भीषण सड़क हादसे में परिवार के 5 लोगों की हुई मौत

आरा: बिहार के आरा-बक्सर नेशनल हाइवे पर गजराजगंज ओपी क्षेत्र के बीवीगंज गांव के पास वीरवार सुबह विंध्याचल से लौट रहे महेंद्रा (TUV 300) गाड़ी अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकरा गई। टक्कर इतना जबरदस्त था कि गाड़ी पर सवार तीन लोगों की घटनास्थल और दो ने इलाज के लिए आरा सदर अस्पताल लाने के दौरान रास्ते में ही दम तोड़ दिया जबकि दो लोग गंभीर रूप से जख्मी हो गए। वहीं, टक्कर में गाड़ी के भी परखच्चे उड़ गए। घटना को लेकर आसपास के इलाके में काफी देर तक अफरा-तफरी मची रही। वहीं, घटना की सूचना मिलते ही गजराजगंज ओपी इंचार्ज हरि प्रसाद शर्मा पुलिस बल के साथ तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे और पुलिस जवानों द्वारा ही सभी को एंबुलेंस पर लाद पोस्टमॉर्टम के लिए अस्पताल भेज दिया गया। इसके बाद पुलिस द्वारा इसकी सूचना मृतकों के परिजनों को दी गई।

एक ही परिवार के 5 लोगों की मौत की खबर सुनते ही मृतकों के परिजन बदहवास होकर आरा सदर अस्पताल पहुंचे, जिसके बाद पुलिस ने शव का पोस्टमॉर्टम अस्पताल में करवाया। जानकारी के अनुसार मृतकों में अजीमाबाद थाना क्षेत्र के कमरियां गांव निवासी 56 वर्षीय भूप नारायण पाठक, 50 वर्षीया पत्नी रेणु देवी, 28 वर्षीय पुत्र विपुल पाठक, 25 वर्षीया पुत्री अर्पिता पाठक और 3 साल का पोता हर्ष पाठक शामिल है जबकि जख्मी लोगों में 25 साल की बहू मधु देवी और 4 साल की पोती बेली कुमारी शामिल है और दोनों का इलाज आरा सदर अस्पताल में जारी है।

इधर, मृतक के भतीजे शिबू पाठक ने बताया कि सोमवार रक्षाबंधन के दिन सभी लोग महिंद्रा (TUV 300) गाड़ी पर सवार होकर उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर जिले के विंध्याचल दर्शन के लिए गए थे। गुरुवार की सुबह सभी लोग विंध्याचल से दर्शन कर वापस पटना लौट रहे थे। लौटने के दौरान विपुल पाठक गाड़ी चला रहे थे। जैसे ही उनकी गाड़ी बीवीगंज गांव के पास ओवर ब्रिज पर पहुंची। उसी दौरान उनकी गाड़ी बेकाबू होकर पुल के डिवाइडर से टकरा गई, जिसमें भूप नारायण पाठक, उनकी पत्नी रेणु देवी और पुत्र विपुल पाठक की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। जबकि उनकी पुत्री अर्पिता पाठक और पोता हर्ष पाठक ने इलाज के लिए आरा सदर अस्पताल लाने के दौरान दम तोड़ दिया।

वहीं, गाड़ी पर सवार उनकी बहू मधु देवी और पोती बेली कुमारी गंभीर रूप से जख्मी हो गई, जिनका इलाज आरा सदर अस्पताल में कराया जा रहा है। सभी लोग रक्षाबंधन के दिन हंसी-खुशी गाड़ी पर सवार होकर विंध्याचल दर्शन करने गए थे लेकिन उनके परिवार वालों क्या मालूम था कि यह उनकी जिंदगी का आखिरी दर्शन होगा। उधर, एक ही परिवार के पांच लोगों की मौत की ख़बर मिलते ही मृतकों के परिवार के लोगों में मातम पसर गया और देखते ही देखते एक ही परिवार का एक वंश खत्म हो गया। इस घटना के बाद मृतकों के परिवार के सभी सदस्यों का रो-रोकर बुरा हाल है।

Comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *