वहीं, ब्रैम्पटन के मेयर पैट्रिक ब्राउन ने इस पूरी घटना पर कहा कि ब्रैम्पटन में हिंदू सभा के बाहर हिंसा की घटनाओं के बारे में सुनकर निराश हूं। कनाडा में धार्मिक स्वतंत्रता एक मूलभूत मूल्य है। प्रत्येक व्यक्ति को अपने पूजा स्थल में सुरक्षित महसूस करना चाहिए। मैं पूजा स्थल के बाहर हिंसा के किसी भी कृत्य की कड़ी निंदा करता हूं। पैट्रिक ने कहा कि मुझे पूरा भरोसा है शांति बनाए रखने और हिंसा के कृत्य करने वालों को जवाबदेह बनाने के लिए पुलिस और प्रशासन अपने अधिकार में सब कुछ करेंगे। दोषी पाए जाने वालों को कानून की अधिकतम सीमा तक दंडित किया जाना चाहिए। कनाडा की संसद में भारतवंशी सांसद चंद्र आचार्य ने कहा है कि कनाडा में खालिस्तानी चरमपंथियों ने आज एक लाल रेखा पार कर ली है। मंदिर के परिसर के हिंदू-कनाडाई भक्तों पर हमला दिखाता है कि कनाडा में खालिस्तानी हिंसक उग्रवाद कितना गहरा और निर्लज्ज हो गया है। सांसद चंद्र आचार्य ने कहा कि अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के तहत खालिस्तानी चरमपंथियों को कनाडा में खुली छूट मिल रही है। खालिस्तानियों ने हमारी कानून प्रवर्तन एजेंसियों में भी प्रभावी ढंग से घुसपैठ कर ली है। सुरक्षा के लिए हिंदू-कनाडाई लोगों को आगे आकर अपने अधिकारों का दावा करना होगा और राजनेताओं को जवाबदेह बनाना होगा।खालिस्तानियों ने हिंदू मंदिर पर किया हमला, भक्तों को लाठियों से पीटा#Khalistanis #attacked #Hindu #temple #beat #devotees #sticks #NEWS #BusAccident #ViralVideos #BabyJohn #BabarAzam pic.twitter.com/t5avx9EPWU
— Encounter India (@Encounter_India) November 4, 2024