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  • राज्यपाल ने स्व-गणना अभियान का शुभारम्भ किया

    राज्यपाल ने स्व-गणना अभियान का शुभारम्भ किया

    शिमला : राज्यपाल कविन्द्र गुप्ता ने आज लोक भवन से जनगणना-2027 के प्रथम चरण के अंतर्गत स्व-गणना अभियान का शुभारम्भ किया। यह अभियान 1 जून से 15 जून, 2026 तक प्रदेश भर में संचालित किया जाएगा, जिसके माध्यम से नागरिक डिजिटल पोर्टल पर स्वयं अपनी जनगणना संबंधी जानकारी दर्ज कर सकेंगे।
    राज्यपाल ने इस अवसर पर स्वयं ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से अपनी स्व-गणना प्रक्रिया पूर्ण कर प्रदेशवासियों को इस महत्वपूर्ण राष्ट्रीय दायित्व में सक्रिय भागीदारी का संदेश दिया। इस अवसर पर निदेशक, जनगणना संचालन, हिमाचल प्रदेश, दीप शिखा शर्मा और विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। अधिकारियों ने राज्यपाल को डिजिटल जनगणना प्रक्रिया तथा इसके विभिन्न पहलुओं की विस्तृत जानकारी प्रदान की।

    राज्यपाल ने प्रक्रिया को पूर्ण करने के उपरांत जनगणना के महत्त्व पर बल देते हुए कहा कि जनगणना केवल जनसंख्या संबंधी आंकड़े एकत्रित करने की प्रक्रिया नहीं है, बल्कि यह देश और प्रदेश की भावी विकास योजनाओं, जनकल्याणकारी नीतियों तथा प्रशासनिक निर्णयों की आधारशिला है। कविन्द्र गुप्ता ने प्रदेशवासियों का आह्वान करते हुए कहा कि वे 1 जून से 15 जून के बीच स्व-गणना प्रक्रिया को प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण कर इस राष्ट्रीय अभियान को सफल बनाने में अपना योगदान दें। राज्यपाल ने नागरिकों को स्व-गणना पूर्ण होने के उपरांत प्राप्त होने वाली स्व-गणना पहचान संख्या को सुरक्षित रखने का परामर्श दिया। अभियान के अगले चरण में 16 जून से 15 जुलाई, 2026 तक घर-घर जाकर जानकारी एकत्रित की जाएगी। स्व-गणना कर चुके लोगों द्वारा अपनी पहचान संख्या उपलब्ध करवाने से जनगणना कार्य अधिक सुगमता एवं दक्षता के साथ सम्पन्न हो सकेगा।

    कविन्द्र गुप्ता ने सटीक एवं प्रमाणिक जानकारी उपलब्ध कराने के महत्त्व पर बल देते हुए कहा कि प्रभावी प्रशासन और योजनाबद्ध विकास के लिए सही आंकड़ों का होना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार की अनेक जनकल्याणकारी योजनाएं जनसांख्यिकीय आंकड़ों पर आधारित होती हैं। नागरिकों द्वारा सही जानकारी प्रदान करने से योजनाओं का लाभ वास्तविक पात्रों तक पहुंचाने तथा समाज के सभी वर्गों का उचित प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करने में सहायता मिलेगी। राज्यपाल ने कहा कि वर्ष 2011 की जनगणना के बाद विकास की बदलती आवश्यकताओं और नई चुनौतियों को देखते हुए जनगणना-2027 से प्राप्त होने वाले आंकड़े राज्य एवं राष्ट्र के विकास के लिए अत्यंत महत्त्वपूर्ण सिद्ध होंगे।

    उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर तथा उत्तराखंड जैसे पर्वतीय एवं दुर्गम राज्यों में समयबद्ध और प्रभावी आंकड़ा संकलन सुनिश्चित करने के उद्देश्य से स्व-गणना अभियान को विशेष प्राथमिकता प्रदान की गई है। राज्यपाल ने समाज के सभी वर्गों से इस अभियान में सक्रिय सहयोग देने का आह्वान करते हुए कहा कि जन सहभागिता ही डिजिटल जनगणना अभियान की सफलता की कुंजी है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि प्रदेशवासी इस महत्त्वपूर्ण राष्ट्रीय कार्य में बढ़-चढ़कर भाग लेंगे। उन्होंने कहा कि जनगणना से प्राप्त सटीक आंकड़े हिमाचल प्रदेश के समावेशी, संतुलित एवं सतत विकास के लिए एक मजबूत आधार प्रदान करेंगे।

  • Punjab News: मई 2026 में पंजाब की GST वसूली में 14.59 फीसदी बढ़ोतरी, राजस्व ₹2,400 करोड़ के पार; हरपाल चीमा

    Punjab News: मई 2026 में पंजाब की GST वसूली में 14.59 फीसदी बढ़ोतरी, राजस्व ₹2,400 करोड़ के पार; हरपाल चीमा

    चंडीगढ़, 1 जून: पंजाब ने मई 2026 के दौरान वस्तु एवं सेवा कर (GST) संग्रह में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की है। पंजाब के वित्त, आबकारी एवं कराधान मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने सोमवार को बताया कि राज्य की GST वसूली में पिछले वर्ष की तुलना में 14.59 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। उन्होंने कहा कि मई 2026 में पंजाब का कुल GST संग्रह ₹2,400.52 करोड़ रहा, जबकि मई 2025 में यह आंकड़ा ₹2,094.81 करोड़ था। इस तरह राज्य के राजस्व में ₹305.71 करोड़ की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। उन्होंने बताया कि यह वृद्धि राज्य में बढ़ती आर्थिक गतिविधियों, बेहतर कर अनुपालन और कराधान विभाग की प्रभावी कार्यप्रणाली का परिणाम है।

    राष्ट्रीय औसत से बेहतर रहा पंजाब का प्रदर्शन

    हरपाल सिंह चीमा ने कहा कि GST संग्रह के मामले में पंजाब का प्रदर्शन राष्ट्रीय स्तर की तुलना में काफी बेहतर रहा है। उन्होंने बताया कि जहां देशभर में GST राजस्व वृद्धि लगभग 3.2 प्रतिशत रही, वहीं पंजाब ने 14.59 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की है। उन्होंने कहा कि राज्य की नकद कर वसूली में भी 6.57 प्रतिशत का इजाफा हुआ है। यह दर्शाता है कि करदाताओं द्वारा नियमों का पालन बढ़ा है और विभाग की निगरानी प्रणाली अधिक प्रभावी हुई है।

    कर चोरी के खिलाफ कार्रवाई में बड़ी सफलता

    वित्त मंत्री ने बताया कि मई 2026 के दौरान राज्य की State Intelligence and Preventive Units (SIPUs) ने ₹182.69 करोड़ का जुर्माना लगाया और ₹178.76 करोड़ की वसूली की। यह कार्रवाई डेटा एनालिटिक्स, खुफिया सूचनाओं, जांच अभियानों और विशेष सत्यापन प्रक्रियाओं के आधार पर की गई। उन्होंने बताया कि कर विभाग ने ₹85.4 करोड़ के फर्जी बिलिंग रैकेट का भी भंडाफोड़ किया है। इस मामले में लुधियाना स्थित एक कंपनी के निदेशक को गिरफ्तार किया गया है। आरोप है कि उसने फर्जी लेनदेन के जरिए ₹15.56 करोड़ का गलत Input Tax Credit (ITC) हासिल किया। जांच में सामने आया कि फर्जी कंपनियों, नकली बिलों, गलत डेबिट नोट और फर्जी परिवहन रिकॉर्ड का उपयोग कर कर चोरी को अंजाम दिया जा रहा था। विभाग ने इस मामले से जुड़े लाभार्थियों से लगभग ₹3 करोड़ की राशि भी बरामद की है।

    सरकार ने दोहराई जीरो टॉलरेंस नीति

    हरपाल सिंह चीमा ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार सार्वजनिक राजस्व की सुरक्षा और ईमानदार करदाताओं के हितों की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि सरकार कर चोरी रोकने के लिए आधुनिक डेटा एनालिटिक्स, ई-वे बिल निगरानी, FASTag सत्यापन और खुफिया सूचनाओं का उपयोग कर रही है। उन्होंने दोहराया कि फर्जी बिलिंग और संगठित कर चोरी के मामलों को लेकर सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति जारी रहेगी। वित्त मंत्री ने कहा कि आबकारी एवं कराधान विभाग आगे भी करदाताओं को सुविधाएं देने के साथ-साथ सख्त निगरानी और प्रभावी कार्रवाई जारी रखेगा, ताकि राज्य के राजस्व हितों की रक्षा सुनिश्चित की जा सके।
  • Punjab News: युवक पर हुए फायरिंग मामले में पुलिस का आया बयान, देखें वीडियो

    Punjab News: युवक पर हुए फायरिंग मामले में पुलिस का आया बयान, देखें वीडियो

    लुधियानाः जिले में युवक पर हुई फायरिंग मामले में पुलिस अधिकारी का बयान सामने आया है। पुलिस टीम ने मामले बारे मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि एक फायरिंग का मामला संज्ञान में आया है। हैप्पी नामक युवक फायरिंग की गई है। आरोपी की पहचान कर लिया गया। जिसे जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

    इसके बाद बताया कि मामला डिवीजन एरिया 3 का है। इनका कोई आपस में पुरान झगड़ा है। जिसे लेकर गोली चलाई गई है। हैप्पी के उपर 305 का केस दर्ज है, जो फिलहाल बेल पर बाहर है। आरोपी मान्या पर भी केस दर्ज है। वह भी बेल पर बाहर है। जल्द ही उसे कार्रवाई करते हुए गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

    ये था पूरा मामला
    जिले में के संतपुरा मोहल्ला निवासी हैप्पी नाम का युवक दोपहर के समय कपड़े खरीदने के लिए घर से निकला था। इसी दौरान उसे किसी का फोन आया, जिसके बाद वह उससे मिलने पहुंचा। इसी दौरान उस पर फायरिंग कर दी गई।

    घर चलने के लिए बनाया दबाव
    हैप्पी का आरोप है कि फोन करने वाले युवक ने उसे अपने साथ घर चलने के लिए कहा। जब उसने जाने से इनकार कर दिया तो दोनों के बीच कहासुनी हो गई। इसी दौरान आरोपी युवक ने गुस्से में आकर हथियार निकाल लिया।

    आरोपी ने चलाई गोली
    पीड़ित के अनुसार मान्या नाम के युवक ने उस पर सीधे फायरिंग कर दी। हालांकि किस्मत अच्छी रही कि गोली उसे नहीं लगी और उसकी जान बच गई

    शिवम मोटा गैंग पर लगाए आरोप
    मीडिया से बातचीत करते हुए हैप्पी ने आरोप लगाया कि उस पर हमला करने वाला युवक शिवम मोटा गैंग से जुड़ा हुआ है। उसने कहा कि आरोपी उसे जान से मारना चाहते थे, लेकिन वह किसी तरह अपनी जान बचाने में सफल रहा।

    पुलिस जांच में जुटी
    फिलहाल पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।

  • मानव संसाधन विभाग में लिंक अधिकारी नामित

    मानव संसाधन विभाग में लिंक अधिकारी नामित

    चंडीगढ़ : जून-हरियाणा सरकार ने मानव संसाधन विभाग में प्रशासनिक कार्यों का सुचारू एवं निर्बाध संचालन सुनिश्चित करने के उद्देश्य से लिंक अधिकारी नामित किए हैं। मुख्य सचिव श्री अनुराग रस्तोगी द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार, मानव संसाधन विभाग के निदेशक की अनुपस्थिति में नागरिक उड्डयन विभाग के निदेशक को लिंक अधिकारी-1 तथा विदेश सहयोग विभाग के निदेशक को लिंक अधिकारी-2 नामित किया गया है।

    संबंधित अधिकारी के अवकाश, प्रशिक्षण, दौरे, चुनाव ड्यूटी अथवा किसी अन्य कारण से अनुपस्थित रहने की स्थिति में तथा स्थानांतरण या सेवानिवृत्ति के कारण पद रिक्त होने पर लिंक अधिकारी विभाग का कामकाज देखेंगे। साथ ही अवकाश, प्रशिक्षण, दौरे अथवा चुनाव ड्यूटी पर जाने से पूर्व संबंधित अधिकारी को अपने नामित लिंक अधिकारी को इसकी पूर्व सूचना देनी होगी, ताकि विभाग का कार्य प्रभावित न हो।

  • उप-निर्वाचन आयुक्त ने की एसआईआर की तैयारियों व प्रबंधों की समीक्षा

    उप-निर्वाचन आयुक्त ने की एसआईआर की तैयारियों व प्रबंधों की समीक्षा

    चंडीगढ़ : हरियाणा में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर)-2026 की तैयारियों एवं प्रगति की समीक्षा के लिए सोमवार को चंडीगढ़ में उप निर्वाचन आयुक्त संजय कुमार की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में विशेष गहन पुनरीक्षण-2026 के तहत किए जा रहे विभिन्न प्रबंधों, कार्य योजनाओं तथा निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार संचालित गतिविधियों की विस्तृत समीक्षा की गई।

    हरियाणा के मुख्य निर्वाचन अधिकारी  ए निवास ने बताया कि उप निर्वाचन आयुक्त ने मतदाता सूची की शुद्धता, पारदर्शिता एवं समावेशिता सुनिश्चित करने पर विशेष बल देते हुए सभी अधिकारियों को भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों का पूर्णतः पालन करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पात्र नागरिकों के नाम मतदाता सूची में शामिल किए जाएं तथा मृत, स्थानांतरित एवं अपात्र मतदाताओं के नाम नियमानुसार हटाने की प्रक्रिया पूरी निष्पक्षता एवं सावधानी के साथ संपन्न की जाए।

    बैठक के दौरान बूथ स्तर पर चल रहे सत्यापन कार्यों की भी समीक्षा की गई। उप निर्वाचन आयुक्त ने बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) को घर-घर जाकर सत्यापन अभियान को प्रभावी एवं व्यवस्थित तरीके से संचालित करने के निर्देश दिए ताकि मतदाता सूची का पुनरीक्षण अधिक सटीक और विश्वसनीय बन सके। उन्होंने राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ नियमित संवाद एवं समन्वय बनाए रखने की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि पुनरीक्षण प्रक्रिया में सभी हितधारकों की सक्रिय भागीदारी लोकतांत्रिक व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाती है।

    बैठक में मतदाता जागरूकता कार्यक्रमों, दावों एवं आपत्तियों के समयबद्ध निपटान तथा तकनीकी एवं प्रशासनिक तैयारियों पर भी विस्तार से चर्चा की गई। उप निर्वाचन आयुक्त ने बताया कि जिन मतदाताओं की मैपिंग अभी तक नहीं हुई है, उन्हें नोटिस जारी किए जाएंगे। ऐसे मामलों में निर्वाचन पंजीकरण अधिकारियों के कार्यालयों के बाहर भीड़ की संभावना को देखते हुए मतदाताओं को संबंधित बूथ लेवल अधिकारी के माध्यम से आवश्यक डेटा मैपिंग करवाने की सलाह दी गई है। उप निर्वाचन आयुक्त ने सभी अधिकारियों को विशेष गहन पुनरीक्षण-2026 के कार्य को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए निर्धारित समयसीमा के भीतर सफलतापूर्वक पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची की शुद्धता लोकतांत्रिक प्रक्रिया की आधारशिला है और इसके लिए सभी स्तरों पर गंभीरता, पारदर्शिता एवं उत्तरदायित्व सुनिश्चित किया जाना चाहिए।

  • ग्रामीण क्षेत्रों में भी शहरों की तर्ज पर करवाए जा रहे हैं विकास कार्य – डिप्टी स्पीकर

    ग्रामीण क्षेत्रों में भी शहरों की तर्ज पर करवाए जा रहे हैं विकास कार्य – डिप्टी स्पीकर

    चण्डीगढ़ : हरियाणा विधानसभा के डिप्टी स्पीकर डॉ. कृष्ण लाल मिड्ढा ने कहा कि वर्तमान राज्य सरकार के कार्यकाल में जींद में विकास कार्यों को अभूतपूर्व गति मिली है। जिले में शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में समान रूप से विकास परियोजनाएं संचालित की जा रही हैं, जिससे आमजन को बेहतर मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध हो रही हैं। उन्होंने कहा कि सरकार विकास के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध है और विकास कार्यों के लिए धन की कोई कमी नहीं आने दी जाएगी। डॉ. मिड्ढा आज जींद में आयोजित जनता दरबार में क्षेत्र के लोगों की समस्याएं सुन रहे थे। इस दौरान उन्होंने विभिन्न गांवों और शहर से आए नागरिकों की शिकायतों एवं मांगों को गंभीरता से सुना तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। कई समस्याओं का समाधान मौके पर ही कर दिया गया, जबकि शेष मामलों के त्वरित निपटान के लिए अधिकारियों को समयबद्ध कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।

    उन्होंने कहा कि हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में प्रदेश सरकार अंत्योदय की भावना के साथ कार्य कर रही है। सरकार का लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम पायदान पर खड़े पात्र व्यक्ति तक पहुंचे। इसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए विभिन्न योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन किया जा रहा है। डिप्टी स्पीकर ने कहा कि प्रदेश सरकार ने शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, सड़क, बिजली, सिंचाई तथा अन्य आधारभूत सुविधाओं के क्षेत्र में अनेक विकास कार्य करवाए हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में भी शहरों की तर्ज पर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। गांवों में सड़क निर्माण, गलियों का सुदृढ़ीकरण, जल निकासी व्यवस्था, सामुदायिक भवनों तथा अन्य जनहित से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा कराया जा रहा है।

  • मुख्यमंत्री ने राहत केंद्रित से प्रतिरोध केंद्रित प्रशासन अपनाने पर दिया बल

    मुख्यमंत्री ने राहत केंद्रित से प्रतिरोध केंद्रित प्रशासन अपनाने पर दिया बल

    शिमला : प्राकृतिक आपदाओं की बढ़ती घटनाओं और इनसे उत्पन्न गंभीर खतरों को ध्यान में रखते हुए जन सुरक्षा एवं प्रभावी आपदा प्रबंधन सुनिश्चित करने के लिए राज्य सरकार सक्षम व प्रतिरोधी अधोसरंचना के निर्माण की दिशा में कार्य कर रही है। इस क्रम में सरकार ने 2,688 करोड़ रुपये की ‘‘हिमाचल प्रदेश रेजिलिएंट एक्शन फॉर डेवलपमेंट एंड डिजास्टर रिकवरी’’ (एचपी-रेडी) परियोजना शुरू की है, इसका उद्देश्य प्रदेशभर में आपदा-प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाना है। यह परियोजना जनवरी 2026 से नवंबर 2030 तक लागू की जाएगी और इसमें आपदा से निपटने की तैयारी, आपदा न्यूनीकरण तथा पुनर्वास तंत्र को मजबूत करने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। ग्लोबल वार्मिंग के कारण उत्पन्न परिस्थितियों से पहाड़ी राज्य हिमाचल प्रदेश सर्वाधिक प्रभावित है और प्रदेश प्राकृतिक आपदाओं के प्रति अत्यंत संवेदनशील है। पिछले तीन वर्षों में राज्य में 66 से अधिक बादल फटने की घटनाएं, 234 भूस्खलन और 121 फ्लैश फ्लड की घटनाएं दर्ज की गई हैं। इन आपदाओं से बड़ी संख्या में जन हानि हुई है तथा सार्वजनिक अवसंरचना और निजी संपत्ति को करोड़ों रुपये का नुकसान हुआ है। इसके अतिरिक्त आपदा के कारण सामान्य जनजीवन पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है।

    एचपी-रेडी परियोजना के तहत आपदा प्रभावित सार्वजनिक अधोसंरचना जैसे परिवहन नेटवर्क, पेयजल योजनाएं, स्वच्छता प्रणालियां तथा विद्युत अवसंरचना इत्यादि को पुनर्स्थापित और सुदृढ़ किया जाएगा। परियोजना का उद्देश्य आजीविका और रोजगार के अवसरों को सृजित करना तथा आपदा जोखिम वित्तपोषण और इंश्योरेंस के लिए एक व्यापक प्रणाली विकसित करना है। इसके अतिरिक्त, आपदा प्रबंधन के दृष्टिगत संस्थागत क्षमता निर्माण और मजबूत वित्तीय तंत्र को विकसित करने पर भी बल दिया जाएगा। परियोजना के अंतर्गत प्रारंभिक चेतावनी प्रणालियों को मजबूत करने, आपदा-रोधी अवसंरचना के निर्माण एवं प्रोत्साहन, वैज्ञानिक भू-उपयोग योजना अपनाने तथा तकनीक, पारंपरिक ज्ञान और विभिन्न विभागों के समन्वय के माध्यम से सामुदायिक तैयारी को बेहतर बनाने पर विशेष बल दिया जाएगा।

    सरकार पंचायती राज संस्थाओं, महिला मंडलों, युवक मंडलों तथा स्कूली बच्चों के लिए विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम भी शुरू करेगी ताकि जमीनी स्तर पर आपदा तैयारी की संस्कृति विकसित की जा सके। यह पहल न केवल इन कार्यों में सामुदायिक भागीदारी सुनिश्चित करेगी, बल्कि प्राकृतिक आपदाओं के दौरान होने वाले नुकसान को भी कम करने में मदद करेगी। परियोजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए एक समर्पित परियोजना प्रबंधन इकाई गठित की जाएगी तथा नियमित निगरानी और मूल्यांकन की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाएगी। मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने कहा कि हिमाचल प्रदेश पारिस्थितिक दृष्टि से अत्यंत संवेदनशील राज्य है। पिछले तीन वर्षों में आई प्राकृतिक आपदाओं ने हमें राहत केंद्रित शासन से प्रतिरोधी केंद्रित प्रशासन की ओर बढ़ने के लिए प्रेरित किया है। जन सुरक्षा, आजीविका और विकास संबंधी परिसंपत्तियों की सुरक्षा के लिए एचपी-रेडी एक विस्तृत कार्य योजना है। उन्होंने कहा कि यह परियोजना इंगित कर रही है कि प्रतिरोधी कार्य योजना से सतत् विकास के लक्ष्य को हासिल किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि इस पहल के तहत संवेदनशील जिलों और समुदायों को प्राथमिकता दी जाएगी तथा जमीनी स्तर पर आपदा प्रबंधन क्षमता को मजबूत किया जाएगा ताकि हिमाचल प्रदेश की विकास यात्रा जलवायु परिवर्तन से उत्पन्न चुनौतियों से सुरक्षित रह सके।

     

  • Punjab-Himachal बॉर्डर पर एंट्री टैक्स को लेकर किया प्रदर्शन, लगा लंबा जाम, देखें वीडियो

    Punjab-Himachal बॉर्डर पर एंट्री टैक्स को लेकर किया प्रदर्शन, लगा लंबा जाम, देखें वीडियो

    हिमाचल प्रदेश में एक बार फिर से बॉर्डर पर एंट्री टैक्स को लेकर बवाल देखने को मिला है। जहां, जन चेतना मंच रोपड़ की और से हिमाचल टोल टैक्स एन्ट्री के खिलाफ आज धरना प्रदर्शन किया गया। इस दौरान हिमाचल से पंजाब दाखिल होने वाले वाहनों की आवाजाही रूक गई। जिससे लंबा जाम लग गया। पुलिस ने ट्रैफिक रुट चेंज कर वाहनों को किसी तरह से निकाला।

    इस दौरान मीडिया से रूबरू होते हुए जन चेतना मंच रोपड़ के आगू ने कहा की हिमाचल सरकार द्वारा जो टोल टैक्स बसूला जा रहा है वह बिलकुल गलत है। पंजाब-हिरयाणा और दिल्ली से आने वाले वाहनों से टोल टैक्स वसूला जा रहा है जिसका वह विरोध करते है। उन्होंने कहा की इस मामले को हमने सरकार के समक्ष रखा था लेकिन दोनों ही सरकारे इस मामले पर गंभीर नहीं है।

    सरकार इस मामले पर कोई ठोस कदम नहीं उठा रही है जिसके चलते वह आज अलग-अलग जगह पर टोल टैक्स के खिलाफ प्रदर्शन कर अपनी आवाज़ बुलंद कर रहे है।

     

     

  • Haryana News: 3 किलो हैरोइन व लाखों की ड्रग्स मनी मामले में 3 और गिरफ्तार, देखें वीडियो

    Haryana News: 3 किलो हैरोइन व लाखों की ड्रग्स मनी मामले में 3 और गिरफ्तार, देखें वीडियो

    पंचकूलाः पंचकूला पुलिस की क्राइम ब्रांच सेक्टर-26 ने अंतरराज्यीय हेरोइन तस्करी नेटवर्क के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए फाजिल्का जिले के रहने वाले तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों की पहचान महिन्द्र सिंह उर्फ मिन्दी,  जसविन्द्र सिंह उर्फ छिन्दी तथा राकेश उर्फ अरमान उर्फ रमेश के रुप में हुई है। इन तीनों को 3 किलो 89 ग्राम हेरोइन और भारी मात्रा में ड्रग्स मनी बरामदगी से जुड़े एनडीपीएस एक्ट के मामले में गिरफ्तार किया गया है। इस मामले में अब तक कुल 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।

    एसीपी क्राइम अरविंद कंबोज के अनुसार 5 अप्रैल 2026 को क्राइम ब्रांच सेक्टर-26 की टीम ने इन्चार्ज इंस्पेक्टर दलीप सिंह के नेतृत्व में गुप्त सूचना के आधार पर सेक्टर-20 पंचकूला स्थित श्मशान घाट के समीप लवजोत सिंह उर्फ लव निवासी जलालाबाद, जिला फाजिल्का (पंजाब) को गिरफ्तार किया था। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से 6 पैकेटों में कुल 3 किलो 89 ग्राम हेरोइन, दो मोबाइल फोन तथा 14 लाख रुपये की ड्रग्स मनी बरामद हुई थी। बाद में आरोपी के खुलासे पर चंडीगढ़ स्थित उसके किराये के मकान से हेरोइन बिक्री से कमाए गए एक लाख रुपये अतिरिक्त बरामद किए गए थे।

    गहन पूछताछ और तकनीकी जांच के दौरान पुलिस को हेरोइन सप्लाई चेन से जुड़े अन्य आरोपियों के बारे में महत्वपूर्ण सुराग मिले। इसी दौरान 13 अप्रैल 2026 को अशोक कुमार उर्फ शोकु को गिरफ्तार किया गया था। आगे की जांच में गिरफ्तार आरोपियों के खुलासों के आधार पर पंजाब में सक्रिय हेरोइन सप्लायर नेटवर्क का खुलासा हुआ।

    पुलिस ने 23 मई 2026 को गुप्त सूचना के आधार पर अमृतसर-जालंधर रोड के निकट ब्यास क्षेत्र में दबिश देकर महिन्द्र सिंह उर्फ मिन्दी, जसविन्द्र सिंह उर्फ छिन्दी तथा राकेश उर्फ अरमान उर्फ रमेश को गिरफ्तार किया। आरोपियों से पूछताछ के बाद उन्हें अदालत में पेश कर 8 दिन का पुलिस रिमांड प्राप्त किया गया। रिमांड अवधि के दौरान आरोपियों से पूछताछ की गई।

    मामले की जांच लगातार जारी है तथा तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य व्यक्तियों की भूमिका की भी गहनता से जांच की जा रही है। आज तीनों आरोपियों का पुलिस रिमांड समाप्त होने पर अदालत में पेश कर न्यायिक हिरासत भेज दिया गया है।

  • भारत विकास परिषद् शाखा बददी की प्रथम बैठक संपन्न, सदस्यता अभियान चलाने का निर्णय

    भारत विकास परिषद् शाखा बददी की प्रथम बैठक संपन्न, सदस्यता अभियान चलाने का निर्णय

    बददी : भारत विकास परिषद् शाखा बददी की नवनिर्वाचित कार्यकारिणी की प्रथम बैठक अमरावती सोसाइटी के क्लब हाउस में शाखा अध्यक्ष देव व्रत यादव की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक में संगठन को और अधिक सशक्त बनाने तथा आगामी वर्ष की गतिविधियों को लेकर महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। शाखा अध्यक्ष देव व्रत यादव ने बताया कि बैठक में भारत विकास परिषद् प्रांत-1 हिमाचल प्रदेश के महासचिव दीप कुमार आर्य विशेष रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने नवनिर्वाचित कार्यकारिणी के सदस्यों का पुष्पमालाओं से स्वागत किया तथा परिषद् के उद्देश्यों, सामाजिक दायित्वों और वर्षभर आयोजित किए जाने वाले प्रमुख कार्यक्रमों की विस्तृत जानकारी दी। बैठक के दौरान सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि परिषद् का सदस्यता अभियान तत्काल प्रभाव से शुरू किया जाएगा, ताकि अधिक से अधिक लोगों को संगठन से जोड़ा जा सके। इसके साथ ही वर्षभर आयोजित होने वाले प्रमुख कार्यक्रमों की रूपरेखा तैयार करने तथा प्रत्येक माह कार्यकारिणी की नियमित बैठक आयोजित करने का भी निर्णय लिया गया। बैठक में प्रांत संपर्क प्रमुख नीरज गुप्ता, शाखा सचिव सौरभ श्रीवास्तव, मुख्य सलाहकार सी.डी. मिश्रा, शाखा संपर्क प्रमुख दीपक ठाकुर, सुधीर सुमन तथा अजेंद्र प्रताप सिंह सहित अन्य पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित रहे। बैठक का समापन समाज सेवा, संगठन विस्तार एवं राष्ट्र निर्माण के उद्देश्यों को लेकर सामूहिक संकल्प के साथ हुआ।