Blog

  • ई-टेंडरिंग को लेकर भारी हंगामा, पुलिस-सरपंचों की झड़प, प्रदर्शनकारियों ने तोड़े बैरिकेड्स, देखें वीडियो

    ई-टेंडरिंग को लेकर भारी हंगामा, पुलिस-सरपंचों की झड़प, प्रदर्शनकारियों ने तोड़े बैरिकेड्स, देखें वीडियो

    चंडीगढ़ः हरियाणा में ई-टेंडरिंग के विरोध में चंडीगढ़ कूच करने जा रहे सरपंचों को पुलिस ने पंचकूला में ही रोक लिया। इस दौरान पुलिस द्वारा लगाए गए बैरिकेड्स पर सरपंच चढ़ गए। पुलिस ने उन्हें रोकने के लिए हल्के बल का प्रयोग भी किया। जिससे पुलिस और प्रदर्शनकारी सरपंचों के बीच धक्का मुक्की भी हुई। प्रदर्शन में महिलाएं भी शामिल हैं। इसके अलावा किसान नेता गुरनाम सिंह चढ़ूनी और नवीन जयहिंद भी सरपंचों के प्रदर्शन में शामिल होने के लिए पहुंच गए हैं। इधर उग्र हुए प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए हल्का प्रयोग करते हुए लाठी भांजनी पड़ी। ई-टेंडरिंग के विरोध में सरपंच हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्‌टर के आवास घेरने के लिए कूच कर रहे हैं। सरपंचों ने चेतावनी दी है कि यदि उन्हें पुलिस के द्वारा रोका जाता है तो वह वहीं पर पक्का धरना लगाएंगे। हरियाणा में ई-टेंडरिंग के विरोध में आंदोलन कर रहे सरपंचों और पंचायत मंत्री के बीच वार्ता विफल होने के बाद सीएम आवास घेरने की चेतावनी दी थी।

    सरपंच एसोसिएशन के प्रदेश प्रधान रणबीर समैण ने इस आंदोलन को गांव देहात बचाओ आंदोलन नाम दिया है। वह मंगलवार को एक वीडियो जारी कर प्रदेशभर के सरपंचों, ग्रामीणों व मनरेगा वर्करों से 1 मार्च को पंचकूला पहुंचने की अपील कर चुके हैं। वीडियो संदेश में उन्होंने कहा कि उनकी सरकार की धक्काशाही के खिलाफ लड़ाई है। वह इस लड़ाई को मिलकर ही जीत पाएंगे।
    सरपंच एसोसिएशन के प्रधान ने बताया कि हजारों की संख्या में लोग पंचकूला के सेक्टर 5 स्थित शालिग्राम ग्राउंड में एकत्र हुए जहां से दोपहर बाद सभी पैदल मार्च करते हुए सीएम आवास चंडीगढ़ की तरफ बढ़े।

    हालांकि चंडीगढ़-पंचकूला बॉर्डर हाउसिंग बोर्ड से थोड़ा पहले ही पुलिस ने उन्हें रोक लिया। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच तीखी झड़प हुई। सरपंचों के चंडीगढ़ कूच को देखते हुए पंचकूला के साथ ही चंडीगढ़ पुलिस अलर्ट पर है। सीमाओं पर पर्याप्त पुलिस बल के साथ ही अग्निशमन वाहनों को तैनात हैं। पुलिस के साथ ही खुफिया विभाग भी एक्टिव है, जिसके द्वारा हर पल की सूचना वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों और हरियाणा सीएमओ तक दी जा रही है।

  • जालंधरः पेंडू मजदूर यूनियन के महासचिव की गिरफ्तारी पर भड़के लतीफपुरा निवासी, देखें वीडियो

    जालंधरः पेंडू मजदूर यूनियन के महासचिव की गिरफ्तारी पर भड़के लतीफपुरा निवासी, देखें वीडियो

    जालंधर/वरुणः करतारपुर में दो मामलों में भगौड़े चल रहे पेंडू मजदूर यूनियन के महासचिव कश्मीर सिंह घुगशोर की गिरफ्तारी का मामला गर्मा गया है। लतीफपुरा वासियों और किसानों ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। उनका कहना है कि सरकार गिराए गए घरों का विरोध कर रहे नेताओं की गिरफ्तारियां करके लतीफपुरा मामले को दबाने की कोशिश कर रही है। किसान नेताओं और पेंडू मजदूर यूनियन ने कहा कि दूसरे राज्यों से दिल्ली होते हुए पंजाब पहुंची बुलडोजर नीति को किसी भी सूरत में चलने नहीं दिया जाएगा। किसी के साथ भी धक्का नहीं होने देंगे। किसान संगठनों के नेताओं ने कहा कि वह शहर में रोष रैली निकालेंगे और एसएसपी देहाती की दफ्तर घेरेंगे। यदि उन्हें रास्ते में रोका तो वहीं पर धरना लगा देंगे।

    किसान और पेंडू मजदूर नेताओं ने कहा कि कश्मीर सिंह घुगशोर के खिलाफ जो मामले दर्ज थे उन्हें पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के शासन में वापस ले लिया गया। केसों की फाइलें बंद कर दी गई थीं, लेकिन मौजूदा सरकार ने लतीफपुरा मामले को दबाने के लिए दबाब की नीति पर काम करते हुए केस फिर से री-ओपन कर दिए हैं। नेताओं ने कहा कि कश्मीर सिंह घुगशोर लतीफपुरा में मकान गिराए जाने के बाद से लगातार वहां पर सक्रिय थे, वह सरकार और प्रशासन के खिलाफ लगातार आवाज बुलंद कर रहे थे। उनकी आवाज को दबाने के लिए उन्हें गिरफ्तार करके जेल में डाल दिया गया। किसान नेता गुरदीप सिंह भंडाल ने कहा कि यदि घुगशोर को शीघ्र न छोड़ा को आंदोलन तेज किया जाएगा।

  • मानसी राणा को पूर्व कैबिनेट मंत्री वीरेंद्र कंवर ने सम्मानित किया

    मानसी राणा को पूर्व कैबिनेट मंत्री वीरेंद्र कंवर ने सम्मानित किया

    आज वेटियां वेटों से किसी भी क्षेत्र में कम नहीं हैं हर क्षेत्र में नाम रोशन कर रही हैं वेटियां: वीरेंद्र कंवर 

    ऊना/सुशील पंडित : जिला ऊना उपमंडल बंगाणा क्षेत्र के राजकीय वरिष्ठ  माध्यमिक पाठशाला तलमेहड़ा स्कूल की छात्रा मानसी राणा को भाजपा के पूर्व कैबिनेट मंत्री वीरेन्द्र कंवर ने घर पर पहुंच कर उसके उत्कृष्ट कार्य करने पर  सम्मानित किया, वीरेन्द्र कंबर ने कहा कि आज वेटियां किसी भी क्षेत्र में पीछे नहीं है। हमारे क्षेत्र की वेटी मानसी राणा ने स्कूल स्तर से लेकर अन्य प्रतियोगिताओं में भी क्षेत्र स्कूल व माता पिता का नाम रोशन किया। वीरेन्द्र कंबर ने मानसी राणा की उच्च शिक्षा सहित अन्य गतिविधियों में सहयोग करने के लिए हरसंभव सहायता का आश्वासन दिया है। वहीं इस मौके पर मानसी राणा को स्मृति चिन्ह व नकद पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।
    मानसी राणा की इस उपलब्धि के लिए सरकार व प्रशासन के साथ साथ कुछ समाजसेवी संस्थाओं द्वारा भी सम्मानित किया जा चुका है। मानसी राणा ने स्कूल ब्लाक तथा जिला स्तरीय प्रतियोगिताओं में बढ़िया प्रर्दशन करने के साथ साथ स्काउट एवं गाइड में जिला स्तरीय राज्यस्तरीय स्तरीय सहित अंतरराष्ट्रीय स्तर पर स्कूल माता पिता व क्षेत्र का नाम रोशन किया   रायपुर मैदान में  राष्ट्रीय स्तर पर कार्यक्रम के दौरान राष्ट्रीय एकता पुरस्कार से सम्मानित किया गया था।
    हाल ही में उतर प्रदेश के लखनऊ में राष्ट्रीय प्रतिष्ठा पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। 26 जनवरी 2023 को ब्लाक तथा जिला स्तरीय कार्यक्रम में सम्मानित किया गया था। मानसी राणा ने बताया कि वेटियों को हर एक्टिविटीज में भाग लेना चाहिए यह तभी संभव होगा जब हमारे माता पिता सहित सभी का सहयोग मिलता रहे।आज वेटियां वेटों से कम नहीं हैं वेटियां हर क्षेत्र में माता पिता गुरूजनों सहित क्षेत्र का नाम रोशन कर रही हैं। मुझे भी अपने माता पिता सहित स्कूल के प्रधानाचार्य सुभाष कौशल व टीम सदस्यों का पुरा सहयोग मिल रहा है।तभी आगे बढ़ पा रही हूं।
  • पंजाबः अजनाला में हिंसा को लेकर सड़कों पर उतरेंगी काग्रेस! डीजीपी को लिखा पत्र

    पंजाबः अजनाला में हिंसा को लेकर सड़कों पर उतरेंगी काग्रेस! डीजीपी को लिखा पत्र

    चंडीगढ़ः अजनाला में हुई हिंसा को लेकर विपक्ष पार्टियां लगातार आप सरकार पर निशाना साध रही है। वहीं इस मामले में कानून व्यवस्था पर सवाल उठाए जा रहे है। इस की चलते आज कांग्रेस प्रधान अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने डीजीपी गौरव यादव को पत्र लिखा है। जिसमें उन्होंने थाने की घेराबंदी और हमले की कड़ी निंदा की है। इस दौरान हमलावारों के खिलाफ तुरंत गिरफ्तारी करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि उक्त दोषियों को सलाखों के पीछे डाल देना चाहिए। अगर एक्शन ना लिया गया तो कांग्रेस की ओर से सड़कों पर उतर कर प्रदर्शन किया जाएगा।

    उन्होंने अपने पत्र के जरिए डीजीपी को संबोधन करते हुए कहा कि खालिस्तानी समर्थक अमृतपाल सिंह पंजाब में जहर घोल रहा है। पंजाब की शांति और भाईचारे को भंग कर रहा है। राजा वड़िंग ने कहा कि अजनाला में जो कुछ हुआ उसके बारे में न तो किसी ने सोचा था और न ही इससे पहले ऐसा कुछ सुना था।  आतंकवाद के काले दिनों में भी ऐसी कोई घटना नहीं हुई थी। उन्होंने कहा कि हालांकि पंजाब ने अपने इतिहास में आतंकवाद के बुरे दिन देखे हैं, लेकिन किसी भी घटना ने पुलिस को झुकने के लिए मजबूर नहीं किया था।

    राजा वड़िंग ने कहा कि बड़े स्तर पर हो रही पंजाब विरोधी गतिविधियों को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पहले ही बलिदान दे चुकी है और वे पंजाब के लिए अब भी अपनी जान देने को तैयार हैं, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि वह सरकार को पंजाब के लोगों के प्रति उसके कर्तव्य और जिम्मेदारी की याद नहीं दिलाएंगे। पंजाब पुलिस देश की सबसे बेहतरीन पुलिस फोर्स है। पंजाब पुलिस ने देश के लिए अभूतपूर्व लड़ाई लड़ी है और देश की शांति बनाए रखने के लिए बलिदान दिया है। इसके अलावा कई पुलिस कर्मियों ने आतंकवाद के खिलाफ लड़ते हुए अपनी जान और परिवार गंवाए हैं।

     यह कहते हुए उन्हें बहुत दुख हो रहा है कि आज पुलिस पर कुछ गुंडों द्वारा हमला गया जिस कारण उन्हें एक्शन लेने से मना किया गया है। राजा वड़िंग ने कहा कि इस घटना ने न केवल पंजाब पुलिस के आत्मविश्वास और साहस को हिलाकर रख दिया है बल्कि पंजाबियों पर भी इसका बहुत प्रभाव पड़ा है। लोग सोच रहे हैं कि जब प्रदेश की पुलिस सुरक्षित नहीं होगी तो आम लोगों की सुरक्षा कैसे करेगी।

  • महंगाई की मारः दूध की कीमतों में हुई बढ़ोतरी

    महंगाई की मारः दूध की कीमतों में हुई बढ़ोतरी

    मुंबई : घरेलू गैस सिलेंडर के दाम में हुई बढोतरी के बाद आम जनता की जेब पर भारी असर हुआ है। वहीं अब मुंबई के लोगों पर आज महंगाई का डबल अटैक हुआ है। रसोई गैस के दाम बढने के बाद अब दूध की कीमतों में भी उछाल आया है। मुंबई में 1 मार्च, 2023 से दूध कीमतें 5 रुपये लीटर बढ़ गईं हैं। मुंबई दुग्‍ध उत्‍पादक संघ (MMPA) ने भैंस के दूध की कीमतों में एकमुश्‍त 5 रुपये का इजाफा किया है। इससे पहले सरकारी तेल कंपनियों ने घरेलू रसोई गैस के दाम 50 रुपये बढ़ा दिए थे।

    मुंबई में भैंस ही नहीं गाय का दूध भी महंगा हुआ है। फरवरी में महाराष्‍ट्र के सभी प्रमुख गाय दूध उत्‍पादक संघों के साथ ब्रांडेड उत्‍पादकों ने भी प्रति लीटर 2 रुपये दाम बढ़ा दिए थे। दूध उत्‍पादकों का कहना है कि दुधारू पशुओं की कीमत तो बढ़ ही रही, उनके चारे और दाना, तुवर, चूनी, चना आदि की कीमतों में भी 25 फीसदी तक उछाल आ चुका है। यही कारण है कि हमें दूध की कीमतों को भी बढ़ाना पड़ रहा। मुंबई में रोजाना 50 लाख लीटर से ज्‍यादा भैंस के दूध की खपत हो रही।

    दूध के दाम बढ़ने का असर सिर्फ यहीं तक सीमित नहीं रहता, बल्कि इससे बनने वाले उत्‍पादों पर भी पड़ता है। अनुमान है कि आने वाले समय में दूध के प्रोडक्‍ट जैसे दही, घी और पनीर की कीमतों में भी बड़ा इजाफा हो सकता है। इससे पहले अमूल और मदर डेयरी ने भी अपने दूध की कीमतों में 2 रुपये लीटर तक की बढ़ोतरी की थी।

  • इन दो दिग्गजों को मिले सिसोदिया के 18 विभाग, एलजी ने दी मंजूरी

    इन दो दिग्गजों को मिले सिसोदिया के 18 विभाग, एलजी ने दी मंजूरी

    नई दिल्लीः राजधानी दिल्ली सरकार के मंत्री कैलाश गहलोत और राजकुमार आनंद को नए विभागों की ज़िम्मेदारी देने के सीएम केजरीवाल के प्रस्ताव को उपराज्यपाल ने मंज़ूरी दे दी।बीती शाम सीएम केजरीवाल ने मनीष सिसोदिया के 18 विभागों में से 8 विभाग कैलाश गहलोत को और 10 विभाग राजकुमार आनंद को देने का फ़ैसला किया था और इसकी फाइल एलजी को भेजी थी।

    किसे मिलेगा कौन सा विभाग?

    दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया के पास दिल्ली सरकार में 18 विभाग थे। केजरीवाल ने एलजी को भेजी सिफारिश में इन विभागों को दो मंत्रियों को देने का फैसला किया था। इसके तहत कैलाश गहलोत के पास वित्त, योजना, लोक निर्माण विभाग, पावर ए, गृह, यूडी, सिंचाई और बाढ़ नियंत्रण, पानी विभाग देने का फैसला किया गया है।
    राजकुमार आनंद को 10 विभाग मिलेंगे। इनमें शिक्षा, भूमि और भवन, जागरूकता, सेवाएं, पर्यटन, कला संस्कृति और भाषा, श्रम, रोजगार, स्वास्थ्य और इंडस्ट्रीज शामिल है।

    सिसोदिया को सीबीआई ने किया है गिरफ्तार

    बीते रविवार (26 फरवरी) को सीबीआई ने मनीष सिसोदिया को दिल्ली शराब नीति मामले में गिरफ्तार किया था। पिछले साल पूर्व स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन के बाद मनीष सिसोदिया भ्रष्टाचार के आरोप में गिरफ्तार होने वाले दिल्ली सरकार के दूसरे मंत्री हैं। सिसोदिया को दिल्ली सरकार में बहुत ताकतवर माना जाता है। वह दिल्ली सरकार में शिक्षा और स्वास्थ्य सहित 18 विभाग संभाल रहे थे।

    कौन हैं कैलाश गहलोत?

    बता दें कि कैलाश गहलोत इस समय दिल्ली सरकार में परिवहन मंत्री हैं। कैलाश गहलोत पेशे से एक वकील हैं। वे नजफगढ़ के मित्राऊं गांव के रहने वाले हैं। कैलाश गहलोत नजफगढ़ क्षेत्र से फरवरी 2015 में दिल्ली विधानसभा के लिए पहला चुनाव जीता था।वह आम आदमी पार्टी राजनीतिक दल के सदस्य भी हैं। 

    राजकुमार आनंद कौन हैं?

    राजकुमार आनंद पटेलनगर सीट से आम आम आदमी पार्टी के टिकट पर 2020 में पहली बार विधायक बने थे। इससे पहले इसी विधानसभा क्षेत्र से उनकी पत्नी वीना आनंद विधायक थीं। राजकुमार आनंद ने MA-LLB की पढ़ाई की है।

  • रौनखर में जल्द बनेगा युवाओं के लिए खेल मैदान

    रौनखर में जल्द बनेगा युवाओं के लिए खेल मैदान

    ऊना/सुशील पंडित : उपमंडल बंगाणा क्षेत्र जो कि चिंतपूर्णी विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत पडती पंचायत खरयालता के युवाओं की पिछले लंबे समय से खेल ग्राउंड की मांग चल रही थी। हर बार युवाओं को आश्वासन ही मिलते आ रहे थे। हाल ही में खरयालता पंचायत के उप प्रधान अशोक शर्मा के प्रयासों तथा नव निर्वाचित विधायक सुदर्शन सिंह बबलू के मार्ग दर्शन में जल्द ही खरयालता पंचायत के गांव रौनखर में पांच कनाल भूमि पर खेल ग्राउंड निर्माण का कार्य शुरू होगा।

    पंचायत के उप प्रधान अशोक शर्मा ने बताया कि हाल ही में खेल ग्राउंड वाली जमीन की रजिस्ट्री सहित इंतकाल भी पंचायत के नाम हो चुका है।जैसे भी फंड का प्रावधान होगा तुरन्त खेल ग्राउंड का कार्य शुरू करवा दिया जाएगा।खेल ग्राउंड के लिए क्षेत्र के युवाओं की पिछले लंबे समय से मांग चल रही थी।अब खरयालता के युवाओं को खेलकूद प्रतियोगिता के लिए दुसरे स्थानों पर नहीं जाना पड़ेगा।

    बुधवार को खरयालता पंचायत के उप प्रधान अशोक शर्मा पूर्व उप प्रधान अशोक ठाकुर, सुनील शर्मा, मुकेश शर्मा, अमबेहडा पंचायत के उप प्रधान सतीश कुमार सहित अन्य पंचायत प्रतिनिधियों ने विधायक सुदर्शन सिंह बबलू से खेल ग्राउंड के लिए जल्द से जल्द फंड का प्रावधान करवाने का आह्वान किया।बहीं पर विधायक सुदर्शन सिंह बबलू ने सभी पंचायत प्रतिनिधियों को खरयालता के रौनखर में खेल ग्राउंड के लिए राशी उपलब्ध करवाने का आश्वासन दिया।

  • केवल भागवत कथा ही व्यक्ति को पहुंचती है मोक्ष के द्वार तक :डॉ सुमन शर्मा

    केवल भागवत कथा ही व्यक्ति को पहुंचती है मोक्ष के द्वार तक :डॉ सुमन शर्मा

    हटली क्लब में हो रही अमृत वर्षा

    ऊना/सुशील पंडित : उपमण्डल बंगाणा के श्री राम नाटक क्लब हटली में चल रही श्री मद भागवत कथा के दूसरे दिन कथा व्यास आचार्य डॉ सुमन शर्मा द्वारा महाभारत और राजा परीक्षित प्रसंग सुनाया गया। कथा ब्यास ने कहा कि श्री मद भागवत कथा इंसान को मोक्ष के द्वार तक पहुंचाती है। इसलिए प्रेम भाव से श्री मद भागवत कथा का अनुसरण करना चाहिए। उन्होंने कहा कि महाभारत युद्ध मे जब अर्जुन ने युद्ध करने से इनकार किया था। तो भगवान श्री कृष्ण ने उन्हें गीता उपदेश देकर यह बताया था। कि हर जगह सर्वग्र में ही हूँ।
    भगवान श्री कृष्ण ने गीता उपदेश में कहा कि हर कण कण में मैं हूँ मैं ही भूतकाल बर्तमान ओर भविष्य हूँ। हर जगह मैं ही बिराजमान हूँ। जल थर चर अचर पृत्वी आसमान आग पानी पहाड़ हर जगह मेरा ही निबास है। उन्होंने कहा कि भगवान श्री कृष्ण ने अपने गीता उपदेश में अर्जुन के साथ साथ संसार को भी कृतार्थ किया था। कथा ब्यास ने कहा कि श्री मद भागवत कथा का रस पान सबसे पहले राजा परीक्षित ने किया था। क्योंकि राजा परीक्षित भंगवान श्री कृष्ण के बंशज थे। और द्वापर युग खत्म होने बाद कलयुग आ रहा था। कलयुग में किस प्रकार इंसान को मोक्ष मिले। और किस प्रकार भक्ति करके इंसान भंगवान को पा सकते है। राजा परीक्षित की कथा इससे भरी हुई है।
    उन्होंने कहा कि कलयुग के पड़ाव से राजा परीक्षित को एक ऋषि के श्राप से तक्षक नामक सांप के डसने का श्राप मिला था। और किस प्रकार  गंगा किनारे राजा परीक्षित ने श्री मद भागवत कथा का रसपान किया था। बही कथा विश्राम पर से सैकड़ो श्रोतागणों ने भंडारे का प्रसाद भी ग्रहण किया। इस मौके पर क्लव के निदेशक विपन साजन प्रधान सुरेंद्र हटली महासचिव, कमलदेव,सचिव सुरेश शर्मा,कोषाध्यक्ष पीएल सोनी,महिला बिंग की अध्यक्ष ज्योति वर्ज़ाता हंसराज वर्ज़ाता किशन देव, पूर्ण राणा , राज कुमार धीमान मदन गोपाल विवेकशील शर्मा संजय सोनी,रोशन धीमान अजमेर सिंह प्रधान कुलदीप शर्मा दिनेश खत्री अंकुश बर्ज़ाता व अन्यों ने सेवा कार्यों में भाग लिया। 
     
  • मणिशंकर अय्यर की बेटी के NGO पर केंद्र ने की बड़ी कार्रवाई

    मणिशंकर अय्यर की बेटी के NGO पर केंद्र ने की बड़ी कार्रवाई

    नई दिल्लीः केंद्र सरकार ने बड़ा कदम उठाते हुए ‘पब्लिक पॉलिसी थिंक टैंक’ सेंटर फॉर पॉलिसी रिसर्च (CPR) का फॉरेन कंट्रीब्यूशन रेगुलेशन एक्ट (FCRA) लाइसेंस निलंबित कर दिया है। सूत्रों के हवाले से ये जानकारी सामने आई है। पिछले साल सितंबर में सीपीआर और ऑक्सफैम इंडिया पर इनकम टैक्स सर्वे के बाद लाइसेंस की जांच चल रही थी।

    बता दें, मणिशंकर अय्यर की बेटी यामिनी अय्यर सेंटर फॉर पॉलिसी रिसर्च (सीपीआर), नई दिल्ली की अध्यक्ष और मुख्य कार्यकारी हैं, जो एक पब्लिक पॉलिसी रिसर्च थिंक टैंक है। उन्हें 2017 में सीपीआर का अध्यक्ष नियुक्त किया गया था। वह पहले केंद्र में अकाउंटेबिलिटी इनिशिएटिव (एआई) की 2008 में एक वरिष्ठ शोध साथी और संस्थापक थीं। ऑक्सफैम का एफसीआरए लाइसेंस जनवरी 2022 में रद्द कर दिया गया था, जिसके बाद एनजीओ ने गृह मंत्रालय के पास एक पुनरीक्षण याचिका दायर की थी। अधिकारियों ने कहा कि हाल ही में एफसीआरए मानदंडों का पालन नहीं करने का हवाला देते हुए सीपीआर का लाइसेंस रद्द कर दिया गया।

  • पंजाबः फिर दिल्ली की ओर कूच करेंगे किसान, बनाई ये खास रणनीति

    पंजाबः फिर दिल्ली की ओर कूच करेंगे किसान, बनाई ये खास रणनीति

    चंडीगढ़ः पंजाब के किसान संगठनों ने एक बार फिर दिल्ली कूच करने का फैसला किया है। जिसके लिए 13 मार्च का दिन निर्धारित किया गया है। चंडीगढ़ स्थित किसान भवन में मंगलवार को बैठक में ये रणनीति बनाई गई है। इस बैठक में पांच किसान संगठनों ने हिस्सा लिया। जिसमें अखिल भारतीय किसान फेडरेशन, भारतीय किसान यूनियन मानसा, भारतीय किसान यूनियन राजेवाल, आजाद किसान संघर्ष कमेटी और किसान संघर्ष कमेटी पंजाब शामिल थे।

    पीएम मोदी को ज्ञापन सौंपेंगे किसान संगठन

    इन किसान संगठनों का कहना है कि वो अपनी विभिन्न समस्याओं और मांगों को लेकर 13 मार्च को संसद की ओर कूच करने वाले है। किसानों संगठनों का कहना है कि इस दौरान वो पंजाब को जल संकट से बचाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी एक ज्ञापन सौंपेंगेष बैठक के दौरान किसान नेता प्रेम सिंह भंगु ने कहा कि बैठक में गहन मंथन के बाद महसूस किया गया है कि केंद्र और राज्य सरकार किसानों की परेशानी को देखते हुए भी बिल्कुल गंभीर नहीं है।

    कृषि क्षेत्र के लिए अलग बजट की मांग 

    बैठक के दौरान किसान संगठनों ने केंद्र और राज्य सरकारों से कृषि के क्षेत्र में सार्वजनिक निवेश बढ़ाने के लिए अलग-अलग बजट की मांग की है। किसान नेताओं का कहना है कि पंजाब में गंभीर जल संकट पैदा हो सकता है। भूमिगत पानी कम होता जा रहा है। वही गलत नीतियों की वजह से राज्य की नदी का पानी भी बाहर जा रहा है। किसान नेताओं ने केंद्र सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि तीन कृषि कानूनों को निरस्त किए जाने के बाद अब वादों से पीछे हट गई है। किसान संगठनों ने एमएसपी को कानूनी दर्जा देने, किसानों की कर्ज माफी, लखीमपुर खीरी के किसानों को न्याय दिलाने और दिल्ली समेत अन्य राज्यों में किसानों पर दर्ज मुकदमे वापस लेने की मांग की।