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  • परीक्षा देने जा रहे छात्रों से भरी बस पर बंदूकधारियों ने किया हमला, मचा हड़कंप

    परीक्षा देने जा रहे छात्रों से भरी बस पर बंदूकधारियों ने किया हमला, मचा हड़कंप

    नाइजीरिया में एक बार फिर बंदूकधारियों का आतंक देखने को मिला है। उत्तरी-मध्य क्षेत्र के बेन्यू राज्य में हथियारबंद हमलावरों ने एक यात्री बस को निशाना बनाया और उसमें सवार कुछ छात्रों समेत कई लोगों का अपहरण कर लिया। ये छात्र यूनिवर्सिटी की परीक्षा देने जा रहे थे।

    कहां और कैसे हुआ हमला?
    यह घटना ओटुकपो-माकुरडी हाईवे पर हुई। जानकारी के मुताबिक, बस में कुल 14 यात्री सवार थे। अचानक बंदूकधारियों ने बस को रोक लिया और उसमें मौजूद यात्रियों को अगवा कर लिया। हालांकि, अधिकारियों ने अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि कुल कितने लोगों को अगवा किया गया है।

    गवर्नर ने क्या कहा?
    बेन्यू राज्य के गवर्नर हायसिंथ आलिया ने इस घटना की कड़ी निंदा की है। उन्होंने कहा कि “निर्दोष लोगों, खासकर परीक्षा देने जा रहे छात्रों को निशाना बनाना पूरी तरह गलत है और यह मानवता के खिलाफ है। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार अगवा किए गए लोगों को सुरक्षित वापस लाने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है।

    तलाशी और बचाव अभियान जारी
    घटना के बाद सुरक्षा एजेंसियों ने तुरंत कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस और अन्य बल लगातार इलाके में तलाशी अभियान चला रहे हैं ताकि अपहृत लोगों को जल्द से जल्द सुरक्षित छुड़ाया जा सके। सरकार ने भरोसा दिलाया है कि दोषियों को जल्द पकड़ लिया जाएगा।

    छात्रों को ही क्यों बनाया जाता है निशाना?
    बेन्यू राज्य पहले से ही हिंसा और आपराधिक गतिविधियों के लिए जाना जाता है। यहां सशस्त्र गिरोह अक्सर गांवों और सड़कों पर लोगों का अपहरण करते हैं और फिरौती मांगते हैं।

    लोगों से शांति बनाए रखने की अपील
    घटना के बाद गवर्नर ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है। उन्होंने कहा कि अफवाहों से बचें,  सुरक्षा एजेंसियों का सहयोग करें। बचाव कार्य में मदद करें । सरकार ने यह भी कहा कि लोगों की सुरक्षा के लिए सख्त कदम उठाए जाएंगे।

     

  • Haryana News : डा. सुमिता मिश्रा ने अनाज मंडी का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का लिया जायजा, देखें वीडियो

    Haryana News : डा. सुमिता मिश्रा ने अनाज मंडी का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का लिया जायजा, देखें वीडियो

    72 घंटे में भुगतान सुनिश्चित करने के दिए निर्देश

    पंचकूलाः वित्त आयुक्त राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग हरियाणा डाॅ सुमिता मिश्रा ने आज बरवाला अनाजमंडी का निरीक्षण किया और रबी सीजन 2026-27 के लिए गेहूं की खरीद व उठान का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने मंडी में किसानों और आढ़तियों के लिए उपलब्ध सुविधाओं की विस्तार से समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान डाॅ. सुमिता मिश्रा के साथ उपायुक्त सतपाल शर्मा, एसडीएम कालका सयंम गर्ग, जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक जतिन मित्तल, बरवाला मंडी के सचिव सुरेंद्र सिंह भी मौजूद रहे।

    मिश्रा ने गेट पास और बायोमैट्रिक प्रणाली की जांच की तथा गेहूं की बोरियों का वजन भी चेक किया, जो संतोषजनक पाया गया। उन्होंने अधिकारियों से मंडी में गेहूं की आवक, खरीद और उठान की स्थिति की जानकारी ली तथा किसानों और आढ़तियों से सीधे संवाद कर फीडबैक प्राप्त किया।

    मिश्रा ने मंडी में किसानों और मजदूरों के लिए संचातिल अटल कैंटीन का निरीक्षण किया और वहां मिलने वाले भोजन की गुणवत्ता की भी जांच की। उन्होंने अपने प्रशासनिक दायित्व को पूरा करने के साथ साथ एक आम नागरिक की तरह कैंटीन में भोजन ग्रहण किया और भुगतान भी किया। उन्होंने भोजन की गुणवत्ता के लिए कैंटीन संचालकों की भी प्रशंसा की।

    इस अवसर पर पत्रकारों से बातचीत करते हुए डाॅ. सुमिता मिश्रा ने बताया कि अब तक मंडी में 1 लाख 56 हजार क्विंटल की आवक हुई है जिसमें से 1 लाख 27 हजार क्विंटल की खरीद और 46 हजार 700 क्विंटल गेहूं का उठान हो चुका है। मंडी में फसल की खरीद और उठान प्रक्रिया सुचारू रूप से चल रही है। मंडी में विभिन्न स्थानों पर बाॅयोमैट्रिक मशीने लगाई गई है ताकि किसान और आढ़ती अपनी सुविधा अनुसार अपना बाॅयोमैट्रिक सत्यापन कर सके। गेट पास के लिए विभिन्न मोबाईल प्वाईंटस स्थापित किए गए है ताकि भीड़ से बचा जा सके।

    मंडी में किसानों को सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध करवाई जा रही है फिर भी उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए है कि किसानों को किसी भी प्रकार की समस्या नहीं आनी चाहिए। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए है कि किसानों को फसल खरीद के 72 घंटे के अंदर-अंदर उनके बैक अकाउंट में भुगतान सुनिश्चित किया जाए। बरवाला अनाजमंडी में हैफेड और हरियाणा वेयरहाउसिंग काॅरपोरेशन द्वारा फसल खरीद का कार्य किया जा रहा है। उन्होंने खरीद एजेंसियों को उठान प्रक्रिया में तेजी लाने के निर्देश दिए है और अधिकारियों ने उन्हें आश्वस्त किया है कि अगले सप्ताह तक उठान 80 प्रतिशत से अधिक हो जाएगा।

     

     

     

  • Jalandhar News: HDFC बैंक के ATM में पैसे निकालने गए व्यक्ति से धोखाधड़ी, निकाले 40 हजार, देखें वीडियो

    Jalandhar News: HDFC बैंक के ATM में पैसे निकालने गए व्यक्ति से धोखाधड़ी, निकाले 40 हजार, देखें वीडियो

    जालंधर, ENS: रामा मंडी इलाके में HDFC बैंक के एटीएम पर धोखाधड़ी का एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। ठगों ने मशीन के साथ छेड़छाड़ कर पीड़ित का कार्ड फंसा लिया और मदद के बहाने 40 हजार रुपए निकाल लिए। मौके पर पहुंचे एसएचओ ने मामले की जांच शुरू कर दी है और सीसीटीवी फुटेज खंगाली जा रही है। पीड़ित महिला और उनके परिजन जब एचडीएफसी बैंक के एटीएम से पैसे निकालने पहुंचे, तो उन्होंने मशीन में अपना कार्ड डाला। लेकिन न तो पैसे निकले और न ही कार्ड वापिस बाहर आया।

    मशीन पर एक फर्जी हेल्पलाइन नंबर चिपका हुआ था, जिस पर संपर्क करने का झांसा दिया गया। वहां पास में ही खड़े कुछ अज्ञात युवकों ने पीड़ित को भरोसा दिलाया कि यह नंबर बैंक का है और कॉल करने पर बैंक कर्मचारी आकर मशीन ठीक कर देंगे। जब पीड़ित परिवार ने उस नंबर पर बात की, तो आरोपी उन्हें बातों में उलझाते रहे। इसी दौरान ठगों ने चतुराई से उनका पिन देख लिया और कार्ड का गलत इस्तेमाल कर खाते से चार बार पैसे निकाल लिए। जब तक पीड़ित को अहसास हुआ कि उनके साथ ठगी हुई है, तब तक उनके मोबाइल पर पैसे कटने के मैसेज आ चुके थे।

    उन्होंने तुरंत अपना एटीएम कार्ड ब्लॉक करवाया, लेकिन तब तक आरोपी मौके से फरार हो चुके थे। पीड़ित के अनुसार, आरोपियों में से एक ने लाल रंग की टी-शर्ट पहनी हुई थी। घटना की सूचना मिलते ही एसएचओ डिवीजन नंबर 8 मौके पर पहुंचे। उन्होंने बताया कि पुलिस टीम गश्त पर थी जब उन्होंने एटीएम के बाहर भीड़ देखी। पुलिस ने शुरुआती जांच में पाया कि मशीन पर जो पर्ची या नंबर लगा था, वह बैंक का नहीं बल्कि जालसाजों का था। पुलिस अब बैंक से संपर्क कर रही है ताकि घटना के समय की सीसीटीवी फुटेज निकाली जा सके। एसएचओ ने पीड़ित परिवार को थाने में विस्तृत शिकायत दर्ज कराने को कहा है ताकि समय और ट्रांजेक्शन के आधार पर आरोपियों की पहचान कर कड़ी कार्रवाई की जा सके।

     

  • MSP बढ़ोतरी से लेकर हाइड्रो प्रोजेक्ट तक, हिमाचल कैबिनेट के अहम निर्णय

    MSP बढ़ोतरी से लेकर हाइड्रो प्रोजेक्ट तक, हिमाचल कैबिनेट के अहम निर्णय

    शिमला: मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में आज यहां आयोजित प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक में प्राकृतिक खेती से उत्पादित गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) 60 रुपये से बढ़ाकर 80 रुपये प्रति किलोग्राम, मक्की का एमएसपी 40 रुपये से बढ़ाकर 50 रुपये प्रति किलोग्राम, चंबा जिला की पांगी घाटी के जौ का एमएसपी 60 रुपये से बढ़ाकर 80 रुपये प्रति किलोग्राम, कच्ची हल्दी का एमएसपी 90 रुपये से बढ़ाकर 150 रुपये प्रति किलोग्राम तथा अदरक का एमएसपी 30 रुपये प्रति किलोग्राम निर्धारित करने का निर्णय लिया गया।

    मंत्रिमंडल ने पुलिस विभाग में 1000 पुलिस कांस्टेबल के पद सृजित कर इन्हें भरने का निर्णय लिया। बैठक मेें वन विभाग में 500 सहायक वन रक्षक के पद सृजित कर भरने का निर्णय लिया गया, जिसमें वन मित्रों के लिए 50 प्रतिशत आरक्षण रहेगा। मंत्रिमंडल ने वन विभाग के लिए राजस्व विभाग के सेवानिवृत्त अधिकारियों एवं कर्मचारियों से 8 नायब तहसीलदार, 20 कानूनगो और 44 पटवारियों को निश्चित मानदेय पर नियुक्त करने का निर्णय लिया है। इसके अतिरिक्त, विभाग के 10 क्षेत्रीय मंडलों में 10 विधि सलाहकार (लीगल कंसलटेंट) नियुक्त करने का भी निर्णय लिया गया। मंत्रिमंडल ने नए चिकित्सा महाविद्यालयों में क्लीनिकल और नॉन-क्लीनिकल विशेषज्ञता वाले शिक्षण स्टाफ की कमी को दूर करने के लिए सेवानिवृत्त फैक्लटी मेम्बर्स को प्रोफेसर के रूप में नियुक्त करने को स्वीकृति प्रदान की। इस निर्णय से चिकित्सा महाविद्यालयों का प्रभावी संचालन सुनिश्चित होगा। मंत्रिमंडल ने सिरमौर जिला में जल शक्ति विभाग के मण्डलों की प्रशासनिक व्यवस्था को निर्वाचन क्षेत्र के आधार पर पुनर्गठित करने का निर्णय लिया ताकि विभाग जनता को बेहतर सुविधाएं आसानी से उपलब्ध करवा सके।

    बैठक में सामाजिक सुरक्षा पेंशन लाभार्थियों को समय पर भुगतान सुनिश्चित करने के लिए हिमाचल प्रदेश सामाजिक सुरक्षा (पेंशन/भत्ता) नियम, 2010 के नियम 10 (2) और (3) में संशोधन करने का निर्णय लिया गया। मंत्रिमंडल ने फायर एनओसी (अनापत्ति प्रमाण पत्र) प्रक्रिया को सरल और अधिक सुगम बनाने को मंजूरी प्रदान की है। नए प्रावधानों का उद्देश्य व्यापार में सुगमता, आवासीय भवन मालिकों को लाभ पहुंचाना और अग्नि सुरक्षा तंत्र को मजबूत बनाना है। मंत्रिमंडल ने युवाओं को भारतीय सेना में भर्ती के लिए प्रेरित करने के उद्देश्य से 01 मई, 2026 से परमवीर चक्र विजेता ऑनरेरी कैप्टन संजय कुमार की सेवाएं लेने का निर्णय लिया। मंत्रिमंडल ने हाइड्रो पावर पॉलिसी-2006 के अनुसार राज्य में स्वतंत्र विद्युत उत्पादकों को 71 लघु जल विद्युत परियोजनाएं आवंटित करने का निर्णय लिया है जिन्होंने इस नीति के मुताबिक पात्रता मापदण्ड पूरे कर लिए हैं।

     

  • Punjab News: बड़े स्तर पर फेरबदल, ACP Ajay सहित 129 ACP-DSP के हुए तबादलें, देखें लिस्ट

    Punjab News: बड़े स्तर पर फेरबदल, ACP Ajay सहित 129 ACP-DSP के हुए तबादलें, देखें लिस्ट

    मोहालीः पंजाब में बड़े स्तर पुलिस प्रशासन में फेरबदल हुआ है। जारी आदेशों के अनुसार जालंधर के एसीपी अजय सहित 129 एसीपी और डीएसपी अधिकारियों के तबादलें किए गए। देखें लिस्ट

  • Jalandhar News: Swami Sant Dass Public School के बाहर छात्रों में खूनी झड़प की CCTV आई सामने

    Jalandhar News: Swami Sant Dass Public School के बाहर छात्रों में खूनी झड़प की CCTV आई सामने

    जालंधर, ENS: जेपी नगर में स्थित Swami Sant Dass Public School के 2 छात्रों में खूनी झड़प हुई। जिसमें स्कूल का छात्र गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना स्कूल के 4 नंबर गेट के बाहर हुई है। वहीं हादसे की सीसीटीवी फुटेज भी सामने आई है। सीसीटीवी फुटेज में देखा जा सकता घायल नौजवान साथी के साथ एक्टिवा पर रुका। इस दौरान दूसरे वाहनों के छात्रों ने उसे घेर लिया। जिसके बाद एक छात्र ने उस पर हमला करना शुरू कर दिया। हालांकि घटना स्थल पर मौजूद अन्य छात्रों ने बीच-बचाव करने की कोशिश की, लेकिन युवक रूका नहीं उस पर हमला करता रहा। इस दौरान घायल युवक के साथी सिख नौजवान ने नहीं छोड़ा और उसके साथी को पीटता रहा तो सिख नौजवान ने छात्र का गला पकड़ कर लिया और उसे जमीन पर बिठा लिया।

    वहीं घटना स्थल पर मौजूद एक छात्र हादसे की वीडियो बनाने लग गया और अन्य छात्रों ने सिख नौजवान को घायल छात्र से दूर किया। हैरानी की बात यह है कि स्कूल के गेट के पास यह घटना हुई और वहां पर काफी संख्या में छात्र मौजूद थे, लेकिन स्टाफ का कोई सदस्य बीच-बचाव के लिए नहीं आया। परिजनों का आरोप है कि स्कूल प्रशासन का कहना है कि उन्हें घटना के बारे में कुछ नहीं पता। छुट्टी के बाद दोनों छात्रों में हुई खूनी झड़प में 12वीं कक्षा के छात्र का दूसरे छात्र ने सिर फोड़ दिया। घटना के बाद साथी घायल बच्चों को घर ले गए।

    घर में मां बेटे को खून से लथपथ देखकर दंग रही और उसे तुरंत उपचार के लिए ले गई। घटना में छात्र के सिर पर गहरी चोटें आई है। जिसके बाद मां बच्चे के सिर पर पट्टी करवाकर उसे स्कूल ले आई और घटना की सूचना पुलिस को दी। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच में जुट गई। पीड़ित की मां ने कहाकि क्लास में दोनों छात्रों में हंसी मजाक में विवाद हो गया था। इस दौरान स्कूल टीचर आदित्य ने कहा कि उन्होंने दोनों छात्रों में समझौता भी करवा दिया था, लेकिन फिर भी छुट्टी होने के बाद हिमालय नामक छात्र द्वारा उसके बेटे पर हमला किया गया। मां का आरोप है कि छात्र ने साथियों के साथ मिलकर तेजधार हथियार से बेटे पर हमला किया। मां ने कहा कि उसे एक घंटे से अधिक समय हो गया, लेकिन अभी तक ना दूसरा छात्र स्कूल आया और ना ही छात्र के परिजन घटना स्थल पर पहुंचे।

    मां ने आरोप लगाए है कि अभी तक प्रिंसीपल भी मामले को लेकर बात नहीं कर रही। वहीं घायल छात्र के पिता ने कहा कि पत्नी का उसे फोन आया और वह घबराई हुई थी। जिसके बाद वह काम से तुरंत वापिस लौटा और देखा बेटा खून से लथपथ था। बेटे पर किरपाणों से हमला किया गया। पिता का कहना है कि अब दूसरे छात्र के परिजनों द्वारा समझौता करने के लिए दवाब बनाया जा रहा है, लेकिन वह समझौता नहीं करेंगे। पिता ने कहा कि दूसरे छात्र की मां ने समझौता करने को लेकर फोन किया और कहा कि उसका बेटा भी घायल हुआ है। वहीं पुलिस कर्मी ने कहा कि उन्हें छात्र पर हमला करने की सूचना मिली थी, जिसके बाद वह मौके पर पहुंचे और मामले की जांच में जुट गए। बेटे के खून ज्यादा निकलने के कारण परिजन उपचार के लिए अस्पताल ले गए।

  • मस्जिद की 35 फीट ऊंची मीनार पर चला बुलडोजर, देखें वीडियो

    मस्जिद की 35 फीट ऊंची मीनार पर चला बुलडोजर, देखें वीडियो

    संभलः संभल में मस्जिद की 35 फीट ऊंची मीनार शुक्रवार दोपहर डेढ़ बजे गिरा दी गई। अब बुलडोजर मस्जिद के बाकी हिस्सों को तोड़ रहा है। इससे पहले, सुबह साढ़े 9 बजे से दोपहर 1 बजे तक मस्जिद के बाहर की 5 दुकानों को तोड़ा गया। मस्जिद की मीनार तोड़ने के लिए प्रशासन ने दो हाइड्रा मशीनें बुलाईं। एक मजदूर मीनार पर चढ़कर रस्सी को बांधा, फिर उसके दूसरे सिरे को दोनों हाइड्रा मशीनों से बांधा। इसके बाद मशीनों से खींचकर मीनार को गिरा दिया। मामला मुबारकपुर बंद गांव का है। प्रशासन के मुताबिक, 15 साल पहले सरकारी जमीन पर मस्जिद का निर्माण कराया गया था।

    फिलहाल, डीएम राजेंद्र पेंसिया और एसपी केके बिश्नोई समेत 50 से ज्यादा पुलिसकर्मी मौके पर हैं। गांव वाले जुटने लगे तो विरोध की आशंका को देखते हुए पुलिस ने उन्हें खदेड़ दिया। 12 दिन पहले, यानी 5 अप्रैल को मस्जिद पर कार्रवाई होनी थी, लेकिन उस समय बुलडोजर चालक ने मस्जिद की 35 फीट ऊंची मीनार तोड़ने से मना कर दिया था। तर्क दिया था कि मीनार बुलडोजर के ऊपर गिर सकती है। हालांकि उस दिन मदरसा, पांच दुकानें और मस्जिद का गेट तोड़ दिया गया था। दुकानों का करीब 20 फीसदी हिस्सा बच गया था, जिसे आज गिराया गया।

    मुबारकपुर बंद गांव गुलाम रसूल और आसमा के मकानों के कुछ हिस्से सरकारी जमीन पर बने हैं। प्रशासन ने दोनों से खुद ही कब्जा हटाने को कहा है। इसके बाद आसमा ने घर के आगे बने हिस्से को और गुलाम ने घर के गेट को छैनी-हथौड़ी से तोड़ना शुरू कर दिया है। गुलाम ने कहा- अब क्या कहें साहब..यह जमीन प्रधान के चाचा से 30 हजार में खरीदी थी, हमें कोई जानकारी नहीं थी कि यह ग्राम समाज की जमीन है। बहुत नुकसान हो गया है। वहीं, आशा कार्यकर्ता आसमा ने कहा- अगर यह सरकारी जमीन थी, तो प्रधानों ने इसे क्यों बेचा? हमने 30 साल पहले जमीन खरीद थी। अगर उन्हें जमीन खाली करनी पड़ रही है तो उन्हें दी गई राशि वापस मिलनी चाहिए।

     

     

  • हरियाणा में सिटिजन हेल्पडेस्क लॉन्च, 48 घंटे में शिकायत समाधान अनिवार्य

    हरियाणा में सिटिजन हेल्पडेस्क लॉन्च, 48 घंटे में शिकायत समाधान अनिवार्य

    चंडीगढ़- हरियाणा के राजस्व विभाग ने पंजीकरण और अन्य राजस्व सेवाओं से जुड़ी जन शिकायतों के समयबद्ध समाधान के लिए एक समर्पित सिटिजन हेल्पडेस्क शुरू करने की घोषणा की है। राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग की वित्तायुक्त डॉ. सुमिता मिश्रा ने बताया कि माननीय मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी के आदेशानुसार शुरू की गई इस पहल का उद्देश्य शिकायतों के समाधान में होने वाली देरी को खत्म करना, अनियमितताओं पर रोक लगाना और राज्य भर में सरकारी सेवाओं को और अधिक नागरिक-अनुकूल बनाना है। उन्होंने बताया कि नागरिक हेल्पडेस्क एक सिंगल-विंडो प्लेटफॉर्म के रूप में कार्य करेगा, जहां हरियाणा के निवासी तहसीलों में टोकन के अनुमोदन में देरी, ऑनलाइन पंजीकरण प्रणाली में तकनीकी खामियां, पेपरलेस पंजीकरण से जुड़ी समस्याएं, भ्रष्टाचार, अधिकारियों द्वारा उत्पीड़न या सरकारी सेवाओं, विशेषकर संपत्ति पंजीकरण से संबंधित किसी भी प्रकार की अनियमितता के बारे में शिकायत दर्ज करवा सकेंगे।

    दो तरीकों से कर सकते हैं संपर्क:

    डॉ. मिश्रा ने बताया कि नागरिक दो माध्यमों से हेल्प डेस्क से संपर्क कर सकते हैं-निर्धारित लैंडलाइन नंबर 0172-271-1693 पर कॉल करके या आधिकारिक ईमेल ‘हेल्पडेस्क-आरईवी एट एचआरवाई डॉट जीओवी डाॅट इन’ पर लिखकर। यह हेल्पडेस्क सोमवार से शुक्रवार तक सभी कार्य दिवसों पर सुबह 9ः30 बजे से शाम 5ः30 बजे तक संचालित रहेगा। शिकायत दर्ज होने के बाद शिकायतकर्ता के पंजीकृत मोबाइल नंबर पर एक ऑटो-जनरेटेड यूनिक शिकायत नंबर भेजा जाएगा। इससे शिकायत की रीयल-टाइम ट्रैकिंग संभव होगी और नागरिक बिना बार-बार सरकारी कार्यालय गए अपनी शिकायत की स्थिति जान सकेंगे, जिससे प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ेगी।

    जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए समय-सीमा निर्धारित

    उन्होंने बताया कि इस पहल के अंतर्गत निर्धारित समय अवधि में समस्या का समाधान आवश्यक होगा। यदि पंजीकरण टोकन पांच दिनों के भीतर अनुमोदित नहीं होता है, तो नागरिक सीधे हेल्पडेस्क पर मामला उठा सकते हैं। किसी भी चरण में अनावश्यक देरी होने पर टोकन धारकों को तुरंत संपर्क करने के लिए प्रोत्साहित किया गया है। डाॅ. सुमिता मिश्रा ने बताया कि टोकन अनुमोदित होने के बाद आवेदकों को दस दिनों के भीतर अपॉइंटमेंट बुक करना होगा, अन्यथा सिस्टम द्वारा टोकन स्वतः रद्द कर दिया जाएगा। इसी प्रकार, यदि अपॉइंटमेंट बुक होने के बाद बीस दिनों के भीतर पंजीकरण प्रक्रिया पूरी नहीं होती है, तो संबंधित टोकन भी स्वतः रद्द हो जाएगा। ये प्रावधान प्रणाली के दुरुपयोग को रोकने और पंजीकरण स्लॉट्स के बेहतर उपयोग को सुनिश्चित करने के लिए लागू किए गए हैं।

    48 घंटे में समाधान की गारंटी

    हेल्पडेस्क के माध्यम से दर्ज सभी शिकायतों का निवारण 48 घंटे के भीतर करना अनिवार्य होगा। यह सख्त समय-सीमा विभाग की त्वरित कार्रवाई की प्रतिबद्धता को दर्शाती है और इससे लंबित शिकायतों में उल्लेखनीय कमी आने की उम्मीद है। उन्होंने बताया कि यह सुनिश्चित करने के लिए कि हेल्पडेस्क स्वयं कोई प्रशासनिक बाधा न बन जाए, एक केंद्रीकृत मॉनिटरिंग डैशबोर्ड भी स्थापित किया गया है। इस डैशबोर्ड तक राजस्व वित्तायुक्त और उपायुक्तों की सीधी पहुंच होगी, जिससे वे शिकायत निवारण की स्थिति को रीयल-टाइम में देख सकेंगे और जहां कहीं देरी या अनियमितता होगी, वहां हस्तक्षेप कर सकेंगे। डॉ. सुमिता मिश्रा ने कहा कि यह पहल राजस्व सेवाओं को और अधिक सुरक्षित, पारदर्शी और नागरिक-अनुकूल बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इसके माध्यम से नागरिकों को समस्याएं बताने के लिए एक सीधा और सुलभ माध्यम उपलब्ध करवाकर तथा अधिकारियों को निर्धारित समय-सीमा के तहत जवाबदेह बनाकर, हरियाणा सरकार ने स्पष्ट संकेत दिया है कि सार्वजनिक सेवा वितरण में किसी भी स्तर पर देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।  
  • Punjab News: School में व्यक्ति ने किया Acid Attack, अध्यापक सहित 2 बच्चे हादसे का शिकार, देखें वीडियो

    Punjab News: School में व्यक्ति ने किया Acid Attack, अध्यापक सहित 2 बच्चे हादसे का शिकार, देखें वीडियो

    गुरदासपुर: जिला गुरदासपुर के गांव महमदपुर के सरकारी प्राइमरी स्कूल में उस समय बड़ी घटना घटी जब एक महिला टीचर पर उसके भतीजे ने ड्यूटी के दौरान स्कूल में घुसकर तेजाब से हमला कर दिया। वहीं जब उक्त युवक ने अपनी मामी पर तेजाब फेंका तो उस तेजाब हमले में न सिर्फ टीचर लखविंदर कौर बुरी तरह घायल हो गई, बल्कि क्लास में मौजूद दो छोटे बच्चे भी इस तेजाब हमले का शिकार हो गए। उसी स्कूल में ड्यूटी पर तैनात टीचर सरबजीत कौर और गांव के सरपंच मंदीप सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि लखविंदर कौर रोजाना की तरह ड्यूटी पर अपनी क्लासरूम में छोटे बच्चों को पढ़ा रही थी।

    अचानक एक युवक स्कूल की क्लासरूम में घुस आया और लखविंदर कौर पर तेजाब फेंककर भाग गया। लखविंदर कौर बुरी तरह झुलस गई, जबकि टीचर के करीब दो बच्चों पर भी हमला किया गया। उन्होंने बताया कि इस घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और लखविंदर कौर को इलाज के लिए बटाला अस्पताल भेजा गया और पुलिस को भी सूचित किया गया। इस बीच बटाला डिस्ट्रिक्ट पुलिस के डीएसपी हरीश बहल ने बताया कि जैसे ही उन्हें इस घटना की जानकारी मिली, उनकी पुलिस पार्टी ने मौके पर जाकर जांच शुरू कर दी।

    पुलिस द्वारा घटना के कुछ ही देर में एसिड से हमला करने वाले युवक को भी गिरफ्तार कर लिया गया है। उन्होंने बताया कि हमले के पीछे की वजह का पता नहीं चला है, लेकिन यह बात जरूर सामने आई है कि आरोपी युवक नशे का आदी है और एड्स का मरीज है। इस बीच घटना में घायल एक लड़की का बटाला के सिविल अस्पताल में इलाज चल रहा है और बच्ची के पारिवारिक सदस्य और ड्यूटी मेडिकल अफसर डॉ. अमनदीप कौर ने बताया कि एसिड से लड़की की आंखों को नुकसान पहुंचा है और उसका इलाज चल रहा है।

  • Jalandhar News: अस्पताल में मरीज की हालत गंभीर, परिजनों ने किया हंगामा, PRO का आया बयान, देखें वीडियो

    Jalandhar News: अस्पताल में मरीज की हालत गंभीर, परिजनों ने किया हंगामा, PRO का आया बयान, देखें वीडियो

    जालंधर, ENS: शहीद उधम सिंह नगर में स्थित एक अस्पताल में भारी हंगामा हो गया। दरअसल, 75 वर्षीय बुजुर्ग महिला मरीज के परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए। परिजनों का दावा है कि उन्होंने माता गुरदेव कौर को आयुष्मान कार्ड (सरकारी स्कीम) और10 लाख रुपए बीमा योजान के जरिए अस्पताल में भर्ती करवाया था। महिला सतविंदर कौर ने कहा कि ने उनकी माता को सरकारी अस्पताल से अस्पताल में सरकारी कार्ड के जरिए ईलाज के लिए एबुलेंस चालक ले आया और कहा गया कि अस्पताल में उनका सिर्फ 7 हजार रुपए का खर्च आएगा। महिला का आरोप है कि अस्पताल स्टाफ ने उनसे पहले 10 हजार रुपए जमा करवाए, जिसके बाद 10 हजार टेस्ट के लिए जमा करवाए, उसके बाद दवाईयों के लिए 7 हजार जमा करवाए।

    महिला ने कहा कि माता आज सुबह बिल्कुल ठीक थी और वह बातें कर रही थी। इस दौरान आज दोबारा स्टाफ के कर्मियों ने 2 हजार रुपए मांगने शुरू कर दिए। महिला ने कहा कि जब उन्हें सरकारी कार्ड से उपचार के लिए कहा तो स्टाफ द्वारा कहा गया पैसे जमा करवाने के बाद कार्ड के जरिए ईलाज शुरू कर दिया जाएगा। महिला का कहना है कि जिसके बाद जब उसने किसी परिजन का स्टाफ को फोन करवाया तो स्टाफ द्वारा ईलाज शुरू कर दिया गया, लेकिन अब स्टाफ ने कहा कि मरीज की हालत गंभीर है और रैफर करने के लिए कह दिया गया।

    सतविंदर का आरोप है कि कार्ड शुरू करने के 15 मिनट बाद माता को पाइपों से ढक दिया और माता की हालत काफी गंभीर बनी हुई है। वहीं बेटे हरकेश कुमार ने कहा कि उनके मरीज को स्टाफ द्वारा वेटिंलेटर पर रख दिया गया। व्यक्ति ने कहा कि 15 मिनट पहले मरीज बात कर रहा था और कार्ड से ईलाज शुरू होने के बाद मरीज की हालत गंभीर हो गई। हालांकि स्टाफ द्वारा आरोपों को सिरे से खारिज किया गया। इस घटना को लेकर परिजनों द्वारा जमकर हंगामा किया गया। दूसरी ओर, अस्पताल के जनसंपर्क अधिकारी (PRO) नरिंदर कुमार ने कहा कि 75 वर्षीय गुरदेव कौर मरीज उनके पास उपचार के लिए आया है। उन्होंने कहा कि मरीज के परिजन 8 से 9 अस्पतालों से जवाब मिलने के बाद वह उन्हें बीते दिन शाम को अस्पताल में उपचार के लिए लेकर आए थे।

    नरिंदर कुमार ने कहा कि मरीज वेंटिलेटर पर है और उन्हें हार्ट की समस्या है। मरीज के परिजनों को हालत गंभीर होने को लेकर पहले ही जागरूक कर दिया गया था। नरिंदर ने कहा कि किसी के फोन आने पर उनके स्टाफ द्वारा अस्पताल में भर्ती किया गया था। वहीं सरकारी कार्ड स्कीम से ईलाज शुरू होने के बाद ईलाज में हालत गंभीर होने को लेकर उन्होंने सिरे से खारिज किया है। मरीज की हालत पहले से ही अत्यंत नाजुक थी और उनके दिल की स्थिति (NT-proBNP लेवल) सामान्य से कई गुना खराब थी। उधर, मरीज के साथ आए अमरीक सिंह ने भी गुस्से में आरोप लगाया कि अस्पताल प्रशासन का ध्यान सिर्फ पैसों पर है। उन्होंने कहा कि अभी तक मरीज को केवल एक बोतल चढ़ाई गई है, लेकिन अस्पताल बार-बार रुपयों की मांग कर रहा है। उनका सवाल है कि जब सरकार इलाज के पैसे दे रही है, तो अस्पताल परिवार को मानसिक और आर्थिक रूप से परेशान क्यों कर रहा है।