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  • आज का राशिफल, 23 मई 2023

    आज का राशिफल, 23 मई 2023

    आज का राशिफल, 23 मई 2023

    वृष: धार्मिक अनुष्ठान में भाग लेने का अवसर प्राप्त हो सकता है। सत्संग का लाभ मिलेगा। राजकीय सहयोग प्राप्त होगा। लाभ के अवसर हाथ आएंगे। नौकरी में सहकर्मी साथ देंगे। कारोबार में वृद्धि होगी। निवेश लाभ देगा। स्वास्थ्य का ध्यान रखें। जल्दबाजी से हानि संभव है।

    मिथुन: वाहन, मशीनरी व अग्नि के प्रयोग में सावधानी रखें। विशेषकर गृहिणियां लापरवाही न करें। आवश्यक वस्तुएं गुम हो सकती हैं। दुष्टजन हानि पहुंचा सकते हैं। अप्रत्याशित खर्च सामने आएंगे। किसी व्यक्ति की बातों में न आएं। जोखिम व जमानत के कार्य टालें। चिंता तथा तनाव बने रहेंगे।
    कर्क: वाणी में शब्दों का प्रयोग सोच-समझकर करें। प्रतिद्वंद्विता में कमी होगी। राजकीय सहयोग प्राप्त होगा। वैवाहिक प्रस्ताव मिल सकता है। व्यापार में वृद्धि होगी। स्त्री वर्ग से समयानुकूल सहायता प्राप्त होगी। नौकरी में उच्चाधिकारी प्रसन्न रहेंगे। निवेश शुभ रहेगा। स्वास्थ्य का ध्यान रखें।
    कन्या: किसी मांगलिक कार्य का आयोजन हो सकता है। स्वादिष्ट व्यंजनों का लुत्फ उठा पाएंगे। यात्रा लाभदायक रहेगी। बौद्धिक कार्य सफल रहेंगे। किसी प्रबुद्ध व्यक्ति का मार्गदर्शन प्राप्त होगा। स्वास्थ्य का पाया कमजोर रह सकता है। दूसरों के झगड़ों में न पड़ें। लेन-देन में सावधानी रखें। लाभ होगा।

    तुला:
    आय में निश्चितता रहेगी। शत्रु शांत रहेंगे। व्यापार-व्यवसाय से लाभ होगा। बुरी खबर मिल सकती है, धैर्य रखें। दौड़धूप की अधिकता का स्वास्थ्य पर प्रभाव पड़ेगा। थकान व कमजोरी रह सकती है। वाणी में कड़े शब्दों के इस्तेमाल से बचें। दूसरों की बातों में नहीं आएं।
    वृश्चिक: आवश्यक वस्तु समय पर नहीं मिलने से खिन्नता रहेगी। बनते कामों में बाधा उत्पन्न होगी। स्वास्थ्य कमजोर रहेगा। काम में मन नहीं लगेगा। वैवाहिक प्रस्ताव मिल सकता है। थोड़े प्रयास से ही कार्यसिद्धि होने से प्रसन्नता रहेगी। निवेश से लाभ होगा। व्यापार-व्यवसाय ठीक चलेंगे।
    धनु: जल्दबाजी व लापरवाही से हानि होगी। राजकीय कोप भुगतना पड़ सकता है। विवाद न करें। शुभ समाचार प्राप्त होंगे। प्रसन्नता रहेगी। बिछड़े मित्र व संबंधी मिलेंगे। विरोधी सक्रिय रहेंगे। जोखिम उठाने का साहस कर पाएंगे। व्यापार मनोनुकूल चलेगा। नौकरी में सहकर्मी सहयोग करेंगे। लाभ होगा।
    मकर: कोई अनहोनी होने की आशंका रहेगी। काम में मन नहीं लगेगा। व्यावसायिक यात्रा लाभदायक रहेगी। रोजगार मिलेगा। आय में वृद्धि होगी। कारोबार में वृद्धि होगी। शेयर मार्केट मनोनुकूल लाभ देगा। बुद्धि का प्रयोग करें। घर-बाहर प्रसन्नता का वातावरण बनेगा। भाग्य का साथ मिलेगा।

    कुंभ: आंखों का विशेष ध्यान रखें। चोट व रोग से बचाएं। पुराना रोग उभर सकता है। कीमती वस्तुएं संभालकर रखें। वाणी पर नियंत्रण रखें। व्यवसाय की गति धीमी रहेगी। आय बनी रहेगी। नौकरी में कार्यभार रहेगा। थकान महसूस होगी। सहकर्मी सहयोग नहीं करेंगे। चिंता रहेगी।
    मीन: यात्रा मनोनुकूल रहेगी। कारोबार से संतुष्टि रहेगी। रुका हुआ धन प्राप्त होगा। प्रयास सफल रहेंगे। बुद्धि का प्रयोग करें। प्रमाद न करें। निवेश से लाभ होगा। नौकरी में प्रभाव क्षेत्र बढ़ेगा। व्यापार-व्यवसाय में उत्साह से काम कर पाएंगे। भाग्य अनुकूल है, जल्दबाजी न करें। प्रसन्नता रहेगी।
  • हिंसा मामले में BJP के पूर्व MLA समेत तीन को पुलिस ने किया काबू

    हिंसा मामले में BJP के पूर्व MLA समेत तीन को पुलिस ने किया काबू

    मणिपुर: पूर्वी इंफाल जिले में हथियारबंद दो बदमाशों ने सोमवार को लोगों को अपनी दुकानें बंद करने के लिए बाध्य किया, जिसके बाद एक बार फिर हिंसा भड़क उठी। उग्र भीड़ ने दो घरों में आग लगा दी। हालांकि, आगजनी की इस घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। पुलिस अधिकारियों ने यह जानकारी दी है।

    भीड़ ने एक बदमाश की पिटाई भी की, जबकि दूसरा भागने में सफल रहा। दोनों को हिरासत में ले लिया है। क्षेत्र में तैनात सेना के जवान घटनास्थल पर पहुंचे और उन्होंने भीड़ को तितर-बितर करने के लिए बल प्रयोग किया और आंसू गैस के गोले दागे जिससे कुछ लोगों को मामूली चोटें आईं। स्थानीय लोगों ने सड़क पर टायर जलाकर इस घटना का विरोध किया। पूर्वी इंफाल जिले में पहले कर्फ्यू में ढील दी गई थी लेकिन इस घटना के बाद आज फिर से उसे कड़ा कर दिया गया। इलाके में इंटरनेट सेवा पहले से ही सस्पेंडेड है।

    मणिपुर के मुख्यमंत्री एन बीरेन सिंह ने घटनाक्रम की पुष्टि की है और जोर देकर कहा कि इसमें शामिल लोगों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। हिंसा में कथित संलिप्तता के आरोप में सोमवार को बीजेपी के एक पूर्व विधायक समेत तीन लोगों को हिरासत में लिया गया है। पूर्व विधायक की पहचान चुराचांदपुर जिले के हेंगलेप निर्वाचन क्षेत्र के टी थंगजालम के रूप में हुई है। वह 2017 में इस सीट से बतौर बीजेपी उम्मीदवार जीत चुके हैं। 

    सिंह ने कहा, “रविवार की रात, इंफाल पश्चिम जिले में एक घटना में तीन लोगों को मामूली चोटें आईं हैं। पुलिस ने उन अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया है। उनके पास से डबल बैरल बंदूक मिले हैं। ” सिंह ने कहा कि साजिश में एक पूर्व विधायक का शामिल होना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। एक बैरल बंदूक लिए दो सशस्त्र कर्मियों ने विक्रेताओं को धमकी दी और उन्हें क्षेत्र खाली करने के लिए कहा। इन दोनों लोगों को पूर्व विधायक के साथ हिरासत में ले लिया गया है।

    सिंह ने कहा कि पिछले 10 दिनों में मणिपुर में स्थिति कुल मिलाकर शांतिपूर्ण रही है। उन्होंने राज्य के लोगों से शांत रहने और जल्द ही शांति और सामान्य स्थिति बहाल करने में मदद करने की अपील की।

  • पंजाब : 1300 सरकारी मुलाजिमों पर गिरेगी गाज, जांच में हुआ खुलासा

    पंजाब : 1300 सरकारी मुलाजिमों पर गिरेगी गाज, जांच में हुआ खुलासा

    चंडीगढ़ : पंजाब में अनुसूचित जाति व जनजाति (एससी-एसटी) के जाली प्रमाण-पत्रों के आधार पर सरकारी नौकरी करने वालों की 1300 शिकायतें जांच में सही पाई गई हैं। अब इन पर गाज गिरना तय है। सामाजिक न्याय, अधिकारिता और अल्पसंख्यक मामलों की मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने स्पष्ट कर दिया कि इस मामले में दोषी पाए जाने वाले किसी भी मुलाजिम और अफसर को बख्शा नहीं जाएगा और ऐसे लोग सीधे बर्खास्त किए जाएंगे। पिछले दिनों अनुसूचित जाति संगठनों की तरफ से ही 3500 मुलाजिमों के नामों की फेहरिस्त सरकार को सौंपी गई है, जिन पर जाली एससी-एसटी सर्टिफिकेटों के सहारे सरकारी नौकरी हासिल करने और शिक्षा प्राप्ति में सरकारी लाभ हासिल करने का आरोप लगा है।

    मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने इस संबंध में मिली शिकायतों के आधार पर जिलेवार जांच का जिम्मा विभाग के अधिकारियों को सौंपा था। इनमें से कई जिलों से शिकायतों की जांच रिपोर्ट मंत्री के पास पहुंच चुकी है। अब डॉ. बलजीत कौर ने बाकी जिलों में अधिकारियों को जल्द से जल्द जांच पूरी कर रिपोर्ट भेजने को कहा है। इसके बाद सभी दोषियों के खिलाफ सीधे कार्रवाई होगी।

    अनुसूचित जाति संगठनों का दावा है कि 1500 से अधिक शिकायतें अब तक विभाग के पास लंबित हैं। सोमवार को डॉ. बलजीत कौर ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि जिन शिकायतों की जांच मुकम्मल होने के बाद विजिलेंस सेल के पास रिपोर्ट पहुंच चुकी है, उनका तुरंत निपटारा करने की प्रक्रिया शुरु की जाए। इसके साथ ही उन्होंने विभिन्न जिलों में अधिकारियों को हिदायत दी है कि जिन शिकायतों की जांच जिला स्तर पर लंबित है, उनकी जांच रिपोर्टे तुरंत भेजें।

    मंत्री ने बताया कि बैठक में कर्मचारियों की विभिन्न जत्थेबंदियों के प्रतिनिधियों ने उनके संज्ञान में लाया कि राज्य में अनेक लोग अनुसूचित जाति के जाली प्रमाणपत्र बनाकर नौकरी का लाभ ले रहे हैं और कई लोग तो उच्च पदों तक पहुंच चुके हैं। सोमवार को हुई बैठक में डॉ. बलजीत कौर के साथ सामाजिक न्याय, अधिकारिता और अल्पसंख्यक विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव रमेश कुमार गैंटा, विभाग के निदेशक दविंदर सिंह, निदेशक-व-संयुक्त सचिव राज बहादर सिंह और विभिन्न जत्थेबंदियों के प्रतिनिधि लखवीर सिंह, सरबजीत सिंह, हरनेक सिंह भी मौजूद रहे।

  • पंजाब :70,000 रुपए रिश्वत मामले में ब्लॉक वन अधिकारी और दरोग़ा गिरफ़्तार

    पंजाब :70,000 रुपए रिश्वत मामले में ब्लॉक वन अधिकारी और दरोग़ा गिरफ़्तार

    चंडीगढ़: पंजाब विजीलैंस ब्यूरो ने अपनी भ्रष्टाचार विरोधी मुहिम के दौरान मलेरकोटला वन रेंज में तैनात ब्लाक वन अफ़सर रमनदीप सिंह और मुनीश कुमार दरोगा को 70,000 रुपए की रिश्वत लेने के दोष अधीन काबू किया है। इस सम्बन्धी जानकारी देते हुये विजीलैंस ब्यूरो के प्रवक्ता ने बताया कि उक्त मुलाजिमों के खि़लाफ़ यह केस संगरूर जिले के गाँव कातरों के गुरजीत सिंह की तरफ से ‘मुख्यमंत्री भ्रष्टाचार विरोधी एक्शन लाईन’ पर दर्ज करवाई गई ऑनलाइन शिकायत की पड़ताल के उपरांत दर्ज किया गया है।

    इस सम्बन्धी और जानकारी देते हुये प्रवक्ता ने बताया कि शिकायतकर्ता ने ऑनलाइन शिकायत में दोष लगाया है कि उक्त वन कर्मचारियों ने वन विभाग से सम्बन्धित वृक्षों की कटाई के एवज़ में भारी जुर्माना न लगाऐ जाने के बदले 70,000 रुपए रिश्वत के तौर पर हासिल किये हैं। प्रवक्ता ने आगे बताया कि पटियाला रेंज की विजीलैंस यूनिट की तरफ से आनलाइन शिकायत में लगाए गए दोषों की जांच की गई और दोनों दोषियों को शिकायतकर्ता से 70,000 रुपए की रिश्वत लेने के दोष में दोषी पाये जाने के बाद गिरफ़्तार कर लिया गया है।

    इस सम्बन्धी उक्त मुलाजिमों के खि़लाफ़ विजीलैंस थाना पटियाला में भ्रष्टाचार का मुकदमा दर्ज करके दोनों को गिरफ़्तार कर लिया गया है। मुलजिमों को कल अदालत में पेश किया जायेगा। उन्होंने बताया कि इस मामले की आगे जांच जारी है।

  • बैंकों में आज से बदलें जाएंगे 2000 के नोट, जान लें यह अहम बातें

    बैंकों में आज से बदलें जाएंगे 2000 के नोट, जान लें यह अहम बातें

    नई दिल्ली: 19 मई 2023 को रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया ने बड़ा फैसला लेते हुए 2000 रुपये के नोट को सर्कुलेशन से बाहर करने का फैसला किया। आरबीआई के फैसले के बाद लोगों में हलचल मच गई। एक बार फिर से लोगों को साल 2016 के नोटबंदी की याद आने लगी। हालांकि इस बार ऐसी स्थिति बनती नहीं दिख रही है। इस बार नोटबंदी में बैंकों के बाहर लंबी-लंबी लाइनें दिखने की उम्मीद नहीं है। आरबीआई ने लोगों को 2000 रुपये के नोट बदलवाने के लिए 4 महीने का वक्त दिया है। आरबीआई की गाइडलाइंस के मुताबिक लोग 23 मई 2023 से यानी आज से लेकर 30 सितंबर 2023 तक 2000 रुपये के नोट बैंक में जाकर बदल सकेंगे या फिर अपने बैंक खाते में जमा कर सकेंगे।

    आरबीआई ने नोट बदलने के लिए बैंकों को दिशानिर्देश जारी किया है। बैंकों को इसके लिए खास इंतजाम करने का आदेश दिया है। लोगों को कम से कम परेशानी हो और वो आसानी से अपने नोट बदल या जमा कर सकें, इसलिए बैंकों को पर्याप्त तैयारी करने का आदेश दिया गया है। आरबीआई ने निर्देश के मुताबिक कोई भी व्यक्ति किसी भी बैंक की किसी भी शाखा में जाकर तय सीमा के भीतर 2000 रुपये के नोट को बदला सकता है। अगर आपके पास भी 2000 रुपये के नोट हैं और आप उसे बदलवाने जा रहे हैं तो आपके पास 30 सितंबर तक का वक्त है। बैंक जाने से पहले आप कुछ जरूरी बातों को जरूर जान लें।

    जान लें यह अहम बातें 

    • आरबीआई ने अपने आदेश में स्पष्ट कहा है कि 2000 रुपये के नोट को सिर्फ सर्कुलेशन से बाहर किया जा रहा है। नोट पूरी तरह से वैध है। आप इन नोटों को इस्तेमाल खरीदारी में, लेनदेन में जहां चाहे वहां कर सकते हैं। इसे लेने से कोई इनकार नहीं कर सकता है।
    • जिनके पास भी 2000 रुपये का नोट है वो बैंक जाकर इसे बदलवा सकते हैं। आप 23 मई 2023 यानी आज से किसी भी बैंक में एक बार में 20,000 रुपये तक यानी 2000 के 10 नोट बदल सकते हैं ।
    • नहीं। 2,000 रुपये का नोट बदलवाने का कोई पैसा नहीं लगेगा। बैंक जाकर आप बिना किसी चार्ज के आसानी से नोट बदलवा सकते हैं। बैंक के कर्मचारी या अधिकारी आपने कोई शुल्क नहीं मांग सकते हैं। बैंक ने नोट बदलने की सर्विस को पूरी तरह से निशुल्क रखा है।
    • जिनके पास अपना बैंक अकाउंट नहीं है, वो भी 2000 का नोट बदल सकते हैं। आरबीआई ने स्पष्ट किया है कि नोट बदलने के लिए बैंक खाते की जरूरत नहीं है। 2000 के 10 नोट आप किसी भी बैंक शाखा में जाकर बदल सकते हैं। आप किसी बैंक में जाकर नोट बदल सकते हैं।
    • जनता बैंक ब्रांचों में जाकर इन नोटों को अपने खातों में जमा करा सकती है। इसके अलावा वे इन्हें दूसरे नोटों से बदलवा भी सकती है। यह सुविधा बैंकों में 30 सितंबर, 2023 तक रहेगी। यह सुविधा आरबीआई के 19 रीजनल ऑफिसों में भी रहेगी।
    • आरबीआई ने 2 हजार का नोट बदलने की सीमा तय की है। आरबीआई के दिशानिर्देश के मुताबिक आप एक बार में सिर्फ 20,000 रुपये तक ही बदलवाए जा सकते हैं।
    • आप अगर 2 हजार का नोट अपने बैंक खाते में जमा करते हैं तो इसके लिए कोई सीमा नहीं है। आप जितना चाहे उतना अपने बैंक खाते में जमा कर सकते हैं। बैंकिंग डिपॉजिट नियम के तहत 50 हजार से अधिक जमा पर आपको अपना पैन -आधार कार्ड दिखाना होगा।
    • आप 23 मई 2023 से बैंक के वर्किंग टाइम के बीच बैंक जाकर कभी भी अपना नोट बदलवा सकते हैं। बैंक जाने से पहले बैंक की छुट्टी आदि की डिटेल चेक कर लें। आप 30 सितंबर तक 2 हजार के नोट जमा और बदलवा सकते हैं।
    • नहीं, आपके पास बैंक अकाउंट ना हो, तो भी आप बैंक ब्रांच में जाकर 2,000 रुपये का नोट बदलवा सकते हैं। आप किसी भी बैंक में जाकर 2000 रुपये का नोट बदलवा सकते हैं। अगर आप बैंक खाते में जाम करते हैं तो फिर आपको अपने बैंक की शाखा में ही जाना होगा।
    • आप बिना किसी प्रतिबंध के अकाउंट में पैसा जमा कर सकते हैं। 2,000 रुपये के नोट को बैंक खाते में जमा कराया जा सकता है। जमा कराने के बाद आप एटीएम से नकदी निकलवा सकते हैं।
    • बैंक आपको 2000 रुपये का नोट बदलने या जमा करने से मना नहीं कर सकता है। अगर आपको बैंक इस नोट को लेने से या जमा करने से इनकरा करता है तो आप इसकी शिकायत कर सकते हैं । आरबीआई ने स्पष्ट किया है कि नोट अभी चलन में है। ऐसे में अगर कोई इस नोट को लेने से इनकार करता है तो इसके खिलाफ कार्रवाई हो सकती है।
    • एसबीआई समेत कई बैंकों ने कहा है कि 2000 रुपये का नोट बदलवाने के लिए लोगों को कोई फॉर्म या स्लिप नहीं भरना होगा। लोग बैंक जाकर इसे बदलवा सकते हैं।
    • एसबीआई ने स्पष्ट किया है कि नोट बदलाने के लिए लोगों को आईडी प्रूफ दिखाने के जरूरत नहीं होगी। हालांकि कई बैंकों ने उन ग्राहकों के लिए आईडी का क्लॉज रखा है, जिनका खाता उस बैंक में नहीं है। केनरा बैंक, एचडीएफसी बैंक , ग्रामीण बैंक उन ग्राहकों से 2 हजार के नोट बदलने के बदले आईडी मांग सकता है, जिनका बैंक अकाउंट उनके बैंक में नहीं है।
    • आरबीआई ने बताया कि दो हजार रुपये के नोटों को आरबीआई एक्ट 1934 के सेक्शन 24 (1) के तहत लाया गया था। इन नोटों को नवंबर 2016 में लाया गया था। 500 और 1000 रुपये के पुराने नोटों के बंद होने के बाद करेंसी रिक्वायरमेंट के चलते इन नोटों को लाया गया था।दो हजार रुपये का नोट लाने का उद्देश्य दूसरे नोट (500, 200, 100 के नए नोट) पर्याप्त मात्रा में बाजार में आने के बाद खत्म हो गया था। इसलिए 2,000 रुपये के बैंकनोट्स की प्रिंटिंग 2018-19 में बंद कर दी गई थीं।
    • हां। आरबीआई ने कहा है कि 2,000 रुपये के बैंकनोट लीगल टेंडर बने रहेंगे।
    • हां। जनता 2,000 रुपये के नोटों को लेनदेन में प्रयोग करती रह सकती है। जनता इन्हें पेमेंट के रूप में ले भी सकती है। हालांकि, आरबीआई ने जनता को 30 सितंबर 2023 तक इन नोटों को बैंकों में जमा कराने या बदलवाने के लिए प्रोत्साहित किया है।
    • जो लोग 30 सितंबर 2023 तक 2000 के नोटों को जमा नहीं करवा सकेंगे, उन्हें आरबीआई के दफ्तर में जाकर इसे बदलवाना होगा। हालांकि आरबीआई ने इस बारे में कोई दिशा निर्देश नहीं दिया है।
    • RBI ने इसके लिए पर्याप्त समय दिया है। आप 4 महीने के भीतर यानी 30 सितंबर तक अपनी सुविधा के मुताबिक इसे जमा कर सकते हैं या बदल सकते हैं।
    • बैंकों ने बुजुर्गों और दिव्यांगों के लिए खास व्यवस्था की है। बैंकों को इसके लिए खास इंतजाम करने का निर्देश मिला है।
    • 2000 का नोट बदलने या जमा करने की अंतिम तारीख 30 सितंबर है।
  • पति ने किया पत्नी पर दराट से हमला गिरफ्तार, 3 दिन के रिमांड पर

    पति ने किया पत्नी पर दराट से हमला गिरफ्तार, 3 दिन के रिमांड पर

    ऊना/सुशील पंडित: कटौहड़ खुर्द में एक व्यक्ति ने मामूली कहासुनी के बाद अपनी पत्नी पर दरात से हमला करके बुरी तरह से लहूलुहान कर दिया। बीच-बचाव में महिला एक हाथ की दो उंगलियां भी कटकर अलग हो गईं। पीड़ित महिला की पहचान रीना कुमारी हुई है। उसे गंभीर हालत में सिविल अस्पताल अंब से पीजीआई चंडीगढ़ रेफर कर दिया लेकिन पीड़ित का बेटा उसे उपचार के लिए होशियारपुर ले गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। पुलिस ने आरोपित को गिरफ्तार करके उसकी निशानदेही पर घर के साथ ही झाड़ियों में छिपाकर रखे दराट को बरामद कर लिया है और तीन दिन के पुलिस रिमांड पर लिया हैं।
    प्राप्त जानकारी के अनुसार रीना कुमारी रविवार रात करीब नौ बजे अपने घर के बरामदे में सिलाई का काम कर रही थी। इसी दौरान पति जबकि आरोपित पति की पहचान विजय कुमार वर्मा पुत्र वीर सिंह निवासी कटौहड़ खुर्द वार्ड नम्बर चार के साथ उसकी कहासुनी हो। पति तैश में आकर घर मे पड़े दराट से पत्नी पर लगातार वार कर दिए। इस हमले में उसकी बाजू व टांग पर गंभीर चोटें आईं हैं और एक हाथ की दो उंगलियां भी कटकर अलग हो गईं।
    वहीं, जिला के एसपी अर्जित सेन ठाकुर ने बताया कि थाना अंब पुलिस थाना टीम ने पीड़ित महिला के बयानों के आधार पर आरोपित पति को गिरफ्तार करके मामले की जांच शुरू कर दी है।
  • हुडदंग मचाने पर एक गिरफतार

    हुडदंग मचाने पर एक गिरफतार

    ऊना/सुशील पंडित: पुलिस थाना हरोली के अंर्तगत पुलिस चौकी टाहलीवाल स्थित गांव बाथडी से हुडदंग मचाने के आरोप में एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार पुलिस को सूचना मिली कि रामपाल निवासी-बाथडी अपनी पत्नी को मारने पर उतारू है। पुलिस के मौके पर पहुंचने व समझाने के बाबजूद उक्त आरोपी मरने मारने पर उतारू रहा। यह संबंध में पुलिस ने मामला दर्ज करते हुए आरोपित रामपाल को गिरफ्तार कर आगामी कार्रवाई अमल में लाई जा रही है। 
  • देवर ने पीटे भाई व भाभी

    देवर ने पीटे भाई व भाभी

    ऊना/सुशील पंडित: बीती देर रात गांव गोंदपुर जयचंद में दो भाईयों मे शराब पीते समय विवाद होने पर खूब लडाई हुई। वीच- वचाव करने आई भाभी को भी देवर ने पीट दिया । पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार गोंदपुर के विजय कुमार ने पुलिस के पास अपनी रिपोर्ट दर्ज करते हुए बताया  कि पिछले कल देर रात यह व इसका भाई मोती सिंह घर मे वैठकर शराब पी रहे थे ।जो दोनों मे शराब पीते समय वहसबाजी हो गई। मोती सिंह ने मौके पर दराट लाकर इसे पीठ पर वार कर दिया। शोर सुनकर जब इसकी पत्नी वीच वचाव के लिए आई तो उसको भी पीट दिया। पुलिस ने देर रात घायलों का मेडीकल करवाकर मामला दर्ज कर आगामी कार्रवाई अमल में लाई जा रही है बताया जा रहा है मारपीट का कारण भाईयों में पुरानी रजिंश है।
  • पंजाबः ट्रांसपोर्ट मंत्री ने वॉल्वो बस के कंडक्टर पर कार्रवाई कर नौकरी से निकाला, जाने मामला

    पंजाबः ट्रांसपोर्ट मंत्री ने वॉल्वो बस के कंडक्टर पर कार्रवाई कर नौकरी से निकाला, जाने मामला

    चंडीगढ़ः पंजाब से दिल्ली इंटरनेशनल एयरपोर्ट तक आवाजाही करने वाली पंजाब की वॉल्वो बस के कंडक्टर द्वारा टिकट चोरी करने का मामला सामने आया है। कंडक्टर द्वारा 3555 रुपए की चोरी पकड़े जाने पर ट्रांसपोर्ट मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर ने आरोपी कंडक्टर जगदीश सिंह को नौकरी से निकाल दिया है। दरअसल, 21 मई की रात दिल्ली इंटरनेशनल एयरपोर्ट से जालंधर डिपो की वॉल्वो बस नंबर (PB08CX-9053) लुधियाना आ रही थी, लेकिन रात 11:20 बजे 6 सदस्यीय मिनिस्टर फ्लाइंग स्क्वायड ने बस को पानीपत के पास रोककर जांच की। इस दौरान पाया गया कि कंडक्टर ने सवारियों से 3555 रुपए तो लिए, लेकिन उन्हें टिकट नहीं दी थी।

    कैबिनेट मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर ने कंडक्टर जगदीश सिंह का गबन पकड़े जाने पर ट्रांसपोर्ट सेक्रेटरी को उसे तुरंत नौकरी से निकालने के निर्देश दिए। उन्होंने भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस अपनाने और किसी भी स्तर पर भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किए जाने की बात कही। कैबिनेट मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर ने एक सप्ताह पहले ही मिनिस्टर फ्लाइंग स्क्वायड गठित की है। इसका मकसद बस यात्रियों द्वारा टिकट चोरी की शिकायतों पर कार्रवाई करना और बस स्टैंड पर बस टाइम टेबल को पूरी तरह लागू करवाना सुनिश्चित करना है।

    ट्रांसपोर्ट मंत्री द्वारा इस जांच टीम को बस स्टैंड के समूचे बस ऑपरेशन को स्वीकृत टाइम टेबल के अनुसार चेक करना, समूह रूट पर चल रही STU की बस सर्विस की चेकिंग समेत डिपो की पूर्ण जांच का जिम्मा सौंपा गया है। साथ ही टीम को हर चेकिंग के बाद डायरेक्टर स्टेट ट्रांसपोर्ट को अपनी रिपोर्ट पेश करने के लिए पाबंद किया गया है, जो सीधा ट्रांसपोर्ट मंत्री को रिपोर्ट करेंगे।

  • पंजाब के रहने वाले भारतीय अंपायर पर लगे गंभीर आरोप, ICC से मांगा जवाब

    पंजाब के रहने वाले भारतीय अंपायर पर लगे गंभीर आरोप, ICC से मांगा जवाब

    नई दिल्लीः आईसीसी ने भारत के एक अंपायर पर गंभीर आरोप लगाए हैं। खबर है कि ये अंपायर भ्रष्टाचार संबंधित मामलों में बुरी तरह फंस सकता है। इस अंपायर को आईसीसी ने कुछ दिनों का समय दिया है, नहीं तो कोई बड़ा एक्शन भी लिया जा सकता है। 

    भ्रष्टाचार में फंसा भारतीय अंपायर 

    आईसीसी ने 2022 में हुए अंतरराष्ट्रीय मैचों की जांच के बाद सोमवार को बठिंडा के अंपायर जतिन कश्यप पर भ्रष्टाचार रोधी संहिता के उल्लंघन का आरोप लगाया। आईसीसी ने उन घटनाओं की जानकारी नहीं दी जिसके कारण कश्यप पर उसकी भ्रष्टाचार रोधी संहिता के तहत आरोप लगाए गए हैं। कश्यप ने पंजाब में जिला स्तर के मैचों में अंपायरिंग की है लेकिन भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) के पैनल में शामिल नहीं हैं। 

    लगाए गए बड़े आरोप

    कश्यप पर आईसीसी की संहिता के तहत संभावित भ्रष्ट आचरण के संबंध में भ्रष्टाचार-रोधी इकाई (एसीयू) की जांच में सहयोग करने के लिए बिना उचित कारण के विफल रहने या इनकार करने का आरोप लगाया गया है। आईसीसी ने बयान में कहा कि इसमें जांच के हिस्से के तौर पर एसीयू द्वारा आग्रह की गई किसी भी जानकारी और दस्तावेजीकरण को सही और पूरी तरह से प्रदान करने में विफल रहना भी शामिल है। दूसरा उल्लंघन ‘‘संहिता के तहत संभावित भ्रष्ट आचरण के संबंध में एसीयू की जांच में बाधा डालने या उसमें देरी करने से संबंधित है।’’ बयान के अनुसार कहा गया कि इसमें किसी भी दस्तावेज या अन्य जानकारी को छुपाना, छेड़छाड़ करना या नष्ट करना शामिल है जो उस जांच के लिए प्रासंगिक हो सकता है और जो संहिता के तहत भ्रष्ट आचरण के साक्ष्य की खोज का सबूत हो सकता है। 

    पीसीए ने भी दिया बड़ा बयान

    बीसीसीआई सूत्रों ने कहा कि आईसीसी ने पिछले साल अक्टूबर में पंजाब क्रिकेट संघ (पीसीए) से अंपायर के बारे में जानकारी मांगी थी। हालांकि पीसीए सचिव दिलशेर खन्ना ने कहा कि कश्यप के खिलाफ आईसीसी के आरोपों का राज्य में खेल से कोई लेना-देना नहीं है।