देश के सर्वोच्च सदन राष्ट्रपति भवन का भव्य दरबार हॉल इस दौरान बेहद भावुक और हृदयविदारक पल का गवाह बना जिसने वहां मौजूद हर शख्स की आंखें नम कर दीं। जम्मू-कश्मीर के कुलगाम में आतंकवादियों से लोहा लेते हुए अपने प्राणों की आहुति देने वाले वीर शहीद सिपाही जंजाल प्रवीण प्रभाकर की मां जब अपने लाल का कीर्ति चक्र (मरणोपरांत) लेने मंच पर पहुंचीं तो उनका मातृत्व देश के सर्वोच्च सम्मान के गौरव और बेटे को खोने के असीम दर्द के बीच डगमगा गया। हाथ में कीर्ति चक्र थामे जैसे ही शहीद की मां की नजर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू पर पड़ी, उनका सब्र का बांध टूट गया और वे फूट-फूटकर रो पड़ीं। उन्होंने राष्ट्रपति के कंधे पर अपना सिर रख दिया और देश की प्रथम नागरिक ने भी प्रोटोकॉल की सीमाओं को परे रखकर एक मां के इस अथाह दर्द को गले से लगा लिया। राष्ट्रपति मुर्मू ने बेहद आत्मीयता से शहीद की मां को अपने गले लगाया, उनके आंसू पोंछे और उन्हें ढांढस बंधाया।View this post on Instagram
शहीद बेटे का Kirti Chakra लेते हुए राष्ट्रपति से लिपटकर रो पड़ी मां, भावुक हुआ राष्ट्रपति भवन, देखें वीडियो

नई दिल्ली: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने राष्ट्रपति भवन में 51 जांबाजों को वीरता पुरस्कारों से सम्मानित किया। इनमें 7 कीर्ति चक्र, 15 वीर चक्र और 29 शौर्य चक्र शामिल हैं। इसी दौरान जब शहीद सिपाही जंजाल प्रवीण प्रभाकर की मां कीर्ति चक्र लेने मंच पर पहुंचीं तो राष्ट्रपति के गले लगाकर फफक पड़ीं।
Leave a Reply