Glenmark company की नकली दवा बनाने वाली Aclime Formulation company sealed

बददी/सचिन बैंसल: बददी के थाना गांव में स्थित एक कंपनी मैसर्स एक्लीम फॉर्म्युलेशन में नकली दवाएं भारी मात्रा पकड़ी गई। इस कंपनी के पास  खाद्य लाईसेंस था लेकिन यह अन्य नामी कंपनियों के नाम पर फर्जी दवाईयां बना रहा था। राज्य ड्रग नियंत्रक विभाग ने  औषधि एवं प्रसाधन सामग्री अधिनियम के उल्लंघन की पुष्टि होने पर कंपनी को सीजकर दिया है। कंपनी के खिलाफ मामला दर्ज कर अदालत को सूचित कर दिया गया है।  एक माह के भीतर यह दूसरा मामला ड्रग विभाग ने पकड़ा है।

विभाग के औषधि निरीक्षक लवली ठाकुर ने इस संबंध में राज्य औषधि नियंत्रक नवनीत मारवाह को सूचित किया। राज्य औषधि नियंत्रक ने तुरंत एक टीम गठित की जिसमें ड्रग इंस्पेक्टर अनूप शर्मा, लवली ठाकुर, ललित कुमार, सुरेश कुमार, रजत कुमार और अक्षय ने कंपनी में दबिश दी। वीरवार की रात के समय पुलिस और गवाहों के साथ ड्रग इंस्पेक्टरों की टीम ने मेसर्स एक्क्लाइम फॉर्म्युलेशन परिसरों पर छापा मारा। उस समय फर्म का मालिक गिरिराज तोमर परिसर में मौजूद नहीं थे और परिसर में लगभग दस कर्मचारी मौजूद थे। कब्जाधारी सूचना देने के बावजूद जांच में शामिल होने के लिए नहीं आया। 

इसलिए परिसर में कार्यकर्ताओं, गवाहों और पुलिस कर्मियों की मौजूदगी में तलाशी अभियान चलाया गया। इसके अलावा यह पाया गया कि फर्म के पास एफएसएसएआई की ओर से जारी खाद्य लाइसेंस है और उसके पास कोई दवा निर्माण लाइसेंस नहीं है।

तलाशी के दौरान टीम ने फर्म के परिसर के पास के परिसरों और दुकानों से नीचे एलोपैथिक दवाएं बरामद कीं। जिसमें गलेनमार्क कंपनी की 301 टेलमा एच की 301 टेबलेट, बेच नंबर प्रिंट करने के गलेनमार्क कंपनी की रबर स्टिरियो 28 नंबर,  टेलमा एच टेबलेट की पैकिंग के लिए इस्तेमाल की जाने वाली प्रिंटेड फॉयल. टेलमा एच टेबलेट की पेकिंग के दौरान खाली स्ट्रिप और स्कैप, दवाई के निर्माण में इस्तेमाल की जाने वाली मशीन सीज की गई। इसके साथ टेलमा एच टेबलेट के सैंपल भी लिए गए।  राज्य दवा नियंत्रक नवनीत मरवाह ने बताया कि  बरामद दवाओं, मुद्रित पैकिंग सामग्री, रबर स्टीरियो और स्क्रैप को परिसर से जब्त किया गया। चूंकि नकली दवाओं के निर्माण के लिए उपयोग की जाने वाली सभी मशीनरी और उपकरणों को जब्त करना संभव नहीं था, इसलिए परिसर को श्रमिकों, गवाहों और पुलिस अधिकारियों की उपस्थिति में सील कर दिया गया था।नकली दवाओं की बिक्री के लिए निर्माण, लाइसेंस के बिना दवाओं के निर्माण आदि का मामला अपराधियों के खिलाफ प्रसाधन सामग्री अधिनियम के तहत धारा 18(सी), धारा 18(ए)(द्ब) के साथ पठित 17बी, 18(ए) आदि के तहत दर्ज किया गया है।

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