Blog

  • Punjab News: इस इलाके में 3 भ्रूण मिलने से मचा हड़कंप

    Punjab News: इस इलाके में 3 भ्रूण मिलने से मचा हड़कंप

    श्री मुक्तसर साहिबः मुक्तसर की रुपाणा माइनर में 3 भ्रूण मिलने से इलाके में हड़कंप मच गया। मिली जानकारी के अनुसार मुक्तसर के बठिंडा रोड पर गांव खिड़कियांवाला के पास जाने वाली रोड के पास रुपाणा माइनर (रजबाहे) में 3 भ्रूण मिले हैं। इस घटना की सूचना लोगों द्वारा पुलिस और सेहत विभाग की टीम को दी गई। वहीं माइनर में भ्रूण होने की सूचना मिलने पर पुलिस और सेहत विभाग के अधिकारी भी मौके पर पहुंचे। भ्रूण नर है या मादा, ये अभी जांच का विषय है और यह कब से यहां पड़े हैं, ये भी पता नहीं चल पाया है। प्रारंभिक तौर पर ये भ्रूण करीब डेढ़ से दो माह के बताए जा रहे हैं।

    शनिदेव सेवा सोसायटी के सेवादार ने बताया कि उन्हें पुलिस का फोन आया था कि रजबाहे में भ्रूण मिले हैं तो वे तुरंत पहुंच गए और भ्रूणों को पुलिस की मौजूदगी में कब्जे में लेकर सिविल अस्पताल की मोर्चरी में रखवा दिया गया है। रजबाहे में पानी न होने से ये भ्रूण नजर आए। मौके पर जांच के लिए पहुंचे सब इंस्पेक्टर सुखपाल सिंह ने बताया कि उन्हें सूचना मिली थी कि रजबाहे में 3 भ्रूण हैं तो वे तुरंत टीम सहित पहुंचे और संस्था की मदद से भ्रूणों को सिविल अस्पताल रखवा दिया गया है।

    स्वास्थ्य विभाग मामले की जांच कर रहा है। सिविल अस्पताल मुक्तसर के एसएमओ डॉ. राजीव सचदेवा ने बताया कि तीनों भ्रूणों को मोर्चरी में सुरक्षित रखवा दिया गया है। पोस्टमार्टम के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि भ्रूण नर हैं या मादा और गर्भपात किन परिस्थितियों में किया गया। रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। शहर में इस तरह 3 भ्रूण मिलने से सेहत विभाग और विभिन्न अस्पतालों में लिंग निर्धारित टैस्ट न करने संबंधी दावों पर सवालिया निशान खड़ा हो गया है।

     

  • Punjab News: शादी समारोह में लाइटें लगाते झुलसा नौजवान

    Punjab News: शादी समारोह में लाइटें लगाते झुलसा नौजवान

    मोगाः जिले के बेदी नगर की गली नंबर 2 में शादी समारोह में हादसा हो गया। जहां विवाह समारोह के लिए लाइटें लगाते समय शॉर्ट सर्किट के कारण युवक गंभीर रूप से झुलस गया। बताया गया है कि वहीं से ये हाई टेंशन तार सीधे गंगानगर जाती हैं और 1.32000 मेगावाट बिजली एक सेकंड में इनमें से गुजरती है तथा यह बिजली किसी व्यक्ति को 5-6 फुट की दूरी से भी आकर्षित कर सकती है। गनीमत यह रही कि कोई जानमाल का बड़ा नुकसान नहीं हुआ। शॉर्ट सर्किट से पूरी तरह झुलसे हुए व्यक्ति की स्थिति गंभीर देख कर उसे मोगा से रेफर कर दिया गया।

  • Jalandhar News: किसानों ने किया इस दिन हाईवे जाम करने का ऐलान, देखें वीडियो

    Jalandhar News: किसानों ने किया इस दिन हाईवे जाम करने का ऐलान, देखें वीडियो

    जालंधर, ENS: बीकेयू एकता सिद्धूपुर और समूह नगर पंचायतों द्वारा 30 जनवरी को हाईवे जाम करने का ऐलान किया गया था, लेकिन अब किसानों ने इस तारीख में बदलाव किया है। दरअसल, किसान नेताओं ने आज प्रेस वार्ता के दौरान बताया कि श्री गुरु रविदास महाराज जी के जन्म दिवस संबंधी निकाली जाने वाली शोभा यात्रा और धार्मिक कार्यक्रमों को ध्यान में रखते हुए 30 जनवरी को हाईवे जाम करने के ऐलान के प्रोग्राम को रोक दिया गया है। ऐसे मे अब 30 जनवरी की जगह वह 2 फरवरी को दिल्ली अमृतसर हाईवे जाम किया जाएगा।

    मामले की जानकारी देते हुए भारतीय किसान यूनियन एकता सिद्धूपुर के जिला प्रमुख कुलविंदर सिंह ने बताया कि बायोगैस सीएनजी गैस प्लांट को बंद करवाने को लेकर प्रदर्शन किया जाएगा। इस संबंध में किसानों द्वारा पहले 30 जनवरी को अमृतसर दिल्ली हाईवे मैकडोनाल्ड रोड जाम करने का ऐलान किया था। लेकिन श्री गुरु रविदास जयंती को लेकर 30 जनवरी के प्रोग्राम को स्थगित करके 2 फरवरी को हाईवे जाम करने का ऐलान किया गया है। इस दौरान 11 जिलों के नेता और जत्थेबंदियां हाईवे जाम करने में हिस्सा लेंगी।

    कुलविंदर सिंह ने बताया कि उन्हें जानकारी में आया है कि 29 जनवरी से लेकर 1 फरवरी तक श्री रविदास महाराज जी का जन्म दिवस संबंधी बड़े धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसलिए वे धार्मिक कार्यक्रमों को मद्देनजर रखकर और सान्झ को और मजबूत करने के लिए बीकेयू एकता सिद्धूपुर और पर्यावरण प्रेमियों की ओर से जो 30 जनवरी को दिल्ली अमृतसर हाईवे पर रोड जाम किया जाना था, लेकिन अब अब 2 फरवरी 2026 को रोड जाम किया जाएगा। कुलविंदर सिंह ने कहा कि हम सभी लोग गुरु नानक देव जी के बताए रास्तों पर चलने वाले लोग हैं। इसलिए हमारे सभी भाईचारे के लिए सबसे पहले हमारी पारिवारिक साझ महत्वपूर्ण है।

  • जनता की आवाज से बनेगा आगामी बजट, हिमाचल सरकार का अहम फैसला

    जनता की आवाज से बनेगा आगामी बजट, हिमाचल सरकार का अहम फैसला

    शिमला: वित्त विभाग के एक प्रवक्ता ने आज यहां बताया कि वर्ष 2026-27 के लिए राज्य का बजट तैयार करने की प्रक्रिया आरम्भ हो गई है। उन्होंने कहा कि जन केन्द्रित, सहभागितापूर्ण और समाज में विभिन्न हितधारकों के विचारों को प्रतिबिंबित करने वाला बजट तैयार करने के लिए आम जनता, उद्योग, व्यापार और किसान संघों से वर्ष 2026-27 बजट के लिए सुझाव आमंत्रित हैं। सुझाव प्राप्त करने के लिए वित्त विभाग की वैबसाइट पर एक वैबपोर्टल आरम्भ किया गया है।

    राज्य सरकार ने आम जनता, उद्योग, ट्रेड और किसान संघों, अन्य हितधारकों और संस्थानों से अपने बहुमूल्य सुझाव देने का आग्रह किया है। ये सुझाव किसी भी मुद्दे, जिसमें संसाधन बढ़ाने, व्यय नियंत्रण शामिल हों और वार्षिक बजट वर्ष 2026-27 के अन्य बजटीय मुद्दों पर दिए जा सकते हैं।

    नए हस्तक्षेप अथवा योजनाएं जिनसे आम जनता को सेवाएं प्रदान करने में सुधार हो या गरीब लोग लाभान्वित हों, ऐसी गतिविधियां जिससे आम जनता के जीवन की गुणवत्ता में सुधार हो तथा स्वरोजगार व रोजगार के लिए नई योजनाओं एवं कार्यक्रमों के दृष्टिगत भी सुझाव दिए जा सकते हैं।

  • जिला लोक संपर्क एवं परिवेदना समिति की बैठक में उठे अहम मुद्दे

    जिला लोक संपर्क एवं परिवेदना समिति की बैठक में उठे अहम मुद्दे

    चंडीगढ़: हरियाणा के कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री श्याम सिंह राणा ने कहा कि प्रदेश सरकार ने जनता की भलाई के लिए अनेक जनकल्याणकारी योजनाएं चलाई हुई है। आगामी बजट को लेकर स्वयं मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी गंभीर है। लोगों के हित को ध्यान में रखते हुए बजट पेश किया जाएगा। किसानों के लिए भी बजट में बेहतरीन योजनाएं लाएंगे। उन्होंने कहा कि सरकार ने जैविक एवं ऑर्गेनिक खेती का 20% तक लक्ष्य निर्धारित कर रखा है।

    राणा आज चरखी दादरी में जिला लोक संपर्क एवं परिवेदना समिति की बैठक की अध्यक्षता करने के बाद पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। कृषि मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के कुशल नेतृत्व में जन शिकायतों के त्वरित, पारदर्शी और गुणवत्तापूर्ण निवारण के लिए हमारी सरकार पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि परिवेदना समिति की मासिक बैठकें शासन और नागरिकों के बीच सीधा संवाद स्थापित करने का सशक्त मंच हैं, जहां आमजन अपनी समस्याएं सीधे प्रशासन के समक्ष रख सकते हैं। परिवादी की समस्या का समाधान करना हमारी प्राथमिकता है। सरकार जनकल्याण के लिए है और सरकार जनता की सुविधा के लिए कार्य कर रही है।

    इस बैठक में कुल 12 शिकायतें सुनवाई के लिए रखी गई, जिनमें से 10 मामलों का मौके पर ही समाधान कर दिया गया, जबकि शेष दो परिवादों को आगामी सुनवाई हेतु लंबित रखा गया। इन शिकायतों के अतिरिक्त अन्य मौजूद नागरिकों की समस्याओं को भी सुना गया और अधिकारियों दिशा-निर्देश दिए गए।

    उन्होंने अधिकारियों को साफ निर्देश दिए कि शिकायतों की जांच प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता बरती जाए तथा शिकायतकर्ता को हर चरण में शामिल रखा जाए, ताकि समाधान प्रभावी एवं संतोषजनक हो।

     

  • Punjab News: शनिवार को स्कूल और कॉलेजों में छुट्टी को लेकर हुए आदेश जारी

    Punjab News: शनिवार को स्कूल और कॉलेजों में छुट्टी को लेकर हुए आदेश जारी

    नवांशहर: जिले में शहीद भगत सिंह नगर के विभिन्न स्थानों पर 31 जनवरी (शनिवार) को निकाली जाने वाली शोभायात्रा स्कूलों और कॉलेजों में आधे दिन की छुट्टी घोषित की गई है। ऐसे में जिला मजिस्ट्रेट गुलप्रीत सिंह औलख द्वारा जारी आदेशों के अनुसार आम लोगों की धार्मिक भावनाओं तथा स्कूलों, कॉलेजों के अध्यापकों और विद्यार्थियों की सुविधा एवं सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए श्री गुरु रविदास महाराज जी के प्रकाश उत्सव के अवसर पर यह निर्णय लिया गया है। जिला मजिस्ट्रेट ने जिला शिक्षा अधिकारी (सेकेंडरी और एलिमेंटरी) को आदेशों को तुरंत लागू करवाने की जिम्मेदारी सौंपी है।

    आदेश में जिला मजिस्ट्रेट ने स्पष्ट किया है कि श्री गुरु रविदास मंदिर प्रबंधक कमेटी (रजि.), नवांशहर द्वारा दी गई अर्जी में बताया गया था कि 31 जनवरी 2026 और 1 फरवरी 2026 को श्री गुरु रविदास जी महाराज का 649वां प्रकाश पर्व श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। इस अवसर पर 31 जनवरी 2026 को जिले के विभिन्न गांवों में विशाल शोभायात्रा निकाली जाएगी, जिसमें स्कूल और कॉलेज के विद्यार्थी भी भाग लेंगे। इसी को ध्यान में रखते हुए 31 जनवरी 2026 (शनिवार) को दोपहर बाद जिले के सभी सरकारी और अर्ध-सरकारी स्कूलों, कॉलेजों और शैक्षणिक संस्थानों में आधे दिन की छुट्टी घोषित की गई है।

  • देश भगत यूनिवर्सिटी (नैक ग्रेड ए+ ) और डीबीयू अमेरिकास ने ऐतिहासिक पहल के माध्यम से वैश्विक और राष्ट्रीय शैक्षणिक अवसरों को किया मजबूत    

    देश भगत यूनिवर्सिटी (नैक ग्रेड ए+ ) और डीबीयू अमेरिकास ने ऐतिहासिक पहल के माध्यम से वैश्विक और राष्ट्रीय शैक्षणिक अवसरों को किया मजबूत    

    ऊना/सुशील पंडित: देश भगत यूनिवर्सिटी (नैक ग्रेड ए+) ने उत्तरी अमेरिकी महाद्वीप में स्थित सेंट विंसेंट और ग्रेनेडाइंस में दूसरा कैंपस देश भगत यूनिवर्सिटी अमेरिकास स्कूल ऑफ मेडिसिन  (एनएबी एक्रेडिटेशन ) स्थापित कर अपनी पहुंच का विस्तार किया है। यह नया कैंपस छात्रों को मेडिकल डिग्री (एमबीबीएस प्रोग्राम) हासिल करने का अवसर प्रदान करता है, जो चिकित्सा के क्षेत्र में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने के लिए यूनिवर्सिटी की प्रतिबद्धता को आगे बढ़ाता है।

    आज यहां पत्रकारों से बातचीत के दौरान देश भगत यूनिवर्सिटी के प्रेसिडेंट डॉ. संदीप सिंह ने कहा कि उत्तर भारत के अग्रणी संस्थानों में से एक, पंजाब स्थित देश भगत यूनिवर्सिटी (डीबीयू) ने छात्रों के लिए शैक्षणिक और वैश्विक अवसरों का विस्तार करने के उद्देश्य से दो प्रमुख शैक्षिक पहलों की घोषणा की है। इन पहलों में डीबीयू अमेरिका स्कूल ऑफ मेडिसिन के वर्तमान बैच के लिए चल रहे प्रवेश शामिल हैं, जो एमबीबीएस के समकक्ष एक विश्व स्तर पर मान्यता प्राप्त एमडी प्रोग्राम प्रदान करता है, और देश भगत प्रवेश एवं छात्रवृत्ति परीक्षा (डीबीईएसटी) का शुभारंभ, जो एक एकीकृत राष्ट्रीय स्तर की डिजिटल परीक्षा है और सात व्यावसायिक क्षेत्रों में प्रवेश और छात्रवृत्ति के लिए एकल प्रवेश द्वार के रूप में कार्य करती है।

    उन्होंने कहा कि देश भगत यूनिवर्सिटी अमेरिकास स्कूल ऑफ मेडिसिन को संबंधित अर्थाटीज द्वारा मान्यता प्राप्त है, यह सुनिश्चित करता है कि प्रदान की गई शिक्षा कुछ गुणवत्ता मानकों को पूरा करती है, जो भविष्य में लाइसेंस और अभ्यास के लिए आवश्यक है।एक व्यापक पाठ्यक्रम और अनुभवी फैकल्टी गुणवत्तापूर्ण चिकित्सक शिक्षा चाहने वाले छात्रों को आकर्षित करते हैं। देश भगत यूनिवर्सिटी अमेरिकास अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप पाठ्यक्रम प्रदान करता है, जो छात्रों को यूएसएमएलई जैसी परीक्षाओं के लिए तैयार करता है। कुछ अन्य देशों के मेडिकल स्कूलों की तुलना में, डीबीयूए अधिक किफायती ट्यूशन दरें प्रदान करता है, जिससे चिकित्सा शिक्षा व्यापक श्रेणी के लिए सुलभ हो जाती है।

    इस अवसर पर बोलते हुए देश भगत यूनिवर्सिटी के वाईस चांसलर डॉ. हर्ष सदावर्ती ने कहा कि अत्याधुनिक बुनियादी ढाँचा, आधुनिक प्रयोगशालाएँ और अच्छी तरह से सुसज्जित कक्षाएँ अनुकूल शिक्षण वातावरण की तलाश करने वाले छात्रों के लिए महत्वपूर्ण आकर्षण हैं। देश भगत यूनिवर्सिटी अमेरिकास यूएसएमएलई परीक्षाओं की तैयारी के लिए समर्पित सहायता और संसाधन प्रदान करता है; यह संयुक्त राज्य अमेरिका में चिकित्सा का अभ्यास करने के इच्छुक छात्रों के लिए एक महत्वपूर्ण लाभ हो सकता है। डीबीयूए से स्नातक करने वालों के पास अच्छे करियर की संभावनाएँ हो सकती हैं, चाहे वे सेंटविंसेंट और ग्रेनेडाइंस, अमेरिका या अन्य अंतरराष्ट्रीय स्थानों में अभ्यास करना चुनते हैं।

    देश भगत यूनिवर्सिटी अमेरिकास स्कूल ऑफ मेडिसिन के संचालन निदेशक इंज. अरुण मलिक ने सम्मेलन के दौरान मीडिया कर्मियों के साथ अपने अनुभव सांझा किए। उन्होंने कहा कि देश भगत यूनिवर्सिटी अमेरिकास स्कूल ऑफ मेडिसिन के माध्यम से सक्षम स्वास्थ्य सेवा पेशेवरों का निर्माण कर एक मजबूत राष्ट्र का निर्माण करना उनका लक्ष्य है। उनका लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि स्नातक न केवल अपने चिकित्सा करियर में उत्कृष्टता प्राप्त करें बल्कि वैश्विक स्वास्थ्य सेवा में भी महत्वपूर्ण योगदान दें।

    उन्होंने देश भगत यूनिवर्सिटी अमेरिकास स्कूल ऑफ मेडिसिन में दाखिला लेने के महत्व पर चर्चा की और इस बात पर जोर दिया कि संस्थान की व्यापक चिकित्सा शिक्षा छात्रों के करियर को किस तरह से महत्वपूर्ण रूप से लाभ पहुंचा सकती है। मलिक ने कुशल स्वास्थ्य सेवा पेशेवरों को तैयार करने पर स्कूल के फोकस को प्रगट किया, जो राष्ट्र की सेवा करने के लिए अच्छी तरह से तैयार हैं।

    उन्होंने कहा कि यूनिवर्सिटी में विद्यार्थियों के लिए अत्याधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हैं। उन्होंने कहा कि देश भगत यूनिवर्सिटी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का पर्याय है। यह एक ऐसा ब्रांड नाम बनाने में कामयाब रहा है जो बेमिसाल फैकल्टी ताकत और पूर्ण बुनियादी सुविधाओं के लिए जाना जाता है।

  • Jalandhar News: वित्त मंत्री चीमा ने बेगमपुरा एक्सप्रेस को दी हरी झंडी, स्टेशन पर उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब, देखें वीडियो

    Jalandhar News: वित्त मंत्री चीमा ने बेगमपुरा एक्सप्रेस को दी हरी झंडी, स्टेशन पर उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब, देखें वीडियो

    जालंधर, ENS: श्री गुरु रविदास जी की 649वीं जयंती को लेकर आज वित्त मंत्री हरपाल चीमा, सासंद राजकुमार चब्बेवाल ने बेगमपुरा एक्सप्रेस स्पेशल ट्रेन को हरी झंडी देकर वाराणसी के लिए रवाना किया। इस दौरान स्टेशन पर भारी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। जहां स्टेशन पर श्रद्धालुओं द्वारा श्री गुरु रविदास महाराज जी के जयकारें लगाए गए और मधुर कीर्तन किया गया। वहीं संत निरंजन दास जी का आर्शीवाद लेने के लिए सासंद चरणजीत सिंह, विधायक परगट सिंह सहित अन्य नेता मौजूद रहे। वित्त मंत्री हरपाल चीमा ने श्री गुरु रविदास जयंती को लेकर पंजाबियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि आज संत निरंजन दास जी की अगुवाई में ट्रेन को रवाना किया गया। वहीं सासंद राजकुमार चब्बेवाल ने भी इस पावन अवसर पर पंजाबियों को हार्दिक बधाई दी। चब्बेवाल ने कहा कि आज स्पेशल ट्रेन संत निरंजन दास की अगुवाई में ट्रेन रवाना हुई है। हर साल की तरह हजारों श्रद्धालु ट्रेन के जरिए काशी में नतमस्तक होने के लिए रवाना हुए है।

    हर साल की तरह आज ट्रेन को रवाना किया गया। वित्त मंत्री ने कहा कि अगले साल 650वां प्रकाश पर्व मनाया जाएगा, लेकिन उससे एक पहले ही सरकार की ओर से तैयारियां शुरू कर दी गई है। इस दौरान सीएम भगवंत मान की अगुवाई में सब कमेटी का गठन किया गया और उसकी जिम्मेदारी उन्हें सौंपी गई है। इस सब कमेटी की आज मीटिंग हुई, जिसमें भारी संख्या में संत महापुरुष पहुंचे। इस दौरान पूरे साल इस सेमिनार को मनाने के बारे में विचार विर्मश किया गया। वित्त मंत्री ने कहा कि स्कूल, कॉलेज, यूनिवर्सिटी, शहर और गांव में इस पावन अवसर को मनाया जाएगा और बच्चों को गुरु के बारे में अवगत करवाया जाएगा।

    वहीं एक फरवरी को देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जालंधर दौरे को लेकर कहा कि 12 साल बाद देश के प्रधानमंत्री जालंधर दौरे पर आ रहे है और वह अपनी श्रद्धा प्रगट करने के लिए पहुंच रहे है। वहीं लगातार सरकारी इमारतों को धमकी देने के मामले में कहा कि यह अफवाहें फैलाई जा रही है, उक्त अफवाह फैलाने वाले आरोपियों के खिलाफ सख्त एक्शन लिया जाएगा। दूसरी ओर संत निरंजन दास जी को पद्म श्री अवार्ड मिलने को लेकर वित्त मंत्री ने कहा कि डेरा बल्लां के द्वारा लंबे समय से समाज को इकट्ठा करने के लिए योगदान दिया जा रहा है। ऐसे में गुरु प्रचार के साथ उनके द्वारा संगत को जोड़ा गया, इसी को लेकर संत निरंजन दास जी को पद्म श्री अवार्ड दिया जा रहा है।

  • हरियाणा को कुष्ठ रोग-मुक्त बनाने की दिशा में बड़ा कदम, स्वास्थ्य मंत्री ने की अपील

    हरियाणा को कुष्ठ रोग-मुक्त बनाने की दिशा में बड़ा कदम, स्वास्थ्य मंत्री ने की अपील

    चंडीगढ़: हरियाणा की स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने प्रदेश के लोगों से आह्वान किया कि कुष्ठ रोगियों के साथ भेदभाव खत्म करें तथा उनकी गरिमा सुनिश्चित करें। उन्होंने बताया कि “स्पर्श कुष्ठ जागरूकता अभियान” कल 30 जनवरी से शुरू होकर 13 फरवरी तक चलेगा।

    स्वास्थ्य मंत्री ने महात्मा गांधी की पुण्यतिथि 30 जनवरी के अवसर पर उनको नमन करते हुए कहा कि महात्मा गांधी को कुष्ठ रोग से प्रभावित लोगों के प्रति गहरा प्यार और करुणा थी। उनका मानना था कि कुष्ठ रोग न तो कोई अभिशाप है और न ही कोई पाप, बल्कि यह एक आम बीमारी है। इसलिए, उन्होंने व्यक्तिगत रूप से सेवाग्राम आश्रम में कुष्ठ रोगियों की सेवा की, उनके घावों की देखभाल की, और उनके साथ रहे, ताकि समाज यह समझ सके कि हमें बीमारी से लड़ना है, रोगी से नहीं।

    स्पर्श कुष्ठ जागरूकता अभियान” वर्ष 2017 से हर साल राष्ट्रीय कुष्ठ उन्मूलन कार्यक्रम के तहत आयोजित किया जा रहा है। हर साल, भारत सरकार इस अभियान के लिए एक खास थीम तय करती है। वर्ष 2026 की थीम है ‘भेदभाव खत्म करें, गरिमा सुनिश्चित करें।’

    “कुष्ठ रोग के बारे में सही जानकारी की कमी के कारण, समाज में इस बीमारी के बारे में कई गलतफहमियां अभी भी मौजूद हैं। इन गलतफहमियों को दूर करने और जागरूकता फैलाने के लिए, “स्पर्श कुष्ठ जागरूकता अभियान (SLAC)” 30 जनवरी से 13 फरवरी 2026 तक चलाया जा रहा है। इस अभियान का उद्देश्य कुष्ठ रोग से प्रभावित लोगों के प्रति सम्मानजनक व्यवहार सुनिश्चित करना और किसी भी प्रकार के भेदभाव को रोकना है।

    कुष्ठ रोग एक आम बीमारी है जो बैक्टीरिया (माइकोबैक्टीरियम) के कारण होती है, जो मुख्य रूप से त्वचा और नसों को प्रभावित करती है। यह सबसे कम संक्रामक बीमारियों में से एक है – यह आम सर्दी और खांसी से भी कम संक्रामक है।किसी भी उम्र के लोगों को प्रभावित कर सकता है, चाहे वे पुरुष हों या महिला। अगर इस बीमारी का समय पर इलाज न किया जाए, तो यह एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में फैल सकती है और विकलांगता का कारण बन सकती है। हालांकि, अगर इलाज समय पर शुरू हो जाए, तो संक्रमण के फैलने को रोका जा सकता है।

    कुष्ठ रोग से प्रभावित व्यक्ति पूरी तरह से सामान्य जीवन जी सकता है। अगर शुरुआती चरण में पता चल जाए, तो मल्टी-ड्रग थेरेपी (MDT) से कुष्ठ रोग को पूरी तरह से ठीक किया जा सकता है। यह बीमारी 6 से 12 महीने के इलाज से पूरी तरह ठीक हो जाती है। हरियाणा के सभी सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में मुफ्त इलाज उपलब्ध है। पिछले 10 सालों में, राज्य में कुष्ठ रोग से प्रभावित 4,371 लोगों ने इलाज पूरा कर लिया है और वे अपने परिवारों के साथ सामान्य जीवन जी रहे हैं। जिस तरह राज्य चेचक-मुक्त और पोलियो-मुक्त हो गया है, उसी तरह आने वाले सालों में हरियाणा को कुष्ठ रोग-मुक्त बनाने का लक्ष्य है।

    स्वास्थ्य मंत्री ने जनता से अपील की है कि वे कुष्ठ रोग से जुड़ी भ्रांतियों को दूर करें, इस बीमारी से प्रभावित लोगों के साथ भेदभाव खत्म करें, और यह सुनिश्चित करें कि उनके साथ सम्मान से पेश आया जाए। हरियाणा के स्वास्थ्य सेवा महानिदेशक डॉ. मनीष बंसल ने कहा कि स्वास्थ्य कार्यकर्ता संदिग्ध मामलों की जल्द पहचान करने के लिए घर-घर जाकर सर्वे करते हैं। त्वचा पर हल्के पीले, लाल या तांबे के रंग के धब्बे जिनमें सुन्नपन हो, वे कुष्ठ रोग के लक्षण हो सकते हैं। अगर ऐसे लक्षण दिखें, तो तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करना चाहिए। इलाज में देरी से विकलांगता हो सकती है। अगर आपको अपने आस-पास किसी में कुष्ठ रोग के लक्षण दिखें, तो उन्हें नजदीकी स्वास्थ्य सुविधा केंद्र ले जाएं। जो व्यक्ति अधिकारियों को किसी संदिग्ध मामले के बारे में सूचित करता है और बाद में उसकी पुष्टि हो जाती है, उसे ₹250 का नकद प्रोत्साहन दिया जाता है।

    वर्तमान में, हरियाणा में 338 कुष्ठ रोगी इलाज करवा रहे हैं, जिनमें से अधिकांश पड़ोसी राज्यों के हैं। सभी जिलों के सरकारी अस्पतालों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (CHC) और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों (PHC) में कुष्ठ रोग की दवाएं मुफ्त में दी जाती हैं। इसके अलावा, जरूरत के अनुसार माइक्रो सेलुलर रबर (MCR) के जूते, सहायक दवाएं, कैलिपर्स, बैसाखी और सेल्फ-केयर किट भी मुफ्त में दिए जाते हैं।

     

     

  • Punjab News: पूर्व CM के बयान के बाद AAP MLA ने घेरी कांग्रेस, किए अहम खुलासे, देखें वीडियो

    Punjab News: पूर्व CM के बयान के बाद AAP MLA ने घेरी कांग्रेस, किए अहम खुलासे, देखें वीडियो

    अमृतसरः पंजाब की पूर्व मुख्यमंत्री बीबी रजिन्दर कौर भट्ठल के हालिया बयान को लेकर राजनीति गरमा गई है। इस मामले को लेकर आम आदमी पार्टी के मुख्य प्रवक्ता और विधायक कुलदीप सिंह धालीवाल ने आज प्रेस कॉन्फ्रेंस करके कड़ा एतराज जताया। उन्होंने कहा कि भट्ठल द्वारा दिया गया बयान पंजाब के लिए बहुत ही गंभीर, सद्भावना और चिंताजनक है, जिसे दुनिया भर में बर रहे पंजाबियों को गंभीरता से लेना चाहिए। कुलदीप धालीवाल ने कहा कि बीबी भट्ठल ने अपने बयान में माना है कि जब वे मुख्यमंत्री थी तो कुछ अधिकारियों और सलाहकारों ने सलाह दी थी कि यदि पंजाब की बसों, रेलों और चौकियों में बम धमाके कराए जाएं, तो कांग्रेस की सरकार फिर से बन सकती है।

    धालीवाल ने कहा कि यह बयान साबित करता है कि कांग्रेस ने अपनी कुर्सी के लिए पंजाब के शांति- शांति को बार-बार तबाह किया। उन्होंने कहा कि 80वां और 90वां दशक के दौरान पंजाब ने जो काला दौर देखा, उसकी जड़ें इन ही साजिशों में हैं। धालीवाल ने कहा कि इस घटना के दौरान हजारों नौजवान मारे गए, हजारों परिवार उजड़ गए और आज भी कई बेगुनाह जेलों में बंद हैं। धालीवाल ने कहा कि वे खुद भी उस काले दौर के पीड़ित हैं और उनके गांव में भी कई लोगों की जान गई थी।

    उन्होंने भट्ठल से सीधा सवाल पूछा कि यदि ऐसी सलाह देने वाले अधिकारी और सलाहकार मौजूद थे, तो उनके नाम आज तक क्यों नहीं बताए गए। उन्होंने कहा कि यदि बीबी भट्ठल वास्तव में पंजाब से प्यार करती हैं और अपने आप को देश भक्त परिवार की वारस मानती हैं, तो उन्हें उन अधिकारियों के नाम सार्वजनिक करने चाहिए। धालीवाल ने कांग्रेस पर आरोप लगाते हुए कहा कि कैप्टन अमरिंदर सिंह द्वारा दिए गए हाल के बयान भी दिखाते हैं कि कैसे उस समय नौजवानों को पेश करके मार दिया गया और सच्चाई को सालों तक दबाया गया।

    उन्होंने कहा कि अब 30-35 साल बाद कांग्रेस के नेताओं को सच्चाई याद आ रही है, जो पंजाबियों के जख्मों पर नमक छिड़कने जैसा है। धालीवाल ने 2017 की विधानसभा चुनाव का हवाला देकर कहा कि जब आम आदमी पार्टी को स्पष्ट बहुमत मिलने की बात चल रही थी, उस समय मोड़ बम धमाका हुआ और उसके बाद कांग्रेस की सरकार बन गई। उन्होंने कहा कि यह सिर्फ़ सम्मान नहीं, बल्कि एक श्रृंखला है, जिसकी पूरी जांच होनी चाहिए। अंत में कुलदीप धालीवाल ने मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान से अनुरोध किया कि बीबी भट्ठल के बयान की उच्च स्तरीय और निष्पक्ष जांच कराई जाए, ताकि पंजाब के काले दौर का सच लोगों के सामने आ सके। उन्होंने पंजाबी लोगों से अपील की कि कांग्रेस की असली पहचान को पहचाना जाए और शांति से खिलवाड़ करने वाली ताकतों से सावधान रहा जाए।