन्चार्ज सब इंस्पेक्टर राममेहर सिंह की अगुवाई में जांच अधिकारी एएसआई राजीव कुमार ने टीम की मदद से 7 जुलाई 2026 को पुलिस ने बालकृष्ण निवासी अंबाला तथा अरविंद कुमार निवासी अंबाला को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों ने बताया कि फर्जी जमानत के लिए इस्तेमाल किए गए दस्तावेज अन्य व्यक्ति द्वारा तैयार करवाए गए थे।

    डीसीपी सृष्टि गुप्ता ने बताया कि पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि इस पूरे षड्यंत्र में कई लोग शामिल थे और फर्जी दस्तावेजों के माध्यम से अदालत को गुमराह कर आरोपी को जमानत दिलाने का प्रयास किया गया। पुलिस अब मुख्य आरोपी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दे रही है। गिरफ्तार आरोपी बालकृष्ण को 1 दिन कापुलिस रिमांड पर लेकर आगे पूछताछ की जा रही है, जबकि दूसरे आरोपी अरविंद कुमार को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। मामले में शामिल अन्य व्यक्तियों की भूमिका की भी गहनता से जांच की जा रही है तथा पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश कर सभी दोषियों के विरुद्ध कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।

  • वर्दी के पीछे समर्पण, 11 जांबाज अधिकारी व कर्मचारी किए सम्मानित, देखें वीडियो

    वर्दी के पीछे समर्पण, 11 जांबाज अधिकारी व कर्मचारी किए सम्मानित, देखें वीडियो

    पंचकूलाः समाज की सुरक्षा, कानून व्यवस्था बनाए रखने और विपरीत परिस्थितियों में भी आमजन की सेवा के लिए दिन-रात समर्पित रहने वाले पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों के कार्यों को सम्मान देने के उद्देश्य से बीती शाम पिंजौर स्थित एक होटल में राउंड टेबल इंडिया फाउंडेशन द्वारा ‘नाइट्स इन खाकी’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के दौरान पंचकूला पुलिस में उत्कृष्ट सेवाएं देने वाले 11 पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को सम्मानित किया गया। संस्था देशभर में शिक्षा, सामाजिक उत्थान एवं जनसेवा से जुड़े विभिन्न कार्यों के साथ-साथ अलग-अलग राज्यों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को भी सम्मानित करती है।

    कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि डीसीपी पंचकूला सृष्टि गुप्ता द्वारा दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। कार्यक्रम में कालका के एसडीएम संयम गर्ग विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। राउंड टेबल इंडिया की ओर से इमीडिएट पास्ट प्रेसिडेंट रचित बंसल, एरिया चेयरमैन रित्विक चौहान, चेयरमैन आशीष जैन, सेक्रेटरी निप्पुन कपूर तथा ट्रेजरर ऋषभ गर्ग सहित अन्य पदाधिकारियों ने कार्यक्रम में भाग लिया।

    संस्था के पदाधिकारियों ने कहा कि पुलिसकर्मी हर परिस्थिति में अपने परिवार से पहले समाज और देश की जिम्मेदारी निभाते हैं। कठिन और चुनौतीपूर्ण हालात में भी आमजन की सुरक्षा सुनिश्चित करना उनका सर्वोच्च दायित्व होता है। उन्होंने पंचकूला पुलिस के समर्पण, कर्तव्यनिष्ठा एवं जनसेवा की भावना की सराहना करते हुए डीसीपी सृष्टि गुप्ता सहित पूरी पुलिस टीम का आभार व्यक्त किया तथा सम्मानित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया।

    इस अवसर पर एसीपी विक्रम नेहरा, क्राइम ब्रांच सेक्टर-26 के प्रभारी इंस्पेक्टर दलीप सिंह (जो कारणों से कार्यक्रम में उपस्थित नहीं हो सके), पिंजौर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर राजेश कुमार (पूर्व थाना प्रभारी सेक्टर-7), क्राइम ब्रांच सेक्टर-19 के प्रभारी पीएसआई प्रवीण कुमार (पूर्व प्रभारी एंटी नारकोटिक्स सेल), सुरक्षा शाखा प्रभारी पीएसआई सचिन, सेक्टर-25 पुलिस चौकी प्रभारी पीएसआई रामू स्वामी (पूर्व साइबर सेल प्रभारी), ओएसआई शाखा के प्रभारी एएसआई मुकेश कुमार, महिला जांच अधिकारी एएसआई सुनीता एवं एएसआई सुदेश कुमारी, पुलिस आयुक्त कार्यालय में सहायक रीडर एएसआई राजेश तथा पुलिस उपायुक्त कार्यालय में सहायक रीडर के रूप में कार्यरत सिपाही नितिन को उनके उत्कृष्ट कार्यों के लिए सम्मानित किया गया।

    इस दौरान डीसीपी सृष्टि गुप्ता ने राउंड टेबल इंडिया फाउंडेशन के सामाजिक कार्यों एवं पुलिसकर्मियों के मनोबल को बढ़ाने की इस पहल की सराहना करते हुए पूरी टीम का धन्यवाद किया। डीसीपी ने कहा कि पुलिस के फील्ड में कार्यरत अधिकारी एवं कर्मचारी आमजन के बीच अपने कार्यों के कारण अधिक दिखाई देते हैं, लेकिन कई ऐसे पुलिसकर्मी भी होते हैं जो सुरक्षा शाखा, साइबर सेल, ओएसआई, रीडर शाखा तथा अन्य इकाइयों में रहकर पर्दे के पीछे बेहद महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाते हैं। उनका योगदान सीधे लोगों तक दिखाई नहीं देता, जबकि पूरी पुलिस व्यवस्था को सुचारु रूप से संचालित करने में उनकी भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होती है। ऐसे कर्मठ पुलिसकर्मियों को भी इस मंच के माध्यम से सम्मानित किया जाना सराहनीय पहल है। उन्होंने कहा कि समाज में अपराधियों और असामाजिक तत्वों के मन में पुलिस का भय होना आवश्यक है, वहीं आमजन के मन में पुलिस की सकारात्मक एवं विश्वासपूर्ण छवि बनना भी उतना ही जरूरी है।

    कार्यक्रम के दौरान एसीपी विक्रम नेहरा ने भी राउंड टेबल इंडिया फाउंडेशन के प्रयासों की प्रशंसा करते हुए कहा कि जब सामाजिक संस्थाएं और पुलिस मिलकर कार्य करती हैं तो समाज में जागरूकता, सुरक्षा और जनविश्वास को और अधिक मजबूती मिलती है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि भविष्य में भी ऐसे आयोजन पुलिसकर्मियों के मनोबल को बढ़ाने और समाज व पुलिस के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।

  • Punjab की Club Dancer का कंकाल मिलने के मामले में आरोपी गिरफ्तार, देखें वीडियो

    Punjab की Club Dancer का कंकाल मिलने के मामले में आरोपी गिरफ्तार, देखें वीडियो

    पंचकूलाः पंजाब की क्लब डांसर का सेक्टर 20 में कंकाल मिलने के मामले में थाना पुलिस ने गुजरात के सूरत से आरोपी को गिरफ्तार किया है। दरअसल, 30 दिसंबर को पंजाब के कपूरथला की क्लब डांसर माधुरी उर्फ सिमरन का कंकाल मिला था। जिसके बाद पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर जांच पड़ताल शुरू की। इस मामले में पुलिस ने गुजरात के सूरत से एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी कोे आज कोर्ट में पेश किया गया। पुलिस जांच में सामने आया था कि क्लब डांसर 13 नवंबर की रात से लापता हुई थी और 30 दिसंबर को शाम मिला था।

    पुलिस जांच में सामने आया है कि मृतक माधुरी मोहाली के जीरकपुर में लिव इन पार्टनर के साथ अक्तूबर 2025 से रह रही थी। पुलिस के मुताबिक, शुरुआती जांच में पता चला है कि माधरी उर्फ सिमरन जीरकपुर के क्लबों में डांस करती थी। उसका लिव इन पार्टनर इंद्र भी जीरकपुर में ही उसके साथ रहता था।

    13 नवंबर की रात को माधरी घर नहीं लौटी। इसके बाद उसका कंकाल के रूप में शव सेक्टर-20 श्मशान घाट एरिया से बरामद हुआ। पुलिस ने पहचान के प्रयास किए तो जीरकपुर के स्वास्तिक विहार निवासी विक्की ने शव की शिनाख्त की। उसने बताया कि मृतका माधरी उर्फ सिमरन है, जो उसके दोस्त इंद्र की लिव इन पार्टनर थी।

     

  • अवैध खनन रोकने पहुंची पुलिस पर हमला, पथराव के बाद सरकारी जिप्सी पर ट्रैक्टर चढ़ाने की कोशिश, 4 गिरफ्तार, देखें वीडियो

    अवैध खनन रोकने पहुंची पुलिस पर हमला, पथराव के बाद सरकारी जिप्सी पर ट्रैक्टर चढ़ाने की कोशिश, 4 गिरफ्तार, देखें वीडियो

    पंचकूलाः घग्गर नदी में अवैध खनन रोकने पहुंची पंचकूला पुलिस की टीम पर जानलेवा हमला करने, सरकारी कार्य में बाधा डालने और सरकारी वाहन को ट्रैक्टर से टक्कर मारने के मामले में 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जानकारी के अनुसार पुलिस चौकी सेक्टर-25 की टीम को सूचना मिली कि सेक्टर-28 स्थित घग्गर नदी के भीतर ट्रैक्टर-ट्रॉली के माध्यम से अवैध खनन किया जा रहा है। सूचना के आधार पर पुलिस और माइनिंग विभाग की संयुक्त टीम मौके पर पहुंची, जहां 4 व्यक्ति ट्रैक्टर-ट्रॉली में अवैध रूप से खनन सामग्री भरते हुए मिले।

    डीसीपी पंचकूला सृष्टि गुप्ता के अनुसार पुलिस टीम को देखकर आरोपियों ने पहले पुलिस पर पथराव शुरू कर दिया और उसके बाद ट्रैक्टर लेकर भागने लगे। पीछा करने पर आरोपियों ने ट्रॉली में भरी खनन सामग्री रास्ते में गिरा दी। जब पुलिस ने ट्रैक्टर को रोकने का प्रयास किया तो आरोपियों ने पुलिस कर्मियों की जान लेने की नीयत से पुलिस की जिप्सी को ट्रैक्टर से सीधी टक्कर मार दी। चालक द्वारा वाहन बचाने के प्रयास के बावजूद जिप्सी क्षतिग्रस्त हो गई तथा हमारा एक सिपाही अंकित कुमार निवासी यमुनानगर वाहन से नीचे गिरकर घायल हो गया।

    घायल पुलिसकर्मी को प्राथमिक उपचार के बाद सेक्टर-32 जीएमसीएच, चंडीगढ़ रेफर किया गया, जहां उसका उपचार किया गया। आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 109, 121, 132, 221, 324(4) तथा माइनिंग एक्ट की धारा 21 के तहत थाना चंडीमंदिर में मामला दर्ज किया गया। मामलें की जांच सैक्टर-25 चौरी में तैनात एएसआई सुनील कुमार द्वारा की जा रही है। मामले की जांच के दौरान आरोपी ट्रैक्टर चालक जसविंद्र सिंह को गिरफ्तार किया। पूछताछ में उसने अपने साथियों गुरजीत सिंह उर्फ बबलू, दीपक और सोनू उर्फ बिहारी के साथ मिलकर घग्गर नदी में अवैध खनन करने की बात स्वीकार की। पुलिस ने अवैध खनन में प्रयोग किए गए ट्रैक्टर-ट्रॉली, खनन उपकरण बरामद किए।

    आरोपी के खुलासे के आधार पर सैक्टर-25 चौकी टीम ने इन्चार्ज रामू स्वामी की अगुवाई में पंजाब के गांव ककराली में दबिश देकर उसके तीनों साथियों को भी गिरफ्तार कर लिया। गुरजीत सिंह, सोनू और जसविंद्र मोहाली के ककराली के रहने वाले है व दीपक सैक्टर-17 स्थित राजीव कॉलोनी का रहने वाला है। आरोपी गुरजीत सिंह के खिलाफ पहले भी एक चोरी का मामला दर्ज है व जसविंद्र के खिलाफ पहले एक स्नैचिंग का मामला दर्ज है। डीसीपी पंचकूला सृष्टि गुप्ता ने स्पष्ट किया है कि जिले में अवैध खनन तथा कानून-व्यवस्था को चुनौती देने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नही जाएगा। मामले की आगे की जांच जारी है तथा यदि जांच में अन्य व्यक्तियों की संलिप्तता सामने आती है तो उनके विरुद्ध भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। चारों आरोपियों को आज न्यायिक हिरासत भेज दिया गया है।

  • रिटायरमेंट के दिन IAS प्रदीप डागर गिरफ्तार, कोर्ट से मिला इतने दिनों का रिमांड

    रिटायरमेंट के दिन IAS प्रदीप डागर गिरफ्तार, कोर्ट से मिला इतने दिनों का रिमांड

    पंचकूलाः बहुचर्चित आईडीएफसी फर्स्ट बैंक फंड घोटाले का मामला लगातार गरमा रहा है। वहीं इस मामले में केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने कार्रवाई करते हुए आईएएस अधिकारी प्रदीप कुमार डागर को गिरफ्तार कर लिया, जिन्हें मंगलवार को देर रात ही पंचकूला की विशेष अदालत में पेश किया गया। सीबीआई के द्वारा पूछताछ के लिए 2 दिन के रिमांड पर लिया है। आईएएस अधिकारी प्रदीप कुमार डागर से पूछताछ में दूसरे आईएएस के नामों का भी खुलासा हो सकता है, जो इस घोटाले में शामिल हैं।

    सीबीआई जांच के दौरान हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (HSPCB) के बैंक खातों में 169 करोड़ रुपए की गड़बड़ी सामने आई। इस मामले में पुलिस ने एक डाटा एंट्री ऑपरेटर को गिरफ्तार किया था, जिसने बताया कि एक आईएएस अफसर के कहने पर यह पैसा चंडीगढ़ सेक्टर-32 स्थित आईडीएफसी फर्स्ट बैंक शाखा में ट्रांसफर हुआ।प्रमोटी आईएएस अधिकारी प्रदीप डागर अगस्त 2022 से दिसंबर 2025 तक एसएसपीसीबी के मेंबर सचिव रहे हैं। बता दें कि सरकार ने डागर को 8 अप्रैल 2026 को ही सस्पेंड कर दिया था। उस समय वे हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (HSPCB) में सदस्य सचिव थे। सीबीआई के मुताबिक प्रदीप लंबे समय से जांच में सहयोग नहीं कर रहे थे। इसके अलावा जांच एजेंसी से बचने की कोशिश कर रहे थे। उनकी लोकेशन ट्रेस करने के बाद उन्हें गिरफ्तार किया गया है। खास बात ये है कि प्रदीप का आज रिटायरमेंट था।

    मगर, गिरफ्तारी के डर से वे अंडरग्राउंड थे। उन्होंने अग्रिम जमानत याचिका भी लगाई थी, जिस पर 2 जुलाई को सुनवाई होनी है। इससे पहले ही सीबीआई ने उन्हें अरेस्ट कर लिया। बता दें कि अब तक इस मामले में प्रदीप डागर को मिलाकर तीन आईएएस अरेस्ट हो चुके है। इससे पहले आईएएस आरके सिंह और पंकज अग्रवाल की गिरफ्तारी हुई थी। इस पूरे बैंक घोटाले में किसी एक विभाग से जुड़ी सबसे बड़ी हेराफेरी माना जा रहा है। केंद्रीय जांच एजेंसी ने बताया कि यह मामला हरियाणा सरकार के अनुरोध पर स्टेट विजिलेंस एवं एंटी करप्शन ब्यूरो से सीबीआई को सौंपा गया था।यह घोटाला IDFC फर्स्ट बैंक, सेक्टर-32 शाखा से जुड़े उस बड़े बैंकिंग फ्रॉड का हिस्सा है, जिसमें हरियाणा सरकार के आठ विभागों के करीब 504 करोड़ रुपए फर्जी एफडी और शेल कंपनियों के जरिए कथित तौर पर निकाल लिए गए।

  • धरना स्थल बैठे HPSC अभ्यर्थियों पर लाठीचार्ज और बदसलूकी के आरोप, महिलाओं को लिया हिरासत में, देखें वीडियो

    धरना स्थल बैठे HPSC अभ्यर्थियों पर लाठीचार्ज और बदसलूकी के आरोप, महिलाओं को लिया हिरासत में, देखें वीडियो

    पंचकूलाः सेक्टर-5 स्थित धरना स्थल पर प्रदर्शन कर रहे एसपीएससी अभ्यर्थियों ने आरोप लगाया है कि देर रात पुलिस ने कार्रवाई करते हुए महिला अभ्यर्थियों को बलपूर्वक हिरासत में ले लिया। अभ्यर्थियों का दावा है कि इस दौरान महिलाओं के साथ धक्का-मुक्की, लाठीचार्ज और बदसलूकी की गई। साथ ही उनके मोबाइल फोन भी जब्त कर लिए गए, जिससे वे घटना की रिकॉर्डिंग नहीं कर सके।

    अभ्यर्थियों के अनुसार वे सेक्टर-5 स्थित धरना स्थल पर शांतिपूर्ण तरीके से आमरण अनशन पर बैठे हुए थे। उनका कहना है कि इसके बावजूद पुलिस ने देर रात कार्रवाई कर धरना समाप्त कराया और कई महिला प्रदर्शनकारियों को घसीटते हुए हिरासत में लिया। अभ्यर्थियों के प्रमुख आरोप देर रात पुलिस ने धरना स्थल पर कार्रवाई की। महिला अभ्यर्थियों को बलपूर्वक हिरासत में लिया गया। लाठीचार्ज और धक्का-मुक्की किए जाने का आरोप। मोबाइल फोन जब्त करने का भी दावा। वीडियो बनाने का मौका नहीं मिलने की बात कही। ‘लोकतंत्र की हत्या’ बताया प्रदर्शनकारी अभ्यर्थियों ने पुलिस कार्रवाई को “लोकतंत्र की हत्या” करार दिया है।

    उनका कहना है कि वे शांतिपूर्ण ढंग से अपनी मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे थे, लेकिन सरकार ने बल प्रयोग का रास्ता अपनाया। अभ्यर्थियों ने इसे ओबीसी वर्ग के छात्रों के साथ अन्याय बताते हुए नाराजगी जताई है। समाज संगठनों से समर्थन की अपील एसपीएससी अभ्यर्थियों ने विभिन्न सामाजिक संगठनों और लोगों से सेक्टर-5 पंचकूला पहुंचकर आंदोलन का समर्थन करने की अपील की है। उनका कहना है कि आंदोलन तब तक जारी रहेगा, जब तक उनकी मांगों पर उचित निर्णय नहीं लिया जाता। बता दें कि एसपीएससी से जुड़े अभ्यर्थी अपनी विभिन्न मांगों को लेकर पिछले कुछ समय से पंचकूला के सेक्टर-5 में धरना और आमरण अनशन पर बैठे हुए हैं।

  • तस्करों के खिलाफ पुलिस का एक्शन, स्निफर डॉग लेकर ली घरों की तालाशी, देखें वीडियो

    तस्करों के खिलाफ पुलिस का एक्शन, स्निफर डॉग लेकर ली घरों की तालाशी, देखें वीडियो

    पंचकूलाः जिले को नशा मुक्त बनाने के उद्देश्य से पंचकूला पुलिस द्वारा चलाए जा रहे विशेष अभियान ऑपरेशन मैदान 2.0 के तहत लगातार प्रभावी कार्रवाई की जा रही है। पुलिस कमिश्नर पंकज नैन के नेतृत्व में यह अभियान केवल नशा तस्करों के खिलाफ कार्रवाई तक सीमित नहीं है, बल्कि समाज में जागरूकता बढ़ाने और युवाओं को नशे से दूर रखने की दिशा में भी सक्रिय रूप से कार्य कर रहा है। अभियान के तहत पुलिस टीमें लगातार संवेदनशील क्षेत्रों में पहुंचकर तलाशी अभियान चला रही हैं और आमजन से नशा तस्करी के खिलाफ सहयोग की अपील कर रही हैं।
     
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    डीसीपी पंचकूला सृष्टि गुप्ता ने जानकारी देते हुए बताया कि ऑपरेशन मैदान 2.0 के तहत जिले के विभिन्न क्षेत्रों में लगातार सघन तलाशी अभियान चलाए जा रहे हैं। इसी क्रम में अमरावती चौकी इंचार्ज प्रीतम सिंह की मौजूदगी में पुलिस टीम ने स्निफर डॉग स्क्वॉड के साथ अमरावती चौकी क्षेत्र के अंतर्गत लम्बू कॉलोनी और रामपुर स्यूड़ी क्षेत्र में विशेष तलाशी अभियान चलाया। अभियान के दौरान संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखते हुए लोगों को नशे के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूक किया गया तथा नशा बेचने वालों की सूचना तुरंत पुलिस तक पहुंचाने के लिए प्रेरित किया गया। इसके अलावा सेक्टर-2 चौकी इंचार्ज नरेंद्र कुमार के नेतृत्व में गांव हरिपुर, रैला और माजरी में भी व्यापक तलाशी अभियान चलाया गया। पुलिस टीमों ने क्षेत्र में लोगों से संवाद स्थापित कर युवाओं को नशे से दूर रहने और सामाजिक जिम्मेदारी निभाते हुए नशा तस्करी की सूचना देने का आह्वान किया। इसी अभियान के तहत थाना सेक्टर-20 प्रभारी इंस्पेक्टर सोमबीर सिंह की अगुवाई में आशियाना सेक्टर-20, आंगनबाड़ी केंद्र तथा बूस्टिंग स्टेशन वाटर पंप क्षेत्र में विशेष चेकिंग और तलाशी अभियान चलाया गया। पुलिस ने स्थानीय लोगों को नशे के खिलाफ जागरूक करते हुए स्पष्ट किया कि समाज की भागीदारी के बिना इस लड़ाई को पूरी तरह सफल नहीं बनाया जा सकता। पुलिस कमिश्नर पंकज नैन: पंचकूला पुलिस जिले को नशा मुक्त बनाने के लिए पूरी प्रतिबद्धता और सख्ती के साथ काम कर रही है। ऑपरेशन मैदान 2.0 केवल एक अभियान नहीं बल्कि सामाजिक परिवर्तन का मिशन है। नशा तस्करों के लिए पंचकूला में कोई जगह नहीं है और उनके खिलाफ लगातार कार्रवाई जारी रहेगी। वहीं आमजन, विशेषकर युवाओं और अभिभावकों से अपील है कि नशे के खिलाफ इस मुहिम में पुलिस का सहयोग करें। आपकी एक सूचना कई परिवारों का भविष्य बचा सकती है। पुलिस और जनता की साझेदारी से ही नशे के नेटवर्क को जड़ से समाप्त किया जा सकता है। पंचकूला पुलिस ने आमजन से अपील की है कि यदि कहीं भी नशा तस्करी, नशे के कारोबार या संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी मिले तो इसकी सूचना तुरंत पुलिस हेल्पलाइन नंबर 7087081100, 7087081048 अथवा मानस हेल्पलाइन नंबर 1933 पर दें। सूचना देने वाले की पहचान गोपनीय रखी जाएगी।