Category: International

  • पंजाब के ड्रग माफिया का विदेश में गोलियां मारकर कत्ल, इस गैंग ने ली जिम्मेदारी

    पंजाब के ड्रग माफिया का विदेश में गोलियां मारकर कत्ल, इस गैंग ने ली जिम्मेदारी

    नई दिल्ली: अमेरिका के केलिफोर्निया राज्‍य में पंजाब के एक ड्रग माफिया सुनील यादव की गोली मारकर हत्‍या कर दी गई है। सुनील यादव लॉरेंस बिश्नोई गैंग के साथ काम कर चुका है। सुनील यादव भारत से फर्जी पासपोर्ट के जरिए फरार हो गया था। जिसके बाद वह कैलिफोर्निया के स्‍टॉकटॉन शहर में था और यहीं उसकी हत्‍या हो गई। कैलिफोर्निया में हुए इस शूटआउट की जिम्मेदारी गोल्डी बराड़ और रोहित गोदारा गैंग ने ली है।

    सोशल मीडिया पर पोस्‍ट करके गोल्‍डी बराड़ ने इसकी जिम्‍मेदारी ली है। यह पोस्‍ट खासी वायरल हो रही है। इसमें कहा गया है, ” मैं रोहित गोदारा और गोल्डी बराड़, जो आज कैलिफोर्निया स्टॉकटन में मकान नंबर 6706 माउंट एलबर्स व्हाई में सुनील यादव उर्फ गोलिया विराम खेड़ा अबोहर की हत्या हुई हैं, उसकी हम पूरी जिम्मेदारी लेते हैं। इन्होंने पंजाब पुलिस से मिलकर हमारे सबसे प्यारे भाई अंकित भादू का एनकाउंटर करवाया था।”

    पाकिस्तान से भारत आने वाली ड्रग्स में माफिया सुनील यादव एक बड़ा नाम था। कुछ साल पहले भारत में सुनील यादव का 300 करोड़ रुपए का कंसाइनमेंट पकड़ा गया था। इसके बाद सुनील यादव फर्जी पासपोर्ट के जरिये USA भाग गया था। उसने दिल्ली से राहुल नाम से फर्जी पासपोर्ट बनवाया था। पंजाब के अबोहर फाजिलक का रहने वाला सुनील यादव लॉरेंस बिश्नोई गैंग से भी जुड़ा रहा है। कंसाइनमेंट पकड़े जाने और अमेरिका भागने से पहले सुनील, दुबई में ड्रग्स का रैकेट चलाता था। बता दें कि हाल ही में राजस्थान पुलिस ने सुनील यादव के खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी करवाया था। साथ ही राजस्थान पुलिस ने दुबई के एजेंसियों से सुनील यादव के सहयोगी की भी गिरफ्तारी करवाई थी।

  • पूर्व President की बिगड़ी तबीयत, Hospital में भर्ती

    पूर्व President की बिगड़ी तबीयत, Hospital में भर्ती

    नई दिल्ली : अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति बिल क्लिंटन को वाशिंगटन के जॉर्जटाउन यूनिवर्सिटी मेडिकल सेंटर में भर्ती कराया गया। बुखार से पीड़ित होने के बाद पूर्व राष्ट्रपति को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। क्लिंटन के डिप्टी चीफ ऑफ स्टाफ एंजेल यूरेना ने एक बयान में कहा कि पूर्व राष्ट्रपति को सोमवार दोपहर में परीक्षण और निगरानी के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

     बता दें कि क्लिंटन के व्हाइट हाउस छोड़ने के बाद के वर्षों में उन्हें कई बार स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों का सामना करना पड़ा है। 2004 में सांस लेने में तकलीफ के बाद उनकी बाईपास सर्जरी हुई थी। 2021 में पूर्व राष्ट्रपति को संक्रमण हुआ था जिसके इलाज के लिए उन्हें कैलिफोर्निया में छह दिनों के तक अस्पताल में भर्ती रहना पड़ा था। बिल क्लिंटन को अस्पताल में पूरी देखभाल मिल रही है।

    हाल ही में चुनाव के दौरान शिकागो में डेमोक्रेटिक नेशनल कन्वेंशन को संबोधित किया था और कमला हैरिस की व्हाइट हाउस की दावेदारी के लिए प्रचार किया था। बिल क्लिंटन ने जनवरी 1993 से जनवरी 2001 तक राष्ट्रपति के रूप में दो कार्यकालों तक काम किया है।

  • जानें कौन हैं Baba Vanga, कभी गलत नहीं होती इनकी Predictions

    जानें कौन हैं Baba Vanga, कभी गलत नहीं होती इनकी Predictions

    [web_stories_embed url=”https://encounternewspaper.com/web-stories/know-who-baba-vanga-is-his-predictions-are-never-wrong/” title=”जानें कौन हैं Baba Vanga, कभी गलत नहीं होती इनकी predictions” poster=”https://encounternewspaper.com/wp-content/uploads/2024/12/cropped-image-27.png” width=”360″ height=”600″ align=”none”]

    Baba Vanga एक बल्गेरियाई रहस्यवादी और उपचारक थीं, जिन्होंने भविष्य की प्रेडिक्शन करने का दावा किया था | Vanga का जन्म 3 अक्टूबर 1911 को ओटोमन साम्राज्य (अब उत्तरी मैसेडोनिया) के सलोनिका विलायत के स्ट्रुमिका में हुआ था| बचपन से ही अंधी Grandmother Vanga ने अपना अधिकांश जीवन Bulgaria में बेलासिका पहाड़ों के रूपाइट क्षेत्र में बिताया | वह समय से पहले जन्मी बच्ची थी जो बीमारियों से पीड़ित थी। सोशल मीडिया पर वह अपनी भविष्यवाणी को लेकर काफी मशहूर रही हैं। जैसे इनकी भी भविष्यवाणी सच होती है| उन्होंने अमेरिका के 9/11 वाले हमले की भी पहले से ही भविष्यवाणी कर दी थी। उन्होंने कहा था, स्टील बर्ड के हमले से अमेरिका भाई गिर जाएंगे जो 2001 में सच हो गया |उनकी और भी कई भविष्यवाणियां और उनके नाम की रोचक कहानी है जिसकी हम अगले वीडियो में बात करेंगे

  • Metro में महिला को लगाई आग, स्टेशन पर बैठकर देखता रहा आरोपी

    Metro में महिला को लगाई आग, स्टेशन पर बैठकर देखता रहा आरोपी

    अमेरिकाः मेट्रो में महिला को आग लगाने का मामला सामने आया है। घटना न्यूयॉर्क शहर की है। जिसमें महिला की मौत हो गई है। महिला को आग लगाने वाले आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। न्यूयॉर्क पुलिस के मुताबिक आरोपी सुबह करीब 7:30 बजे मेट्रो में महिला के पास पहुंचा और स्टेशन पर उतरने से पहले मेट्रो में आग लगा दी।

    न्यूयॉर्क पुलिस की कमिश्नर जेसिका टिश ने बताया कि आरोपी ने लाइटर से महिला के एक सफेद कपड़े में आग लगाई थी। पीड़ित महिला की अभी पहचान नहीं हो पाई है। आग लगाने के बाद आरोपी मेट्रो से उतरकर स्टेशन पर जाकर बैठ गया। प्लेटफॉर्म पर बैठे-बैठे वह महिला को जलते हुए देख रहा था। पुलिस अधिकारियों को ट्रेन से धुआं दिखाई देने पर घटना संबंधी जानकारी मिली।

    जिसके बाद अधिकारियों ने आग को बुझाई। पुलिस ने शुरुआती बयान में बताया कि महिला घटना के समय सो रही थी। आग लगाने से पहले आरोपी और महिला के बीच कोई बातचीत भी नहीं हुई थी। पुलिस के मुताबिक दोनों एक दूसरे को नहीं जानते थे।

  • Plane Crash में 10 लोगों की मौत, इमारत की चिमनी से टकराने के बाद दुकान पर गिरा, देखें वीडियो

    Plane Crash में 10 लोगों की मौत, इमारत की चिमनी से टकराने के बाद दुकान पर गिरा, देखें वीडियो

    ब्राजीलः ग्रामाडो शहर में एक छोटा पैसेंजर प्लेन क्रैश हो गया। यह प्लेन पहले एक इमारत की चिमनी से टकराने बाद पास में स्थित फर्नीचर की दुकान पर गिर गया। हादसे में 10 लोगों की मौत हो गई। शुरुआती जानकारी से पता चला है कि प्लेन में सवार कोई पैसेंजर बच नहीं पाया है और कम से कम 15 लोगों को गंभीर हालत में हॉस्पिटल में दाखिल किया गया है।

    मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक विमान पाइपर चेयेन 400 टर्बोप्रॉप था, जिसने ग्रामाडो से कैनेला शहर के लिए उड़ान भरी थी। क्रिसमस के लिए फेमस टूरिस्ट प्लेस रिअनोपोलिस जा रहा था। ब्राजील में यह दो दिन में दूसरा बड़ा हादसा है। इससे पहले शनिवार को ब्राजील के मिनस गेरैस राज्य में हुए एक बस एक्सीडेंट में 38 लोगों की मौत हो गई थी, जबकि 13 लोग घायल हुए थे।

  • दर्दनाक हादसाः नाव पलटने से 25 की मौत, दर्जनों लापता

    दर्दनाक हादसाः नाव पलटने से 25 की मौत, दर्जनों लापता

    नई दिल्लीः अफ्रीकी देश कांगो से एक बुरी खबर सामने आ रही है। कई लोगों से खचाखच भरी हुई नाव अचानक पानी में पलट गई। इस हादसे में 25 लोगों की मौत हो गई है, वहीं एक दर्जन से भी ज्यादा लोग लापता हैं। मृतकों में कई बच्चे भी शामिल हैं। बचाव टीमें लापता लोगों की तलाश कर रही हैं। खबरों की मानें तो मरने वालों की संख्या और भी ज्यादा बढ़ सकती है।

    स्थानीय लोगों की मानें तो नाव में 100 से भी ज्यादा लोग सवार थे। ये नाव कांगो की राजधानी किनसाहा के नजदीक स्थित शहर इनोंगो से आ रही थी। फिमी नदी पार करते हुए नाव में यह हादसा देखने को मिला। नाव किनारे पर पहुंचने वाली थी, तभी थोड़ी ही दूरी पर नाव अचानक से पलट गई। इस नाव में बैठे यात्री में नदी में गिर गए और पानी में डूबने की वजह से उनकी मौत हो गई।

    खबरों की मानें तो नाव में कई बच्चे भी सवार थे। पुलिस और बचाव टीमें मौके पर पहुंची और 25 लोगों के शव बरामद किए गए हैं। नाव में सवार बाकी लोग अभी भी लापता हैं। बचाव टीमें अन्य लोगों की तलाश में हैं। इनोंगो के रिवर कमिश्नर डेविड कालेंबा का कहना है कि नाव में क्षमता से अधिक लोग मौजूद थे। ऐसे में मुमकिन है कि नाव का बैलेंस बिगड़ गया और नदी की तेज धारा में नाव बेकाबू होकर पलट गई। अभी तक 25 लोगों की लाश मिली है और बाकियों की तलाश जारी है। मृतकों में कई बच्चे भी शामिल हैं।

    कांगो प्रशासन ने पहले ही नाविकों को हद से ज्यादा सवारी न बैठाने की चेतावनी दी है। जो भी नाविक इन नियमों का उल्लंघन करेगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। हालांकि दूर दराज के इलाकों में लोग नाविक अक्सर नियमों का उल्लंघन कर देते हैं। इससे पहले अक्टूब में भी ऐसा ही एक हादसा देखने को मिला था, जब ओवरलोडेड नाव नदी में पलट गई और इस हादसे में 78 लोगों की जान चली गई थी। वहीं जून में किनसाहा के पास 80 लोगों से भरी नाव नदी में पलट गई थी।

  • कनाडा में गरमाई सियासतः ट्रूडो को बड़ा झटका, डिप्टी पीएम व वित्त मंत्री ने दिया इस्तीफा

    कनाडा में गरमाई सियासतः ट्रूडो को बड़ा झटका, डिप्टी पीएम व वित्त मंत्री ने दिया इस्तीफा

    नई दिल्लीः कनाडा में सियासती गरमा गई है, हाल ही में चर्चा चल रही थी कि पीएम जस्टिन ट्रूडो पद से इस्तीफा दे सकते है। लेकिन उससे पहले जस्टिन ट्रूडो को उनकी सरकार के डिप्टी पीएम व वित्त मंत्री ने बड़ा झटका दे दिया है। दरअसल, अमेरिका के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की टैरिफ धमकियों पर जस्टिन ट्रूडो से असहमत होने के बाद कनाडा की उपप्रधानमंत्री क्रिस्टिया फ्रीलैंड ने एक आश्चर्यजनक कदम उठाते हुए सोमवार को अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। फ्रीलैंड डिप्टी पीएम के साथ ही कनाडा की वित्त मंत्री भी थीं, वित्त मंत्री के रूप में भी उन्होंने इस्तीफा दे दिया। डिप्टी पीएम के इस्तीफे ने प्रधान मंत्री ट्रूडो के खिलाफ उनके मंत्रिमंडल के भीतर पहली बार खुली असहमति दिखाई दी।

    कनाडा में इस सियासी हलचल से ट्रूडो की कुर्सी पर खतरा मंडराने लगा है। क्रिस्टिया फ्रीलैंड के अचानक इस्तीफे के तुरंत बाद, उनके कैबिनेट सहयोगी डोमिनिक लेब्लांक ने कनाडा के नए वित्त मंत्री के रूप में शपथ ली। प्रधान मंत्री जस्टिन ट्रूडो के लंबे समय तक सहयोगी रहे लेब्लांक ने उनके मंत्रिमंडल में सार्वजनिक सुरक्षा मंत्री के रूप में कार्य किया था। यह कदम ऐसे समय में उठाया गया है जब कनाडा “अप्रत्याशित खर्चों” के कारण $62 बिलियन के घाटे से जूझ रहा है।फ़्रीलैंड ने अपने त्याग पत्र में ट्रम्प की कनाडाई आयात पर 25 प्रतिशत टैरिफ की योजना की ओर इशारा करते हुए कहा, “हमारा देश आज एक गंभीर चुनौती का सामना कर रहा है।

    अपने त्याग पत्र में, फ्रीलैंड ने कहा कि ट्रूडो उन्हें दूसरी नौकरी में स्थानांतरित करना चाहते थे, जिस पर उन्होंने जवाब दिया: “मैंने निष्कर्ष निकाला है कि मेरे लिए कैबिनेट से इस्तीफा देना ही एकमात्र ईमानदार और व्यवहार्य रास्ता है।” कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो क्रिस्टिया फ्रीलैंड के इस्तीफे के झटके से अभी उबर भी नहीं पाए थे कि खालिस्तान समर्थक और न्यू डेमोक्रेटिक पार्टी (NDP) के नेता जगमीत सिंह ने नेता ने उन्हें दूसरा तगड़ा झटका दे दिया है। इसके साथ ही 23 सांसदों ने ट्रूडो के इस्तीफे की मांग को लेकर एक पत्र लिखा है। जगमीत सिंह ने ट्रूडो को लेकर एक बड़ा बयान दिया है और कहा है कि क्रिस्टिया फ्रीलैंड के आज सुबह वित्त मंत्री के पद से हटने के बाद प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो को इस्तीफा दे देना चाहिए।

    कनाडा की मीडिया रिपोर्टों में ट्रूडो के इस्तीफे की मांग की गई है जिसमें कहा गया है कि प्रधानमंत्री वास्तव में इस्तीफे पर विचार कर रहे हैं। इस बारे में कनाडा की सीटीवी ने बताया, “सूत्रों ने सीटीवी न्यूज को बताया कि प्रधानमंत्री ने कैबिनेट को बता दिया है कि वह इस्तीफे पर विचार कर रहे हैं और वह संभवतः संसद को संबोधित करने की योजना बना रहे हैं। टीवी के हवाले से कहा गया है कि ट्रूडो ने कहा है कि पिछले कई हफ़्तों से, आप और मैं कनाडा के लिए आगे बढ़ने के सर्वोत्तम रास्ते को लेकर असमंजस में हैं।”

  • बम धमाके में प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल इगोर की मौत, 4 मंजिला इमारत क्षतिग्रस्त

    बम धमाके में प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल इगोर की मौत, 4 मंजिला इमारत क्षतिग्रस्त

    मॉस्कोः रूस की राजधानी मॉस्को में परमाणु सुरक्षा बलों के प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल इगोर किरिलोव की हत्या कर दी गई है। बम धमाके में इगोर किरिलोव की जान गई है। घटना के सामने आने के बाद से ही मॉस्को में हड़कंप मच गया है। रूसी एजेंसियां घटनाक्रम की जांच में जुट गई हैं। यह धमाका क्रेमलिन के करीब हुआ है। रूस की जांच कमेटी ने कहा कि एक इलेक्ट्रिक स्कूटर में बम को छिपाया गया था।

    मंगलवार को बम विस्फोट में परमाणु सुरक्षा बलों के प्रभारी वरिष्ठ रूसी जनरल की जान चली गई। लेफ्टिनेंट जनरल इगोर किरिलोव रूस के परमाणु, जैविक और रासायनिक सुरक्षा बलों के प्रमुख के पद पर तैनात थे। रूसी एजेंसियों के मुताबिक जनरल इगोर किरिलोव की हत्या रियाजान्स्की प्रॉस्पेक्ट पर एक अपार्टमेंट इमारत के बाहर की गई है। यह जगह क्रेमलिन से लगभग सात किलोमीटर दूर दक्षिण-पूर्व में पड़ती है।

    बम धमाके में इगोर किरिलोव के साथी की भी जान गई है। रूसी टेलीग्राम चैनलों पर पोस्ट की गई तस्वीरों में मलबे से अटी एक इमारत का टूटा हुआ प्रवेश द्वार और खून से सनी बर्फ में पड़े दो शव दिख रहे हैं। मामले बम धमाके की जांच में जुट गई है। रूस के रेडियोधर्मी, रासायनिक और जैविक रक्षा सैनिकों को RKhBZ के तौर पर भी जाना जाता है। यह विशेष बल रेडियोधर्मी, रासायनिक और जैविक संदूषण की स्थितियों में काम करते हैं।

    कीव इंडिपेंडेंट के मुताबिक यूक्रेन की सुरक्षा सेवा ने कहा कि सोमवार को यूक्रेनी अभियोजकों ने यूक्रेन में प्रतिबंधित रासायनिक हथियारों के कथित इस्तेमाल पर किरिलोव की अनुपस्थिति में आरोप लगाया। मगर रूस ने इन आरोपों से इनकार कर दिया। ब्रिटेन ने अक्टूबर में किरिलोव और परमाणु सुरक्षा बलों पर दंगा नियंत्रण एजेंटों और युद्ध के मैदान में जहरीले चोकिंग एजेंट क्लोरोपिक्रिन के इस्तेमाल की कई रिपोर्टों के आधार पर प्रतिबंध लगाया था।

  • School में हुई ताबड़तोड़ फायरिंग, 5 की मौत, कई घायल

    School में हुई ताबड़तोड़ फायरिंग, 5 की मौत, कई घायल

    नई दिल्ली : अमेरिका के स्कूल में एक बार फिर गोलीबारी की घटना हुई है। विस्कॉन्सिन के मैडिसन में क्रिश्चियन स्कूल में गोलीबारी की घटना सुबह के समय में हुई है। जानकारी के मुताबिक एक नाबालिग छात्र ने स्कूल कैंपस में ताबड़तोड़ फायरिंग की। गोली लगने से 5 लोगों की मौत हो गई, जबकि कई लोग घायल बताए जा रहे हैं।पुलिस ने कहा कि एक छात्र ने ही फायरिंग की वारदात को अंजाम दिया है और शूटर को मार गिराया है। पुलिस के मुताबिक शूटर नाबालिग था और उसकी भी मौत हो गई है।

    जिस क्रिश्चियन स्कूल में ये वारदात हुई है, उसमें 390 स्टूटेंड पढ़ते हैं, जो किंडरगार्डन से लेकर हाईस्कूल तक हैं। अभी तक की जांच में पता लगा है कि फायरिंग करने वाला छात्र अपने साथ 9 मिलिमीटर की पिस्टल लेकर आया था। उसने अचानक से फायरिंग शुरू कर दी।मैडिसन पुलिस चीफ शॉन बर्नीस ने जानकारी देते हुए बताया कि सुबह 10.57 बजे हमारे अफसर मैडिसन में एबंडैंट लाइफ क्रिश्चियन स्कूल में एक हमलावर की सूचना का जवाब दे रहे थे। जब अफसर पहुंचे तो उन्होंने कई घायलों को देखा जिन्हें गोली लगी थी। अफसरों ने एक मृत नाबालिग को देखा, जो इस फायरिंग के लिए जिम्मेदार लगा।

    उन्होंने बताया कि लोगों की जान बचाने के लिए घायलों को अस्पताल भेजा गया। पुलिस अधिकारी ने कहा कि समस के इतने करीब हर बच्चा, हर शख्स जो इस बिल्डिंग में था वो हमेशा इसे याद करेगा। इस तरह के सदमे आसानी से नहीं जाते। उन्होंने कहा कि ये जानना होगा कि असल में हुआ क्या था? इस समय लोगों के लिए चिंतित हूं। उन्होंने कहा कि एक नाबालिग छात्र ने स्कूल कैंपस में ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। गोली लगने से 5 लोगों की मौत हो गई, जबकि कई लोग घायल बताए जा रहे हैं। शूटर को भी पुलिस ने मार गिराया है।

  • क्या जल्द Canada के PM Justin Trudeau दे सकते हैं इस्तीफा ? जानें मामला

    क्या जल्द Canada के PM Justin Trudeau दे सकते हैं इस्तीफा ? जानें मामला

    नई दिल्ली: कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। मिली जानकारी के अनुसार जल्द जस्टिन ट्रूडो अपने पद से इस्तीफा दे सकते हैं। कनाडा की मीडिया रिपोर्टों में खबर है कि ट्रूडो वास्तव में इस्तीफे पर विचार कर रहे हैं। लेबर पार्टी के नेता चाड कोलिन्स ने दावा किया है कि उनके साथ 23 सांसदों ने जस्टिन ट्रूडो का इस्तीफा मांगा है। सभी ने इस्तीफे की मांग को लेकर एक मांगपत्र पर साइन किया है। CTV ने सूत्रों के हवाले से ट्रूडो के इस्तीफे की खबर दी है। CTV ने कहा, सूत्रों ने सीटीवी न्यूज को बताया कि प्रधानमंत्री ने कैबिनेट को बता दिया है कि वह इस्तीफे पर विचार कर रहे हैं और वह संभवतः संसद को संबोधित करने की योजना बना रहे हैं।”

    जस्टिन ट्रूडो की करीबी सहयोगी और डिप्टी क्रिस्टिया फ्रीलैंड के सोमवार को इस्तीफा देने के कुछ घंटों बाद, सीटीवी न्यूज ने सूत्रों के हवाले से यह खबर दी। कनाडाई मीडिया आउटलेट द ग्लोब एंड मेल ने सूत्रों के हवाले से खबर दी कि फ्रीलैंड और ट्रूडो इस बात पर असहमत थे कि ट्रंप की भारी टैरिफ की धमकी का जवाब कैसे दिया जाए, जिससे उनके रिश्ते खराब हो गए। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि उप प्रधानमंत्री अल्पावधि में बड़े राजकोषीय व्यय उपायों को रोकना चाहती थी ताकि ओटावा इस झटके को झेल सके। हालांकि, ट्रूडो चाहते थे कि बड़े व्यय वाले उपाय यथावत बने रहें।

    अपने इस्तीफे में फ्रीलैंड ने अपने बॉस पर ‘महंगे राजनीतिक हथकंडों का समर्थन करने’ का आरोप लगाया। उप प्रधानमंत्री के निर्णय की घोषणा के तुरंत बाद, ट्रूडो के पद छोड़ने पर विचार करने की अफ़वाहें सामने आईं। यदि प्रधानमंत्री इस्तीफा देते हैं, तो कनाडा में राजनीतिक संकट गहसरा सकता है। इस्तीफे के बाद एक अंतरिम नेता की नियुक्ति की संभावना है।