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  • अमृतपाल का करीबी और खालिस्तानी सपोर्टर लवप्रीत तूफान घर से हुआ लापता

    अमृतपाल का करीबी और खालिस्तानी सपोर्टर लवप्रीत तूफान घर से हुआ लापता

    गुरदासपुर : अजनाला हिंसा में रिहाई को लेकर चर्चा में अमृतपाल सिंह के करीबी लवप्रीत तूफान को लेकर बड़ी ख़बर सामने आई है। अमृतपाल सिंह का करीबी लवप्रीत एक सप्ताह ले लापता है। दरअसल, 18 मार्च में अमृतपाल सिंह के खिलाफ पुलिस ने ऑपरेशन अमृतपाल चलाया हुआ है। जिसके तहत पुलिस  अमृतपाल सिंह के कई समर्थकों को हिरासत में ले चुकी है। हालांकि यह भी कहा जा रहा है कि अब तक लवप्रीत को पुलिस गिरफ्तार भी नहीं कर पाई है। जानकारी के मुताबिक, लवप्रीत सिंह तूफान की मां हरजीत कौर और मौसी कुलजीत कौर ने कहा कि वह अपने बेटे को समझाती थी कि वह इन मामलों में न पड़े लेकिन वह नहीं समझता था। तूफान सिंह अपने माता-पिता का इकलौता बेटा है और वह खेती करके परिवार का भरण-पोषण करता है।

    तूफान सिंह 24 फरवरी को घर आया था। तभी से तूफान सिंह का अमृतपाल से कोई संपर्क नहीं था। जिसके बाद लवप्रीत की मां कहना है कि उसकी तालाश जारी है। मां का कहना है कि उन्होंने तूफान को समझाया था और कहा था कि  उसका बेटा अभी छोटा है, वह उसकी परवरिश पर ध्यान दे। 16 मार्च को तूफान बाबा बकाला से तरना दल का मुखिया अपनी सांसारिक  यात्रा का कहकर घर से निकला था, जिसके बाद तूफान घर नहीं लौटा।

    वहीं इस मामले को लेकर डीएसपी रिपुतापन ने कहा कि तूफान सिंह पुलिस की गिरफ्त में नहीं है। उनके घर पर 24 घंटे नजर रखी जा रही है। गौर हो कि 18 फरवरी को अजनाला पुलिस ने युवक को बंधक बनाकर उसकी पिटाई करने के मामले में लवप्रीत तूफान सिंह गिरफ्तार किया था। जिसके बाद अमृतपाल ने अपने साथियों के साथ अजनाला थाने का घेराव किया था। इस दौरान पुलिस ने लवप्रीत को लेकर कोर्ट में याचिका दायर की थी और 23 फरवरी को कोर्ट में लवप्रीत तूफान सिंह को रिहा कर दिया था। इस दौरान लवप्रीत काफी चर्चा का विषय रहा। 

  • पंजाबः नाभा जेल ब्रेक में 9 गैंगस्टर और 2 जेल पुलिस मुलाजिम को लेकर कोर्ट का आया बड़ा फैसला

    पंजाबः नाभा जेल ब्रेक में 9 गैंगस्टर और 2 जेल पुलिस मुलाजिम को लेकर कोर्ट का आया बड़ा फैसला

    पटियालाः बहुचर्चित नाभा जेल ब्रेक मामले में पटियाला की अदालत ने वीरवार को 22 दोषियों को दस-दस साल की कैद की सजा सुनाई। इनमें नौ खतरनाक गैंगस्टर और दो जेल मुलाजिम शामिल हैं। इस मामले में छह आरोपियों को बरी किया जा चुका है। बरी किए आरोपियों में मोहम्मद असीम, नरेश नारंग, तेजिंदर शर्मा, जतिंदर सिंह उर्फ टोनी, वरिंदर सिंह उर्फ रिकी सहोता व रणजीत सिंह शामिल हैं। इन सभी पर जेल ब्रेक कांड की साजिश रचने, जेल तोड़ने वाले अपराधियों को हथियार मुहैया कराने, इनकी पैसों से मदद करने व बाद में इन्हें पनाह देने के आरोप लगे थे। लेकिन सबूतों के अभाव में कोर्ट ने इन सभी को बरी कर दिया। अदालत की ओर से दोषी करार दिए 22 अपराधियों में 9 खतरनाक गैंगस्टर गुरप्रीत सिंह सेखों, अमनदीप सिंह उर्फधोतियां, सुलखन सिंह उर्फ बब्बर, मनवीर सिंह उर्फ मनी सेखों, कुलप्रीत सिंह उर्फ नीटा दियोल, गुरप्रीत सिंह खौरा, बिकर सिंह, पलविंदर सिंह उर्फ पिंदा व जगतवीर सिंह उर्फ जगता शामिल हैं।

    इनके अलावा दोषी करार दिए अपराधियों में गुरप्रीत, गुरजीत सिंह उर्फ लडा, हरजोत सिंह उर्फ जोत, कुलविंदर सिंह उर्फ ढिमबरी, राजविंदर सिंह उर्फ राजू सुल्तान, रविंदर सिंह उर्फ ग्याना, सुखचैन सिंह उर्फ सुक्खी, मनजिंदर सिंह, अमन कुमार, सुनील कालड़ा, किरण पाल सिंह उर्फ किरणा, जेल मुलाजिम भीम सिंह व जगमीत सिंह शामिल हैं। जानकारी के मुताबिक जेल मुलाजिमों पर अनलाफुल एक्टिविटीज प्रिवेंशन एक्ट (यूएपीए) व भ्रष्टाचार के आरोप भी लगे थे, लेकिन अदालत में यह साबित नहीं हो सके और इन दोनों जेल मुलाजिमों को कोर्ट ने केवल ड्यूटी में लापरवाही बरतने का ही दोषी पाया है। वहीं मनजिंदर सिंह, अमन कुमार, सुनील कालड़ा व किरण पाल सिंह पर आरोपियों को आश्रय देने के दोष साबित हुए हैं। बाकी पर हत्या की कोशिश, सरकारी ड्यूटी में बाधा डालने, डकैती करने की धाराओं के तहत दोष साबित हुए हैं।

    बता दें कि 27 नवंबर 2016 को नाभा की मैक्सिमम सिक्योरिटी जेल पर पुलिस की वर्दियों में गाडिय़ों में सवार होकर आए अपराधियों ने ताबड़-तोड़ फायरिंग करते हुए हमला बोला और जेल से खालिस्तान लिब्रेशन फोर्स के प्रमुख आतंकी हरमिंदर सिंह मिंटू व आतंकी कश्मीर सिंह समेत चार खूंखार गैंगस्टरों हरजिंदर सिंह भूल्लर उर्फ विक्की गौंडर, गुरप्रीत सिंह सेखों, कुलप्रीत सिंह उर्फ नीटा दियोल और अमनदीप सिंह उर्फ धोतियां को भगा कर ले गए थे। बाद में गिरफ्तार किए आतंकी मिंटू की अप्रैल 2018 में जेल में दिल का दौरा पडने से मौत हो गई थी।। आतंकी कश्मीर सिंह अभी तक फरार है। विक्की गौंडर जनवरी 2018 में पुलिस मुठभेड़ में मारा गया था और बाकी गुरप्रीत सिंह सेखों, कुलप्रीत सिंह उर्फ नीटा दियोल और अमनदीप सिंह उर्फ धोतियां जेल में हैं।

  • CBI की बड़ी कार्रवाईः गिरफ्तार एएसआई और हेड कॉन्स्टेबल को किया सस्पेंड

    CBI की बड़ी कार्रवाईः गिरफ्तार एएसआई और हेड कॉन्स्टेबल को किया सस्पेंड

    चंडीगढ़ः सीबीआई द्वारा रिश्वत मामले में गिरफ्तार चंडीगढ़ पुलिस के एएसआई वीरेंद्र कुमार और हेड कॉन्स्टेबल रणदीप सिंह को सस्पेंड कर दिया गया है। चंडीगढ़ पुलिस ने इनके सस्पेंशन आर्डर भी जारी कर दिए हैं। आदेश में जानकारी दी गई कि, दोनों के खिलाफ विभागीय जांच और कार्रवाई की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है और दोनों को पुलिस लाइन ट्रांसफर कर दिया गया है। रिश्वत केस के आरोपी एएसआई वीरेंद्र कुमार और हेड कॉन्स्टेबल रणदीप सिंह को सीबीआई ने 21 मार्च की रात को गिरफ्तार किया था।

    इसके बाद 22 मार्च को सीबीआई ने दोनों को कोर्ट में पेश कर दो दिन की रिमांड हासिल की। हालांकि, सीबीआई ने कोर्ट से 4 दिन रिमांड देने की गुजारिश की थी लेकिन कोर्ट ने दो दिन की रिमांड दी। बता दें कि, वीरेंद्र कुमार की वर्तमान में सेक्टर 24 पुलिस चौकी में ड्यूटी थी। जबकि हेड कॉन्स्टेबल रणदीप सिंह थाना 11 में तैनात था। इससे पहले रणदीप सेक्टर 24 पुलिस चौकी में तैनात रह चुका है।

  • पंजाब से फरार हुआ अमृतपाल सिंह, जानें कहां रूका था वारिस पंजाब दे का प्रमुख!

    पंजाब से फरार हुआ अमृतपाल सिंह, जानें कहां रूका था वारिस पंजाब दे का प्रमुख!

    चंडीगढ़ः भगोड़े अमृतपाल सिंह को फरार हुए 6 दिन हो गए है, लेकिन अमृतपाल सिंह की तालाश में छापेमारी जारी है। वहीं अब बड़ी खबर सामने आई है कि अमृतपाल सिंह को हरियाणा में देखा गया है। पता लगा है कि 19-20 मार्च को शाहबाद के एक घर में अमृतपाल सिंह रुका था। शाहबाद हरियाणा-दिल्ली हाईवे पर पड़ता है। इस मामले में पुलिस ने एक महिला को हिरासत में लिया है।

    बताया जा रहा है कि महिला को अमृतपाल ने फोन करके कहा कि वह हरियाणा आ रहा है तथा उसके बाद उतराखंड ले कर जाया जाएगा। पुलिस महिला से जांच कर रही है तथा उसे पकड़े कर पंजाब लाया गया है। पंजाब के पड़ोसी राज्यों के अलावा उत्तराखंड में भी अमृतपाल के लिए अलर्ट जारी कर दिया गया है। गुरुघरों की भी जांच की जा रही है। 

    बता दें कि खालिस्तानी समर्थक अमृतपाल की पंजाब से लेकर महाराष्ट्र तक तलाश जारी है। पुलिस लगातार अमृतपाल को पकड़ने के लिए दबिश डाल रही है, लेकिन अमृतपाल अभी तक हाथ नहीं लगा है। इस बीच फरार अमृतपाल को लेकर महाराष्ट्र पुलिस ने भी अलर्ट जारी कर दिया है। पुलिस और खुफिया एजेंसियों को जांच के दौरान पता चला कि अमृतपाल को 158 विदेशी खातों से फंडिंग की जा रही थी। इनमें से 28 खातों से 5 करोड़ से ज्यादा की रकम भेजी गई थी। इन खातों का कनेक्शन पंजाब के माझा और मालवा से है।

    पुलिस और खुफिया एजेंसियों ने जांच में पता लगाया कि अमृतपाल सिंह 158 विदेशी खातों से फंडिंग उठा रहा था। एजेंसियों को इनमें से 28 अकाउंट ऐसे मिले हैं जिनसे 5 करोड़ से ज्यादा पैसा भेजा गया था। इन सभी अकाउंट का संबंध पंजाब के माझा और मालवा से है। ये भी सामने आया है कि अमृतसर, तरनतारन, बटाला, गुरदासपुर, जालंधर, नवांशहर, कपूरथला और फगवाड़ा के खातों का संबंध अमृतपाल से मिला है।

  • तेज रफ्तार बस ने मर्सिडीज को मारी टक्कर, उड़े परखच्चे, देखें वीडियो

    तेज रफ्तार बस ने मर्सिडीज को मारी टक्कर, उड़े परखच्चे, देखें वीडियो

    नोएडाः ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे पर गलगोटिया अंडरपास के समीप तेज रफ्तार रोडवेज बस ने पीछे से मर्सिडीज कार में टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि मर्सिडीज अंडरपास से नीचे गिर गई। गनीमत रही कि जहां पर कार गिरी वहां मिट्टी थी इस वजह से चालक को कोई गंभीर चोट नहीं आई। हादसे के बाद बस में सवार करीब 15 यात्रियों को भी चोट लगी है। सभी को हल्की चोट लगने की वजह से प्राथमिक उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया है। एडिशनल डीसीपी ग्रेटर नोएडा अशोक कुमार ने बताया कि रोडवेज बस बृहस्पतिवार दोपहर 1:15 बजे के करीब नोएडा की तरफ से ग्रेटर नोएडा परीचौक की तरफ आ रही थी। 

    जैसे ही बस गलगोटिया अंडरपास के समीप पहुंची तभी चालक बस का नियंत्रण खो बैठा और बस ने पीछे से मर्सिडीज कार में टक्कर मार दी। बता दें कि मर्सिडीज कार चला रहे चालक का नाम राघव गुप्ता है जो कि ग्रेटर नोएडा के बीटा दो सेक्टर में रहते हैं। घटना के बाद मर्सिडीज कार में आग भी लग गई थी। सूचना मिलने पर दमकल की गाड़ी ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया। हादसे के बाद लोगों की भीड़ मौके पर एकत्र हो गई। कुछ समय के लिए यातायात बाधित रहा। हालांकि, 10 से 15 मिनट के अंदर ही यातायात को सुचारू रूप से चालू करवा दिया गया। घायलों को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। रोडवेज चालक को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।

  • ਪੰਜਾਾਬ : ਪੁਲਿਸ ਨੇ ਅਮ੍ਰਿਤਪਾਲ ਦੇ ਹੱਕ ਚ ਬੈਠੇ 25 ਧਰਨਾਕਾਰੀਆਂ ਨੂੰ ਕੀਤਾ ਗਿਰਫਤਾਰ, ਦੇਖੋ ਵੀਡਿਓ

    ਪੰਜਾਾਬ : ਪੁਲਿਸ ਨੇ ਅਮ੍ਰਿਤਪਾਲ ਦੇ ਹੱਕ ਚ ਬੈਠੇ 25 ਧਰਨਾਕਾਰੀਆਂ ਨੂੰ ਕੀਤਾ ਗਿਰਫਤਾਰ, ਦੇਖੋ ਵੀਡਿਓ

    ਅੱਜ ਸ਼ਾਮ ਨੂੰ ਮੈਡੀਕਲ ਕਰਵਾ ਕੇ ਭੇਜਿਆ ਜਾਵੇਗਾ ਜੇਲ 

    ਫਿਰੋਜ਼ਪੁਰ : ਮਾਝੇ ਮਾਲਵੇ ਨੂੰ ਜੋੜਨ ਵਾਲੇ ਫਿਰੋਜ਼ਪੁਰ ਦੇ ਬੰਡਾਲਾ ਪੁਲ ਉੱਪਰ ਅਮ੍ਰਿਤਪਾਲ ਸਿੰਘ ਦੇ ਹੱਕ ਵਿਚ ਧਰਨਾਂ ਦੇ ਰਹੇ ਵਿਆਕਤੀਆਂ ਵਿਚੋਂ 25 ਵਿਅਕਤੀਆਂ ਨੂੰ ਅੱਜ ਸਵੇਰੇ ਫਿਰੋਜ਼ਪੁਰ ਪੁਲਿਸ ਵੱਲੋਂ ਗ੍ਰਿਫਤਾਰ ਕੀਤਾ ਗਿਆ ਅਤੇ ਕਾਰਵਾਈ ਕਰਦਿਆਂ ਅੱਜ ਸ਼ਾਮੀ ਓਹਨਾ ਦਾ ਮੈਡੀਕਲ ਕਰਵਾ ਕੇ ਜੇਲ ਵਿਚ ਭੇਜਿਆ ਗਿਆ। ਦੱਸਣਯੋਗ ਹੈ ਕਿ ਗ੍ਰਿਫਤਾਰ ਧਰਨਾਕਾਰੀਆਂ ਵਿਚ ਤਿੰਨ ਨੌਜਵਾਨ ਵੀ ਹਨ ਜਿੰਨਾਂ ਦਾ 24 ਮਾਰਚ ਨੂੰ ਬਾਹਰਵੀਂ ਜਮਾਤ ਦਾ ਪੇਪਰ ਵੀ ਹੈ। 

    ਸਿਵਲ ਹਸਪਤਾਲ ਫਿਰੋਜ਼ਪੁਰ ਦੇ ਬਾਹਰ ਪੁਲਿਸ ਦੀ ਬਸੱ ਚ ਮੈਡੀਕਲ ਕਰਵਾਉਣ ਲਈ ਲਿਆਂਦੇ ਧਰਨਾਕਾਰੀ ਕਹਿ ਰਹੇ ਸਨ ਕਿ ਉਹ ਬਿਲਕੁਲ ਸ਼ਾਂਤਮਈ ਪ੍ਰਦਰਸ਼ਨ ਕਰ ਰਹੇ ਸਨ ਅਤੇ ਪੁਲਿਸ ਦੀ ਹਰ ਗੱਲ ਮੰਨ ਰਹੇ ਸਨ। ਓਹਨਾ ਕਿਹਾ ਕਿ ਪੁਲਿਸ ਅਧਿਕਾਰੀਆ ਨਾਲ ਲਗਾਤਾਰ ਤਾਲ ਮੇਲ ਹੋ ਰਿਹਾ ਸੀ ਅਤੇ ਧਰਨਾਂ ਚੁੱਕਣ ਲਈ ਪੁਲਿਸ ਅਧੀਕਾਰੀਆ ਨਾਲ ਗੱਲਬਾਤ ਹੋ ਚੁੱਕੀ ਸੀ ਪਰ ਅੱਜ ਤੜਕੇ ਪੁਲਿਸ ਨੇ ਧਰਨਾਕਾਰੀਆ ਨੂੰ ਧੱਕੇ ਨਾਲ ਚੁੱਕ ਲਿਆਂਦਾ। ਓਹਨਾ ਮੰਗ ਕੀਤੀ ਕਿ ਜਲਦ ਹੀ ਫੜੇ ਧਰਨਾਕਾਰੀਆਂ ਨੂੰ ਛੱਡਿਆ ਜਾਵੇ ਨਹੀਂ ਤਾਂ ਪੂਰੇ ਪੰਜਾਬ ਵਿਚ ਧਰਨੇ ਲਗਾਏ ਜਾਣਗੇ।

  • होशियारपुरः 2 दिन बाद जिले में फिर चली गोलियां, देखें वीडियो

    होशियारपुरः 2 दिन बाद जिले में फिर चली गोलियां, देखें वीडियो

    होशियारपुर/अनिकेतः पंजाब में ऑपरेशन अमृतपाल को लेकर हाई अलर्ट जारी है, लेकिन इसके बावजूद गोली चलने के मामले थमने का नाम नहीं ले रहे। हाल ही में दो दिन पहले कोर्ट कॉप्लेक्स में गोली चलने का मामला सुर्खियों में आया था। वहीं अब दोबारा जिले में गोली चलने का मामला सामने आया है। यह मामला आमदवाल रोड़ पर आते कुष्ठ आश्रम के नजदीक से सामने आया है। जहां एक मकान मालिक द्वारा पैसों के लेन-देन दौरान ठेकेदार पर गोली चलाई गई।

    गनीमत यह रही कि इस घटना में किसी तरह का कोई जानी नुकसान नहीं हुआ। वहीं घटना की सूचना मिलते ही थाना सदर की पुलिस और डीएसपी पलविंदर सिंह मौके पर पहुंचे और मामले की जांच में जुट गए। मामले की जानकारी देते हुए पीड़ित संदीप संधू उर्फ बब्बू ने बताया कि उसके द्वारा अमित कुमार नामक व्यक्ति का घर बनाने का ठेका मिला हुआ था। उक्त घर का ठेका 33 लाख रुपए में तय हुआ था। इस दौरान इस ठेके की रकम में 25 लाख रुपए की अदायगी की गई।

    जबकि बाकी पैसों को लेकर उक्त अमित टालमटोल करता रहा। पीड़ित का आरोप है कि आज जब वह पैसों को लेकर उक्त मकान मालिक के पास आया तो मकान मालिक द्वारा उस पर थप्पड़ मारे गए और बाद में उसके बेटे ने पिस्तौल लाकर फायरिंग शुरू कर दी। हालांकि इस दौरान उसका बचाव रहा। इस मामले को लेकर डीएसपी पलविंदर सिंह का कहना है कि पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और जो भी दोषी पाया जाएगा उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

  • कोटकपूरा गोलीकांड मामले में सीएम मान पर बरसे सुखबीर बादल, देखें वीडियो

    कोटकपूरा गोलीकांड मामले में सीएम मान पर बरसे सुखबीर बादल, देखें वीडियो

    बादल से जल्द SIT कर सकती है पूछताछ

    चंडीगढ़ः 2015 के कोटकपूरा गोलीकांड मामले में चार्जशीट पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल और पूर्व उप मुख्यमंत्री सुखबीर सिंह बादल आज फरीदकोट के जेएमआईसी अजयपाल सिंह की अदालत में पेश हुए। अग्रिम जमानत मिलने के चलते दोनों की तरफ से जेएमआईसी की अदालत में पेश होकर जमानती बांड भरे। इस दौरान पूर्व डिप्टी सीएम एवं शिअद अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल ने जमकर सीएम भगवंत मान पर निशाने साधे है। सुखबीर बादल ने कहा कि मान सरकार ने बेइमान की सरकार है। सुखबीर बादल का आरोप है कि मेरे और परकाश सिंह बादल पर झूठा केस डाला गया है। ऐसा केस पूर्व कैप्टन अमरिंदर सिंह ने भी किया था। उस दौरान भी हमें इंसाफ मिला था। बादल ने कहा कि हमे ज्यूडिशल पर पूरा भरोसा है।

    वहीं बता दें कि SIT जल्द ही सुखबीर बादल से पूछताछ कर सकती है। इससे पहले फरीदकोट की अदालत से अग्रिम जमानत याचिका खारिज होने के बाद सुखबीर बादल ने पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। हाईकोर्ट से सुखबीर बादल को 30 मई तक अंतरिम जमानत मिल चुकी है। वहीं मामले में आरोपी एवं पंजाब के पूर्व सीएम प्रकाश सिंह बादल को फरीदकोट की अदालत से अग्रिम जमानत मिली थी। गौरतलब है कि 9 मार्च को प्रकाश सिंह बादल और सुखबीर सिंह बादल ने फरीदकोट की अदालत में अग्रिम जमानत के लिए याचिका दायर की थी। अदालत ने प्रकाश सिंह बादल को वृद्धावस्था के आधार पर जमानत दे दी थी।

    गौरतलब है कि मामले की जांच कर रही SIT ने 24 फरवरी 2022 को फरीदकोट अदालत में 7 हजार पेज की चार्जशीट दायर की थी। एडीजीपी एलके यादव और एसएसपी बठिंडा गुलनीत सिंह खुराना की अगुआई वाली टीम द्वारा यह चार्जशीट दायर की गई थी। इसमें प्रकाश सिंह बादल, सुखबीर सिंह बादल, पूर्व डीजीपी सुमेध सिंह सैनी, तत्कालीन आईजी परमराज उमरानंगल, एसएसपी मोगा चरणजीत शर्मा, एसएसपी फरीदकोट सुखमंदर मान, डीआईजी फिरोजपुर अमर सिंह चाहल और तत्कालीन एसएचओ सिटी कोटकपूरा गुरदीप सिंह के नाम शामिल है।

  • पंजाबः भारी सुरक्षा में अमृतपाल सिंह के समर्थकों की कोर्ट में पेशी, देखें वीडियो

    पंजाबः भारी सुरक्षा में अमृतपाल सिंह के समर्थकों की कोर्ट में पेशी, देखें वीडियो

    अमृतसर: वारिस पंजाब दे के प्रमुख अमृतपाल सिंह पर पंजाब पुलिस पूरी तरह शिकंजा कसने वाली है। उसके समर्थकों पर भी पंजाब पुलिस की पैनी नजर है। वहीं आज अमृतसर के बाबा बकाला कोर्ट में अमृतपाल के 7 सहयोगियों को पेश किया जा रहा है। इस दौरान भारी सुरक्षा व्यवस्था की गई है। चप्पे-चप्पे पर पुलिस नजर आ रही है। बता दें कि इन सातों आरोपियों को कोर्ट ने पहले 23 मार्च तक पुलिस हिरासत में भेजा था।

  • अमृतपाल सिंह को लेकर बड़ा खुलासाः 150 से ज्यादा विदेशी खातों से हो रही थी फंडिंग

    अमृतपाल सिंह को लेकर बड़ा खुलासाः 150 से ज्यादा विदेशी खातों से हो रही थी फंडिंग

    केवल 28 अकाउंट से आए 5 करोड़

    जालंधर, नवांशहर, कपूरथला और फगवाड़ा सहित इन जिलों के बैंक खातों से संबंध

    चंडीगढ़: खालिस्तानी समर्थक अमृतपाल की पंजाब से लेकर महाराष्ट्र तक तलाश जारी है। पुलिस लगातार अमृतपाल को पकड़ने के लिए दबिश डाल रही है, लेकिन अमृतपाल अभी तक हाथ नहीं लगा है। इस बीच फरार अमृतपाल को लेकर महाराष्ट्र पुलिस ने भी अलर्ट जारी कर दिया है। पुलिस और खुफिया एजेंसियों को जांच के दौरान पता चला कि अमृतपाल को 158 विदेशी खातों से फंडिंग की जा रही थी। इनमें से 28 खातों से 5 करोड़ से ज्यादा की रकम भेजी गई थी। इन खातों का कनेक्शन पंजाब के माझा और मालवा से है।

    पुलिस और खुफिया एजेंसियों ने जांच में पता लगाया कि अमृतपाल सिंह 158 विदेशी खातों से फंडिंग उठा रहा था। एजेंसियों को इनमें से 28 अकाउंट ऐसे मिले हैं जिनसे 5 करोड़ से ज्यादा पैसा भेजा गया था। इन सभी अकाउंट का संबंध पंजाब के माझा और मालवा से है। ये भी सामने आया है कि अमृतसर, तरनतारन, बटाला, गुरदासपुर, जालंधर, नवांशहर, कपूरथला और फगवाड़ा के खातों का संबंध अमृतपाल से मिला है।

    अमृतपाल के मामले में एजेंसियों को जांच में विदेशी फंडिंग के सबूत मिल गए हैं तो अब उनका कुछ अहम बातों पर फोकस रहेगा-

    देश में खोले गए खातों के दस्तावेज की जांच?
    खाता कब खोला गया?
    पहला ट्रांजैक्शन कब हुआ?
    विदेशों से रकम कब आई?
    किन-किन देशों से पैसे आए?
    रकम आते ही कहां ट्रांजैक्शन हुआ?
    खाते किसके नाम पर खोले गए?
    क्या अमृतपाल खाता ऑपरेट करता था या कोई मेंबर?
    वारिस पंजाब दे और AKF के मेंबर्स की संपत्तियों की भी जांच

    इतना ही नहीं पुलिस को इनपुट मिला है कि अमृतपाल नांदेड भाग सकता है इसलिए नांदेड़ में पुलिस पूरी तरह से चौकस है। जिले में आने और जाने वाले सभी लोगों पर नजर रखी जा रही है। अमृतपाल को लेकर महाराष्ट्र एटीएस भी अलर्ट पर है। उधर पंजाब पुलिस भी अमृतपाल को कोने-कोने में तलाश कर रही है। उत्तराखंड के हरिद्वार, ऊधम सिंह नगर और देहरादून तक अमृतपाल के भागने की आशंका ज़ाहिर की जा रही है। अमृतपाल पुलिस को चकमा देने के लिए बार-बार गाड़ियां बदल रहा है। अब अमृतपाल की नई तस्वीर सामने आई है, अमृतपाल जुगाड़ रिक्शे में नज़र आ रहा है।