श्री अकाल तख्त साहिब ने पूर्व मंत्री लंगाह को सुनाई सजा

पूर्व मंत्री को 21 दिनों तक करना होगा ये काम

अमृतसरः श्री अकाल तख्त साहिब ने पूर्व मंत्री सुच्चा सिंह लंगाह को धार्मिक सजा सुनाई है। लंगाह को 21 दिनों तक श्री दरबार साहिब में बैठकर कीर्तन श्रवण करना होगा। जपुजी साहिब का पाठ करना होगा व प्रसाद बनाकर लाना होगा। शनिवार को श्री अकाल तख्त साहिब में हुई पांच सिंह साहिबान की बैठक में यह निर्णय लिया गया। इससे पूर्व, अगस्त 2020 में भी सुच्चा सिंह लंगाह को श्री अकाल तख्त साहिब ने सिख पंथ से निष्कासित कर धार्मिक सजा सुनाई थी। पंज प्यारों ने लंगाह को खंडे-बांटे की पोहल में अमृत छकाया था।

लंगाह को 21 दिनों तक प्रति दिन एक घंटे के लिए गुरुद्वारा साहिब में स्नान करने की सजा सुनाई। लंगाह ने सिख धर्म में दोबारा शामिल होने के लिए श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार ज्ञानी हरप्रीत सिंह को दो बार प्रार्थना पत्र दिया था, लेकिन सिख संगठनों के विरोध के बाद जत्थेदार ने कोई भी फैसला नहीं किया था। नियमानुसार जिस सिख को श्री अकाल तख्त द्वारा पंथ से निष्कासित किया जाता है, उसकी वापसी का फैसला भी जत्थेदार श्री अकाल तख्त द्वारा किया जाता है।

लंगाह के विरुद्ध 29 सितंबर, 2017 को एक महिला कांस्टेबल की शिकायत पर मामला दर्ज किया गया था। महिाल का आरोप था कि लंगाह 2009 से उसके साथ दुष्कर्म कर रहा है। इसकी एक वीडियो क्लिप भी सामने आई थी। बाद में, गुरदासपुर पुलिस ने लंगाह के खिलाफ मामला दर्ज किया था। 5 अक्टूबर, 2017 को लंगाह ने अदालत में आत्मसमर्पण कर दिया था। हालांकि अदालत ने शिकायतकर्ता के बयानों से पीछे हटने के बाद लंगाह को बरी कर दिया। 

Comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *