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  • जालंधरः लखविंदर सिंह रंधावा ने संभाला अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर का एडीशनल चार्ज 

    जालंधर, ENS: पंजाब सरकार द्वारा तैनात किए गए लखविंदर सिंह रंधावा ने आज अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर (ग्रामीण विकास) जालंधर का एडीशनल चार्ज संभाला। पद संभालने करने के बाद अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों के सर्वपक्षीय विकास के लिए सरकार द्वारा चलायी जा रही विभिन्न योजनाओं का लाभ जमीनी स्तर तक पहुंचाना तथा ग्रामीण बुनियादी ढांचे के मजबूतीकरण संबंधित प्रोजैक्टों को पूरी पारदर्शिता एवं गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय पर कार्य करना उनकी प्राथमिकता होगी। उन्होंने अधिकारियों/कर्मचारियों को जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ जमीनी स्तर तक पहुंचाने के लिए अपनी डियूटी लगन एवं ईमानदारी से करने को कहा ताकि कोई भी योग्य लाभार्थी योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे। इस अवसर पर डिप्टी सी.ई.ओ जिला पार्षद जीनत खेहरा आदि भी मौजूद थे।

  • पब्लिक में धुम्रपान करने वाले 7 लोगों के चालान

    ऊना/सुशील पंडित: ऊना पुलिस ने सोमवार को खुले में सार्वजनिक स्थलों पर धुम्रपान करने वाले 7 लोगों के चालान किए हैं। पुलिस ने इनसे जुर्माने के रूप में 700 रूपए भी बरामद किए हैं। 

    प्राप्त जानकारी के अनुसार पुलिस की दैनिक कार्रवाई में यातायात के नियम तोड़ने वाले 62 वाहनों के भी चालान किए गए जिनसे पुलिस ने मौके पर ही 12300 रूपए जुर्माना वसूल लिया। इसके अलावा पुलिस ने अवैध खनन में लिप्त दो वाहनों पर भी 15115 रूपए जुर्माना डाला है।

  • पतंजलि के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट सख्त, बालकृष्ण को नोटिस जारी 

    नई दिल्लीः पतंजलि आयुर्वेद के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट ने कड़ा रुख अपनाया है।  सुप्रीम कोर्ट ने पतंजलि और कंपनी के MD बालकृष्ण को कोर्ट के आदेशों का उल्लंघन करने पर अवमानना नोटिस जारी क‍िया है। सुप्रीम कोर्ट की बेंच ने सुनवाई के दौरान कहा कि आदेशों के बावजूद भी विज्ञापन पब्लिश करना कहीं से भी सही नही है। नवंबर 2023 में पतंजलि आयुर्वेद के विज्ञापनों और उसके स्वामी बाबा रामदेव के बयानों पर आपत्ति जताने वाली इंडियन मेडिकल एसोसिएशन की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने सख्ती दिखाई थी।

    आयुष मंत्रालय से सुप्रीम कोर्ट ने किया सवाल

    सुप्रीम कोर्ट ने आयुष मंत्रालय से सवाल किया कि इस मामले में अब तक क्या कदम उठाए गए हैं। ये (पतंजलि आयुर्वेद का विज्ञापन) बेहद गंभीर मुद्दा है। हम आगे से पतंजलि के विज्ञापनों पर पूर्ण प्रतिबंध लगाएंगे।  सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि केंद्र सरकार अपनी आंखें बंद करके बैठी है। ये बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। कोर्ट ने कहा क‍ि सरकार को तत्काल कुछ कार्रवाई करनी होगी। सुप्रीम कोर्ट ने पतंजलि आयुर्वेद के डायरेक्टर को कारण बताओ नोटिस जारी किया है और पूछा है क‍ि क्यों न उनके खिलाफ कोर्ट की अवमानना का मुकदमा चलाया जाए। कोर्ट ने इस मामले में तीन हफ्ते में जवाब मांगा है। सुप्रीम कोर्ट ने पतंजलि को अपनी दवाओं के विज्ञापनों पर तुरंत रोक लगाने का आदेश दिया है। कोर्ट ने पतंजलि को उसके मैन्युफैक्चर्ड और मार्केट किए गए प्रोडक्ट्स का विज्ञापन करने से रोक दिया है, इन प्रोडक्ट में अस्थमा, डायबिटीज, मोटापा और इसी तरह की बीमारियों के इलाज का दावा किया गया है।

    सुप्रीम कोर्ट की बड़ी बातें 

    • सरकार इस मामले में अपनी आंखें बंद करके बैठी है।
    • इस तरह के विज्ञापनों से पूरे देश को गुमराह किया जा रहा है, ये दुर्भाग्यपूर्ण है।
    • इस मामले में सरकार को तुरंत ही कोई कार्रवाई करनी चाहिए।
    • पतंजलि को अपनी दवाओं के विज्ञापनों पर तुरंत रोक लगाने का आदेश।

    पूर्व CJI ने लगाई थी फटकार

    तत्कालीन CJI एनवी रमना (अब रिटायर्ड) की अध्यक्षता वाली बेंच ने कहा था कि योग गुरु स्वामी रामदेव बाबा को क्या हो गया है? आखिरकार हम उनका सम्मान करते हैं क्योंकि उन्होंने योग को लोकप्रिय बनाया। हम सभी योग करते हैं। लेकिन, उन्हें दूसरे तरीकों की आलोचना नहीं करनी चाहिए। आखिर इसकी क्या गारंटी है कि जिस आयुर्वेद प्रणाली का पालन कर रहे हैं, वो काम करेगा ही? आप विज्ञापन देखिए जिनमें सभी डॉक्टरों पर आरोप लगाए गए हैं, जैसे कि वे हत्यारे या कुछ और हों। बड़े पैमाने पर इस तरह के विज्ञापन दिए गए हैं।

  • गगरेटः चिट्टे के सहित एक गिरफ्तार

    ऊना/सुशील पंडित:गगरेट के एक व्यक्ति से पुलिस को 1.46 ग्राम चिट्टा (हैरोईन) बरामद हुआ है। प्राप्त जानकारी के गगरेट के वार्ड नंबर 3 निवासी पंकज कुमार जसवाल पुत्र सीता राम से जब सोमवार को चिट्टा मिला तो उसे गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने उसके विरुद्ध गगरेट थाने में मादक द्रव्य अधिनियम की धारा 21 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। 
  • अंबोटा में मिले अफीम के सफेद फूलों वाले पौधे 

    – क्या भांग और अफीम की खेती को मान्यता मिलनी चाहिए

    ऊना/सुशील पंडित:अफीम की खेती उत्तर भारत को धन से नहला सकती है। यदि समाज नियमों को सख्ती से लागू करके इसकी खेती करे तो आर्थिक रूप से पिछड़ा किसान समृद्ध हो जाएगा। सोमवार को गगरेट पुलिस ने एक व्यक्ति को अफीम के 120 पौधों के साथ गिरफ्तार किया है। अफीम की खेती करना या अफीम या चूरापोस्त अथवा इसकी कलियों (डोडे) को अपने पास रखना या उसका व्यापार करना कानूनन अपराध है। पुलिस ने अंबोटा के वार्ड नंबर 6 निवासी मेहरद्दीन जोकि पेशे से ड्राइवर पुत्र वलायत अली से अफीम के 120 पौधे बरामद किए हैं। मेहरद्दीन को आरोपी बनाकर उसके ऊपर मादक द्रव्य अधिनियम की धारा 18-61-85 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। 

    क्या भांग और अफीम की खेती को मान्यता मिलना चाहिए

    हिमाचल सरकार को यह बात समझनी चाहिए कि जिन पदार्थों का सेवन बड़े स्तर पर हो रहा हो उसे कानूनी दायरे में लाने से काले बाजार में बिकने वाली वस्तु प्रकट रूप से अर्थव्यवस्था में शामिल हो जाती है। अफीम और भांग की खेती से राज्य को कोई नुकसान नहीं होगा। अपितु दवा उद्योग में हिमाचलियों के लिए अवसर पैदा हो जाएंगे। भांग और अफीम के पदार्थ सदियों से समाज का अभिन्न अंग रहे हैं। नीतिकारों ने अपने अपने अनुभवों के आधार पर इन दोनों पदार्थों को गैरकानूनी घोषित किया हुआ है। यदि समाज के अनुभव से निर्णय लिए होते तो बेवजह के आपराधिक मुकद्दमे, वकीलों की फीसें, कोर्ट कचहरी के खर्चे, जेलों पर बोझ, अफीम और भांग में मिलावट और इन दोनों पदार्थों के अवैध व्यापार समेत  कई अनावश्यक विषयों के दुरप्रभाव से समाज बच जाता।

    किसी वस्तु के निषेद से उसका व्यापार नहीं रुकता। अपितु निषेद ऐसे पदार्थों का व्यापार चंद लोगों के हाथ में चला जाता है। दो नंबर में चलने वाला व्यापार यदि एक नंबर में आ जाए तो कम से कम समाज यह तो जान पाएगा कि यह पूरा खेल आखिर चलता कैसे है। समाज को भागीदार बनाने से ही समस्या का हल होगा। अफीम और भांग के व्यापार को फिलहाल पुलिस, नेता और सिंडीकेट ही कंट्रोल करते हैं। यदि कोई साहसी सत्ता इसे खुला कर दे तो समाज से कई अपराध और समस्याएं दूर हो जाएंगी। इस विषय पर समाज को एक सार्थक बहस करनी चाहिए। सरकार एक सर्वे से इसकी शुरूआत कर सकती है।

  • सड़क हादसे के दोषी को दो साल की कैद

    ऊना/सुशील पंडित: अम्ब की एक अदालत ने नौ साल पुराने एक सड़क हादसे में दोषी को दो साल की कैद की सजा सुनाई है। मामला 17 जुलाई 2016 का है। दिलवां में मजदूरी करने के बाद दो लोग स्कूटी से अपने घर हंबोली जा रहे थे। तभी ऊना की ओर से आने वाली एक लाल रंग की कार ने उन्हें दिलवां की चढ़ाई पर सामने से टक्कर मार दी थी। जांच में पता चला था कि कार चालक गलत दिशा से गाड़ी चलाकर आ रहा था। इसमें स्कूटी चालक की मौत हो गई थी और पीछे बैठा व्यक्ति घायल हो गया था। सोमवार को प्रथम श्रेणी न्यायिक मजिस्ट्रेट कोर्ट नंबर-2 अंब विशाल तिवारी की अदालत ने पठानकोट निवासी दलीप सिंह को दोषी करार देते हुए धारा 304 के तहत दो साल की सजा सुनाई है।
  • Sukhna Lake में मछलियों के मरने से मचा हड़कंप, Lab में भेजे सैंपल

    चंडीगढ़: सुखना लेक में संदिग्ध हालात में मछलियां के मरने की सूचना मिली है। वहीं मृतक मछलियों को लेकर प्रशासन में हड़कंप मच गया। जिसके बाद प्रशासन ने मृतक मछलियों के सैंपल लेकर लैब में भेज दिए गए हैं। रिपोर्ट आने के बाद ही मछलियों की मौत का कारण पता चल सकेगा। सभी मरी हुई मछलियां रेगुलेटरी एंड के पास पाई गईं, जिसकी पुष्टि पशुपालन एवं मत्स्य विभाग के संयुक्त निदेशक डॉ.कंवलजीत सिंह ने की है। अधिकारी इस बात की भी जांच कर रहे है कि यह मछलियां सुखना की है या बाहर से यहां लाई गई है। अंदेशा जताया जा रहा है कि रात के समय कुछ शरारती तत्वों ने बाहर से लाकर यहां फैंक दिया है, जोकि अधिक ठंड के कारण मर गई है।

    मत्स्य पालन विभाग मामले पर नजर रखे हुए है। विभाग ने मछलियों में किसी प्रकार की बीमारी फैलने से भी फिलहाल इंकार किया है। डॉ. कंवलजीत के अनुसार 7 मृत मछलियों के सैंपल जांच के लिए पंजाब विश्वविद्यालय के जियोलॉजी विभाग में  भेजे गए है, जहां से 2 दिन के भीतर रिपोर्ट  मिलने की संभावना है। मंगलवार सुबह एक बार फिर रैगुलेटरी एंड पर सर्च किया जाएगा। अधिकारियों को 2 वर्ष पहले भी ऐसे ही मछलियां मृत मिली थी। इसलिए किसी भी प्रकार भी प्रकार से इस घटना को हल्के से नहीं लिया जाएगा। 

  • पंजाबः 40 सालों से ट्रस्ट की जगह पर दुकान चला रहे युवक को अज्ञात नौजवानों ने दी धमकी, जांच में जुटी पुलिस, देखें वीडियो

    अमृतसरः मजीठा रोड पर ट्रस्ट परिसर के ऊपर पिछले 40 वर्षों से दुकान चला रहे एक युवक को कुछ अज्ञात व्यक्तियों द्वारा परेशान किया जा रहा है। पीड़ित का आरोप है कि उस पर दुकान खाली करने का दबाव बनाया जा रहा है। जिसके चलते आज अज्ञात नौजवानों द्वारा उनका सामान जबरन बाहर निकाल दिया गया और धमकी भी दी गई। इस संबंध में जानकारी देते हुए पीड़ित परमजीत सिंह ने बताया कि वह पिछले 40 वर्षों से यह दुकान चला रहा है। पहले उनके पिता इसी दुकान के ऊपर मोटरसाइकिल रिपेयरिंग का काम करते थे और पिछले कुछ समय से वह इसी दुकान के ऊपर काम करके अपना और अपने परिवार का भरण-पोषण कर रहा है।

    लेकिन कुछ अज्ञात लोग उस पर दुकान खाली कर जगह खाली करने का दबाव बना रहे हैं और धमकियां दे रहे है। पीड़ित परमजीत सिंह ने बताया कि उसका केस कोर्ट में चल रहा है और कोर्ट ने उसे स्टे भी दे रखा है। लेकिन उसके बावजूद भी कुछ अज्ञात लोग आकर उसे परेशान कर रहे हैं। वहीं अब उन्होंने मीडिया के जरिए न्याय की गुहार लगाई है। वहीं दूसरी ओर इस मामले को लेकर मौके पर पहुंचे पुलिस अधिकारी ने बताया कि उन्हें घटना की शिकायत मिली है। पुलिस ने कहा कि अभी उनके द्वारा परमजीत सिंह से दुकान के कागजात चैक किए जा रहे है। कागजों की जांच करने के बाद बनती कार्रवाई की जाएगी। 

  • ਪੰਜਾਬ : ਅੰਮ੍ਰਿਤ ਪਾਲ ਦੇ ਪਰਿਵਾਰਕ ਮੈਂਬਰਾਂ ਦੇ ਹੱਕ ‘ਚ ਪਹੁੰਚੇ ਅਕਾਲੀ ਆਗੂ, ਦੇਖੋ ਵੀਡਿਓ

    ਅੰਮ੍ਰਿਤਸਰ : ਵਾਰਿਸ ਪੰਜਾਬ ਦੇ ਭਾਈ ਅੰਮ੍ਰਿਤ ਪਾਲ ਸਿੰਘ ਤੇ ਉਹਨਾਂ ਦੇ ਬੰਦੀ ਸਾਥੀਆਂ ਨੂੰ ਪੰਜਾਬ ਦੀਆਂ ਜੇਲਾਂ ਵਿੱਚ ਸ਼ਿਫਟ ਕਰਨ ਨੂੰ ਲੈ ਕੇ ਭੁੱਖ ਹੜਤਾਲ ਤੇ ਬੈਠੇ ਉਣਾ ਦੇ ਪਰਿਵਾਰਕ ਮੈਂਬਰਾਂ ਦੇ ਹੱਕ ਵਿੱਚ ਅੱਜ ਅਕਾਲੀ ਦਲ ਦੇ ਆਗੂ ਵਿਰਸਾ ਸਿੰਘ ਵਲਟੋਹਾ ਪਹੁੰਚੇ। ਵਿਰਸਾ ਸਿੰਘ ਵਲਟੋਹਾ ਨੇ ਕਿਹਾ ਕਿ ਇਕ ਸਿੱਖ ਜਿਹੜਾ ਧਰਮ ਦੀ ਖਾਤਿਰ ਆਪਣੀ ਅਵਾਜ਼ ਬੁਲੰਦ ਕਰਦਾ ਹੈ। ਕਿਸੇ ਵੀ ਤਰ੍ਹਾਂ ਦਾ ਕੋਈ ਜਬਰ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਜਾਂ ਸਰਕਾਰਾਂ ਉਸ ਤੇ ਜਬਰ ਕਰਦੀਆਂ ਹਨ ਉੱਥੇ ਸਿੱਖ ਪੰਥ ਨੂੰ ਇਕੱਠਿਆ ਹੋਣਾ ਚਾਹੀਦਾ ਹੈ। ਵਿਰਸਾ ਸਿੰਘ ਵਲਟੋਹਾ ਨੇ ਕਿਹਾ ਕਿ ਇੱਕ ਸਾਲ ਹੋ ਚੱਲਿਆ ਹੈ, ਭਾਈ ਅੰਮ੍ਰਿਤ ਪਾਲ ਸਿੰਘ ਨੂੰ ਡਿਬਲੂਗੜ੍ਹ ਜੇਲ ਦੇ ਵਿੱਚ ਬੰਦ ਹੋਏ ਨੂੰ ਉਹਨਾਂ ਤੇ ਉਹਨਾਂ ਦੇ ਸਾਥੀਆਂ ਤੇ ਐਨਐਸਏ ਲਗਾ ਕੇ ਉਹਨਾਂ ਨੂੰ ਜੇਲ ਵਿੱਚ ਭੇਜ ਦਿੱਤਾ। ਉਹਨਾਂ ਕਿਹਾ ਕਿ ਐਨਐਸਏ ਲਉਣ ਵਾਲਿਆਂ ਨੂੰ ਤੇ ਡਿਬਲੂਗੜ ਜੇਲ ਚ ਸੁੱਟਣਾ ਜਰੂਰੀ ਹੈ।

    ਉਹਨਾਂ ਨੂੰ ਪੰਜਾਬ ਦੀ ਜੇਲ ਚ ਵੀ ਰੱਖਿਆ ਜਾ ਸਕਦਾ ਹੈ। ਉਹਨਾਂ ਕਿਹਾ ਕਿ ਪਰਿਵਾਰ ਦੇ ਨਾਲ ਜਿਹੜੇ ਵੀ ਇਸ ਰੋਜ ਧਰਨੇ ਵਿੱਚ ਸ਼ਾਮਿਲ ਹੋ ਰਹੇ ਹਨ। ਸਾਰਿਆਂ ਦੀ ਇੱਕੋ ਹੀ ਮੰਗ ਹੈ ਉਹਨਾਂ ਨੂੰ ਪੰਜਾਬ ਦੀ ਜੇਲ ਵਿੱਚ ਤਬਦੀਲ ਕੀਤਾ ਜਾਵੇ। ਕੇਸ ਚਲਾਣੇ ਆ ਤੁਸੀਂ ਚਲਾਓ, ਪਰ ਇਸ ਦੇ ਬਾਵਜੂਦ ਵੀ ਤੁਸੀਂ ਨਹੀਂ ਮੰਨਦੇ ਤੇ ਇਸ ਦਾ ਮਤਲਬ ਹੈ ਤੁਸੀਂ ਸਿੱਖਾਂ ਨੂੰ ਜਲੀਲ ਕਰਨਾ ਚਾਹੁੰਦੇ ਹੋ। ਉਹਨਾਂ ਕਿਹਾ ਕਿ 16 ਤਰੀਕ ਤੋਂ ਭਾਈ ਅੰਮ੍ਰਿਤ ਪਾਲ ਤੇ ਉਹਨਾਂ ਦੇ ਸਾਥੀ ਜੇਲ ਦੇ ਅੰਦਰ ਭੁੱਖ ਹੜਤਾਲ ਤੇ ਬੈਠੇ ਹਨ। ਦੂਸਰੇ ਬੰਨਣ ਉਹਨਾਂ ਦੇ ਪਰਿਵਾਰਾਂ ਨੇ ਵੀ ਭੁੱਖ ਹੜਤਾਲ ਸ਼ੁਰੂ ਕਰ ਦਿੱਤੀ ਹੈ। ਜਿਹੜੀਆਂ ਏਜੰਸੀਆਂ ਇਸ ਉੱਤੇ ਧਿਆਨ ਰੱਖੀਆਂ ਹਨ ਉਹਨਾਂ ਨੂੰ ਮਨੁੱਖਤਾ ਵੱਲ ਵੇਖ ਕੇ ਕੋਈ ਠੋਸ ਕਦਮ ਚੁੱਕਣੇ ਚਾਹੀਦੇ ਹਨ। ਪਰਿਵਾਰ ਤੇ ਜਿੰਨੇ ਵੀ ਧਰਨੇ ਵਿੱਚ ਬੈਠੇ ਹਨ, ਉਹਨਾਂ ਦੀ ਇੱਕੋ ਮੰਗ ਹੈ ਕਿ ਪੰਥਕ ਡੱਟ ਕੇ ਸਾਥ ਦਵੇ। ਵਿਰਸਾ ਸਿੰਘ ਵਲਟੋਹਾ ਨੇ ਕਿਹਾ ਕਿ ਸੁਖਬੀਰ ਸਿੰਘ ਬਾਦਲ ਨਾਲ ਅਸੀਂ ਵਿਚਾਰ ਕਰਕੇ ਇੱਥੇ ਪੁੱਜੇ ਹਾਂ।

    ਪਰਿਵਾਰ ਤੇ ਜਿਹੜੇ ਪ੍ਰਬੰਧਕਾਂ ਨੇ ਉਹਨਾਂ ਨੂੰ ਵਿਸ਼ਵਾਸ ਦਵਾਇਆ ਹੈ ਕਿ ਅਸੀਂ ਅਕਾਲੀ ਦਲ ਵਾਲੇ ਉਹਨਾਂ ਦੇ ਨਾਲ ਖੜੇ ਹਾਂ। ਵਿਸਤਾਰ ਸਿੰਘ ਮਟੋਹਾ ਨੇ ਕਿਹਾ ਕਿ ਸਾਨੂੰ ਇਸ ਸਮੇਂ ਇੱਕ ਜੂਟ ਹੋਣ ਦੀ ਜਰੂਰਤ ਹੈ ਆਪਣੇ ਭੇਦ ਭਾਵ ਬੁਲਾ ਕੇ ਸਾਨੂੰ ਇਕੱਠੇ ਹੋਣ ਦੀ ਜਰੂਰਤ ਹੈ ਤਾਂ ਜੋ ਅਸੀਂ ਡੱਟ ਕੇ ਮੁਕਾਬਲਾ ਕਰ ਸਕੀਏ। ਉਹਨਾਂ ਕਿਹਾ ਕਿ ਸ਼੍ਰੋਮਣੀ ਗੁਰਦੁਆਰਾ ਪ੍ਰਬੰਧਕ ਕਮੇਟੀ ਹੋਵੇ ਚਾਹੇ ਅਕਾਲ ਤਖਤ ਸਾਹਿਬ ਦੀ ਕਮੇਟੀ ਹੋਵੇ ਸਾਰੀਆਂ ਕਮੇਟੀਆਂ ਇਹਨਾਂ ਦੇ ਨਾਲ ਖੜਿਆਂ ਹਨ। ਬੰਦੀ ਸਿੱਖਾਂ ਨੂੰ ਲੈ ਕੇ ਵੀ ਬਾਰ-ਬਾਰ ਸ਼੍ਰੋਮਣੀ ਕਮੇਟੀ ਤੇ ਪ੍ਰਧਾਨ ਵੱਲੋਂ ਚਿੱਠੀਆਂ ਲਿਖੀਆਂ ਜਾ ਰਹੀਆਂ ਹਨ। ਪਰ ਪ੍ਰਧਾਨ ਮੰਤਰੀ ਇਹਨਾਂ ਨੂੰ ਸਮਾਂ ਨਹੀਂ ਦੇ ਰਿਹਾ। ਉਹਨਾਂ ਕਿਹਾ ਕਿ ਇੱਕ ਛੋਟਾ ਜਿਹਾ ਮੁੱਖ ਮੰਤਰੀ ਕੇਜਰੀਵਾਲ ਵੀ ਸ਼੍ਰੋਮਣੀ ਕਮੇਟੀ ਦੇ ਪ੍ਰਧਾਨ ਦੀ ਗੱਲ ਨੂੰ ਅਣਗੋਲਿਆ ਕਰ ਰਿਹਾ ਹੈ।

  • आईटीआई ऊना में आगामी 5 मार्च को लगेगा रोजगार मेला

    ऊनासुशील पंडित :आईटीआई ऊना में आगामी 5 मार्च को रोजगार मेले का आयोजन किया जा रहा है। रोजगार मेले में मैसर्ज़ टाटा मोटर्स लिमिटेड सनंद जीआईडीसी अहमदाबाद, मैसर्ज़ टीवीएस मोटर्स लिमिटेड नालागढ़ व मैसर्ज़ कांटिनेंटल ऑटोमोटिव ब्रेक सिस्टम इंडिया लिमिटेड मानेसर शामिल रहेंगी। इस संबंध में जानकारी देते हुए आईटीआई प्रधानाचार्य ई अंशुल भारद्वाज ने बताया कि रोजगार मेले में फिटर, टर्नर, वैल्डर, इलैक्ट्रिशियन, मशीनिस्ट, टूल एंड ड्राई मेकर, मकैनिक टैªक्टर, मकैनिक डीज़ल, मकैनिक मोटर व्हीकल, इंस्ट्रूमेंट मकैनिक, इलैक्ट्रोनिक्स व प्लम्बर टेªडों में आईटीआइटी का कोर्स पूर्ण कर चुके अभ्यर्थी भाग ले सकते हैं। उन्होंने बताया कि अभ्यर्थी की आयु 18 से 23 वर्ष के बीच होनी चाहिए।

    उन्होंने बताया कि साक्षात्कार में सीधे नियुक्ति प्राप्त करने वाले अभ्यार्थियों को प्रदेश सरकार द्वारा निहित अर्धकुशल कारीगरों के समान वेतन देय होगा तथा प्रशिक्षुता प्रशिक्षण के लिए चयनित अभ्यार्थियों को अप्रिंटिसशिप एक्ट के तहत वृत्तिका देय होगी।