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  • परेड में उत्कृष्ट प्रदर्शन, महाविद्यालय में गर्व का वातावरण

    परेड में उत्कृष्ट प्रदर्शन, महाविद्यालय में गर्व का वातावरण

    ऊना /सुशील पंडित: राज्य स्तरीय गणतंत्र दिवस परेड में उत्कृष्ट प्रदर्शन, महाविद्यालय में गर्व का वातावरण शिमला के ऐतिहासिक रिज मैदान पर आयोजित राज्य स्तरीय गणतंत्र दिवस परेड में राजकीय उत्कृष्ट महाविद्यालय ऊना के रोवर्स एवं रेंजर्स यूनिट के सदस्यों ने प्रभावशाली सहभागिता दर्ज कराई। इस अवसर पर रोवर शहबाज़ तथा रेंजर वंशिका/तमन्ना साहोटा ने अनुशासन और समर्पण का परिचय देते हुए महाविद्यालय तथा क्षेत्र का मान बढ़ाया।
    परेड में भागीदारी से पूर्व रोवर शहबाज़ ने 19 जनवरी को शिमला स्थित राजकीय महाविद्यालय कोटशेरा में आयोजित अभ्यास शिविर में प्रशिक्षण प्राप्त किया। इसके पश्चात 20 से 25 जनवरी 2026 तक नियमित अभ्यास के माध्यम से उन्होंने परेड हेतु स्वयं को तैयार किया। इससे पहले 26 से 30 दिसंबर 2025 तक रिवालसर प्रशिक्षण केंद्र में आयोजित पूर्व गणतंत्र दिवस शिविर में उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन के आधार पर राज्य स्तरीय आयोजन के लिए चयन सुनिश्चित हुआ।
    महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. मीता शर्मा ने प्रतिभागियों को इस उपलब्धि पर शुभकामनाएं देते हुए कहा कि ऐसी गतिविधियां विद्यार्थियों में नेतृत्व क्षमता, सेवा भावना और जिम्मेदारी का विकास करती हैं। उन्होंने रोवर्स एवं रेंजर्स यूनिट के प्रयासों को सराहनीय बताते हुए भविष्य में भी इसी प्रकार के कार्यक्रमों में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित किया। रोवर स्काउट लीडर डॉ. शाम सिंह बैंस ने भी रोवर शहबाज़ तथा रेंजर वंशिका/तमन्ना साहोटा को बधाई दी और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
  • Punjab News: नहीं थम रही चोरी की वारदातें, स्नेचर से भिड़ी लड़की, देखें वीडियो

    Punjab News: नहीं थम रही चोरी की वारदातें, स्नेचर से भिड़ी लड़की, देखें वीडियो

    अमृतसरः महानगर में चोरी की वारदातें थमने का नाम नहीं ले रही। वहीं ताजा मामला तरनतारन रोड इलाके से सामने आया है, जहां पैदल जा रही लड़की से एक्टिवा सवार व्यक्ति द्वारा स्नेचिंग की गई। इस दौरान लड़की स्नेचिंग के दौरान व्यक्ति के भिड़ गई। घटना उस समय हुई जब एक लड़की अपने घर से किसी काम के लिए बाहर निकली थी। रास्ते में एक युवक ने एक्टिवा पर सवार होकर लड़की से मोबाइल छीनने का प्रयास किया।

    जानकारी के अनुसार, आरोपी ने लड़की का मोबाइल छीनने की कोशिश की। लड़की ने खुद को बचाने के लिए मोबाइल सड़क के दूसरी ओर फेंक दिया। इसके बावजूद आरोपी ने लड़की के साथ मारपीट की और उसे थप्पड़ मारे। इसके बाद आरोपी मोबाइल उठाकर मौके से फरार होने लगा। लड़की ने आरोपी को पकड़ने की कोशिश की और उसकी एक्टिवा पकड़कर पीछा किया। इसी दौरान लड़की संतुलन बिगड़ने से सड़क पर गिर गई, जिससे उसे गंभीर चोटें आईं। घायल लड़की को उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया।

    घटना की पूरी वारदात इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई है। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि आरोपी की पहचान की जा रही है और जल्द ही उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और आसपास के इलाकों के सीसीटीवी फुटेज भी खंगाले जा रहे हैं। घटना के बाद इलाके में लोगों में दहशत का माहौल है।

    स्थानीय लोगों ने पुलिस से इलाके में गश्त बढ़ाने की मांग की है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और आरोपी की तलाश जारी है। दूसरी ओर इस घटना को लेकर एसएचओ बलजिंदर सिंह औलख ने कहा कि पीड़ित लड़की द्वारा शिकायत दर्ज करवा दी घई है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर दोषी को जल्द गिरफ्तार कर लेंगी।

     

     

  • Punjab News: मजीठिया पर डेरा मुखी गुरिंदर ढिल्लों के बयान के बाद गरमाया मामला, आप नेता ने की ये अपील

    Punjab News: मजीठिया पर डेरा मुखी गुरिंदर ढिल्लों के बयान के बाद गरमाया मामला, आप नेता ने की ये अपील

    चंडीगढ़ः राधा स्वामी सतसंग ब्यास के मुखी बाबा गुरिंदर सिंह ढिल्लों द्वारा बिक्रम मजीठिया पर लगाए गए आरोपों को गलत बताए जाने के बाद अब राजनीतिक जंग छिड़ गई है। आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता नील गर्ग ने डेरा मुखी के इस बयान पर सवाल उठाए हैं। नील गर्ग ने कहा कि बाबा गुरिंदर सिंह ढिल्लों के देश-विदेश में लाखों-करोड़ों श्रद्धालुओं है। ऐसी शख्सियत से किसी गंभीर मामले में नामजद व्यक्ति को ‘क्लीन चिट’ देना दुर्भाग्यपूर्ण है।

    उन्होंने कहा कि संत-महात्माओं को ऐसे राजनीतिक और कानूनी मामलों में बयानबाजी करने से बचना चाहिए। जब लाखों समर्थक वाले साधु संत ऐसा बयान देते है, तो उससे समाज में एक गलत संदेश जाता है। ‘आप’ नेता ने स्पष्ट किया कि बिक्रम मजीठिया पर लगे आरोपों की जांच चल रही है और मामला अदालत के अधीन है।

    उन्होंने कहा, “कौन गलत है और कौन सही, इसका फैसला करना सिर्फ अदालतों का काम है।” किसी भी धर्मगुरु को कानूनी प्रक्रिया को प्रभावित करने वाली बात नहीं करनी चाहिए। बता दें कि बाबा गुरिंदर सिंह ढिल्लों ने नाभा जेल में बिक्रम मजीठिया से मुलाकात के बाद उनके ऊपर लगे आरोपों को गलत बताया था। नील गर्ग के इस तीखे जवाब के बाद अब यह मुद्दा पंजाब की राजनीति में और गरमाने की उम्मीद है।

  • हरियाली बढ़ाने की दिशा में CM Sukhu का बड़ा कदम, 2030 तक 31% वन क्षेत्र का रखा लक्ष्य

    हरियाली बढ़ाने की दिशा में CM Sukhu का बड़ा कदम, 2030 तक 31% वन क्षेत्र का रखा लक्ष्य

    शिमला: मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने वन विभाग को साल 2030 तक हिमाचल प्रदेश में वन क्षेत्र को विस्तार प्रदान कर 31 प्रतिशत तक करने के लिए एक व्यापक कार्य योजना तैयार करने के निर्देश दिए हैं। आज वन विभाग की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान में राज्य का वन क्षेत्र 29.5 प्रतिशत है, जिसे योजनाबद्ध और सतत तरीके से बढ़ाने की आवश्यकता है।

    ग्लोबल वार्मिंग एक वैश्विक समस्या बनकर उभरी है और इसके प्रतिकूल प्रभाव स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहे हैं। इसके दृष्टिगत वर्तमान राज्य सरकार पर्यावरण संरक्षण को सर्वोच्च प्राथमिकता प्रदान कर रही है। हिमाचल प्रदेश में लगभग 16,376 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र हिमाच्छादित, बंजर या पर्वतीय क्षेत्र है, जहां पौधारोपण संभव नहीं है, इसलिए वन विभाग को प्रत्येक जिले में पौधारोपण के लिए उपयुक्त संभावित क्षेत्रों की पहचान करनी चाहिए और उसके अनुसार चरणबद्ध पौधारोपण योजना तैयार करनी चाहिए। उन्होंने देशी प्रजातियों, फलदार पौधों और औषधीय महत्व वाले पौधों के रोपण पर भी बल दिया।

    विभाग को केवल नए जंगलों के विस्तार पर ही नहीं बल्कि मौजूदा वनों की सुरक्षा पर भी ध्यान देना चाहिए, साथ ही वन संरक्षण की दिशा में स्थानीय लोगों और समुदायों की सक्रिय भागीदारी को भी सुनिश्चित करना चाहिए। राज्य सरकार ने प्रदेश में सामुदायिक सहभागिता के माध्यम से पौधरोपण और संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए ‘राजीव गांधी वन संवर्धन योजना’ शुरू की है। इस योजना के तहत पिछले वर्ष 924.9 हेक्टेयर क्षेत्र में पौधारोपण किया गया। इस पहल में कुल 285 महिला मंडल, 70 युवक मंडल, 59 स्वयं सहायता समूह और 13 समुदाय आधारित संगठनों ने सक्रिय योगदान दिया। योजना के अंतर्गत सरकार इन समूहों को दो हेक्टेयर क्षेत्र में पौधारोपण के लिए 2.40 लाख रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान कर रही है, साथ ही पौधों की सर्ववाइवल दर के आधार पर वार्षिक प्रोत्साहन राशि भी दी जा रही है। ग्रामीण स्तर पर इस योजना को लक्षित समूहों से उत्साहजनक प्रतिक्रिया मिली है।

    राजीव गांधी वन संवर्धन योजना के तहत आगामी वित्तीय वर्ष में 5,000 हेक्टेयर क्षेत्र में पौधारोपण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इनमें से 3,376 हेक्टेयर क्षेत्र की पहचान कर ली गई है, जबकि शेष 1,624 हेक्टेयर क्षेत्र की पहचान की प्रक्रिया जारी है। उन्होंने वन विभाग द्वारा संचालित अन्य योजनाओं की प्रगति की भी समीक्षा की। बैठक में अतिरिक्त मुख्य सचिव के.के. पंत, पीसीसीएफ (हॉफ) संजय सूद तथा वन विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

  • Jalandhar News: किसानों और पुलिस से हुई नोकझोंक, गरमाया मामला, SP का आया बयान, देखें वीडियो

    Jalandhar News: किसानों और पुलिस से हुई नोकझोंक, गरमाया मामला, SP का आया बयान, देखें वीडियो

    जालंधर, ENS: जमशेर खास में लग रहे बायो-गैस/बायो-फ्यूल प्लांट के विरोध में किसान यूनियन सिद्धू ने पहले 1 जनवरी को अमृतसर-दिल्ली हाईवे जाम करने की कॉल दी थी। लेकिन पुलिस ने किसानों को रास्ते में रोक लिया। इस दौरान पुलिस ने किासनों की गाड़ियां रोक ली। जिसके बाद किसान कैंट काउंटी के सामने सोफी पिंड के बाहर प्रदर्शन करने के लिए बैठ गए। किसानों की पुलिस के साथ तीखी नोकझोंक भी सामने आई है। वीडियो में देखा जा सकता है कि एसपी-2 हरविंदर सिंह गिल पुलिस पार्टी के साथ मौजूद थे।

    इस दौरान अचानक किसान के साथ विवाद हो गया। जिसके बाद किसान नेता ने उन्हें समझाया कि पुलिस अपना काम कर रही है, ऐसे में उनके साथ विवाद ना किया जाए। वहीं एसपी कहते हुए दिखाई दे रहे है कि उन्होंने वर्दी पहनकर अपनी ड्यूटी निभा रहे है। इस घटना के बाद एसपी ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि पुलिस ने किसानों पर कोई डंडे नहीं बरसाए। उन्होंने लगे आरोपों को बेबुनियाद बताया और कहाकि किसानों को नेशनल हाईवे जाम करने से रोका गया। एसपी का कहना हैकि किसानों के साथ 5 तारीख को डिप्टी कमिश्नर के साथ मीटिंग रखवाई गई है।

    वहीं नगर निगम की ओर से एसडीओ, ज्वाइंट कमिशर मेडम भी मौके पर पहुंच गई है। उन्होंने कहा कि मसले का हल बैठकर ही निकाला जाएगा। ऐसे में नेशनल हाईवे जाम करना गलता है। अगर नेशनल हाईवे जाम हो जाता तो लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ सकता था। उन्होंने कहा कि किसानों को प्रशासन के साथ मीटिंग के लिए अपील की गई और उन्हें शांतिमय ढंग से यहां बिठाया गया। एसपी ने कहाकि कानून व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए फैसला लिया गया है। वहीं डंडे बरसाने को लेकर कहा कि अगर किसी ने भी डंडे बरसाए है तो किसान इसके सबूत पेश करें।

    एसपी ने कहा कि किसानों की डिप्टी कमिश्नर के साथ 5 तारीख की मीटिंग तय थी, लेकिन वह जान बूझकर आज धरना प्रदर्शन करने पहुंचे है। एसपी ने कहा कि वह किसी को भी नेशनल हाईवे जाम नहीं करने दिया जाएगा। ऐसे में अगर कोई हाईवे जाम करने के लिए जाता है तो किसान नेताओं को राउंडअप किया जाएगा, लेकिन शहर का माहौल किसी को खराब करने नहीं दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि शांतिमय ढंग से अगर यहीं बैठकर किसान प्रदर्शन करना चाहते है तो पुलिस को कोई आपत्ति नहीं है।

  • बजट भारत को 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने की दिशा में एक मजबूत कदम: सत्ती 

    बजट भारत को 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने की दिशा में एक मजबूत कदम: सत्ती 

    ऊना /सुशील पंडित: ऊना सदर के विधायक सतपाल सत्ती ने केंद्र सरकार द्वारा प्रस्तुत केंद्रीय बजट की सराहना करते हुए इसे देश को आत्मनिर्भर, सुरक्षित और विकसित भारत की ओर ले जाने वाला बजट बताया है। उन्होंने कहा कि यह बजट गरीब, किसान, युवा, महिला और मध्यम वर्ग—सभी के हितों को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है।
    जिला मुख्यालय पर पत्रकारों को संबोधित करते हुए सतपाल सत्ती ने कहा कि बजट में परिवहन क्षेत्र के लिए 5.98 लाख करोड़ रुपये का प्रावधान बुनियादी ढांचे को नई गति देगा। सड़कों, रेल और लॉजिस्टिक्स के विस्तार से न केवल कनेक्टिविटी सुधरेगी बल्कि रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे।
    उन्होंने बताया कि रक्षा क्षेत्र के लिए 5.94 लाख करोड़ रुपये का आवंटन भारत की सुरक्षा को और मजबूत करेगा तथा ‘मेक इन इंडिया’ के तहत स्वदेशी रक्षा उत्पादन को बढ़ावा मिलेगा। विधायक सत्ती के अनुसार ग्रामीण विकास (2.73 लाख करोड़), कृषि व संबद्ध गतिविधियां (1.62 लाख करोड़) और शिक्षा (1.39 लाख करोड़ रुपये) के लिए किया गया प्रावधान सरकार की गांव, किसान और युवा केंद्रित सोच को दर्शाता है। इससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था मजबूत होगी और युवाओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा व कौशल मिलेगा।
    उन्होंने स्वास्थ्य (1.04 लाख करोड़) और ऊर्जा (1.09 लाख करोड़ रुपये) के बजटीय प्रावधानों की सराहना करते हुए कहा कि इससे स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार होगा और हरित व स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा मिलेगा। सतपाल सत्ती ने कहा कि शहरी विकास, आईटी व दूरसंचार, वाणिज्य एवं उद्योग और सामाजिक कल्याण के लिए किए गए प्रावधान देश की आर्थिक प्रगति को नई ऊंचाइयों पर ले जाएंगे।
    उन्होंने इसे विकास, विश्वास और विजन वाला बजट करार दिया। अंत में उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय वित्त मंत्री का आभार जताते हुए कहा कि यह बजट भारत को 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने की दिशा में एक मजबूत कदम है।
  • बर्फ की मोटी चादर में ढका Kedarnath, सोशल मीडिया पर वायरल हुआ लुभावना नजारा, देखें वीडियो

    बर्फ की मोटी चादर में ढका Kedarnath, सोशल मीडिया पर वायरल हुआ लुभावना नजारा, देखें वीडियो

    नई दिल्ली : उत्तराखंड के केदारनाथ धाम में एक बार फिर से जोरदार बर्फबारी हुई है। बाबा केदार के मंदिर परिसर में करीबन 3 फीट तक बर्फ जम चुकी है। वहीं केदारनाथ की ओर जाने वाले सभी रास्तों पर कई इंच मोटी बर्फ जम चुकी है। इसका वीडियो भी अब सामने आया है। आईटीबीपी के जवान लगातार सड़कों से बर्फ हटाने के लिए जुटे हुए हैं। उत्तरकाशी की बात करें तो यमुनोत्री धाम मंदिर क्षेत्र में भी जमकर बर्फबारी हुई है। आसमान से रुई की तरह गिर रही बर्फ मंदिर की खूबसूरती में चार-चांद लगा रहा है। मौसम विभाग ने हिमालयी क्षेत्रों में बर्फबारी के साथ-साथ तेज हवाओं और खराब मौसम की चेतावनी भी जारी की है। तीन पश्चिमी विक्षोभों के एक्टिव होने से जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल और उत्तराखंड में बर्फबारी का अलर्ट है।

    प्रकृति ने खुद किया बाबा केदार का श्रृंगार

    सामने आए नजारों में यह साफ पता चल रहा है कि प्रकृति ने खुद बाबा केदार का श्रृंगार किया है। बता दें कि पिछले कुछ दिन पहले बारिश शुरु हुई थी जिसके बाद केदारनाथ धाम में लगातार बर्फबारी हो रही है हालात ऐसे हो चुके हैं कि धाम का तापमान 16 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच चुका है जबकि मंदिर परिसर और आस-पास के क्षेत्रों में 3-4 फीट तक बर्फ जम चुकी है।

    बंद होगी केदारनाथ-बद्रीनाथ में गैर हिंदुओं की एंट्री

    उत्तराखंड में गंगोत्री, यमुनोत्री, केदरानाथ और बद्रीनाथ के छोटा चार धाम मंदिरों की कमेटियों के प्रमुखों ने कहा है कि गैर हिंदुओं के मंदिर परिसर में प्रवेश पर जल्द ही रोक लगाई जा सकती है। पिछले हफ्ते बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के प्रमुख हेमंत द्विवेदी ने इस प्रस्तावित बदलाव का कारण स्थानीय पुजारियों की मांगों को बताया है। गंगोत्री और यमुनोत्री धाम समितियों के प्रमुखों ने कहा कि वो सभी इशी तरह के प्रस्ताव पर विचार करेंगे। तब से सवाल भी उठ रहे हैं कि यह फैसला असल में कैसे लागू होगा। साथ ही इसकी संवैधानिकता पर भी सवाल उठ रहे हैं।        
  • Punjab News: मजीठिया के खिलाफ सरकार के पास मौजूद पुख्ता सबूत, वित्त मंत्री हरपाल चीमा का आया बड़ा बयान, देखें Live

    Punjab News: मजीठिया के खिलाफ सरकार के पास मौजूद पुख्ता सबूत, वित्त मंत्री हरपाल चीमा का आया बड़ा बयान, देखें Live

    चंडीगढ़: पंजाब के पूर्व मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया को सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिलने के बाद राज्य की राजनीति पूरी तरह गरमा गई है। जहां मजीठिया को जमानत मिलने पर अकाली दल के नेता इसे बड़ी जीत बता रहा है, वहीं पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने स्पष्ट किया है कि यह सिर्फ एक कानूनी राहत है। वह केस से मुक्त नहीं हुए है।हरपाल चीमा का तीखा प्रतिक्रिया देते हुए मीडिया से बात करते हुए वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा कि, “जमानत मिलना इसका मतलब नहीं है कि मजीठिया बरी हो गए हैं।

    केस अभी भी अदालत में चल रहा है और जांच एजेंसियों के पास पुख्ता सबूत हैं।” उन्होंने अकाली दल पर निशाना साधते हुए कहा कि जिन मामलों में जांच चल रही हो, वहां जमानत को ‘बचाव’ का सर्टिफिकेट मानना गलत है। वहीं आज डेरा ब्यास के मुखी गुरिंदर सिंह ढिल्लों की मजीठिया से मुलाकात को लेकर हरपाल चीमा ने कहा कि परिवारिक संबंध है और रिश्तेदारी होने के कारण वह उन्हें मुलाकात करने पहुंचे थे।

    हरपाल चीमा ने कहा डेरा मुखी बाबा एक धार्मिक गुरु हैं। मजीठिया के खिलाफ आमदनी से अधिक संपत्ति के गंभीर आरोपों के तहत मामला दर्ज किया गया था। पिछले लगभग 7 महीने से वह नाभा जेल में बंद थे, जिसके बाद आज सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें जमानत पर रिहा करने के आदेश दिये हैं।

  • Punjab News: सुप्रीम कोर्ट का आया फैसला, बिक्रम मजीठिया को मिली बड़ी राहत

    Punjab News: सुप्रीम कोर्ट का आया फैसला, बिक्रम मजीठिया को मिली बड़ी राहत

    अमृतसरः आय से अधिक संपत्ति मामले में पंजाब के पूर्व मंत्री व शिरोमणि अकाली दल के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया से न्यू नाभा जेल में बंद है। वहीं मजीठिया के केस को लेकर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई हुई, जहां सुप्रीम कोर्ट ने मजीठिया को बड़ी राहत दी है। अकाली दल के वरिष्ठ नेता और युवा अकाली दल के अध्यक्ष बिक्रम सिंह मजीठिया को आय से अधिक संपत्ति के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने जमानत दे दी है।

    फिलहाल मजीठिया नाभा जेल में बंद है। ऐसे में नाभा जेल में ऑर्डर की कॉपी पहुंचने के बाद मजीठिया जेल से बाहर आ जाएंगे। एडवोकेट कलेर ने बताया कि कोर्ट में चालान नहीं पेश किया किया गया। बता दें कि मजीठिया को 25 जून को गिरफ्तार किया गया था। वहीं आज ही मजीठिया से मिलने के लिए डेरा ब्यास प्रमुख गुरिंदर सिंह ढिल्लों गए थे। इस दौरान बाबा मुखी ढिल्लों ने मजीठिया पर लगे आरोप बेबुनियाद बताए थे।

  • Punjab News: महाराजा हीरा सिंह के महल पहुंचे डेरा ब्यास मुखी,  Abhi Uday Pratap की हुई दस्तारबंदी, देखें वीडियो

    Punjab News: महाराजा हीरा सिंह के महल पहुंचे डेरा ब्यास मुखी, Abhi Uday Pratap की हुई दस्तारबंदी, देखें वीडियो

    पटियालाः महाराजा हीरा सिंह की छठी पीढ़ी के वंशज कुंवर अभी उदय प्रताप सिंह का पारंपरिक दस्तारबंदी समारोह सोमवार को नाभा के हीरा महल में श्रद्धा और सम्मान के साथ आयोजित किया गया। यह ऐतिहासिक और पारिवारिक समारोह सिख परंपराओं और शाही रीति-रिवाजों के अनुसार किया गया। इसमें राज्य भर की कई वीआईपी और प्रमुख हस्तियों ने भाग लिया। दस्तारबंदी समारोह सिख परंपरानुसार अरदास (प्रार्थना) के साथ शुरू हुआ। इसके बाद कुंवर अभ उदय प्रताप सिंह को औपचारिक रूप से दस्तार भेंट किया गया।

    सिख परंपरा में दस्तारबंदी न केवल एक धार्मिक संस्कार है बल्कि जिम्मेदारी, कदरों-मूल्यों और पारिवारिक व सामाजिक विरासत की निरंतरता का प्रतीक भी है। शिरोमणइ गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के अध्यक्ष एडवोकेट हरजिंदर सिंह धामी ने इस मौके पर विशेष मेहमान के रूप में भाग लिया। उन्होंने कुंवर अभी उदय प्रताप सिंह को पगड़ी भेंट की। उन्होंने रानी प्रीति सिंह सहित शाही परिवार के सदस्यों से भी मुलाकात की। एडवोकेट धामी ने दस्तारबंदी की परंपरा को सिख इतिहास और मूल्यों से जोड़ते हुए इसे आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा स्रोत बताया।

    इसके अलावा, ब्यास डेरे के मुखी बाबा गुरिंदर सिंह ढिल्लो ने भी दस्तारबंदी समारोह की शोभा बढ़ाई। समारोह में पहुंचने से पहले, बाबा गुरिंदर सिंह ढिल्लो अखाड़े में अपने भक्तों से मिले और उन्हें आशीर्वाद दिया। फिर उन्होंने महल में पहुंचे परिवार को आशीर्वाद दिया। बाबा गुरिंदर सिंह ढिल्लो की मौजूदगी ने समारोह की आध्यात्मिक पवित्रता को और भी बढ़ा दिया। परिवार ने बताया कि दस्ताारबंदी समारोह बहुत ही सादगी, अनुशासन और श्रद्धा के साथ किया गया। सिख परंपराओं और शाही मर्यादाओं का विशेष ध्यान रखा गया। परिवार ने कहा कि यह समारोह सिर्फ एक रस्म नहीं है, बल्कि नई पीढ़ी को अपने सभ्याचार, इतिहास और जिम्मेदारियों से जोड़ने का साधन है।