5 साल के बच्चे की कुत्ते के काटने से मौत, 3 इंजेक्शन लगवाने के बाद भी बिगड़ी तबीयत

Written by

in

आगराः पिनाहट के अतैयापुरा गांव में हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। जहां, एक 5 साल के बच्चे की कुत्ते के काटने से मौत हो गई। कुत्ते ने घर के बाहर खेलते समय बच्चे के सिर और चेहरे पर काट लिया था। परिवार ने उसे 3 रैबीज के इंजेक्शन भी लगवाए थे, फिर भी उसकी हालत बिगड़ती गई और वह कुत्तों की तरह हरकतें करने लगा। बाद में परिवार के लोग उसे आगरा और फिर दिल्ली ले गए। सफदरजंग अस्पताल से लौटने के बाद बच्चे की मौत हो गई। घटना से इलाके में शोक व दहशत का माहौल बना हुआ है।

जानकारी मुताबिक, कुंवर सिंह अपनी पत्नी मनीषा और 3 बच्चे सुरभि (10) , मोहित (8), छोटू (5) के साथ पिनाहट के अतैयापुरा गांव में रहता है। कुंवर सिंह ने बताया वह 9 जनवरी को गांव से बाहर कुछ काम से गया था। घर पर उनकी पत्नी और बच्चे थे। घर के बाहर शाम के समय उनका सबसे छोटा बेटा छोटू खेल रहा था। इस दौरान अचानक एक पागल कुत्ता आया और उसने छोटू को काटने की काेशिश की। इससे वह डर कर गिर गया। वहां कुत्ते ने उसके सिर और चेहरे पर काट लिया। पत्नी और अन्य परिवार के लोग बच्चे को लेकर पिनाहट सीएचसी लेकर पहुंचे। वहां डॉक्टरों ने उसे नहीं देखा। पर्चा बनाकर भेज दिया। इसके बाद हम लोग उसे प्राइवेट हॉस्पिटल में ले गए। बाहर से इंजेक्शन खरीदकर लगवाया। 9 को एंटी रैबीज का इंजेक्शन लगवाने के बाद हम दोबारा सीएचसी पिनाहट गए। फिर 12 और 16 जनवरी को टीका लगवाया। तीसरा वैक्सीनेशन लगवाने के बाद बेटे को बुखार आ गया और उसकी तबीयत बिगड़ने लगी। वह अजीब सी हरकतें करने लगा।

फिर 17 जनवरी को हम उसे आगरा के एसएन मेडिकल कालेज में ले गए। दो दिन के इलाज के बाद भी कुछ फायदा नहीं। इसके बाद हम उसे घर ले आए। लेकिन बच्चे की तबीयत बिगड़ने लगी तो हम उसे 26 जनवरी को दोबारा आगरा ले गए। लेकिन इस बार डॉक्टरों ने जवाब दे दिया। वह इसके बाद 27 जनवरी को बच्चे को दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल ले गए। वहां भी डॉक्टरों ने मना कर दिया। बाद में उसकी मौत हो गई।

पड़ोसियों के मुताबिक, करीब डेढ़ महीने पहले स्कूल जाते हुए उसको कुत्ते ने काट लिया था। चोट ज्यादा नहीं आई थी। इसलिए बच्चे ने घर में कुत्ते काटने के बारे में किसी को कुछ नहीं बताया। अचानक उसकी तबियत बिगड़ी थी। वो कुत्ते की तरह हरकत करने लगा था। इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई थी।

Comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *