Jalandhar News: Lawrence International School में बच्चों को पेपर में ना बिठाने पर पेरेंट्स ने किया हंगामा, देखें वीडियो

जालंधर, ENS: महागनर के सूर्या एनक्लेव के पास स्थित लॉरेंस इंटरनेशनल स्कूल में बच्चों को पेपर में ना बिठाने पर भारी हंगामा हुआ। आरोप लगाए हैकि स्कूल मैनेजमेंट फीस ना मिलने पर बच्चों को पेपर में नहीं बैठने दिया। इस बात से नाराज बच्चों के पैरेंट्स स्कूल पहुंच गए। जहां स्कूल प्रिंसिपल सहित स्कूल मैनेजमेंट पर पेरेंट्स ने धक्केशाही करने के आरोप लगाए। बच्चों के माता-पिता का कहना है कि स्कूल मैनेजमेंट द्वारा उनके बच्चों को पेपर नहीं देने दिया गया और बच्चों को 3 घंटे एक कमरे में बिठाकर रखा गया है। आरोप है कि स्कूल मैनेजमेंट ना तो पानी पीने दिया गया ना ही होने कुछ खाने को दिया गया। स्कूल में हंगामा होने के बाद स्कूल प्रिंसिपल अमीषा साहनी द्वारा मामला शांत करवाया गया। स्कूल प्रिंसीपल ने बताया कि बच्चों का पेपर 24 तारीख को लिया जाएगा और आगे से किसी भी बच्चे को पेपर देने से मना नहीं किया जाएगा।

हालांकि बच्चों के माता-पिता ने आरोप लगाए कि बच्चों के साथ स्कूल के टीचर और मैनेजमेंट गलत व्यवहार करते हैं।दरअसल, लॉरेंस इंटरनेशनल स्कूल की स्टूडेंट दिलप्रीत ने बताया कि स्कूल मैनेजमेंट और स्कूल अध्यापकों ने उनकी एक बात भी नहीं सुनी और 3 घंटे होने बिठा रखा और अपने माता-पिता को कॉल करने तक भी मना किया गया। दिलप्रीत ने बताया कि उन्हें पेपर में नहीं बैठने दिया गया और पेपर देने से मना कर दिया गया।यहां तक की स्कूल के अध्यापक को कहने पर भी स्कूल के अध्यापकों ने उनकी एक बात तक नही सुनी और जब छुट्टी हुई तब उन्होंने अपने माता-पिता को फोन करके बुलाया, इसके बाद उनके माता-पिता ने स्कूल मैनेजमेंट स्कूल प्रिंसिपल से इस मामले के बारे में बात की।

वहीं अन्य बच्चों के पैरेंट्स ने बताया कि स्कूल में फीस न देने के कारण उनके बच्चों को पेपर में बैठने नहीं दिया गया और बच्चों से दुर्व्यवहार किया गया यहां तक की बच्चों को 3 घंटे एक कमरे में बंद रखा गया और उन्हें भूखा- प्यासा रखा गया। उनका कहना है कि स्कूल मैनेजमेंट और स्कूल के प्रिंसिपल को बताने के बाद भी हल नहीं हो रहा है, लेकिन अगर स्कूल ऐसे ही अपनी मनमानी करता रहा तो उनके खिलाफ सख्त एक्शन लेंगे।

दूसरी ओर लॉरेंस इंटरनेशनल स्कूल की प्रिंसिपल अमीषा साहनी ने कहा कि पिछले कई समय से बच्चों की फीस पेंडिंग पड़ी हुई थी। इस बाबत बच्चों के माता-पिता को मैसेज भी दिया जा चुका है। बच्चों के पेरेंट्स द्वारा लगाए हुए आरोपों को निराधार बताते हुए प्रिंसिपल ने कहा कि स्कूल में बच्चों के साथ ऐसा कोई व्यवहार नहीं किया गया है। बच्चों के लिए ट्रेनिंग पर आए रिलीवर टीचर उनका हाल-चाल पूछना चाहते हैं और उनकी सहायता करते हैं। जिसे हम रिफ्यूज नहीं कर सकते है। हालांकि एक बच्चे ने बताया है कि जिस टीचर ने उनके साथ कुछ किया है उसके खिलाफ जांच करने के बाद एक्शन लिया जाएगा। प्रिंसिपल ने कहा कि आगे से बच्चों का किसी प्रकार भी पेपर को रोक नहीं जाएगा और बच्चों की फीस को लेकर अकाउंट चेक किया जाएगा।

Comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *