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  • उप-मुख्य सचेतक ने के.सी. वेणुगोपाल से की भेंट

    उप-मुख्य सचेतक ने के.सी. वेणुगोपाल से की भेंट

    शिमला : उप-मुख्य सचेतक केवल सिंह पठानिया ने आज नई दिल्ली में कांग्रेस पार्टी के संगठन महासचिव एवं सांसद के.सी. वेणुगोपाल के साथ शिष्टाचार भेंट की। इस दौरान उप-मुख्य सचेतक ने के.सी. वेणुगोपाल को प्रदेश मंे चलाई जा रही विकासात्मक परियोजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू के दूरदर्शी नेतृत्व में ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ किया जा रहा है। प्रदेश में प्राकृतिक खेती पद्धति को बढ़ावा दिया जा रहा है और किसानों को अनेक प्रोत्साहन प्रदान किए जा रहे हैं जिनका लाभ उठाकर किसानोें की आय में वृद्धि हो रही है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्राकृतिक खेती के आदर्श राज्य के रूप में उभर रहा है।

    उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश, देश का पहला राज्य है जिसने प्राकृतिक खेती से तैयार की गई फसलों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य प्रदान किया है। राज्य सरकार ने प्राकृतिक खेती से तैयार की गई फसलों की एमएसपी में भी उल्लेखनीय वृद्धि की है। अब प्राकृतिक खेती से तैयार किए गए गेहूं की खरीद 80 रुपये प्रति किलोग्राम, मक्की 50 रुपये प्रति किलोग्राम, कच्ची हल्दी 150 रुपये प्रति किलोग्राम, पांगी घाटी की जौ 80 रुपये प्रति किलोग्राम तथा अदरक की 30 रुपये प्रति किलोग्राम की दर से खरीद की जा रही है। पशु पालकों को लाभान्वित करने के उद्देश्य से गाय के दूध के एमएसपी को 32 रुपये से बढ़ाकर 61 रुपये प्रति लीटर और भैंस के दूध के एमएसपी को 47 रुपये से बढ़ाकर 71 रुपये प्रति लीटर किया गया है।

    उन्होंने कहा कि सरकार प्रदेशवासियों के हितों की रक्षा कर रही है। सरकार ने किशाऊ बांध परियोजना में बड़ी सफलता हासिल की है। अब 15,000 करोड़ रुपये से निर्मित होने वाली 422 मेगावाट की इस परियोजना के बनने पर बिजली उत्पादन के रूप में होने वाले 2,000 करोड़ रुपये के खर्च को पानी के रूप में लाभान्वित होने वाले दिल्ली, राजस्थान और हरियाणा राज्य वहन करेंगे। इससे बिजली उत्पादन शुरू होने पर हिमाचल को हर साल 600 करोड़ रुपये की आय सुनिश्चित होगी।

    उन्होंने कहा कि इसके अतिरिक्त, कड़छम-वांगतू जलविद्युत परियोजना में जेएसडब्ल्यू एनर्जी कंपनी राज्य को 12 प्रतिशत के बजाय 18 प्रतिशत रॉयल्टी प्रदान करेगी जिससे प्रदेश के खजाने में प्रतिवर्ष 250 करोड़ से अधिक की आय होगी। उप-मुख्य सचेतक ने कहा कि इस अवसर पर के.सी. वेणुगोपाल के साथ विभिन्न विषयों पर सार्थक विचार-विमर्श हुआ। उनका मार्गदर्शन, अनुभव और रणनीति हमारे लिए निरन्तर प्रेरणा एवं नई ऊर्जा का स्रोत है।

  • बारिश का कहरः पुल का किनारा धंसा, आवाजाही बंद, देखें वीडियो

    बारिश का कहरः पुल का किनारा धंसा, आवाजाही बंद, देखें वीडियो

    गुरुग्राम: हरियाणा के फरीदाबाद, गुरुग्राम और पलवल जिले में लगातार हो रही बारिश ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी। दरअसल, 2 दिनों से हो रही बारिश के कारण कई इलाकों में जलभराव, सड़क धंसने और भवनों को नुकसान जैसी घटनाएं सामने आई हैं। वहीं बारिश के चलते फरीदाबाद में पुराना खेड़ी पुल का एक हिस्सा धंस गया और वहां पर बड़ा गड्ढा बन गया है, जिसके बाद सुरक्षा के मद्देनजर इस मार्ग पर वाहनों और लोगों की आवाजाही पूरी तरह बंद कर दी गई है। मौके की तस्वीरों में पुल का क्षतिग्रस्त हिस्सा साफ दिखाई दे रहा है। हादसे से बचाव के लिए प्रभावित हिस्से के आसपास बैरिकेडिंग कर रास्ता बंद कर दिया गया है।

    इससे इस रास्ते का उपयोग करने वाले लोगों को फिलहाल दूसरे मार्गों का सहारा लेना पड़ रहा है। मौसम विभाग के अनुसार, फरीदाबाद में 7 जुलाई से लेकर 9 जुलाई सुबह 8 बजे तक जिले में कुल 86.75 एमएम बारिश दर्ज की गई है। दिनभर बारिश जारी रहने से यह आंकड़ा और बढ़ने की संभावना है। वहीं फरीदाबाद के तिगांव क्षेत्र में सबसे अधिक 130 एमएम बारिश रिकॉर्ड की गई, जबकि गौंछी क्षेत्र में सबसे कम वर्षा दर्ज हुई।

    लगातार बारिश के कारण शहर के कई हिस्सों में सड़कें धंस गई हैं।ग्रेटर फरीदाबाद स्थित मलबरी काउंटी सोसायटी में हालात और भी गंभीर हैं। यहां बेसमेंट और सड़कों पर पानी भर जाने से निवासियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बेसमेंट में खड़े वाहन निकालने के लिए लोगों को काफी मशक्कत करनी पड़ रही है। वहीं सोसायटी की इंटरनल सड़कों पर बने गड्ढों में पानी भरने से दुर्घटना का खतरा भी बढ़ गया है। उधर, पलवल में भी लगातार बारिश के कारण कई सड़कें पूरी तरह जलमग्न हो गई हैं।

    जलभराव की वजह से यातायात प्रभावित हुआ और लोगों को आने-जाने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। लगातार बारिश के कारण फरीदाबाद के नगला एंक्लेव में भी सड़क पर बड़ा गड्ढा बन गया। सुबह इस रास्ते से गुजर रहे दो किशोरों की बाइक का अगला पहिया गड्ढे में समा गया, जिससे दोनों हादसे का शिकार हो गए। घटना के बाद आसपास के लोगों ने उन्हें संभाला। यह हादसा बारिश के बाद सड़कों की बदहाल स्थिति और बड़े गड्ढों से बढ़ रहे खतरे को उजागर करता है।

     

  • 2 साल में ही 27.49 करोड़ से बना ओवरब्रिज क्षतिग्रस्त

    शमसाबादः फर्रुखाबाद-कायमगंज-दिल्ली मार्ग पर शुकुरुल्लापुर रेलवे क्रासिंग पर 2 वर्ष पहले करीब 27.49 करोड़ रुपये की लागत से ओवरब्रिज बनाया गया। इस वर्ष की पहली बरसात में ही ओवरब्रिज क्षतिग्रस्त हो गया। दरअसल, पुल का एक ज्वाइंट धंस गया। इससे पुल से यातायात रोक दिया गया। इस पुल में कई खामियां शुरुआत से ही थी, यही कारण रहा कि इसे सेतु निगम द्वारा लोक निर्माण विभाग को हैंडओवर भी नहीं किया गया। ओवरब्रिज के जॉइंट में तकनीकी खराबी आने के बाद फर्रुखाबाद-कायमगंज मार्ग को लगभग 3 दिनों के लिए बंद कर दिया गया है। अब सेतु निगम और रेलवे की टीम मरम्मत कार्य में जुटी है।

    इस पुल का उद्घाटन उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने किया था। यह ओवरब्रिज सांसद मुकेश राजपूत की प्रमुख विकास योजनाओं में शामिल था। मौके पर सेतु निगम और रेलवे के इंजीनियर संयुक्त रूप से मरम्मत कार्य में जुटे हैं। हालांकि अधिकारी इसे तकनीकी समस्या बताकर मरम्मत की बात कह रहे हैं, लेकिन इतने कम समय में ओवरब्रिज के जॉइंट में आई खराबी ने निर्माण की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि करोड़ों रुपये खर्च होने के बावजूद यदि पुल दो साल भी बिना मरम्मत के नहीं चल सका, तो निर्माण की गुणवत्ता की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।

    फिलहाल मरम्मत कार्य युद्धस्तर पर जारी है। लेकिन सवाल यह है कि आखिर करोड़ों रुपये की लागत से बने इस ओवरब्रिज में इतनी जल्दी तकनीकी खामी कैसे आ गई? अब सभी की निगाहें जांच रिपोर्ट और जिम्मेदार एजेंसियों की जवाबदेही पर टिकी हैं। दिल्ली से कायमगंज होकर फर्रुखाबाद आने वाले वाहनों को हजियापुर तिराह से पुलिस ने डायवर्जन कर नवाबगंज से होकर निकाला है। वहीं फर्रुखाबाद से कायमगंज व दिल्ली जाने वाले वाहनों को हथियापुर से नवाबगंज होते हुए भेजा गया है। यह डायवर्जन 12 जुलाई तक रहेगा।

  • अवैध हथियारों से 2 गिरफ्तार, पुलिस गिरफ्त से भागा आरोपी पुल से गिरा, देखें वीडियो

    अवैध हथियारों से 2 गिरफ्तार, पुलिस गिरफ्त से भागा आरोपी पुल से गिरा, देखें वीडियो

    कैथलः सीआईए-1 पुलिस ने दो अलग-अलग मामलों में अवैध हथियारों के साथ दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। एसपी मनप्रीत सिंह सूदन के निर्देश पर अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से एक .315 बोर देसी पिस्तौल, एक देसी कट्टा तथा 2 कारतूस बरामद किए हैं। डीएसपी सुशील प्रकाश ने बताया कि पहले मामले में एक आरोपी ने पुलिस हिरासत से भागने का प्रयास किया, लेकिन पुल से गिरने के कारण घायल हो गया।

    वहीं दूसरे मामले में सीआईए-1 के एसआई पवन कुमार की टीम ने थाना पुंडरी क्षेत्र में कार्रवाई करते हुए गांव हाबड़ी निवासी संदीप उर्फ दीप को गिरफ्तार किया। सीआईए-1 प्रभारी एसआई जसवंत सिंह की टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर गांव हजवाना निवासी सुरेंद्र उर्फ गोलू को थाना तितरम क्षेत्र से गिरफ्तार किया। उसके कब्जे से एक .315 बोर देसी पिस्तौल और एक जिंदा कारतूस बरामद हुआ। पूछताछ के दौरान आरोपी पुलिस को हथियार सप्लायर तक ले जा रहा था, तभी उसने भागने की कोशिश की और पुल से नीचे गिर गया। हादसे में उसके पैर में फ्रैक्चर हो गया। घायल आरोपी का जिला नागरिक अस्पताल में उपचार चल रहा है।

    सीआईए-1 के एसआई पवन कुमार की टीम ने थाना पुंडरी क्षेत्र में कार्रवाई करते हुए गांव हाबड़ी निवासी संदीप उर्फ दीप को गिरफ्तार किया। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से एक .315 बोर देसी कट्टा और एक जिंदा कारतूस बरामद हुआ। प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया कि दोनों आरोपी आपस में दोस्त हैं। पुलिस अब पुंडरी क्षेत्र में कुछ दिन पहले हुई फायरिंग की घटना में भी उनकी भूमिका की जांच कर रही है। दोनों आरोपियों के खिलाफ संबंधित थानों में शस्त्र अधिनियम के तहत मामले दर्ज कर लिए गए हैं। पुलिस अवैध हथियार सप्लाई करने वाले नेटवर्क की भी जांच में जुटी है।

  • हरियाणा में 10 दिनों में शुरू होगा पहला ऑनलाइन तबादला अभियान, विभागों को आवश्यक तैयारियां पूरी करने के निर्देश

    हरियाणा में 10 दिनों में शुरू होगा पहला ऑनलाइन तबादला अभियान, विभागों को आवश्यक तैयारियां पूरी करने के निर्देश

    चंडीगढ़- हरियाणा सरकार ने मॉडल ऑनलाइन तबादला नीति, 2026 के प्रभावी क्रियान्वयन की दिशा में तेजी से कदम बढ़ाते हुए सभी विभागों को आगामी 10 दिनों के भीतर आवश्यक तैयारियां पूरी करने के निर्देश दिए हैं। मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी ने प्रशासनिक सचिवों, विभागाध्यक्षों, बोर्डों एवं निगमों, राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र (एनआईसी) तथा स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग को जारी व्यापक निर्देशों में कहा है कि पहला ऑनलाइन तबादला अभियान निर्धारित समय के भीतर शुरू करने के लिए सभी तैयारियां समयबद्ध ढंग से पूरी की जाएं।

    प्रशासनिक सचिवों, विभागाध्यक्षों, बोर्डों एवं निगमों, राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र (एनआईसी) तथा स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग को जारी निर्देशों में एचआरएमएस रिकॉर्ड के अपडेशन, ऑनलाइन सॉफ्टवेयर मॉड्यूल तैयार करने, नोडल अधिकारियों की नियुक्ति, चिकित्सा एवं दिव्यांगता प्रमाण-पत्र तेजी से जारी करने, रद्द की जा चुकी वर्ष 2025 की तबादला नीति के अंतर्गत चल रही प्रक्रियाओं को समाप्त करने तथा बोर्डों एवं निगमों द्वारा नई तबादला नीति अपनाने सहित सभी तैयारियां निर्धारित समय में पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं। गौरतलब है कि मॉडल ऑनलाइन तबादला नीति, 2026 के अधिसूचित होने के साथ ही मॉडल ऑनलाइन तबादला नीति, 2025 तत्काल प्रभाव से निरस्त हो गई है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में सभी नियमित तबादले केवल नई नीति के प्रावधानों के अनुरूप ही किए जाएंगे। इस नीति का उद्देश्य सरकारी विभागों में पारदर्शी, वस्तुनिष्ठ, प्रौद्योगिकी आधारित तथा मेरिट-आधारित तबादला व्यवस्था स्थापित करना है।

    मुख्य सचिव ने सभी प्रशासनिक सचिवों एवं विभागाध्यक्षों को निर्देश दिए हैं कि वे स्वयं तैयारियों की निगरानी करें तथा एचआरएमएस में कर्मचारियों के कैडर, नियुक्ति तिथि, कार्यकाल, सेवा विवरण तथा मेरिट अंक निर्धारण से संबंधित सभी रिकॉर्ड का सत्यापन एवं अद्यतन तत्काल कराएं। उन्होंने स्पष्ट किया कि स्थानांतरण प्रक्रिया में केवल अर्हता तिथि तक एचआरएमएस में उपलब्ध जानकारी ही मान्य होगी। यदि कोई जानकारी अपूर्ण, गलत अथवा समय पर अद्यतन नहीं की जाती है तो संबंधित कर्मचारी की पात्रता एवं मेरिट अंकों पर इसका प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र (एनआईसी) को ऑनलाइन ट्रांसफर प्रणाली के सभी सॉफ्टवेयर मॉड्यूल का विकास, अनुकूलन, परीक्षण, सत्यापन एवं क्रियान्वयन प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने के निर्देश दिए हैं। इसके लिए एनआईसी में कम से कम वरिष्ठ वैज्ञानिक स्तर के अधिकारी को छह माह के लिए परियोजना नोडल अधिकारी नियुक्त किया जाएगा। साथ ही सभी विभागों में ऑनलाइन तबादला प्रक्रिया की निगरानी के लिए एक समर्पित एचआरएमएस लॉगिन भी विकसित किया जाएगा।

    उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि मॉडल ऑनलाइन तबादला नीति, 2025 के अंतर्गत प्रारंभ की गई सभी तबादला प्रक्रियाएं तत्काल प्रभाव से समाप्त मानी जाएंगी। पूर्व नीति के तहत जो तबादला आदेश अभी तक जारी नहीं हुए हैं, वे जारी नहीं किए जाएंगे तथा आगे के सभी नियमित तबादले केवल मॉडल ऑनलाइन तबादला नीति, 2026 के अनुसार ही होंगे। पात्र कर्मचारियों को नई नीति के अंतर्गत मिलने वाले लाभ सुनिश्चित करने के लिए मुख्य सचिव ने स्वास्थ्य विभाग तथा चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान विभाग को दिव्यांगता प्रमाण-पत्र, यूनिक डिसेबिलिटी आईडी (यूडीआईडी) कार्ड तथा आवश्यक चिकित्सा प्रमाण-पत्र समयबद्ध ढंग से जारी करने के निर्देश दिए हैं। एम्स, पीजीआईएमईआर चंडीगढ़, पीजीआईएमएस रोहतक तथा अन्य अधिकृत मेडिकल बोर्डों से अनुरोध किया गया है कि वे पात्र आवेदनों पर प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई करते हुए आवेदन प्राप्त होने के तीन दिनों के भीतर प्रमाण-पत्र जारी करें, ताकि कर्मचारी बिना किसी कठिनाई के ऑनलाइन तबादला प्रक्रिया में भाग ले सकें।

    मानव संसाधन विभाग ने पहली ऑनलाइन तबादला प्रक्रिया के लिए नोशनल (काल्पनिक) कैटेगरी के संबंध में भी विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए हैं। इसके अंतर्गत अधिसूचित अवधि में प्रारंभिक नियुक्ति, पदोन्नति, निलंबन के बाद पुनर्बहाली, प्रतिनियुक्ति से वापसी, अध्ययन अवकाश से लौटने अथवा निर्धारित शर्तों के अंतर्गत आने वाले कर्मचारियों को संबंधित कैडर की पहली ऑनलाइन तबादला प्रक्रिया में नोशनल कैटेगरी के अंतर्गत शामिल किया जाएगा। एक अन्य महत्वपूर्ण निर्देश में सभी बोर्डों, निगमों एवं अन्य सरकारी संगठनों को मॉडल ऑनलाइन तबादला नीति, 2026 अपनाने अथवा जहां पृथक वैधानिक व्यवस्था आवश्यक हो, वहां अपनी वर्तमान तबादला नीति को इसके अनुरूप संशोधित करने के निर्देश दिए गए हैं। इसका उद्देश्य सभी सरकारी संस्थाओं में पारदर्शी, निष्पक्ष एवं मेरिट आधारित एक समान तबादला व्यवस्था स्थापित करना, मनमानेपन को समाप्त करना तथा अनावश्यक न्यायिक विवादों को कम करना है।

    संपूर्ण तबादला प्रक्रिया केवल एचआरएमएस से एकीकृत ऑनलाइन ट्रांसफर मॉड्यूल के माध्यम से संचालित की जाएगी। ऑनलाइन तबादला अभियान के दौरान किसी भी अधिसूचित कैडर के कर्मचारियों के नियमित तबादले अथवा पदस्थापन नहीं किए जाएंगे। विभागों को नीति के विपरीत कोई निर्देश जारी नहीं करने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही कर्मचारियों को चेतावनी दी गई है कि यदि कोई गलत अथवा भ्रामक जानकारी देता है या किसी बाहरी प्रभाव के माध्यम से तबादला प्रक्रिया को प्रभावित करने का प्रयास करता है, तो उसके विरुद्ध नियमानुसार अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।

     

  • सेवानिवृत जवान के घर हुए धमाके को लेकर फोरेंसिक एक्सपर्ट्स भी हैरान, DSP का आया बयान, देखें वीडियो

    सेवानिवृत जवान के घर हुए धमाके को लेकर फोरेंसिक एक्सपर्ट्स भी हैरान, DSP का आया बयान, देखें वीडियो

    रेवाड़ीः शहर के मोहल्ला हंसनगर में शाम सेना के सेवानिवृत जवान के घर में हुए रहस्यमयी ब्लास्ट की गुत्थी भी भी नहीं सुलझ पाई है। फोेरेंसिक टीम 2 बार जांच कर चुकी है। फोरेंसिक टीम ने मौके से सैंपल उठाकर जांच के लिए लैब भेजे हैं। हालांकि पुलिस प्रारंभिक जांच में घर के पास से गुजर रही पीएनजी लाइन लीकेज होने से ब्लास्ट होने की बात कह रही है। घटना के वास्तविक कारणों का खुलासा फॉरेंसिक जांच रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा। मामले की जांच कर रहे डीएसपी सुरेंद्र श्योराण ने बताया कि अब तक की जांच में गैस लीक होने की बात सामने आ रही है, लेकिन घटना के सटीक कारणों की पुष्टि फॉरेंसिक टीम की रिपोर्ट मिलने के बाद ही की जाएगी।

    उन्होंने कहा कि पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच कर रही है और किसी भी संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। गौरतलब है कि हंसनगर में पूर्व सैनिक सतबीर के घर में अचानक ब्लास्ट हो गया था, जिससे खिड़की-दरवाजे टूटने के साथ ही घर में मौजूद सतबीर, पत्नी मधु, पड़ोसी जयभगान व घटना के वक्स प्रैस कर रही सतबीर की बेटी तन्नु बुरी तरह झुलस गई थी। इसके अलावा 2 साल की नाती खुशी भी झुलस गई थी।

    घायलों को तत्काल उपचार के लिए दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां तन्नु की हालत गंभीर बनी हुई है। तन्नु की नवंबर माह में शादी होनी है। घटना के बाद पुलिस, दमकल विभाग और संबंधित एजेंसियों ने मौके पर पहुंचकर राहत एवं बचाव कार्य चलाया। पुलिस ने घटनास्थल से आवश्यक साक्ष्य जुटाकर जांच शुरू कर दी है। डीएसपी सुरेंद्र श्योराण ने कहा कि फॉरेंसिक रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि धमाका गैस रिसाव के कारण हुआ या इसके पीछे कोई अन्य वजह थी। रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

     

  • नई औद्योगिक नीति से व्यापार में सुगमता को मिलेगा प्रोत्साहनः मुख्यमंत्री

    नई औद्योगिक नीति से व्यापार में सुगमता को मिलेगा प्रोत्साहनः मुख्यमंत्री

    शिमला: मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने कहा है कि राज्य सरकार नई औद्योगिक नीति को अंतिम रूप देने की प्रक्रिया में है, जिसे शीघ्र अधिसूचित किया जाएगा। नई नीति राज्य में निवेश आकर्षित करने, युवाओं के लिए रोजगार के अवसर सृजित करने तथा हिमाचल प्रदेश में व्यापार में सुगमता (ईज ऑफ डूइंग बिजनेस) को और बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। वह बुधवार सायं उद्योग विभाग की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे।

    उन्होंने कहा कि नीति को व्यापक और उद्योग-अनुकूल बनाने के लिए सभी हितधारकों से परामर्श किया जा रहा है। साथ ही, निवेश को बढ़ावा देने के उद्देश्य से एकल खिड़की स्वीकृति प्रणाली को भी सुदृढ़ किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि ईज ऑफ डूइंग बिजनेस पहल के तहत नियमों और प्रक्रियाओं को सरल बनाया जा रहा है, ताकि उद्योगपति अपने उद्योगों की स्थापना और संचालन अधिक आसानी से कर सकें। उन्होंने कहा कि पिछले साढ़े तीन वर्षों के दौरान इस दिशा में कई नीतिगत पहल और कानूनी सुधार किए गए हैं। मुख्यमंत्री ने ऊना में विकसित किए जा रहे बल्क ड्रग पार्क तथा धर्मशाला में निर्माणाधीन यूनिटी मॉल के कार्यों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को दोनों परियोजनाओं में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि देश की प्रतिष्ठित कंपनियों को बल्क ड्रग पार्क में निवेश के लिए आमंत्रित किया जाना चाहिए। 2,071 करोड़ रुपये की इस परियोजना से प्रदेश के युवाओं के लिए बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर सृजित होंगे। उन्होंने बताया कि लगभग 800 बीघा भूमि को समतल किया जा चुका है तथा कार्य युद्धस्तर पर जारी हैं।

    सुक्खू ने अधिकारियों को आगामी 15 जुलाई तक कॉमन एफ्लुएंट ट्रीटमेंट प्लांट और स्टीम जनरेशन सुविधा का कार्य पूरा करने के भी निर्देश दिए। धर्मशाला में निर्माणाधीन यूनिटी मॉल परियोजना की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इसके लिए 66 करोड़ रुपये की पहली किस्त जारी की जा चुकी है और कार्य प्रगति पर है। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को ‘वन डिस्ट्रिक्ट, थ्री प्रोडक्ट्स’ कार्यक्रम के तहत उत्पादों की पहचान करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। यह पहल लोगों के लिए नए आजीविका के अवसर सृजित करने के साथ-साथ उनकी आर्थिक स्थिति को भी मजबूत करेगी।

     

     

  • Punjab News: युवती से छेड़छाड़ मामले में 2 पुलिस कर्मी गिरफ्तार, महिला आयोग ने जारी किया नोटिस

    Punjab News: युवती से छेड़छाड़ मामले में 2 पुलिस कर्मी गिरफ्तार, महिला आयोग ने जारी किया नोटिस

    मोहालीः सेक्टर-68 स्थित श्री गुरु हरसहाय सोसायटी के बाहर स्कॉर्पियो सवार पुलिस कर्मियों द्वारा युवती से छेड़छाड़ और उसके परिजनों पर कार चढ़ाने की कोशिश का मामला सामने आया है। इस मामले में जांच के आधार पर पुलिस ने 2 काॅन्स्टेबल गुरपिंदर और गुरमीत को गिरफ्तार किया है। जांच में सामने आया है कि दोनों पुलिस लाइन में तैनात हैं और घटना के समय सिविल ड्रेस में थे। पुलिस के अनुसार, वारदात के समय उनके पास कोई सरकारी हथियार नहीं था। स्काॅर्पियो उनकी अपनी ही कार है, जिसे पुलिस ने अब कब्जे में ले लिया है।

    दूसरी ओर घटना को लेकर पंजाब राज्य महिला आयोग की चेयरपर्सन राज लाली गिल की ओर से मामले को लेकर सूटो-मोटो नोटिस जारी किया गया और एसएसपी से विस्तृत रिपोर्ट तलब की गई। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस आज अपनी रिपोर्ट महिला आयोग को सौंप सकती है। बता दें कि कुछ दिन पहले एक मामले सामने आया था, जिसमें श्री गुरु हरसहाय सोसायटी निवासी युवक के अनुसार वह अपनी बहन के साथ बाजार से लौट रहे थे। आरोप है कि रास्ते में सफेद स्कॉर्पियो सवार युवकों ने उनका पीछा किया और उनकी बहन से छेड़छाड़ की कोशिश की।

    बचने के लिए दोनों अपनी कार से सोसायटी पहुंचे, लेकिन स्कॉर्पियो सवार वहां तक उनका पीछा करते हुए पहुंच गए। पीड़ित का आरोप है कि रास्ते में स्कॉर्पियो चालक लगातार हॉर्न और लाइट देकर उनकी कार रुकवाने का प्रयास करता रहा। सोसायटी पहुंचने पर मनप्रीत के दो रिश्तेदारों ने आरोपितों को रोकने की कोशिश की, लेकिन स्कॉर्पियो चालक ने तेज रफ्तार में कार घुमाकर उन पर वाहन चढ़ाने का प्रयास किया। शोर मचने पर आरोपी मौके से फरार हो गए। जांच में सामने आया कि स्कॉर्पियो में 3 से 4 लोग सवार थे और वाहन पर पुलिस की वर्दी भी रखी हुई थी।

  • Punjab News: थाने में हुए विस्फोट मामले में SSP का आया बयान, देखें वीडियो

    Punjab News: थाने में हुए विस्फोट मामले में SSP का आया बयान, देखें वीडियो

    मोगाः मोगा-फिरोजपुर जीटी रोड पर स्थित थाना सदर पर आज सुबह मोटरसाइकिल सवार 2 युवकों द्वारा थाने में विस्फोट किया गया। इस घटना के बाद पुलिस प्रशासन में सरगर्मी बढ़ गई। पुलिस की टीमें इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही हैं। वहीं सदर पुलिस स्टेशन के बाहर हुए धमाके के बाद राज्य की कानून-व्यवस्था को लेकर सियासी घमासान तेज हो गया है।

    दरअसल, केंद्रीय रेल एवं खाद्य प्रसंस्करण राज्य मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू और पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने कानून-व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल उठाए। मीडिया को इस घटना की जानकारी बुधवार को मिल गई थी, लेकिन बुधवार को पुलिस अधिकारियों ने मीडिया कर्मियों से दूरी बनाए रखी व किसी भी पुलिस अधिकारी ने मीडिया कर्मियों के फोन नहीं उठाए। इस संबंधी एसएसपी फरीदकोट गुरबंत सिंह बैंस खास ने घटना स्थल का दौरा किया। उन्होंने मीडिया कर्मियों को जानकारी देते हुए बताया कि थाना सदर में एक लो डेंसिटी का विस्फोट हुआ है।

    इस घटना को लेकर प्रत्येक एंगल से जांच की जा रही है। इस विस्फोट में कोई भी जानी या माली नुकसान नहीं हुआ है। यह विस्फोट किस चीज का था फिलहाल उन्होंने इसकी भी कोई पुष्टि नहीं की है। उन्होंने बताया कि 17 से 18 पुलिस की टीमें मामले की जांच कर रही हैं। एसएसपी ने विश्वास दिलाया कि इस प्रकार के 90% से अधिक मामले पंजाब पुलिस सुलझा चुकी है और इस मामले को भी जल्दी सुलझा लिया जाएगा। वहीं सोशल मीडिया पर विस्फोट लेकर जिम्मेदारी लेने की वायरल पोस्ट पर एसएसपी ने कहा कि सोशल मीडिया पर जो पोस्ट वायरल हो रही है पुलिस उसकी कोई पुष्टि नहीं करती।

  • Jalandhar News: Satluj Movie को लेकर कांग्रेस-BJP पर मनीष सिसोदिया ने साधे निशाने, देखें वीडियो

    Jalandhar News: Satluj Movie को लेकर कांग्रेस-BJP पर मनीष सिसोदिया ने साधे निशाने, देखें वीडियो

    जालंधर, ENS: दिल्ली के पूर्व उप मुख्यमंत्री व पंजाब प्रभारी मनीष सिसोदिया नारी निकेतन पहुंचे, जहां उन्होंने अनाथ बच्चों से मुलाकात की। इस दौरान सतलुज फिल्म को लेकर चल रहे विवाद और पंजाब कांग्रेस में मची खींचतान को लेकर मनीष सिसोदिया का बयान सामने आया है। मनीष सिसोदिया ने फिल्म के विवाद को लेकर कांग्रेस और भाजपा पर जमकर निशाने साधे। सिसोदिया ने कहा कि भाजपा स्पष्ट करें कि पंजाब के लोगों के साथ कांग्रेस ने जो अत्याचार किया वह उसके साथ है या सतलुज फिल्म में जो बर्बरता दिखाई गई और जो पंजाबियों के साथ हुआ हुआ है वह उसके लिए लड़ाई लड़ेंगे।

    इस समय भाजपा कांग्रेस के कारनामों पर पर्दा डालने का काम कर रही है। रवनीत बिट्टू पहले कांग्रेसी है भाजपा के मंत्री तो अब बने हैं। सतलुज फिल्म में अभिनेता के किरदार और इतिहास पर सवाल उठाने से कुछ नहीं होगा, कांग्रेस और भाजपा अपने गिरेबान में झांके। कांग्रेस में चल रही खींचातान पर सिसोदिया ने कहा कि उन्हें चन्नी, रंधावा या वडिंग से कोई लेना-देना नहीं, यह झगड़ालू पार्टी है और उन्हें इससे कोई फर्क नहीं पड़ता। उनका काम 2027 के चुनावों को लेकर संगठन के साथ पार्टी के कामों को लोगों के बीच लेकर जाना है और वह लगातार नेताओं से बातचीत कर रहे हैं।

    पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान और पार्टी के कन्वीनर अरविंद केजरीवाल ने जनता से जो वादे किए थे उन्हें पूरा कर दिया है। पंजाब धर्म और पंजाब के लोगों को इतिहास के काले दौर में धकेल बालों को कभी माफ नहीं करेगा। नारी निकेतन को लेकर मनीष सिसोदिया ने कहा कि आज वह नारी निकेतन में बच्चों से मिलने पहंचे थे। बच्चों से मिलकर उन्हें काफी अच्छा लगा। उन्होंने कहा कि कुछ बच्चों को दुर्घटना के कारण या किसी अन्य कारणवश माता-पिता छोड़ देते है। ऐसे में उन बच्चों को नारी निकेतन प्रशासन बढ़िया तरीके से देखभाल कर रहा है और उनके पालन-पोषण के साथ उन्हें अच्छी शिक्षा दी जा रही है। सिसोदिया ने कहाकि यही मानवता की और ईश्वर की सच्ची सेवा का काम है।