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नंगल खुर्द में पहला ब्लड डोनेशन कैम्प लगाया
ऊना/सुशील पंडित : हरोली विधानसभा क्षेत्र के तहत गांव नंगल खुर्द में ब्रदर्स ग्रुप के सदस्यों द्वारा रविवार को पहला ब्लड डोनेशन कैम्प लगाया गया ब्रदर्स ग्रुप के चेयरमेन नव बैंस गोलू ने जानकारी देते हुए बताया है कि यह पहला ब्लड डोनेशन कैम्प ब्रदर्स ग्रुप के सदस्यों द्वारा लगाया गया है। जिसमें करीब 65 यूनिट ब्लड इकट्ठा किया गए कार्यक्रम में नंगल खुर्द के प्रधान प्रवीण कुमार ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की उन्होंने अपने सम्बोधन में कहा कि समाज को जगाने के लिए ऐसे कार्य करने चाहिए और युवा पीढ़ी को नशे से दूर रखना हमारा ओर माता पिता का दायत्व है उन्होंने कहा की समाज को नशा से दूर रखने का प्रयास करते रहना चाहिए इस अवसर पर ग्राम पंचयात नंगल खुर्द के पूर्ब अध्यक्ष सुमित कुमार टाहलीवाल वार्ड नंबर 01 के पार्षद पूनम ,अजय, रवि हंस, लाडी, साहिल गिल नंगल, नितिन बाली नंगल, विक्की शर्मा, समीर बैंस अन्य समाजसेवियों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। -
राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम के दूसरा चरण
डेरा बाबा रुद्रानंद में केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने स्वच्छता अभियान में भाग लिया
ऊना/सुशील पंडित : केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्री व हमीरपुर संसदीय क्षेत्र के सांसद अनुराग ठाकुर ने अयोध्या में भव्य श्री राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम के उपलक्ष में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आवाहन पर धार्मिक स्थलों के स्वच्छता अभियान के तहत उत्तर भारत के प्रसिद्ध डेरा बाबा रूद्रानंद में स्वच्छता अभियान चलाया। इस दौरान केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने डेरा बाबा रूद्रानंद में माथा टेका ,अखंड धुने का आशीर्वाद लिया और मंदिर परिसर में स्वच्छता अभियान चलाते हुए स्वच्छता की ।
इस दौरान अनुराग ठाकुर को स्वच्छता अभियान चलाते हुए देखकर श्रद्धालुओं ने भी खूब सराहना की और भव्य राम मंदिर निर्माण के प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम को लेकर अनुराग ठाकुर ने सभी श्रद्धालुओं को बधाई भी दी और 22 जनवरी को अपने-अपने गांव में, मोहल्ले में सभी को राम संकीर्तन करने व प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम को लाइव देखने का आग्रह भी किया। अनुराग ठाकुर ने कहा कि हम सब के जीवन में जो एक बहुत बड़ा ऐतिहासिक दिन आ रहा है, जिसको लंबे संघर्ष के बाद प्राप्त किया गया है।
अनेक लोगों ने बलिदान दिया है ,लंबा संघर्ष किया है, जो हम सबके लिए प्रेरणा है। उन्होंने कहा कि 14 वर्ष के बाद भगवान श्री राम अयोध्या लौटे थे और अब 500 वर्ष के लंबे संघर्ष के बाद वह भव्य मंदिर में रामलल्ला के रूप में आ रहे हैं ,इसका पूरे विश्व में स्वागत किया जा रहा है ।उन्होंने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि कुछ राजनीतिक दल केवल राजनीतिक मंशा से श्री राम मंदिर कार्यक्रम का विरोध भी कर रहे हैं, निमंत्रण भी स्वीकार नहीं कर रहे हैं और इस कार्यक्रम से दूरी बना रहे हैं ।उन्होंने कहा कि यह श्री राम मंदिर का कार्यक्रम है यह आस्था का, सनातन का, धर्म का कार्यक्रम है इसलिए किसी को भी श्री राम मंदिर के निर्माण को लेकर इस प्रकार का व्यवहार नहीं करना चाहिए ।
उन्होंने कहा कि अब प्रभु श्री राम अयोध्या में भव्य मंदिर में विराजमान हो रहे हैं इसका उल्लास है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में अयोध्या धाम को विकसित किया जा रहा है, अयोध्या धाम आने वाले समय में विश्व का सबसे प्रसिद्ध पर्यटन स्थल बनने जा रहा है, जहां रोजगार भी मिलेगा, धर्म का प्रचार भी बढ़ेगा ,इसकी प्रसन्नता हम सबको होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस हिंदू विरोधी चेहरा सामने ला रही है जो कांग्रेस के नेतृत्व के लिए दुर्भाग्यपूर्ण है।उनके साथ में पूर्व मंत्री वीरेंदर कँवर, संसदीय क्षेत्र सह प्रभारी व प्रदेश सचिव सुमीत शर्मा, मंडल अध्यक्ष चरणजीत शर्मा, रमेश शर्मा, कमल चौधरी, बलराम, शुभलता महामंत्री महिला मोर्चा, दिलबाग, गुरबचन व मनोहर लाल,अमन उपस्थित रहे। -
विवादित ढांचा गिराने के लिए जान पर खेलकर सुरुचि पहुंचे थे अयोध्या
हमारे उपर पथराव व लाठीचार्च हुआ था लेकिन हम डटे रहे: सुरुचि
6 दिसंबर 1992 के दिन को आज भी शौर्य दिवस के रुप में याद है
बददी/ सचिन बैंसल : बददी के सुरुचि शर्मा जो कि विश्व हिंदू परिषद के वरिष्ठ कार्यकर्ता है की भी मंदिर अंादोलन से अटूट यादें जुडी हुई हैं। बददी के हिल व्यू झाडमाजरी में रहने वाले सुरुचि शर्मा ने बताया कि वह मूलत: सुजानपुर टिहरा रहने वाले हैं। जैसे हमें विश्व हिन्दू परिषद् से न्योता आया कि अयोध्या जाना है उसी समय 1992 में राम भक्त द्वारा उस समय सुजानपुर अध्यक्ष नाते अयोध्या विवादित बाबरी ढांचा गिराने के लिए गए , उसी समय अपने माता पिता को बताया और आशिर्वाद लिया और बोल कर गया था कि जब तक वापिस नहीं आता हूं तब तक घर में हींग न खाना लेकिन भगवान राम के आशिर्वाद बापिस आया और घर में हलवा बनाया माता और पिता एवम बड़े भाई, बहन से मुझे देखा खुश हो गया ।
वहां हमें जैसे ही वेरिगेट तोड़ कर आगे गए हमारे ऊपर पथराव और डंडे से पिटाई की ,लेकिन मुझे थोड़ी थोड़ी चोटें लगी थी ,लेकिन जैसे गुमंद गिरा कुछ राम भक्त मलबे में दब गए। हम बाद में टेंट में गए सरयू नदी में स्नान भी किया। लेकिन फिर संगठन से अयोध्या दोबारा 2001 में फिर संगठन से आंदोलन सौभाग्य मिला और फिर से गया। लेकिन जिसमें हमें लखनऊ जेल में बंद कर दिया। लखनऊ के जेल से बाहर निकलने बाद राम प्रभु के दर्शन किए और भगवान राम जी को टेंट में देखा उसके तुरंत बाद घर पहुंच कर 2.50 करोड़ राम नाम के जाप करवाए क्षेत्र को सिद्ध क्षेत्र बनाया। उसी समय अमृत जल विश्व हिन्दू परिषद द्वारा पूरे देश में यात्रा की गई हिमाचल प्रांत में संतों द्वारा कलश बांटे । हर जिले में यात्रा पहुंची। ये कलश अमृत जल आज भी मेरे घर में है। उस समय ऐसी परिस्थिति थी लोग हमें समझते नहीं थे।
लेकिन आज पूरा विश्व हिंदू परिषद में राम लला की प्राण प्रतिष्ठा में निमंत्रण पत्र और अक्षत घरों घरों में पहुंचा रहा है। मेरे पास अमृत कलश घर में मौजूद है इस कलश खंडित हो गया है अब सरयू नदी में अयोध्या जाकर सरयू नदी में डाल दिया है। आज पूरा देश को मेरी तरफ से बधाई 22 जनवरी 2024 मंदिर में राम प्रभु विराजमान हो जाएंगे।
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बददी की सनसिटी कॉलोनी पहुंची पूजित अक्षत कलश यात्रा
महिलाओं, बच्चों ने राम धुन पर घर घर जाकर बांटे अयोध्या के निमंत्रण पत्रक
बददी/ सचिन बैंसल : अयोध्या में बने रहे भव्य श्रीराम मंदिर की हो रही प्राण प्रतिष्ठा का पूजित अक्षत कलश बददी की सनसिटी कॉलोनी पहुंचा। जहां पहुंचने पर महिलाओं, बुजुर्गों और बच्चों ने जोरदार स्वागत किया। गौरतलब है कि 22 जनवरी को भगवान श्रीराम की प्राण प्रतिष्ठा होने जा है। इसी के निमित्त देश भर में राम भक्त घर घर जाकर अयोध्या धाम से आये हुए पूजित अक्षत, राम मंदिर का फोटो और बन रहे मंदिर का विवरण पत्रक बांट रहे हैं। मौके पर उपस्थित टाईम टैक्नोप्लास्ट लिमिटेड मुंबई के निदेशक व सामाजिक कार्यकर्ता संजीव शर्मा ने कहा कि आज हम भारत वासियों का 500 साल का सपना पूर्ण हो रहा है जो कि गौरव की बात है।
यह मंदिर आसानी से नहीं बना बल्कि इसके लिए सैंकडों कारसेवकों ने अपने प्राणों की आहुतियां दी है। यह एक अवसर नहीं बल्कि सालों की तपस्या का परिणाम है और हमारे लिए गर्व की बात है कि हम इसके साक्षी बन रहे हैं। हमारे बहुत से पूर्वज इस संसार से चले गए लेकिन जो उस समय के बचे हैं उनके लिए यह एक मंदिर निर्माण नहीं बल्कि प्रभु का साक्षात आगमन हो रहा ऐसा महसूस हो रहा है। संजीव शर्मा व शिखा शर्मा ने कहा कि अयोध्या का राम मंदिर सिर्फ भारत ही नहीं बल्कि पूरे विश्व में चर्चित हो रहा है और कई देशों ने तो वहां छुटटी रखी है बल्कि कार्यक्रम भी रखे है।
सनसिटी कालोनी में भी उस दिन हवन व प्रसाद वितरण रखा गया है तथा कालोनी मेें दिए जलाए जाएंगे और यह दूसरी सबसे बडी दीवाली होगी। इसी कड़ी में कॉलोनी निवासी, मनोज जैन, नरेश शर्मा, राम निवास, कार्तिक ठाकुर, राजेश गोयल, कंचन जैन, ऋुजुल ठाकुर, डॉ. किशोर ठाकुर, रविंदर बृथाल आदि राम भक्तों ने सनसिटी कॉलोनी के साथ लगते गांव जुडडी खुर्द, बाई पास, बीबीएनडीए कॉलोनी सहित अनेक घरों में पूजित अक्षत का वितरण किया तथा 22 जनवरी को अपने अपने घरों में घी के दिये जलाने, प्रसाद वितरण करने तथा घरों की अच्छी तरह साज सज्जा करने सहित लडियां लगाने का आह्वान किया। -
धूप न मिलने से गांव वासियों ने बना डाला खुद का सूरज
नई दिल्लीः उत्तर भारत में कोहरे और धुंध की घनी चादर छाई रही है। लोग ठिठुरन से बचने के लिए या तो रजाई में छुप रहें है या हीटर, अंगीठी और ब्लोअर का इस्तेमाल करने लगे। लेकिन, एक गांव ने इसका ऐसा उपाय निकाला, जिसके बारे में किसी भी आम आदमी के लिए सोचना भी मुश्किल है। इस गांव के लोगों ने अपना आर्टिफिशियल सूरज ही बना डाला। यहां हम चीन की बात नहीं कर रहे हैं।
दरअसल, इटली के इस गांव में सूरज तो उगता था, लेकिन लोकेशन कुछ ऐसी थी कि गांव के किसी भी हिस्से तक धूप नहीं पहुंचती थी। धूप ना पहुंचना इस गांव के लिए बड़ी समस्या बन गई। इस समस्या से छुटकारा पाने के लिए गांव वालों ने सूरज को धरती पर ही उतार लिया।

दरअसल, उन्होंने धूप की ऐसी व्यवस्था की है, जिसे देखकर हर कोई कहता है कि उन्होंने अपने लिए अलग से सूरज बना लिया है। ये विगनेला गांव स्विट्जरलैंड और इटली के बीच मौजूद है। यहां 11 नवंबर से 2 फरवरी के बीच सूरज की रोशनी बहुत धीमी हो जाती है।
विगनेला गांव पहाड़ों के बीच में बसा है। इसीलिए ढाई महीने यहां सूरज की सीधी रोशनी नहीं पहुंच पाती थी। हालात इतने खराब थे कि यहां 11 नवंबर को सूरज गायब हो जाता था। फिर 2 फरवरी को ही गांव वालों को दोबारा सूरज देखने को मिलता था। स्थानीय लोगों को साइबेरिया जैसा अनुभव होता है। इस गांव में 200 लोग ही रहते हैं। सदियों से सूरज के गायब होने और फिर ढाई महीने बाद ही दिखने का ये सिलसिला जारी था।
साल 2005 में विगनेला के मेयर पियरफ्रैंको मिडाली की मदद से करीब 1 करोड़ रुपए जुटाए गए। फिर गांव के सामने के पहाड़ पर बहुत बड़े शीशे को लगाने का काम शुरू किया गया। गांव वालों ने नवंबर 2006 तक 40 वर्ग मीटर का एक शीशा पहाड़ के ऊपर लगा लिया। इसका वजन 1.1 टन था। इसे 1100 मीटर की ऊंचाई पर लगाया गया था। शीशे पर धूप की रोशनी पड़ी, जिसे गांव की ओर रिफ्लेक्ट किया गया। शीशे का आकार बड़ा होने के कारण दिसंबर 2006 में पहली बार पूरे गांव को रोशनी मिली।
शीशे का एंगल ऐसा सेट किया गया कि रोशनी से गांव के चर्च के सामने मौजूद चौक पर धूप रहे। ये कंप्यूटराइज्ड शीशा पूरे दिन सूरज की चाल को फॉलो करता है और घूमता रहता था। ऐसे में ये शीशा करीब 6 घंटे गांव के एक हिस्से को रोशन करता है। शीशा लगने के बाद लोगों के स्वभाव में बड़ा परिवर्तन देखने को मिला है।
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दर्दनाक हादसे में पिता-पुत्र की मौ’त, 3 घायल
शिमला : लोहड़ी व मकर संक्रांति का पर्व एक परिवार के लिए खुशियों की बजाय गमगीन कर गया। राजधानी शिमला के ढली थाना क्षेत्र के तहत शिमला-सुन्नी मार्ग पर बल्देयां के पास एक कार के दुर्घटनाग्रस्त होने से पिता-पुत्र की मौत हो गई है। जबकि परिवार के 3 अन्य लोगों को चोटें आई है। मृतकों की पहचान 72 वर्षीय ईश्वरदास व उनके बेटे बाल कृष्ण (42) के रूप में हुई। जानकारी के अनुसार एक कार (एचपी 30-6983) शिमला से करसोग की ओर जा रही थी। कार में एक परिवार के 5 सदस्य सवार थे जोकि लोहड़ी मनाने शिमला से अपने मूल निवास करसोग के कथोल गांव जा रहे थे। कार जब शिमला शहर से करीब 14 किलोमीटर दूर बल्देयां पहुंची तो चालक वाहन पर से नियंत्रण खो बैठा और कार दुर्घटनाग्रस्त हो गई।
कार को बाल कृष्ण चला रहा था। इस हादसे में बालकृष्ण की पत्नी रक्षा, उनके बेटे व बेटी को भी चोटें आई है। इन तीनों का अस्पताल में उपचार चल रहा है। पुलिस अधीक्षक शिमला संजीव गांधी ने कहा कि ढली थाना पुलिस के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है और मृतकों का पोस्टमार्टम करवा शव परिजनों को सौंप दिए हैं जबकि घायलों के मेडिकल करवा लिए हैं। पुलिस हादसों के कारणों की पड़ताल में जुट गई है।
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पंजाब : बाइक और केंटर की भीषण टक्कर, मौ’त देखें वीडियो
अबोहर: पंजाब में तेज रफ्तार वाहनों के वजह से आए दिन हादसे होते रहते है। यह आकंड़ा दिन ब दिन बढ़ रहा है। शहर में बेलगाम ओवरस्पीडिंग के चलते धीमी गति से चलने वाले वाहन चालकों को भी परेशानी का सामना उठाना पड़ रहा है। स्पीड पर नियंत्रण नहीं होने से हरदम हादसों का डर सताता रहता है। ऐसे में तेज रफ्तार से दौड़ते वाहनों के चलते राहगीरों को भी आए दिन दुर्घटना का सामना करना पड़ रहा है। अबोहर के सीतो रोड पर कैंटर ने बाइक को टक्कर मार दी। जिसमें बाइक सवार 2 युवक घायल हो गए। जिनमें से एक को फरीदकोट रेफर कर दिया गया। लेकिन कुछ समय बाद उसकी मृत्यु हो गई, जबकि दूसरे का इलाज अस्पताल में चल रहा है।
जानकारी अनुसार, 46 वर्षीय सुनील कुमार निवासी चंननखेड़ा जोकि मेहतन मजदूरी का काम करता था अपने भांजे अरुण निवासी जंडवाला हनुमंता के साथ बाइक पर सवार होकर सीतो रोड पर ओवरब्रिज पर जा रहे थे। इस दौरान कैंटर जिसने सीतो रोड पर जाना था आगे जा रहा था, लेकिन बाइक सवार पिकअप को ओवरटेक करते हुए कैंटर से जा टकरा गई। जिसमें दोनों घायल हो गए। बताया जा रहा है कि ये हादसा ओवरटेक करते वक्त हुआ।
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पंजाब: 21 जनवरी तक स्कूल रहेंगे बंद, आदेश जारी
मोहाली: कड़ाके की ठंड के बीच एक बार फिर स्कूलों को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। बढ़ रहे कोहरे के कारण 21 जनवरी तक 5वीं कक्षा तक स्कूलों में छुट्टियां रहेंगी। जबकि 6वीं और 12वीं क्लास के लिए स्कूल खुलेंगे।

शिक्षा मंत्री ने ट्वीट करते हुए कहा कि माननीय मुख्यमंत्री पंजाब भगवंत सिंह मान के दिशा-निर्देशों के अनुसार प्रदेश में पड़ रही कड़ाके की ठंड के कारण विद्यार्थियों के स्वास्थ्य एवं सुरक्षा के दृष्टिगत प्रदेश के पांचवीं कक्षा तक के सभी प्राथमिक विद्यालयों (सरकारी/सहायता प्राप्त/मान्यता प्राप्त एवं निजी) ) 15 जनवरी से 21 जनवरी 2024 तक बंद रहेगा।
राज्य के सभी मिडिल, हाई और सीनियर सेकेंडरी स्कूल (सरकारी/सहायता प्राप्त/मान्यता प्राप्त और निजी) कल से नियमित सत्र सुबह 10:00 बजे से दोपहर 3:00 बजे तक होंगे। इस दौरान उन्होंने कहा कि सभी डबल शिफ्ट वाले स्कूलों का समय सुबह 9:00 बजे से शाम 4:00 बजे तक रहेगा। कोई भी डबल शिफ्ट स्कूल शाम 4:00 बजे के बाद नहीं खुलेगा। ये आदेश तत्काल प्रभाव से 21 जनवरी 2024 तक लागू रहेंगे।
बता दें कि इससे पहले पंजाब में प्रशासन ने 14 जनवरी तक स्कूल बंद रखने का फैसला किया था। लेकिन मौसम और ठंड को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने स्कूलों में छुट्टियां बढ़ाने का फैसला किया है।
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उत्कर्ष बैंक और आईपीबी ने लांच किया प्रोबेशनरी ऑफिसर प्रोग्राम
आरबीआई की बैंकिग नीतियों से हो रहा यह सेक्टर मजबूत-ओबरॉय
बैंकिग सैक्टर में करियर तलाश रहे छात्रों के लिए होगा कारगर साबित
बददी/ सचिन बैंसल : उन्नत हो रहे बैंकिग सेक्टर को निकट भविष्य के लिए बैंक में अधिकारियों की पूर्ति के लिए अपनी तरह के अनोखे प्रोवेशनरी आफिसर (पीओ) प्रोग्राम को लांच किया गया। यह कार्यक्रम उत्कर्ष स्माल फाईनेंस और इंस्टीटयूट आफ प्रोफेशनल बैंकिग (आईबीपी) के संयुक्त प्रयासों से बददी की एक निजी यूनिवर्सिटी में लांच किया गया। इसका उदेश्य बैंकिंग सेक्टर में करियर तलाश रहे युवा प्रतिभाओं को सही मार्ग दर्शन देकर उनको सफल बैंक बनाना था। आयोजकों ने बताया कि इस कार्यक्रम का लक्ष्य बैंकिग सैक्टर में इच्छुक स्टूडेंटस के कैरियर को आकार देना है।
संयोजित तरीके के साथ तैयार किए गए पाठयक्रम में उन्हे ब्रांच आपेरंशस, बैंकिग प्रोडक्टस, सेल्स, क्रेडिट, कस्टमर्स सर्विस और दिन प्रतिदिन की बैंकिग प्रणालियों के विषय में पढ़ाया जाता है। प्रोग्राम के सफल उम्मीदवारों को प्रोस्ट गे्रजुएट डिप्लोमा दिया जाएगा और साभ ही उत्कर्ष स्माल फाईनेंस बैंक में रोजगार के अवसर दिए जाएंगे। इस अवसर पर मौजूद उत्कर्ष स्माल फाईनेंस बैंक के प्रबंधक निदेशक और सीईओ गोविंद सिंह ने कहा कि आईबीपी के सहयोग से शुरु किए एग बैंकिग प्रोग्राम में बैंकिग क्षेत्र को अधिका विकसित करने में सहायक सिद्व होगा।
आईबीपी के संस्थापक गुरसिमरन सिंह ओबरॉय ने कहा कि यह साझा प्रयास युवाओं को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। आरबीआई के आंकडों के अनुसार पब्लिक और प्राईवेट सैक्टर बैंकों ने मिलकर पिछले वित्तीय वर्ष में रिकार्ड एक लाख 23 हजार कर्मचारियों को अपने साथ जोडा है। यूजीसी अप्रूव्ड इस पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा इन बैंकिग एंड फाईनेंस सर्विसिस के लिए बैंकिग के क्षेत्र के दिग्गज गेस्ट लेक्चरर, थ्योरिटीकल और प्रेक्टिकल शिक्षा प्रदान करेंगे। -

प्रेमी-प्रेमिका का शव मिलने से मचा हड़कंप
नई दिल्ली : उत्तर प्रदेश के बागपत जिले में एक कपल के खुदकुशी करने का मामला सामने आया है। घटना जिले के बिनौली थाना क्षेत्र के सिरसली गांव की है। युवक और युवती का शव खंडहर हो चुके एक मकान से बरामद किया गया। रविवार सुबह कपल के शव बरामद किए गए। मृतक की पहचान विशाल और गुड़िया के रूप में हुई है। वहीं इसे ‘ऑनर किलिंग’ का भी मामला बताने की कोशिश हुई। पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने घटना के संबंध में जानकारी दी। उन्होंने अंदेशा जताया कि प्रेम प्रसंग में दोनों ने खुदकुशी कर ली। बागपत के पुलिस अधीक्षक (एसपी) अर्पित विजयवर्गीय ने बताया कि रविवार सुबह करीब 9 बजे बिनौली थानाक्षेत्र के सिरसली गांव के प्रधान ने सूचना दी कि विशाल (19 वर्ष) एवं गुड़िया (18 वर्ष) ने गांव में खंडहर पड़े एक घर में फांसी लगा ली है।
जानकारी के मुताबिक तत्काल पुलिस मौके पर पहुंची और उसने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया एवं विधिक कार्रवाई शुरू कर दी। विजयवर्गीय ने इस घटना को ‘ऑनर किलिंग’ मानने से इनकार किया और कहा कि दोनों के ही परिवार वालों ने पुलिस को दी तहरीर में कहा है कि दोनों का आपस में प्रेम प्रसंग था। उन्होंने अंदेशा जताया कि शव देखने से भी यही मालूम हो रहा है कि दोनों ने आत्महत्या की है। उनका कहना था कि ऐसा लगता है कि अलग-अलग जाति के कारण उनकी शादी नहीं हो पा रही थीं, इसलिए दोनों ने आत्महत्या कर ली।