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  • होशियारपुरः विदेश भेजने के नाम पर ठगी करने वालों के खिलाफ मामला दर्ज, देखें वीडियो

    होशियारपुरः विदेश भेजने के नाम पर ठगी करने वालों के खिलाफ मामला दर्ज, देखें वीडियो

    दसूहाः पुर्तगाल भेजने के नाम पर 14 लाख की ठगी के मामले में दसूहा पुलिस ने तीन आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। पुलिस ने जांच के दौरान गज्जन सिंह, गुरुमुख सिंह, गज्जन सिंह की पत्नी सतवीर कोर वासी सरीपुर दसूहा के खिलाफ 420, 406, 34, 10 इमिग्रेशन एक्ट के अधीन मामला दर्ज किया है। अभी तक दसूहा पुलिस तीनों आरोपियों में से किसी को वी गिरफ्तारी नहीं कर पाई।


     
    शिकायतकर्ता बलवीर सिंह निवासी सदरपुर थाना दसूहा ने जून महीने में पुलिस कप्तान होशियारपुर को दी शिकायत में बताया की पास के ही गांव सरीपुर के गज्जन सिंह, बेटा गुरबाज सिंह, पत्नी सतवीर कोर द्वारा लोगों को विदेश भेजने की बात बताई। जिसके आधार पर उन्होंने अपने बेटे अविनवनीत सिंह को पूर्तकाल भेजने की बात बताई जिसके बाद एजेंटों ने पुर्तकाल भेजने के नाम पर 14 लाख रुपए का खर्चा बताया जहां 4 लाख रुपए पहले और 10 लाख बाद में देने की सहमति की गई। कुछ समय के बाद फोन पर बताया गया की उनके बेटे का काम बन गया फिर बेटे की फ्लाईएट की टिकट ले ली गई। आपसी सहमति पर हमारे द्वारा पहले देने की तय राशि के अनुसार इन्हे 4 लाख रुपए की राशि दे दी गई।

    इनके द्वारा बेटे को पहले दिल्ली से अरब कंट्री अजर-बाई जान के बाकू शहर में भेजा गया। जहां पर बेटे को 4 माह से अधिक रखा गया। ओर बात करने पर यही आश्वाशन दिए के जल्द ही पुरतकाल की फ्लाइट करवा दी जाएगी। जिसके बाद एजेंटों ने बताया की आपके बेटे की पुर्तकाल की फ्लाइट करवा दी गई है अब बाकी की राशि भी दे जाएं तभी उसको पुर्तकाल पहुंचाया जाएगा। हमने इन्हे 10 लाख की राशि भी दे दी।

    इनके द्वारा हमारे साथ झूठ बोलकर बाकी की राशि भी ले ली और बेटे को वहां से दुबई भेज दिया गया। पूछने के बाद इनके द्वारा आनाकानी की जाने लगी। जिसके बाद हम ने अपने बेटे को दुबई से 1.25 लाख का अन्य खर्चा कर इंडिया बुलाया। जिसके बाद हमारे द्वारा इनसे अपनी दी गई राशि को वापिस करने के लिए बात की गई लेकिन इनके द्वारा हमे केवल आश्वाशन ही दिए गए। तत्पश्चात इन सभी की जिला पुलिस को शिकायत की गई। उन्होंने पुलिस प्रशासन इनकी है कि उक्त एजेंटों पर कानूनी कार्रवाई की जाए और हमारी दी हुई राशि वापस कराई जाए।

  • बीबीएन में वरुण देवता का कहर, बददी आने वाले सभी रोड बन्द, पुल टूटे

    बीबीएन में वरुण देवता का कहर, बददी आने वाले सभी रोड बन्द, पुल टूटे

    बीबीएन के पुल बन्द, हरियाणा व पंजाब से टूटा संपर्क

    टापू बनकर रह गया बददी

    बददी/सचिन बैंसल : लगातार तीसरे दिन हो रही भारी बारिश से आखिर एशिया का सबसे बडा इंडस्ट्रियल एरिया अब एक टापू बनकर रह गया है। बददी की कनेक्टिवीटी हरियाणा के साथ साथ पूरे भारत से कट गई है। चारो ओर त्राहि त्राहि मची हुई है और प्रशासन भी हाथ खडे नजर आ रहे हैं। पहाड़ के पानी से सोलन जिले का मैदान इलाका पूरी तरह हिल गया है। कसौली फुटहिल्स की पहाडियों से होकर बददी बरोटीवाला पहुंच पानी ने इतना रौद्र रुप दिखाया कि उसने यहां के दोनो पुल हिला दिए। झाडमाजरी के नए लक्कड डिपो पुल में हल्की सी दरारें आने से उसको रोका गया है वहीं बददी-पिंजौर हाईवे पर बना पुल भी आवागमन के लिए बंद कर दिया गया है। वहीं हिमाचल प्रदेश के इस औद्योगिक हब के लिए एक और बुरी खबर सामने आई जब चरणियां कीरतपुर पुल (पंचकूला) हरियाणा सोमवार को बारिश का दबाव न झेल सका और चल बसा। इस पुल के कारण अब बददी का संपर्क दिल्ली-अंबाला से टूट गया है। अब मालवाहक वाहन नालागढ़ रोपड ही हरियाणा व दिल्ली जा पाएंगे। कुल मिलाकर पिछले दो दशक की सरकारों की अनदेखी व दूरदर्शिता होने के कारण व भविष्य के संकटों व आहट की ओर ध्यान ने देने से आजादी के बाद पहली बार ऐसी स्थिति बनी है। इस कारण हिमाचल का उद्योग जगत पूरी तरह से हिल गया है। कंपनियों को रोज करोडों रुपये का नुक्सान झेलना पड रहा है।
    कल शाम से ही बीबीएन से दिल्ली मुंबई व जयपुर के लिए ट्रक रवाना नहीं हो पाए। आज ट्रकों को आज थी हम तैयार माल लेकर निकलेंगे लेकिन तब पुलिस ने मेन हाईवे बददी टोल बैरियर पुल को एहतियात के तौर पर बंद कर दिया। उसके बाद ट्रकों ने कोशिश की कि वो बरोटीवाला से होकर जाएं तो झाडमाजरी पुल को पुलिस ने बंद कर दिया। उसके बाद चरणियां हरियाणा का पुल गिर गया जिससे हरियाणा जाना भी एक मिशन कश्मीर हो गया। हालांकि पुलिस प्रशासन व बिजली बोर्ड मोर्चा संभाले रहा लेकिन ट्रैफिक की वजह व औद्योगिक कर्मचारियों की वजह से प्रशासन को दिक्कतें झेलनी पडी। यह कर्मचारी अपनी जान की परवाह न करते पुलों से निकलने पर आमदा थे और रोके नहीं रुक रहे थे। बाद में सीपीएस रामकुमार ने आपदा प्रबंधन को लेकर एसपी आफिस में अधिकारियों संग बैठक करके उनको उचित दिशा निर्देश दिए। उन्होने कहा कि वो स्वयं भी दिन रात इस आपदा में हर चीज पर स्वयं नजर रखे हुए हैं और स्वयं मौके पर जाकर जायजा ले रहे हैं।
    इस विषय में फेडरेशन आफ इंडियन इंडस्ट्रीज के प्रदेश प्रवक्ता सुरेंद्र शर्मा व युवा उद्यमी राहुल बंसल ने कहा कि दो दशक पहले पैकेज आया था लेकिन तब से सरकारों ने बददी बरोटीवाला को मात्र टैक्स उगाही का जरिया बनाकर रखा और विकास की ओर ध्यान नहीं दिया। नालागढ़ प्रशासन की बरसात पूर्व की तैयारियां अधूरी थी।  मारुति इंडस्ट्रीज के निदेशक पंकज गुप्ता ने कहा कि अगर सरकारों ने भविष्य के संकटों का दूरदर्शिता से हल किया होता तो बददी आज काला पानी की तरह टापू न बनता।
     
    कैपशन-बददी टोल बैरियर पर बंद किया गया ट्रैफिक। बददी-1
    कैपशन-लक्कड पुल झाडमाजरी पर रोका गया ट्रैफिक। बददी-2
    कैपशन-बददी नालागढ हाईवे पर डयूटी पर जाते कामगार। बददी-3
    कैपशन-बाल्द नदी पर पहाडों से आए हुए पानी का जोरदार बहाब। बददी-4
  • ਪੰਜਾਬ: ਪੁਲਿਸ ਵਿੱਚ ਭਰਤੀ ਕਰਾਉਣ ਦੇ ਨਾਮ ਤੇ ਮਾਰੀ ਕਰੋੜਾਂ ਦੀ ਠੱਗੀ, ਦੇਖੋ ਵੀਡੀਓ

    ਪੰਜਾਬ: ਪੁਲਿਸ ਵਿੱਚ ਭਰਤੀ ਕਰਾਉਣ ਦੇ ਨਾਮ ਤੇ ਮਾਰੀ ਕਰੋੜਾਂ ਦੀ ਠੱਗੀ, ਦੇਖੋ ਵੀਡੀਓ

    ਮੁਕੇਰੀਆਂ। ਪੁਲਿਸ ਨੇ ਭੋਲੇ ਭਾਲੇ ਨੌਜਵਾਨਾ ਨੂੰ ਪੰਜਾਬ ਪੁਲਿਸ ਵਿੱਚ ਭਰਤੀ ਕਰਾਉਣ ਦਾ ਝਾਂਸਾ ਦੇ ਕੇ ਕਰੀਬ 30-35 ਨੌਜਵਾਨਾ ਨਾਲ 2 ਕਰੋੜ 58 ਲੱਖ ਦੀ ਠੱਗੀ ਮਾਰਨ ਵਾਲੇ ਗਿਰੋਹ ਦੇ ਮੈਂਬਰਾਂ ਨੂੰ ਕਾਬੂ ਕਰਨ ਵਿੱਚ ਸਫਲਤਾ ਹਾਸਲ ਕੀਤੀ ਹੈ। ਜਾਣਕਾਰੀ ਦਿੰਦੇ ਹੋਏ ਮੁਕੇਰੀਆਂ ਦੇ ਡੀ.ਐਸ.ਪੀ. ਕੁਲਵਿੰਦਰ ਸਿੰਘ ਵਿਰਕ ਨੇ ਦੱਸਿਆ ਕਿ ਪੁਲਸ ਭਰਤੀ ਦੇ ਨਾਂ ਤੇ ਕਰੋੜਾਂ ਰੁਪਏ ਠੱਗਣ ਵਾਲੇ ਗਿਰੋਹ ਦੇ ਤਿੰਨ ਮੈਂਬਰਾਂ ਨੂੰ ਪੁਲਸ ਨੇ ਕਾਬੂ ਕੀਤਾ ਹੈ। ਜਿਸ ਵਿੱਚ ਇੱਕ ਮੁਲਜ਼ਮ ਆਪਣੇ ਆਪ ਨੂੰ ਵਿਜੀਲੈਂਸ ਦਾ ਡੀ.ਐਸ.ਪੀ ਅਤੇ ਦੂਜਾ ਆਪਣੇ ਆਪ ਨੂੰ ਪੰਜਾਬ ਪੁਲਿਸ ਦਾ ਸਬ-ਇੰਸਪੈਕਟਰ ਤੇ ਆਪਣੇ ਤੀਸਰਾ ਆਪ ਨੂੰ ਪੁਲਿਸ ਮੁਲਾਜਮ ਦੱਸਦਆ ਸੀ।

    ਇਸ ਗਰੋਹ ਵਲੋਂ ਮੁਕੇਰੀਆ ਇਲਾਕੇ ਦੇ ਕਰੀਬ 30-35 ਨੌਜਵਾਨਾ ਨੂੰ ਪੰਜਾਬ ਪੁਲਿਸ ਵਿੱਚ ਸਿਪਾਹੀ ਭਰਤੀ ਕਰਾਉਣ ਦੇ ਨਾਮ ਤੇ ਕਰੀਬ 2 ਕਰੋੜ 58 ਲੱਖ ਰੁਪਏ ਦੀ ਠੱਗੀ ਮਾਰੀ ਹੈ। ਇਸ ਗਰੋਹ ਵੱਲੋਂ ਭੋਲੇ-ਭਾਲੇ ਨੌਜਵਾਨਾਂ ਨੂੰ ਉਹਨਾਂ ਦੇ ਪੰਜਾਬ ਪੁਲਿਸ ਦੇ ਸਿਪਾਹੀ ਰੋਕ ਦੇ ਜਾਅਲੀ ਆਈ. ਡੀ ਕਾਰਡ ਅਤੇ ਜੁਆਨਿੰਗ ਲੈਟਰ ਬਣਾ ਕੇ ਪੁਲਿਸ ਦੀਆਂ ਵਰਦੀਆਂ ਪਵਾ ਕੇ ਆਰਮੀ ਦੀ ਦੁਸ਼ਹਿਰਾ ਗਰਾਉਡ ਜਲੰਧਰ ਅਤੇ ਅੰਮ੍ਰਿਤਸਰ ਅਤੇ ਫਿਲੋਰ ਕਿਰਾਏ ਦੇ ਕਮਰੇ ਲੈ ਕੇ ਟਰੇਨਿੰਗ ਕਰਵਾਉਂਦੇ ਸਨ, ਅਤੇ ਉਹਨਾਂ ਦੇ ਬੈਂਕ ਦੇ ਅਕਾਉਟ ਖੁਲਵਾ ਕੇ ਉਸ ਵਿੱਚ 2-3 ਮਹੀਨੇ ਦੀ ਤਨਖਾਹ 8 ਤੋਂ 10 ਹਜਾਰ ਰੁਪਏ ਪਾਉਦੇ ਸਨ। ਪੁਲਿਸ ਨੇ ਆਰੋਪੀ ਨੂੰ ਗ੍ਰਿਫਤਾਰ ਕਰਕੇ ਮਾਮਲਾ ਦਰਜ ਕਰਕੇ ਅਗਲੀ ਕਾਰਵਾਈ ਸ਼ੁਰੂ ਕਰ ਦਿੱਤੀ ਹੈ।

  • ਪੰਜਾਬ: ਆਂਗਨਵਾੜੀ ਵਰਕਰਾਂ ਨੇ ਡਿਪਟੀ ਕਮਿਸ਼ਨਰ ਦਫ਼ਤਰ ਦਾ ਕੀਤਾ ਘਿਰਾਓ, ਦੇਖੋ ਵੀਡੀਓ

    ਪੰਜਾਬ: ਆਂਗਨਵਾੜੀ ਵਰਕਰਾਂ ਨੇ ਡਿਪਟੀ ਕਮਿਸ਼ਨਰ ਦਫ਼ਤਰ ਦਾ ਕੀਤਾ ਘਿਰਾਓ, ਦੇਖੋ ਵੀਡੀਓ

    ਗੁਰਦਾਸਪੁਰ: ਅੱਜ ਪੂਰੇ ਪੰਜਾਬ ਵਿਚ ਆਂਗਨਵਾੜੀ ਵਰਕਰਾਂ ਆਪਣੀ ਮੰਗਾਂ ਨੂੰ ਲੈ ਕੇ ਡਿਪਟੀ ਕਮਿਸ਼ਨਰਾਂ ਦੇ ਦਫਤਰਾਂ ਦਾ ਘੇਰਾਓ ਕੀਤਾ ਹੈ ਜਿਸ ਦੇ ਸੰਬੰਧ ਵਿੱਚ ਅੱਜ ਗੁਰਦਾਸਪੁਰ ਵਿੱਚ ਵੀ ਜ਼ਿਲ੍ਹੇ ਭਰ ਤੋਂ ਆਈਆਂ ਆਂਗਣਵਾੜੀ ਵਰਕਰਾਂ ਆਪਣੀਆਂ ਮੰਗਾਂ ਨੂੰ ਲੈ ਕੇ ਰੋਸ ਪ੍ਰਦਰਸ਼ਨ ਕੀਤਾ ਅਤੇ ਕੇਂਦਰ ਸਰਕਾਰ ਦੇ ਨਾਮ ਡਿਪਟੀ ਕਮਿਸ਼ਨਰ ਨੂੰ ਮੰਗ ਪੱਤਰ ਸੌਂਪਿਆ ਅਤੇ ਆਪਣੀਆਂ ਮੰਗਾਂ ਨਾ ਪੂਰੀਆਂ ਹੋਣ ਤੇ ਸੰਘਰਸ਼ ਦੀ ਚਿਤਾਵਨੀ ਦਿੱਤੀ ਹੈ।

    ਇਸ ਮੌਕੇ ਤੇ ਜਾਣਕਾਰੀ ਦਿੰਦਿਆਂ ਹੋਇਆਂ ਟ੍ਰੈਫਿਕ ਨਿਯਮਾਂ ਦੀ ਪ੍ਰਧਾਨ ਬਰਿੰਦਰ ਕੌਰ ਨੇ ਦੱਸਿਆ ਕਿ ਪਿਛਲੇ ਕਈ ਸਾਲਾਂ ਤੋਂ ਆਂਗਣਵਾੜੀ ਵਰਕਰਾਂ ਨਾਲ ਸਰਕਾਰਾਂ ਮਜ਼ਾਕ ਕਰ ਰਹੀਆਂ ਹਨ, ਅਤੇ ਉਨ੍ਹਾਂ ਦਾ ਬਣਦਾ ਹੱਕ ਉਨ੍ਹਾਂ ਨੂੰ ਨਹੀਂ ਦਿੱਤਾ ਜਾ ਰਿਹਾ। ਸਰਕਾਰ ਵੱਲੋਂ ਆਂਗਨਵਾੜੀ ਨੂੰ ਉਨ੍ਹਾਂ ਦਾ ਬਣਦਾ ਹੱਕ ਨਹੀਂ ਦਿੱਤਾ ਜਾ ਰਿਹਾ ਜਿਸ ਦੇ ਵਿਰੋਧ ਵਿੱਚ ਅੱਜ ਡਿਪਟੀ ਕਮਿਸ਼ਨਰ ਨੂੰ ਮੰਗ ਪੱਤਰ ਸੌਂਪਿਆ। ਓਥੇ ਉਨ੍ਹਾਂ ਨੇ ਕਿਹਾ ਕਿ ਪੰਜਾਬ ਸਰਕਾਰ ਵੀ ਆਂਗਣਵਾੜੀ ਵਰਕਰਾਂ ਨਾਲ ਸੌਤੇਲਾ ਵਿਹਾਰ ਕਰਦੀ ਆ ਰਹੀ ਹੈ। ਉਹਨਾਂ ਕਿਹਾ ਕਿ ਸਾਨੂੰ ਪੰਜਾਬ ਸਰਕਾਰ ਦੇ ਉਪਰ ਬਹੁਤ ਆਸ ਸੀ ਕਿ ਇਸ ਕਾਰਨ ਹੀ ਸਾਨੂੰ ਧੋਖੇ ਵਿੱਚ ਰੱਖਿਆ ਹੈ। ਉਨ੍ਹਾਂ ਦਾ ਬਣਦਾ ਹੱਕ ਅਤੇ ਉਨ੍ਹਾਂ ਦੇ ਪੰਧ ਉਨ੍ਹਾਂ ਨੂੰ ਜਾਰੀ ਨਹੀਂ ਕੀਤੇ ਜਾ ਰਹੇ ਜਿਸ ਕਾਰਨ ਅੱਜ ਉਨ੍ਹਾਂ ਨੂੰ ਧਰਨੇ ਪ੍ਰਦਰਸ਼ਨ ਕਰਨੇ ਪੈ ਰਹੇ ਹਨ।

  • पंजाबः घर की छत गिरने से व्यक्ति घायल, देखें वीडियो

    पंजाबः घर की छत गिरने से व्यक्ति घायल, देखें वीडियो

    फिरोजपुरः जहां पंजाब के लोगों के लिए बारिश आपदा बनकर आई है वही पंजाब के कुछ लोगों के ऊपर इसका कहर जारी है और लगातार हो रही बारिश के चलते फिरोजपुर के गांव हबीबवाला में रहते वाला परिवार घर से बेघर हो गया है और एक व्यक्ति जो घर के अंदर सो रहा था। वो घायल हो गया है परिवार ने पंजाब सरकार से गुहार लगाई है कि वह उनकी आर्थिक मदद करें क्योंकि उनके पास दोबारा घर बनाने के लिए कोई हमदम का साधन नहीं है और यह बारिश उनके लिए एक कहर बनकर आई है।

    पीड़ित परिवार ने बताया कि अचानक उनके घर की छत गिर गई और घर के 4 लोग बच्चों सहित घर के अंदर सो रहे थे। जब छत गिर गई आसपास के लोगों ने हमें राहत देकर बचाया नहीं तो हमारा काफी नुकसान हो सकता था मगर हमारे घर परिवार में कमाने वाला मुख्य सदस्य बुरी तरह से घायल हो गया है। पंजाब सरकार से मांग करते हैं कि हमें आर्थिक सहायता दी जाए।

  • पंजाबः Chitkara University में घुसा पानी, 16 जुलाई तक कॉलेज बंद, देखें वीडियो

    पंजाबः Chitkara University में घुसा पानी, 16 जुलाई तक कॉलेज बंद, देखें वीडियो

    राजपुराः पंजाब के राजपुरा में स्थित चितकारा यूनिवर्सिटी रविवार देर रात बाढ़ जैसी स्थिति में पानी में डूब गई, जिससे कई छात्र फंस गए। चितकारा विश्वविद्यालय में बाढ़ की घटना पटियाला और आसपास के इलाकों में लगातार बारिश की पृष्ठभूमि में हुई, जिसके परिणामस्वरूप राजपुरा से सटे सतलुज-यमुना लिंक नहर में दरार आ गई। स्थिति इतनी भयावह थी कि जिला प्रशासन को विशेष रूप से गढ़ी गांव से चितकारा विश्वविद्यालय के छात्रों और निवासियों को निकालने के लिए बचाव अभियान चलाने के लिए सेना को बुलाना पड़ा। अभूतपूर्व घटना के बीच, चितकारा विश्वविद्यालय प्रशासन ने घोषणा की है कि कॉलेज 16 जुलाई, 2023 तक बंद रहेगा।

    चितकारा विश्वविद्यालय के छात्रों के लिए जारी एक आधिकारिक अधिसूचना के अनुसार, कॉलेज ने छात्रों को सूचित किया कि ‘बाढ़ के कारण’ विश्वविद्यालय 16 जुलाई तक बंद रहेगा। विश्वविद्यालय प्रशासन ने अपने संदेश में आगे कहा कि सेना चितकारा विश्वविद्यालय के पास स्थिति से निपटने के लिए राजपुरा प्रशासन की मदद कर रही है। क्योंकि राजपुरा में एसवाईएल टूटने से एक निजी अस्पताल (नीलम – हमारे विश्वविद्यालय के सामने) में पानी भर गया था, जहां 14 मरीज पहले से ही भर्ती थे। इन मरीजों को सरकारी अस्पतालों में स्थानांतरित कर दिया गया, जबकि 2 मरीज जो गंभीर हालत में थे और पहले से ही निजी अस्पताल में भर्ती थे, उन्हें सरकारी राजिंदरा अस्पताल पटियाला में स्थानांतरित कर दिया गया है।

    रिपोर्ट्स की मानें तो सेना के एक प्रवक्ता ने बताया, ‘कुल 910 छात्रों को सुरक्षित निकाल लिया गया और बाकी को भी जल्द ही निकाल लिया जाएगा।’ सटीक रूप से कहें तो, 2000 छात्र चितकारा विश्वविद्यालय में फंसे हुए थे। रविवार से निकासी अभियान की निगरानी कर रही पटियाला की उपायुक्त साक्षी साहनी ने लोगों से उनसे या हेल्पलाइन नंबर 0175-2311321 पर संपर्क करने का अनुरोध किया है। पटियाला की उपायुक्त साक्षी साहनी ने कहा, “घबराने की कोई जरूरत नहीं है। हम स्थिति पर लगातार नजर रख रहे हैं और टीमें बड़ी नदी पर काम कर रही हैं और इसमें कोई उल्लंघन नहीं हुआ है।” चितकारा यूनिवर्सिटी के अलावा पटियाला में भी बाढ़ जैसे हालात का खतरा मंडरा रहा है। रिपोर्टों से पता चलता है कि पिछले दो दिनों में लगातार बारिश के कारण पटियाला के मौसमी नाले बड़ी नदी में जल स्तर खतरे के निशान को छू गया है और जिला प्रशासन ने नाले से सटे बड़ा अरैन माजरा के निवासियों को निकालने की व्यवस्था की है।

  • ਪੰਜਾਬ: ਭਾਰੀ ਮੀਂਹ ਪੈਣ ਕਾਰਣ ਦਰਿਆ ਦਾ ਪੂਰੇ ਉਫਾਨ ਤੇ ਹੋਇਆ ਪਾਣੀ, ਦੇਖੋ ਵੀਡੀਓ

    ਪੰਜਾਬ: ਭਾਰੀ ਮੀਂਹ ਪੈਣ ਕਾਰਣ ਦਰਿਆ ਦਾ ਪੂਰੇ ਉਫਾਨ ਤੇ ਹੋਇਆ ਪਾਣੀ, ਦੇਖੋ ਵੀਡੀਓ

    ਸ਼੍ਰੀ ਅਨੰਦਪੁਰ ਸਾਹਿਬ/ਸੰਦੀਪ ਸ਼ਰਮਾ: ਸਤਲੁਜ ਦਰਿਆ ਦਾ ਪਾਣੀ ਪੂਰੇ ਉਫਾਨ ਤੇ ਹੈ। ਕਿਉਂਕਿ ਪੰਜਾਬ ਦੇ ਨਾਲ ਗਵਾਂਢੀ ਰਾਜ ਹਿਮਾਚਲ ਵਿੱਚ ਵੀ ਭਾਰੀ ਮੀਂਹ ਪੈਣ ਦੇ ਕਾਰਣ ਜਿੱਥੇ ਹਿਮਾਚਲ ਤੋਂ ਸਵਾ ਨਦੀ ਦਾ ਪਾਣੀ ਵੀ ਸਤਲੁਜ ਦਰਿਆ ਦੇ ਵਿਚ ਰਲਦਾ ਹੈ। ਜਿਸ ਕਾਰਨ ਪਾਣੀ ਦਾ ਪੱਧਰ ਵਧਣ ਦੇ ਕਾਰਨ ਅਨੰਦਪੁਰ ਸਾਹਿਬ ਹਲਕੇ ਦੇ ਦਰਜਨਾਂ ਪਿੰਡਾਂ ਵਿੱਚ ਭਾਰੀ ਨੁਕਸਾਨ ਹੋ ਜਾਂਦਾ ਹੈ। ਤੁਸੀਂ ਦੇਖ ਰਹੇ ਹੋ ਦਰਿਆ ਦਾ ਪਾਣੀ ਪੁਲਾਂ ਤੇ ਨਾ ਟਕਰਾ ਰਿਹਾ ਹੈ, ਅਤੇ ਕੰਢਿਆਂ ਦੇ ਬਰਾਬਰ ਚੱਲ ਰਿਹਾ ਹੈ। ਅਗਰ ਕੁਛ ਦਿਨ ਇਸ ਪ੍ਰਕਾਰ ਮੀਂਹ ਪੈਂਦਾ ਰਿਹਾ ਅਤੇ ਹਿਮਾਚਲ ਤੋਂ ਪਾਣੀ ਆਉਂਦਾ ਰਿਹਾ ਤਾਂ ਕੋਈ ਵੱਡਾ ਨੁਕਸਾਨ ਹੋ ਸਕਦਾ ਹੈ। ਕਿਉਂਕਿ ਇਹ ਬੰਨ ਟੁੱਟਣ ਦਾ ਖਤਰਾ ਬਣਿਆ ਹੋਇਆ ਹੈ। ਭਾਰੀ ਮੀਂਹ ਕਾਰਨ ਅਲੱਗ-ਅਲੱਗ ਇਲਾਕਿਆਂ ਦਾ ਆਨੰਦਪੁਰ ਸਾਹਿਬ ਤੋਂ ਸੰਪਰਕ ਟੁੱਟ ਗਿਆ ਹੈ।

  • पंजाब : पूर्व डिप्टी सीएम की बिगड़ी तबीयत, अस्पताल में भर्ती

    पंजाब : पूर्व डिप्टी सीएम की बिगड़ी तबीयत, अस्पताल में भर्ती

    चंडीगढ़ : पंजाब के पूर्व उप-मुख्यमंत्री ओम प्रकाश सोनी को विजिलेंस ने सोमवार को कोर्ट में पेश करके 2 दिन का रिमांड हासिल कर लिया है। वहीं दूसरी तरफ कांग्रेसियों ने इसे राजनीतिक दुश्मनी करार देते हुए पुलिस का घेराव किया। रिमांड मिलते ही पूर्व डिप्टी सीएम ओपी सोन को हार्ट की दिक्कत हो गई, जिसके बाद उन्हें फोर्टिस एस्कॉर्ट में दाखिल करवाया गया है। रविवार को पूर्व डिप्टी CM सोनी को विजिलेंस ने 8 महीनों की इन्क्वायरी के बाद उनके घर से गिरफ्तार किया।

    सोनी पर आरोप हैं कि उनका खर्च उनकी कमाई से कई गुणा अधिक है। 1 अप्रैल 2016 से 31 मार्च 2022 तक सोनी और उनके परिवार की आय 4.52 करोड़ रुपए थी, जबकि खर्च 12.48 करोड़ रुपए था। खर्च आय के अज्ञात सोर्स से 7.96 करोड़ रुपए ज्यादा था।

  • बरसात के मौसम में बरतें एहतियात – सीएमओ डाॅ संजीव वर्मा

    बरसात के मौसम में बरतें एहतियात – सीएमओ डाॅ संजीव वर्मा

    मलेरिया, डेंगू, स्क्रब टाईफस व पीलिया जैसी बीमारियाँ होने का रहता है अंदेशा 

    ऊना/सुशील पंडित : मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ संजीव वर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि बरसात के मौसम में मलेरिया, डेंगू, स्क्रब टाईफस व पीलिया इत्यादि बीमारियाँ होने का अंदेशा रहता है। उन्होंने इन बीमारियों से बचने के लिए एहतियात बरतनी जरूरी है।उन्होंने बताया कि मलेरिया मादा एनोफलिस मच्छर के काटने से होता है। मरीज को ठण्ड लगकर कंपकंपी द्वारा 103 डिग्री या इससे अधिक बुखार आता है। यह मच्छर खड़े पानी में प्रजनन करता है। इससे बचने के लिए खड़े पानी की निकासी का होना अत्यंत जरूरी है। उन्होंने बताया कि पशुओं द्वारा पानी पीने के लिए उपयोग किये जाने वाले बर्तनों को ढककर रखना जरूरी है। उन्होंने बताया कि कोई भी बुखार मलेरिया हो सकता है। खून की जाँच करवा कर मलेरिया की सही पहचान होती है। उन्होंने बताया कि मलेरिया से बचाव व इलाज दोनों सम्भव है।डाॅ संजीव वर्मा ने बताया कि डेंगू एडीज मच्छर के काटने से होता है। यह मच्छर दिन के समय काटता है तथा साफ पानी में पनपता है। डेंगू में तेज बुखार सिर दर्द, बदन दर्द तथा जोड़ों में दर्द व रक्तस्राव होता है। डेंगू से बचने के लिए सप्ताह में एक दृ दो बार कूलर तथा पानी की टंकी को जरूर साफ करें। टूटे बर्तन पुराने टायर टूटे घड़े इत्यादि को घर में न रखें ताकि उनमें पानी इकट्ठा न हो। 
    उन्होंने बताया कि बरसात के मौसम में आमतौर पर तेज बुखार से पीड़ित रोगियों की संख्या बढ़ जाती है यह बुखार स्क्रब टायफस हो सकता है। यह रोग खेतों, झाड़ियों व घास में रहने वाले चूहों पर पनपने वाले संक्रमित पिस्सुओं के काटने से फैलता है। इसमें तेज बुखार, जोड़ों में दर्द, शरीर में अकडन तथा कई बार गर्दन, वाजुओं के नीचे तथा कूल्हों के ऊपर गिल्टियाँ हो जाती है। इससे बचने के लिये घर के आसपास घास, खरपतवार उगने न दें। खेतों व झाड़ियों में काम करते समय पूरा शरीर (खासकर टाँगें, पाँव और वाजू) ढककर रखें। सीएमओ ने बताया कि पीलिया (हेपेटाइटिस) हेपेटाइटिस ए तथा इ-दूषित पानी व दूषित खाने से होता है। यह लीवर से सम्बंधित बीमारी है। इसमें मरीज को हल्का बुखार, पेट दर्द, आँखों व त्वचा का रंग पीला होना, उल्टी व मितली का होना तथा थकावट महसूस होती है।
    मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ संजीव कुमार वर्मा ने बताया कि जिला ऊना में मलेरिया,डेंगू, स्क्रब टाईफस व पीलिया व उल्टी, दस्त इत्यादि के इलाज हेतु सभी दवाइयाँ तथा जाँच सभी सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में उपलब्ध है। अगर किसी भी व्यक्ति को उपरोक्त लक्षण हों तो तुरंत नजदीकी सरकारी स्वास्थ्य संस्थान में दिखाएँ व इलाज करवाएं।उन्होंने जिला के लोगों से अपील की कि वे हमेशा स्वच्छ पानी का सेवन करें, पानी को उबाल कर या क्लोरीन मिला पानी प्रयोग करें, खाना खाने से पहले व बाद में तथा शौच जाने के बाद हाथों को साबुन से अच्छी तरह धोएं, पीने के पानी के स्रोतों के पास शौच न करें।  सडे, गले, कटे हुए व बासी खाद्य पदार्थो को न तो खरीदें तथा न ही इन्हे खाने में प्रयोग करें। खाने व पीने की चीजों को हमेशा ढक कर रखें, घरों में पानी की टंकियों की सफाई समय- समय पर अवश्य करें, उल्टी, दस्त लगने पर ओ.आर.एस. घोल व नमक का घोल पर्याप्त मात्रा में लें तथा नजदीकी स्वास्थ्य संस्थान में जाकर अपनी जांच एवं ईलाज करवाएं। 
    इसके अतिरिक्त बरसात के दिनों में जहरीले सांप तथा बिच्छू से बचने के लिए ध्यानपूर्वक घर से बाहर निकले। आम तौर पर साँप के काटने का तुरंत पता चल जाता है। इसके काटने पर दंश स्थान पर तीव्र जलन, उल्टी, मिचली, शॉक, अकडन या कंपकपी, अंगघात, पलकों का गिरना, नजर फटना अर्थात किसी वस्तु का एक स्थान पर दो दिखलाई देना, मांसपेशियों में ऐंठन, काटे गये हिस्से में तेज दर्द, हाथ पैरों में झनझनाहट, चक्कर आना, पसीना आना तथा दम घुटना आदि लक्ष्ण हो सकते हैं।
    उन्होंने कहा कि साँप के काटने को रोका जा सकता है। साँप् को पकड़ने से हमेशा बचना चाहिए। उन स्थानों से हमेशा दूर रहें जहाँ साँप् होने की आशंका होती है जैसे कि लम्बी घास और पतियों के ढेर, चट्टानों और लकड़ी के गट्ठों में। यदि आपको साँप दिखता है तो उसे छेड़ें नहीं और उसे जाने दें। ऐसी जगह पर काम करते समय जहाँ साँप होने की आशंका हो, लम्बे और मजबूत जूते पहनें, वाजुओं और टांगों को ढककर रखें और चमड़े के दस्ताने पहनें। गर्म मौसम में रात को बाहर काम करने से बचें, क्योंकि इस समय साँप सबसे ज्यादा सक्रिय होते हैं। इसके साथ ही कुएं या गड्डे में अनजाने में हाथ न डालें, बरसात में व अँधेरे में नंगे पांव न घूमें तथा जूतों को झाड़कर पहनें। साँप के काटने के उपचार में यह जरूरी है कि पीड़ित व्यक्ति को आपातकालीन चिकित्सा सहायता शीघ्र अति शीघ्र मिल जाये।उन्होंने बताया कि साँप के काटने पर संयम रखें ताकि हृदय गति तेज न हो। हृदय गति तेज होने पर जहर तुरंत ही रक्त के माध्यम से हृदय में पहुंच कर नुकसान पहुंचा सकता है। पीड़ित व्यक्ति को शांत और आरामपूर्वक से रखें और जहर को फैलने से रोक ने के लिए स्थिर रखें।  तुरंत एम्बुलेंस को कॉल करें और शीघ्र अति शीघ्र चिकित्सा सहायता के लिए नजदीकी स्वास्थ्य संस्थान ले जायें। स्थिति को देखते हुए डॉक्टर द्वारा पीड़ित व्यक्ति को साँप के काटने से होने वाले लक्षणों का मुकाबला करने के लिए एंटी स्नेक वेनम का इंजेक्शन लगाया जाता है जितनी जल्दी यह इंजेक्शन पीड़ित व्यक्ति को लगता है ये उतना ही प्रभावी होता है। 
    उन्होंने बताया कि किसी भी प्रकार की झाड़ फूँक करवाकर समय बर्बाद न करें। जिला ऊना में एंटी स्नेक वेनम (एएसवी ) सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों, सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों, सिविल अस्पतालों तथा क्षेत्रीय अस्पताल में उपलब्ध है। सभी सप्ताह के 24 घंटे स्वास्थ्य संस्थानों में यह वैक्सीन हर समय लगाई जाती है तथा प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों में यह वैक्सीन डे डयूटी में लगाई जाती है।मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ संजीव कुमार वर्मा ने कहा कि बरसात के दिनों में किसी भी तरह की स्वास्थ्य सलाह लेने के लिए स्वास्थ्य हेल्पलाइन नम्बर 8894457225 पर सम्पर्क करें। इसी के साथ दूषित जल पीने से होने वाली बीमारियों को ध्यान में रखते हुए स्वास्थ्य विभाग द्वारा पेय जल स्रोतों से पानी के सैंपल लेकर भी जाँच करवाई जाएगी।
  • बाढ़ से जनजीवन हुआ व्यस्त, कई सड़कें बंद, बारिश के कारण टूटा पुल, देखें वीडियो

    बाढ़ से जनजीवन हुआ व्यस्त, कई सड़कें बंद, बारिश के कारण टूटा पुल, देखें वीडियो

    शिमलाः हिमाचल प्रदेश में रफ्तार पकड़ते सेब सीजन पर मानसून की भारी बारिश ने ब्रेक लगा दी है। सेब सीजन के बीच लगातार हो रही बारिश की वजह से ऊपरी शिमला का आम जनजीवन अस्त व्यस्त हुआ है। कई सड़कें बंद हो चुकी हैं। इसके अलावा कोटखाई के पास कोकुनाला पुल की सड़क भी टूट गई है। हिमाचल प्रदेश के शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने कहा कि सरकार सारी स्थिति पर नजर बनाए हुए है। उन्होंने कहा कि मौसम सामान्य होने के बाद सरकार युद्ध स्तर पर बहाली का कार्य शुरू करेगी। उन्होंने कहा कि फिलहाल सरकार हर स्तर पर लोगों को सुविधा पहुंचाने का काम कर रही है।

    रोहित ठाकुर ने कहा कि पुल के साथ लगती सड़क टूटने की वजह से पुराने मार्ग का विकल्प के तौर पर इस्तेमाल किया जाएगा। शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने कहा कि सरकार हर स्थिति पर नजर बनाए हुए है। सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं। इसके अलावा मंत्रिमंडल के सदस्य भी लगातार ग्राउंड काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि मंगलवार तक शिक्षण संस्थान बंद करने का फैसला लिया गया है। यदि सामान्य नहीं होगी, तो इस फैसले के दोबारा आगे बढ़ाया जा सकता है। रोहित ठाकुर ने कहा कि प्राकृतिक आपदा के चलते भारी नुकसान हुआ है। सरकार आम जनता को सुविधा पहुंचाने के प्रतिबद्ध है।