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  • जालंधरः दड़ा सट्टा का कारोबार करने वाले तीन गिरफ्तार

    जालंधरः दड़ा सट्टा का कारोबार करने वाले तीन गिरफ्तार

    जालंधर, (वरुण/हर्ष): सीआईए स्टाफ की पुलिस ने दड़ा सट्टे का काम करने वाले के तीन व्यक्तियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान हरमिंदर सिंह उर्फ मोनू पुत्र हरदीप सिंह निवासी रस्ता मोहल्ला फगवाड़ा गेट निवासी, हरीश कुमार पुत्र हरजिंदर सिंह निवासी मखदूमपूरा और संदेश कुमार पुत्र योगेश कुमार निवासी शिवराजगढ़ के रूप में हुई है। सीआईए स्टाफ के प्रभारी अशोक कुमार ने बताया वह गश्त के दौरान फगवाड़ा गेट के पास मौजूद थी उन्हें गुप्त सूचना मिली की फगवाड़ा गेट के नजदीक गली के अंदर दुकान में दड़ा सट्टा का का कारोबार चल रहा है। पुलिस ने वहां पर रेड कर हरमिंदर सिंह उर्फ मोनू और उसके साथियों को गिरफ्तार कर। उनके पास 15330 रुपए भारतीय करेंसी लैपटॉप एक प्रिंटर बरामद किया पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ लाटरी रेगुलेशन एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया है।

    कुछ दिन पहले भी चर्चा में रह चुका यह सट्टेबाज

    बता दें कि बीते दिन दड़े सट्टे की दुकान पर कवरेज करने गए निजी पोर्टल चालक के साथ हाथापाई होने का मामला पुलिस कमिश्नर के पास दर्ज करवाया जा चुका है। दरअसल, देर रात 11 बजे के कवरेज करने गए पत्रकारों पर धड़ा सट्टा व जुआ चलाने वाले माफिया द्वारा किए गए तेजधार हथियारों से हमला कर जान से मारने की कोशिश की गई। उक्त मीडिया प्रभारी ने जिस मोबाइल में कवरेज की वीडियो बनाई थी वो भी छीन कर तोड़ दिया गया। हमले दौरान मीडिया प्रभारी अपनी जान बचाकर वहां से भाग गए। अगले ही दिन CIA-1 की टीम ने फर्जी लॉटरी खिलाने वाले उक्त दुकान मालिक के खिलाफ मामला दर्ज लिया। 

  • होशियारपुरः 20 साल के युवक का अपहरण, जांच में जुटी पुलिस

    होशियारपुरः 20 साल के युवक का अपहरण, जांच में जुटी पुलिस

    होशियारपुरः दसूहा के अधीन आते गांव ओडरा में 20 वर्षीय युवक को कुछ युवकों द्वारा स्विफ्ट कार में अगवा करने का मामला सामने आया है। पुलिस ने परिवार का बयान दर्ज कर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही आरोपी को काबू कर लिया जाएगा। अपहृत युवक रोबिन के पिता सुरजीत सिंह ने बताया कि उनके बेटे को दोपहर एक स्विफ्ट कार में चार से पांच युवकों द्वारा अगवा किया गया था।

    उन्होंने कहा कि उनके बेटे का फतेहगढ़ साहिब की एक लड़की से प्रेम संबंध थे और पिछले दिन दोनों पक्षों के बीच समझौता हो गया था, लेकिन कल कुछ लोगों ने उसके बेटे का अपहरण कर लिया गया। उन्होंने कहा कि उनकी किसी से कोई दुश्मनी नहीं है उन्हें किसी पर शक नहीं है लेकिन फिर भी वे इस बारे में कुछ नहीं कह सकते कि उनके लड़के का अपहरण किसने किया है। वहीं एसएचओ दसूहा विक्रम सिंह का कहना है कि परिवार के बयान पर केस दर्ज कर लिया गया है और हर पहलू की जांच की जा रही है, जो भी दोषी होगा उसे बख्शा नहीं जाएगा।

  •  प्रधानाचार्योंं का प्रतिनिधिमंडल पदोन्नित की मांग को लेकर केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर से मिला

     प्रधानाचार्योंं का प्रतिनिधिमंडल पदोन्नित की मांग को लेकर केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर से मिला

    ऊना/ सुशील पंडित: पूर्व एवं सेवारत प्रधानाचार्योंं का प्रतिनिधिमंडल वर्ष 2017 के बाद पदोन्नत स्कूल प्रधानाचार्यो (सेवारत एवं सेवानिवृत) की पदोन्नित की मांग को लेकर केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर से मिला और ज्ञापन भी सौंपा। उन्होंने इस मामले में केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर से हस्तक्षेप करने की मांग उठाई। पूर्व व सेवारत प्रधानाचार्यो कमल किशोर, अजय कुमार, नरेश सैनी सहित अन्य ने कहा कि पदोन्नति स्थायीकरण प्रक्रिया निष्क्रिय पड़ी हुई है। जिसके चलते इस वर्ग को परेशानियों से जूझना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ने जहां हर वर्ग की समस्याओं के हल के लिए काम किया है, वहीं स्कूल प्रधानाचार्यो की पदोन्नति स्थायीकरण के लिए कोई प्रयास नहीं हुए। उन्होंने कहा कि वेतन निर्धारण, पैंशन संशोधन, अर्जित अवकाश, नकदीकरण, ग्रच्युटी आदि की अदायगी का मार्ग बंद पड़ा हुआ है। 
    उन्होंने कहा कि मामले को मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर व शिक्षा मंत्री गोविंद ठाकुर व शिक्षा सचिव के समक्ष कई बार उठाया जा चुका है, लेकिन सिवाय आश्वासन के कोई कार्रवाई अमल में नहीं लाई गई है। जिसके चलते इस वर्ग में सरकार के खिलाफ खासा रोष व्याप्त है। सरकार इस वर्ग को तत्कालीन प्रिंसिपल के पद पर प्रमोशन करते हुए रैगुलर करें व तमाम वित्तीय लाभ दिए जाए। उन्होंने कहा कि इस वर्ग में 90 प्रतिशत लोग नौकरी से सेवानिवृत हो चुके है। अधिकतर का स्वर्गवास हो चुका है। लेकिन इसके बावजूद भी सरकार ने इस वर्ग के हितों के साथ कुठाराघात किया है। जिससे अब किसी भी स्तर पर सहन नहीं किया जाएगा। अपनी मांग को मनमाने के लिए हर उचित मंच पर आवाज को बुलंद किया जाएगा।
  • सतपाल सिंह सत्ती ने 54 परिवारों को दी 19 लाख रुपए की आर्थिक सहायता

    सतपाल सिंह सत्ती ने 54 परिवारों को दी 19 लाख रुपए की आर्थिक सहायता

    ऊना/शील पंडित: छठे राज्य वित्तायोग के अध्यक्ष सतपाल सिंह सत्ती ने आज ऊना सदर विस क्षेत्र के 54 परिवारों को 19 लाख रुपए की आर्थिक सहायता का चैक प्रदान किए। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि यह आर्थिक मदद जरूरतमंद परिवारों को मुख्यमंत्री राहत कोष से प्रदान की जा रही है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर स्वयं एक गरीब परिवार से आते हैं, इसीलिए गरीब का दर्द समझते हैं और सभी की मदद करने का प्रयास करते हैं। सतपाल सिंह सत्ती ने कहा कि पिछले पांच वर्षों में ऊना सदर विस क्षेत्र को 1500 करोड़ से अधिक की विभिन्न परियोजनाओं की सौगात मिली है और बीते कल ही मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर 200 करोड़ की परियोजनाओं के शिलान्यास व उद्घाटन कर कर गए हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री का यह कार्यक्रम बेहद सफल रहा है और ऊना सदर की जनता ने बढ़-चढ़ कर इसमें भाग लिया है। सत्ती ने इस सफल कार्यक्रम के लिए सभी के सहयोग के लिए धन्यवाद किया।
  • सतपाल सत्ती करेंगे राज्य स्तरीय खेलकूद प्रतियोगिता का शुभारंभ

    सतपाल सत्ती करेंगे राज्य स्तरीय खेलकूद प्रतियोगिता का शुभारंभ

    ऊना/सुशील पंडित: छठे राज्य वित्तायोग अध्यक्ष सतपाल सिंह सत्ती रविवार को प्रातः 9 बजे राजकीय माॅडल वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बसदेहड़ा में लड़कों की राज्य स्तरीय अंडर 19 खेल प्रतियोगिताओं का शुभारंभ करेंगे। तत्पश्चात् 10 बजे 1.20 करोड़ रूपये की लागत से निर्मित आयुर्वेदिक अस्पताल पार्किंग और 11 बजे एमसी पार्क के सामने 20 लाख से निर्मित नगर परिषद् ऊना की कार पार्किंग का लोकार्पण करंेगे। जबकि 12 बजे चन्द्रलोक कालोनी के वार्ड न0 4 में 11 लाख से नवनिर्मित सामुदायिक भवन व 20 लाख से ंबने पार्क को लोगों को समर्पित करेंगे तथा सायं पांच बजे रक्कड़ में 31 लाख रूपये से निर्मित हाउसिंग बोर्ड कालोनी के पार्क का भी उद्घाटन करेंगे।म में शामिल होंगे।
  • पंजाबः लक्खा सिधाना के खिलाफ दर्ज केस को लेकर आया फैसला, पुलिस ने जारी किया पत्र

    पंजाबः लक्खा सिधाना के खिलाफ दर्ज केस को लेकर आया फैसला, पुलिस ने जारी किया पत्र

    तरनतारनः जिला तरनतारन के थाना हरिके में बीते दिन लक्खा सिधाना के खिलाफ हथियार व एनडीपीएस की कार्रवाई की गई थी। लेकिन आज एनडीपीसी एक्ट के तहत दर्ज मामले में तरनतारन पुलिस ने लक्खा सिधाना को बेगुनाह बताते हुए पत्र जारी किया है। इसकी पुष्टि डीएसपी (डी) तरनतारन दविंदर सिंह ने की है। जबकि इस मामले को लेकर लक्खा सिधाना का कहना है कि उन्हें बेगुनाह होने के बारे में पता लगा है कि लेकिन अधिकारिक सूचना नहीं मिली है। गौरतलब है कि लक्खा सिधाना पर दर्ज केस के विरुध 9 अक्टूबर को बठिंडा जिले के महाराज गांव में एक विशाल सभा बुलाई गई थी।

  • गत पांच वर्षों में कुटलैहड़ में हुआ अभूतपूर्व विकास : वीरेन्द्र कंवर

    गत पांच वर्षों में कुटलैहड़ में हुआ अभूतपूर्व विकास : वीरेन्द्र कंवर

    कृषि मंत्री ने किए 15.26 करोड़ की विकास परियोजनाओं के लोकार्पण व शिलान्यास
    ऊना/सुशील पंडित: प्रदेश सरकार का वर्तमान कार्यकाल कुटलैहड़ विधानसभा क्षेत्र में एक स्वर्णिम काल के रूप याद किया जाएगा क्योंकि इन पांच वर्षों में इस क्षेत्र में सड़क, स्वास्थ्य, शिक्षा, पर्यटन, पेयजल आपूर्ति तथा विधुत वितरण के क्षेत्र में अभूतपूर्व विकास हुआ है। परिणाम स्वरूप विकास की दृष्टि से आज कुटलैहड़ विधानसभा क्षेत्र आज प्रदेश के अग्रणी क्षेत्रों में शामिल हो गया है। यह बात ग्रामीण विकास व पंचायती राज, कृषि, पशुपालन तथा मत्स्य विभाग मंत्री वीरेंद्र कंवर ने कुटलैहड़ विधानसभा क्षेत्र में 15 करोड 26 लाख रुपए की राशि के विभिन्न विकास कार्यों के शिलान्यास व लोकार्पण अवसर पर उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए कही। इनमें 9 करोड़ 82 लाख के उद्घाटन तथा 5 करोड 44 लाख के भूमि पूजन शामिल हैं।
    उन्होंने गांव बौल में 4 करोड 16 लाख से बनने वाले किसान भवन, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय समूर में 1 करोड़ 28 लाख रुपए की राशि से बनने वाले सांइस ब्लॉक भवन का शिलान्यास तथा बरनोह में 4 करोड 95 लाख रुपए की लागत से नवनिर्मित क्षेत्रीय पशु अस्पताल,  4 करोड़ 34 लाख रुपए की लागत से हरिजन बस्ती बरनोह से डंगोली तक नवनिर्मित सड़क, ग्राम पंचायत लमलैहड़ी में 37 लाख रुपए की लागत से नवनिर्मित मेन रोड से आबादी घंगरेहड़ा, लंबड़ां वाया कांगू बाला बाबा तथा 16 लाख रुपए से नवनिर्मित  कांगू बाला बाबा से आबादी तरखाना सड़क का उद्घाटन किया।
    ग्रामीण विकास व पंचायती राज मंत्री वीरेन्द्र कंवर ने कहा कि प्रदेश सरकार किसानों व बागवानों की आय वृद्धि के लिए निरंतर प्रयासरत हैं इसलिए कषि, पशुपालन तथा बागवानी को जोड़ कर अनेक महत्वपूर्ण योजनाएं क्रियान्वित की जा रही हैं। उन्होंने कहा कि बसाल में 47 करोड़ रुपए से बनने वाले सेंटर आफ एक्सीलेंस डेयरी, 10 करोड़ से डंगेहड़ा में बनने जा रहे मुर्राह प्रजनन केंद्र, टकारला में बनने वाला सेंट्रल पॉल्ट्री फार्म इस दिशा में क्रियान्वित की जा रही बड़ी परियोजनाएं हैं। उन्होंने बताया कि बरनोह में नवनिर्मित क्षेत्रीय पशु अस्पताल जिला ऊना, हमीरपुर तथा बिलासपुर जिलों के पशुपालकों के लिए वरदान साबित होगा।
    उन्होंने बताया कि बौल में लगभग 6 कनाल भूमि में बनने वाले किसान भवन में एक विक्रय केंद्र बनाया जाएगा जिसमें किसानों को बीज, खाद तथा खेतीबाड़ी के उपकरण उपलब्ध होंगे। किसान भवन में किसानों के लिए एक प्रशिक्षण केंद्र व होस्टल की भी स्थापना की जाएगी जिसमें प्रदेश व जिला के किसानों को कृषि से संबंधित नई तकनीकों के विषय में प्रशिक्षण देने की व्यवस्था होगी। इसके अतिरिक्त इस भवन में एक भू-रक्षण अनुभाग भी बनाया जाएगा जिसके माध्यम से किसानों को अपने खेतों में सिंचाई जल भंडारण, सूक्ष्म सिंचाई, सौर सिंचाई तथा भू-संरक्षण इत्यादि योजनाओं को जानने में सहायता मिलेगी।
    वीरेंद्र कंवर ने कहा कि सरकार ने सामाजिक कल्याण तथा जनहित से जुड़े विषयों को सदैव सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। प्रदेश सरकार द्वारा हाल ही में महिलाओं को परिवहन निगम की बसों में पचास प्रतिशत किराए में छूट दी है। इसके अलावा 125 यूनिट तक प्रतिमाह बिजली की खपत करने वाले उपभोक्ताओं को बिजली बिल पूरी तरह माफ कर बड़ी राहत प्रदान की है। प्रदेश सरकार ने 60 वर्ष से ऊपर के लोगों को बिना आय सीमा के पेंशन सुविधा आरंभ की है जिसके परिणामस्वरूप 1 अप्रैल 2022 से प्रदेश में 60 वर्ष से अधिक आयु वर्ग में 2 लाख नई पेंशन शुरू की गई हैं।
    उन्होंने कहा कि क्षेत्र में बेरोजगारी की समस्या से निपटने के लिए कृषि, बागवानी तथा पशुपालन के क्षेत्र में अभूतपूर्व कार्य किया गया है जिसका सीधा लाभ क्षेत्र के बेरोजगार युवाओं को मिला है। उन्होंने कहा कि गत पौने पांच वर्षों में कुटलैहड़ क्षेत्र में पेयजल उपलब्ध करवाने के लिए करोड़ों रुपए खर्च किए गए हैं जिससे आज इस क्षेत्र में प्रतिदिन एक करोड लीटर पानी उपलब्ध करवाया जा रहा है जिसका सीधा लाभ क्षेत्र के लोगों को मिल रहा है। उन्होंने कहा कि भविष्य में क्षेत्र के हर खेत तक सिंचाई सुविधा उपलब्ध करवाने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। वीरेंद्र कंवर ने कहा कि निजी क्षेत्र में रोजगार के अवसर प्रदान करने के लिए भविष्य में कुटलैहड़ क्षेत्र में नए औद्योगिक क्षेत्र विकसित किए जाएंगे तथा औद्योगिक निवेश को विशेष रूप से प्रोत्साहित किया जाएगा।
    इस अवसर पर बौल में उपनिदेशक कृषि विभाग कुलभूषण धीमान, जिला कृषि अधिकारी रमेश कुमार, उपमंडलीय भू-संरक्षण अधिकारी अमित मोदगिल, विषयवाद विशेषज्ञ सतपाल धीमान, ग्राम पंचायत मोमन्यार की प्रधान अंजना कुमारी व पूर्व प्रधान यशपाल, बरनोह में जिला भाजपा अध्यक्ष मनोहर लाल शर्मा, कुटलैहड़ भाजपा मंडल महामंत्री मनीष कुमार,  बरनोह पंचायत के प्रधान बक्शीश सिंह, झंबर पंचायत के प्रधान प्रवेश शर्मा व उप प्रधान जीवन शर्मा, पूर्व प्रधान बरनोह जसमेर देवी, समूर में ग्राम पंचायत समूर के प्रधान ज्ञान चंद व उप प्रधान चरनजीत, बसाल पंचायत के प्रधान कमल चौधरी, उपनिदेशक प्रारंभिक शिक्षा देवेंद्र चंदेल, लोक निर्माण विभाग के अधिशाषी अभियंता शशि पाल धीमान तथा लमलैहड़ी में ऊना जिला भाजपा उपाध्यक्ष धरमजीत सिंह, ग्राम पंचायत लमलैहड़ी की प्रधान शीला देवी व उप प्रधान मदन लाल, पूर्व प्रधान अशोक कुमार सहित अन्य विभागों के अधिकारी व कर्मचारी तथा स्थानीय लोग उपस्थित थे।
  • करवाचौथ करीब, चाक की चाल हुई दुगुनी, दिन रात मिट्टी के करवों के निर्माण में जुटे कुम्हार

    करवाचौथ करीब, चाक की चाल हुई दुगुनी, दिन रात मिट्टी के करवों के निर्माण में जुटे कुम्हार

    ऊना (सुशील पंडित)। दशहरे के बाद अब करवाचौथ की तैयारियां जोरों पर हैं। करवाचौथ पर हर सुहागिन अपने पति के दीर्घायु एवं बेहतर स्वास्थ्य के लिए निर्जल व्रत रखती हैं। इसमें करवा का महत्व सदियों से बरकरार है।करवाचौथ को अब महज कुछ ही दिन शेष हैं जिसे देखते हुए कुम्हार भी अपनी चाक को  दुगनी गति देते हुए करवे के स्टोक को तैयार करने में  दिन रात की मेहनत में मशगूल हैं। हालांकि बाजारों में पीतल, स्टील और तांबे के करवे भी चलन में रहे हैं। लेकिन परंपरागत  मिट्टी के करवो को  महिलाएं तरजीह  दे रही हैं।

    बाजार के माहोल को देखते हुए  कुम्हार दिन रात करवो को स्टोक करने में जुट  गए हैं। मिट्टी के डिजाइनर करवों की एडवांस में डिमांड भी है जिसे पूरा करने में कुम्हार दिन रात  जुटे हैं।सत्तर वर्षीय कुम्हार अमरनाथ बताते हैं की दस दशक से वह इस परंपरा को संजोए हुए हैं। पिछले कुछ वर्षों का अनुभव मन को व्यथित करता है मगर इस वर्ष माहोल को देखते हुए आस जगी है।इस बार दीवाली पर अच्छे  दिनों की उम्मीद है।

    मिट्टी के करवे को बनाने के लिए चिकनी मिट्टी की आवश्कता होती है। पानी और मिट्टी को गूथ कर रख हुआ है। चाक की चकरी पर पानी से सनी हुई मिट्टी को रख कर हाथों से करवे को आकर दिया जाता है। चाक पर करवा बनाने में दो मिनट का समय लगता है। अमरनाथ के पुत्र विपिन कुमार बताते हैं की वे भी अपने पिता के साथ दिन रात करवो  के स्टोक को एकत्रित करने में जुटे हैं। इस काम में उनका बेटा और बेटी भी पढ़ाई से अलग समय निकाल कर  हाथ बटाते हैं।

    विपिन बताते हैं की चाक की चकरी से करवा उतारने के बाद करवे में एक छेद किया जाता हैं ।इसके बाद करवों को   धूप और हवा में सूखने के लिए रख देते हैं। सूखने के बाद परिवार के सदस्य सभी करवों को आग में तपा कर पक्का करते हैं। पक्का होने के बाद उस पर रंग रोगन किया जाता है। कई करवों को लेस, शीशे और मोतियों से भी सजाया जाता है। मिट्टी के करवे की कीमत 20 रुपये से लेकर 50 रुपये तक है।जबकि साइज रंगाई और विशिष्टता के आधार पर कीमत 100से लेकर 150रुपए तक भी बाजार में उपलब्ध है। 

  • ‘एक व्यक्ति एक ही सीट पर लड़े चुनाव’, निर्वाचन आयोग ने कानून मंत्रालय को भेजा प्रस्ताव

    ‘एक व्यक्ति एक ही सीट पर लड़े चुनाव’, निर्वाचन आयोग ने कानून मंत्रालय को भेजा प्रस्ताव

    नई दिल्लीः निर्वाचन आयोग ने कानून मंत्रालय को एक व्यक्ति एक सीट का प्रस्ताव भेजा है। जिसमें नए प्रावधान और संशोधनों को भी शामिल किया गया है। इस प्रस्ताव से जुड़ा बदलाव कानून में शामिल होने पर अधिकतम दो सीट से चुनाव लड़ने की छूट खत्म हो जाएगी और उम्मीदवार सिर्फ एक ही सीट से चुनाव लड़ पाएगा। दरअसल, इससे पहले तक उम्मीदवार कितनी भी सीटों से चुनाव लड़ सकता था। लेकिन बाद में आयोग ने कानून में बदलाव करवाकर अधिकतम दो सीटों तक सीमित कर दिया था। अब अतिरिक्त चुनाव खर्च, छोड़ने वाली सीट के मतदाताओं की भावनाएं आदि को ध्यान में रखते हुए एक उम्मीदवार एक सीट के प्रावधान को लेकर जन प्रतिनिधित्व प्रणाली में बदलाव का प्रस्ताव आयोग ने दिया है।

    पहले कितनी भी सीटों पर लड़ सकते थे चुनाव

    बता दें कि 1996 के पहले तक चुनाव में कोई उम्मीदवार एक साथ कितनी भी सीटों से चुनाव लड़ सकता था। इसकी अधिकतम सीटों की संख्या तय नहीं थी। बस केवल यही नियम था कि जनप्रतिनिधि केवल ही एक ही सीट का प्रतिनिधित्व कर सकता है। 1996 में रिप्रेजेंटेशन ऑफ द पीपल ऐक्ट, 1951 में संशोधन किया गया और यह तय किया गया कि अधिकतम सीटों की संख्या दो हो गई।

    रिप्रेजेंटेशन ऑफ द पीपल ऐक्ट, 1951 के सेक्शन 33 में यह व्यवस्था दी गई थी कि व्यक्ति एक से अधिक जगह से चुनाव लड़ सकता है, जबकि इसी अधिनियम के सेक्शन 70 में कहा गया है कि वह एक बार में केवल एक ही सीट का प्रतिनिधित्व कर सकता है। ऐसे में साफ है कि एक से ज्यादा जगहों से चुनाव लड़ने के बावजूद प्रत्याशी को जीत के बाद एक ही सीट से प्रतिनिधित्व स्वीकार करना होता है।

  • पंजाबः ‘राही’ स्कीम के तहत ई-ऑटो पर मिलेगी 1.25 लाख रुपये की सब्सिडी

    पंजाबः ‘राही’ स्कीम के तहत ई-ऑटो पर मिलेगी 1.25 लाख रुपये की सब्सिडी

    अमृतसरः शहर के सार्वजनिक परिवहन को बेहतर बनाने तथा प्रदूषण को कम करने के लिए पुराने डीज़ल ऑटो को ई-ऑटो से बदलने वाले अमृतसर स्मार्ट सिटी के ‘‘राही’’ (रीज्युविनेशन ऑफ ऑटो-रिक्शा इन अमृतसर थ्रू होलीस्टिक इंटरवेशंन) प्रोजेक्ट के तहत अब 75 हजार रुपये की जगह 1.25 लाख रुपये की कैश सब्सिडी मिलेगी।

    उल्लेखनीय है कि स्मार्ट सिटी मिशन के तहत शहर में पुराने डीज़ल ऑटो को ई-ऑटो से बदलने के लिए सरकार द्वारा राही स्कीम की शुरुआत की गई थी, जिसके तहत ऑटो रिक्शा ड्राइवरों को पहले 75 हजार रुपये की कैश सब्सिडी और आसान दरों पर लोन दिया जा रहा था। अमृतसर स्मार्ट सिटी के सीईओ तथा नगर निगम कमिश्नर कुमार सौरभ राज ने शनिवार को बताया कि ऑटो रिक्शा यूनियनों और ड्राइवरों से बात करने पर यह पता चला था कि पहले ऑटो रिक्शा ड्राइवरों को ई-ऑटो लेने के लिए लगभग 50 हजार रुपयों की डाउन पेमेंट करनी होती थी, लेकिन उनकी आर्थिक हालत ऐसी नहीं थी कि वह डाउन पेमेंट कर सकें।

    इसके अलावा ऑटो ड्राइवरों द्वारा सब्सिडी बढ़ाने की भी मांग की गई थी। उन्होंने बताया कि सभी बातों को ध्यान में रखते हुए सरकार द्वारा अब सब्सिडी को बढ़ाया गया है तथा इसे अपफ्रंट मोड पर दिया जाएगा, जिससे कि ऑटो रिक्शा ड्राईवरों पर पड़ने वाले बोझ को कम किया जा सके। उन्होंने बताया कि सरकार द्वारा राही स्कीम के स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के अलावा और भी बैंको को इम्पैलन्ड किया जा रहा है, जिसके तहत कैनरा बैंक, इंडियन बैंक, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया, एचडीएफसी बैंक तथा पंजाब ग्रामीण बैंक से प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। सौरभ ने बताया कि राही स्कीम का लाभ लेने के लिए इच्छुक ड्राइवर का अमृतसर ऑटो रिक्शा ड्राइवर कोआपरेटिव सोसायटी का सदस्य होना जरुरी है। वहीं ई-ऑटो लेने के लिए इच्छुक ड्राइवर के पास आधार कार्ड या वोटर कार्ड, ऑटो की आर.सी, ड्राई¨वग लाईसेंस और ऑटो रिक्शा ड्राईवर कोर्परेटिव सोसायटी का मैंबर स्लिप होना जरुरी है।

    इन दस्तावेजों को लेकर ड्राइवर इम्पैनल्ड कंपनियों म¨हद्रा और पियाजियो की डीलरशिप पर जाकर अपनी अर्जी दे सकता है। उन्होंने कहा कि राही प्रोजेक्ट से ना सिर्फ शहर का वातावरण साफ होगा, वहीं पर ई-ऑटो से रिक्शा ड्राइवरों की कमाई में भी बढ़ोत्तरी होगी क्योंकि मौजूदा डीजल के मूल्य पर ऑटो को चलाने की कीमत प्रति कि.मी चार से पांच रुपए है, वहीं ई-ऑटो में यह लगभग 0.68 पैसे प्रति कि.मी है। राही प्रोजेक्ट के तहत ऑटो रिक्शा ड्राइवरों के परिवार की महिलाओं के लिए मुफ्त में स्किल डेव्लेपमेंट कोर्स भी करवाए जा रहे हैं । जिसके तहत कटिंग एंड टेलरिंग, ब्यूटी पार्लर, कम्पयूटर ऑपरेटर और फूड एंड फ्रूट प्रिजरवेशन जैसे कोर्स ऑल इंडिया वूमन कान्फ्रेंस की बस स्टैंड के पास स्थित शाखा से किए जा सकते हैं।