जालंधरः एक बार फिर पुलिस और महंतों में हुई झड़प, देखे वीडियो

जालंधर, वरुण/हर्षः महानगर में कुछ वर्ष पहले नकोदर चौक पर कमिशनरेट पुलिस के मुलाजिमों और महंतों के बीच हाईवोल्टेज ड्रामा देखने के मिला था। यह घटना शहर में अच्छी-खासी चर्चा का विषय बनी थी। जिसका कड़ा संज्ञान लेते हुए पुलिस ने महंतों पर डयूटी के दौरान हस्तापेक्ष करने को लेकर महंतों पर मामला दर्ज किया था। वहीं गत दिवस एक बार फिर से डयूटी दौरान पुलिस कर्मी और महंतों के बीच के बीएमसी चौक पर भारी हंगामा देखने को मिला।

दरअसल, ट्रैफिक लाइट पर भीख मांगने वाले भिखारियों व महंतों को हटाने के आदेश पुलिस कमिश्नर कुलदीप चाहल ने पिछले दिनों जारी किए थे। पुलिस का कहना है कि शहर में भिखारी तो कम हो गए, लेकिन महंतों ने माहौल खराब करना शुरू कर दिया है। इस मामले को लेकर जब ट्रैफिक पुलिस कर्मचारियों ने बीएमसी पर महंतों (ट्रांसजेंडर) को भीख मांगने से रोका तो उन्होंने ट्रैफिक पुलिस के दो एएसआई के साथ हाथापाई करनी शुरू कर दी। ट्रैफिक पुलिस कर्मियों ने इसकी वीडियो बना ली।

संविधान चौक पर ड्यूटी दे रहे ट्रैफिक पुलिस के एएसआई करणजीत सिंह ने बताया कि उन्हें पुलिस कमिश्नर ने सख्त आदेश दिए हैं कि जो भी भिखारी या महंत भीख के नाम पर लोगों को परेशान कर रहे हैं, उनको वहां से हटा दिया जाए। उन्होंने महंतों को भीख मांगने से रोका। इस पर एक महंत धक्का करने लगा और उन्होंने विरोध किया तो वो उनसे हाथापाई करने लगा और बदतमीजी करते हुए गाली गलौज किया। जब बाकी पुलिस कर्मी वहां पर पहुंचे तो उसके बाद महंत वहां से इधर-उधर निकल गए। एएसआई करणजीत सिंह ने बताया कि इस पूरी घटना की जानकारी वह अपने उच्च अधिकारियों को देंगे और आगे भी ऐसी कार्रवाई जारी रखेंगे।

वहीं ट्रैफिक पुलिस के एएसआइ जसविंदर सिंह ने कहा कि महंतों के भेष में यह लड़के हैं जो भीख मांगने के साथ चोरी का काम भी करते हैं। उन्होंने कहा कि जब उन्होंने जाकर उन्हें रोका तो उन्होंने उनकी वर्दी पर हाथ डाल दिया और उनसे बदतमीजी करनी शुरू कर दी। उन्होंने घटना के सबंध में अपने उच्च अधिकारियों को जानकारी दे दी है। उधर, एडीसीपी ट्रैफिक कंवलप्रीत सिंह ने कहा कि इस मामले की जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी चौराहों पर भीख मांगने के नाम पर परेशानी बने भिखारियों और महंतों को वहां से खदेड़ दिया जाएगा।

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