Blog

  • जालंधरः डीसी ऑफिस और विधायक शीतल अंगुराल के बीच विवाद सुलझा

    जालंधरः डीसी ऑफिस और विधायक शीतल अंगुराल के बीच विवाद सुलझा

    जालंधर (वरुण)। दो दिनों से आप विधायक शीतल अंगुराल और डी.सी. स्टाफ के बीच चल रहा विवाद आज लगभग साढ़े तीन घण्टे की लंबी बैठक और कश्मकश के बीच निपट गया। अधिकारिक तौर पर इतना ही कहा गया है कि दोनो पक्षों में जो गल्तफहमी थी वे बातचीत के बाद दूर हो गई है। इस मीटिंग के बाद विधायक शीतल अंगुराल फेसबुक पर लाईव हुए। विधायक शीतल अंगुराल के साथ महिला अधिकारी भी मौजूद रही। शीतल अंगुराल ने कहा कि दो दिन पहले मैं डीसी दफ्तर में आया था, मैं आया तो किसी और काम से था, पर सोशल मीडिया पर किसी और रूप में उतार दिया गया। 

    विधायक ने कहा कि मैं प्राईवेट एजैंटों के खिलाफ आया था, जो डीसी दफ्तर के बाहर लोगों को तंग परेशान करते हैं, उनके खिलाफ आया था। मैडम बहुत ईमानदार है, लेकिन बाहर जो सिस्टम है, मैडम को नहीं पता बाहर क्या हो रहा है। शीतल अंगुराल ने कहा कि सरकारी दफ्तरों में प्राईवेट एजैंट हावी हैं। किसी भी तरीके से मैडम मुझ से बड़े हैं। मैं मैडम के साथ हूँ , सरकार मैडम के साथ हैं, मैं मैडम के खिलाफ नहीं गया और अधिकारियों पर विश्वास है।

    लेकिन एक दो लोगों के कारण सारा प्रशासन गलत नहीं होगा।जो गलती करेगा, मैं डीसी साहिब, सी.एम. साहिब के ध्यान में लाऊंगा। मैं बाहर के लोगों की लड़ाई ल़ड़ने आया हूं। मेरी किसी के साथ कोई पर्सनल बात नहीं है। मीडिया से विनती है कि सच्च लिखें, झूठ न लिखें। डीसी ऑफिस इंपलाईज़ एसोसिएशन के प्रदेश प्रधान गुरनाम सिंह विर्क ने सोमवार 25 जुलाई को की गई हड़ताल की काल वापस ले ली है। यूनियन ने कहा कि विधायक द्वारा दिए गए तर्को से यूनियन संतुष्ट है।

    बता दें कि संडे की बैठक में डीसी, यूनियन और विधायक मौजूद रहे, लेकिन एडीसी अमित सरीन वहां नहीं आए। बता दें कि शुक्रवार को एडीसी अमित सरीन भी आरोप लगने पर भड़क गए थे। आज बैठक में एडीसी सरीन मौजूद नहीं हुए।

    शुक्रवार को विधायक शीतल अंगुराल द्वारा डीसी दफ्तर में मीडिया के साथ जाने के पश्चात विवाद खड़ा हो गया था। विधायक ने डीसी दफ्तर के स्टाफ पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे। इसी बीच आर्यन एकैडमी का मामला भी उठा और इसके जवाब में एडीसी अमित सरीन द्वारा भी विधायक और प्रैस पर सवाल उठाए गए थे।

    डीसी जसप्रीत सिंह ने आज दोपहर 1.30 बजे दोनो पक्षों की बैठक बुलाई। बैठक में विधायक शीतल अंगुराल, विधायक रमन अरोड़ा तथा यूनियन के पदाधिकारी, सदस्य मौजूद रहे। बैठक लगभग 3 घण्टे तक चली। सूत्रों के मुताबिक बैठक में दोनो तरफ से अपना पक्ष रखा गया। यूनियन पदाधिकारी इस बात पर अड़िग रहे कि विधायक को अगर कोई शिकायत थी तो वे प्रशासनिक अधिकारियों को करते। लगभग 2 बजे से शुरू हुई बैठक 5.30 बजे के बाद खत्म हुई। अधिकारिक तौर पर यही कहा गया है कि दोनो पक्षों में जो गल्तफहमी थी वह दूर हो गई।

  • शैतान निकला शिक्षकः क्लास में बच्ची को दिखाता था अश्लील वीडियो, टीचर की हुई जमकर पिटाई

    शैतान निकला शिक्षकः क्लास में बच्ची को दिखाता था अश्लील वीडियो, टीचर की हुई जमकर पिटाई

    सीतामढ़ी। बिहार के सीतामढ़ी से एक शर्मनाक मामला सामने आया है, जहां एक टीचर क्लासरूम में ही सातवीं कक्षा की बच्ची को अश्लील वीडियो दिखा रहा था। चौंकाने वाली बात ये है कि कोई एक बार नहीं बल्कि पिछले 2 महीनों से लगातार आरोपी शिक्षक यह शर्मनाक हरकत कर रहा था। पीड़िता ने जब परिजनों से शिकायत की तो उन्होंने प्रिसिंपल को यह बात बताई लेकिन उन्होंने इस बात को अनसुना कर दिया। जिसके बाद गुस्साए परिजनों ने स्कूल में जाकर ही टीचर की जमकर पिटाई की और वहीं पर बंधक बना लिया। मौके पर पहुंची पुलिस ने शिक्षक को लोगों से छुड़ाया और हिरासत में ले लिया। पुलिस मामले की जांच कर रही है। 

    मिली जानकारी के अनुसार, मामला सीतामढ़ी के डुमरा प्रखंड के एक प्राइमरी स्कूल का है। जहां पिछले कुछ समय से एक मुकेश कुमार नामक शिक्षक सातवीं क्लास की बच्ची को अश्लील वीडिया क्लासरूम में ही दिखाता था। इस बात से नाराज परिजन कुछ लोगों के साथ स्कूल पहुंचे और शिक्षक की जमकर पिटाई की। साथ ही उसे बंधक बना लिया। इस दौरान वीडियो भी शूट की गई जो बाद में वायरल हो गई। 

    शिक्षक के साथ मारपीट और बंधक बनाने की सूचना मिलते ही मौते पर बीईओ पूनम कुमारी पहुंची और जांच के आदेश दिए। वहीं पुलिस भी जानकारी लगते ही स्कूल पहुंची और शिक्षक को लोगों से छुड़वाकर अपने साथ ले गई। दूसरी ओर, केस के बाद स्कूल को अस्थायी तौर पर बंद करने का आदेश दिया गया है। मामले में केस दर्ज कर पुलिस जांच में जुट गई है। अभी पुलिस कुछ भी कहने से बचती नजर आ रही है।

  • लूटपाट की वारदातों को अंजाम देने वाला एक गिरफ्तार

    लूटपाट की वारदातों को अंजाम देने वाला एक गिरफ्तार

    जालंधर (हर्ष)। थाना नकोदर की पुलिस ने लूटपाट की वारदातों को अंजाम देने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान गुरप्रीत सिंह उर्फ गोपी पुत्र गुरमेल सिंह निवासी मोहल्ला सबरामा मेहतपुर के रूप में हुई है। 

    जानकारी देते हुए थाना प्रभारी इंस्पेक्टर हरजिंदर कौर ने बताया कि गीता कुमारी पत्नी राज शेखर निवासी अर्जुन नगर नकोदर ने शिकायत दर्ज करवाई थी कि अपने पति के साथ घर जाते समय एक झपटमार उसके गले से सोने की पहनी हुई चेन को छीन कर फरार होने ही लगा था कि वहां पर मौजूद लोगों ने उसे पकड़ लिया था और मौके पर पहुंची पुलिस ने गुरप्रीत उर्फ गोपी को गिरफ्तार कर मामला दर्ज कर लिया है।

  • जालंधरः नशीले पदार्थों सहित 4 गिरफ्तार

    जालंधरः नशीले पदार्थों सहित 4 गिरफ्तार

    जालंधर (हर्ष)। थाना रामामंडी की पुलिस ने नशीले पदार्थो सहित चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है थाना प्रभारी नवदीप सिंह ने बताया कि एसआई अरुण कुमार को सूचना मिली थी कि पुलिस पार्टी ने गश्त के दौरान होशियारपुर की ओर से आ रही ऑडी गाड़ी नंबर एचआर 26 वी वी 3700 को चेकिंग के लिए रोका तो गाड़ी में सवार व्यक्तियों ने चेकिंग करवाने से गुरेज किया। तभी अरुण कुमार ने मौके पर पहुंचकर पुलिस टीम के साथ जब युवकों की तलाशी ली तो 5 ग्राम हेरोइन बरामद हुई। आरोपियों की पहचान लवप्रीत सिंह उर्फ बॉबी पुत्र रंजीत सिंह वासी गांव फुलडीवाल , रंजीत सिंह पुत्र सुखविंदर सिंह वासी मोहन विहार के तौर पर हुई है ।

    इसी तरह एएसआई जसवीर सिंह  पुलिस पार्टी के साथ तलहन रोड रेलवे लाइन पर मौजूद थे इसी दौरान दो युवक पैदल आते दिखाई दिए । जिनकी शक के आधार पर तलाशी ली तो उनसे 5 ग्राम हेरोइन और 50 ग्राम नशीला पाउडर बरामद हुआ। आरोपियों की पहचान रणबीर सिंह पुत्र बाल सिंह वासी गांव कन्नू अमृतसर, करण कुमार पुत्र नरेश कुमार वासी मंदिर वाली गली दकोहा के रूप में हुई है ।पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया है।

  • जालंधरः सेना के पूर्व कैप्टन गुरदीप सिंह लापता

    जालंधरः सेना के पूर्व कैप्टन गुरदीप सिंह लापता

    जालंधर (वरुण)। सेना के पूर्व कैप्टन गुरदीप सिंह शुक्रवार से अचानक लापता हो गए हैं। हाउस नंबर 494 अर्बन एस्टेट फेस वन निवासी पूर्व कैप्टन गुरदीप सिंह की लास्ट लोकेशन लव कुश चौक के नजदीक पाई गई थी और उसके बाद उनके बारे में कोई जानकारी नहीं मिल पाई है। कैप्टन गुरदीप सिंह के पुत्र एसपी सिंह ने बताया कि उनके पिता डिमेंशिया बीमारी से पीड़ित हैं।

  • पंजाबः एनकाऊंटर से पहले रूपा और मन्नू ने गैंगस्टर गोल्डी बराड़ को किया था फोन

    पंजाबः एनकाऊंटर से पहले रूपा और मन्नू ने गैंगस्टर गोल्डी बराड़ को किया था फोन

    अमृतसर: अमृतसर में शार्पशूटर जगरूप रूपा और मनप्रीत मन्नू के एनकाउंटर पर गैंगस्टर गोल्डी बराड़ ने अहम खुलासे किए है। गोल्डी ने कहा कि मैंने इन दोनों को सरेंडर करने को कहा था। उन्होंने कहा कि हम तुझे अपनी आखिरी परफार्मेंस दिखाकर जाएंगे। रूपा और मन्नू ने पंजाबी सिंगर सिद्धू मूसेवाला का क किया था। यह कत्ल कनाडा बैठे गैंगस्टर गोल्डी बराड़ ने ही कराया था। गोल्डी ने सोशल मीडिया पर एनकाउंटर के बारे में बयान दिया है।

    गोल्डी बराड़ ने लिखा कि थोड़े दिन पहले अमृतसर एनकाउंटर हमारे 2 भाईयों की मौत हो गई। जगरूप और मनप्रीत दोनों भाई हमारे बब्बर शेर थे। इन्होंने हमारे लिए बहुत कुछ किया। हम हमेशा इनके अहसानमंद रहेंगे। इनकी फैमिली के लिए हर वक्त हाजिर हैं। पूरी मदद करेंगे। मैं छोटे भाई गोली काजीकोट का धन्यवाद करता हूं, जिसने इन दोनों की मुझसे मुलाकात करवाई थी।

  • बेअदबी-गोलीकांड: इंसाफ मोर्चा ने सरकार को समय देने से इनकार किया; 31 जुलाई को सिखों को इकट्‌ठा होने का आह्वान

    बेअदबी-गोलीकांड: इंसाफ मोर्चा ने सरकार को समय देने से इनकार किया; 31 जुलाई को सिखों को इकट्‌ठा होने का आह्वान

    चंडीगढ़। पंजाब में आम आदमी पार्टी सरकार बेअदबी और उससे जुड़े गोलीकांड में इंसाफ न देने के मामले में घिर गई है। बहबल कलां इंसाफ मोर्चा ने सरकार को और समय देने से इनकार कर दिया है। रविवार को राज्य के मंत्री हरजोत बैंस वहां पहुंचे थे। उन्होंने इंसाफ मोर्चा से 6 महीने का और वक्त मांगा था। मोर्चा ने इससे इनकार कर दिया। अब 31 जुलाई को सिखों को एकत्र होने को कहा गया है। उसके बाद सरकार के खिलाफ अगले एक्शन का ऐलान किया जाएगा। मोर्चे का कहना है कि सरकार बने 4 महीने से ज्यादा बीत चुके हैं लेकिन अभी तक कोई बड़ी कार्रवाई नहीं हुई। पंजाब में साल 2015 में श्री गुरू ग्रंथ साहिब की बेअदबी की घटनाएं हुई। जिसके खिलाफ प्रदर्शन कर रहे सिख प्रदर्शनकारियों पर गोलियां चलाई गई। इन मामलों में अभी तक इंसाफ नहीं मिल सका है। जिसके खिलाफ सुखराज सिंह की अगुआई में इंसाफ मोर्चा चल रहा है।

    सरकार समय दे रही

    पंजाब में आम आदमी पार्टी की सरकार बनी लेकिन इंसाफ मोर्चा को इन केसों में कोई कार्रवाई होती नजर नहीं आई। जिसके बाद इंसाफ मोर्चा ने बड़े संघर्ष की तैयारी कर ली। उन्होंने सड़क जाम करने की कोशिश की। जिसके बाद AG ऑफिस की टीम वहां पहुंची और 3 महीने का समय मांगा। वह समय खत्म होने के बाद एजी की टीम फिर पहुंची तो इंसाफ मोर्चा ने 15 दिन का वक्त दिया। जो कल 23 जुलाई को खत्म हो चुका है। आज फिर सरकार के प्रतिनिधि समय लेने पहुंचे थे।

  • 2.65 किलो अफीम सहित एक गिरफ्तार

    2.65 किलो अफीम सहित एक गिरफ्तार

    जालंधर (वरुण)। कमिश्नरेट पुलिस ने नशीले पदार्थ सहित एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान कुलदीप सिंह पुत्र निर्मल सिंह निवासी गांव अठाहरा जी.बी थाना विजा नगर, जिला गंगानगर राजस्थान के रूप में हुई है। डीसीपी जसकिरण सिंह तेजा ने बताया कि एंटी नारकोटिक्स की पुलिस टीम ने नाकाबंदी के दौरान सत्यम हॉस्पिटल कपूरथला चौक के पास मौजूद थी।  

    तभी  उक्त आरोपी कंधे पर बैग उठाए पैदल आता दिखाई दिया जो पुलिस  को देखकर पीछे की ओर चलने लगा। शक के आधार पर पुलिस ने उसे काबू कर लिया और तलाशी के दौरान बैग से 2 किलो 650 अफीम बरामद हुई। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया है।

  • पंजाबः एम्बुलेंस में अफीम की स्मगलिंग, 8 किलो अफ़ीम सहित 3 गिरफ्तार….

    पंजाबः एम्बुलेंस में अफीम की स्मगलिंग, 8 किलो अफ़ीम सहित 3 गिरफ्तार….

    चंडीगढ़। पंजाब के मोहाली जिले की पुलिस ने एक एंबुलेंस से नकली मरीज और उसके साथियों को पकड़ते हुए 8 किलो अफीम बरामद की है। दप्पड़ टोल प्लाजा के पास पुलिस ने विशेष नाकाबंदी के दौरान यह एंबुलेंस और तीन आरोपी पकड़े। पुलिस ने अफीम, चंडीगढ़ नंबर की एक मारुति वैन जब्त कर ली है।

    पुलिस के मुताबिक, यह वैन 8 से 10 बार ड्रग स्मगलिंग के लिए इस्तेमाल हो चुकी थी। मामले में और भी खुलासे होने की उम्मीद है। मोहाली पुलिस के SSP विवेक शील सोनी ने बताया है कि जिला पुलिस ने नशा तस्करी और नशा तस्करों को पकड़ने के लिए एक अभियान चलाया हुआ है।

    इसी के तहत SP (इन्वेस्टिगेशन) अमनदीप सिंह बराड़ और DSP गुरशेर सिंह (इन्वेस्टिगेशन) के दिशा निर्देशों पर CIA स्टाफ, मोहाली ने अंबाला-चंडीगढ़ हाईवे पर गांव दप्पड़ के नजदीक टोल प्लाजा के पास नाकाबंदी की हुई थी। इसी दौरान एक एंबुलेंस वैन अंबाला से आ रही थी।

    इसे चैकिंग के लिए रोका गया। इसमें एक व्यक्ति मरीज की तरह स्ट्रेचर पर लेटा हुआ था। दूसरा व्यक्ति उसकी देखभाल के लिए बैठा हुआ था। एक व्यक्ति ड्राइविंग सीट पर था। एंबुलेंस में मेडिकल टीम का कोई भी सदस्य नहीं था। इसके अलावा ऑक्सीजन सिलेंडर और फर्स्ट एड किट भी नहीं थी ।

    तकिए के अंदर छिपाई थी ड्रग

    पुलिस टीम को इस सब के चलते शक हुआ और एंबुलेंस की चैकिंग की गई। मरीज बन कर लेटे व्यक्ति के सिर के नीचे रखे तकिए को चैक किया तो इसमें 8 किलो अफीम मिली। तीनों व्यक्तियों को तुरंत गिरफ्तार करके NDPS एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया। थाना लालडू में यह केस दर्ज हुआ है। पकड़े गए आरोपियों में UP के रामपुर जिले कर रहने वाला रवि श्रीवास्तव (28), नया गांव निवासी हरिंद्र शर्मा (47) तथा अंकुश (27) खुड्डा अली शेर, चंडीगढ़ निवासी शामिल हैं। रवि श्रीवास्तव मौजूदा समय में राम दरबार, चंडीगढ़ में रह रहा था।

  • घर में पिटबुल डॉगी रखने वालों के लिए जरूरी खबर, नगर निगम ने दी चेतावनी 

    घर में पिटबुल डॉगी रखने वालों के लिए जरूरी खबर, नगर निगम ने दी चेतावनी 

    वाराणसी. राजधानी लखनऊ में पालतू डॉगी पिटबुल द्वारा अपने मालकिन की जान लेने की घटना के बाद पालतू कुत्तों को रखने वालों को रजिस्ट्रेशन न करवाना अब महंगा पड़ने वाला है. वाराणसी में नगर निगम ने इसकी तैयारी करते हुए पेनाल्टी का ऐलान कर दिया है. जिसे जल्द लागू भी कर दिया जाएगा. नगर निगम के पशु चिकित्सा विभाग ने इसके लिए प्लान भी तैयार कर लिया है, जो कि लापरवाही करने वाले मालिकों के ऊपर भारी पड़ने वाला है.

    शहरी इलाकों में कमोबेश सभी घरों में पालतू कुत्तों को रखने का क्रेज देखा जाता है. कभी-कभी ये कुत्ते खतरनाक साबित होते हैं. ऐसे में वाराणसी नगर निगम ने पालतू कुत्तों के रजिस्ट्रेशन को लेकर पिछले 2 महीनों से अभियान चलाया है, लेकिन इसमें तेजी अभी तक नहीं देखी जा रही है. जिसे लेकर नगर निगम के पशु चिकित्सा विभाग ने अब अर्थदंड का ऐलान कर दिया है. 31 जुलाई तक रजिस्ट्रेशन करवा लेने का समय देने के बाद विभाग क्षत्रों में भ्रमण कर पालतू कुत्तों के रखने वालों का पता लगाते हुए उनसे रजिस्ट्रेशन कागज मांगेगी. अगर परिवार ने रजिस्ट्रेशन नहीं करवाया होगा तो 500 रूपये पेनाल्टी देना होगा.

    पशु चिकित्सा विभाग के अजय सिंह ने बताया कि विभाग ने इसके लिए 5 सदस्यीय टीम भी गठित की है. ये टीम लगातार शहरी क्षेत्रों में भ्रमण कर पालतू कुत्तों को रखने वालों का लिस्ट बनाएगी. जो यह भी देखेगी कि किसने रजिस्ट्रेशन करवाया और किसने नहीं. टीम के रिपोर्ट के आधार पर लापरवाह परिवार के ऊपर आर्थिक दंड लगाया जाएगा. बता दें कि लखनऊ की घटना के बाद रजिस्ट्रेशन को लेकर जागरूकता तो देखी जा रही है, लेकिन अभी भी आंकड़ों के अनुसार पालतू कुत्तों को रखने वाले लोगों ने रजिस्ट्रेशन नहीं करवाया है. ऐसे में नगर निगम पशु चिकित्सा विभाग को अर्थदंड का ऐलान करना पड़ा है.