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  • रोजगार और आजीविका के अवसरों को बढ़ावा देने के लिए उद्योग से संबंधित पाठ्यक्रम 1 जुलाई से होंगे शुरू

    रोजगार और आजीविका के अवसरों को बढ़ावा देने के लिए उद्योग से संबंधित पाठ्यक्रम 1 जुलाई से होंगे शुरू

    चंडीगढ़: पंजाब सरकार ने राज्य में अनुसूचित जाति (एस.सी.) के युवाओं के लिए रोजगार और आजीविका के अवसर बढ़ाने के उद्देश्य से नेशनल स्किल्ल क्वॉलिफ़िकेशन फ्रेम्वर्क (एन.एस.क्यू.एफ.) से जुड़े मुफ्त आवासीय कौशल विकास प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू करने की घोषणा की है। ये कार्यक्रम राष्ट्रीय स्तर की एजेंसी अपोलो मेड स्किल्स के माध्यम से संचालित किए जाएंगे।

    सामाजिक न्याय, अधिकारिता एवं अल्पसंख्यक मामलों की मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने कहा कि यह पहल मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार की अनुसूचित जाति के युवाओं को कौशल विकास, रोजगार सृजन और समावेशी विकास के माध्यम से सशक्त बनाने की प्रतिबद्धता को दर्शाती है। सामाजिक न्याय, अधिकारिता एवं अल्पसंख्यक विभाग, पंजाब द्वारा दो उद्योग-संबंधित पाठ्यक्रमों— “केयर-गिवर–मदर एंड न्यू बॉर्न” (माता एवं नवजात शिशु की देखभाल) तथा “एल्डरली केयर टेकर” (वृद्धजनों की देखभाल)— के लिए प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। ये प्रशिक्षण कार्यक्रम पंजाब स्किल डेवलपमेंट मिशन के माध्यम से चयनित लुधियाना और जालंधर केंद्रों में 1 जुलाई से शुरू होंगे।

    डॉ. बलजीत कौर ने कहा कि पात्र उम्मीदवारों को मुफ्त आवास, भोजन, प्रशिक्षण किट तथा एक राष्ट्रीय संस्था द्वारा प्रमाणन (सर्टिफिकेशन) की सुविधा प्रदान की जाएगी। उन्होंने कहा कि पात्र उम्मीदवारों से किसी भी प्रकार का शुल्क नहीं लिया जाएगा और प्रशिक्षण कार्यक्रमों का पूरा खर्च सरकार द्वारा वहन किया जाएगा। मंत्री ने बताया कि न्यूनतम मैट्रिक (10वीं) उत्तीर्ण, अनुसूचित जाति से संबंधित तथा पंजाब के स्थायी निवासी उम्मीदवार इन कार्यक्रमों के लिए आवेदन करने के पात्र हैं। ये पाठ्यक्रम प्रतिभागियों को औद्योगिक अनुभव, व्यावहारिक कौशल और प्लेसमेंट सहायता प्रदान करने के लिए तैयार किए गए हैं, जिससे अनुसूचित जाति समुदाय में रोजगार और आजीविका के अवसर और अधिक मजबूत होंगे।

    डॉ. बलजीत कौर ने कहा, “कौशल विकास में जीवन बदलने की शक्ति होती है। जब कोई युवा कौशल प्राप्त कर रोजगार हासिल करता है, तो वह न केवल अपने भविष्य को मजबूत बनाता है, बल्कि पूरे परिवार में आत्मविश्वास, स्थिरता और नई आशा का संचार करता है। पंजाब सरकार प्रत्येक पात्र युवा को बेहतर भविष्य बनाने का अवसर प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है।” इच्छुक उम्मीदवार अपनी जानकारी directorwelfare@gmail.com, dir.scsp@punjab.gov.in अथवा punjabprojects@apollomedskills.com पर भेज सकते हैं। इसके अतिरिक्त, वे अधिक जानकारी और सहायता के लिए अपने जिले के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता अधिकारी से भी संपर्क कर सकते हैं।

  • एशिया के सबसे बड़े फार्मा हब बद्दी में लगे कूड़े के ढेर

    एशिया के सबसे बड़े फार्मा हब बद्दी में लगे कूड़े के ढेर

    ढेर लगने से फैली एरिया में दुर्गन्ध, चलना हुआ मुश्किल
    बद्दीः जिले में पिछले तीन दिन से कूड़ा नहीं उठा है। सफाई कर्मचारियों को मानदेय न  मिलने पर कर्मचारियों ने कूड़ा नहीं उठाया है। जिसके चलते बद्दी साई मार्ग समेत विभिन्न चौराहों व गलियो में कूड़े के ढेर लगे है। एशिया का सबसे बड़ा फार्मा हब बद्दी में में चारों ओर गंदगी फैली हुई है। बद्दी साई  मार्ग पर सड़क के किनारे कूड़े के ढेर लगे हुए है। जिसकी दुर्गंध से बाजार में आने वाले लोग नाक पर रूमाल रख कर निकल रहे है। सबसे अधिक परेशानी दुकान चलाने वाले व्यापारियों को हो रही है। उन्होंने कूड़े से निकलने वाली दुर्गंध का सामना करना पड़ रहा है। व्यापार मंडल के प्रधान मान सिंह कुडलस ने बताया कि पिछले तीन दिन से बद्दी में कूड़ा नहीं उठा है। गर्मियो में एक दिन में ही कूड़ा दुर्गंध  मारना शुरू कर देता है लेकिन तीन दिन से कूड़ा न उठना बड़ी हैरानी वाली बात है।
    संडोली पंचायत के पूर्व प्रधान भाग सिंह कुंडलस ने बताया कि  तीन दिन से कूड़ा न उठने से जगह-जगह कूड़े के ढेर लग गए हैं और कूड़े की दुर्गंध से स्थानीय लोगों व आने जाने वाले लोगों परेशान है। नगर निगम बद्दी ने कूड़ा उठाने का ठेका जेबीआर  नाम के कंपनी को दिया है। सफाई कर्मचारियों को वेतन मिलने के कारण पिछले तीन दिन से कूड़ा नहीं उठाया। सरकार की ओर से बिजली के बिल में स्वच्छता सेंस के रूप में ₹50 का शुल्क वसूला जाता है  लेकिन सुविधा के नाम पर लोगों का ठगा जा रहा है। पिछले तीन दिन से सभी स्थानीय लोग इस समस्या से जूझ रहे हैं। कूड़ा न उठने के कारण  बड़े-बड़े ढेर लग चुके हैं। जिससे कि आसपास के क्षेत्र में बीमारी फैलने का खतरा बढ़ चुका है।
    नगर निगम के अधिकांशी अभियंता सुमित आजाद ने बताया कि कूड़ा उठाने का ठेका जेबीआर कंपनी को दिया है लेकिन जेबीआर कंपनी के कर्मचारियों और मैनेजमेंट के बीच विवाद चल रहा है।अगर यह विवाद नहीं सुलझा तो जेबीआर  पर 3 दिन की पेनल्टी लगाई जाएगी। उधर जेबीआर कंपनी के एमडी  राजेंद्र सिंह से संपर्क किया गया लेकिन उन्होने फोन रसीव नहीं किया।
     
  • सीमा पार से हथियार तस्करी वाले मॉड्यूल से संबंधित आठ व्यक्ति 11 आधुनिक पिस्तौलों सहित गिरफ्तार

    सीमा पार से हथियार तस्करी वाले मॉड्यूल से संबंधित आठ व्यक्ति 11 आधुनिक पिस्तौलों सहित गिरफ्तार

    चंडीगढ़: मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के निर्देशों के अनुसार पंजाब को सुरक्षित राज्य बनाने के लिए चलाए जा रहे अभियान के दौरान एक बड़ी सफलता में, अमृतसर कमिश्नरेट पुलिस ने आठ आरोपियों को 11 आधुनिक पिस्तौलों सहित गिरफ्तार कर सीमा पार से हथियार तस्करी के मॉड्यूल का भंडाफोड़ किया है। यह जानकारी आज यहां पंजाब के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) गौरव यादव ने दी।

    गिरफ्तार व्यक्तियों की पहचान गुलाबजीत सिंह उर्फ प्रिंस (21) और हरप्रीत सिंह उर्फ प्रीत (23), दोनों निवासी गांव अटारी, अमृतसर; गुरप्रीत सिंह उर्फ गोपी (24) निवासी गांव हरदोवाल, कलानौर, गुरदासपुर; कुलजीत सिंह (39) और शमशेर सिंह उर्फ शेरा (40), निवासी गांव रणियां, अमृतसर; अमन राणा उर्फ चीनी (20) निवासी छेहरटा, अमृतसर; शरणजीत सिंह उर्फ सनी (29) निवासी गांव किरलगढ़, अमृतसर; और तरनतारन के गांव मालिया के रहने वाले अजय सिंह (23) के रूप में हुई है।

    बरामद हथियारों में चार .30 बोर (चीनी निर्मित), चार .30 बोर पीएक्स5 स्टॉर्म, एक .30 बोर ज़िगाना, एक 9 एमएम ग्लॉक (ऑस्ट्रियाई निर्मित) और एक 9 एमएम (ऑस्ट्रियाई निर्मित) तथा आठ जिंदा कारतूस शामिल हैं। इसके अलावा पुलिस टीमों ने आरोपियों की मोटरसाइकिल भी जब्त कर ली है। डीजीपी गौरव यादव ने बताया कि प्रारंभिक जांच के अनुसार उक्त आरोपी कथित तौर पर अवैध हथियारों की सप्लाई में शामिल विदेशी कारिंदों के संपर्क में थे। उन्होंने कहा कि बरामद किए गए ये हथियार आगे अपराधिक तत्वों को सप्लाई किए जाने थे, जिनका इस्तेमाल जबरन वसूली, हिंसक अपराधों और अन्य अवैध गतिविधियों में होना था।

    डीजीपी ने कहा कि नेटवर्क से जुड़े अन्य व्यक्तियों की पहचान करने और हथियारों का पता लगाने के लिए इस मामले में आगे-पीछे के संबंधों की जांच की जा रही है। कार्रवाई के बारे में विवरण साझा करते हुए पुलिस आयुक्त (सीपी) अमृतसर गुरप्रीत सिंह भुल्लर ने बताया कि प्राप्त गुप्त सूचना पर कार्रवाई करते हुए पुलिस टीमों ने आरोपी गुलाबजीत उर्फ प्रिंस और हरप्रीत उर्फ प्रीत को दो पिस्तौलों सहित गिरफ्तार कर लिया।

    आगे की जांच के दौरान पुलिस टीमों ने एक अन्य आरोपी गुरप्रीत उर्फ गोपी को चार पिस्तौलों सहित गिरफ्तार कर लिया और उसके द्वारा किए गए खुलासों के आधार पर पुलिस टीमों ने आगे उसके दो साथियों कुलजीत सिंह और शमशेर उर्फ शेरा को दो पिस्तौलों सहित गिरफ्तार कर लिया। पुलिस आयुक्त ने बताया कि पूछताछ के दौरान आरोपी गुरप्रीत उर्फ गोपी ने खुलासा किया कि वह सोशल मीडिया एप्लिकेशनों के माध्यम से एक विदेशी गैंगस्टर के संपर्क में था, जो उनके लिए अटारी सेक्टर में विभिन्न स्थानों पर ड्रोन के माध्यम से भेजी जाने वाली हथियारों की खेप का प्रबंध कर रहा था।

    आगे की जांच के दौरान पुलिस टीमों ने दो अन्य आरोपियों अमन राणा उर्फ चीनी और शरणजीत उर्फ सनी को दो पिस्तौलों सहित गिरफ्तार कर लिया और उक्त आरोपियों के खुलासों के आधार पर कार्रवाई करते हुए पुलिस टीमों ने एक पिस्तौल सहित आरोपी अजय सिंह को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस आयुक्त गुरप्रीत सिंह भुल्लर ने बताया कि जांच के अनुसार आरोपी हरप्रीत उर्फ प्रीत, गुरप्रीत उर्फ गोपी, शरणजीत उर्फ सनी और अजय सिंह पहले हत्या, हत्या की कोशिश, शस्त्र अधिनियम, एनडीपीएस अधिनियम और चोरी के मामलों में भी शामिल रहे हैं। उन्होंने आगे कहा कि इस संबंध में आगे की जांच जारी है।

    इस संबंध में, तीन अलग-अलग मामले – शस्त्र अधिनियम की धारा 25(8) के तहत थाना एयरपोर्ट पर एफआईआर नंबर 14 दिनांक 01-06-2026, शस्त्र अधिनियम की धारा 25(8) के तहत थाना सदर पर एफआईआर नंबर 122 दिनांक 10-06-2026 और शस्त्र अधिनियम की धारा 25(8) के तहत थाना छेहरटा, अमृतसर पर एफआईआर नंबर 133 दिनांक 16-06-2026 को दर्ज किए गए हैं।

     

     

  • Punjab News: 1 लाख रुपये रिश्वत लेते हुए Sub-inspector रंगे हाथों काबू

    Punjab News: 1 लाख रुपये रिश्वत लेते हुए Sub-inspector रंगे हाथों काबू

    चंडीगढ़ः विजिलेंस ब्यूरो ने भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई करते हुए एंटी नारकोटिक टास्क फोर्स, जालंधर में तैनात सब-इंस्पेक्टर अमनदीप सिंह को 1,00,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। इस संबंध में जानकारी देते हुए राज्य विजिलेंस ब्यूरो के आधिकारिक प्रवक्ता ने बताया कि उक्त आरोपी को गांव गोहावर, थाना गोराया,  जालंधर की निवासी द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत के आधार पर गिरफ्तार किया गया है।
    शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि उसके भाई के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज है और उक्त एसआई अमनदीप सिंह इस मामले में उनके परिवार के अन्य सदस्यों को भी फंसाने तथा उनकी संपत्तियों के खिलाफ कार्रवाई करने की धमकियां दे रहा था। शिकायतकर्ता ने आगे आरोप लगाया कि आरोपी एसआई पहले ही उससे अलग-अलग मौकों पर 6.50 लाख रुपये रिश्वत के रूप में ले चुका है और उसकी भाभी को मामले में नामजद होने से बचाने के लिए 2 लाख रुपये और मांग रहा था। शिकायतकर्ता ने उक्त पुलिस कर्मचारी द्वारा रिश्वत मांगने की बातचीत भी रिकॉर्ड कर ली थी। और रिश्वत देने के लिए तैयार न होने पर शिकायतकर्ता ने विजिलेंस ब्यूरो यूनिट कपूरथला से संपर्क किया। उसकी शिकायत पर कार्रवाई करते हुए विजिलेंस ब्यूरो की टीम ने जाल बिछाया, जिसके दौरान आरोपी एसआई को दो सरकारी गवाहों की मौजूदगी में शिकायतकर्ता से 1,00,000 रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया गया तथा रिश्वत की रकम भी बरामद कर ली गई। कार्रवाई के दौरान कांस्टेबल मनिंदर सिंह,  जो आरोपी एसआई के साथ था,  वाहन सहित मौके से फरार हो गया। इस संबंध में आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत विजिलेंस ब्यूरो के थाना जालंधर में मामला दर्ज कर लिया गया है और मामले की आगे की जांच जारी है।    
  • मुख्यमंत्री ने धर्मशाला में शॉपिंग कॉम्प्लेक्स और मनोरंजन केंद्र का लोकार्पण किया

    मुख्यमंत्री ने धर्मशाला में शॉपिंग कॉम्प्लेक्स और मनोरंजन केंद्र का लोकार्पण किया

    शिमला: मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने आज जिला कांगड़ा के धर्मशाला स्थित जिला आयुर्वेदिक अस्पताल परिसर में निर्मित होने वाले 50 बिस्तरों की क्षमता वाले एकीकृत आयुष अस्पताल का शिलान्यास किया। राज्य सरकार आधुनिक स्वास्थ्य सेवाओं के साथ आयुष चिकित्सा पद्धतियों का समन्वय कर समग्र एवं एकीकृत स्वास्थ्य प्रणाली को सुदृढ़ बनाने के लिए निरंतर प्रयासरत है। इस नए अस्पताल के निर्माण से क्षेत्र में स्वास्थ्य अधोसंरचना को मजबूती मिलेगी तथा लोगों को आयुष चिकित्सा पद्धतियों से युक्त एकीकृत स्वास्थ्य सेवाएं अधिक सुगमता से उपलब्ध हो सकेंगी।

    इसके उपरांत मुख्यमंत्री ने धर्मशाला के चरान में स्मार्ट सिटी लिमिटेड (डीएससीएल) द्वारा 7.50 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित शॉपिंग कॉम्प्लेक्स एवं मनोरंजन केंद्र का लोकार्पण किया। उन्होंने कहा कि इस सुविधा के शुरू होने से स्थानीय लोगों को ख़रीदारी, मनोरंजन तथा दैनिक उपयोग से जुड़ी अन्य आवश्यक सुविधाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध होंगी, जिससे उन्हें छोटी-छोटी जरूरतों के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा। इससे लोगों के समय और धन दोनों की बचत होगी।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि इस केंद्र के आरम्भ होने से क्षेत्र में लोगों की आवाजाही बढ़ेगी, जिससे आसपास के दुकानदारों एवं लघु उद्यमियों के लिए व्यापार एवं आय के नए अवसर सृजित होंगे और उन्हें प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा। इस अवसर पर कृषि मंत्री चंद्र कुमार, आयुष मंत्री यादविंद्र गोमा, उप मुख्य सचेतक केवल सिंह पठानिया, विधायक किशोरी लाल, मलेंद्र राजन तथा कमलेश ठाकुर और अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।

  • Jalandhar News: फिर गरमाया प्रॉपर्टी विवाद, हुई हाथापाई, डॉक्टर जशनीव ने लिया कब्जा, देखें Live

    Jalandhar News: फिर गरमाया प्रॉपर्टी विवाद, हुई हाथापाई, डॉक्टर जशनीव ने लिया कब्जा, देखें Live

    जालंधर, ENS: पॉश इलाके मॉडल टाउन में एक बेशकीमती इमारत को लेकर कपूर अस्पताल के संचालक डॉ. जशनीव कपूर और राजन सिद्धू के बीच विवाद काफी समय से गरमाया हुआ है। हाल ही में इस मामले को लेकर भारी संख्या में पुलिस भी घटना स्थल पर पहुंची थी, लेकिन उस समय डॉक्टर जशनीव कपूर प्रॉपर्टी पर कब्जा लिए बिना मौके से चले गए थे। उन्होंने आरोप लगाए थे कि राजन सिद्धू कुछ गुंडो को लेकर बैठा था और उन्होंने अपनी जान की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जा रहे है। वहीं आज दोबारा से डॉक्टर जशनीव कपूर प्रॉपर्टी का कब्जा लेने पहुंचे।

    मामले की जानकारी देते हुए डॉक्टर ने कहा कि आज भी उन्हें कब्जा लिए जाने को लेकर धमकी दी जा रही थी। लेकिन आज पुलिस प्रशासन की मदद से वह अपनी प्रॉपर्टी का कब्जा ले लिया है। डॉक्टर के अनुसार आज भी 6 से 8 बाउंसर द्वारा धमकियां दी गई। इस दौरान उनके साथ महिला द्वारा हाथापाई भी की गई।

    पुलिस ने दूसरे पक्ष को प्रॉपर्टी से बाहर निकालकर उन्हें कब्जा वापिस दिलाया है। डॉ. कपूर ने कहा कि है कि उन्होंने 2022 में पूरी कीमत चुकाकर रजिस्ट्री अपने नाम करवाई थी। इस प्रॉपर्टी सहित बिल और अन्य दस्तावेजों को उनके नाम होने के सारे सबूत उनके पास मौजूद है।

    कपूर अस्पताल के संचालक डॉ. जशनीव कपूर ने साफ किया कि यह प्रॉपर्टी कानूनी तौर पर उनके नाम पर है। उन्होंने कहा कि वह अपनी ही प्रॉपर्टी में जा रहे थे, लेकिन उन्हें वहां मौजूदा परिस्थितियों को देखते हुए उन्हें अपनी जान का खतरा महसूस हुआ। इसी वजह से उन्होंने पुलिस को सूचित किया। डॉक्टर ने बताया कि वह विदेश गए हुए थे। इस दौरान बाद में राजन ने उनकी प्रॉपर्टी पर कब्जा कर लिया था।

    डॉ. कपूर ने अपने दस्तावेजों का हवाला देते हुए कहा कि उन्होंने साल 2022 में इस प्रॉपर्टी की बाकायदा रजिस्ट्री करवाई थी। वह अब तक 3 पुलिस अधिकारियों से इन दस्तावेजों की वेरिफिकेशन भी करवा चुके हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि उन्होंने बिल्डिंग की पूरी कीमत अदा की थी और राजन सिद्धू व उनकी पत्नी ने खुद रजिस्ट्री उनके नाम की थी। अब जब इस प्रॉपर्टी के दाम चौगुना हो चुके हैं, तो राजन सिद्धू इसे वापस हथियाने के हथकंडे अपना रहा था।

  • Haryana News: मिड डे मिल वर्कर्स ने किया प्रदर्शन, सीएम निवास घेराव का दिया चेतावनी, देखें वीडियो

    Haryana News: मिड डे मिल वर्कर्स ने किया प्रदर्शन, सीएम निवास घेराव का दिया चेतावनी, देखें वीडियो

    करनालः मिड डे मील वर्कर्सों का गुस्सा आज सड़कों पर दिखाई दे रहा। अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे वर्कर्स ने शिक्षा मंत्री का पुतला फूंककर विरोध जताया,  उनका आरोप है कि शिक्षा मंत्री ने उन्हें बातचीत के लिए बुलाया था, लेकिन जब वे मिलने पहुंचे तो मंत्री उनसे मिलने नहीं आए। इसी नाराजगी में उन्होंने प्रदर्शन किया और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।

    मिड डे मील वर्कर्स ने आज अपनी मांगों को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि वे अपनी समस्याओं के समाधान की उम्मीद लेकर शिक्षा मंत्री से मिलने पहुंचे थे। उनका आरोप है कि शिक्षा मंत्री ने उन्हें बातचीत के लिए बुलाया था, लेकिन वे उनसे मिलने नहीं आए और वर्कर्स को लंबे समय तक इंतजार करना पड़ा,  इसी के विरोध में मिड डे मील वर्कर्स ने शिक्षा मंत्री का पुतला जलाया और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। वर्कर्स का कहना है कि वे लंबे समय से अपनी मांगों को सरकार के सामने रख रहे हैं,  लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकला है।

    प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि अगर उनकी मांगों को जल्द पूरा नहीं किया गया तो वे आंदोलन को और तेज करेंगे। जरूरत पड़ने पर हरियाणा के मुख्यमंत्री के सरकारी आवास का भी घेराव किया जाएगा, फिलहाल मिड डे मील वर्कर्स अपनी मांगों को लेकर सरकार पर दबाव बना रहे हैं। अब देखना होगा कि सरकार उनकी मांगों पर क्या फैसला लेती है और बातचीत का कोई रास्ता निकलता है या नहीं।

     

     

  • Chandigarh Medical Shop पर हुई Firing मामले में पुलिस का बड़ा खुलासा, देखें वीडियो

    Chandigarh Medical Shop पर हुई Firing मामले में पुलिस का बड़ा खुलासा, देखें वीडियो

    कुमार ब्रदर्स थे मेन टारगेट, 2 गिरफ्तार, एक आरोपी फरार

    चंडीगढ़ः सेक्टर-11 स्थित कुमार मेडिकोस में 13 जून को हुई सनसनीखेज फायरिंग और कैशियर जानकी दास की हत्या के मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। इस बाबत चडीगढ़ में पुलिस ने प्रेस कॉन्फ्रेंस का भी आयोजन किया। इस दौरान प्रेस कांफ्रैंस को संबोधित करते हुए कहा कि शूटर्स ने अंधाधुंध फायरिंग करके इस हत्या को अंजाम दिया था। चंडीगढ़ पुलिस ने इस केस को सफलतापूर्वक सुलझा लिया है।

    शुरुआती जांच में यह पता चला कि हमलावरों का मुख्य निशाना कुमार ब्रदर्स थे, लेकिन फायरिंग के दौरान गोली कुमार मेडिकोस के कैशियर जानकी दास को लग गई, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस के अनुसार, फायरिंग करने वाला मुख्य शूटर सन्नी मेहरा था।

    आईजी ने बताया कि दो आरोपी गिरफ्तार सनी मेहरा और आर्यन शर्मा को गिरफ्तार किया है तीसरा आरोपी अमित अभी भी फरार है। जिसको पकड़ने के लिए लगातार छापेमारी जारी हैं। मामले में अभी भी जांच जारी है।

    तीसरे आरोपी की तलाश जारी
    पुलिस के अनुसार मामले में अमित कुमार नामक तीसरे आरोपित की भूमिका की भी जांच की जा रही है।  पुलिस अधिकारियों का कहना है कि गिरफ्तार आरोपितों से पूछताछ में कई अहम खुलासे होने की उम्मीद है। साथ ही वारदात में शामिल अन्य लोगों की पहचान कर उन्हें जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।

     

     

  • EPFO खाताधारकों के लिए बड़ी खुशखबरी… सरकार ने 8.25% ब्याज दर को दी मंजूरी

    EPFO खाताधारकों के लिए बड़ी खुशखबरी… सरकार ने 8.25% ब्याज दर को दी मंजूरी

    नई दिल्लीः देश के करोड़ों नौकरीपेशा कर्मचारियों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। केंद्र सरकार ने कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) द्वारा वित्त वर्ष 2025-26 के लिए प्रस्तावित 8.25 प्रतिशत ब्याज दर को मंजूरी दे दी है। इस फैसले से 7 करोड़ से अधिक EPF खाताधारकों को फायदा मिलेगा और जल्द ही उनके खातों में ब्याज की राशि जमा की जाएगी। 8.25 प्रतिशत ब्याज दर पर लगी मुहर जानकारी के अनुसार वित्त मंत्रालय ने EPFO के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। इससे पहले 2 मार्च 2026 को केंद्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्री मनसुख मंडाविया की अध्यक्षता में केंद्रीय न्यासी बोर्ड (CBT) की बैठक आयोजित की गई थी। इस बैठक में वित्त वर्ष 2025-26 के लिए EPF जमा राशि पर 8.25 प्रतिशत ब्याज देने का फैसला लिया गया था। अब सरकार की अंतिम मंजूरी मिलने के बाद EPFO अपने सदस्यों के खातों में ब्याज जमा करने की प्रक्रिया शुरू करेगा। जून महीने में खातों में आ सकता है ब्याज EPFO से जुड़े सूत्रों का कहना है कि करोड़ों कर्मचारियों के पीएफ खातों में ब्याज की राशि जून महीने के दौरान ही जमा की जा सकती है। संगठन ने अपने डिजिटल सिस्टम को पहले से अधिक मजबूत और आधुनिक बनाया है, जिससे ब्याज क्रेडिट करने की प्रक्रिया तेज और पारदर्शी हो गई है। ब्याज जमा होने के बाद सदस्य अपने पीएफ पासबुक में अपडेटेड बैलेंस और ब्याज की जानकारी देख सकेंगे। लगातार तीसरे साल बरकरार रही ब्याज दर इस बार भी EPFO ने ब्याज दर में कोई बदलाव नहीं किया है। लगातार तीसरे वित्त वर्ष में कर्मचारियों को 8.25 प्रतिशत की दर से ब्याज मिलेगा। पिछले वर्षों की ब्याज दरें
    • वित्त वर्ष 2025-26 : 8.25%
    • वित्त वर्ष 2024-25 : 8.25%
    • वित्त वर्ष 2023-24 : 8.25%
    • वित्त वर्ष 2022-23 : 8.15%
    इससे साफ है कि पिछले तीन वर्षों से EPFO अपने सदस्यों को 8.25 प्रतिशत की आकर्षक ब्याज दर दे रहा है। कर्मचारियों को कैसे मिलेगा फायदा EPF खाते में जमा राशि पर मिलने वाला ब्याज कर्मचारियों की रिटायरमेंट सेविंग्स को मजबूत बनाता है। हर साल मिलने वाला यह ब्याज कर्मचारियों के फंड को बढ़ाने में मदद करता है, जिससे भविष्य में आर्थिक सुरक्षा सुनिश्चित होती है। सरकार के इस फैसले से करोड़ों कर्मचारियों को अपनी बचत पर बेहतर रिटर्न मिलेगा। कैसे चेक करें कि खाते में ब्याज आया या नहीं ब्याज जमा होने के बाद EPF सदस्य कई तरीकों से अपना बैलेंस और ब्याज की जानकारी देख सकते हैं।
    1. EPFO पासबुक पोर्टल
    EPFO की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर पासबुक लॉगिन करें और बैलेंस चेक करें।
    1. UMANG ऐप
    UMANG मोबाइल ऐप के जरिए भी पीएफ बैलेंस और ब्याज की जानकारी प्राप्त की जा सकती है।
    1. मिस्ड कॉल सेवा
    EPFO की मिस्ड कॉल सुविधा का उपयोग करके भी खाते की जानकारी हासिल की जा सकती है।
    1. SMS सेवा
    रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर से SMS भेजकर भी पीएफ खाते की जानकारी प्राप्त की जा सकती है। UAN और आधार लिंक होना जरूरी इन सभी सुविधाओं का लाभ उठाने के लिए कर्मचारी का यूनिवर्सल अकाउंट नंबर (UAN) सक्रिय होना चाहिए। साथ ही UAN का आधार कार्ड और बैंक खाते से लिंक होना भी जरूरी है। करोड़ों कर्मचारियों को मिलेगा सीधा लाभ सरकार की मंजूरी के बाद अब 7 करोड़ से ज्यादा EPF खाताधारकों को उनके जमा फंड पर 8.25 प्रतिशत की दर से ब्याज मिलेगा। उम्मीद की जा रही है कि जून महीने के भीतर ही यह राशि खातों में दिखाई देने लगेगी, जिससे करोड़ों कर्मचारियों की बचत में बढ़ोतरी होगी।  
  • Redcross Society के अध्यक्ष प्रो. असीम कुमार घोष ने हरियाणा लोक भवन से 9 नई एंबुलेंस को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना

    Redcross Society के अध्यक्ष प्रो. असीम कुमार घोष ने हरियाणा लोक भवन से 9 नई एंबुलेंस को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना

    चंडीगढ़: हरियाणा में आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूती देने की दिशा में माननीय राज्यपाल एवं हरियाणा राज्य रेड क्रॉस सोसायटी के अध्यक्ष प्रो. असीम कुमार घोष द्वारा गुरुवार को हरियाणा लोक भवन चंडीगढ़ से 9 नई एंबुलेंस को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस मौके पर लेडी गवर्नर श्रीमती मित्रा घोष भी मौजूद थीं।

    गौरतलब है कि माननीय राज्यपाल प्रो. असीम कुमार घोष ने अपने जन्मदिवस के उपलक्ष्य में मानवीय सेवाओं को और सशक्त बनाने के उद्देश्य से 9 नई एंबुलैंस हरियाणा राज्य रेडक्रॉस को भेंट करने की घोषणा की गई थी। उसी घोषणा के अनुरूप अब इन नई एंबुलेंस को हरियाणा लोक भवन से रवाना कर मानवीय सेवाओं हेतु समर्पित किया गया। जिसका अनुमानित लागत मूल्य राशि 1 करोड़ रुपये है।

    माननीय राज्यपाल ने कहा कि रेड क्रॉस की मानवीय गतिविधियां समाज के लिए प्रेरणादायक है और हर जिले में एंबुलेंस उपलब्ध कराने का प्रयास जरूरतमंदों को समय पर मदद देने की दिशा में महत्त्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा जरूरतमंद मरीजों तक समय पर चिकित्सा सहायता पहुंचाने में एंबुलेंस की अहम भूमिका होती है और रेडक्रॉस के माध्यम से यह सेवा समाज के लिए बडी राहत साबित होगी। हरियाणा के राज्यपाल के रूप में उनका सपना है कि राज्य के प्रत्येक जिले में रेडक्रास सोसायटी के पास कम से कम एक एंबुलेंस हो, ताकि हरियाणा रेडक्रास सोसायटी जरूरतमंद लोगों को सेवाएं और त्वरित सहायता उपलब्ध कराने में अग्रणी बन सके। इन एंबुलेंस का उपयोग राज्य के सभी जिलों में गरीब एवं जरूरतमंद लोगों के लिए निःशुल्क किया जायेगा।

    हरियाणा राज्य रेडक्रास सोसायटी के वाइस चेयरमैन अंकुश मिगलानी की संस्था को अग्रणी बनाने के लिए महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाने पर प्रशंसा की। राज्यपाल द्वारा हरियाणा रेडक्रॉस को पूरे भारत में अपनी मानवीय गतिविधियों के लिए प्रथम स्थान पर लाने के लिए सभी का आहवान किया। हरियाणा राज्य रेडक्रास सोसायटी के वाईस चेयरमैन अंकुश मिगलानी ने कहा कि नई एंबुलेंस मिलने से आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं का दायरा और मजबूत होगा तथा समय पर जरूरतमंद लोगों को आपातकालीन सुविधाएं आसानी से मिल सकेगी। इसके साथ ही वाईस चेयरमैन अंकुश मिगलानी ने माननीय राज्यपाल से अनुरोध किया कि हरियाणा राज्य के सभी जिला रेडक्रास शाखाओं में एक-एक शव-वाहन की आवश्यकता है।

    माननीय राज्यपाल प्रो. घोष ने कहा रेडक्रास की सभी गतिविधियां निर्धारित नियमों और प्रक्रियाओं के अनुसार सख्ती से संचालित हो ताकि किसी भी जरूरतमंद व्यक्ति को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पडे। उन्होंने आश्वासन दिया कि लोक भवन ऐसे अभियानों को भावना और सक्रिय सहयोग के माध्यम से समर्थन देना जारी रखेगा।

    इस अवसर पर राज्यपाल के सचिव विजयकुमार भाविकट्टी, राज्यपाल के एडीसी धीरज सेतिया, राज्यपाल के ओएसडी डॉ सतीश कुमार, राज्यपाल के निजी सचिव शंख चटर्जी, राज्यपाल के निजी सहायक राहुल डागर एवं राज शेखर लोढ, तथा हरियाणा लोक भवन और हरियाणा राज्य रेड क्रॉस मुख्यालय के अन्य अधिकारी भी उपस्थित रहे।