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  • कैंसर- स्ट्रोक के खतरे को कम करती है यह ‘सुपर फूड’ सब्जी

    Health Tips: पालक विटामिन और पोषक तत्वों से भरपूर है। पालक में पर्याप्त मात्रा में एंटीऑक्सीडेंट पाए जाते हैं। पालक को अगर डाइट में शामिल किया जाए तो यह कई तरीके की स्वास्थ्य समस्याओं से बचाता है। पालक की सब्जी बनाकर, कच्चा या फिर इसका जूस निकाल कर भी पिया जा सकता है। इतना ही नहीं पालक आंखों की रोशनी के लिए भी बेहद ही अच्छा माना जाता है। पालक को शाकाहारी और मांसाहारी दोनों तरह के पकवानों के साथ पकाया जा सकता है।

    • वैज्ञानिक डॉक्टर ने बताया कि पालक में आयरन, विटामिन सी, विटामिन बी, विटामिन ई, पोटेशियम, मैग्निशियम, प्रोटीन, खनिज लवण और कई तरीके के अन्य विटामिन भी पाए जाते हैं। पालक में ऑक्जेलिक एसिड होता है। जिसकी वजह से इसमें कैल्शियम नहीं पाया जाता। पालक में एंटीऑक्सीडेंट भी पर्याप्त मात्रा में पाए जाते हैं। जिसकी वजह से पालक को सुपर फूड भी कहा जाता है।
    • पालक में पाए जाने वाले विटामिन ए से आंखों की रोशनी के बढ़ाने के लिए बेहद ही फायदेमंद होता है। इसके अलावा इसमें पाए जाने वाले एंटी ऑक्सीडेंट की वजह से यह रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत करता है। पालक में पाए जाने वाले तत्व नाइट्रेट की वजह से यह स्ट्रोक और हार्ट अटैक के खतरे को भी काफी हद तक कम करता है।
    • पालक का नियमित तौर पर सेवन करने से कैंसर, हृदय रोग, डायबिटीज और मोटापे जैसी गंभीर समस्याओं से भी यह छुटकारा दिलाता है। बताया जाता है कि पालक का नियमित तौर पर सेवन करने से खून की कमी दूर होती है। इसके अलावा यह मधुमेह जैसी बीमारी से भी बचाता है।
    • डॉ. ने बताया कि एक स्वस्थ्य व्यक्ति को रोजाना 100 ग्राम तक ही पालक का ही सेवन करना चाहिए। यह सप्ताह में 2 से 3 बार ही करें। ज्यादा पालक का सेवन करने से किडनी में पथरी बनने की समस्या आ सकती है।
    • पालक भले ही बेहद गुणकारी है, लेकिन जोड़ों और हड्डियों से जुड़ी बीमारियों से जूझ रहे लोगों को पालक का सेवन नहीं करना चाहिए। तो वही जो लोग दिल की बीमारियों से ग्रसित है। खून पतला करने की दवाओं का सेवन कर रहे हैं। उन्हें भी पालक का सेवन नहीं करना चाहिए।
  • पेट के रोगों को जड़ से खत्म करता है तुलसी का पानी 

    Health Tips: तुलसी को हमारे देश में मां का दर्जा दिया गया है. वहीं आज के समय में भी शायद ही कोई ऐसा इंसान होगा जो तुलसी के गुणों से परिचित नहीं होगा. हिंदू धर्म में तुलसी की पूजा भी की जाती है वहीं तुलसी कई बीमारियों में रामबाण है. पर क्या आपको पता है कि सर्दी-जुकाम में ही नहीं बल्कि पाचन संबंधी समस्याओं में भी राहत दिलाने का काम करती है.जी हां, यहां हम आपको बताएंगे कि रोज खाली पेट तुलसी पीने से आपको क्या-क्या फायदा मिल सकता है.

    रोजाना तुलसी के पत्तों के सेवन से तुलसी आपके शरीर की शुद्धि करती है. इसके साथ ही तुलसी आपके शरीर के तापमान को भी कंट्रोल में रखती है. वहीं तुलसी खाने से आपका वजन भी कम होता है. साथ ही आपका कोलेस्ट्रोल भी नहीं बढ़ता है. तुलसी का रोजाना खाली पेट सेवन करने से आपकों पेट के दर्द, भारीपन जैसी समस्याओ से निजात मिलता है.

    पेट की समस्याओं में ऐसे करें तुलसी का सेवन

    1. पेट में एसिडिटी हो तो हर रोज तुलसी के दो से 3 पत्ते खाएं.
    2. नारियल के पानी में तुलसी के पत्तों का रस और नींबू मिलाकर पेट दर्द से आराम मिलता है.
    3. चाय या काढ़े में तुलसी को मिलाकार पीने से पाचन संबंधी समस्याओं से छुटकारा मिलता है साथ ही मौसमी संक्रमण में भी आराम मिलता है.
    4. आप अपने खाने में भी तुलसी का रस और पत्ते शामिल कर सकते हैं. इससे आपको रोजाना होने वाली छोटी-मोटी बीमारियां दूर होती हैं.तो इस तरह से तुलसी के पत्तों के ये वो फायदे हैं जो आपके लिए काफी मददगार हो सकते है.


    अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है। यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें।

  • इस उम्र के बाद महिलाओं को बीमारियों का खतरा होता है अधिक!

    Health Tips: पुरुषों की अपेक्षा महिलाओं को अधिक फिजिकल स्ट्रेस से गुजरना पड़ता है। समय-समय पर होने वाले हार्मोनस चैंजेज से गुजरना पड़ता है। ऐसे में समय के साथ-साथ महिलाओं को अपनी सेहत का अधिक ख्याल रखना चाहिए। अक्सर महिलाओं को 40 साल की उम्र से पहले लगता है कि वह पूरी तरह से स्वस्थ हैं लेकिन फिर अचानक से उन्हें कुछ ना कुछ स्वास्थ संबंधी समस्याएं होने लगती हैं। इसका कारण यह है कि उन्हें यह समस्या अचानक नहीं हुई, बल्कि उन्होंने अपनी सेहत सही तरह से केयर नहीं की, जिस कारण उन्हें यह समस्या होती है। आइए उन 5 गंभीर समस्याओं के बारे में जान लीजिए। हर महिला को सतर्क रहना चाहिए।

    Osteoporosis

    महिलाओं में इस स्थिति का खतरा अधिक होता है इसके कारण मेनोपॉज का समय पास आने से हड्डियां कमजोर होने लगती हैं। इसलिए समय रहते डॉक्टर के पास जाएं और उससे FRAX स्कोर की जानकारी लें जो कि अगले 10 सालों में होने वाले फैक्चर की संभावना बताता है। यदि आपकी हड्डियां कमजोर होंगी को फिजिशियन आपको कैल्शियम की खुराक देगा।

    Breast Cancer
    जानकारी के मुताबिक, हर 28 में से एक महिला को ब्रेस्ट कैंसर का खतरा होता है। अगर आपके किसी भी करीबी रिश्तेदार को ब्रेस्ट कैंसर का पता चलता है तो समय-समय पर डॉक्टर से अपनी जांच कराएं।

    Cervical Cancer
    सर्वाइकल कैंसर से पीड़ित अधिकांश महिलाओं की उम्र 35 से 44 वर्ष के बीच होती है। इसे बचे रहने के लिए हर तीन साल में स्क्रीनिंग होनी चाहिए। इसका टेस्ट सिर्फ कुछ मिनट का होता है।

    Anaemia
    विश्व स्वास्थ्य संगठन का अनुमान है कि दुनिया भर में 15 से 49 वर्ष की आयु की 30 प्रतिशत महिलाएं एनीमिया से पीड़ित हैं। इसके कारण एनर्जी में कमी, सांस की तकलीफ, हार्ट रेट तेज होना, स्किन पीली होना हैं। इसके लिए अपने डॉक्टर के पास जाएं, वह आपकी RBC की जांच करेगा और उसके मुताबिक अपना इलाज कराएं।

    High cholesterol
    40 की उम्र में दिल का दौरा पड़ने का खतरा बढ़ने लगता है। यह आमतौर पर हाई कोलेस्ट्रॉल या हाई ब्लड प्रेशर के कारण होता है। यदि आप धूम्रपान करते हैं या फैमिली हिस्ट्री है तो आपको अधिक जोखिम होगा। यदि आपका कोलेस्ट्रॉल और ब्लड प्रेशर बढ़ा हुआ है तो सालाना अपने कोलेस्ट्रॉल और ब्लड प्रेशर की जांच कराएं।

    अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है। यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें।

  • रोजाना इन चीज़ो के सेवन से तेजी से बढ़ेगा वजन 

    Health Tips: वजन बढ़ाने के घरेलू उपाय

    आलू
    आलू में कार्बोहाइड्रेट्स और कॉम्प्लेक्स शुगर होता है, जो वजन बढ़ाने का काम करता है। आलू को आप किसी भी सब्जी के साथ बनाकर खा सकते हैं। आलू का रोजाना सेवन करें। हालांकि स्वस्थ तरीके से वजन बढ़ाना चाहते हैं तो आलू को किसी भी तरीके से खाएं लेकिन वह अधिक तला भुना न हो।

     घी 
    घी के सेवन से शरीर में वसा की मात्रा बढ़ती है। घी में सैट्योरेटेड फैट और कैलारी की मात्रा अधिक होती है। घी को आप खाने में मिलाकर खा सकते हैं। चाहें तो घी और शक्कर मिलाकर सेवन करें लेकिन घी के सेवन की मात्रा सीमित ही रखें।

    केला         
    वजन बढ़ाने के लिए केला अच्छा विकल्प है। केले में भरपूर मात्रा में कैलोरी होती है। रोजाना केले के सेवन से आपका वजन जरूर बढ़ेगा। केला खाने से एनर्जी मिलती है और सेहत भी बनती है। आप केले को दूध के साथ खा सकते हैं। केले का शेक बनाकर पी सकते हैं। 

    मेवे के साथ दूध  
    वजन बढ़ाने के लिए मेवे को दूध में मिलाकर सेवन करें। बादाम, खजूर और अंजीर का सेवन तेजी से वजन बढ़ाता है। आप चाहें तो लगभग 30 ग्राम किशमिश खाने से भी तेजी से वजन बढ़ता है। 




    अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है।

  • शुक्राणुओ की संख्या बढ़ाने में मदद करते हैं ये विटामिन

    Health Tips: स्पर्म क्वालिटी में सुधार के लिए न्यूट्रिशन बहुत जरूरी होता है। जरूरी विटामिन्स की मदद से कंसीव होने के चांस बढ़ सकते हैं। मेल इनफर्टिलिटी का कारण स्ट्रेस, मोटापा, ड्रग्स, एल्कोहल, स्मोकिंग, केमिकल एक्सपोजर या फिर कुछ दवाएं हो सकती हैं। कई बार कुछ इंफेक्शन भी स्पर्म क्वालिटी को बिगाड़ देते हैं। जिसे ठीक करने के लिए विटामिन मदद कर सकते हैं। 

    विटामिन बी 12

    विटामिन बी 12 केवल महिलाओं की सेहत के लिए ही जरूरी नहीं है बल्कि ये पुरुषों के लिए भी जरूरी है। विटामिन बी 12 की कमी से स्पर्म प्रोडक्शन पर असर पड़ता है। मछली, मांस, अंडे और डेयरी प्रोडक्ट जैसे दूध, दही, चीज से विटामिन बी 12 की कमी को दूर किया जा सकता है। 

    जिंक

    जिंक को टेस्टोटेस्टेरॉन बढ़ाने और फर्टिलिटी को प्रमोट करने वाला माना जाता है। इसके साथ ही जिंक मसल्स की ग्रोथ भी बढाता है। पालक, मशरूम, पंपकिन सीड्स, मूंगफली,  दालें और दही आदमियों को जरूर खाना चाहिए। क्योंकि जिंक की कम मात्रा शरीर में लो स्पर्म क्वालिटी के साथ ही स्पर्म की खराब क्वालिटी के लिए भी जिम्मेदार होती है। जिससे स्पर्म में मोटेलिटी रेट बहुत कम होता है और फर्टिलिटी रेट्स कम हो जाते हैं। 

    विटामिन डी

    विटामिन डी केवल हड्डियों की मजबूती के लिए ही जरूरी नही है बल्कि ये प्रजनन दर को बढ़ावा देने के लिए भी जरूरी है। महिलाओं के साथ ही पुरुषों को भी विटामिन डी की मात्रा लेनी चाहिए। ये टेस्टोटेस्टेरॉन के लेवल को बढ़ाता है। 

    विटामिन ई

    विटामिन ई पुरुषों के स्पर्म को डैमेज होने से प्रोटेक्ट करता है। विटामिन ई रिच फूड्स जैसे सनफ्लावर सीड्स, बादाम, हेजलनट, पालक और ब्रोकली को फूड्स में जरूर खाना चाहिए। 

  • 15 मिनट में मिलेगा दमकता चेहरा, डार्क चॉकलेट में इन चीजों को मिलाकर लगाइए फेस पर

    Health Tips: कई बार होता है कि आपको किसी पार्टी या शादी में जाना है पार्लर की बजाय आप कोई ऐसा ऑप्शन ढूंढते हैं जिससे आपके चेहरे पर इंस्टैंट निखार आ जाए इस आर्टिकल में हम आपको इस सिचुएशन के लिए डार्क चॉकलेट से तैयार ऐसे फेस पैक के बारे में बताने जा रहे हैं जो आपके चेहरे को चमकदार बना सकता है, आइए जानते हैं

    1. आप डार्क चॉकलेट में मुल्तानी मिट्टी मिलाकर फेस पर लगा सकती हैं इसमें आप कुछ बूंद गुलाब जल का भी मिला सकते हैं. इससे आपकी स्किन हाइड्रेट होगी

    2. आपको एलोवेरा में डार्क चॉकलेट मिक्स करके लगाना है 20 मिनट के लिए लगाना है इससे आपका चेहरा हाइड्रेट होगा और ग्लो भी करेगा

    3. वहीं, आप डार्क चॉकलेट में केला और गुलाब जल मिक्स करके भी फेस पर अप्लाई कर सकती हैं आपको इस पैक को 20 मिनट लगाकर रखना है फिर चेहरे को साफ पानी से धो लेना है

    4.
    आप कोकोनेट मिल्क में डार्क चाकलेट मिलाकर चेहरे पर लगाते हैं, तो आपका फेस खिल उठेगा. सारी गंदगी चेहरे से साफ हो जाएगी

    5. आप डार्क चॉकलेट में कॉफी मिक्स करके भी फेस पैक तैयार कर सकती हैं इस मिश्रण को आपको 20 मिनट के लिए लगाकर रखना है फिर चेहरा साफ कर लेना है यह आपके चेहरे को बेदाग और चमकदार बनाने में मदद करेगा

    6. आप ओटमील भी चाकलेट में मिक्स करके लगा सकती हैं यह भी आपकी स्किन को हाइड्रेट करने में मदद करेगीसाथ ही सारे दाग-धब्बे भी चेहरे के गायब करेगी

    अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें

  • रामबाण इलाज, 2 दिन में गायब हो जाएगी पुरानी सूखी खांसी

    Health Tips: सर्दियों में लोग सबसे ज्यादा सर्दी-खांसी से परेशान रहते हैं। जुकाम होने के बाद कफ और खांसी परेशान करती है। कई बार दवाओं से ऐसा असर नहीं हो पाता जो कई घरेलू नुस्खे कर जाते हैं। खासतौर से खांसी को ठीक करने के लिए कई कारगर उपाय हैं। सूखी और पुरानी खांसी को दूर करने के लिए यह उपाय भी अपना सकतें हैं। लौंग को शहद में मिलाकर खाने से सूखी और गीली खांसी में तुरंत आराम मिलता है। बच्चों को भी इसे चटा सकते हैं। 

    खांसी से छुटकारा पाना चाहते हैं तो भुनी हुई लौंग और शहद का ऐसे करें सेवन,  पुरानी खांसी भी हो जाएगी दूर - Clove and Honey Tips how to get rid from

    खांसी हो जाए तो शहद और लौंग अचूक उपाय है। पहले आप करीब 7-8 लौंग लेकर उन्हें गर्म तवे पर हल्का भून लें। लौंग जब ठंडे हो जाएं तो इसे पीस लें और पाउडर जैसा बना लें। इसे एक कटोरी में डालें और 3-4 चम्मच शहद मिक्स कर लें। इसे गर्म तवे पर रखकर हल्का गर्म कर लें। इसे सुबह, दोपहर और शाम एक-एक चम्मच खा लें। इससे खांसी में तुंरत आराम मिले जाएगा। ध्यान रखें इसके आधा घंटे बाद तक आपको पानी नहीं पीना है।

    क्या फायदे हैं लौंग खाने के

    • लौंग में एंटी-इन्फ्लेमेट्री गुण होते हैं जो सूजन को कम करते हैं। गठिया की बीमारी में लौंग बहुत फायदेमंद है।
    • लौंग में यूजेनॉल नाम का एक एंटीऑक्सीडेंट होता है जो फी रेडिकल्स, हार्ट, डायबिटीज और कैंसर के खतरे को कम करता है।
    • लौंग पेट के अल्सर को कम करती है और पेट की परत की रक्षा करती है।
    • सर्दी में लौंग खाने से बलगम गाढ़ा होता है और कप को निकालने में मदद करती है।
    • पेट फूलने, गैस और पाचन की समस्या को दूर करने में लौंग मदद करती है।
    • लौंग में कई ऐसे एंजाइम्स होते हैं जो पाचन को बढ़ावा देने में मदद करते है। 
    • ओरल हेल्थ के लिए लौंग बहुत फायदेमंद है। मसूड़ों को बीमारियों से बचाने, प्लाक या बायोफिल्म होने में लौंग का इस्तेमाल होता है।
  • दो हफ्ते में एक बार ज़रूर करें उपवास, इस दिन रखें उपवास

    HealthTips: आप शरीर के प्राकृतिक चक्र से जुड़ा ‘मंडल’ नाम की एक चीज होती है। मंडल का मतलब है कि हर 40 से 48 दिनों में शरीर एक खास चक्र से गुजरता है।

    हर चक्र में तीन दिन ऐसे होते हैं जिनमें आपके शरीर को भोजन की आवश्यकता नहीं होती। अगर आप अपने शरीर को लेकर सजग हो जाएंगे तो आपको खुद भी इस बात का अहसास हो जाएगा कि इन दिनों में शरीर को भोजन की जरूरत नहीं होती। इनमें से किसी भी एक दिन आप बिना भोजन के आराम से रह सकते हैं।

    11 से 14 दिनों में एक दिन ऐसा भी आता है, जब आपका कुछ भी खाने का मन नहीं करेगा। उस दिन आपको नहीं खाना चाहिए। जिस दिन सिस्टम कहता है कि आज खाना नहीं चाहिए, वह दिन उनके लिए शरीर की सफाई का दिन बन जाता है और उस दिन वे कुछ भी नहीं खाते। अब आपके भीतर तो इतनी जागरूकता नहीं कि आप उन खास दिनों को पहचान सकें। फिर क्या किया जाए! बस इस समस्या के समाधान के लिए अपने यहां एकादशी का दिन तय कर दिया गया। हिंदी महीनों के हिसाब से देखें तो हर 14 दिनों में एक बार एकादशी आती है। इसका मतलब हुआ कि हर 14 दिनों में आप एक दिन बिना खाए रह सकते हैं। अगर आप बिना कुछ खाए रह ही नहीं सकते या आपका कामकाज ऐसा है, जिसके चलते भूखा रहना आपके वश में नहीं और भूखे रहने के लिए जिस साधना की जरूरत होती है, वह भी आपके पास नहीं है, तो आप फलाहार ले सकते हैं। कुल मिलाकर बात इतनी है कि बस अपने सिस्टम के प्रति जागरूक हो जाएं।

  • जानलेवा साबित हो सकता है रुम हीटर चलाना!

    नई दिल्ली :  कई लोग ठंड के दिनों में दिनभर रूम हीटर को ऑन करके इसके सामने बैठे रहते हैं। रूम हीटर चलाकर कभी भी सोने की गलती न करें। ऐसा करने से दम घुट सकता है। रुम हीटर लगा कर सोने से कई बार मौत के मामले भी सामने आ चुके है।

    बाजार में कई तरह के रूम हीटर मिलते हैं, जो अलग-अलग तरह से काम करते हैं, लेकिन मकसद एक रहता है कमरे में मौजूद हवा को गर्म करना। यही नहीं हवा को गर्म करने के साथ ही हीटर इसे ड्राई भी बना देता है, जिसकी वजह से सेहत खराब हो सकती है। दिसंबर और जनवरी में ठंड अधिक पड़ती है। इससे बचने के लिए लोग रूम हीटर का इस्तेमाल करना शुरू कर देते हैं।

    कुछ लोग तो ऐसे हैं जो दिन रात हीटर चलाकर रखते हैं और हीटर के बिना उनका जैसे गुजारा ही नहीं होता। सच है कि हीटर के पास बैठकर गर्मी का अहसास होता है। लेकिन कुछ देर की यह राहत जिंदगी की परेशानी का सबब बन सकती है।कंबल और हीटर से निकलने वाली गर्मी वास्तव में सर्दियों के दौरान मूड को रिफ्रेश जरूर करती है। लेकिन अगर आप इन दिनों में हीटर का हर वक्त इस्तेमाल करते हैं, तो इसका इस्तेमाल करने के तरीके और स्वास्थ्य को होने वाले नुकसानों के बारे में पहले से जान लेना बहुत जरूरी है।

    ​​अस्थमा के मरीज के लिए खतरा

    सर्दियों में चलने वाली सर्द हवा पहले से ही सूखी होती है। ऐसे में रूम हीटर हवा की नमी को और कम करने का काम करते हैं। ऐसे में स्किन और अस्थमा से पीड़ित लोगों के लिए खतरनाक हो सकती है।

    शरीर में खुजली की शिकायत

    लगातार रूम हीटर के सामने रहने से स्किन गर्मी के संपर्क में आती है, जिससे त्वचा को नुकसान होता है। इससे सूखापन, खुजली, टोस्टेड स्किन सिंड्रोम जैसी जटिलताएं हो सकती हैं।

    हार्ट अटैक का खतरा

    भले ही रूम हीटर लोगों को आराम देता हो, लेकिन इसकी वजह से कई बीमारियां हो सकती हैं। खिड़कियों को बंद करके रूम को गर्म करना शरीर के लिए भारी पड़ सकता है। रूम में हीटर या ब्लोअर चलाते समय खिड़कियों को खोलकर रखना चाहिए, ताकि वेंटिलेशन बना रहे।

    रूम में वेंटिलेशन बनाकर रखा जाए तो इससे हार्ट अटैक ही नहीं चिकनपॉक्स, सांस की परेशानी और टीबी जैसी बीमारियों से भी बचा जा सकता है।

  • खाये रोजाना एक आंवला, तो पाचन से लेकर बालों तक की दिक्कतें हो जाएंगी दूर 


    Health Tips: आयुर्वेद में भी आंवले के सेवन की सलाह दी जाती है. आंवला पोषक तत्वों का पावरहाउस होता है. इसे खाने पर शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता यानी इम्यूनिटी मजबूत होने में मदद मिलती है. आंवला (Amla) एंटी-ऑक्सीडेंट्स और विटामिन सी से भरपूर होता है. इसे खाने पर ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस कम होता है, सेल्यूलर डैमेज कम होता है और शरीर इंफेक्शंस से भी बचा रहता है. रोजाना कच्चा आंवला या फिर आंवले का मुरब्बा खाया जाए तो पेट की दिक्कतों से लेकर स्किन और बालों तक को फायदा मिल सकता है.

    रोजाना आंवला खाने के फायदे 

    पाचन होता है बेहतर: आंवले में फाइबर होता है जो पेट की सेहत अच्छी रखने में मदद करता है. यह हेल्दी गट बैक्टीरिया को बढ़ाता है, पाचन अच्छा रखता है और इसके सेवन से कब्ज की दिक्कत (Constipation) भी दूर रहती है. आंवला खाने का एक फायदा यह भी है कि विटामिन सी से भरपूर होने के चलते आंवला मेटाबॉलिज्म को फायदे देता है और वेट मैनेजमेंट में मददगार है. इससे शरीर में एनर्जी भी बनी रहती है. 

    बालों के लिए है फायदेमंद: आंवला हेयर फॉलिकल्स को फायदा देने में भी असरदार है. इसका रोजाना सेवन किया जाए तो बालों का झड़कर गिरना कम होता है और बालों के टेक्सचर पर भी असर पड़ता है. इसके अलावा, स्कैल्प के लिए भी यह फायदेमंद है. 

    स्किन पर दिखता है असर: शरीर जब अंदर से स्वस्थ रहता है तो उसका असर त्वचा पर बाहरी रूप से भी दिखने लगता है. एजिंग साइंस कम करने से लेकर कोलाजन बेहतर करने तक में आंवले का असर दिखता है. 

    ब्लड शुगर होता मैनेज: बढ़ता-घटता ब्लड शुगर तबीयत बिगाड़ने वाला साबित होता है. ऐसे में ब्लड ग्लूकोज लेवल्स को मेंटेन करने में आंवले का प्रभाव दिखता है. इसे खाने पर डायबिटीज में ब्लड शुगर (Blood Sugar) मैनेज होता है.