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  • पंजावर-बाथड़ी सड़क पर क्षतिग्रस्त पुलिया के चलते यातायात अस्थायी रूप से बंद, ट्रैफिक वैकल्पिक मार्ग पर डायवर्ट

    पंजावर-बाथड़ी सड़क पर क्षतिग्रस्त पुलिया के चलते यातायात अस्थायी रूप से बंद, ट्रैफिक वैकल्पिक मार्ग पर डायवर्ट

    ऊना/सुशील पंडित: पंजावर-बाथड़ी मार्ग पर (आरडी 32/350) स्थित आरसीसी पुलिया क्षतिग्रस्त होने के कारण सुरक्षा की दृष्टि से इस सड़क पर वाहनों की आवाजाही 21 नवम्बर, 2025 से आगामी आदेशों तक बंद रहेगी। यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए वाहनों को वैकल्पिक मार्ग पालकवाह-ललड़ी-नंगल कलां-जटपुर रोड पर डायवर्ट किया गया है। उपायुक्त ऊना, जतिन लाल ने मोटर वाहन अधिनियम, 1988 की धारा 115 एवं 116 के अंतर्गत यह आदेश जारी करते हुए कहा कि यह आदेश किसी भी संभावित दुर्घटना को रोकने और जन सुरक्षा सुनिश्चित करने के मध्यनज़र जारी किए गए हैं। उपायुक्त ने सम्बंधित अधिकारियों को सड़क बंद करने को लेकर जनता को सूचित करने और मार्ग परिवर्तन की जानकारी देने के लिए अग्रिम बोर्ड लगाने के निर्देश दिए हैं।
  • ऊना जिला प्रशासन की कड़ी कार्रवाई, जिले में रात में खनन पूर्ण बैन, उल्लंघन पर होगी एफआईआर

    ऊना जिला प्रशासन की कड़ी कार्रवाई, जिले में रात में खनन पूर्ण बैन, उल्लंघन पर होगी एफआईआर

    ऊना/सुशील पंडित: ऊना जिला प्रशासन ने कानून व्यवस्था की मजबूती के लिए एक और कड़ा कदम उठाते हुए जिले में रात में खनन गतिविधियों पर पूर्ण बैन लगा दिया है। आदेशों का उल्लंघन करने पर संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध तत्काल एफआईआर दर्ज की जाएगी।

    उपायुक्त जतिन लाल ने शुक्रवार को पत्रकार वार्ता में बताया कि जिले में अब शाम 5 बजे से सुबह 6 बजे तक सभी प्रकार की खनन गतिविधियां पूर्ण रूप से प्रतिबंधित रहेंगी। इसी अवधि में खनन से जुड़े वाहनों और सामग्री के परिवहन पर भी सख्त रोक रहेगी।

    वैध खनन लीज धारकों को सुबह 6 बजे से शाम 5 बजे तक खनन कार्य की अनुमति रहेगी, लेकिन खनन सामग्री ढुलाई के लिए सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक ही अनुमति होगी। आदेशों का उल्लंघन करने वालों पर तत्काल दंडात्मक कार्रवाई होगी। पत्रकार वार्ता में पुलिस अधीक्षक ऊना अमित यादव और जिला खनन अधिकारी भी उपस्थित रहे।

    वैध खनन सामग्री ढुलाई के लिए विशेष कॉरिडोर चिन्हित

    उपायुक्त ने बताया कि निर्धारित समय अवधि के भीतर सामग्री ढुलाई के लिए विशेष कॉरिडोर भी चिन्हित किए गए हैं। सभी लीजधारकों को निर्धारित समय और निर्धारित मार्ग का पालन अनिवार्य रूप से करना होगा। इन रूट  पर निगरानी के लिए चेकपोस्ट बनाई गई हैं। इनमें ऊना से नंगल वाया मैहतपुर, टाहलीवाल से गढ़शंकर( भंगला रोड़ वाया बाथड़ी), दुलैहड़ से गढ़शंकर वाया गोंदपुर जयचंद, जननी से माहलपुर वाया जननी खड्ड, घालूवाल से होशियारपुर वाया पंडोगा, गगरेट से होशियारपुर वाया आशा देवी बैरियर, वीरभद्र चैक से नंगल वाया सैजोवाल बैरियर, अजौली से पंजाब की ओर और दौलतपुर से तलवाड़ा वाया मरबाड़ी कॉरिडोर तय किया गया है।

    उन्होंने कहा कि इन मार्गों के अतिरिक्त किसी अन्य रूट का उपयोग कर खनन सामग्री का परिवहन करने पर कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। उपायुक्त ने बताया कि भारी-भरकम चालान, मशीनरी जब्ती और लाइसेंस निलंबन जैसी कार्रवाई के बावजूद अवैध खनन की शिकायतें मिलती रही हैं। ऐसे में अब और अधिक सख्ती बरतना आवश्यक बन गया है।

    उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और किसी भी अवैध गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि कानून से खिलवाड़ करने वाले असामाजिक तत्वों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। हुड़दंगियों और सीमांत क्षेत्रों से आने वाले शरारती तत्वों पर कड़ी निगरानी रहेगी और किसी भी उल्लंघन पर तत्काल और सख्त कार्रवाई होगी।

    शराब ठेकों और अहातों की टाइमिंग तय

    उपायुक्त ने बताया कि जिले में शराब ठेकों और अहातों के संचालन समय को भी सख्ती से निर्धारित किया गया है। सभी शराब ठेके रात 10 बजे तक ही शराब की बिक्री कर सकेंगे और इसके बाद ठेके पूरी तरह बंद करने होंगे। सभी अहातों को भी रात 10 बजे तक पूर्ण रूप से बंद करना अनिवार्य है। अनरजिस्टर्ड अहातों को तत्काल प्रभाव से बंद करने तथा पंजीकरण की सभी औपचारिकताएं पूर्ण होने तक संचालन न करने के निर्देश जारी किए गए हैं।

    हथियार लाइसेंसों की होगी समीक्षा

    जतिन लाल ने कहा कि जिले में सभी हथियार लाइसेंसों की व्यापक समीक्षा की जाएगी। एसडीएम, डीएसपी, तहसीलदार और रेंज ऑफिसर की संयुक्त टीमें क्षेत्रवार रिपोर्ट तैयार करेंगी। भूमि विवाद या शिकायत वाले मामलों में पाए जाने वाले हथियार लाइसेंस तत्काल निलंबित किए जाएंगे और संबंधित हथियार जब्त किए जाएंगे। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि सोशल मीडिया पर हथियारों का प्रदर्शन या सार्वजनिक स्थानों पर हथियार लहराना दंडनीय अपराध है और ऐसे मामलों में तुरंत कार्रवाई की जाएगी।

    क्विक रिस्पॉन्स टीम गठित, संवेदनशील क्षेत्रों में बढ़ेगी पेट्रोलिंग

    इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक अमित यादव ने बताया कि जिले में निगरानी तंत्र को मजबूत करने के लिए क्विक रिस्पॉन्स टीम का गठन किया गया है। 7–8 पुलिस कर्मियों से सुसज्जित यह टीम दिन-रात हाईवे सहित सभी संवेदनशील क्षेत्रों में गश्त करेगी तथा किसी भी अवैध गतिविधि या उपद्रव की स्थिति में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करेगी।

  • Haryana News: ऑपरेशन ट्रेकडाउन में 70 अपराधी हथियारों सहित काबू, देखें वीडियो

    Haryana News: ऑपरेशन ट्रेकडाउन में 70 अपराधी हथियारों सहित काबू, देखें वीडियो

    34 बदमाशों की खुली हिस्ट्रीशीट. 8 की जमानत रद्द, 2 की प्रॉपर्टी ध्वस्त

    पंचकूलाः प्रदेश में अपराध पर कठोर नियंत्रण स्थापित करने के उद्देश्य से 5 से 20 नवंबर तक चलाए गए ऑपरेशन ट्रेकडाउन के तहत पंचकूला पुलिस ने संगठित अपराध, लूट, डकैती, हत्या के प्रयास, स्नैचिंग, अवैध हथियार, अवैध शराब, नशीले पदार्थों, जमानत पर बाहर घूम रहे अपराधियों और अवैध संपत्तियों जैसे गंभीर अपराधों पर व्यापक और निर्णायक कार्रवाई की। डीसीपी क्राइम एंड ट्रैफिक मनप्रीत सिंह सूदन ने प्रेस वार्ता के दौरान बताया कि ऑपरेशन के दौरान पुलिस टीमों ने रात-दिन लगातार फील्ड में रहकर, नाकों से लेकर संकरे गलियों तक, हर उस जगह कड़ी निगरानी रखी, जहां अपराध पनपने की संभावना थी। इसी सतर्कता और योजनाबद्ध कार्रवाई का परिणाम रहा कि पुलिस ने 70 अपराधियों को गिरफ्तार किया, जिससे 6 संभावित हत्याएं, 13 लूट और डकैती, तथा 7 स्नैचिंग जैसी घटनाएं होने से पहले ही रोकी जा सकीं। उन्होंने बताया कि पुलिस ने जिले के कई कुख्यात अपराधियों की गतिविधियों का विश्लेषण कर 9 शातिर अपराधियों पर संगठित अपराध की कड़ी धाराएँ लगाई इससे ये आरोपी कम से कम 90 दिन जेल में रहेंगे। साथ ही 34 बदमाशों की हिस्ट्रीशीट खोलकर उन्हें पुलिस निगरानी में रखा गया है। अभियान के दौरान पुलिस ने 8 अपराधियों की जमानत रद्द कराई है और अब वे जेल में रहकर ही जांच का सामना करेंगे। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि अपराधियों के लिए जिले में कोई जगह नहीं बचेगी चाहे वे जेल से बाहर हों या अंदर हो। सिर्फ गिरफ्तारी ही नहीं पंचकूला पुलिस ने अपराधियों के अवैध आर्थिक ढांचे को ध्वस्त करने पर भी विशेष जोर दिया। डीसीपी क्राइम ने बताया कि 7 आरोपियों की काली कमाई की जांच शुरू की गई है। इस सप्ताह बरवाला निवासी हेप्पी पुत्र सुरजीत और खड़क मंगोली निवासी राजेश पुत्र हेतराम की अवैध संपत्तियों को ध्वस्त कर पुलिस ने यह संदेश दे दिया कि अपराध से अर्जित धन कहीं सुरक्षित नहीं है। बरामदगी की बात करें तो इस अभियान के दौरान पुलिस ने 9 देसी पिस्टल/कट्टे, 1 रिवॉल्वर, 15 जिंदा कारतूस, 1 मैगजीन, 2 चाकू, इसके अलावा 5 लाख 20 हजार रुपये नकद, 71 ग्राम सोना, 4 कारें, 7 मोटरसाइकिल, और 384 अवैध शराब की बोतलें कब्जे में लीं। डीसीपी सूदन ने बताया कि जमानत पर बाहर आए अपराधियों की लगातार चैकिंग की जा रही है। पुलिस टीमें रोज़ाना उनके ठिकानों पर जाकर उनकी गतिविधियों पर नजर रख रही हैं, ताकि किसी भी संभावित अपराध को पनपने से पहले ही रोका जा सके। इस अभियान को लेकर पंचकूला पुलिस कमिश्नर शिवास कविराज ने कहा “ऑपरेशन ट्रेकडाउन एक शुरुआत है। हम अब अपराधियो की आर्थिक जड़ो को तोड़ने, उनकी अवैध संपत्तियों पर कार्रवाई करने और जिले में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने की दिशा में लगातार कदम उठा रहे है। हमारी टीमें चौबीसों घंटे अलर्ट हैं और जनता को निश्चिंत होकर जीने का अधिकार हम सुनिश्चित कर रहे है।”
  • Haryana News: 25 वर्षीय युवती की मौत, सुसराल पक्ष पर लगे गंभीर आरोप, देखें वीडियो

    Haryana News: 25 वर्षीय युवती की मौत, सुसराल पक्ष पर लगे गंभीर आरोप, देखें वीडियो

    2 साल पहले हुई थी महिला की शादी

    पंचकूलाः उत्तराखंड के रुड़की की रहने वाली महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। इस मौत को लेकर मृतक महिला के परिवार पक्ष ने ससुराल परिवार पर गंभीर आरोप लगाए है। वहीं सेक्टर 6 अस्पताल में एक डॉक्टरों के पैनल द्वारा मृतिका का पोस्टमार्टम किया गया। मौके पर ड्यूटी मजिस्ट्रेट और नायब तहसीलदार भी मौजूद रहे। इस दौरान पोस्टमार्टम के दौरान वीडियोग्राफी भी की गई। महिला उत्तराखंड के रुड़की रहने वाली थी। जिसे गंभीर अवस्था में पहले रुड़की के एक प्राइवेट अस्पताल में ले जाया गया। उसके बाद चंडीगढ़ पीजीआई में उपचार के लिए जे जाया गया। बताया जा रहा हैकि वेंटिलेटर ना होने के कारण महिला को पीजीआई चंडीगढ़ से सेक्टर 6 पंचकूला के सरकारी अस्पतालमें भर्ती करवाया गया, जहां महिला की मौत हो गई। 25 वर्षीय मृतका के भाई शाहिद ने बताया कि उसकी बहन की शादी 2 साल पहले सलमान नामक युवक के साथ हुई थी, जो रुड़की के मंगोलर में रहता है। शुरुआत में उन्होंने लड़के वालों को बाइक और काफी दहेज का सामान दिया था। आरोप है कि काफी समय से उसकी बहन को दहेज के लिए परेशान किया जा रहा था। मृतका के भाई ने बताया कि मरने से 2 दिन पहले भी बहन ने उसके साथ फोन पर बात की थी और उस दौरान कहा था कि 50 हजार रुपए की उसके ससुराल परिवा से डिमांड की जा रही है। बहन ने बताया कि यह पैसे उसके जीजा को चाहिए और जब वह पैसे नहीं दे पाए अब उसकी बहन के साथ ये सब हो गया। घटना की सूचना मिलते ही उत्तराखंड मंगलौर पुलिस स्टेशन से पुलिस फोर्स भी पंचकूला सेक्टर 6 हॉस्पिटल पहुंची। जांच अधिकारी गजपाल राम ने बताया कि मंगलौर से नायब तहसीलदार और ड्यूटी मजिस्ट्रेट के अगुवाई में महिला का पोस्टमार्टम करवाया गया। पोस्टमार्टम के समय पूरी वीडियोग्राफी बनाई गई और एक डॉक्टरों के पैनल द्वारा पोस्टमॉर्टम किया गया। 3 डॉक्टरों की टीम ने मिलकर पोस्टमार्टम किया। जांच अधिकारी ने बताया कि बॉडी परिजनों को सौंप दी गई है। डॉक्टरों ने कहा कि पुलिस द्वारा जो बनती कार्रवाई होगी वह की जाएगी।
  • तहसीलदार के कार्यलय में CM Flying Squad Team की दबिश, देखें वीडियो

    तहसीलदार के कार्यलय में CM Flying Squad Team की दबिश, देखें वीडियो

    पंचकूलाः कालका में आज सीएम फ्लाइंग सक्वॉड की टीम ने तहसीलदार कार्यलय में छापेमारी की। छापेमारी दौरान सीएम फ्लाइंग सक्वॉड की टीम द्वारा कार्यलय में काम करने वाले कर्मचारियों के कार्य प्रणाली की जांच की। इसी के साथ कार्यालय में होने वाली रजिस्ट्रीयां और कार्यलय के दस्तावेज खंगाले गए। मिली जानकारी के अनुसार सीएम फ्लाइंग सक्वॉड के इंचार्ज ओम प्रकाश की अध्यक्षता में यह करवाई की गई।

    टीम का कहना है कि कार्यलय में लोगों के काम किस तरह से किए जा रहे हैं उसे देखा गया और कार्यलय का रिकॉर्ड भी खंगाला गया। जानकारी के अनुसार इस कार्रवाई के दौरान तहसीलदार कार्यलय में काम करने वाले कुछ कर्मचारी देरी से पहुंचे। सीएम फ्लाइंग सक्वॉड की टीम के द्वारा कार्यलय की व्यवस्था भी देखी गई तो सफाई व्यवस्था में कमी मिली। तहसीलदार कार्यलय का रिकॉर्ड भी विभाग के द्वारा चेक किया गया।

  • ऊना में कानून-व्यवस्था पर सख़्ती, रात 10 बजे के बाद पूरी तरह बंद रहेंगे शराब ठेके और अहाते

    ऊना में कानून-व्यवस्था पर सख़्ती, रात 10 बजे के बाद पूरी तरह बंद रहेंगे शराब ठेके और अहाते

    ऊना/सुशील पंडित: उपायुक्त जतिन लाल ने ऊना जिले में कानून व्यवस्था को सुदृढ़ करने और सार्वजनिक व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 163 के तहत कड़े आदेश जारी किए हैं। आदेश तत्काल प्रभाव से लागू किए गए हैं।

    जारी आदेश के मुताबिक जिले के सभी शराब ठेके अब रात 10 बजे तक ही शराब की बिक्री कर सकेंगे। इसके बाद ठेके पूरी तरह बंद करना अनिवार्य होगा। सभी अहातों को रात 10 बजे तक पूर्ण रूप से शटडाउन करना अनिवार्य है। अनरजिस्टर्ड अहाते तत्काल प्रभाव से बंद करने के निर्देश दिए गए हैं । ऐसे सभी अहाते एक्साइज विभाग द्वारा पंजीकरण से जुड़ी आवश्यक औपचारिकताएं पूरी होने तक संचालित नहीं हो सकेंगे।

    आदेश का उल्लंघन करने पर भारतीय न्याय संहिता, 2023 की धारा 223 और अन्य प्रासंगिक कानूनी प्रावधानों के तहत कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। उपायुक्त ने कहा कि यह संज्ञान में आया है कि जिले के कुछ शराब ठेके और उनसे जुड़े अहाते देर रात तक खुले रहते हैं, जिसके कारण सार्वजनिक शांति भंग होती है और कानून-व्यवस्था पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। कई मौकों पर ऐसे प्रतिष्ठानों के आसपास देर शाम और रात्रि के समय झगड़े, उपद्रव और अशांति की घटनाएं सामने आई हैं।

    उन्होंने कहा कि इन परिस्थितियों को देखते हुए सार्वजनिक व्यवस्था बनाए रखने और संभावित शांति भंग की स्थितियों को रोकने के लिए शराब ठेकों और अहातों के संचालन समय को विनियमित करना आवश्यक है। उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि सार्वजनिक शांति, सुरक्षा और कानून-व्यवस्था के मामले में किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। संबंधित विभागों को आदेशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश जारी कर दिए गए हैं। यह आदेश अगले निर्देशों तक प्रभावी रहेगा।

  • Punjab News: पंजाब सरकार के 40 सरकारी अस्पतालों में अब मुफ्त डायलिसिस सुविधा, हज़ारों मरीजों की हो रही लाखों की बचत

    Punjab News: पंजाब सरकार के 40 सरकारी अस्पतालों में अब मुफ्त डायलिसिस सुविधा, हज़ारों मरीजों की हो रही लाखों की बचत

    चंडीगढ़, 20 नवंबर 2025: मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के गतिशील नेतृत्व में पंजाब सरकार ने राज्य की स्वास्थ्य सेवाओं को विश्व स्तरीय बनाने की दिशा में एक अभूतपूर्व और ऐतिहासिक कदम उठाया है। सरकार ने स्वास्थ्य को अपनी सर्वोच्च प्राथमिकताओं में रखते हुए यह साबित कर दिया है कि जनसेवा ही उनका एकमात्र लक्ष्य है। इसी कड़ी में, किडनी की बीमारी से जूझ रहे मरीजों के लिए मुफ्त डायलिसिस सुविधा का एक व्यापक और मजबूत नेटवर्क स्थापित किया गया है। यह पहल न केवल पंजाब के स्वास्थ्य ढांचे को नई ऊंचाइयों पर ले जा रही है, बल्कि यह सरकार की उस प्रतिबद्धता का भी प्रमाण है, जिसमें हर नागरिक को, चाहे वह किसी भी वर्ग का हो, उत्तम स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने का वादा किया गया है। यह योजना पंजाब के इतिहास में एक मील का पत्थर साबित हो रही है।

    पंजाब सरकार ने यह सुनिश्चित किया है कि डायलिसिस जैसी महत्वपूर्ण सुविधा केवल बड़े शहरों तक सीमित न रहे, बल्कि राज्य के दूर-दराज के इलाकों तक इसकी पहुंच हो। वर्तमान में, राज्य के 40 सरकारी अस्पतालों में यह अत्याधुनिक सुविधा सुचारू रूप से चलाई जा रही है। इस विशाल नेटवर्क में 23 जिला अस्पताल, 14 उप-मंडल अस्पताल और 3 सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र शामिल हैं। इतनी बड़ी संख्या में केंद्रों की स्थापना यह दर्शाती है कि आप सरकार स्वास्थ्य सेवाओं के विकेंद्रीकरण पर जोर दे रही है ताकि मरीजों को इलाज के लिए लंबी यात्राएं न करनी पड़ें और उन्हें अपने घर के पास ही गुणवत्तापूर्ण इलाज मिल सके।

    इस जन-हितैषी योजना की सफलता का अंदाजा इसके प्रभावशाली आंकड़ों से लगाया जा सकता है। अप्रैल 2024 से नवंबर 2024 तक के कम समय में ही कुल 4,831 मरीजों ने इस सुविधा का लाभ उठाया है। इतना ही नहीं, इस अवधि के दौरान रिकॉर्ड 32,800 डायलिसिस सत्र सफलतापूर्वक आयोजित किए गए हैं। ये आंकड़े केवल संख्या नहीं हैं, बल्कि यह उन हजारों परिवारों की राहत की कहानी है जो पहले इस बीमारी के कारण भारी तनाव में रहते थे। पंजाब सरकार की इस मुस्तैदी ने यह सुनिश्चित किया है कि किडनी रोगियों को बिना किसी बाधा के निरंतर और समय पर इलाज मिले, जो उनके जीवन की रक्षा के लिए अत्यंत आवश्यक है।

    सेवा की गुणवत्ता को सर्वोच्च स्तर पर रखने के लिए, पंजाब सरकार ने हंस फाउंडेशन और अन्य सामाजिक संगठनों के साथ रणनीतिक साझेदारी की है। इस सहयोग के तहत, आठ सरकारी अस्पतालों में 30 अत्याधुनिक और हाई-टेक डायलिसिस मशीनें स्थापित की गई हैं। यह सार्वजनिक-निजी भागीदारी का एक बेहतरीन मॉडल है, जो पारदर्शिता और सेवा की उत्कृष्टता के मानदंडों पर पूरी तरह खरा उतरता है। इन आधुनिक मशीनों के माध्यम से मरीजों को वही चिकित्सा सुविधाएं सरकारी अस्पतालों में मिल रही हैं, जिनके लिए पहले उन्हें महंगे निजी अस्पतालों का रुख करना पड़ता था। सरकार की यह सोच स्पष्ट करती है कि वह अपने नागरिकों के लिए ‘बेस्ट’ से कम कुछ भी स्वीकार नहीं करती।

    इस योजना की सबसे बड़ी और प्रशंसनीय विशेषता यह है कि पंजाब सरकार ने इसमें किसी भी प्रकार की आय सीमा की शर्त नहीं रखी है। अमीर हो या गरीब, हर मरीज को नि:शुल्क इलाज का अधिकार दिया गया है। किडनी का डायलिसिस एक बेहद खर्चीली प्रक्रिया है, जो निजी अस्पतालों में परिवारों की आर्थिक कमर तोड़ देती थी। लेकिन अब, मरीजों की जेब से एक पैसा भी खर्च नहीं होता। यह पहल वास्तव में समाजवाद और समानता का एक उत्कृष्ट उदाहरण है, जहाँ सरकार ने बीमारी के इलाज के साथ-साथ परिवारों की आर्थिक सुरक्षा की भी गारंटी ली है। लाखों रुपये की बचत कर यह योजना आम आदमी के जीवन स्तर को सुधारने में मदद कर रही है।

    पंजाब सरकार का फोकस केवल मशीनों तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरी प्रक्रिया को मरीज के लिए सुगम बनाने पर भी है। डिजिटल रिकॉर्ड प्रणाली के माध्यम से मरीजों की स्वास्थ्य जानकारी सुरक्षित रखी जा रही है, जिससे वे राज्य के किसी भी सरकारी अस्पताल में बिना किसी परेशानी के अपना इलाज जारी रख सकते हैं। इसके अलावा, यह योजना केवल डायलिसिस तक सीमित नहीं है, बल्कि मरीजों को विशेषज्ञ डॉक्टरों का परामर्श, आवश्यक दवाएं और प्रशिक्षित नर्सिंग स्टाफ की देखभाल भी मुफ्त प्रदान की जा रही है। यह समग्र दृष्टिकोण दर्शाता है कि सरकार मरीजों की सुविधा और उनके अनुभव को बेहतर बनाने के लिए कितनी गंभीर है।

    स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलबीर सिंह और मुख्यमंत्री भगवंत मान की दूरदर्शिता यहीं नहीं रुकती। सरकार ने इस सेवा के विस्तार के लिए एक महत्वाकांक्षी लक्ष्य निर्धारित किया है। भविष्य की योजनाओं के तहत, राज्य के सभी 64 सरकारी अस्पतालों में डायलिसिस सुविधा उपलब्ध कराने की तैयारी है। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि भविष्य में किसी भी किडनी रोगी को इलाज के अभाव में अपनी जान न गंवानी पड़े। स्वास्थ्य मंत्री ने इस पहल को मुख्यमंत्री की संवेदनशीलता का परिणाम बताया है, जो राज्य के हर नागरिक के दर्द को अपना समझते हैं और उसके निवारण के लिए दिन-रात काम कर रहे हैं।

    पंजाब सरकार की यह मुफ्त डायलिसिस योजना न केवल एक स्वास्थ्य सेवा है, बल्कि यह मानवता की सेवा का एक अनुपम उदाहरण है। गरीब और जरूरतमंदों को विश्व स्तरीय सुविधाएं देकर सरकार ने सामाजिक सुरक्षा की भावना को मजबूत किया है। यह पहल राज्य में चल रहे व्यापक स्वास्थ्य सुधार अभियान का एक अभिन्न अंग है, जो पंजाब को ‘रंगला पंजाब’ और ‘सेहतमंद पंजाब’ बनाने की दिशा में ले जा रहा है। जिस तरह से पंजाब सरकार ने स्वास्थ्य सेवा में समानता और गुणवत्ता के नए मानक स्थापित किए हैं, वह निस्संदेह पूरे देश के लिए अनुकरणीय है और अन्य राज्यों के लिए एक प्रेरणादायक मॉडल बन गया है।

  • भाजपा किसान मोर्चा की जिलास्तरीय परिचय बैठक आयोजित

    भाजपा किसान मोर्चा की जिलास्तरीय परिचय बैठक आयोजित

    कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में किसान खुद को उपेक्षित महसूस कर रहे:संजीव देष्टा

    ऊना/सुशील पंडित: भाजपा किसान मोर्चा की जिलास्तरीय परिचय बैठक वीरवार को ऊना जिला मुख्यालय पर स्थित भाजपा कार्यालय दीपकमल में आयोजित की गई। बैठक में भाजपा किसान मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष संजीव देष्टा ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की, जबकि बैठक की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष धर्मेंद्र सिंह राणा ने की। बैठक में भाजपा किसान मोर्चा की जिला कार्यकारिणी और जिला के सभी 10 मंडलों के पदाधिकारियों ने अपनी उपस्थिति दर्ज करवाई। बैठक का आगाज प्रदेश अध्यक्ष संजीव देष्टा ने दीप प्रज्वलित कर किया। इस दौरान प्रदेशाध्यक्ष ने जिला और मंडलों के पदाधिकारियों के साथ परिचय भी किया।

    मोर्चा के प्रदेशाध्यक्ष संजीव देष्टा ने कहा कि भाजपा किसान मोर्चा, केंद्र सरकार द्वारा किसानों, बागवानों और मजदूरों के लिए चलाई जा रही विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं को गांव-गांव और घर-घर तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है। इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए संगठन स्तर पर ठोस रणनीति के तहत कार्य किया जाएगा। उन्होंने बताया कि किसान मोर्चा प्रत्येक बूथ पर 10-10 किसान प्रहरी नियुक्त करेगा, जो योजनाओं की जानकारी आम किसानों तक पहुंचाने के साथ-साथ सरकार और किसानों के बीच एक मजबूत कड़ी के रूप में कार्य करेंगे। संजीव देष्टा ने प्रदेश की सुक्खू सरकार पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि मौजूदा कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में किसान, बागवान, मजदूर सहित सभी वर्ग खुद को उपेक्षित और बेहाल महसूस कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा किसान मोर्चा हर स्तर पर किसानों की आवाज बुलंद करेगा और उनकी समस्याओं को मजबूती से उठाएगा।  इस अवसर पर प्रदेश महामंत्री ज्योति कपूर, प्रदेश उपाध्यक्ष बलवंत ठाकुर, जिला अध्यक्ष श्याम मिन्हास, महामंत्री इकबाल, विश्वजीत पटियाल, जिला मीडिया प्रभारी वरुण मेंहन, जिला उपाध्यक्ष मंगल, विनोद, दिलबाग,  सचिव अश्विनी, अजय, प्रवक्ता सुरेंद्र ठाकुर, अजय मिन्हास, अजय, कोषाध्यक्ष विनय सहोड़, रोहित शर्मा, दिनेश कुमार सहित अन्य उपस्थित रहे।

  • बड़ा हादसाः एयर शो में लड़ाकू विमान तेजस फाइटर जेट हुआ क्रैश, देखें वीडियो

    बड़ा हादसाः एयर शो में लड़ाकू विमान तेजस फाइटर जेट हुआ क्रैश, देखें वीडियो

    नई दिल्लीः दुबई एयर शो में भारत का लड़ाकू विमान तेजस फाइटर जेट क्रैश हो गया है। यह हादसा स्थानीय समय के अनुसार दोपहर 2 बजकर 10 मिनट पर हुआ है। वहीं हादसे का वीडियो भी सामने आया है। जिसमें आग की लपटें दूर से ही दिखाई दे रही है। बताया जा रहा हैकि एक डेमो फ्लाइट के दौरान यह हादसा हुआ। फिलहाल यह साफ नहीं है कि पायलट ने खुद को बाहर निकालने (इजेक्ट) की कोशिश की या नहीं। हादसे के बाद हवाई अड्डे के ऊपर काला धुआं उठता देखा गया। बता दें कि वायुसेना का तेजस जेट क्रैश होने की यह दूसरी घटना है। इससे पहले 2024 में राजस्थान के पोकरण में युद्धाभ्यास के दौरान इंजन फेल होने की वजह से तेजस क्रैश हो गया था। वीडियो में नजर आ रहा है कि आसमान में कलाबाजियां करते हुए तेजस विमान अचानक जमीन से टकरा गया और फिर जोरदार ब्लास्ट हुआ, जिसके बाद सिर्फ भीषण आग की लपटें उठती दिखी। विमान के जमीन से टकराते ही जोरदार धमाका हुआ और कुछ ही पलों में काले धुएं का गुबार हवा में फैल गया। हादसे के बाद पायलट की स्थिति स्पष्ट नहीं हो सकी है और यह भी साफ नहीं है कि उन्होंने समय रहते इजेक्ट किया या नहीं। वहां मौजूद सुरक्षा एजेंसियों ने तुरंत रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया।    
  • युवक को निर्वस्त्र कर बेल्ट से पीटने और गले पर चाकू रखकर बंधक बनाने के मामले में केस दर्ज, 2 राउंडअप

    युवक को निर्वस्त्र कर बेल्ट से पीटने और गले पर चाकू रखकर बंधक बनाने के मामले में केस दर्ज, 2 राउंडअप

    भोपालः जिले के छोला मंदिर थाना क्षेत्र में एक युवकों ने एक व्यक्ति को कमरे में बंधक बनाकर उसे पूरी तरह निर्वस्त्र कर डंडों और बेल्ट से बेरहमी से पीटा। मारपीट के दौरान आरोपियों ने पीड़ित के गले पर चाकू भी रखा और पूरी घटना का वीडियो बना लिया। जिसे बाद में उन्होंने सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। हालांकि यह घटना साल जुलाई महीने की है। वहीं 4 महीने के बाद अब वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गई है।

    चौंकाने वाली बात यह है कि अभी तक पीड़ित युवक खुद पुलिस के पास शिकायत लेकर नहीं पहुंचा। दूसरी ओर पुलिस ने वीडियो के वायरल होने के बाद स्वयं संज्ञान लिया और तुरंत कार्रवाई शुरू कर दी। वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने देर रात को केस दर्ज करके मामले में मोहम्मद सईद और अमन बाबा नामक युवक को हिरासत में ले लिया है। पुलिस का कहन है कि अन्य की तलाश की जारी है। दोनों आरोपी छोला क्षेत्र के ही रहने वाले हैं।

    पूछताछ में उन्होंने कबूल किया कि उन्होंने अपने कुछ साथियों के साथ मिलकर यह क्रूरता की थी। हैरानी की बात यह है कि पीड़ित युवक उनका पुराना परिचित भी नहीं था। बल्कि एक दोस्त के इशारे पर उन्होंने यह वारदात की थी। वहीं, पुलिस वीडियो में देख रहे हैं और आरोपियों के साथियों की उन्हीं की निशानदेही पर तलाश कर रही है। मामले में पीड़ित युवक अभी सामने नहीं आया है। पुलिस ने कहा कि उसकी पहचान के खुलासे के बाद ही पूरी घटना का सच सामने आएगा। पुलिस का कहना है कि मामले में जल्द ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।