डेली संवाद, बरनाला। Rahul Gandhi: पंजाब के बरनाला में शनिवार को आयोजित कांग्रेस की मजदूर महारैली में वरिष्ठ नेता राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने पार्टी के भीतर गुटबाजी को लेकर कड़ा संदेश दिया। रैली में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। अपने संबोधन में राहुल गांधी ने स्पष्ट कहा कि पार्टी में टीम वर्क सबसे जरूरी है और व्यक्तिगत महत्वाकांक्षाओं से ऊपर संगठन को रखना होगा।
राहुल गांधी ने कहा, “मैं कांग्रेस पार्टी को संदेश देना चाहता हूं कि काम टीम वर्क से होता है। एक खिलाड़ी अकेले मैच नहीं जीत सकता। हमारे पास पूरी टीम है, लेकिन सभी को टीम प्लेयर बनना होगा। अगर कोई टीम प्लेयर नहीं बनेगा तो उसे रिजर्व में बैठा दिया जाएगा।” उन्होंने यह भी जोड़ा कि चाहे कोई कितना भी बड़ा नेता क्यों न हो, पार्टी से बड़ा कोई नहीं है।
राहुल गांधी ने कहा कि अगर पार्टी अनुशासन का पालन नहीं किया गया तो वे और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खडगे (Mallikarjun Kharge) मिलकर आवश्यक कदम उठाएंगे। उन्होंने मंच पर मौजूद वरिष्ठ नेताओं की ओर इशारा करते हुए कहा कि कांग्रेस की असली ताकत उसके कार्यकर्ता हैं और पंजाब में जो भी होगा, वह कार्यकर्ताओं के सम्मान और भागीदारी से होगा।
अपने भाषण के दौरान राहुल गांधी ने केंद्र सरकार पर भी निशाना साधा। उन्होंने दावा किया कि पिछले चार महीनों से अमेरिका-भारत के बीच एक महत्वपूर्ण डील रुकी हुई थी। उन्होंने कहा कि संसद में जब वे इस मुद्दे पर बोल रहे थे तो उनका भाषण रोका जा रहा था। उसी शाम प्रधानमंत्री का फोन अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) को गया। राहुल गांधी ने कहा कि यह बात उन्होंने नहीं, बल्कि ट्रंप ने खुद ट्वीट के माध्यम से कही थी।
उन्होंने आरोप लगाया कि इस डील के तहत सोयाबीन दाल, अखरोट और बादाम जैसे कृषि उत्पादों को लेकर अमेरिकी आयात के लिए रास्ता खोल दिया गया है। राहुल गांधी ने कहा कि इससे हिमाचल प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, राजस्थान, छत्तीसगढ़ और ओडिशा के किसानों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। उनका कहना था कि यदि विदेशी कृषि उत्पाद बड़े पैमाने पर भारत में आते हैं तो स्थानीय किसानों को नुकसान उठाना पड़ सकता है।
राहुल गांधी ने सवाल उठाया कि जो फैसला चार महीने तक नहीं लिया गया, वह 15 मिनट में कैसे हो गया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस इस मुद्दे को किसानों और आम जनता के हित में उठाती रहेगी। रैली के अंत में उन्होंने कार्यकर्ताओं से एकजुट होकर संगठन को मजबूत करने का आह्वान किया और कहा कि पंजाब में कांग्रेस को मजबूती देने के लिए अनुशासन और सामूहिक प्रयास जरूरी हैं।
