Category: Tech

  • इस Feature से Aadhaar Data रहेगा सुरक्षित, Online ठगी से भी होगा बचाव

    इस Feature से Aadhaar Data रहेगा सुरक्षित, Online ठगी से भी होगा बचाव

    टेकः आनलान ठगी से बचाव और सेफ्टी के लिए अब आप अपने आधार को डि़जिटली लॉक कर पाएंगे। UIDAI के बायोमैट्रिक लॉकिंग फीचर की मदद से आप तुरंत अपने प्राइवेट आधार डेटा को ठगों की पहुंच से दूर कर सकते हैं। जब आप इस डिजिटल लॉक को एक्टिव या इस फीचर को ऑन करते हैं, तो आपकी बायोमेट्रिक जानकारी जैसे कि फिंगरप्रिंट, आइरिस स्कैन और चेहरे का डेटा पूरी तरह से सुरक्षित हो जाता है। इसके बाद जब तक आप नहीं चाहेंगे कोई भी इस डेटा का इस्तेमाल नहीं कर पाएगा। इस फीचर को हर आधार धारक को चालू कर लेना चाहिए। इससे न सिर्फ आपके आधार डेटा की सुरक्षा बढ़ती है बल्कि आपके नाम से जारी एक सरकारी डॉक्यूमेंट का गलत इस्तेमाल भी नहीं हो पाता।

    इस फीचर को ऑन करने से आपको क्या फायदा होगा यह आप इस प्रैक्टिल लाइफ उदाहरण से समझ पाएंगे। अगर आप अपने आधार को इस फीचर से सुरक्षित रखते हैं, तो फिर चाहे कोई कितनी ही कोशिश कर ले वह आपके नाम से नया सिम या बैंक में KYC नहीं करवा पाएगा। यह सब सिर्फ तभी होगा जब आप उस लॉक को बंद करेंगे। इस तरह से आप ठगों के ठगी करने के सभी रास्ते बंद कर देंगे।

    फीचर को चालू करने का तरीका
    – अपने आधार को सुरक्षित बनाने के लिए पहले आपको एक VID जेनरेट करनी होगी। यह आप UIDAI की वेबसाइट पर जाकर आसानी से जेनरेट कर सकते हैं। एक बार VID बनाने के बाद आपको इन स्टेप्स को फॉलो करना होगा
    – सबसे पहले UIDAI के myAadhaar पोर्टल पर जाएं।
    – यहां आपको ‘Lock/Unlock Aadhaar’ ऑप्शन पर क्लिक करना होगा।
    – दिए गए निर्देशों को पढ़ने के बाद ‘Next’ पर क्लिक करें।
    – कुछ डिटेल्स जैसे कि अपना VID, पूरा नाम, पिन कोड और कैप्चा कोड डालकर, OTP का अनुरोध करें।
    – आपके रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर आए OTP को सबमिट करें और अपना आधार बायोमेट्रिक तुरंत लॉक करें।

  • AC के साथ Fan चलाना कितना सही, बिजली-Bill पर इसका क्या पड़ सकता है असर?, जानें

    AC के साथ Fan चलाना कितना सही, बिजली-Bill पर इसका क्या पड़ सकता है असर?, जानें

    टेकः गर्मी का प्रकोप जारी है। इन दिनों में लोग पूरा-पूरा दिन एसी चलता है। इसका असर आपके बिजली बिल पर दिखने को मिलता है। 1000 रुपए से 3000 रुपए पर तक आपका ब‍िजली ब‍िल स्‍पाइक कर सकता है। बहुत से लोग एसी के साथ फैन चलाते हैं ताक‍ि ब‍िजली ब‍िल कम आए। क्‍या सच में एसी के साथ फैन चलाने से ब‍िजली ब‍िल कम आता है? आइये जानते है इसके पीछे का कारण।

    AC के साथ फैन चलाने से कमरे में ठंडक जल्दी फैलती है। फैन हवा को पूरे कमरे में सर्कुलेट करता है। जिससे AC को ज्यादा मेहनत नहीं करनी पड़ती। इससे AC का कंप्रेसर कम समय के लिए चलता है और बिजली की खपत कम होती है। हालांकि, यह ध्यान रखना जरूरी है कि फैन भी बिजली का उपयोग करता है, लेकिन इसकी खपत AC के मुकाबले बहुत कम होती है। इसलिए, अगर आप AC के साथ फैन चलाते हैं, तो कुल मिलाकर बिजली की बचत हो सकती है।

    अगर आप एसी को 20 या 22 ड‍िग्री सेल्‍स‍ियस पर चलाते हैं और साथ में फैन भी चला देते हैं तो ऐसा करने से ब‍िजली ब‍िल बढ़ता है। अपने एसी को सामान्‍य 28 ड‍िग्री सेल्‍स‍ियस पर चलाएं और इसके साथ फैन चलाएं तो इलेक्‍ट्र‍िस‍िटी ब‍िल पर न‍ियंत्रण रखा जा सकता है। अगली बार जब आप AC चलाएं, तो फैन भी चालू रखें और देखें कि आपका बिजली बिल कैसे कम होता है।

  • Internet नहीं है तो भी Youtube पर देख पाएंगे Video, करे ये Setting

    Internet नहीं है तो भी Youtube पर देख पाएंगे Video, करे ये Setting

    टेकः सोशल मीडिया के जमाने में Youtube हमारी जिंदगी का अहम हिस्‍सा बना हुआ है। इसके बिना जिंदगी अधूरी सी लगती है। बच्चों से लेकर बड़े तक Youtube को देखना पसंद करते है। लेकिन दिक्‍कत तब होती है जब इंटरनेट चला जाए। फिर तो आप यूट्यूब को चला नहीं सकते। ऐेसे में घर पर छोटा बच्‍चा भी जिद करने लगता है कि कि यूट्यूब चलाओ। अब उसे तो यह नहीं समझाया जा सकता कि इंटरनेट नहीं है, लेकिन आप उसकी मदद ऑफलाइन वीडियो दिखाकर कर सकते हैं। बिना इंटरनेट भी यूट्यूब देखा जा सकता है।

    बहुत से लोग नहीं जानते लेकिन यह ऑप्‍शन यूट्यूब ऐप में ही मिल जाता है। आपको कुछ नहीं करना, बस जब मोबाइल या टैबलेट में इंटरनेट आ रहा हो, तब नीचे दिए गए स्‍टेप्‍स को फॉलो करना है। अपना यूट्यूब ऐप ओपन करें, यह सुनिश्चित कर लें कि फोन में नेट आ रहा है। अब जो वीडियो देखना है, उसे सर्च करें। जैसे ही वीडियो चलने लगेगा, उसके थोड़ा नीचे की तरफ आपको कई ऑप्‍शंस दिखेंगे। नीचे डाउनलोड का ऑप्‍शन आता है, उस पर जाएं और क्लिक कर दें। अब यूट्यूब आपसे पूछेगा कि वीडियो मीडियम क्‍वॉलिटी में डाउनलोड करना है या लो। यह आपको तय करना पड़ेगा। अगर आप मोबाइल डेटा में डाउनलोड करते हैं तो लो क्‍वॉलिटी चुनें, ब्रॉडबैंड इंटरनेट है तो मीडियम से लेकर फुल एचडी और हाई क्‍वॉलिटी का ऑप्‍शन चुन सकते हैं। सबसे नीचे डाउनलोड विकल्‍प कर क्लिक करें, वीडियो डाउनलोड हो जाएगा।

    डाउनलोड वीडियो देखने के लिए आपको प्रोफाइल आइकन पर टैप करना होगा। वहां आपको डाउनलोड्स का विकल्‍प मिलेगा। उस पर क्लिक करके आप बिना इंटरनेट वीडियो प्‍ले कर सकते हैं। वैसे तो आजकल इंटरनेट की सुविधा हर जगह है, लेकिन कई बार कनेक्टिविटी चली जाती है। खासतौर पर जब हम ट्रैवल करते हैं। ऐसे पैरंट्स जो बच्‍चाें के साथ ट्रैवल करते हैं, वो रास्‍ते में बस या ट्रेन से सफर करते समय नेट नहीं आने के कारण यूट्यूब नहीं चला पाते। बच्‍चे परेशान होते हैं और बार-बार यूट्यूब की जिद करते हैं। यह तरीका पैरंट्स से लेकर स्‍टूडेंट्स के लिए फायदेमंद हो सकता है।

     

     

  • iPhone और iPad यूजर्स के लिए चेतावनी, मंडरा रहा Cyber Attack का खतरा

    iPhone और iPad यूजर्स के लिए चेतावनी, मंडरा रहा Cyber Attack का खतरा

    टेकः भारत सरकार की साइबर सुरक्षा एजेंसी CERT-in ने iPhone और iPad इस्तेमाल करने वालों के लिए एक बेहद जरूरी एडवाइजरी जारी की है। इसमें iPhone के iOS और iPad के iPadOS में मौजूद खतरनाक खामियों को लेकर यूजर्स को चेताया गया है। CERT-in का कहना है कि इन खामियों का इस्तेमाल साइबर अपराधियों के द्वारा फोन को हैक करने, डेटा चुराने और फोन को पूरी तरह से क्रैश करने के लिए किया जा रहा है।

    एडवाइजरी में बताया है कि जो iPhone या iPad यूजर्स iOS 18.3 या उससे पहले के वर्जन पर अपना फोन चला रहे हैं वह साइबर अपराधियों के लिए सबसे आसान शिकार हैं। CERT-in के अनुसार iPad डिवाइसेज में यह खतरा iPadOS 17.7.3 या 18.3 से पुराने वर्जन चल रहे डिवाइसेज को है। वहीं कुछ iPhone औक iPad की लिस्ट भी जारी की गई है, जिन पर साइबर अटैक का खतरा बहुत ज्यादा है। इस लिस्ट में iPhone XS और और उसके बाद के मॉडल, iPad Pro 2nd Gen और उसके लॉन्च हुए मॉडल, iPad 6th Gen और उसके बाद आए मॉडल, iPad Air 3rd Gen और उससे पहले के मॉडस, iPad mini 5th Gen और उसके बाद लॉन्च हुए मॉडल शामिल हैं।

    CERT-in के अनुसार इन iPhone और iPad मॉडल्स पर साइबर अटैक के जरिए इनका डेटा चुराया जा सकता है। इसके अलावा इन डिवाइसेज पर साइबर अटैक करने वाले कोई मालवेयर इंस्टॉल करके पूरे डिवाइस को दूर से ही एक्सेस कर सकते हैं। इससे डिवाइस पर इस्तेमाल होने वाली फोन बैंकिंग भी खरते में आ जाती है। इसके अलावा अटैक करने वाले चाहें, तो इन डिवाइसेज को पूरी तरह से डेड भी कर सकते हैं।

    अगर आपका iPhone या iPad पुराने वर्जन पर काम कर रहा है, तो उसे तुरंत नए iOS वर्जन पर अपडेट करने की सलाह दी गई है। इसके अलावा Apple समय-समय पर सिक्योरिटी अपडेट्स भी लॉन्च करता है। इन अपडेट्स को नजरअंदाज न करें और इन्हें तुरंत अप्लाई करें।

  • AC से पानी टपकने से हो रहे है परेशान तो इन आसान तरीकों से दूर होगी समस्या

    AC से पानी टपकने से हो रहे है परेशान तो इन आसान तरीकों से दूर होगी समस्या

    टेकः गर्मी लगतार बढ़ती जा रही है। ऐसे में दिन-रात AC चलाना आम हो गया है। लेकिन आमतौर पर देखा गया है कि AC में पानी टपकने की समस्या देखी जाती है। ऐसी किसी भी तरह की समस्या आने पर हम सीधा मैकेनिक को फोन लगा देते हैं, लेकिन आप कुछ आसान तरीकों से AC से पानी टपकने की समस्या को खुद ब खुद ठीक कर सकते हैं।Split AC से पानी लीक होने के पीछे कुछ सामान्य वजहें होती हैं जिन्हें आप खुद समझकर फटाफट ठीक कर सकते हैं।

    AC के अंदर से जो पानी निकलता है, वो एक पाइप के जरिए बाहर आता है जिसे ड्रेनेज पाइप कहते हैं। अगर इसकी लंबे समय से सफाई नहीं हुई है, तो धूल-मिट्टी और कचरे की वजह से यह जाम हो जाता है। इस वजह से AC के पानी को बाहर निकलने का रास्ता नहीं मिलता और वह वापस अंदर की ओर लीक होने लगता है। इसलिए मैकेनिक बुलाने से पहले आप पाइक में जमी गंदगी को साफ कर लें। या पाइप बदलकर नया भी लगा सकते हैं।

    AC के अंदर एक एयर फिल्टर होता है जो हवा में मौजूद धूल और मिट्टी को रोकता है। इसे आप स्प्लिट एसी की इंडोर युनिक के फ्रंट कवर के नीचे देख पाएंगे। अगर ये फिल्टर बहुत ज्यादा गंदा हो जाए, तो ठंडी हवा का फ्लो रुक जाता है और AC के अंदर काफी बर्फ जमने लगती है। जब ये बर्फ पिघलती है, तो पानी टपकने लगता है। इसे ठीक करने के लिए हर 15–20 दिन में एयर फिल्टर को निकालकर पानी से धो लें। इससे पानी टपकने की समस्या भी नहीं आएगी।

    AC में पानी के टपकने की समस्या को रोकने के लिए एक सावधानी आपको उस समय बरतनी होती है, जब AC की फिटिंग की जा रही हो। दरअसल अगर AC की फिटिंग बिल्कुल सीधी या आगे की ओर झुकी हुई हो, तो पानी ड्रेन पाइप के जरिए बाहर न जाकर कमरे के अंदर टपकने लगता है। इससे बचने के लिए जरूरी है कि AC की फिटिंग दीवार से हल्की पीछे की ओर झुकी हुई हो, ताकि पानी आसानी से पाइप से बाहर निकल जाए। इस बात पर गौर करने से AC से पानी टपकने की समस्या कभी नहीं आती।

  • WhatsApp में जुड़ेंगे जल्द नए Features, आसानी से Handle कर पाएंगे Messages

    WhatsApp में जुड़ेंगे जल्द नए Features, आसानी से Handle कर पाएंगे Messages

    टेकः Meta WhatsApp में दो नए AI आधारित फीचर्स लेकर आने वाला है। इनके बारे में WhatsApp के बीटा वर्जन में पता चला है। इन नए फीचर्स की मदद से यूजर अपने मैसेजेस को आसानी से मैनेज कर पाएंगे और साथ ही अपनी चैट्स को अपनी पसंद के अनुसार कस्टमाइज कर सकेंगे।

    कई बार ऐसा होता है कि जिस समय आप WhatsApp पर एक्टिव नहीं होते उस दौरान ग्रुप्स में लंबी-लंबी बातचीत हो रही होती है। ऐसे में जब आप उन मैसेजेसे को देखते हैं, तो आपके लिए पूरी बातचीत को समझ पाना आसान नहीं रह जाता। इसके लिए आपको सारे मैसेजेस एक-एक कर पढ़ने पड़ते हैं। इस समस्या को दूर करने के इरादे से WhatsApp, मैसेज समराइजेशन फीचर लेकर आ रहा है। इस फीचर के बाद आपको Summarise with Meta AI फीचर अपनी चैट्स में दिखाई देगा। यह सिर्फ तभी दिखेगा जब आपने किसी चैट में ढेर सारे मैसेजेस पढ़े नहीं होंगे। इस बटन पर क्लिक करते ही आपको सारी बातचीक का सारांश पढ़ने को मिल जाएगा। इससे आपको एक-एक कर सारे मैसेजेस पढ़ने की जरूरत नहीं रहेगी।

    दूसरा फीचर AI से लैस वॉलपेपर बनाने से संबंधित होगा। यह Meta AI के जरिए काम करेगा। यह यूजर्स को अपने चैट बैकग्राउंड को पर्सनलाइज करने की सुविधा देगी। इस फीचर के आने के बाद WhatsApp की वॉलपेपर सेटिंग्स मेन्यू में एक नया Create with AI ऑप्शन दिखाई देगा। इसमें यूजर्स अपनी पसंद का सीन या स्टाइल टेक्स्ट में डिस्क्राइब करके अपने पसंद का वॉलपेपर Meta AI से बनवा पाएंगे। AI आपके टेक्सट के आधार पर कई वॉलपेपर के ऑप्शन्स देगा। इस फीचर की मदद से चैट्स को क्रिएटिव और पर्सनल बनाने का मौका मिलेगा। WhatsApp पर आने वाले ये दोनों ही फीचर्स बताते हैं कि AI को रोजमर्रा के ऐप फंक्शन्स में शामिल किया जा रहा है। जानकारों का मानना है कि आगे-आगे ऐसे और फीचर्स देखने को मिलेंगे जिन्हें AI की मदद से पूरा किया जाएगा।

  • Xiaomi ने Launch किए Smart TV Series के 2 दमदार Models

    Xiaomi ने Launch किए Smart TV Series के 2 दमदार Models

    Tech: Xiaomi ने भारतीय बाजार में अपने नए स्मार्ट टीवी सीरीज़ के तहत दो नए मॉडल—43 इंच और 55 इंच—लॉन्च किए हैं। ये स्मार्ट टीवी न केवल शानदार 4K HDR डिस्प्ले के साथ आते हैं, बल्कि इनमें अत्याधुनिक ऑडियो और स्मार्ट फीचर्स भी शामिल किए गए हैं, जो इनकी कीमत के हिसाब से इन्हें बेहद आकर्षक विकल्प बनाते हैं।

    43 इंच मॉडल में 4K HDR डिस्प्ले दी गई है जो बेहतर रंगों और तेज़ विज़ुअल अनुभव के लिए डिज़ाइन की गई है। इस टीवी में Dolby Vision और DTS-HD ऑडियो सपोर्ट भी मिलता है, जिससे पिक्चर और साउंड क्वालिटी दोनों ही शानदार हो जाती है। साथ ही, यह Android TV प्लेटफ़ॉर्म पर चलता है और Google Assistant की सहायता से वॉयस कमांड्स भी सपोर्ट करता है। Xiaomi की PatchWall इंटरफ़ेस इस टीवी को और भी उपयोगी बनाती है क्योंकि इसके जरिए 700,000 घंटे से ज्यादा की ऑनलाइन कंटेंट तक आसानी से पहुंच बनाई जा सकती है।

    55 इंच मॉडल इन सभी फीचर्स को और भी बड़े स्क्रीन अनुभव के साथ पेश करता है। इसकी बड़ी स्क्रीन पर 4K HDR तकनीक से वीडियो देखना और भी आनंददायक हो जाता है। Dolby Audio और DTS-HD साउंड टेक्नोलॉजी इस मॉडल में भी मौजूद हैं, जिससे यह होम थिएटर जैसी फील देता है। इस स्मार्ट टीवी में भी Android TV OS और Google Assistant का सपोर्ट मौजूद है, जिससे यूजर इंटरफेस बेहद आसान और इंटेलिजेंट बनता है।

    कनेक्टिविटी की बात करें तो दोनों ही टीवी में HDMI, USB, और Wi-Fi जैसे सभी आधुनिक विकल्प मौजूद हैं, जिससे गेमिंग कंसोल, सेट टॉप बॉक्स या अन्य डिवाइसेज़ को आसानी से जोड़ा जा सकता है। इन स्मार्ट टीवी की शुरुआती कीमत ₹22,999 रखी गई है, जो कि इस फीचर सेट के हिसाब से काफी किफायती मानी जा रही है।

    Xiaomi का यह नया लॉन्च उन उपभोक्ताओं के लिए बेहद आकर्षक साबित हो सकता है जो कम बजट में बेहतर विज़ुअल और ऑडियो अनुभव के साथ स्मार्ट फीचर्स की तलाश में हैं। टीवी प्रेमियों के लिए यह एक बेहतरीन डील हो सकती है, खासकर इस गर्मियों की सेल के दौरान।

  • पुराने Phones को फेंकने की बजाए बनाए CCTV Camera, जानें

    पुराने Phones को फेंकने की बजाए बनाए CCTV Camera, जानें

    टेकः एक रिपोर्ट के अनुसार लोग 2 साल के बाद नए फोन पर शिफ्ट हो जाते हैं। हालांकि एक 2 से 4 साल पुराना फोन भी लगभग वह सभी काम करने की क्षमता रखता है, जो कि किसी का नया फोन कर सकता है। ऐसे में पुराने फोन को किसी अलमारी या दराज में पड़े रहने देने से अच्छा है उसे काम पर लगाना। कुछ ऐसे आसान टिप्स है जिसके इस्तेमाल से आप अपने पुराने फोन को फिर से काम का बना सकते हैं।

    अगर आपके पास पुराना स्मार्टफोन है जिसका कैमरा काम करता है, तो आप उसे आसानी से एक होम सिक्योरिटी कैमरा बना सकते हैं। इसके लिए आपको सिर्फ एक स्टैंड पर कुछ पैसे खर्च करने होंगे। इसके अलावा Wi-Fi कनेक्शन की भी जरूरत पड़ेगी। बस इन 2 चीजों की मदद से आप अपने पुराने स्मार्टफोन से सिक्योरिटी कैमरा का काम ले पाएंगे।
    प्ले स्टोर में ऐसे कई ऐप्स हैं, जैसे Alfred, IP Webcam या Manything, जिनकी मदद से आप पुराने फोन को CCTV कैमरे की तरह इस्तेमाल कर सकते हैं। ये ऐप्स लाइव वीडियो दिखाते हैं और जब कोई मूवमेंट होता है तो नोटिफिकेशन भी भेजते हैं।

    बच्चों का गेमिंग या लर्निंग डिवाइस बनाएं
    आजकल बच्चे जितना जल्द एक स्मार्टफोन या टैबलेट पर सीख पाते हैं उतना जल्द कहीं ओर कुछ सीखना मुश्किल होता है। ऐसे में आप अपने पुराने डिवाइस को बच्चों का लर्निंग डिवाइस बना सकते हैं। आप अपने पुराने फोन को में सिर्फ वही ऐप्स डाल सकते हैं जो बच्चों के लिए सही हों जैसे कि YouTube Kids, Khan Academy Kids, और कई तरह के लर्निंग गेम्स। आप फोन में ‘Kids Mode’ या ‘Parental Controls’ ऑन रख सकते हैं ताकि बच्चा गलत कंटेंट न देख सके।

    पुराने फोन को बना लें म्यूजिक प्लेयर या रेडियो
    अगर आप गानों के शौकीन हैं, तो पुराने स्मार्टफोन को एक फुल टाइम म्यूजिक प्लेयर या रेडियो की तरह इस्तेमाल कर सकते हैं। इसके दो फायदे होंगे कि एक तो आप अपने पुराने फोन को किसी काम में ला पाएंगे और दूसरा यह कि आप ऐसा करके अपने मेन फोन की बैटरी काफी बचा पाएंगे। इसके अलावा आप फोन को ब्लूटूथ स्पीकर से जोड़ कर, बिना किसी कॉल या मेसेज की वजह से बीच में डिस्टर्ब हुए, आप लगातार म्यूजिक का आनंद ले सकते हैं। इसके अलावा आप चाहें तो एक FM की तरह भी इस्तेमाल में ले सकते हैं। एक फोन को FM बनाने का सबसे बड़ा फायदा यह है कि आप इसमे अलग-अलग ऐप्स की मदद से विदेशी रेडियो चैनल भी सुन पाएंगे।

    ई-बुक रीडर या नोट्स टूल बनाएं
    अगर आपको पढ़ने का शौक है, तो पुराने फोन को ई-बुक रीडर बनाकर इस्तेमाल सकते हैं। आप Amazon Kindle, Google Play Books या अन्य फ्री बुक ऐप्स डाउनलोड करके उसमें किताबें पढ़ सकते हैं। स्क्रीन ब्राइटनेस कम करके आप आंखों को भी आराम दे सकते हैं। इससे आप कहीं भी – बस में, ट्रेन में या बिस्तर पर आराम से पढ़ना जारी रख सकते हैं। टैवल करते हुए ये एक पुराना फोन आपकी चलती-फिरती लाइब्रेरी बन सकता है।

    GPS या कार नेविगेशन सिस्टम बनाएं
    आप अपने पुराने फोन को GPS डिवाइस बनाकर कार में फिक्स कर सकते हैं। इसमें Google Maps या किसी अन्य नेविगेशन ऐप को इंस्टॉल करके इसे फुल टाइम नेविगेशन डिवाइस की तरह काम में लिया जा सकता है। आप एक बार Wi-Fi या मोबाइल डेटा से मैप डाउनलोड करके इसे ऑफलाइन मोड में भी इस्तेमाल कर पाएंगे। आप इसे मोबाइल होल्डर में लगाकर डैशबोर्ड पर रख सकते हैं या कार चार्जर से जोड़ कर इस्तेमाल कर सकते हैं।

  • घर में WiFi के फुल Signal नहीं आ रहे तो अजमाएं ये Trick

    घर में WiFi के फुल Signal नहीं आ रहे तो अजमाएं ये Trick

    टेकः वाई-फाई सभी घरों में आम हो गया है, लेकिन वाई-फाई सिग्नल को लेकर काफी घरों में दिक्कत देखी जाती है। दरअसल कई बार ऐसा होता है कि वाई-फाई के सिग्नल सही से पूरे घर में नहीं आते। इसकी वजह से इंटरनेट स्लो हो जाता है या बार-बार रुकने लगता है। ऐसा तब होता है जब घर बड़ा हो या दीवारें मोटी हों। लोग इसे ठीक करने के लिए नया राउटर या महंगे डिवाइस पर पैसे खर्च करने के बारे सोचने लगते हैं, लेकिन ऐसा जरूरी नहीं है। कुछ आसान और घरेलू तरीकों से भी वाईफाई के सिग्नल को बेहतर किया जा सकता है।

    घर में वाईफाई के सिग्नल अच्छे से आ पाएं इसके लिए राउटर को हमेशा घर के बीचों बीच और खुली जगह पर रखने की सलाह दी जाती है। अगर आपने राउटर किसी कोने में या अलमारी के अंदर रखा है, तो सिग्नल को पूरे घर में ट्रैवल करने में समस्या आएगी। एक्सपर्ट कहते हैं कि राउटर को ऊंचाई पर रखना चाहिए, जैसे किसी मेज या ऊंचे शेल्फ पर। आज चाहें तो इसे छत पर भी अटैच करवा सकते हैं। अगर आप राउटर को सही जगह पर रखते हैं, तो सिग्नल पूरे घर में आसानी से पहुंच पाएगा।

    पुराने राउटर का सॉफ्टवेयर अपडेट करें
    जैसे मोबाइल में सॉफ्टवेयर अपडेट जरूरी होता है, वैसे ही वाईफाई राउटर का फर्मवेयर अपडेट करना भी जरूरी होता है। राउटर के लिए आने वाले अपडेट में बेहतर सिक्योरिटी और तेज नेटवर्क फीचर्स दिए जाते हैं। अगर आपके राउटर में स्पीड या सिग्नल से जुड़ी को समस्या आ रही है, तो हो सकता है कि कंपनी उसे नए अपडेट में ठीक कर चुकी हो। ऐसे में अगर आपका राउटर बहुत पुराने सॉफ्टवेयर पर चल रहा है, तो उसकी परफॉर्मेंस कमजोर हो सकती है। आप राउटर की सेटिंग्स में जाकर उसका फर्मवेयर अपडेट कर सकते हैं।

    राउटर को रीस्टार्ट करते रहें
    अक्सर देखा गया है कि लोग एक बार राउटर को लगाने के बाद उसे कभी ऑफ नहीं करते। इससे वाईफाई की स्पीड धीमी हो जाती है क्योंकि राउटर में बहुत ज्यादा लोड या छोटे-छोटे एरर आ जाते हैं। जैसे इंसानों को लगातार काम करने से थकावट होती है वैसे ही आपका राउटर भी थक कर स्लो हो जाता है। इसे ठीक करने के लिए हफ्ते में एक बार राउटर को बंद करके 1-2 मिनट बाद फिर से चालू करना चाहिए। ऐसा करने से राउटर का सिस्टम रिफ्रेश होता है और नेटवर्क की छोटी-मोटी दिक्कतें अपने आप ठीक हो जाती हैं। अगर आपके राउटर में ऑटोमैटिक रीस्टार्ट का ऑप्शन है, तो उसे ऑन रखना चाहिए।

    वाईफाई रिपीटर या बूस्टर का इस्तेमाल करें
    अगर आपका घर काफी बड़ा है और सिग्नल एक कोने से दूसरे कोने तक नहीं पहुंच पाता, तो वाईफाई रिपीटर या बूस्टर का इस्तेमाल करें। इस डिवाइस की मदद से आप राउटर के सिग्नल की पहुंच को बढ़ा सकते हैं। इसे प्लग में लगाकर आसानी से सेट किया जा सकता है। इसकी मदद से घर के दूर-दराज के हिस्सों में भी तेज वाईफाई सिग्नल पहुंच सकते हैं। यह तरीका बड़े घरों, दफ्तरों या दो मंजिल वाले मकानों के लिए बहुत अच्छा रहता है। बता दें कि आप पुराने राउटर को भी रिपीटर या बूस्टर के तौर पर इस्तेमाल कर सकते हैं।​

    बेकार के डिवाइस नेटवर्क से हटाएं
    घर में जब बहुत सारे डिवाइस एक साथ वाईफाई से जुड़े रहते हैं, तो नेटवर्क पर दबाव बढ़ जाता है। ऐसे में वाइफाई की परफॉर्मेंस कमजोर होना लाजमी है। ऐसे में जिन डिवाइसेज की जरूरत न हो, उन्हें वाईफाई से डिस्कनेक्ट कर देना बेहतर होता है। आप राउटर की सेटिंग में जाकर चेक कर सकते हैं कि कौन-कौन से डिवाइस उससे कनेक्ट हैं। इसके बाद आप आसानी से उन डिवाइसेज को राउटर से डिस्कनेक्ट कर सकते हैं जो बेकार ही आपके राउटर का लोड बढ़ा रहे हैं।

  • फ्रिज Cooling नहीं कर रहा तो Mechanic बुलाने से पहले इन बातों का रखे ध्यान

    फ्रिज Cooling नहीं कर रहा तो Mechanic बुलाने से पहले इन बातों का रखे ध्यान

    टेकः गर्मियों में अकसर देखा गया है कि फ्रिज ठंडा करना बंद कर देता है। ऐसे में लोग परेशान हो जाते है कि उनकी फ्रिज खराब हो गई है और सीधा टेक्निशियन को बुला लेते है। कई बार ये छोटी-छोटी समस्याएं होती है, जिन्हें आप कुछ आसान तरीकों से ठीक कर सकते हैं।

    डीफ्रॉस्ट करें या 24 घंटे के लिए बंद कर दें
    कभी भी फ्रिज ठंडा करना बंद कर दे, तो सबसे पहले उसे डिफ्रॉस्ट करके देखना चाहिए। दरअसल कई बार होता है कि फ्रीजर में जरूरत से ज्यादा बर्फ जम जाने से गैस पाइप में चोक हो जाती है या एयर फ्लो बंद हो जाता है। ऐसे में डीफ्रॉस्ट करने से फ्रिज वापस पहले की तरह काम करना शुरू कर सकता है। आजकल के मॉर्डन फ्रिज में ऑटोमैटिक डीफ्रॉस्ट करने का ऑप्शन आता है, लेकिन अगर आपका फ्रिज पुराना है, तो उसे कम से कम 24 घंटे के लिए ऑफ कर दें और उसका गेट खुला छोड़ दें। ऐसा करने से गैस चोकिंग जैसी समस्या खुद-ब-खुद ठीक हो जाती है।

    इलेक्ट्रिसिटी सप्लाई की जांच करें
    कई बार फ्रिज का ठंडा न करने का संबंध उसकी बिजली सप्लाई से जुड़ा हो सकता है। अगर फ्रिज ठंडक न दे, तो सबसे पहले यह देखना चाहिए कि प्लग सही तरीके से सॉकेट में लगा है या नहीं। कई बार प्लग ढीला होने की वजह से फ्रिज को ठीक से पावर नहीं मिलती और फ्रिज काम करना बंद कर देता है। अगर आप फ्रिज के साथ स्टेबलाइजर का इस्तेमाल कर रहे हैं, तो हो सकता है कि स्टेबलाइजर का कोई फॉल्ट पावर सप्लाई को रोक रहा हो। ऐसे में स्टेबलाइजर को बायपास करके डायरेक्ट बिजली सप्लाई देकर भी चेक कर लें।

    थर्मोस्टेट को चेक करें
    थर्मोस्टेट फ्रिज का वह पार्ट होता है जो फ्रिज के अंदर के तापमान को कंट्रोल करता है। कई बार बिना ध्यान दिए थर्मोस्टेट को जीरो या बहुत कम तापमान पर सेट कर देने से कूलिंग रुक सकती है। सबसे पहले यह देखें कि थर्मोस्टेट की सेटिंग मिडियम या हाई पर है या नहीं। अगर वह बहुत कम पर सेट है, तो उसे मिड पॉइंट या थोड़ा ज्यादा पर सेट करें और कुछ घंटे इंतजार करके चेक करें। बता दें कि कुछ फ्रिज में डिजिटल थर्मोस्टेट होता है जिसमें तापमान नंबर में दिखाई देता है, जबकि पुराने मॉडल्स में डायल होता है। ऐसे में टेक्निशियन को बुलाने से पहले देख लें कि आपका फ्रिज सही तापमान पर सेट है या नहीं।

    गेट की रबर (डोर गैस्केट) को साफ करें
    कई बार फ्रिज का दरवाजा ठीक से बंद न होने की वजह से भी फ्रिज की ठंडक फीकी पड़ जाती है। अगर आपके भी फ्रिज का दरवाजा पूरी तरह से बंद नहीं हो रहा और ठंडी हवा बाहर निकल जाती है तो गेट की रबर यानी डोर गैस्केट को साफ करके देखें। यह रबर समय के साथ ढीली, गंदी या फट सकती है। सबसे पहले यह देखें कि रबर जगह-जगह से उभरी हुई तो नहीं है। फिर एक कागज की शीट को दरवाजे में फंसाकर देखे। अगर वह आसानी से निकल आए, तो रबर में ढीलापन है। अगर रबर पर गंदगी है, तो गीले कपड़े या ब्रश से अच्छी तरह सफाई करें। गंदगी हटाने से रबर फिर से चिपकने लगती है और दरवाज़ा अच्छे से बंद होता है। वहीं रबर बहुत खराब हो चुकी हो, तो उसे बदलवाना ही सही होगा। हालांकि कई बार सिर्फ सफाई करने और रबर को दबाकर सेट करने से ही समस्या सही हो जाती है।

    कंडेंसर कॉइल की सफाई करें
    फ्रिज के पीछे लगे काले रंग के कॉइल्स को कंडेंसर कॉइल कहा जाता है। इसका काम फ्रिज से गर्मी निकालकर उसे बाहर करना होता है। इन कॉइल्स पर धूल-मिट्टी जम जाने से भी फ्रिज की ठंडक में कमी आ सकती है। इसे साफ करना बहुत आसान होता है। इसके लिए पहले फ्रिज का प्लग निकाल लें, फिर पीछे जाकर कॉइल्स को देखिए। अगर उन पर बहुत धूल-मिट्टी जमी हो तो सूखे ब्रश या वैक्यूम क्लीनर से उसकी धीरे-धीरे सफाई करें। एक साल में कम से कम दो बार इनकी सफाई करने से फ्रिज की लाइफ बढ़ जाती है। ऐसे में जब कभी फ्रिज की ठंडक बैठ जाए, तो मेकैनिक को बुलाने से पहले इन हैक्स को अपनाएं। इससे आपके समय और पैसे दोनों की बचत होगी।