Punjab News: एजेंट की मौत को लेकर परिजनों ने थाने के बाहर लगाया धरना, रखी ये मांग

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श्री मुक्तसर साहिब: जिले में कमीशन एजेंट की ज़हरीली चीज खाने के कारण हुई मौत का मामला थमने का नाम नहीं ले रहा। शुक्रवार को प्रदर्शनकारियों ने सिटी पुलिस स्टेशन के बाहर फिर धरना दिया। तीन दिन बीत जाने के बावजूद दोषियों की गिरफ्तारी ना किए जाने को लेकर लोगों में रोष पाया जा रहा है। परिजनों की दोषियों को गिरफ्तार करने और हत्या के आरोप लागाए जाने की मांग की है। परिवार ने पुलिस पर दोषियों को बचाने का भी आरोप लगाया है। इस दौरान, प्रदर्शन वाले स्थान पर पहुंचे डीएसपी नवीन कुमार ने कहा कि जांच करने पर ऐसा कोई सबूत नहीं मिला है जिससे पता लगे कि दोषी ने मृतक को कोई ज़हरीला पदार्थ दिया था।

इसलिए हत्या के आरोप नहीं लगाए जा सकते। लगातार चौथे दिन भी मृतक बाबू राम का अंतिम संस्कार नहीं किया गया। दो दिन पहले परिवार ने मुक्तसर साहिब-मलोट हाइवे को जाम कर दिया गया था। इस दौरान पुलिस के भरोसे पर शाम 7:30 बजे धरना लोगों द्वारा उठा लिया गया था। आज फिर एक बार लोगों ने प्रदर्शन करते हुए सड़क जाम कर दी गई है। परिजनों का कहना है कि दोषियों को अभी तक पुलिस ने गिरफ्तार नहीं किया है और उन पर हत्या के आरोप नहीं लगाए गए हैं।

विशाल कुमार ने बताया कि उसके पिता बाबू राम एक कमीशन एजेंट के रूप में काम करते हैं। कमीशन एजेंट सुनीश डुमरा और मनिष डुमरा, नयी अनाज मंडी में दुकान नंबर 11 के मालिक हैं। बेटे ने कहा कि लगभग 6 साल पहले पिता ने सुनीश डुमरा, मनिष डुमरा और उनके पुत्र, अनी डुमरा के साथ 20 लाख रुपये का निवेश किया था। जिसमें पिता ने लगभग 10 लाख रुपये का योगदान दिया और दुकान के बाहर एक तोलने वाला कांटा लगाया, जो हर सीजन में लगाया जाता था। पिता ने बार-बार सुनीश और मनिष डुमरा से हिसाब-किताब का निपटारा करने को कहा था, लेकिन वे हमेशा इसे टालते रहते थे।

बेटे ने आरोप लगाए है कि 9 नंवबर को उक्त कमीशन एजेंटों ने पिता को हिसाब-किताब करने के लिए अपनी दुकान पर बुलाया। शाम 5:30 बजे के करीब पिता ने फोन कर कहा, “सुनीश डुमरा, मनिष डुमरा और उनके पुत्र अनी डुमरा ने आर्थिक विवाद के कारण मुझे कोई ज़हरीली दवा दे दी। कृपया उन्हें उनकी दुकान से दूर ले जाए और उसे बचा लो।” बेटे ने कहा कि वह तिलक नगर का रहने वाले दोस्त को मोटरसाइकिल पर लेकर पहुंचा तो उसने पिता को दर्द से तड़पते देखा, जबकि 3 कमीशन एजेंट पिछली गेट के रास्ते से मौके से भाग गए।

फिर उसने सवारी का प्रबंध किया और पिता को बठिंडा के एक निजी अस्पताल में दाखिल कराया, जहां 11 नवंबर को इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। बेटे ने कहा कि तीनों ने कथित तौर पर पिता को ज़हरीला पदार्थ दिया था, लेकिन पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज करने के बजाय, सिटी पुलिस स्टेशन पर गैरइरादतन हत्या का मामला दर्ज कर लिया है। उनका आरोप है कि पुलिस दोषियों का समर्थन कर रही है। उन्होंने सड़क जाम कर विरोध किया। उनका कहना है कि वे इंसाफ के लिए लड़ेंगे।

डीएसपी नवीन कुमार ने कहा कि हमारी जांच के सीसीटीवी फुटेज में बाबू राम को कमीशन एजेंट की दुकान में दाखिल होते नहीं दिखाया गया है। हमने तीन कमीशन एजेंट सुनीश डुमरा, मनिष डुमरा और अनी डुमरा, मुक्ता्सर के वासियों के खिलाफ गैरइरादतन हत्या का मामला दर्ज किया है। उन्हें आज शाम तक गिरफ्तार कर लिया जाएगा। पुलिस टीमें तीन दिन से छापेमारी कर रही हैं। परिवार सड़क जाम कर पुलिस पर दबाव बना रहा है।

 

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