45 दिनों के लिए बढ़ा सीजफायर, उधर, 24 घंटों में 50 हवाई हमले का दावा, 7 की मौत

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नई दिल्लीः मिडिल-ईस्ट में जारी भारी तनाव के बीच एक बड़ी खबर सामने आई है। वॉशिंगटन में अमेरिका की मध्यस्थता में 2 दिनों तक चली उच्च स्तरीय बातचीत के बाद इजरायल और लेबनान अपने बीच लागू संघर्ष-विराम (सीज़फायर) को अगले 45 दिनों के लिए और बढ़ाने पर सहमत हो गए हैं। अमेरिकी विदेश विभाग ने सीजफायर की तारीख बढ़ाए जाने की जानकारी दी। वहीं दूसरी ओर शनिवार को इजरायल की लेबनान पर की गई कार्रवाई में 7 लोगों के मारे जाने की खबर है। इजरायली सेना (आइडीएफ) ने सीमावर्ती इलाके यारून में स्थित एक कैथोलिक कॉन्वेंट परिसर को बुलडोजर से ध्वस्त कर दिया।

स्थानीय सूत्रों के अनुसार, इस परिसर में एक स्कूल और क्लीनिक भी संचालित थे तथा यहां दो नन रहती थीं। इस कार्रवाई को लेकर धार्मिक स्थलों को निशाना बनाने के आरोप लगे हैं। आइडीएफ ने साथ ही दक्षिणी लेबनान के नौ गांवों के लिए नई चेतावनी जारी कर निवासियों को इलाका खाली करने को कहा है। सेना का दावा है कि हिजबुल्ला इन इलाकों का इस्तेमाल इजरायल के खिलाफ हमलों के लिए कर रहा है।

दूसरी ओर, लेबनान के कैथोलिक चर्च ने इजरायल के इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि परिसर में किसी प्रकार की सैन्य गतिविधि नहीं होती थी। इजरायल ने पिछले 24 घंटों में दक्षिणी लेबनान में करीब 50 हवाई हमले करने का दावा किया है। उधर, हिजबुल्ला ने कहा कि उसके लड़ाकों ने बेयेद गांव में एक घर में मौजूद इजरायली सैनिकों को निशाना बनाते हुए ड्रोन हमला किया। दरअसल, यह सीजफायर रविवार को समाप्त होना था, ऐसे में एक बार फिर सीजफायर को 45 दिनों के लिए बढ़ा दिया गया है।

अमेरिकी विदेश विभाग के प्रवक्ता टॉमी पिगोट ने कहा कि यह दो दिनों की सार्थक बातचीत के बाद हुआ है। इसके अलावा अब 2-3 जून को भी बातचीत होगी। बता दें कि इजरायल और लेबनान के हिजबुल्ला आतंकवादी समूह के बीच की अस्थिर शांति संधि रविवार को समाप्त होने वाली थी। ऐसे में इस सीजफायर को एक बार और बढ़ा दिया गया है। पिगोट ने सोशल मीडिया पर कहा, “हमें उम्मीद है कि ये चर्चाएं दोनों देशों के बीच स्थायी शांति, एक-दूसरे की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता की पूर्ण मान्यता और उनकी साझा सीमा पर वास्तविक सुरक्षा की स्थापना को बढ़ावा देंगी।”

वहीं दूसरी तरफ ईरान और अमेरिका-इजरायल के बीच अभी भी टेंशन बरकरार है। हालांकि डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार को कहा कि उन्होंने पाकिस्तान के प्रति सद्भावना दिखाने के लिए ईरान के साथ सीजफायर पर सहमति जताई। उन्होंने ईरान पर किसी भी तरह की और बमबारी से इनकार किया। बता दें कि अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच 28 फरवरी को युद्ध शुरू हुआ था। पिछले महीने 8 अप्रैल से हमले तब रोक दिये गये थे जब युद्धरत पक्षों ने पाकिस्तान की मध्यस्थता से युद्धविराम पर सहमति जताई थी।

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