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केवी सलोह में राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम में 655 बच्चों का जांचा स्वास्थ्य
ऊनासुशील पंडित: केन्द्रीय विद्यालय सलोह में राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत सभी विद्यार्थियों का वार्षिक चिकित्सा निरीक्षण किया गया। चिकित्सा निरीक्षण में डॉ अर्जुन ठाकुर और डॉ अभिषेक सहित आठ सदस्यीय मेडिकल दल ने विद्यालय के बच्चों की स्वास्थ्य जांच की। विद्यालय की प्राचार्या नीलम गुलेरिया ने बताया कि इस जांच शिविर में स्कूल के कुल 655 बच्चों के स्वास्थ्य की चिकित्सीय जांच की गई। चिकित्सीय जांच में अधिकतर बच्चे स्वस्थ पाए गए कुछ बच्चों के दांतों मे सड़न व हीमोग्लोबिन की कमी पाई गई। ऐसे बच्चों को नागरिक चिकित्सालय हरोली या क्षेत्रीय चिकित्सालय ऊना रेफर किया गया है। उन्होंने बच्चों को प्रोटीन, विटामिन आदि से युक्त पौष्टिक आहार लेने की सलाह दी। उन्होंने माता-पिता को अपने बच्चों को जंक खाद्य पदार्थ ना देकर हरी पत्तेदार सब्जियां व मौसमी फल देने की अपील की। स्वास्थ्य जांच शिविर में डॉ नंदिनी, डॉ शिखा शर्मा, डॉ अंजुला, दवावेता आरती व संगीता व सहायक गुरबक्श कौर सहित स्कूली स्टाफ उपस्थित रहे। -

हिमाचल के मंदिरों में डिजिटल सेवाओं के विस्तार के लिए बनेगी राज्यव्यापी नीति : उपमुख्यमंत्री
बोले..सरकारी सेवाओं की पहुंच बढ़ाने में डिजिटल प्रौद्योगिकी महत्वपूर्ण
ऊना, (1 अक्तूबर) सुशील पंडित: उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने मंगलवार को कहा कि राज्य में डिजिटल प्रौद्योगिकी के व्यापक उपयोग से सरकारी सेवाओं को अधिक सुगम और प्रभावी बनाया जाएगा। उन्होंने डिजिटल प्रौद्योगिकी के माध्यम से मंदिरों में दर्शन, दान और अन्य सेवाओं की व्यवस्था को सशक्त बनाने के लिए एक राज्यव्यापी नीति तैयार करने के निर्देश दिए।
उपमुख्यमंत्री मंगलवार को ऊना के पालकवाह स्थित कौशल विकास केंद्र के सभागार में डिजिटल प्रौद्योगिकी एवं गवर्नेंस विभाग के सम्मेलन का शुभारंभ करते हुए बोल रहे थे। यह एक दिवसीय सम्मेलन डिजिटल प्रौद्योगिकी के माध्यम से रोजगार सृजन तथा तकनीक को लोगों के करीब लाने और प्रदेश में सार्वजनिक सेवाओं में व्यापक सुधार व उनकी पहुंच बढ़ाने पर केंद्रित था। इसमें नागरिक-केंद्रित डिजिटल एप्लिकेशनों और उभरती तकनीकों को समझने तथा समग्र विकास में उनके उपयोग को लेकर विस्तारपूर्वक चर्चा की गई।
शुभारंभ सत्र में डिजिटल प्रौद्योगिकी एवं गवर्नेंस विभाग के सचिव डॉ. अभिषेक जैन, आईआईआई ऊना के निदेशक प्रो. मनीष गौर, बजाज फाइनेंस के मुख्य सूचना एवं तकनीकी अधिकारी अनुराग जैन, डिजिटल प्रौद्योगिकी एवं गवर्नेंस विभाग के निदेशक डॉ. निपुण जिंदल, उपायुक्त जतिन लाल,डिजिटल प्रौद्योगिकी एवं गवर्नेंस विभाग के अतिरिक्त निदेशक राजीव कुमार, संयुक्त निदेशक अनिल सेमवाल सहित विभाग के अन्य अधिकारी, सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र के विशेषज्ञ, हरोली इंडस्ट्रियल एसोसिएशन के अध्यक्ष राजेश कौशल सहित विभिन्न पंचायतों के प्रतिनिधियों, विभिन्न विभागों के अधिकारियों, उद्यमियों, शिक्षण संस्थानों के बच्चों, लोक मित्र केंद्रों के संचालकों समेत अन्य लोगों ने भाग लिया।
डिजिटल प्रौद्योगिकी के सदुपयोग पर बल
उपमुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में विभाग को प्रदेश के मंदिरों में दर्शन, दान और अन्य सेवाओं की व्यवस्था को सुदृढ़ करने मेें डिजिटल प्रौद्योगिकी के उपयोग को लेकर राज्यव्यापी नीति तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि हिमाचल में विश्व प्रसिद्ध शक्तिपीठ एवं ऐतिहासिक मंदिर हैं। डिजिटल माध्यम से मंदिर दर्शन और डोनेशन की व्यवस्था बनाने समेत प्रदेश के लिए एकरूप डिजिटल व्यवस्था बनाने की दिशा में काम करें। उन्होंने शासन व्यवस्था को और बेहतर बनाने में डिजिटल प्रौद्योगिकी के सदुपयोग पर बल दिया है। साथ ही सार्वजनिक सेवाओं की पहुंच बढ़ाने और रोजगार सृजन में तकनीक के बेहतर इस्तेमाल पर फोकस करने को कहा।
ड्रोन प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में क्रांति के लिए करें समन्वित प्रयास
ड्रोन मैन्युफैक्चरिंग में आत्मनिर्भर बनने के लिए करना होगा काम
उपमुख्यमंत्री ने ड्रोन प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में नवाचार लाने और इसे ग्रामीण क्षेत्रों तक पहुंचाने के लिए समन्वित प्रयासों की जरूरत पर बल दिया। उन्होंने कहा कि ड्रोन के जरिए दूरदराज और ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को आवश्यक सेवाएं जैसे दवाओं की सप्लाई तक पहुंचाना हमारी प्राथमिकता होनी चाहिए, लेकिन इस दिशा में अभी और काम की आवश्यकता है।
उपमुख्यमंत्री ने इस बात पर चिंता जताई कि भारत में फिलहाल ड्रोन का निर्माण नहीं हो रहा और अधिकतर ड्रोन चीन से आयात किए जाते हैं। उन्होंने कहा कि हमें ड्रोन मैन्युफैक्चरिंग की दिशा में तेजी से काम करना चाहिए ताकि हम आत्मनिर्भर बन सकें। साथ ही बच्चों के लिए ड्रोन पायलट का प्रशिक्षण देने पर ध्यान देना होगा। उन्होंने ट्रिपल आईटी ऊना को अपने वहां बच्चों के लिए ड्रोन पायलट ट्रेनिंग देने के लिए 3 या 6 महीने के लघु कोर्स चलाने का सुझाव दिया।
आम लोगों तक पहुंचे तकनीक का फायदा
मुकेश अग्निहोत्री ने डिजिटल प्रौद्योगिकी के विशेषज्ञों से आग्रह किया है कि वे यह सुनिश्चित करें कि तकनीक का लाभ आम लोगों तक पहुंचे और उनके जीवन को सरल बनाने में योगदान दे। उन्होंने कहा कि डिजिटल क्रांति की सार्थकता तभी है जब यह सार्वजनिक सेवाओं को सुलभ बनाते हुए लोगों के जीवन में आसानी लाए।
उपमुख्यमंत्री ने ग्रामीण क्षेत्रों में डिजिटल सेवाओं के विस्तार के लिए लोकमित्र केंद्रों की भूमिका को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि जिन क्षेत्रों में लोकमित्र केंद्र अभी स्थापित नहीं किए गए हैं, वहां इन्हें स्थापित करने पर ध्यान दिया जाना चाहिए ताकि ग्रामीण क्षेत्रों के लोग भी इन सेवाओं का लाभ उठा सकें।
उन्होंने बताया कि एचआरटीसी में डिजिटल प्रौद्योगिकी के उपयोग को बढ़ावा देते हुए कैशलेस यात्रा की सेवा शुरू की गई है। इसके जरिए यात्री अब ऑनलाइन एप्लीकेशन का उपयोग कर किराये का भुगतान कर सकते हैं।
ऊना में युवाओं के लिए हों अधिक से अधिक नवोन्मेषी कार्यक्रम
श्री अग्निहोत्री ने जिला प्रशासन को ऊना में अधिक से अधिक नवोन्मेषी कार्यक्रमों के आयोजन को कहा ताकि बच्चे और युवा तकनीकी शिक्षा के माध्यम से लाभान्वित हो सकें। उन्होंने कहा कि ऐसे कार्यक्रमों से न केवल बच्चों को आधुनिक तकनीकी ज्ञान मिलेगा, बल्कि उन्हें भविष्य के रोजगार के अवसरों के लिए भी तैयार किया जा सकेगा।
इसके साथ ही, उपमुख्यमंत्री ने पंचायत स्तर पर तकनीकी जागरूकता बढ़ाने की जरूरत पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि पंचायत प्रतिनिधियों को आईटी तकनीकों के उपयोग के प्रति जागरूक किया जाए ताकि उन्हें प्रदेश सरकार द्वारा क्रियान्वित योजनाओं और कार्यक्रमों की ऑनलाइन जानकारी मिल सके। जिससे वे अधिक से अधिक पात्र लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिला सकें।
भारत में सूचना प्रौद्योगिकी लाने का श्रेय कांग्रेस को
उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने सूचना प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में भारत की प्रगति का श्रेय कांग्रेस पार्टी को देते हुए कहा कि स्वर्गीय प्रधानमंत्री राजीव गांधी ने देश में कंप्यूटर युग की शुरुआत की थी। उस समय विपक्ष ने इसका जोरदार विरोध किया था और संसद में बैलगाड़ियों से आकर यह दावा किया कि कंप्यूटर से देश का नुकसान होगा और रोजगार खत्म हो जाएंगे। लेकिन समय ने दिखा दिया कि सूचना प्रौद्योगिकी ने भारत में क्रांतिकारी परिवर्तन लाया है और देश को प्रगति की नई राह पर आगे बढ़ाया है।
श्री अग्निहोत्री ने कहा कि वर्तमान में सरकारी कार्यालयों की कार्य प्रणाली को डिजिटल प्लेटफॉर्म से जोड़ा जा रहा है, जिससे लोगों को अधिक सुविधाएं ऑनलाइन मिल रही हैं। उन्होंने बताया कि पहले लोगों को रोजगार समाचार के जरिए नौकरियों की जानकारी मिलती थी, लेकिन अब आईटी युग में कंप्यूटर, टैबलेट और मोबाइल फोन के जरिए नौकरियों की सूचना तुरंत ऑनलाइन उपलब्ध हो जाती है।
प्रदेश की पहली ‘स्मार्ट विधानसभा’ बनेगी हरोली
पूर्णतः सीसीटीवी कैमरों से होगी सुसज्जित
उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री बताया कि हरोली विधानसभा प्रदेश की पहली ऐसी विधानसभा बनने जा रही है, जो पूर्णतः सीसीटीवी कैमरों से सुसज्जित होगी। अगले 15-20 दिनों में यह सुरक्षा व्यवस्था लागू कर दी जाएगी, जिसके अंतर्गत विधानसभा क्षेत्र के सभी प्रवेश द्वार, मुख्य मार्ग, महत्वपूर्ण स्थल, चौराहे, बाजार, और शिक्षण संस्थान सीसीटीवी से लैस होंगे। यह पहल क्षेत्र की सुरक्षा को सुनिश्चित करने और अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण के दृष्टिकोण से एक महत्वपूर्ण कदम है।
श्री अग्निहोत्री ने कहा कि हरोली विधानसभा क्षेत्र में अब कोई भी अपराधी अपराध करके बच नहीं सकेगा, क्योंकि पूरे क्षेत्र पर सीसीटीवी की निगरानी होगी। इसके अलावा, इंटरनेट की पूरी सुविधा से हरोली को जोड़ने का भी कार्य किया जा रहा है, जिससे हर जानकारी और सेवा ऑनलाइन उपलब्ध होगी। उन्होंने कहा कि हरोली विधानसभा क्षेत्र पूरी तरह से इंटरनेट पर आएगा। यहां की हर जानकारी, हर सेवा इंटरनेट से कनेक्ट होगी। इसके अलावा अधिक गति से होने वाली दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए चार डिजिटल रडार भी स्थापित किए जा रहे हैं।
अभूतपूर्व विकास की मिसाल बना हरोली
मुकेश अग्निहोत्री ने हरोली विधानसभा क्षेत्र में हुए अभूतपूर्व विकास कार्यों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि जब से वे पहली बार विधायक चुने गए थे, तब से लेकर अब तक हरोली में कई महत्वपूर्ण बदलाव हुए हैं। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में सेंटर स्कूल, ट्रिपल आईटी, आईटीआई, और तीन डिग्री कॉलेजों की स्थापना जैसी उपलब्धियां विकास के मुख्य उदाहरण हैं। इन सभी संस्थानों का उद्देश्य बच्चों और युवाओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और तकनीकी कौशल से सुसज्जित करना है, जिससे वे भविष्य की चुनौतियों का सामना कर सकें।
आम नागरिकों तक डिजिटल प्रौद्योगिकी का लाभ पहुंचाने के प्रयास – डॉ. अभिषेक जैन
इस अवसर पर डिजिटल प्रौद्योगिकी और गवर्नेंस विभाग के सचिव डॉ. अभिषेक जैन ने कहा कि विभाग यह सुनिश्चित कर रहा है कि प्रौद्योगिकी का लाभ केवल विशिष्ट वर्ग तक सीमित न रहकर गांवों और हिंदी में कामकाज करने वाले आम नागरिकों तक भी पहुंचे। इस विचार के साथ इस सम्मेलन का आयोजन किया गया है, ताकि लोग डिजिटल प्रौद्योगिकी के उपयोग को लेकर जागरूक हों। उन्हें घर बैठे सरकारी सेवाओं का लाभ मिल सके और ग्रामीण क्षेत्रों में तकनीकी साक्षरता का विस्तार हो।
उन्होंने गावों में डिजिटल साक्षरता कैंप लगाने के लिए विभाग की ओर से समुचित आर्थिक सहयोग समेत हर संभव मदद का भरोसा दिया।
डॉ. जैन ने बताया कि हिमाचल प्रदेश सरकार की दिशा-निर्देशों के तहत राज्य में आईटी पार्कों के निर्माण कार्य को तेजी से आगे बढ़ाया जा रहा है। धर्मशाला के चौतड़ू में आईटी पार्क तैयार हो चुका है, और शिमला के मैहली में आई पार्क का कार्य भी तेज गति से चल रहा है। इसके अतिरिक्त वाकनाघाट में सेंटर ऑफ एक्सीलेंस फॉर आईटी का निर्माण कार्य तेजी से प्रगति पर है। इन सभी परियोजनाओं को अगले तीन महीनों में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
उन्होंने कहा कि हिमाचल के बच्चों को राज्य के भीतर ही आईटी क्षेत्र में रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के लिए प्राथमिकता पर कार्य किया जा रहा है, ताकि उन्हें बाहर न जाना पड़े और प्रदेश की प्रतिभाओं को स्थानीय स्तर पर ही प्रौद्योगिकी में अपनी पहचान बनाने का मौका मिले। उन्होंने कहा कि डिजिटल प्रौद्योगिकी के माध्यम से न केवल सरकारी सेवाएं सरल होंगी, बल्कि आम लोगों के जीवन में भी सुधार आएगा।
डॉ. निपुण जिंदल ने दी विभाग की नई पहलों की जानकारी
डिजिटल प्रौद्योगिकी एवं गवर्नेंस विभाग के निदेशक डॉ. निपुण जिंदल ने विभाग द्वारा किए गए नवाचारों और तमाम नई पहलों के बारे में जानकारी दी। साथ ही उन्होंने ई-जिला परियोजना के तहत अब आम जनता 251 सरकारी सेवाओं का लाभ घर बैठे ले सकती है, जिससे उनकी दिनचर्या में बड़ा बदलाव आया है। यह सेवाएं नागरिकों को किसी भी सरकारी कार्यालय में जाए बिना ही ऑनलाइन उपलब्ध कराई जा रही हैं, जिससे लोगों को समय और संसाधनों की बचत हो रही है। जल्द ही इसमें 40 और सेवाएं जोड़ी जाएंगी।
संवाद सत्रों में डिजिटल प्रौद्योगिकी की संभावनाओं पर ज्ञानवर्धक चर्चा
सूचना प्रौद्योगिकी और सुशासन पर आयोजित सम्मेलन के दौरान विभिन्न संवाद सत्रों में विशेषज्ञों ने गहन चर्चा की और डिजिटल प्रौद्योगिकी से संबंधित चुनौतियों और संभावनाओं पर अपने विचार साझा किए। इन सत्रों में प्रतिभागियों ने अपने सवालों का समाधान प्राप्त किया और नवीनतम तकनीकी प्रगति पर अंतर्दृष्टि हासिल की।
पहले सत्र में डिजिटल प्रौद्योगिकी एवं गवर्नेंस विभाग के नागरिक-केंद्रित अनुप्रयोगों पर चर्चा करते हुए, ट्रिपल आईटी ऊना के निदेशक डॉ. मनीष गौर और डिजिटल प्रौद्योगिकी एवं गवर्नेंस विभाग के निदेशक डॉ. निपुण जिंदल ने ग्रामीण क्षेत्रों में नेट कनेक्टिविटी और प्रौद्योगिकी के उपयोग में लोगों की हिचक समेत अन्य चुनौतियों पर प्रकाश डाला। उन्होंने इन बाधाओं के समाधान की दिशा में किए जा रहे प्रयासों के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
वहीं, डिजिटल प्रौद्योगिकियों के माध्यम से आय सृजन और स्वरोजगार को बढ़ावा देने के विषय पर आयोजित सत्र में, बजाज फाइनेंस के मुख्य सूचना एवं प्रौद्योगिकी अधिकारी अनुराग जैन, संयुक्त निदेशक उद्योग अंशुल धीमान, ब्लॉक उद्योग संघ हरोली के अध्यक्ष राकेश कौशल, हिम्पा फूड के प्रबंध निदेशक रोहित शर्मा, और बायोजेंटा फार्मा के प्रबंध निदेशक दीप कुमार ने अपने विचार साझा किए। इस सत्र में उद्यमशीलता और स्वरोजगार के लिए डिजिटल प्लेटफार्मों के महत्व पर गहन चर्चा हुई।
तीसरे सत्र में डिजिटल साक्षरता को लेकर चर्चा की गई। इसमें एनआईटी हमीरपुर के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. नवीन चौहान, आईआईटी रोपड़ के सहायक प्राध्यापक डॉ. शशि शेखर झा, ट्रिपल आईटी ऊना के सहायक प्रोफेसर डॉ. विक्रम कुमार, और पीएचडी स्कॉलर कुमारी मेहक और कुमारी श्वेता वर्मा ने अपने विचार साझा किए। इस सत्र का मुख्य उद्देश्य डिजिटल साक्षरता के महत्व को समझाना और आम नागरिकों को इसका लाभ कैसे मिल सकता है, इस पर चर्चा करना था।
कृत्रिम बुद्धिमत्ता और शासन में इसके अनुप्रयोग पर आयोजित चौथे व अंतिम सत्र में, एनआईटी जालंधर की सहायक प्रोफेसर डॉ. जसपाल कौर, वाधवानी फाउंडेशन के कार्यकारी उपाध्यक्ष सुनील दहिया, ट्रिपल आईटी ऊना के सहायक प्रोफेसर डॉ. प्रिंस शर्मा, और एनआईटी हमीरपुर के सहायक प्रोफेसर डॉ. मोहित कुमार ने अपने अनुभव और अंतर्दृष्टि साझा की। उन्होंने बताया कि किस प्रकार आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस प्रशासनिक प्रक्रियाओं को सरल और अधिक प्रभावी बना सकता है।
इस सम्मेलन में विभिन्न संवाद सत्रों के माध्यम से डिजिटल प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में हो रहे विकास, चुनौतियों और भविष्य की संभावनाओं पर व्यापक चर्चा हुई, जिससे सभी प्रतिभागियों को महत्वपूर्ण जानकारी और मार्गदर्शन प्राप्त हुआ।
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राजकीय महाविद्यालय बंगाणा में छात्राओं के लिए आत्मरक्षा प्रशिक्षण का आयोजन
ऊना/सुशील पंडित: आज रेड क्रॉस सोसाइटी (ऊना) के सहयोग से अटल बिहारी वाजपेई राजकीय महाविद्यालय बंगाणा के जेंडर इक्विटी इनिशिएटिव द्वारा आयोजित महिला छात्रों के लिए सात दिवसीय आत्मरक्षा प्रशिक्षण शुरू हुआ । कार्यक्रम की अध्यक्षता संयोजक एवं रेंजर प्रमुख प्रोफेसर निकिता गुप्ता और मुकेश कुमारी ने की। उन्होंने बताया कि इस आत्मरक्षा प्रशिक्षण के लिए दो मास्टर ट्रेनर पुलिस विभाग से एस आइ सुरेश पाल और कुमारी नीरज कुमारी हैं जोकि महाविद्यालय के छात्राओं को सात दिन आत्मरक्षा से संबंधित डेमोस्ट्रेशन व मुख्य जानकारी देंगे ताकि वह जीवन के सभी उतार-चढ़ाव में अपनी रक्षा कर सकें।
इस उद्घाटन समारोह में एनएसएस के प्रोग्राम ऑफिसर प्रोफेसर सिकंदर नेगी उपस्थित थे। उन्होंने छात्रों को प्रमुख जीवन कौशल सीखने के लिए इन सात दिनों के दौरान सक्रिय रूप से भाग लेने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि महिला आज हर क्षेत्र में अपना परचम लहरा रहे हैं किंतु समाज में कुछ व्याप्त बुराइयां है , जहां पर महिलाओं के साथ हिंसा होते हैं और यह प्रशिक्षण इन छात्राओं को काफी मददगार होगा जो कि ऐसे कठिन परिस्थिती में वह अपना आत्मरक्षा स्वयं कर समाज में महिला सशक्तिकरण का संदेश देंगे।
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एसजीपीसी बोर्ड सदस्यों के चुनावों के लिए पात्र मतदाता 31 अक्टूबर तक कर सकते हैं पंजीकरण
ऊनासुशील पंडित: शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी चुनाव के लिए निर्वाचक नामावली तैयार करने का कार्य 31 अक्टूबर, 2024 तक किया जाएगा। यह जानकारी देते हुए उपायुक्त जतिन लाल ने बताया कि शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक बोर्ड के सदस्यों के चुनाव के लिए पात्र मतदाता अपना पंजीकरण करवा सकते हैं।
उन्होंने बताया कि निदेशक पंचायती राज एवं आयुक्त गुरुद्वारा चुनाव हिमाचल प्रदेश से प्राप्त शेड्यूल के अनुसार 1 नवम्बर से 20 नवम्बर तक हस्तलिखित नियमावली तैयार करके उसकी छपाई और रखरखाव का प्रारम्भिक प्रकाशन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि नियमावली का प्रारम्भिक प्रकाशन उपायुक्त द्वारा 21 नवम्बर को किया जाएगा।
प्रारम्भिक प्रकाशन सूची में प्रकाशित नाम, पद व पता या कर्मचारी के मामले में, उसका पद और पता से संबंधित दावे व आक्षेप 21 नवम्बर से 11 दिसम्बर तक संबंधित पुनरीक्षण प्राधिकारी के समक्ष प्रस्तुत कर किए जा सकते हैं। सिख गुरुद्वारा बोर्ड चुनाव नियम, 1959 के नियम 10(3) के तहत प्राप्त सभी दावे और आपत्तियों का निपटारा 11 से 18 दिसंबर 2024 तक किया जाएगा। इसके अलावा 19 दिसंबर, 2024 से 1 जनवरी, 2025 तक संक्षिप्त नामावलियों को छपाई के लिए तैयार कर लिया जाएगा तथा 2 जनवरी, 2025 को मतदाता सूचियों का अंतिम प्रकाशन कर दिया जाएगा।
जिला निर्वाचन अधिकारी जतिन लाल ने जिला के पात्र मतदाताओं से अपील की है कि वे एसजीपीसी चुनावों के लिए 31 अक्टूबर तक अपना पंजीकरण अवश्य करवाएं।
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पुलिस ने काटे 395 चालान करीब 45 हजार जुर्माना
ऊना/सुशील पंडित: जिला पुलिस ऊना द्वारा यातायात नियमों की अवहेलना करने पर 395 वाहनों के चालान काटे व जुर्माने के रूप में 44,700/- रूपये वसूल किए गए।
वहीं सार्वजनिक स्थानों पर धुम्रपान करने पर 06 व्यक्तियों के चालान धुम्रपान निषेध अधिनियम के अंतर्गत काटे गए व जुर्माने के रूप में 700/- रूपये वसूल किए गए।
इसी कड़ी में जिला पुलिस द्वारा अवैध खनन अधिनियम के तहत अवैध खनन करने पर थाना बंगाणा व अम्ब के पुलिस मुलाजिमों द्वारा 04 वाहनों के चालान काटे गए व जुर्माने के रूप में 9700/- रुपये वसूल किए गए।
जिला ऊना में शराब पीकर गाड़ी चलाने वालों के खिलाफ विशेष अभियान शुरू किया गया है जिसमें ड्रंक एण्ड ड्राइव के छः चालान काटे गए।
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गाली-गलौज व मारपीट करने पर मामला दर्ज
ऊना/सुशील पंडित: जिला ऊना में एक व्यक्ति द्वारा गाली-गलौज करने व मारपीट करने की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस को दी शिकायत में सोनू पुत्र चन्द्र भान निवासी गांव खरड़ तहसील हांसी जिला हिसार हरियाणा हाल रिहाईश वार्ड न0 04 रैन वसेरा ऊना ने शिकायत में बताया कि यह इसकी बहन के घर गया था तो नेपाली महतो ने इसे व इसकी बहन के साथ गाली-गलौच व मारपीट की है जिससे इसे व इसकी बहन को काफी चाटें आई है I इस संबंध में पुलिस ने
नेपाली महतो पुत्र चांदो महतो निवासी विलवाखास चाय टोला जिला मुंगेर (बिहार) के विरूद्ध धारा 118(1), 352, 3(5) BNS के तहत थाना सदर ऊना में मामला दर्ज कर आगामी जांच शुरू कर दी है |
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लड़ाई झगड़ा करने पर दो पक्षों में क्रास पर्चा दर्ज
ऊना/ सुशील पंडित: पुलिस थाना अम्व के अंतर्गत आते गांव गुजरेहडा में दो पक्षों में हुए लड़ाई झगड़ा में क्रास पर्चा दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
पुलिस थाना अम्व में नजीर मोहम्मद(45) पुत्र बदरदीन निवासी गांव गुजरेहड़ा डा0 नैहरियां नौरंगा तह0 अम्ब ने अपनी शिकायत में दर्ज करवाया कि बीते रोज करीब 11:30 बजे रजाक मोहम्मद पुत्र कपूरदीन निवासी गांव गुजरेहड़ा मेरे घर पर आया तथा कहने लगा कि कल दिन को इसका भाई सदीक मोहम्मद बुआ की अंतिम रस्म करने से रोका था। जबकि अंतिम रस्म रजाक मोहम्मद ने ही की थी, जिसके पीछे रजाक मोहम्मद ने इस पर रॉड से इसके सिर पर प्रहार कर दिए, जिससे इसके सिर से खून निकलने लगा। पुलिस ने शिकायत के आधार पर रजाक मोहम्मद पुत्र कपूरदीन निवासी गांव गुजरेहड़ा डा0 नैहरियां नौरंगा के विरुद्ध धारा 333, 115(2),352, 351(3) भा0न0स0 के तहत थाना अम्ब में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
वहीं पुलिस को दी शिकायत में रजक मोहम्मद(43) पुत्र कपूरदीन निवासी गांव गुजरेहड़ा डा0 नैहरियां नौरंगा तह0 अम्ब जिला ऊना ने बताया कि नजीर मोहम्मद पुत्र बदरदीन निवासी गांव गुजरेहड़ा ने मेरे दरवाजे के पास गोबर फैंक दिया था। जिस पर यह नजीर मोहम्मद को पूछने के लिए जा रहा था तो नजीर मोहम्मद अपने घर से बाहर रास्ते में आया तथा कहने लगा कि पिछले कल मेरी बुआ के इंतकाल की अंतिम रस्म इसके भाई सदीक मोहम्मद को नहीं करने दी व इसके साथ गाली-गलौच व मारपीट करने लगा तथा मुझे रास्ते में गिरा दिया शिकायत के आधार पर पुलिस ने धारा 126(2), 115(2),352 भा0न0स0 के तहत थाना अम्ब में मामला दर्ज कर आगामी जांच शुरू कर दी है।
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भारतीय मजदूर संघ ने बिजली के बढ़ते दामों पर जताई चिंता
रेट कम न किये तो उद्योग हो जायेगे बन्द
बद्दीसचिन बैंसल: भारतीय मजदूर संघ की बीबीएन इकाई की बैठक में प्रदेश सरकार की ओर से बढ़ाए गए बिजली के दामों पर चिंता जताई। बीबीएन में खस्ताहलत सडक़ों के चलते यहां पर अब नया कोई भी उद्योग नहीं आ रहा है। बीबीएन में क्राईम बढऩे से कामगार सहमें हुए है।
बैठक की अध्यक्षता करते हुए संघ के पूर्व प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष मेला राम चंदेल ने कहा कि सरकार ने बिजली के दाम 5 रुपये 19 पैसे से बढ़ा कर 7 रुपये 58 पैसे कर दिए है। जिससे उद्योगों पर इसका प्रतिकूल असर पड़ा है। हिमाचल में पंजाब व हरियाणा से बिजली मंहगी हो गई है जबकि हिमाचल स्वयं बिजली तैयार करता है। यहां पर बिजली सस्ती होने के कारण उद्योग आए थे लेकिन अब सरकार की बेरूखी से उद्योग यहां से पलायन करने लगे है। हिंदुस्तान लीवर जैसे बड़े नामी उद्योग यहां से पलायन कर गए है। और अब कई उद्योग यहां से जाने की तैयारी में है। जब यहां पर उद्योग ही नहीं रहेंगे तो रोजगार कहां से मिलेगा। अब लोगों को किराया आ रहा वह भी बंद हो जाएगा।
उन्होंने हैरानी जताई कि ऊना से लेकर पांवटा साहिब तक किसी ने इस पर आवाज उठाई है। इंटक के प्रदेश अध्यक्ष व नालागढ़ विधायक भी इस मुद्दे में चुप्पी साधे बैठे है। बीबीएन से प्रदेश में सबसे ज्यादा राजस्व जाता लेकिन सरकार इसे भी समाप्त करने की सोच रही है। बीबीएनडीए के बजट पहले करोड़ो में था अब दो लाख रह गया है। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि प्रदेश सरकार बीबीएन के उद्योगों को लेकर कितनी गंभीर है।
मेला राम चंदेल ने बीबीएन मेंं बढ़ रहे उपराध पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि क्राईम रेट दिन प्रतिदिन बढ़ रही है। कामगार अपने हाथ में मोबाइल लेकर नहीं चल सकते है। नकाबपोश बाईक पर आकर कामगारो के हाथों से मोबाइल छिन कर ले जाते है। पानी के दाम बढ़ा कर सरकार ने गरीब लोगों को जीवन भी कठिन कर दिया है। किसी महिला ने चुनाव से पहले 15 सौ रुपये देने की मांग नहीं रखी थी। सरकार ने स्वयं उन्हें यह लालच दिया। अब हालात यह है कि इसमें कटौती करके एक ही महिला को देने की बात चल रही है जिससे घर घर में झगड़े बढ़ गए है। उन्होंने प्रदेश सरकार से मांग की है कि यहां के उद्योग पतियों के साथ मिल कर एक ठोस नीति तैयार की जाए जिससे यहां पर निवेश करना आसान हो जाए तभी यहां पर उद्योग टिकेंगे।
इस मौके पर जिला कोषाध्यक्ष खेमराज विक्की, मंडल अध्यक्ष शिवम चंदेल, कपिल ठाकुर, उपाध्यक्ष कुलदीप चौधरी, नितेश ठाकुर, दीशांत कुमार, अमरजीत अश्वनी धीमान उपस्थित रहे।
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गवर्नमेंट कॉलेज ऊना में स्वच्छ भारत दिवस 15 सितम्बर से 2 अक्टूबर तक मनाया
ऊना/ सुशील पंडित: गवर्नमेंट कॉलेज ऊना में स्वच्छ भारत दिवस के उपलक्ष्य में 15 सितम्बर से 2 अक्टूबर तक मनाया गया। इस में एनसीसी कैडेट्स ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया। कैडेट्स ने पोस्टर बनाकर रैली के माध्यम से लोगों को जागरूक किया और स्वच्छता की शपथ ली। कैडेट्स ने कचरे से सुंदर वस्तुएं बनाई, जिन्हें प्राचार्या महोदया और अन्य स्टाफ सदस्यों को उपहार स्वरूप भेंट किया, जिसकी सभी ने सराहना की। इसी श्रृंखला में विश्व पर्यटन दिवस 27 सितम्बर को भी मनाया गया, जिसमें एनसीसी कैडेट्स ने “नदियां: संस्कृतियों की जननी” विषय पर पर्यटन विभाग के प्रो. डॉ. विपुल कुमार गौतम द्वारा दिए गए बहुत ही सुंदर व्याख्यान में भाग लिया। इस कार्यक्रम में कॉलेज की प्राचार्या डॉ. मीता शर्मा ने कैडेट्स के कार्यों की सराहना की और उन्हें शाबाशी दी। इस अवसर पर कॉलेज के वरिष्ठ प्रोफेसर डॉ. राजकुमार, प्रो. पुणीत प्रेम, और प्रो. संजय वर्मा के साथ दोनों यूनिट्स के एनसीसी अधिकारी कैप्टन डॉ. अश्वनी कुमार तथा कैप्टन डॉ. मोनिका खन्ना भी उपस्थित रहे। -

गाय को राष्ट्र माता घोषित करें मोदी सरकार वशिष्ठ
ऊना/सुशील पंडित: देश भर में गाय को पूज्य जाता है और गाय में करोड़ो देवी देवताओं का वास होता है। इसलिए गौ माता को राष्ट्र माता घोषित करना चाहिए।
यह मांग गौ रक्षा दल के राष्ट्रीय सचिव व शिवसेना के हिमाचल अध्यक्ष एसडी वशिष्ठ ने केंद्र सरकार से की है। उन्होंने देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से आग्रह किया है कि दीवाली से पहले गाय को राष्ट्र माता घोषित करके देशवासियों की लंबे समय से चली आ रही मांग को पूरा कर दें। यदि गाय को भारत में गाय को राष्ट्र माता की उपाधि नहीं दी जाएगी और पूरी दुनिया के लोग गौ माता को राज्य माता की उपाधि नहीं दे सकते। इसलिए हम भारत सरकार से मांग करते हैं कि गौ माता को राष्ट्र माता घोषित किया जाए। उन्होंने कहा कि देश भर में गाय को राष्ट्रमाता घोषित करने की मांग काफी समय से उठ रही है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मांग करते हैं कि गाय को राष्ट्रीय माता घोषित किया जाना चाहिए। गाय सबका पालन करती है। सबका पोषण करती है। इसलिए वह सबकी माता है। देश के प्रधानमंत्री को गौ माता को राष्ट्र माता का संवैधानिक दर्जा देकर भारतीय परंपरा और संस्कृति को सुरक्षित करने की पहल करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र सरकार का गाय को राज्य माता घोषित करने का निर्णय बेहद स्वागत योग्य है।
उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र सरकार के निर्णय से गौ भक्तों में खुशी की लहर दौड़ गई है। उन्होंने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खु से भी मांग की है कि देवभूमि में भी दीपावली से पहले महाराष्ट्र सरकार की तर्ज पर हिमाचल राज्य में भी गाय को राज्य माता घोषित किया जाए। गौ रक्षा दल के राष्ट्रीय सचिव व शिवसेना के हिमाचल अध्यक्ष एसडी वशिष्ठ ने कहा कि हिमाचल राज्य देवभूमि के नाम से विख्यात है और यहां पर देवी देवताओं का वास रहा है। उन्होंने सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खु से मांग की है कि हिमाचल में भी दीपावली से पहले गाय को राज्य माता करें।