ऊना/सुशील पंडित: गगरेट मंडल के गोकुल नगर अप्पर भंजाल डाक घर सुंकाळी में निर्माणाधीन शिद्ध माँ बगलामुखी 16सतम्भ 51फ़ीट मंदिर तथा श्री महाकाल मंदिर में मकर स्क्रांति के शुभ अवसर पर एक दिवसीय मां बगलामुखी हवन किया गया जिसमे इलाके के लोगों ने बढ़ चढ़ कर भाग लिया।
यह जानकारी देते हुए मंदिर निर्माण के संयोजक यति सत्यदेवानंद सरस्वती महाराज शिष्य महामंडलेश्वर यति नरसिंहानन्द गिरी श्र महाराज ने प्रेस बिज्ञप्ति जारी करके बताया कि इस बार का मकर स्क्रांति का योग कई बर्षों बाद हुआ है कि सक्रांति और एकादशी एक साथ योग बना है। इसमें किया हुआ कोई भी धर्म के कार्य का विशेष फल मिलता है। धर्म चर्चा मे उन्होंने बताया की योगेश्वर श्री कृष्ण ने गीता मे यज्ञ दान और तप 3 करणीय कर्म बताये हैँ जो प्रत्येक मानव को करते रहना चाहिए। इससे देवताओं को बल मिलता है और फिर बह हमे शुभ फल देते है।
जब से हमने इनको त्यागा है और नए नए पंथ स्वीकार किये है तक से हम अपने धर्म और संस्कृति से दूर होते चले गये तब से हमारी दुर्गति आरम्भ हो गई है अब हर सनातनी का यह नैतिक कर्तव्य है कि वो अपने धर्म और संस्कृति को पहचाने तथा अपने धर्म की तरह बापिस लोटे।
गोकुल नगर अप्पर भंजाल मे मकर स्क्रांति पर मां बगलामुखी का हवन व धर्म चर्चा: यति सत्यदेवांनद सरस्वती महाराज

Leave a Reply