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Punjab News: जूता कारोबारी पर गोलियां चलाने के मामले में 2 गिरफ्तार, देखें वीडियो
लुधियानाः खुड्डा मोहल्ला में देर रात जूत्ता कारोबारी गुरविंदर सिंह प्रिंकल की दुकान पर गोलियां चलाने के मामले में पुलिस ने 2 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने बतााय कि देर रात जूता व्यापारी गुरविंदर सिंह प्रिंकल की दुकान पर आए युवकों ने गोलियां चला दी। डीसीपी शुभम अग्रवाल ने बताया कि हमलावारों ने जूता व्यापारी और उसके पार्टनर पर गोलियां चलाई थी। गोलियां चलने के दौरान प्रिंकल ने भी लाइसेंसी रिवाल्वर से फायरिंग की। हादसे में गोलियां लगने से प्रिंकल और एक महिला घायल हो गए।
इस मामले में पुलिस ने तुरंत कार्रवाई शुरू की। पुलिस को कुछ सीसीटीवी तस्वीरें मिलीं और इस मामले को लेकर घायल प्रिंकल ने पुलिस को बयान दिया कि उस पर ससुर परिवा ने हमला करवााया है। पुलिस ने बताय कि हमले की वजह उनके ससुराल परिवार से चल रही दुश्मनी है। पुलिस ने इस मामले में कार्रवाई के लिए देर रात टीमें गठित की। डीसीपी अनिल भनोट और अमनदीप बरार ने बताया कि व्यापारी पर हमला करने वाले ऋषभ बैनिपाल और सुनील को पुलिस ने देर रात दुर्गा माता मंदिर के पास से गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने बताया प्रिंकल ने अपने बचाव के लिए हमलावारों पर गोलियां चलाईयां। इस दौरान आरोपी ऋषभ बैनिपाल और उसका साथी सुनील घायल हो गए जोकि ईलाज करवाने के लिए शहर के बाहर जाने की फिराक में थे। पुलिस ने गुप्त सूचना मिलने पर दोनों को गिरफ्तार कर लिया और उन्हें उपचार के लिए डीएमसी अस्पताल में भर्ती करवाया गया। पुलिस ने बताया कि घटना में दोनों आरोपियों को गोलियां लगी है। इसमें ऋषभ की हालत में सुधार है, लेकिन सुनील की हालत गंभीर बनी हुई है।
डीसीपी से कहा इस मामले में कई अन्य व्यक्तियों को नामजद किया गया है, जिन्हें जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा। इस मामले को लेकर जब डीसीपी से पूछा गया कि प्रिंकल ने ससुराल वालों पर गोलियां चलाने के आरोप लगाए है तो उन्होंने कहा कि इस मामले में ऋषभ और सुनील से पूछताछ की जाएंगी। उन्होंने कहा कि इस मामले में जब ऋषभ बैनिपाल और सुनील जब ठीक हो जाएंगे तो उनसे पूछताछ की जाएगी। जिसके बाद उनके खिलाफ उचित कार्रवाई भी की जाएगी। उन्होंने कहा कि ऋषभ बैनिपाल करीब 26 महीने पहले ही जेल से बाहर आए हैं इस पर पहले से ही पर्चे चल रहे हैं।
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सड़क दुर्घटना में SI की दर्दनाक मौत
छत्तीसगढ़ : छत्तीसगढ़ के गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में एक दर्दनाक हादसे में सब इंस्पेक्टर की मौत हो गई। मृतक की पहचान विलायत हुसैन के तौर पर हुई है। उत्तर प्रदेश से एक आरोपी को पकड़कर लौट रही पुलिस टीम की गाड़ी कुत्ते को बचाने के प्रयास में पलट गई। कोरबा जिले के पाली थाने की पुलिस टीम सब इंस्पेक्टर विलायत हुसैन के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश के कानपुर में एक आरोपी को पकड़ने गई थी।
आज सुबह करीब साढ़े छह बजे जब टीम गौरेला थाना क्षेत्र के खंता गांव के पास लौट रही थी, तभी एक कुत्ते को बचाने के प्रयास में उनकी गाड़ी अनियंत्रित हो गई और कई मीटर तक घसीटते हुए खेत में जा गिरी। हादसे से कुछ घंटे पहले SI ने इमोशनल सॉन्ग के साथ वॉट्सऐप स्टेटस लगाया था। गाने के बोल थे “कोई न जाने कब आ जाए घड़ी बिछड़ जाने की” कोरबा जिले के पाली थाने की पुलिस विलायत हुसैन के नेतृत्व में उत्तरप्रदेश के कानपुर में एक आरोपी को पकड़ने गई थी।
SI विवेचक रोहित डहरिया ने जानकारी देते हुए बताया कि कुत्ते को बचाने के चक्कर में हादसा हुआ है। गाड़ी कई मीटर तक घसीटते हुए खेत में पलट गई। मृतक एसआई के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया है। गंभीर रूप से घायल आरक्षक शैलेंद्र तंवर को बिलासपुर अस्पताल में रेफर किया गया है। बाकी घायलों का इलाज चल रहा है।
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Gopashtami आज, जानें गोपाष्टमी से जुड़ी श्री कृष्ण की लीलाएं, शुभ मुहूर्त और लाभ
नई दिल्लीः कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की अष्टमी तिथि को ब्रज के साथ-साथ पूरे देश में गोपाष्टमी का पर्व मनाया जाता है और इस बार यह शुभ तिथि 9 नवंबर दिन शनिवार यानि आज है। गोपाष्टमी के पर्व पर भगवान कृष्ण और गायों की पूजा होती है। मान्यता अनुसार, गोपाष्टमी पर गाय की पूजा उपासना करने से 33 कोटि देवी देवताओं का आशीर्वाद मिलता है और घर में सुख-शांति और समृद्धि आती है।

पौराणिक कथाओं के अनुसार, इस दिन से भगवान कृष्ण ने गाय को चराना शुरू कर दिया था, इससे पहले वे केवल गाय के बछड़ों को ही चराया करते थे। इसी उपलक्ष्य में मथुरा वृंदावन समेत कई जगह इस पर्व को मनाया जाता है।
ज्योतिषों ने बताया कि अष्टमी तिथि शुक्रवार रात 11 बजकर 56 से शनिवार रात 10 बजकर 45 बजे तक रहेगी। ऐसे में उदया तिथि के लिहाज से शनिवार को गोपाष्टमी मनाई जा रही है। गोपाष्टमी का पूजन अभिजीत मुहूर्त में किया जाता है और आज यह मुहूर्त सुबह 11 बजकर 43 मिनट से शुरू होकर 12 बजकर 26 मिनट तक रहेगा। साथ ही गोपाष्टमी पर सर्वार्थ सिद्धि योग, शश राजयोग समेत कई शुभ योग भी बन रहे हैं।मान्यता है कि गाय माता की सेवा मात्र से हर मनोकामना पूरी होती है और मृत्यु के बाद गोलोक में स्थान भी मिलता है। गोपाष्टमी गायों की पूजा को समर्पित और उनके प्रति कृतज्ञता और सम्मान प्रदर्शित करने का त्योहार है। गीता में भगवान कृष्ण ने स्वयं कहा है कि ‘गवां मध्ये वसाम्यहम्’ अर्थात् मैं गायों के बीच में ही रहता हूं। जिन बहनों ने भाई दूज पर भाइयों को तिलक नहीं लगा पाई हैं, वो इस दिन उन्हें तिलक लगा सकती हैं।
पौराणिक कथाओं के अनुसार, जब भगवान कृष्ण 6 वर्ष के थे, तब उन्होंने माता यशोदा से कहा कि मां मैं अब बड़ा हो गया हूं इसलिए अब मैं बछड़ों के साथ गाय को भी चराने जाउंगा। तब मैया यशोदा ने कहा कि इसके लिए तुम अपने बाबा से बात करो। बाल गोपाल तुरंत नंद बाबा के पास गए और गाय चराने को कहा। लेकिन नंद बाबा ने मना कर दिया कि तुम अभी काफी छोटे हो, अभी केवल बछड़ों को ही चराओ। लेकिन बाल गोपाल अड़े रहे, तब नंद बाबा ने कहा कि जाओ पंडितजी को बुला लाओ। बाल गोपाल भागे भागे पंडितजी को बुला लाए।

पंडितजी ने पंचांग देखा और उंगलियों पर गणना करने लगे। काफी देर तक जब पंडितजी ने कुछ नहीं कहा तब नंद बाबा बोले आखिर हुआ क्या है.. पंडितजी आप काफी देर से कुछ बोल नहीं रहे हैं। पंडितजी बोले गायों को चराने का मुहूर्त आज ही बन रहा है, इसके बाद पूरे साल तक कोई मुहूर्त नहीं है। पंडितजी के बात सुनकर बाल गोपाल तुरंत गायों को चराने के लिए निकल पड़े। बाल गोपाल ने जिस दिन से गायों को चराना शुरू कर दिया था, उस दिन कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की अष्टमी तिथि थे इसलिए पूरे ब्रज में इस दिन गोपाष्टमी का पर्व मनाया जाता है और गौ वंश की पूजा की जाती है।
गोपाष्टमी को लेकर एक अन्य कथा यह भी मिलती है कि कार्तिक मास की प्रतिपदा तिथि से लेकर सप्तमी तिथि पर भगवान कृष्ण ने गौ, बछड़े और अन्य जानवर समेत पूरे ब्रजवासियों की रक्षा के लिए उंगली पर गोवर्धन पर्वत धारण कर लिया था। फिर अष्टमी तिथि के दिन देवराज इंद्र का अहंकार भंग हुआ है और वे भगवान कृष्ण की शरण में आकर क्षमा याचना करने लग गए थे। तब कामधेनु गाय ने भगवान कृष्ण का अभिषेक किया था। तभी से कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की अष्टमी तिथि को गोपाष्टमी का पर्व मनाया जाने लगा।
गोपाष्टमी के दिन गाय व गौवंश को स्नान करवाया जाता है और फिर आरती की जाती है। आरती करने के बाद हाथ जोड़कर अभिवादन किया जाता है। अगर घर में गाय नहीं है तो गोपाष्टमी के दिन गाय को घर के मुख्य द्वार पर बुलाकर उनको स्नान व सेवा करने से अक्षय पुण्य की प्राप्ति होती है। इस दिन गाय के साथ भगवान कृष्ण की पूजा करने का भी विधान है।
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Punjab News: नशा छुड़ाओं केंद्र के नजदीक Triple Murder से लोगों में दहशत का माहौल
होशियारपुर: जिले के गढ़शंकर ट्रिपल मर्डर होने की घटना सामने आई है। मिली जानकारी के अनुसार गांव मोरांवाली में 3 युवकों की बेरहमी से हत्या कर दी गई। बताया जा रहा है कि गढ़शंकर स्थित नशा छुड़ाओं केंद्र के नजदीक युवकों पर हमला करके उन्हें मौत के घाट उतार दिया। इस घटना के बाद लोगों में दहशत का माहौल पाया जा रहा है।
मृतक युवकों की पहचान मनप्रीत सिंह मनी, मुख्त्यार सिंह सुक्खा व शरण के तौर पर हुई है। घटना की सूचना स्थानीय लोगों द्वारा पुलिस को दे दी गई है। वहीं पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर गढ़शंकर के अस्पताल की मोर्चुरी में रखवा दिया है। पुलिस का कहना है कि मामले की गहनता से जांच की जा रही है। घटना की सूचना मृतक के परिजनों को दे दी गई है।
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Punjab News: जमीनी विवाद को लेकर High Court ने केंद्र, पंजाब सरकार, डेरे से मांगा जवाब
ब्यासः अमृतसर में राधा स्वामी सत्संग भवन ब्यास पर अवैध निर्माण व अवैध खनन का आरोप लगाते हुए दाखिल याचिका पर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने केंद्र सरकार, पंजाब सरकार, डेरे व अन्य को जवाब दाखिल करने का आदेश दिया है। पिछली सुनवाई पर हाईकोर्ट ने डेरा राधा स्वामी सत्संग भवन ब्यास में किसी भी प्रकार के निर्माण पर रोक लगा दी थी। लोक भलाई इंसाफ वेलफेयर सोसायटी अमृतसर के अध्यक्ष बलदेव सिंह सिरसा ने याचिका दाखिल करते हुए भूमि पर अवैध कब्जे व खनन का मुद्दा हाईकोर्ट के समक्ष रखा है।
याची संस्था ने तर्क दिया है कि डेरा राधा स्वामी सत्संग ब्यास ने विभिन्न तरीकों से अपने कब्जे वाले क्षेत्र को बढ़ाने की कोशिश की है। याची ने उदाहरण देते हुए बताया कि ब्यास नदी ने धुस्सी बांध बनने के बाद अस्वाभाविक रूप से दो किलोमीटर तक अपना रास्ता बदल लिया, जिसके कारण लगभग 2500 एकड़ खेती योग्य भूमि नष्ट हो गई है। ब्यास नदी के मार्ग में उक्त परिवर्तन अवैध खनन गतिविधियों के साथ-साथ डेरा की ओर से की गई गतिविधियों के कारण हुआ है, क्योंकि नदी के तल से रेत निकाली जा रही है और डेरा अवैध रूप से अपनी सीमाओं का विस्तार कर रहा है।
2005 में जालंधर के डीसी की अध्यक्षता में एक कमेटी गठित की गई थी। उस कमेटी ने सरकार को भेजे संवाद में डेरे की गतिविधियों के बारे में जानकारी दी थी, लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। डेरे की गतिविधियों के बारे में याचिकाकर्ता ने अपील की है कि इस मामले की जांच एक सेवानिवृत्त हाईकोर्ट जज को सौंपी जाए। इसके साथ ही नए सिरे से राजस्व रिकॉर्ड तैयार करने और गिरदावरी का निर्देश जारी करने की अपील की है। नदी का बहाव बदलने के कारण स्थानीय लोगों को हुए नुकसान की समीक्षा कर मुआवजा जारी करने का निर्देश देने की भी मांग की गई है। याचिका में कहा गया कि नदी का बहाव बदलने के कारण अब आबादी बाढ़ के खतरे में है। ऐसे में बाढ़ को रोकने के लिए योजना को अमलीजामा पहनाने का भी निर्देश दिया जाए।
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Punjab News: Highway पर लगा लंबा जाम, लोग हुए परेशान
लुधियाना : लाडोवाल पुल से फिल्लौर की ओर जाने वाले रास्ते पर भारी जाम लगा होने का मामला सामने आया है। जिसके चलते सड़क पर वाहनों की लंबी कतारे लगी हुई है। ट्रैफिक जाम से राहगीरों को कई घंटों तक सफर तय करने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
बताया जा रहा है कि लुधियाना से जालंधर की ओर आने वाले लोग भारी ट्रैफिक जाम में फंसे हुए हैं। हालांकि जाम लगने के कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है। बताया जा रहा है कि ट्रैफिक की भारी समस्या की सूचना मिलने पर ट्रैफिक पुलिस कर्मी मौके पर पहुंच गए है और ट्रैफिक को सुचारू ढंग से चलाने के प्रयास शुरू कर दिए है।
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इंसानियत शर्मसार! इस वजह से की मां की हत्या, पिता को Sorry Papa कहकर घर से हुआ फरार, गिरफ्तार
नई दिल्लीः दिल्ली के बदरपुर थानाक्षेत्र के मोलड़बंद गांव से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहां एक बेटे ने छोटी सी बात पर अपनी ही मां की निर्ममता से हत्या कर दी। पुलिस को मामले की जानकारी मिली तो घटनास्थल पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। इसके साथ ही पुलिस ने आरोपी बेटे को भी गिरफ्तार कर लिया है। यह घटना 6 नवंबर की बताई जा रही है। पुलिस की पूछताछ में पता चला है कि आरोपी कनाडा जाना चाहता था, लेकिन उसका परिवार चाहता था कि वह पहले शादी कर ले। इसको लेकर बहस इतनी बढ़ गई थी कि उसने अपनी मां पर चाकू से हमला कर दिया, जिसे उसने कुछ समय पहले खरीदा था।
जानकारी के अनुसार 6 नवंबर की शाम लगभग 04:58 बजे बदरपुर थाना पुलिस को को एक महिला को मारपीट के कारण मृत अवस्था में लाए जाने के संबंध में अपोलो अस्पताल से सूचना मिली थी। मृतक महिला की पहचान 50 वर्षीय गीता पत्नी सरजीत सिंह निवासी मकान संख्या 170, मोलरबंद गांव, बदरपुर के रूप में हुई थी। पूछताछ में पता चला कि आरोपी कृष्णकांत (31) ने अपने पिता को दोपहर 3:30 बजे फोन कर घर आने को कहा था। कृष्णकांत के पिता सुरजीत सिंह (52) जब घर पहुंचे तो उसने उनसे माफी मांगी और कहा कि ऊपर जाकर खुद देख लो।
इसके बाद वह घर से भाग गया। घर की पहली मंजिल पर पहुंचने पर सुरजीत ने अपनी पत्नी गीता को खून से लथपथ पड़े पाया और उसके शरीर पर धारदार हथियार से कई चोटों के निशान थे। वह तुरंत पड़ोसियों की मदद से उसे अपोलो ले गया, जहां उसे डॉक्टरों ने महिला को मृत घोषित कर दिया। मृतका के पति सुरजीत सिंह चौधरी प्रॉपर्टी डीलिंग का काम करते हैं। उनका ऑफिस टंकी रोड जैतपुर में है। उनके दो बेटे हैं, बड़ा बेटा कृष्णकांत (31) है, जो नशे का आदी है और कुछ नहीं करता। उसका छोटा बेटा साहिल उर्फ भोली (27) है, जो बैंक में नौकरी करता है। दोनों बेटे अविवाहित हैं। घटना के समय केवल गीता और आरोपी बेटा ही घर पर मौजूद थे। कृष्णकांत को रोहिन और केके के नाम से भी जाना जाता है, जिसे पुलिस द्वारा गिरफ्तार कर लिया गया है।
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Punjab News : वाहन की चपेट में आने से व्यक्ति की मौत, देखें वीडियो
गुरदासपुर : डेरा बाबा नानक थाने के अंतर्गत आने वाले गांव शाहपुर जाजन के एक 30 वर्षीय युवक की अनियंत्रित वाहन की चपेट में आने से दर्दनाक मौत हो गई। मृतक की पहचान गुरजीत सिंह पुत्र मनजीत सिंह के तौर पर हुई है। इस संबंध में जानकारी देते हुए मृतक के गांव के रहने वाले बलविंदर सिंह सहुरिया ने बताया कि गुरजीत सिंह जो एक शादी समारोह में गया हुआ था। गांव शाहपुर जाजन के पट्टी रामपुर में और वहां से लौटते समय डेरा बाबा नानक से फतेहगढ़ चूड़ीड़ी मेन रोड पर अज्ञात वाहन की चपेट में आने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
उन्होंने बताया कि इस संबंध में थाना डेरा बाबा नानक को सूचित किया गया। मृतक की पत्नी परमजीत कौर ने कहा कि मेरी रीड की हड्डी टूटने के कारण पिछले तीन साल से बिस्तर पर हूं और मेरा दस साल का बेटा है। पीड़ित परिवार ने समाज सेवी संस्थाओं और पंजाब सरकार से मांग की है कि उन पर जो भी बैंक का कर्ज है उसे माफ किया जाए और हमारी आर्थिक मदद की जाए। मिली जानकारी के अनुसार अज्ञात वाहन के खिलाफ धारा 106 के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है और मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल बटाला भेज दिया है।
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Punjab News: हवाई अड्डों पर कार्यरत अमृतधारी सिख कर्मचारियों के किरपान पहनने पर प्रतिबंध का Bikram Majithia ने जताया विरोध, देखें वीडियो
अमृतसरः सीनियर अकाली नेता पूर्व मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया ने हवाई अड्डों पर कार्यरत अमृतधारी सिख कर्मचारियों के किरपान पहनने पर प्रतिबंध लगाने का विरोध किया है। उन्होंने कहा कि सिविल एविएशन सुरक्षा ब्यूरों की ओर से हाल ही में आदेश जारी किए गए है। जो एक निंदनीय फैसला है। यह सिखों के साथ धक्का है। इससे सिखों की भावनाओं को ठेस पहुंची है।
उन्होंने कहा कि हमारे गुरुओं ने सिख पंथ के लिए काफी युद्ध लड़े है, जिन्होंने गुरु सिख को इन ककारों को पहनने की इजाजत दी है। लेकिन जो फैसला जारी किया गया है वह सिखों के बिल्कुल खिलाफ है। उन्होंने सभी को एकजुट होकर इस फैसले के खिलाफ आगे आने की अपील की है, ताकि फैसला वापस लिया जा सके।