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  • जालंधर : गुरु नानक मिशन अस्पताल के बाहर से मोटरसाइकिल हुआ चोरी

    जालंधर : गुरु नानक मिशन अस्पताल के बाहर से मोटरसाइकिल हुआ चोरी

    जालंधर :  गुरु नानक मिशन अस्पताल के बाहर से मरीज का हाल जानने आए व्यक्ति की बाईक चोरी होने का मामला सामने आया है। पीड़ित जोरावर सिंह वासी गांव गोपालिया जिला होशियारपुर ने बताया कि उसने गत दिवस दोपहर 3 बजे अस्पताल के बाहर स्पलेंडर मोटरसाइकिल नंबर PB- 07 AU- 6872 पार्क किया था।

    जब आधे घंटे बाद उसने आकर देखा तो मोटरसाइकिल चोरी हो चुका था। घटना की शिकायत पीड़ित ने थाना 4 की पुलिस को दी है।

  • ਪੰਜਾਬ : ਨਕਾਬਪੋਸ਼ਾ ਨੇ ਪਨਬਸ ਡਰਾਈਵਰ ਤੇ ਕੀਤਾ ਹਮਲਾ, ਦੇਖੋ ਵੀਡਿਓ

    ਪੰਜਾਬ : ਨਕਾਬਪੋਸ਼ਾ ਨੇ ਪਨਬਸ ਡਰਾਈਵਰ ਤੇ ਕੀਤਾ ਹਮਲਾ, ਦੇਖੋ ਵੀਡਿਓ

    ਬਟਾਲਾ : ਪੈਦਲ ਜਾ ਰਹੇ ਇਕ ਸਰਕਾਰੀ ਪਨਬਸ ਡਰਾਈਵਰ ਤੇ ਲੁੱਟ ਦੀ ਨੀਅਤ ਨਾਲ ਤਿੰਨ ਮੋਟਰਸਾਈਕਲ ਸਵਾਰ ਨਕਾਬਪੋਸ਼ ਵਿਅਕਤਿਆਂ ਨੇ ਕਿਰਚਾਂ ਅਤੇ ਉਸਤਰੇ ਨਾਲ ਵਾਰ ਕਰਕੇ ਗੰਭੀਰ ਰੂਪ ਵਿਚ ਜ਼ਖ਼ਮੀ ਕਰ ਦਿੱਤਾ। ਹਾਲਾਂਕਿ ਡਰਾਈਵਰ ਉਨ੍ਹਾਂ ਨਾਲ ਉਲਝ ਪਿਆ ਅਤੇ ਇਕ ਵਿਅਕਤੀ ਨੂੰ ਖੋਹ ਕਰਦੇ ਕਾਬੂ ਵੀ ਕਰ ਲਿਆ। ਪਰ ਉਹਨਾਂ ਕੋਲ ਤਿੱਖੇ ਹਥਿਆਰ ਅਤੇ ਛੁਰੀਆਂ ਹੋਣ ਕਾਰਨ ਡਰਾਈਵਰ ਦੀ ਇੱਕ ਨਾ ਚਲੀ ਅਤੇ ਨਕਾਬਪੋਸ਼ ਵਿਅਕਤਿਆਂ ਨੇ ਡਰਾਈਵਰ ਦੀ ਜੇਬ ਚੋਂ 700 ਰੁਪਏ ਦੀ ਖੋਹ ਕਰ ਫਰਾਰ ਹੋ ਗਏ। ਉਥੇ ਹੀ ਜਖ਼ਮੀ ਹਾਲਤ ਚ ਡਰਾਈਵਰ ਇਨਸਾਫ ਦੀ ਮੰਗ ਕਰ ਰਿਹਾ ਹੈ। ਬੀਤੇ ਕਲ ਕਰੀਬ ਰਾਤ 8 ਵਜੇ ਦੀ ਘਟਨਾ ਹੈ।

    ਡੇਰਾ ਬਾਬਾ ਨਾਨਕ ਰੋਡ ਦੀ ਜਿਥੇ ਸ਼ਮਸ਼ੇਰ ਸਿੰਘ ਨਾਂਅ ਦਾ ਬਸ ਡਰਾਈਵਰ ਆਪਣੀ ਡਿਊਟੀ ਖਤਮ ਕਰ ਰਾਤ ਦੀ ਰੋਟੀ ਖਾਣ ਲਈ ਪੈਦਲ ਜਾ ਰਿਹਾ ਸੀ ਕਿ ਅਚਾਨਕ ਪਲਸਰ ਮੋਟਰਸਾਈਕਲ ਤੇ ਸਵਾਰ ਤਿਨ ਵਿਅਕਤਿਆਂ ਨੇ ਸ਼ਮਸ਼ੇਰ ਸਿੰਘ ਨੂੰ ਰੋਕਿਆ ਅਤੇ ਉਸ ਤੋਂ ਜਬਰਦਸਤੀ ਜੇਬ ਚੋ ਪੈਸੇ ਅਤੇ ਮੋਬਾਈਲ ਫੋਨ ਖੋਹ ਕਰਨ ਦੀ ਕੋਸ਼ਿਸ਼ ਕੀਤੀ। ਜਦੋਂ ਸ਼ਮਸ਼ੇਰ ਵਲੋਂ ਵਿਰੋਧ ਕੀਤਾ ਗਿਆ ਤਾਂ ਉਕਤ ਨੌਜਵਾਨਾਂ ਵਲੋਂ ਕਿਰਚਾਂ ਨਾਲ ਹਮਲਾ ਕਰ ਦਿੱਤਾ ਗਿਆ। ਉਥੇ ਹੀ ਸ਼ਮਸ਼ੇਰ ਨੇ ਦੱਸਿਆ ਉਹ ਉਸ ਤੇ ਉਸਤਰੇ ਅਤੇ ਕਿਰਚਾਂ ਨਾਲ ਵਾਰ ਕਰ ਬੁਰੀ ਤਰ੍ਹਾਂ ਜਖਮੀ ਕਰਕੇ ਅਤੇ ਉਸ ਦੀ ਜੇਬ ਵਿੱਚੋਂ ਨਿਕਲੇ ਸਿਰਫ 700 ਰੁਪਏ ਲੈ ਕੇ ਫਰਾਰ ਹੋ ਗਏ। ਸਿਵਲ ਹਸਪਤਾਲ ਮੈਡੀਕਲ ਡਿਊਟੀ ਅਫਸਰ ਡਾ ਸਮਿਤੀ ਨੇ ਦੱਸਿਆ ਕਿ ਬਾਹ ਤੇ ਤੇਜ ਧਾਰ ਹਤਿਆਰਾ ਨਾਲ ਜਖਮੀ ਕੀਤਾ ਸੀ ਅਤੇ ਉਹਨਾਂ ਵਲੋਂ ਇਲਾਜ ਕੀਤਾ ਜਾ ਰਿਹਾ ਹੈ।

  • सरकार का बड़ा Action: 1500 से ज्यादा कर्मचारी एक साथ सस्पेंड

    सरकार का बड़ा Action: 1500 से ज्यादा कर्मचारी एक साथ सस्पेंड

    छत्तीसगढ़ः प्रदेश सरकार ने एक्शन लेते हुए बड़ा कार्रवाई की है। सरकार ने एक साथ डेढ़ हजार से ज्यादा कर्मचारियों को सस्पेंड करने का आदेश दिया है। इसके बाद दुर्ग CMHO ने जिले के 205 स्वास्थ्य कर्मचारियों का सस्पेंशन आदेश भी जारी कर दिया है। ये वो कर्मचारी हैं, जो पिछले 10 दिनों से अधिक समय से काम बंद करके हड़ताल पर हैं।

    भूपेश बघेल सरकार ने प्रदेश के सभी हड़ताली स्वास्थ्य कर्मचारियों को सबक सिखाने के लिए बड़ा कदम उठाया है। सस्पेंड किए गए सभी स्वास्थ्य कर्मचारी प्रदेश स्वास्थ्य कर्मचारी संघ सहित 10 अलग अलग संगठनों के बैनर तले हड़ताल कर रहे थे। वादाखिलाफी का आरोप लगाते हुए हड़ताल में राज्य के 40 हजार से ज्यादा स्वास्थ्यकर्मी शामिल हुए थे। हड़ताल के दौरान इन सभी ने अस्पताल में सेवाओं का बहिष्कार कर दिया था।

    प्रदेश के 40 हजार से अधिक स्वास्थ्य कर्मी पिछले 13 दिन यानि 21 अगस्त से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर थे। ये सभी अपने अपने जिलों में अपनी मांगों को लेकर धरने पर बैठे थे। इनकी हड़ताल को समाप्त करने के लिए भूपेश सरकार ने एसेंशियल सर्विसेज मैनेजमेंट एक्ट (ESMA) की भी घोषणा की थी, लेकिन बावजूद इसके कर्मचारी काम पर नहीं लौटे। लगातार दो हफ्तों की हड़ताल के चलते अस्पतालों में मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था और स्वास्थ्य व्यवस्था चरमरा गई थी। इसे देखते हुए मुख्यमंत्री ने सभी कर्मचारियों को सस्पेंड करने का आदेश दिया।

    इस मामले का हल निकालने के लिए शनिवार को मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कैबिनेट की बैठक बुलाई। इसमें उन्होंने सभी हड़ताली कर्मचारियों को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड करने का प्रस्ताव मंजूर किया। सरकार के आदेश के बाद प्रदेश के सभी जिलों के सीएमएचओ ने अपने अपने जिलों में पदस्थ 1500 से ज्यादा हड़ताली स्वास्थ्य कर्मियों को सस्पेंड कर दिया है। इसमें सबसे ज्यादा कांकेर जिले के 568 कर्मचारी शामिल हैं, तो जगदलपुर से 296 और दुर्ग जिले के 205 कर्मचारी शामिल हैं। कर्मचारी लंबे समय से वेतन विसंगति दूर करने, नियमितीकरण, 13 माह का वेतन, 4 लेयर वेतनमान और प्रमोशन, पदनामों में परिवर्तन की मांग कर रहे हैं। इसके अलावा आयुष विभाग में नई भर्तियों की जगह अंशकालिक कर्मचारियों को पूर्णकालिक करने की भी मांग है।

  • पंजाब : कई नेता आप में हुए शामिल, देखें वीडियो

    पंजाब : कई नेता आप में हुए शामिल, देखें वीडियो

    तरनतारन : लालजीत सिंह भुल्लर ने पंचायत एवं परिवहन मंत्री पंजाब के विकास समर्थक कार्यों को देखते हुए 2 अलग-अलग कार्यक्रमों में आम आदमी पार्टी के कैबिनेट मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर के नेतृत्व में विभिन्न पार्टियों के मतदाताओं और कार्यकर्ताओं ने गांव मरहाना के कोहिनूर रिजॉर्ट और पट्टी माही का दौरा किया। इस मौके पर कैबिनेट मंत्री पंजाब लालजीत सिंह भुल्लर ने कहा कि आम आदमी पार्टी सुप्रीमो अरविंद केजरीवाल, मुख्यमंत्री पंजाब भगवंत मान की पंजाब हितैषी और जनहित नीतियों को देखते हुए अलग-अलग पार्टियों के कार्यकर्ताओं को आम आदमी पार्टी की लीडरशिप पर अपना नियंत्रण बनाए रखना चाहिए।

    भुल्लर ने कहा कि पिछली अहंकारी सरकारों के दौरान कार्यकर्ताओं की अनदेखी की गई। पंजाब में नशे की बाढ़ आ गई और गुंडागर्दी फैलाने में उन्होंने कोई कसर नहीं छोड़ी। भुल्लर ने कहा कि कैरों परिवार लंबे समय से शासन कर रहा है। लेकिन पट्टी हलके को बढ़ावा देने की बजाय वे लोगों के कामों को नुकसान पहुंचा रहे है। अगर किसी ने आवाज उठाई तो उसकी आवाज दबा दी गई। भुल्लर ने कहा कि पट्टी हलके में कोई बदले की राजनीति नहीं की जा रही है। अकाली दल और कांग्रेस भी बिना भेदभाव के काम कर रही है जिससे आम आदमी पार्टी को बड़ा प्रतिसाद मिल रहा है।

  • जालंधरः मामला SHO नवदीप पर दर्ज हुई FIR का

    जालंधरः मामला SHO नवदीप पर दर्ज हुई FIR का

    अभी परिवार नहीं करेंगा जश्नप्रीत का अंतिम संस्कार, रखी ये शर्तें

    जालंधर, ENS: ब्यास नदी में छलांग लगाने वाले दो भाइयों में से एक जशनदीप का शव कल बरामद कर लिया गया था। जिसके बाद एसएचओ नवदीप सिंह समेत कुल 3 कर्मचारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली गई है। वहीं ढिल्लों परिवार का अपने एक बेटे का शव मिलने के बाद बड़ा बयान सामने आया है। मामले की जानकारी देते हुए मृतक जशनदीप के पिता जतिंदरपाल ढिल्लों का कहना है कि जब तक एसएचओ नवदीप समेत अन्य कर्मचारियों की गिरफ्तारी नहीं हो जाती और जब तक उनके दूसरे बेटे मानवजीत की कोई खबर या उसका शव बरामद नहीं होता, तब तक वह अपने बेटे का अंतिम संस्कार नहीं करेंगे।

    बता देंकि ब्यास नदी में कूदकर दो भाइयों की आत्महत्या और देर रात दोनों भाइयों में से एक जश्नप्रीत सिंह ढिल्लों का शव मिलने के बाद थाना नंबर एक डिवीजन जालंधर के पूर्व एसएचओ नवदीप सिंह, महिला पुलिस अधिकारी जगजीत कौर और पुलिस स्टेशन मुंशी बलविंदर के खिलाफ आईपीसी की धारा 306, 506 और 34 के तहत मामला दर्ज किया गया था। यह एफआईआर कपूरथला के तलवंडी चौधरियां थाने में दर्ज की गई है, क्योंकि जिस ब्यास नदी पुल पर ये दोनों भाई मानवजीत सिंह ढिल्लों और जश्नप्रीत सिंह ढिल्लों ने छलांग लगाई थी वह इसी थाने के अंतर्गत आता है। एफआईआर मानवजीत सिंह ढिल्लों के दोस्त मानवजीत सिंह उप्पल के बयानों पर दर्ज की गई है, क्योंकि जब ये दोनों भाई ब्यास नदी में कूदे तो मानवजीत सिंह उप्पल वहीं मौजूद थे।

  • पंजाबः भाई ने भाई पर हमला कर फोड़ा सिर

    पंजाबः भाई ने भाई पर हमला कर फोड़ा सिर

    होशियारपुरः मोहल्ला अजीत नगर से बड़ी खबर सामने आई है। जहां भाई ने भाई पर हमला कर दिया। इस दौरान घायल व्यक्ति की पत्नी ने आरोप लगाते हुए कहा कि उसके पति पर देवर ने हमला कर उसका सिर फोड़ दिया और उसे घर में बंद कर उसकी कार लेकर फरार हो गया। घटना घर में लगे सीसीटीवी में कैद हो गई है। मामले की जानकारी देते हुए वंदना पत्नी नवीन कुमार ने कहा कि उसका देवर वीरभद्र उर्फ ​​कालू के साथ उनकी नहीं बनती और इससे पहले भी झगड़ा हो चुका है।

    उन्होंने कहा कि उस पर और भी पर्चे दर्ज हैं। कल, वह उनके घर आया और उनके पति पर हमला किया, उन्हें घर में बंद कर दिया और उनकी कार लेकर भाग गया। परिवार ने शोर मचाया तो पड़ोस में रहने वाली एक प्रवासी महिला ने ताला तोड़कर उन्हें बाहर निकाला। इस मौके पर उन्होंने बताया कि क्या इस संबंध में सदर थाने में लिखित शिकायत दर्ज करवा दी है। 

  • पंजाब : अहम खबर, दुकान के बाहर बोर्ड पर GST नंबर न होने पर लगेगा इतना जुर्माना

    पंजाब : अहम खबर, दुकान के बाहर बोर्ड पर GST नंबर न होने पर लगेगा इतना जुर्माना

    बठिंडा : जीएसटी नेटवर्क पोर्टल पर पंजीकृत कारोबारियों के लिए दुकान, औद्योगिक इकाई या फिर अपने कार्यालय के बाहर बोर्ड पर जीएसटी नंबर प्रदर्शन करना जरूरी है। ऐसा न करने पर कारोबारी से 50 हजार रुपये तक का जुर्माना वसूला जा सकता है। इसमें 25 हजार रुपये राज्य और 25 हजार रुपये केंद्र सरकार का जुर्माना होगा। जबकि केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर व सीमा शुल्क बोर्ड की तरफ से जीएसटी वेरिफिकेशन के लिए अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान के तहत अधिकारी सभी कारोबारियों से जीएसटी नंबर प्रदर्शन नियम को सख्ती से लागू करने की हिदायत दे रहे हैं। साइन बोर्ड नियम के सख्ती से लागू होने से इस प्रकार का फर्जीवाड़ा बंद हो जाएगा। अभियान के तहत पहले उन कारोबारियों के पास अधिकारी जा रहे हैं, जिन्होंने बिक्री के मुकाबले अधिक मात्रा में इनपुट टैक्स क्रेडिट का दावा कर रखा है। जीएसटी में फर्जीवाड़ा करने के लिए काफी ऐसे पंजीयन भी कराए गए, जिनका कारोबार से कोई लेनादेना नहीं है। इस कारण पड़ी जरूरत विभाग ने पूर्व से ही जीएसटी नंबर अंकित करने का प्रावधान किया गया है। लेकिन जिले में अधिकांश व्यवसायियों द्वारा बोर्ड लगाया जाता है, फार्म का नाम भी रहता है, लेकिन उस पर जीएसटी नंबर अंकित नहीं रहता है।

    इसको लेकर अब कर विभाग सख्त हो गया है। व्यवसायियों को दुकानों की मेन बोर्ड या दीवार यह नंबर लिखना जरूरी है। जबकि बोर्ड पर नंबर न होने से यह स्पष्ट नहीं होता है कि उनके पास जीएसटी है कि नहीं। यदि उनके बोर्ड पर जीएसटी नंबर अंकित रहेगा, तो अधिकारियों को जांच करने में सुविधा रहेगी। पहले तो जीएसटी नंबर के जरिए पता चलेगा कि उनके द्वारा टैक्स जमा किया जाता है या नहीं। सूत्रों के अनुसार, जीएसटी नंबर लगाना इसलिए भी अनिवार्य किया गया है कि इसके साथ पता लग सकेगा कि दुकानदार का कितना काम है और वह कितना टैक्स अदा कर रहा है। अगर वह कम टैक्स अदा करता है तो उस हिसाब से कार्रवाई की जाएगी। आगामी 15 सितंबर तक चलने वाले इस अभियान के तहत अधिकारी जीएसटी में पंजीकृत सभी कारोबारियों के पास पहुंचने की कोशिश करेंगे, ताकि उनकी रजिस्ट्रेशन की जांच हो सके। इस दौरान सभी कारोबारियों को पहले अपनी दुकानों के बाहर बोर्ड पर जीएसटी नंबर लिखने की अपील की जाएगी। अगर इसके बाद भी किसी ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया तो 15 सितंबर के बाद कार्रवाई की जाएगी। इस समय जीएसटी विभाग की ओर से जिले को 9 वार्डों में बांटा गया है, जिसमें करीब 14 हजार फर्में हैं।

    इस अभियान की मदद से जीएसटी कलेक्शन बढ़ाने में भी मदद मिलेगी। कारोबारियों को अपने परिसर में टंगे साइन बोर्ड में जीएसटी नंबर साफ-साफ अक्षरों में लिखा होना चाहिए। वहीं दिए गए मोबाइल नंबर पर जीएसटी नंबर लेने वाले फर्म के मालिक से संपर्क भी होना चाहिए। एईटीसी कपिल जिंदल का कहना है कि ऐसा न करने वाले कारोबारियों पर 50 हजार रुपये के जुर्माने का प्रावधान है। लेकिन अभी इस नियम का पालन कारोबारी नहीं कर रहे हैं। जबकि जीएसटी नंबर के प्रदर्शन को अनिवार्य करने से कंपोजिट स्कीम में शामिल सर्विस सेक्टर के कारोबारी ग्राहकों से फर्जी तरीके से जीएसटी नहीं वसूल सकेंगे। सालाना 50 लाख से कम का कारोबार करने वाले रेस्टोरेंट या ढाबे मालिक कंपोजिट स्कीम में शामिल होते हैं और उन्हें जीएसटी वसूलने का कोई हक नहीं होता है। लेकिन इस प्रकार के छोटे रेस्टोरेंट व ढाबे भी ग्राहकों से पांच फीसद का जीएसटी वसूल लेते हैं।

  • जालंधरः इस इलाके से गाड़ी लेकर चोर हुए फरार, देखें CCTV

    जालंधरः इस इलाके से गाड़ी लेकर चोर हुए फरार, देखें CCTV

    जालंधर : गत रात्रि बस्तियात क्षेत्र में पड़ते कैमिस्ट की दुकान को निशाना बना कर लुटेरे ने लाखों की लूट को अंजाम दिया था। इस लूट ने शहर के दुकानदारों में दहशत फैला दी है। कमिशनरेट पुलिस की महानगर में बढ़ रहे क्राइम पर मुस्तैदी उस समय देखने को मिली जब लूट की घटना के कुछ घंटे बाद आदर्श नगर इलाके से चोर गाड़ी चुराकर फरार हो गए। हैरानी जनक है कि यह इलाका लूट की घटना से कुछ किलो मीटर की दुरी पर ही है।

    अगर पुलिस ने लूट की घटना के बाद शहर में नाकाबंदी कर दी थी, तो चोरों द्वारा 4 बजे के करीब दूसरी बड़ी घटना को अंजाम देना पुलिस की कार्य प्रणाली पर सवालिया निशान छोड़ता है। चोर गाड़ी में सवार होकर आए थे और टाटा सफारी नंबर PB 08 BT 8228 चुराकर फरार हो गए। यह वारदात सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई। पीड़ित सतनाम सिंह वासी कृष्णा नगर ने बताया कि उसका सैनिटेशन का कारोबार है। घटना की शिकायत उसने बस्ती बावा खेल की पुलिस को दे दी है।

  • पंजाबः आप विधायक का किसानों ने किया घेराव, देखें वीडियो

    पंजाबः आप विधायक का किसानों ने किया घेराव, देखें वीडियो

    मौके पर छोड़कर दूसरी कार से निकले विधायक

    तरनतारनः आम आदमी पार्टी के विधायक डॉ. कश्मीर सिंह सोहल की कार को बीते दिन किसानों ने घेर लिया। यह घटना उस समय हुई जब वह इलाके में पार्टी वर्करों से मिलकर लौट रहे थे। हालात ऐसे बने कि उन्हें अपनी कार को मौके पर छोड़, सुरक्षा घेरे में दूसरी कार से निकलना पड़ा।

    मिली जानकारी के अनुसार तरनतारन के गांव गोहलवड़ की है। डॉ. सोहल अपने समर्थकों के साथ पार्टी वर्कर से मिलकर लौट रहे थे। अचानक ही गांव गोहलवड़ में किसान सांझा मोर्चा के झंड लेकर पहुंच गए और आप सरकार के खिलाफ प्रदर्शन शुरू कर दिया। किसानों ने डॉ. सोहल की कार को घर लिया।

    पुलिस ने तुरंत मौका संभालते हुए किसानों को रोका। कुछ समय तक डॉ. सोहल कार में ही बैठे रहे। हालात बिगड़ते देख सुरक्षाकर्मियों ने घेरा बनाया और उन्हें कार से निकाला। जिसके बाद डॉ. सोहल दूसरी गाड़ी में बैठ अपने निवास के लिए रवाना हुए।

    किसानों का कहना है कि आप सरकार ने सत्ता में आते ही नशा खत्म करने का वादा किया था। वादा था कि चार महीनों में नशा खत्म कर दिया जाएगा। लेकिन आज भी नशा खुलेआम बिक रहा है। नशा खत्म होने की जगह अब घर-घर तक पहुंच चुका है। इस बारे में जब विधायक डॉ. सोहल से संपर्क किया गया तो उन्होंने फोन कॉल का उत्तर नहीं दिया।

  • कारोबारी संगठनों की हड़ताल, सरकार को दिया 72 घंटे का अल्टीमेटम

    कारोबारी संगठनों की हड़ताल, सरकार को दिया 72 घंटे का अल्टीमेटम

    नई दिल्ली :  पाकिस्तान में बढ़ती महंगाई और बढ़े हुए बिजली बिलों के विरोध में देशभर में विभिन्न कारोबारी संगठनों ने हड़ताल की। दक्षिणपंथी जमात-ए-इस्लामी और व्यापारिक संगठनों ने विरोध प्रदर्शन का आह्वान किया और उन्हें वकीलों से भी समर्थन मिला। पाकिस्तान के कराची, लाहौर और पेशावर के साथ-साथ अन्य शहरों में वाणिज्यिक गतिविधियां बंद रहीं। वहीं मुख्य सड़कों पर सार्वजनिक परिवहन अधिकतर बंद रहा। कराची में ताजिर एक्शन कमेटी ने सरकार को बिजली बिल घटाने और हाल ही में बढ़ाई गईं पेट्रोल की कीमतों को कम करने के लिए 72 घंटे का समय दिया था। पाकिस्तानी संस्था ने चेतावनी दी थी कि अगर सरकार ने उसकी मांगें पूरी नहीं की तो 10 दिन लंबी हड़ताल की जाएगी।

    ताजिर एक्शन कमेटी के संयोजक मोहम्मद रिजवान ने कहा कि हड़ताल में शामिल होने के लिए किसी पर कोई जबरदस्ती नहीं है। यह स्वैच्छिक है, कराची चैम्बर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री ने हड़ताल के आह्वान का समर्थन किया। हालांकि उसके अध्यक्ष मोहम्मद तारिक यूसुफ ने कहा कि बड़े उद्योग हड़ताल का हिस्सा नहीं है। फेडरेशन ऑफ पाकिस्तान चैम्बर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के अध्यक्ष इरफान इकबाल शेख ने कहा कि सरकार हालात को समझने में नाकाम रही। उन्होंने कहा आर्थिक संकट से उबरने के लिए हटकर सोचना होगा।